जोमैटो-स्विगी की राह पर जेप्टो
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जोमाटो-स्विगी को बाजार में भी मिलेगी टक्कर होश उड़ाने आ रहा Zepto IPO
नई दिल्ली । जहां एक ओर जोमाटो और स्विगी को डिलीवरी के मोर्चे पर सड़क पर तगड़ी टक्कर मिल रही है. वहीं अब शेयर बाजार में भी बड़ी चुनौती का सामना भी करना पड़ सकता है. दोनों कंपनियों का होश उड़ाने के लिए रोजमर्रा की जरूरत के सामान डिलीवर करने वाली कंपनी जेप्टो अपना आईपीओ लेकर आ रही है. शुक्रवार यानी आज कंपनी गुपचुप तरीके से अपना ड्राफ्ट पेपर सेबी दफ्तर में दाखिल करेगी. जानकारों का कहना है कि जेप्टो आईपीओ का साइज 11 हजार करोड़ या उससे ऊपर जा सकता है.लेकिन अभी तक कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है. अभी तक जितनी भी जानकारी सामने आई है वो सभी सूत्रों के हवाले से की गई है.कंपनी का अगले साल शेयर बाजार में सूचीबद्ध होने का इरादा है. मामले से परिचित सूत्रों ने जानकारी देते हुए कहा कि जेप्टो 26 दिसंबर को सेबी के पास निर्गम संबंधी मसौदा प्रस्ताव डीआरएचपी दाखिल करने जा रही है.आईपीओ संबंधी मसौदा प्रस्ताव को सेबी की मंजूरी मिलने की स्थिति में जेप्टो भारतीय शेयर बाजार में सूचीबद्ध होने वाले सबसे नई स्टार्टअप फर्मों में से एक बन जाएगी. आईपीओ लाने के साथ ही जेप्टो वह अपने क्षेत्र के प्रतिद्वंद्वियों जोमैटो एवं स्विगी की कतार में खड़ी हो जाएगी जो पहले से ही शेयर बाजार में सूचीबद्ध हैं. कंपनी का अगले साल शेयर बाजार में सूचीबद्ध होने का इरादा है. मामले से परिचित सूत्रों ने जानकारी देते हुए कहा कि जेप्टो 26 दिसंबर को सेबी के पास निर्गम संबंधी मसौदा प्रस्ताव डीआरएचपी दाखिल करने जा रही है. अभी तक कंपनी की ओर से कोई आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है.गुपचुप तरीका अपना आईपीओसूत्रों के मुताबिक जेप्टो गोपनीय मार्ग से आईपीओ के लिए आवेदन करने की तैयारी में है. इस मार्ग के तहत कंपनी सेबी के साथ अपने मसौदा दस्तावेज को सार्वजनिक किए बगैर उस पर शुरुआती चर्चा कर सकती है. हाल के वर्षों में गोपनीय मार्ग से आईपीओ लाने का तरीका उन कंपनियों के बीच लोकप्रिय हुआ है जो आईपीओ से पहले बाजार की स्थिति को देखते हुए अधिक लचीलापन चाहती हैं और नियामक से प्रारंभिक सुझाव लेना चाहती हैं.कंपनी कितना जुटा सकी पैसाजेप्टो का मौजूदा मूल्यांकन सात अरब अमेरिकी डॉलर आंका गया है. कंपनी अपने गठन से लेकर अब तक कुल 1.8 अरब डॉलर करीब 16000 करोड़ रुपये का कोष जुटा चुकी है. कंपनी ने अगस्त 2023 में एक अरब डॉलर से अधिक मूल्यांकन वाली कंपनी यानी यूनिकॉर्न होने का दर्जा हासिल किया था. स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी से पढ़ाई अधूरी छोड़ने वाले युवाओं आदित पलिचा और कैवल्य वोहरा ने इस कंपनी की स्थापना की थी. जेप्टो ने 10 मिनट में किराना के सामान की आपूर्ति का मॉडल अपनाकर बड़े भारतीय शहरों में तेजी से विस्तार किया. -

कैटरीना कैफ क्रिसमस सेलिब्रेशन मां बनने के बाद पहला क्रिसमस
नई दिल्ली । बॉलीवुड की मशहूर अदाकारा कैटरीना कैफ ने इस बार क्रिसमस कुछ अलग ही अंदाज में सेलिब्रेट किया। नवंबर में बेटे को जन्म देने के बाद यह उनका पहलाक्रिसमस था जो उन्होंने पति विक्की कौशल और परिवार के साथ घर पर बेहद सादगी से मनाया। गुरुवार को कैटरीना ने इंस्टाग्राम पर एक खास तस्वीर साझा कर अपने फैंस को इस यादगार पल की झलक दिखाई। तस्वीर ने फैंस का दिल जीत लिया वहीं कपल की पर्सनल और प्रोफेशनल लाइफ दोनों ही वजहों से वे लगातार चर्चा में बने हुए हैं।फैमिली के साथ शेयर की खास तस्वीर
कैटरीना कैफ ने अपने मुंबई स्थित घर से एक कोजी फैमिली सेल्फी शेयर की जिसमें वह पति विक्की कौशल उनके भाई सनी कौशल और अपने भाई सेबेस्टियन लॉरेंट मिशेल के साथ नजर आईं। सभी लोग सजे-धजे क्रिसमस ट्री के सामने खड़े हैं और सिर पर रेड और व्हाइट सांता हैट पहने हुए हैं। तस्वीर में कैटरीना रेड आउटफिट में मुस्कुराती नजर आ रही हैं और उनका हाथ विक्की के कंधे पर टिका हुआ है। वहीं विक्की सनग्लासेस में मस्तीभरे अंदाज में पोज देते दिखे जिससे तस्वीर में फैमिली बॉन्डिंग और खुशियों की झलक साफ दिखाई दी।
इस तस्वीर को शेयर करते हुए कैटरीना ने कैप्शन में लिखा सभी को प्यार खुशी और शांति यह एक मेरी क्रिसमस । यह पोस्ट मां बनने के बाद कैटरीना की पहली इंस्टाग्राम पोस्ट भी मानी जा रही है जिस वजह से फैंस के बीच इसे लेकर खासा उत्साह देखने को मिला।
सोशल मीडिया पर फैंस का रिएक्शन
कैटरीना की इस पोस्ट पर फैंस जमकर प्यार लुटा रहे हैं। किसी ने लिखा यकीन नहीं होता कि कैटरीना अब मां बन चुकी हैं तो किसी ने इसे सबसे ज्यादा इंतजार की गई क्रिसमस पिक बताया। एक यूजर ने कमेंट किया आपको देखकर अच्छा लगा मम्मा आप बहुत खूबसूरत लग रही हैं। वहीं कई फैंस ने विक्की और कैटरीना को पहली बार पैरेंट्स के तौर पर क्रिसमस सेलिब्रेट करने पर बधाइयां दीं। हालांकि कपल ने अभी तक अपने बेटे की कोई तस्वीर सार्वजनिक नहीं की है लेकिन फैंस बेसब्री से उसकी झलक देखने का इंतजार कर रहे हैं।विक्की-कैटरीना बने पैरेंट्स
विक्की कौशल और कैटरीना कैफ ने नवंबर 2025 में अपने बेटे के जन्म की खुशखबरी साझा की थी। कपल ने एक प्यारे पोस्ट के जरिए लिखा था हमारा नन्हा राजकुमार आ गया है। बहुत प्यार और आभार के साथ हम अपने बेटे का स्वागत करते हैं। इस खबर के सामने आते ही प्रियंका चोपड़ा करण जौहर आयुष्मान खुराना समेत कई सेलेब्स ने उन्हें बधाई दी थी।
शादी से पैरेंटहुड तक का सफर
विक्की और कैटरीना ने 9 दिसंबर 2021 को राजस्थान के सिक्स सेंस फोर्ट बरवाड़ा में बेहद निजी समारोह में शादी की थी। शादी से पहले दोनों ने अपने रिश्ते को पूरी तरह प्राइवेट रखा था। अब पैरेंट्स बनने के बाद यह कपल अपनी जिंदगी के नए और खूबसूरत दौर में कदम रख चुका है।पिता बनने पर विक्की कौशल का अनुभव
हाल ही में एक इंटरव्यू में विक्की कौशल ने पिता बनने के अनुभव पर बात की। उन्होंने कहा कि हर दिन उनके लिए एक नया एहसास लेकर आता है। विक्की के मुताबिक यह एक ऐसा अनुभव है जिसे शब्दों में बयां करना मुश्किल है और जो इंसान को जमीन से जोड़ देता है।वर्क फ्रंट पर भी शानदार साल
काम की बात करें तो विक्की कौशल के लिए 2025 बेहद शानदार रहा। उनकी फिल्म ‘छावा’ साल की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्मों में शामिल रही जिसने दुनियाभर में करीब 807 करोड़ रुपये का बिजनेस किया। अब वह संजय लीला भंसाली की फिल्म लव एंड वॉर में रणबीर कपूर और आलिया भट्ट के साथ नजर आएंगे। वहीं कैटरीना कैफ आखिरी बार फिल्म ‘मेरी क्रिसमस’ में दिखाई दी थीं। कुल मिलाकर मां बनने के बाद कैटरीना कैफ का यह पहला क्रिसमस न सिर्फ उनके लिए बल्कि उनके फैंस के लिए भी बेहद खास बन गया जहां परिवार प्यार और सुकून की झलक साफ देखने को मिली।
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1 जनवरी से ब्लैक लिस्ट हो जाएंगे ये राशन कार्ड फ्री अनाज और 7 बड़ी योजनाओं का लाभ मिलेगा रुक
नई दिल्ली । राशन कार्ड धारकों के लिए एक महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई हैजिससे हजारों लाभार्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। अगर आप राशन कार्ड का लाभ उठाते हैंतो 31 दिसंबर से पहले एक जरूरी काम पूरा करना होगा। इस समय सीमा के बाद अगर आप यह काम नहीं करतेतो 1 जनवरी से राशन मिलना बंद हो सकता है और सात प्रमुख सरकारी योजनाओं का लाभ भी रुक सकता है।ई-केवाईसी प्रक्रिया अनिवार्य
दरअसलसरकार ने राशन कार्ड धारकों के लिए ई-केवाईसी इलेक्ट्रॉनिक-नो योर कस्टमरको अनिवार्य कर दिया है। इसका मतलब है कि सभी राशन कार्ड धारकों को अपनी पहचान और अन्य जानकारी ऑनलाइन अपडेट करनी होगी। यदि यह प्रक्रिया 31 दिसंबर तक पूरी नहीं होतीतो 1 जनवरी से आपके राशन कार्ड का लाभ रुक सकता हैऔर आप फ्री राशन और अन्य योजनाओं से वंचित हो सकते हैं।किसे-किसे पर पड़ेगा असर
राशन कार्ड से जुड़ी यह प्रक्रिया हर परिवार के लिए लागू हैजिनके पास सरकारी राशन कार्ड है। इसका सीधा असर उन लाभार्थियों पर होगा जो अब तक अपनी ई-केवाईसी नहीं करवा पाए हैं। इन लाभार्थियों को 1 जनवरी से राशन मिलने में समस्या हो सकती है। इसके अलावासात बड़ी सरकारी योजनाओं का लाभ भी इन कार्ड धारकों को नहीं मिल पाएगाजिनमें प्रमुख रूप से फ्री राशन योजनापेंशन योजनाएंबीमा योजनाएं अन्य सरकारी मदद शामिल हैं।ई-केवाईसी कैसे करें
खुशखबरी यह है कि इस पूरी प्रक्रिया को पूरा करने के लिए आपको किसी सरकारी दफ्तर या केंद्र पर जाने की जरूरत नहीं है। ई-केवाईसी मोबाइल फोन से भी किया जा सकता है। इसके लिए आपको निम्नलिखित कदम उठाने होंगेस्मार्टफोन या कंप्यूटर का इस्तेमाल करें।
राज्य सरकार के आधिकारिक राशन कार्ड पोर्टल या एप्लिकेशन पर जाएं। अपना राशन कार्ड नंबर और अन्य जरूरी जानकारी डालें। आधार कार्ड और फोटो अपलोड करें।
एक बार जब यह प्रक्रिया पूरी हो जाएतो आपको एक कन्फर्मेशन मैसेज मिलेगा। इस प्रक्रिया को पूरा करने के बाद आपको कोई परेशानी नहीं होगी और आप बिना किसी रुकावट के सभी सरकारी योजनाओं का लाभ उठाते रहेंगे।क्यों जरूरी है ई-केवाईसी
ई-केवाईसी से राशन कार्ड की जानकारी को सही तरीके से अपडेट किया जा सकेगा और यह सुनिश्चित होगा कि केवल असली और पात्र लाभार्थी ही सरकारी योजनाओं का लाभ उठा रहे हैं। इस प्रक्रिया से राशन वितरण में पारदर्शिता बढ़ेगी और भ्रष्टाचार पर भी रोक लगेगी।
समय रहते सुधार लेंअगर आपने अभी तक अपनी ई-केवाईसी नहीं करवाई हैतो यह समय है कि आप इसे जल्दी से जल्दी पूरा कर लें। ऐसा करने से आप 1 जनवरी से होने वाली किसी भी परेशानी से बच सकते हैं और आपके राशन कार्ड से जुड़ी सरकारी योजनाओं का लाभ बिना किसी रुकावट के मिलता रहेगा। -

PNR एक… सीटें अलग-अलग, साथ बैठकर हवाई सफर करने वालों को चुकानी पड़ रही बड़ी कीमत…
नई दिल्ली। हवाई जहाज (Airplane) से सफर कर रहे यात्रियों को ऑनलाइन चेक इन (Online check-in) के दौरान बड़ी कीमत चुकानी पड़ रही है। खासतौर पर एक टिकट पर यदि दो यात्री हैं तो उन्हें भी एकसाथ बैठने के लिए प्रति सीट तीन सौ से 1500 रुपये अतिरिक्त चुकाने पड़ रहे हैं। घरेलू उड़ानों के साथ अंतरराष्ट्रीय उड़ान पर यही नियम: विमानन कंपनियों (Aviation companies) ने घरेलू उड़ानों के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय उड़ान पर यह नियम बना रखे हैं।अधिकांश विमानन कंपनियों ने ऑनलाइन चेक इन का ऐसा सिस्टम बनाया है, जिसमें परिवार व दोस्तों के साथ सफर करे रहे यात्रियों को एक साथ सीट पाने के लिए न चाहते हुए भी अतिरिक्त शुल्क देना पड़ रहा है।
दरअसल, ऑनलाइन/वेब चेक इन में सिर्फ एक ही व्यक्ति की सीट अपनी पंसद के हिसाब से निःशुल्क चुनने का विकल्प दिया जा रहा है। यदि टिकट का दूसरा व्यक्ति भी सीट बराबर में चाहता है तो फिर उसे अतिरिक्त भुगतान करना होगा। अतिरिक्त भुगतान न करने की स्थिति में विमानन कंपनी दूसरे व्यक्ति की सीट दूसरी जगह पर दे देगी।
यह है नियम
नागर विमानन महानिदेशक (डीजीसीए) का प्रावधान यह है कि विमानन कंपनी अपने सिस्टम के जरिए कोशिश करेंगी कि अगर एक ही रिफरेंस व पीएनआर नंबर पर दो यात्रियों ने टिकट बुक कराए हैं तो ऐसे में दोनों यात्रियों को साथ की सीट पर बैठने का अवसर दिया जाएगा। भले ही, दूसरे यात्री को विंडो साइड की सीट न दी जाए। लेकिन विमानन कंपनी ऑनलाइन चेक इन शुरू होने के साथ ही, अतिरिक्त भुगतान के साथ दूसरी सीट को यात्री की पसंद से चुनने का विकल्प देती हैं।
एक साथ सफर करने पर भुगतान करना यात्रियों की मजबूरी
विमानन कंपनियों के इस नए चेक इन सिस्टम के हिसाब से परिवार व दोस्तों के साथ सफर करने वाले यात्रियों के लिए यह मजबूरी है कि वह भुगतान के विकल्प को चुने। ऑनलाइन चेक इन शुरू होने पर दूसरी सीट को अपनी पसंद से चुनने पर तीन से पांच सौ रुपये का अतिरिक्त भुगतान करना पड़ रहा है, लेकिन समय बीतने के साथ ही सीट चुनने का विकल्प महंगा होता जाता है। अंतिम समय में यह विकल्प प्रति सीट 1500 से ऊपर भी पहुंच जाता है। इस लिहाज से विमानन कंपनियां पसंद की सीट देने पर भी मोटी कमाई कर रही हैं।
स्पष्ट प्रावधान नहीं होने के कारण विमानन कंपनियां उठा रहीं लाभ
डीजीसीए ने वर्ष 2024 में सीट आवंटन को लेकर वायु परिवहन परिपत्र जारी किया, जिसमें अनुसूचित विमानन कंपनियों द्वारा सेवाओं और शुल्कों का पृथक्करण को लेकर कुछ प्रावधान स्पष्ट किया। जैसे कहा गया कि 12 साल से कम उम्र के बच्चे को बिना किसी शुल्क के माता-पिता के साथ सीट देनी होगी।जबकि, अन्य मामलों में विमानन कंपनियों को निर्देश दिया कि एयरलाइन अपने सिस्टम/सर्विस में बेहतर प्रैक्टिस के हिसाब से कोशिश करेगी कि यात्राओं को साथ में सीट दें, लेकिन विमानन कम्पनियां सिर्फ अनिवार्य मामलों को छोड़कर बाकी में सर्विस प्रैक्टिस में दो यात्रियों को एक साथ सीट नहीं देती हैं।
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शुजालपुर में बच्ची की पढ़ाई के प्रति लगन ने दिलाया स्कूल बैगपुलिस ने 24 घंटे में ढूंढ निकाला
इंदौर। मध्यप्रदेश के शुजालपुर में एक तीसरी कक्षा की छात्रा की मासूम जिद और पढ़ाई के प्रति गहरी लगन ने पुलिस को भी भावुक कर दिया। मामला शुजालपुर मंडी थाना क्षेत्र का हैजहां सरस्वती शिशु मंदिर में पढ़ाई करने वाली चेरी नायक का स्कूल बैग ऑटो में छूट गया। बैग में उसकी किताबें और वर्कबुक थींजिन्हें लेकर बच्ची बेहद चिंतित थी।गुरुवार को चेरी अपनी मां पूजादादी कृष्णा और बुआ रंजना के साथ स्कूल गई थी। घर लौटते समय उसका स्कूल बैग ऑटो में ही छूट गयाऔर जब वह घर पहुंची तो बैग नहीं मिला। यह देखकर चेरी फूट-फूटकर रोने लगीक्योंकि उसे इस बात की चिंता थी कि उसकी सारी किताबें और वर्कबुक उसी बैग में थीं।
बच्ची की जिद ने पुलिस को प्रेरित कियापरिवार ने चेरी को नया बैग और किताबें दिलाने का भरोसा दियालेकिन चेरी नहीं मानी। उसने कहा कि उसे वही बैग चाहिए और इसके लिए पुलिस से मदद लेनी होगी। उसकी यह मासूम जिद और पढ़ाई के प्रति प्यार ने उसके पिता संदीप नायक और दादा अशोक नायक को भी प्रेरित कियाऔर वे उसे शुजालपुर मंडी थाने ले गए।चेरी ने थाने में जाकर एसडीओपी निमिष देशमुख को अपनी परेशानी बताई। उसकी आंखों में आंसू देखकर एसडीओपी ने तुरंत कार्रवाई का आदेश दिया और बैग ढूंढने की प्रक्रिया शुरू कर दी।
सीसीटीवी और ऑटो चालक से मिली मदद
पुलिस ने शहर भर के सीसीटीवी कैमरे खंगालने की प्रक्रिया शुरू की। सीसीटीवी फुटेज में चेरी एक ऑटो में बैठी दिखीलेकिन समस्या यह थी कि ऑटो की नंबर प्लेट नहीं थी। हालांकिपुलिस ने हार नहीं मानी और ऑटो पर लिखे नाम और उसके डिजाइन के आधार पर तलाश जारी रखी।कुछ पूछताछ और जांच के बाद पुलिस ने ऑटो चालक परवेज की पहचान की और उससे संपर्क किया। परवेज ने बताया कि उसे ऑटो में एक स्कूल बैग मिला थाजिसे वह सुरक्षित घर ले गया था। पुलिस ने परवेज से संपर्क किया और अगले दिन शुक्रवार सुबह वह बैग लेकर थाने पहुंचा।
बच्ची की खुशी और पुलिस की मदद
जब बैग पुलिस थाने में पहुंचातो चेरी को बुलाया गया। चेरी ने बैग देखकर खुशी से पुलिस को थैंक यू कहा। उसकी मुस्कान देखकर पुलिस टीम को भी संतोष मिला। बैग के मिलने से बच्ची के चेहरे पर चमक आ गईऔर उसकी पढ़ाई में रुकावट नहीं आई।पुलिस ने दी सीख
एसडीओपी निमिष देशमुख ने बताया कि बच्ची की पढ़ाई के प्रति लगन देखकर पूरी पुलिस टीम ने इस काम में बेहद मेहनत की। उन्होंने आगे कहा कि यह घटना समाज के लिए एक संदेश है कि हमें अपनी जिम्मेदारियों को गंभीरता से लेना चाहिएचाहे वह किसी छोटी बच्ची की पढ़ाई के प्रति हो या किसी अन्य समाजिक काम में। साथ हीपुलिस ने ऑटो चालक परवेज को समझाइश दी कि यदि भविष्य में किसी को कोई सामान मिले तो वह उसे पुलिस के पास सौंपे। -

नवनीत राणा की 4 बच्चों वाली नसीहत पर भड़की प्रियंका चतुर्वेदी… बोलीं- पहले अपने पति कन्विन्स को करें…
नई दिल्ली। महाराष्ट्र की विपक्षी पार्टी शिवसेना (उद्धव ठाकरे) (Shiv Sena -Uddhav Thackeray) की नेता और राज्यसभा सांसद प्रियंका चतुर्वेदी (Priyanka Chaturvedi) ने भाजपा नेता और पूर्व सांसद नवनीत राणा (Navneet Rana) के उस बयान की तीखी आलोचना की है, जिसमें राणा ने देशभर के हिन्दुओं को हिंदुस्तान को बचाने लिए तीन-चार बच्चे पैदा (Three-Four Children) करने की नसीहत दी थी। एक टीवी चैनल से बात करते हुए चतुर्वेदी ने कहा, “वो पहले अपने पति से इस बारे में बात करें। वो भी अपने बच्चे बढ़ाएं, फिर अपने पड़ोसियों को कन्विन्स करें। जो अपने पड़ोसियों को कन्विन्स नहीं कर सकते, अपने पति को कन्विन्स नहीं कर सकते वो देश की महिलाओं को कन्विन्स करना बंद करें।”दरअसल, भाजपा नेता नवनीत राणा ने दो दिन पहले मंगलवार (23 दिसंबर) को कहा था कि हिंदुओं को कम से कम तीन-चार बच्चे पैदा करना चाहिए ताकि उन लोगों की साजिशों का मुकाबला किया जा सके जो बड़ी संख्या में बच्चे पैदा करके हिंदुस्तान को पाकिस्तान में बदलना चाहते हैं। पूर्व निर्दलीय सांसद राणा ने पत्रकारों से कहा था, “मैं सभी हिंदुओं से अपील करती हूं। सुनिए, ये लोग खुलेआम कहते हैं कि इनकी चार पत्नियां और 19 बच्चे हैं। मेरा सुझाव है कि हमें कम से कम तीन-चार बच्चे पैदा करना चाहिए।”
नवनीत राणा ने क्यों दी ऐसी सलाह
राणा ने अमरावती में यह टिप्पणी तब की थी, जब वह मीडिया को एक एक सवाल का जवाब दे रही थीं। राणा ने कहा,‘‘मुझे नहीं पता कि वह मौलाना है या कोई और, लेकिन उसने कहा कि उसके 19 बच्चे और चार पत्नियां हैं, परंतु वह 30 बच्चों की संख्या पूरी नहीं कर पाया। वे बड़ी संख्या में बच्चे पैदा करके हिंदुस्तान को पाकिस्तान में बदलना चाहते हैं, तो हम सिर्फ एक बच्चे से क्यों संतुष्ट हो जाएं? हमें भी तीन से चार बच्चे पैदा करने चाहिए।’’इस दौरान उन्होंने उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना (उबाठा) और राज ठाकरे के नेतृत्व वाली महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के बीच बृहन्मुंबई महानगर पालिका चुनाव के लिए गठबंधन की संभावनाओं को भाव नहीं दिया। उन्होंने कहा,‘‘उद्धव ठाकरे बेबसी का पर्याय बन गए हैं। नगर परिषद और नगर पंचायत चुनावों के लिए उन्होंने अपने कार्यकर्ताओं को प्रचार के लिए बाहर नहीं निकाला। अगर कोई उद्धव ठाकरे के साथ जुड़ता भी है, तो उसका प्रदर्शन स्थानीय निकाय चुनाव से भी बदतर होगा।’’
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चीन बना रहा बांग्लादेश-म्यांमार में मिलिट्री बेस… पेंटागन रिपोर्ट में भारत को दी गई सतर्क रहने की सलाह
वाशिंगटन। अमेरिकी रक्षा विभाग (US Department of Defense) की नई रिपोर्ट को लेकर इन दिनों भारत से लेकर चीन तक में हलचल मची हुई है। इस रिपोर्ट में अमेरिका ने भारत को चीन से सतर्क रहने की हिदायत (India advised wary of China) दी है। अमेरिका का कहना है कि चीन भारत के साथ दोहरे मापदंड अपना रहा है। पेंटागन की रिपोर्ट में यह दावा भी है कि चीन अमेरिका और भारत को करीब नहीं आने देना चाहता। चीन ने इस रिपोर्ट पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि चीन और भारत के आपसी मामलों में अमेरिका को दूर रहना चाहिए। हालांकि अगर भारत के लिहाज से देखा जाए, तो रिपोर्ट में कुछ ऐसे मसले भी हैं, जो भारत की चिंताएं बढ़ा सकते हैं।पेंटागन की वार्षिक रिपोर्ट में कहा गया है कि चीन अफ्रीका के जिबूती में मौजूद अपने इकलौते विदेशी मिलिट्री बेस के अलावा कई अन्य देशों में भी सैन्य ठिकाने बनाने की संभावना तलाश रहा है। इन देशों में भारत के कुछ पड़ोसी देश का नाम भी शामिल है। इन देशों में बांग्लादेश, श्रीलंका और म्यांमार का नाम भी जिक्र है, जहां चीन संभावित सैन्य अड्डों पर विचार कर रहा है। रिपोर्ट में पाकिस्तान का भी जिक्र है। हालांकि चीन के साथ पुराने रणनीतिक संबंधों के कारण पाक को अलग श्रेणी में रखा गया है।
स्ट्रिंग ऑफ पर्ल्स का हिस्सा
विशेषज्ञों की मानें तो यह चीन की ‘स्ट्रिंग ऑफ पर्ल्स’ रणनीतिक योजना का हिस्सा है। इसके तहत चीन हिंद महासागर क्षेत्र में कई बंदरगाहों पर अपना सैन्य नेटवर्क विकसित कर रहा है। इन रणनीतिक साझेदारियों का जाल बिछाकर चीन समुद्री रास्तों पर अपना प्रभाव बढ़ाना चाहता है।भारत के लिए क्यों चिंता?
भारत हिंद महासागर को अपना रणनीतिक क्षेत्र मानता है। ऐसे में पड़ोसी देशों में चीन के सैन्य या लॉजिस्टिक ठिकाने, भले ही सीमित क्यों ना हों, नई सुरक्षा चुनौतियां पैदा कर सकते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि इससे चीन को मलक्का स्ट्रेट और बंगाल की खाड़ी जैसे अहम समुद्री रास्तों के पास सैन्य मौजूदगी का मौका मिल सकता है। हालांकि ऐसे किसी भी के खतरे को देखते हुए भारत भी अपनी सुरक्षा तैयारियों को मजबूत कर रहा है। -

इस साल आयकर कानून में हुए कई अहम बदलाव… करदाताओं को मिली बड़ी राहत
नई दिल्ली। केंद्र सरकार (Central government) ने वर्ष 2025 में आयकर कानून (Income Tax Law) में कई अहम बदलाव किए हैं। इनका मकसद टैक्स प्रणाली (Tax system) को सरल बनाना, आम करदाता को राहत देना और डिजिटल प्रक्रियाओं को मजबूत करना है। नए नियमों से नौकरीपेशा, वरिष्ठ नागरिक, मध्यम वर्ग और छोटे करदाता सभी को फायदा मिलेगा।
1. नया आयकर कानून-2025
2025 का सबसे बड़ा बदलाव रहा नया आयकर बिल-2025, जो 60 साल से भी ज्यादा पुराने आयकर कानून-1961 की जगह लेगा। संसद ने अगस्त 2025 में नए कानून को पास किया, जो 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा। इसमें भाषा आसान होगी, धाराएं कम होंगी और टैक्स विवादों में कमी आएगी। यह कानून टैक्सपेयर्स के लिए ज्यादा पारदर्शी होगा।
2. Tax Year की नई परिभाषा
नए कानून में ‘आकलन वर्ष’ और ‘वित्तीय वर्ष’ की जगह ‘कर वर्ष’ की अवधारणा लाई गई है। इससे टैक्स गणना आसान होगी और आम लोगों को नियम समझने में दिक्कत नहीं होगी। इसमें शून्य टीडीएस सर्टिफिकेट जैसे नए टूल्स होंगे, जो करदाता की तैयारी में मदद करेंगे।
3. ₹12 लाख तक कोई Tax नहीं
इस साल पेश बजट में इनकम टैक्स स्लैब स्लैब में बड़ा बदलाव किया गया। नई कर व्यवस्था को चुनने वाले लोगों के लिए टैक्स फ्री इनकम की सीमा बढ़ाकर 12 लाख रुपये कर दी गई। 75 हजार रुपये की मानक कटौती जोड़ने के बाद वेतनभोगी टैक्सपेयर्स को 12.75 लाख रुपये तक की आय पर कोई कर नहीं देना पड़ेगा।
4. रिटर्न संशोधन की समय सीमा बढ़ी
पहले संशोधित आयकर रिटर्न (आईटीआर-यू) दाखिल करने की समय सीमा 24 महीने थी, जिस बढ़ाकर अब 48 महीने कर दिया गया है। मतलब, अगर रिटर्न में कोई गलती हो गई या अतिरिक्त कमाई जोड़नी है, तो चार साल तक सुधार का मौका मिलेगा। ये बदलाव उन लोगों के लिए बड़ा सहारा है जो जल्दबाजी में गलती कर बैठते हैं।
5. किराये पर टैक्स छूट में बढ़ोतरी
किराए पर रहने वालों के लिए बड़ी राहत दी गई है। मकान किराया भत्ता (एचआरए) के तहत कर छूट की सीमा ₹2.4 लाख से बढ़ाकर ₹6 लाख कर दी गई है। इससे छोटे-मध्यम किराए पर टीडीएस का झंझट कम हो जाएगा। पहले लोग छोटी रकम पर भी टीडीएस काटने में उलझ जाते थे, लेकिन अब ये प्रक्रिया सरल हो गई है।
6. वरिष्ठ नागरिकों को बड़ी राहत
वरिष्ठ नागरिकों के लिए बैंक और डाकघर की ब्याज आय पर मिलने वाली कर छूट बढ़ाकर एक लाख कर दी गई है। पहले यह सीमा 50 हजार रुपये थी। इससे पेंशनभोगियों और बुजुर्गों की कर देनदारी कम होगी और नियमित आय पर सुरक्षा मिलेगी।
7. टीडीएस/टीसीएस में देरी पर मुकदमा नहीं
टैक्स समय पर चुका दिया गया हो तो अब टीसीएस स्टेटमेंट देरी से जमा करने पर मुकदमा नहीं चलेगा। साथ ही, ऊंची टीडीएस दर सिर्फ तब लगेगी जब पैन नंबर न हो। इससे असमंजस और जुर्माने का खतरा कम होगा। ये बदलाव कर प्रणाली को टैक्सपेयर्स के लिए आसान बनाएगा और कर अनुपालन को बढ़ावा देगा।
8. आईटीआर फॉर्म में बदलाव
आकलन वर्ष 2025-26 के लिए नए और संशोधित आईटीआर फॉर्म जारी किए गए हैं। इनमें नए कॉलम जोड़े गए हैं और फॉर्म के ढांचे में भी बदलाव किया गया है। इनके जरिए टैक्सपेयर्स के लिए आईटीआर फॉर्म भरना पहले से आसान हो गया है।
9. कैपिटल गेन टैक्स में बड़े बदलाव
2025 में कैपिटल गेन टैक्स के नियमों में भी अहम बदलाव किए गए। इक्विटी पर छोटी अवधि के कैपिटल गेन टैक्स की दर को 15 प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत कर दिया गया। वहीं, कर मुक्त लंबी अवधि के पूंजीगत लाभ को दायरा बढ़ाकर 1.25 लाख रुपये तक कर दिया गया है। इससे ज्यादा के लाभ पर 12.5 प्रतिशत टैक्स देना होगा।
10. विदेश रकम भेजने की सीमा बढ़ी
विदेश में पैसे भेजने (एलआरएस) पर टीसीएस की सीमा अब 7 लाख से बढ़ाकर 10 लाख रुपये कर दी गई है। साथ ही, पढ़ाई के लिए भेजे जाने वाले पैसे पर टीसीएस बिल्कुल हटा दिया गया। इससे छात्रों और उनके परिवारों को बड़ी राहत मिलेगी। -

Ind W vs SLW: तीसरा T20I आज तिरुवनंतपुरम में… जानें कैसी रहेगी ग्रीनफील्ड की पिच
नई दिल्ली। इंडिया वुमेंस वर्सेस श्रीलंका वुमेंस (India Women vs Sri Lanka Women) 5 मैच की टी20 सीरीज का तीसरा मुकाबला (The third match of the T20 series) आज तिरुवनंतपुरम के ग्रीनफील्ड इंटरनेशनल स्टेडियम (Greenfield International Stadium) में खेला जाना है। सीरीज में 2-0 से आगे चल रही हरमनप्रीत कौर की टीम की नजरें जीत की हैट्रिक लगाते हुए सीरीज में अजेय बढ़त बनाने पर होगी। पहले दो मुकाबलों में भारतीय खिलाड़ियों ने श्रीलंका पर पूरी तरह से डोमिनेट किया। पहला टी20 भारत ने 8 विकेट से तो दूसरा 7 विकेट से जीता। हालांकि दीप्ति शर्मा और जेमिमा रोड्रिग्स ने टीम इंडिया की मुश्किल बढ़ाई हुई है। नंबर-1 टी20 बॉलर दीप्ति शर्मा बीमार होने की वजह से दूसरा टी20 नहीं खेल पाई थी, मगर अब वह फिट हैं। मगर जेमिमा को तीसरे टी20 से पहले अपनी फिटनेस साबित करनी होगी। आईए एक नजर India Womens vs Sri Lanka Womens मुकाबले से जुड़ी कुछ अहम जानकारियों पर नजर डालते हैं-तिरुवनंतपुरम के ग्रीनफील्ड इंटरनेशनल स्टेडियम की पिच गेंदबाजों के लिए अच्छी मानी जाती है। पहले दो मुकाबलों में महफिल लूटने वाले बल्लेबाजों को तीसरे T20I में इस पिच पर मुश्किल हो सकती है। हालांकि, पहले इस मैदान पर ओस नतीजा तय करने में अहम भूमिका अदा कर सकती है। ऐसे में टॉस जीतने वाली टीम की नजरें एक बार फिर पहले फील्डिंग करने पर होगी, ताकि वह बाद में टारगेट को आसानी से चेज कर पाए। तिरुवनंतपुरम के इस मैदान पर पहला वुमेंस क्रिकेट का मैच होने वाला है।
ग्रीनफील्ड इंटरनेशनल स्टेडियम, तिरुवनंतपुरम टी20 रिकॉर्ड
मैच- 4
पहले बैटिंग करके जीते गए मैच – 2 (50.00%)
टारगेट का पीछा करते हुए जीते गए मैच- 2 (50.00%)
टॉस जीतकर जीते गए मैच- 2 (50.00%)
टॉस हारकर जीते गए मैच- 2 (50.00%)
हाईएस्ट स्कोर- 235/4
हाईएस्ट स्कोर इन चेज- 173/2
प्रति विकेट औसत रन- 25.88
प्रति ओवर औसत रन- 8.49
पहले बैटिंग करने का औसत स्कोर- 145
इंडिया वुमेंस वर्सेस श्रीलंका वुमेंस स्क्वॉड
भारतीय महिला टीम: स्मृति मंधाना, शैफाली वर्मा, हरलीन देयोल, हरमनप्रीत कौर (कप्तान), जेमिमा रोड्रिग्स, दीप्ति शर्मा, ऋचा घोष (डब्ल्यू), स्नेह राणा, अमनजोत कौर, क्रांति गौड़, रेणुका सिंह ठाकुर, श्री चरणी, अरुंधति रेड्डी, वैष्णवी शर्मा, जी कमलिनीश्रीलंका महिला टीम: विशमी गुणरत्ने, चमारी अथापथु (कप्तान), हासिनी परेरा, हर्षिता समरविक्रमा, कविशा दिलहारी, नीलाक्षी डी सिल्वा, कौशानी नुथ्यांगना (डब्ल्यू), रश्मिका सेवंदी, इमेशा दुलानी, काव्या कविंदी, निमेश मदुशानी, मल्की मदारा, इनोका राणावीरा, मालशा शेहानी, शशिनी गिम्हानी
