Blog

  • अडानी ने SEC के खिलाफ मुकदमे को खारिज करने के लिए US फेडरल कोर्ट में दायर की याचिका

    अडानी ने SEC के खिलाफ मुकदमे को खारिज करने के लिए US फेडरल कोर्ट में दायर की याचिका


    वाशिंगटन।
    गौतम अडानी (Gautam Adani) और उनके भतीजे सागर अडानी (Sagar Adani) ने यूएस सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज कमिशन (US Securities and Exchange Commission-SEC) के खिलाफ चल रहे मुकदमे को खारिज करने के लिए न्यूयॉर्क की फेडरल कोर्ट (New York Federal Court) में याचिका दायर की है। अडानी की ओर से सबसे बड़ी दलील यह है कि इस मामले में अमेरिकी अदालत का अधिकार क्षेत्र ही नहीं बनता। वकीलों के मुताबिक, कथित लेन-देन अमेरिका के बाहर हुआ, बॉन्ड किसी अमेरिकी एक्सचेंज में लिस्डेट नहीं थे और दोनों आरोपी भारत में रहते हैं, इसलिए इस मामले को अमेरिकी कानून के तहत नहीं सुना जाना चाहिए।


    750 मिलियन डॉलर के बॉन्ड पर उठे सवाल

    अडानी ग्रुप की ओर से कहा गया है कि जिस 750 मिलियन डॉलर के बॉन्ड को लेकर मामला बनाया गया है, वह नियम 144A के तहत जारी किया गया था। यह बॉन्ड पहले गैर-अमेरिकी अंडरराइटर्स को बेचा गया और बाद में कुछ हिस्से को संस्थागत खरीदारों को रीसेल किया गया। रॉयटर्स के मुताबिक अडानी पक्ष का दावा है कि इस प्रक्रिया में अमेरिका की सीधी भागीदारी नहीं थी, इसलिए SEC का हस्तक्षेप उचित नहीं है।


    निवेशकों को नुकसान नहीं, केस कमजोर

    अडानी की याचिका में यह भी कहा गया है कि SEC अब तक यह साबित नहीं कर पाया है कि किसी भी निवेशक को इस सौदे से आर्थिक नुकसान हुआ हो। कंपनी के अनुसार, ये बॉन्ड 2024 में मैच्योर हो चुके हैं और निवेशकों को मूलधन के साथ ब्याज भी पूरा लौटाया जा चुका है। ऐसे में “नो लॉस” की स्थिति में मुकदमे की वैधता पर सवाल उठता है।


    रिश्वतखोरी के आरोपों को किया खारिज

    अडानी ने रिश्वतखोरी के आरोपों को भी निराधार बताया है। उनका कहना है कि SEC के पास इन आरोपों के समर्थन में कोई ठोस या विश्वसनीय सबूत नहीं है। साथ ही यह भी कहा गया कि न तो गौतम अडानी और न ही सागर अडानी का इस बॉन्ड इश्यू से कोई प्रत्यक्ष संबंध साबित किया गया है।


    ‘भ्रामक बयान’ नहीं, सामान्य कॉर्पोरेट भाषा

    SEC ने जिन बयानों को भ्रामक बताया है, जैसे ESG प्रतिबद्धताएं और कॉर्पोरेट गवर्नेंस, उन्हें अडानी पक्ष ने “पफरी” यानी सामान्य कॉर्पोरेट बयान करार दिया है। उनका तर्क है कि ऐसे सामान्य दावे निवेशकों को गुमराह करने की श्रेणी में नहीं आते और इन्हें कानूनी आधार नहीं बनाया जा सकता।

    अडानी ग्रुप ने इस पूरे मामले को कानूनी रूप से कमजोर बताते हुए कोर्ट से इसे खारिज करने की मांग की है। अब देखना होगा कि अमेरिकी अदालत इस पर क्या रुख अपनाती है, क्योंकि यह मामला अंतरराष्ट्रीय निवेश और नियामक अधिकार क्षेत्र से जुड़ा बड़ा उदाहरण बन सकता है।

  • 11 अप्रैल से मंगल और बुध की युति से इन राशियों की होगी तरक्की, बढ़ेगी आय, जानिए क्‍या होंगे लाभ?

    11 अप्रैल से मंगल और बुध की युति से इन राशियों की होगी तरक्की, बढ़ेगी आय, जानिए क्‍या होंगे लाभ?

    नई दिल्ली। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जब मंगल और बुध एक ही राशि में स्थित होते हैं, तो यह युति बहुत खास मानी जाती है। मंगल ऊर्जा, साहस और आत्मविश्वास का कारक है, जबकि बुध बुद्धि, संवाद और रणनीति का ग्रह। इन दोनों का संगम व्यक्ति की सोचने-समझने और स्मार्ट तरीके से काम करने की क्षमता को बढ़ाता है।

    द्रिक पंचांग के अनुसार, इस बार यह युति 11 अप्रैल 2026 को मीन राशि में बनेगी। मंगल पहले ही 2 अप्रैल को मीन राशि में प्रवेश कर चुके हैं, और बुध भी 11 अप्रैल को मीन राशि में आ जाएंगे। यह युति 30 अप्रैल 2026 तक प्रभावी रहेगी। ज्योतिषियों के अनुसार, इस दौरान कुछ राशियों को विशेष लाभ मिलने के संकेत हैं।

    वृषभ राशि
    वृषभ राशि के जातकों के लिए यह समय पैसों और करियर के मामले में अनुकूल रहेगा। आय के नए स्रोत खुल सकते हैं और नौकरी में नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं, जिससे आपकी पहचान बढ़ेगी। व्यापारियों को अच्छा मुनाफा मिलने की संभावना है। निवेश करने का समय अनुकूल रहेगा। किसी पुराने मित्र से मुलाकात आपका दिन और बेहतर बना सकती है।

    मिथुन राशि
    मिथुन राशि वालों के लिए यह युति आर्थिक मजबूती और अवसर लेकर आएगी। धन में बढ़ोतरी के संकेत हैं और रुके हुए कार्य पूरे हो सकते हैं। नया काम शुरू करने के लिए यह समय अनुकूल है। व्यवसाय में विस्तार और पार्टनरशिप से लाभ होने की संभावना है। नौकरी में नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। घर या वाहन खरीदने का विचार भी सफल हो सकता है।

    धनु राशि
    धनु राशि के जातकों के लिए यह समय करियर और वित्तीय मामलों में फायदेमंद रहेगा। नौकरी में प्रमोशन या तरक्की के योग हैं। निवेश से अच्छा रिटर्न मिलने की संभावना है। 11 अप्रैल से 30 अप्रैल के बीच का समय आपके लिए नए अवसर और मनचाही नौकरी या नई शुरुआत के संकेत लेकर आएगा।

  • तमिलनाडु चुनाव में PM मोदी का प्रचार जोरों पर, राहुल गांधी नदारद, DMK-कांग्रेस गठबंधन पर सवाल

    तमिलनाडु चुनाव में PM मोदी का प्रचार जोरों पर, राहुल गांधी नदारद, DMK-कांग्रेस गठबंधन पर सवाल

    नई दिल्ली। तमिलनाडु में चुनावी प्रचार तेज हो गया है। इस बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार राज्य के दौरे कर भाजपा और एनडीए उम्मीदवारों के समर्थन में जनता से संपर्क कर रहे हैं, जबकि कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी अभी तक राज्य में चुनाव प्रचार से दूरी बनाए हुए हैं।

    मोदी का सक्रिय अभियान
    पिछले दो महीनों में मोदी ने तीन बार तमिलनाडु का दौरा किया और 15 अप्रैल को फिर से राज्य का दौरा कर नागरकोइल में विशाल जनसभा को संबोधित करेंगे। उनका प्रचार अभियान भाजपा और उसके सहयोगी दलों के लिए माहौल बनाने पर केंद्रित है।

    राहुल गांधी की अनुपस्थिति और DMK के साथ दूरी
    राहुल गांधी ने अब तक तमिलनाडु में प्रचार अभियान नहीं चलाया। राजनीतिक विश्लेषक इसे कांग्रेस और DMK गठबंधन में चल रहे मनमुटाव से जोड़ रहे हैं। 2021 में राहुल गांधी चुनाव से पहले ही राज्य में तीन दिवसीय दौरे पर थे, लेकिन इस बार उनकी गैरमौजूदगी ने सवाल खड़े कर दिए हैं।

    पुडुचेरी में संकेत मिले दूरियों के
    हाल ही में पुडुचेरी में प्रचार के दौरान राहुल गांधी ने DMK अध्यक्ष एम.के. स्टालिन का नाम तक नहीं लिया। वहीं स्टालिन भी उसी दिन वहां मौजूद थे, लेकिन दोनों नेताओं के कार्यक्रम अलग समय पर निर्धारित किए गए थे। राजनीतिक जानकार इसे सीट बंटवारे और गठबंधन खींचतान का परिणाम मान रहे हैं।

    पार्टियों की सफाई और आगे की योजना
    DMK के संगठनात्मक सचिव आर.एस. भारती ने कहा कि दोनों पार्टियों ने अपने प्रचार कार्यक्रम पहले से तय कर लिए थे और आखिरी समय में संयुक्त रैली संभव नहीं थी। उन्होंने आश्वस्त किया कि दोनों नेता जल्द ही एक साथ प्रचार करेंगे। कांग्रेस के वरिष्ठ पदाधिकारी ने बताया कि राहुल गांधी तमिलनाडु का दौरा 10 अप्रैल के बाद कर सकते हैं, जब पहले चरण का मतदान संपन्न हो जाएगा।DMK के संगठनात्मक सचिव आर.एस. भारती ने कहा कि दोनों पार्टियों ने अपने प्रचार कार्यक्रम पहले से तय कर लिए थे और आखिरी समय में संयुक्त रैली संभव नहीं थी। उन्होंने आश्वस्त किया कि दोनों नेता जल्द ही एक साथ प्रचार करेंगे। कांग्रेस के वरिष्ठ पदाधिकारी ने बताया कि राहुल गांधी तमिलनाडु का दौरा 10 अप्रैल के बाद कर सकते हैं, जब पहले चरण का मतदान संपन्न हो जाएगा।

  • सलमान खान पहुंचे नेशनल कंज्यूमर कमीशन, बोले- जिला कोर्ट ने मेरे साथ अन्याय किया

    सलमान खान पहुंचे नेशनल कंज्यूमर कमीशन, बोले- जिला कोर्ट ने मेरे साथ अन्याय किया

    नई दिल्ली बॉलीवुड सुपरस्टार सलमान खान अब नेशनल कंज्यूमर डिस्प्यूट्स रिड्रेसल कमीशन (NCDRC) में पहुंच गए हैं। मामला राजश्री इलायची के विज्ञापन विवाद से जुड़ा है। सलमान खान का दावा है कि जयपुर जिला उपभोक्ता आयोग ने उनके साथ अनुचित और कठोर कदम उठाए।

    मामला क्या है?

    मामला जनवरी 2026 का है। अधिवक्ता योगेंद्र बडियाल ने जयपुर के जिला उपभोक्ता आयोग में शिकायत दर्ज कर राजश्री इलायची पर आरोप लगाया कि यह ब्रांड पान मसाला के नाम पर इलायची को प्रमोट कर रहा है।

    इसके बाद 6 जनवरी 2026 को जिला आयोग ने एकतरफा (Ex-parte) अंतरिम आदेश पारित किया। इस आदेश में सलमान खान और अन्य प्रतिवादियों को निर्देश दिया गया कि वे ऐसे विज्ञापन न चलाएं।

    क्या हुआ उसके बाद?

    बार एंड बेंच की रिपोर्ट के अनुसार, शिकायतकर्ता योगेंद्र बडियाल ने आरोप लगाया कि जिला आयोग के आदेश के बावजूद सलमान खान से जुड़े होर्डिंग विज्ञापन लगे रहे। इसके बाद 15 जनवरी 2026 को पहली पेशी में ही सलमान खान के खिलाफ जमानती वारंट जारी कर दिया गया।

    जिला आयोग ने आदेश की अवमानना (धारा 72) के तहत सलमान की मौजूदगी सुनिश्चित करने के लिए स्पेशल टास्क फोर्स (STF) भी गठित करने का निर्देश दिया।

    सलमान खान के वकील की दलील

    सलमान खान के वकील वरिष्ठ अधिवक्ता रवि प्रकाश ने जिला आयोग को बताया कि उन्हें आदेश की कोई सर्टिफाइड कॉपी नहीं दी गई थी। उन्होंने कहा, “जब आदेश की आधिकारिक कॉपी ही नहीं मिली, तो इसके उल्लंघन का आरोप कैसे लगाया जा सकता है?”

    वकील ने यह भी उठाया कि आदेश की जानकारी पहले मीडिया रिपोर्ट्स के जरिए उन्हें मिली थी, जबकि उन्हें आधिकारिक नोटिस नहीं दिया गया।

    राजस्थान स्टेट कंज्यूमर कमीशन ने क्या किया?

    सलमान खान ने जिला आयोग के आदेश को राजस्थान स्टेट कंज्यूमर कमीशन में चुनौती दी। लेकिन 16 मार्च 2026 को राज्य आयोग ने उनकी अपील खारिज कर दी और जिला आयोग के आदेश को सही ठहराया।

    अब NCDRC में अपील

    सलमान खान के वकील ने NCDRC में दावा किया कि जयपुर जिला उपभोक्ता आयोग ने उनके साथ अन्याय किया। उन्होंने कहा कि एक भ्रामक विज्ञापन की शिकायत से जुड़ी कार्यवाही में अनुचित व्यवहार हुआ।

    सलमान के खिलाफ कठोर दंडात्मक कदम उठाए गए और आदेश की प्रमाणित प्रतियां देने से इनकार किया गया। उनके अनुसार, यह पूरे मामले में न्याय और उचित प्रक्रिया का उल्लंघन है।

    सलमान खान अब अपने पक्ष में नेशनल कंज्यूमर कमीशन में लड़ाई लड़ रहे हैं। उनका कहना है कि जिला आयोग के आदेश और STF गठन में उनके साथ अनुचित और कठोर कदम उठाए गए। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि NCDRC इस मामले में क्या निर्णय लेता है।

  • 'धुरंधर 2' का पॉपुलर सीन ही बना गौरव गेरा के करियर का टर्निंग पॉइंट!

    'धुरंधर 2' का पॉपुलर सीन ही बना गौरव गेरा के करियर का टर्निंग पॉइंट!


    नई दिल्ली। फिल्म ‘धुरंधर: द रिवेंज’ में अभिनेता गौरव गेरा ने निभाया आलम का किरदार दर्शकों के बीच तेजी से लोकप्रिय हो गया है। फिल्म के सबसे महत्वपूर्ण मोड़ पर उनका सीन, जिसमें आलम रणवीर सिंह के किरदार हमजा को मनाता है कि वह दोस्त पिंडा की मौत का इल्जाम खुद पर ले ले, सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुआ। इस सीन की लोकप्रियता ने गौरव को फिल्म इंडस्ट्री में एक अलग पहचान भी दिलाई।

    ऑडिशन का वही सीन बन गया हिट

    गौरव गेरा ने हाल ही में अपने इंटरव्यू में बताया कि यह सीन उनके लिए कोई सरप्राइज नहीं था। उन्होंने कहा, “मुझे वही भारी-भरकम सीन ऑडिशन में दिया गया था। मुझे मुकेश छाबड़ा के ऑफिस बुलाया गया और कहा गया कि इसे परफॉर्म करो। इसलिए जब फिल्म में यह सीन दिखा, मुझे पता था कि यह रोल दर्शकों को पसंद आएगा।”

    गौरव का मानना है कि उनका किरदार हमजा का एकमात्र सपोर्ट सिस्टम है और सब कुछ जानने वाला शख्स है। यही कारण है कि उन्होंने इस भूमिका को पूरी गंभीरता और इंटेंसिटी के साथ निभाया।

    डायलॉग ने मचाई इंटरनेट पर धूम

    फिल्म का मशहूर डायलॉग “डार्लिंग, डार्लिंग दिल क्यों तोड़ा, पीलो पीलो आलम दूध सोडा” इंटरनेट पर वायरल हो चुका है। गौरव ने बताया कि उनके दोस्तों और परिवार से सबसे ज्यादा यही प्रतिक्रिया आ रही है। उन्होंने कहा, “बहुत सारे मैसेज आ रहे हैं और यही सबसे कॉमन रिस्पॉन्स है।”

    गौरव गेरा की सफलता की कहानी

    गौरव गेरा की सफलता नई नहीं है। उन्होंने टीवी शो जैसे ‘जस्सी जैसी कोई नहीं’, ‘छुटकी-शॉपकीपर’, ‘वो’, और ‘मिसेज पम्मी प्यारेलाल’ में यादगार भूमिका निभाई है। खासकर उनके छुटकी और शॉपकीपर वाले डबल रोल्स आज भी फैंस के बीच लोकप्रिय हैं।

    अब ‘धुरंधर’ से उनका फैनबेस और बढ़ गया है, लेकिन गौरव ने स्पष्ट किया कि वे अपने पुराने वीडियो कैरेक्टर्स को रिवाइव करने का कोई प्लान फिलहाल नहीं बना रहे हैं। उन्होंने कहा, “पिछले 3 साल से मैंने बहुत कम वीडियो बनाए हैं। वीडियो कंटेंट बनाना काफी मेहनत वाला काम है—शूटिंग, एडिटिंग, सबकुछ। अब मैं वैरायटी करना पसंद करता हूँ और नई चीजें एक्सपीरियंस करना चाहता हूँ।”

    भविष्य की योजनाएँ और नए प्रोजेक्ट्स

    गौरव ने यह भी कहा कि ‘धुरंधर’ उनके लिए बेहद एंजॉय करने वाला अनुभव रहा। उन्होंने अपने फैंस को यह संदेश दिया कि वे आगे भी सिनेमा और अलग-अलग प्रोजेक्ट्स में अपना टैलेंट दिखाने की कोशिश करेंगे। वीडियो प्लेटफॉर्म उनके लिए अब ऑप्शनल है, लेकिन फिलहाल उनका ध्यान फिल्मों और नए रोल्स पर केंद्रित है।

    गौरव गेरा ने ‘धुरंधर 2’ के वायरल सीन से अपनी जगह इंडस्ट्री में पक्की कर ली है। उनका किरदार आलम न केवल दर्शकों का दिल जीत गया बल्कि उनका फैनबेस भी बढ़ाया। हालांकि वे अपने पुराने वीडियो कैरेक्टर्स में लौटने का प्लान नहीं बना रहे हैं और नई भूमिकाओं और प्रोजेक्ट्स की ओर बढ़ रहे हैं।

  • अक्षय तृतीया पर बनेगा खास संयोग, ‘अक्षय योग’ से इन राशियों पर होगी धन वर्षा

    अक्षय तृतीया पर बनेगा खास संयोग, ‘अक्षय योग’ से इन राशियों पर होगी धन वर्षा

    नई दिल्ली। ज्योतिष शास्त्र में ‘अक्षय योग’ को बेहद शुभ और फलदायी माना जाता है। ‘अक्षय’ का अर्थ होता है-जो कभी समाप्त न हो, यानी इस योग में किए गए कार्यों का शुभ फल लंबे समय तक मिलता है। यह योग तब बनता है, जब सूर्य और चंद्रमा अपनी-अपनी उच्च राशियों में स्थित होते हैं।

    द्रिक पंचांग के अनुसार, 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया के दिन सूर्य अपनी उच्च राशि मेष में और चंद्रमा अपनी उच्च राशि वृषभ में रहेंगे, जिससे यह विशेष योग बनेगा। ज्योतिषियों का मानना है कि इस संयोग से कई राशियों के जीवन में धन, सफलता और समृद्धि का प्रवेश होगा। रुके हुए कार्य पूरे होंगे और आर्थिक स्थिति मजबूत बनेगी। आइए जानते हैं किन राशियों को मिलेगा इस शुभ योग का विशेष लाभ।

    मेष राशि (Aries)

    इस राशि के जातकों के लिए यह समय आत्मविश्वास बढ़ाने वाला रहेगा। कार्यक्षेत्र में नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं, जो भविष्य में लाभदायक साबित होंगी। नौकरीपेशा लोगों को प्रमोशन के संकेत हैं, जबकि व्यापारियों को नए अवसर मिल सकते हैं। सही निर्णय लेने की क्षमता बढ़ेगी और निवेश में फायदा होने की संभावना है।

    वृषभ राशि (Taurus)
    वृषभ राशि वालों के लिए यह योग सुख-सुविधाओं में वृद्धि का संकेत दे रहा है। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और आय के नए स्रोत खुल सकते हैं। घर, जमीन या वाहन खरीदने की इच्छा पूरी हो सकती है। परिवार का सहयोग मिलेगा और कार्यों में सफलता के योग बनेंगे।

    सिंह राशि (Leo)
    सिंह राशि के जातकों के लिए यह समय भाग्य का साथ लेकर आएगा। लंबे समय से अटके काम पूरे होंगे। व्यापार से जुड़े लोगों को विशेष लाभ मिल सकता है और कोई बड़ा अवसर हाथ लग सकता है, जो आगे चलकर लगातार फायदा देगा।

    वृश्चिक राशि (Scorpio)
    वृश्चिक राशि वालों के लिए यह अवधि आर्थिक दृष्टि से लाभकारी रहेगी। अचानक धन लाभ के संकेत हैं और पुराने निवेश से भी अच्छा रिटर्न मिल सकता है। विदेश यात्रा की योजना सफल हो सकती है। नौकरी करने वालों को प्रमोशन या नई उपलब्धि मिलने के योग हैं, जिससे करियर में उन्नति होगी।

  • सीजफायर के बाद कूटनीति तेज, ईरान के 10 सूत्रीय प्रस्ताव पर अमेरिका से होगी अहम वार्ता

    सीजफायर के बाद कूटनीति तेज, ईरान के 10 सूत्रीय प्रस्ताव पर अमेरिका से होगी अहम वार्ता


    नई दिल्ली। ईरान और अमेरिका के बीच दो हफ्ते के सीज़फायर के बाद अब दोनों देशों के बीच कूटनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल ने पुष्टि की है कि दोनों पक्षों के बीच बातचीत शुक्रवार, 10 अप्रैल से इस्लामाबाद में शुरू होगी। ईरान ने पाकिस्तान के जरिए अमेरिका को एक विस्तृत 10 बिंदुओं वाला प्रस्ताव भेजा है, जिस पर अब बातचीत की जाएगी। ईरानी मीडिया के अनुसार, इस प्रस्ताव में कई अहम शर्तें शामिल हैं।

    ईरान के 10 प्रमुख प्रस्ताव इस प्रकार हैं:

    1. अहिंसा के प्रति प्रतिबद्धता
    2. होर्मुज स्ट्रेट पर ईरान का नियंत्रण बरकरार रखना
    3. यूरेनियम संवर्धन की अनुमति
    4. सभी प्राथमिक प्रतिबंधों को समाप्त करना
    5. द्वितीयक प्रतिबंधों को भी हटाना
    6. संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के सभी प्रस्तावों को खत्म करना
    7. बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के प्रस्तावों को समाप्त करना
    8. ईरान को मुआवजा देना
    9. क्षेत्र से अमेरिकी सैन्य बलों की वापसी
    10. लेबनान में हिज़्बुल्लाह के खिलाफ कार्रवाई सहित सभी मोर्चों पर युद्धविराम

    ईरानी सरकारी मीडिया के मुताबिक, प्रस्ताव में विशेष रूप से होर्मुज स्ट्रेट पर नियंत्रण, प्रतिबंधों में ढील और क्षेत्र से अमेरिकी सेनाओं की वापसी जैसे मुद्दों पर जोर दिया गया है। हालांकि, ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल ने साफ किया है कि इस पहल का मतलब जमीनी स्तर पर तनाव पूरी तरह खत्म होना नहीं है। उनका कहना है कि यह युद्ध का अंत नहीं है और किसी भी गलती का कड़ा जवाब दिया जाएगा।

    यह घटनाक्रम उस समय सामने आया है जब ईरान ने दो हफ्ते के सीज़फायर को स्वीकार किया है, जिसे उसने अपनी “जीत” बताया है। यह सीज़फायर पाकिस्तान की मध्यस्थता से संभव हुआ है। इस्लामाबाद में होने वाली यह वार्ता करीब 15 दिनों तक चल सकती है और जरूरत पड़ने पर इसे आगे बढ़ाया भी जा सकता है। इसका उद्देश्य एक व्यापक समझौते की दिशा में रूपरेखा तैयार करना है।

    ईरानी अधिकारियों ने संकेत दिया है कि इस दौरान समुद्री मार्गों पर सीमित सहयोग किया जाएगा और होर्मुज स्ट्रेट से सुरक्षित आवाजाही ईरानी सशस्त्र बलों के समन्वय से सुनिश्चित की जा सकती है।वहीं, व्हाइट हाउस के एक अधिकारी ने कहा है कि सीज़फायर औपचारिक रूप से तभी लागू माना जाएगा, जब ईरान वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए महत्वपूर्ण होर्मुज स्ट्रेट को दोबारा खोल देगा।

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की घोषणा के बाद आई एक रिपोर्ट में बताया गया कि तेहरान ने अमेरिका-इजराइल तनाव के बीच पाकिस्तान के प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है। रिपोर्ट के अनुसार, चीन ने भी अंतिम समय में हस्तक्षेप कर तनाव कम करने की अपील की थी।

    इसी बीच, ईरान के नए सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई ने सीज़फायर को मंजूरी दे दी है। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराकची ने कहा कि यदि ईरान पर हमले रुकते हैं तो वे भी जवाबी कार्रवाई रोक देंगे और दो हफ्तों तक होर्मुज स्ट्रेट में सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने सीज़फायर को लागू कराने में भूमिका निभाने के लिए पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और सेना प्रमुख आसिम मुनीर के प्रति आभार भी जताया।

  • एमपी में फिर बिगड़ा मौसम, 3 सिस्टम एक्टिव, 18 जिलों में बारिश और कई इलाकों में ओलावृष्टि का अलर्ट

    एमपी में फिर बिगड़ा मौसम, 3 सिस्टम एक्टिव, 18 जिलों में बारिश और कई इलाकों में ओलावृष्टि का अलर्ट


    भोपाल। मध्य प्रदेश के ऊपरी हिस्से में एक साथ तीन साइक्लोनिक सर्कुलेशन चक्रवाती सिस्टम सक्रिय होने से प्रदेश में मौसम ने फिर करवट ले ली है। इसके चलते आंधी और बारिश का सिलसिला दोबारा शुरू हो गया है। मंगलवार को ग्वालियर-चंबल और सागर संभाग में मौसम काफी बिगड़ा रहा।

    मौसम विभाग के अनुसार बुधवार को दतिया, निवाड़ी, छतरपुर और टीकमगढ़ जिलों में ओले गिरने की संभावना जताई गई है। इसके अलावा ग्वालियर, भिंड, मुरैना, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मैहर, कटनी, उमरिया, शहडोल और अनूपपुर सहित कुल 18 जिलों में अगले 24 घंटे के भीतर बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

    मंगलवार को भी प्रदेश के कई हिस्सों में मौसम बदला हुआ नजर आया। भिंड, श्योपुर, मुरैना, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, निवाड़ी, गुना, अशोक नगर, टीकमगढ़, सतना के चित्रकूट और रीवा में कहीं तेज आंधी चली तो कहीं बारिश हुई। इसी दौरान शिवपुरी, दतिया, धार, पीथमपुर और झाबुआ में तेज बारिश दर्ज की गई, जबकि रतलाम में धूल भरी हवाएं चलीं।

    मौसम विभाग के मुताबिक 11 अप्रैल को उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र में एक नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय होने जा रहा है, जिसका असर मध्य प्रदेश में भी देखने को मिल सकता है। विभाग ने यह भी बताया कि प्रदेश में तेज आंधी चलने की संभावना है। कुछ जिलों में हवा की रफ्तार 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है, जबकि अन्य इलाकों में यह 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा रह सकती है। आमतौर पर दोपहर बाद मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा।

  • सर पास कर दो…. MP में 10वीं-12वीं की कॉपियों में किसी ने रखे 500 के नोट, तो किसी ने की ऑनलाइन पैसे भेजने की पेशकश

    सर पास कर दो…. MP में 10वीं-12वीं की कॉपियों में किसी ने रखे 500 के नोट, तो किसी ने की ऑनलाइन पैसे भेजने की पेशकश


    ग्वालियर।
    हाईस्कूल (High school.) और हायर सेकेंडरी (Higher Secondary.) की परीक्षा खत्म होने के बाद ग्वालियर में इन कक्षाओं में पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं की कॉपियों को जांचने (Copies Checking) का काम हुआ। इस बारे में जानकारी देते हुए शिक्षकों ने बताया कि इस साल स्टू़डेंट्स की कॉपियों को जांचने के दौरान उन्हें 100 से ज्यादा अनोखी गुहारें (Unique requests) मिली, जिसे पढ़कर शिक्षक भी हैरान रह गए और उन्हें हंसी भी आई। इनमें से कुछ छात्र-छात्राओं ने अपने फोन नंबर कॉपियों में लिखकर पास करने के बदले शिक्षकों को ऑनलाइन रिश्वत भेजने की पेशकश की, तो वहीं कुछ ने माता-पिता की बीमारी की बात लिखते हुए पास करने की अपील की। कॉपी जांचने वाले शिक्षकों ने बताया कि कुछ छात्र-छात्राओं ने कॉपी के साथ 500 रुपए का नोट कॉपी में रखा और लिखा कि सर पास कर दीजिए, वहीं कुछ छात्रों ने कॉपी में इमोशनल शायरी लिख दी।

    कॉपियां जांचने वाले शिक्षकों ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि करीब 100 कॉपियों में परीक्षार्थियों ने शिक्षकों के लिए अलग-अलग तरह की फरियादें लिखी हैं। इनमें छात्राओं की संख्या अधिक रही।


    छात्र ने लिखा- पास कर दीजिए, साली से शादी करवा दूंगा

    इस बारे में जानकारी देते हुए शिक्षकों ने बताया कि एक स्टूडेंट ने गजब का ऑफर देते हुए लिखा, ‘सर मुझे पास कर दो मेरी साली से आपकी शादी करवा दूंगा।’ वहीं एक अन्य छात्रा ने लिखा, ‘सर मैं फेल हो गई तो मेरी शादी टूट जाएगी, प्लीज पास कर दीजिए।’। एक अन्य छात्र ने लिखा, ‘सर गर्लफ्रेंड ने ब्रेकअप कर लिया तो पढ़ाई नहीं कर पाया। कृपा मुझे पास कर दीजिए।’


    छात्रा ने लिखा- फेल हो गई तो पति प्रताड़ित करेगा

    एक अन्य छात्रा ने लिखा, ‘सर शादी होने वाली है फेल हो गई तो पति प्रताड़ित करेगा, मुझे पास कर दीजिए।’ शिक्षकों के अनुसार करीब 23 से ज्यादा छात्र-छात्राओं ने अपने माता-पिता को कैंसर या अन्य बीमारी होना बताया और लिखा कि बीमारी के चलते पढ़ाई नहीं हो पाई, आप पास कर दीजिए हमारी मां आपको दुआएं देंगी।

    QR कोड होने से कॉपियों की जानकारी मिलना मुश्किल
    उधर मूल्यांकन प्रभारी का कहना है कि कॉपियों पर QR कोड होने से छात्र-छात्राओं और अभिवावकों को कॉपियों वाले स्थान का पता ही नहीं लगता है, यही वजह है कि कमजोर और पढ़ाई न करने वाले छात्र-छात्राएं कॉपियों में इमोशनल संदेश लिखते हैं। इस बार 100 से ज्यादा छात्र-छात्राओं की कॉपी में गुजारिश, दलील, प्रपोज की पेशकश लिखी हुई थी, लेकिन शिक्षकों ने इस पर ध्यान देने की बजाय सिर्फ मूल्यांकन किया है।


    शिक्षकों को दिया गया करीब 67 लाख रुपए का मानदेय

    बोर्ड के संभागीय अधिकारी मारुति सोमकुंवर ने बताया कि इस बार जिले के 49 हजार से ज्यादा छात्र-छात्राएं दोनों परीक्षाओं में शामिल हुए थे। कॉपियों की जांच पूरी हो चुकी है और रिजल्ट 12 अप्रैल तक घोषित किया जा सकता है। आपको बता दें कि वर्ष 2025 में 2 लाख 79 हजार 895 कॉपियां जांची गई थीं। उस समय शिक्षकों और अन्य कर्मचारियों को मानदेय के रूप में 69 लाख रुपए दिए गए थे। इस बार कॉपियां कुछ कम हैं, लेकिन मानदेय लगभग 67 लाख रुपए रहने का अनुमान है।


    12 अप्रैल तक घोषित हो सकता है हायर सेकेंड्री का रिजल्ट

    एमपी बोर्ड की हायर सेकेंडरी और हाईस्कूल परीक्षाओं का मूल्यांकन शासकीय कन्या विद्यालय, शिंदे की छावनी में एक दिन पहले पूरा हो चुका है। मूल्यांकन केंद्र पर कॉपियां जांचने का काम 22 फरवरी से शुरू हुआ, इस दौरान कुल 2 लाख 66 हजार 173 कॉपियों का मूल्यांकन किया गया। अब रिजल्ट की तैयारी चल रही है, जो 12 अप्रैल तक घोषित होने की संभावना है। गौरतलब है कि पिछले वर्ष रिजल्ट 6 मई को जारी हुआ था।

  • नारायण साईं को इंदौर कोर्ट से बड़ा झटका… तलाक मंजूर. पत्नी को दो करोड़ रुपये एलुमनी देने का आदेश

    नारायण साईं को इंदौर कोर्ट से बड़ा झटका… तलाक मंजूर. पत्नी को दो करोड़ रुपये एलुमनी देने का आदेश


    इंदौर।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के इंदौर (Indore) स्थित फैमिली कोर्ट (Family Court) ने लंबे समय से चल रहे वैवाहिक विवाद (Marital dispute) में अहम फैसला सुनाते हुए स्वयंभू धर्मगुरु आसाराम (Asaram) के पुत्र नारायण साईं (Narayan Sai) और उनकी पत्नी जानकी हरपालानी के विवाह को समाप्त घोषित कर दिया है. अदालत ने तलाक की याचिका मंजूर करते हुए नारायण साईं को पत्नी को स्थायी गुजारा भत्ता के रूप में 2 करोड़ रुपये अदा करने का निर्देश दिया है. नारायण साईं फिलहाल दुष्कर्म मामले में दोषी ठहराए जाने के बाद सूरत जेल में सजा काट रहा है.

    जानकारी के अनुसार, यह मामला करीब आठ वर्षों से अदालत में लंबित था. सभी पक्षों की सुनवाई पूरी होने के बाद 2 अप्रैल को निर्णय सुरक्षित रखा गया था, जिसकी जानकारी बाद में जानकी के वकील अनुराग गोयल ने साझा की।

    याचिका में बताया गया कि दोनों की शादी वर्ष 2008 में हुई थी, लेकिन 2013 से ही दोनों अलग-अलग रह रहे हैं. पत्नी ने आरोप लगाया कि उन्हें उपेक्षा का सामना करना पड़ा और उन्हें परित्यक्त जीवन जीने के लिए मजबूर होना पड़ा. मौजूदा समय में वह अपनी मां के साथ रह रही हैं. याचिका में यह भी कहा गया कि नारायण साईं के अन्य महिलाओं से संबंध थे और उनके खिलाफ दुष्कर्म मामले में सजा का भी जिक्र किया गया।

    5 करोड़ रुपये की हुई थी मांग

    भरण-पोषण को लेकर पत्नी ने 5 करोड़ रुपये की मांग की थी, हालांकि अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलों पर विचार करने के बाद 2 करोड़ रुपये देने का आदेश दिया. वहीं, वकील अनुराग गोयल के मुताबिक, पहले से ही अदालत ने प्रति माह 50 हजार रुपये भरण-पोषण देने का आदेश दिया था, लेकिन इसका नियमित भुगतान नहीं हुआ. इस कारण करीब 50 लाख रुपये की बकाया राशि हो गई है, जिसकी वसूली की प्रक्रिया अब शुरू की जाएगी.

    सूत्रों की मानें तो इस फैसले को हाई कोर्ट में चुनौती दी जा सकती है. साथ ही, संपत्तियों के सत्यापन से जुड़ी जानकारी अब तक पूरी तरह प्रस्तुत नहीं होने के कारण आगे भी विवाद की स्थिति बनी रह सकती है.