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  • एमपी में भीषण गर्मी का दौर जारी, खजुराहो में पारा 43.4 डिग्री पहुंचा, आज 19 जिलों में लू चलने की चेतावनी

    एमपी में भीषण गर्मी का दौर जारी, खजुराहो में पारा 43.4 डिग्री पहुंचा, आज 19 जिलों में लू चलने की चेतावनी

    भोपाल । मध्यप्रदेश में गर्मी का असर लगातार तेज होता जा रहा है। बुधवार को राज्य का प्रमुख पर्यटन स्थल खजुराहो सबसे गर्म शहर रहा, जहां तापमान 43.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके बाद नर्मदापुरम और नौगांव में भी पारा 43 डिग्री के पार पहुंच गया। मौसम विभाग ने गुरुवार को भी तेज गर्मी और लू का असर बने रहने की चेतावनी दी है। ग्वालियर सहित 19 जिलों में लू का अलर्ट जारी किया गया है, जबकि भोपाल, इंदौर, उज्जैन और जबलपुर में भी गर्म हवाएं परेशान करेंगी।

    इन जिलों में लू का अलर्ट जारी
    मौसम केंद्र भोपाल के अनुसार ग्वालियर, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रायसेन, नर्मदापुरम, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, रतलाम, झाबुआ, धार और अलीराजपुर में लू चलने की संभावना है। प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।

    प्रदेश के कई शहरों में पारा 40°C से ऊपर
    बुधवार को कई जिलों में तापमान 40 डिग्री से अधिक रिकॉर्ड किया गया। खजुराहो के बाद नर्मदापुरम (43.2°C) और नौगांव (43°C) सबसे गर्म रहे। रायसेन, दतिया, टीकमगढ़, सागर, रीवा, मंडला और अन्य कई जिलों में भी पारा 40 से 42 डिग्री के बीच दर्ज हुआ। बड़े शहरों की बात करें तो जबलपुर 41.6°C, ग्वालियर 41.2°C, भोपाल 40.6°C, इंदौर 40°C और उज्जैन 40.2°C पर रहा।

    रातें भी नहीं दे रहीं राहत, वॉर्म नाइट की स्थिति
    प्रदेश में अब रात का तापमान भी राहत नहीं दे रहा है। कई शहरों में न्यूनतम तापमान 25 से 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना हुआ है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार यह स्थिति ‘वॉर्म नाइट’ कहलाती है, जब रात का तापमान सामान्य से काफी अधिक रहता है। हालांकि फिलहाल ‘सीवियर वॉर्म नाइट’ की स्थिति दर्ज नहीं की गई है।

    मौसम विभाग की चेतावनी और सलाह
    लगातार बढ़ती गर्मी को देखते हुए मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। दिन में पर्याप्त पानी पीने, धूप से बचने और हल्के सूती कपड़े पहनने की अपील की गई है। खासकर बच्चों और बुजुर्गों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत बताई गई है, ताकि हीटवेव के असर से बचा जा सके।

  • एमपी में तेज गर्मी का कहर: पारा 43 डिग्री के पार, खजुराहो सबसे गर्म, आज 16 जिलों में लू का अलर्ट

    एमपी में तेज गर्मी का कहर: पारा 43 डिग्री के पार, खजुराहो सबसे गर्म, आज 16 जिलों में लू का अलर्ट

    भोपाल । मध्य प्रदेश में गर्मी ने अब अपने तीखे तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। शुक्रवार को सीजन में पहली बार तापमान 43 डिग्री के पार पहुंच गया। सबसे अधिक तापमान 43.2 डिग्री सेल्सियस छतरपुर के खजुराहो में दर्ज किया गया। इसके अलावा प्रदेश के 9 शहरों में तापमान 42 डिग्री से ऊपर रहा।

    आज कई जिलों में लू की चेतावनी

    मौसम विभाग ने शनिवार के लिए 16 जिलों में हीट वेव यानी लू चलने की चेतावनी जारी की है। इनमें अलीराजपुर झाबुआ रतलाम धार रायसेन नर्मदापुरम बैतूल छिंदवाड़ा पांढुर्णा सिवनी मंडला बालाघाट निवाड़ी टीकमगढ़ छतरपुर और पन्ना शामिल हैं।

    स्कूलों के समय में बदलाव

    भीषण गर्मी को देखते हुए प्रशासन ने स्कूलों के समय में बदलाव किया है। भोपाल में स्कूल अब सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक संचालित होंगे। कलेक्टर प्रियंक मिश्रा ने इस संबंध में आदेश जारी किए हैं। इसके अलावा नर्मदापुरम ग्वालियर बालाघाट मैहर रतलाम छिंदवाड़ा नरसिंहपुर रायसेन डिंडोरी अनूपपुर और उमरिया में भी स्कूल नए समय अनुसार चलेंगे।

    कई शहरों में तापमान 42 डिग्री के पार

    शुक्रवार को प्रदेश के कई जिलों में तापमान तेजी से बढ़ा। उमरिया में 42.9 डिग्री टीकमगढ़-नौगांव में 42.8 डिग्री नौगांव में 42.6 डिग्री मंडला में 42.5 डिग्री दमोह गुना और दतिया में 42.2 डिग्री दर्ज किया गया। वहीं सागर और सतना में 41.8 डिग्री छिंदवाड़ा में 41.6 डिग्री नर्मदापुरम और शाजापुर में 41.4 डिग्री जबकि सीधी नरसिंहपुर रीवा और मलाजखंड में 41.2 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया।

    बड़े शहरों का हाल
    प्रदेश के प्रमुख शहरों में जबलपुर सबसे गर्म रहा जहां तापमान 42 डिग्री तक पहुंचा। भोपाल और ग्वालियर में 41.3 डिग्री इंदौर में 40.6 डिग्री और उज्जैन में 40.5 डिग्री दर्ज किया गया। खजुराहो सहित कई क्षेत्रों में लू के हालात भी बने रहे।

    लू से बचाव के लिए सलाह
    मौसम विभाग ने बढ़ती गर्मी को देखते हुए लोगों के लिए एडवायजरी जारी की है। इसमें दिनभर पर्याप्त पानी पीने शरीर को हाइड्रेट रखने और दोपहर के समय तेज धूप से बचने की सलाह दी गई है। साथ ही हल्के और सूती कपड़े पहनने तथा बच्चों और बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है।

  • मध्य प्रदेश में मौसम का मिजाज बदला दतिया में पारा चढ़ा अप्रैल में ही लू जैसे हालात

    मध्य प्रदेश में मौसम का मिजाज बदला दतिया में पारा चढ़ा अप्रैल में ही लू जैसे हालात


    दतिया । मध्य प्रदेश के दतिया जिले में अप्रैल की शुरुआत में ही गर्मी ने अपने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण हालात ऐसे बन गए हैं जैसे लू का असर पहले ही शुरू हो गया हो रविवार सुबह से ही लगातार तेज धूप निकलने के कारण लोगों को घर से बाहर निकलना मुश्किल हो रहा है

    मौसम में आए इस बदलाव के चलते दिन और रात दोनों के तापमान में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है मौसम विभाग के अनुसार न्यूनतम तापमान बढ़कर लगभग 20 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है जो सामान्य से अधिक माना जा रहा है वहीं अधिकतम तापमान भी सामान्य से ऊपर बना हुआ है जिससे गर्मी का असर और ज्यादा महसूस किया जा रहा है

    विशेषज्ञों के अनुसार पिछले कुछ दिनों से सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और अन्य मौसमी सिस्टम अब कमजोर पड़ चुके हैं इसके कारण राजस्थान क्षेत्र में बने दबाव के चलते सूखी और गर्म हवाएं मध्य भारत की ओर बढ़ रही हैं जिसका सीधा असर दतिया और आसपास के क्षेत्रों में देखा जा रहा है इन गर्म हवाओं ने मौसम को तेजी से शुष्क और तपता हुआ बना दिया है

    मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि आने वाले दिनों में गर्मी से राहत मिलने की कोई संभावना फिलहाल नहीं है बल्कि 15 अप्रैल के बाद तापमान में और अधिक बढ़ोतरी हो सकती है जिससे लू जैसी स्थितियां भी बन सकती हैं यह स्थिति लोगों के स्वास्थ्य पर भी असर डाल सकती है

    इसी को देखते हुए प्रशासन और विशेषज्ञों ने लोगों को सलाह दी है कि वे दिन के समय विशेषकर दोपहर में अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचें और पर्याप्त मात्रा में पानी का सेवन करें ताकि शरीर में डिहाइड्रेशन जैसी समस्या न हो

    इस बीच कुछ ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार भी इस वर्ष अप्रैल से ही गर्मी की तेज शुरुआत को संकेत माना जा रहा है और अनुमान जताया जा रहा है कि यह गर्मी का दौर लंबे समय तक यानी जुलाई तक बना रह सकता है जिससे आने वाले महीनों में भी भीषण गर्मी का सामना करना पड़ सकता है कुल मिलाकर दतिया में मौसम का बदलता मिजाज लोगों के लिए चिंता का विषय बन गया है और आने वाले दिनों में स्थिति और अधिक चुनौतीपूर्ण हो सकती है

  • एमपी में 10 अप्रैल से बढ़ेगी गर्मी, 5-6 डिग्री तक चढ़ेगा पारा, आज 7 जिलों में आंधी-बारिश की चेतावनी

    एमपी में 10 अप्रैल से बढ़ेगी गर्मी, 5-6 डिग्री तक चढ़ेगा पारा, आज 7 जिलों में आंधी-बारिश की चेतावनी

    भोपाल। मध्यप्रदेश में 10 अप्रैल से गर्मी का असर तेज होने वाला है। मौसम विभाग, भोपाल के अनुसार आने वाले दिनों में दिन के तापमान में 5 से 6 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी। हालांकि, गुरुवार को प्रदेश के कई हिस्सों में मौसम बदला हुआ रह सकता है और कुछ जगहों पर बारिश, आंधी व गरज-चमक की स्थिति बन सकती है।

    मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों के लिए उमरिया, शहडोल, डिंडौरी, अनूपपुर, मंडला, सिवनी और बालाघाट जिलों में आंधी, बारिश और बिजली गिरने की संभावना को लेकर अलर्ट जारी किया है।

    इससे पहले बुधवार को भोपाल, जबलपुर, रायसेन, शिवपुरी, रतलाम, छतरपुर, नर्मदापुरम, उज्जैन, इंदौर और धार सहित 15 से अधिक जिलों में बारिश दर्ज की गई। बारिश के कारण दिन के तापमान में गिरावट भी देखने को मिली।

    दरअसल, प्रदेश के उत्तर, पूर्व और पश्चिमी हिस्सों में सक्रिय तीन साइक्लोनिक सर्कुलेशन सिस्टम के चलते यह मौसम बदलाव हुआ। राजधानी भोपाल में भी हल्की बारिश के साथ तेज हवाएं चलीं। मौसम विभाग के अनुसार, 11 अप्रैल को उत्तर-पश्चिमी क्षेत्र में एक नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय होगा, लेकिन इसका असर मध्यप्रदेश में सीमित ही रहने की संभावना है।

    गुरुवार को प्रदेश में तेज हवाएं भी चलेंगी। कुछ जिलों में हवा की रफ्तार 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है, जबकि अन्य क्षेत्रों में यह 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा रहने का अनुमान है। मौसम में बदलाव दोपहर के बाद अधिक स्पष्ट होगा।

  • एमपी में 15 अप्रैल के बाद पड़ेगी तेज गर्मी, शुरुआती दिनों में आंधी-बारिश का अलर्ट

    एमपी में 15 अप्रैल के बाद पड़ेगी तेज गर्मी, शुरुआती दिनों में आंधी-बारिश का अलर्ट

    भोपाल। मध्य प्रदेश में मौसम का मिजाज तेजी से बदलने वाला है। जहां अप्रैल की शुरुआत आंधी और बारिश के साथ होगी, वहीं 15 अप्रैल के बाद भीषण गर्मी का दौर शुरू हो जाएगा। खासतौर पर ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में सबसे ज्यादा तापमान बढ़ने की संभावना है। इसके अलावा इंदौर, भोपाल, उज्जैन और सागर संभाग भी गर्मी की चपेट में रहेंगे।

    मौसम विभाग ने 1 से 4 अप्रैल तक प्रदेश के करीब आधे हिस्से में आंधी-बारिश का अलर्ट जारी किया है। बुधवार को इंदौर, उज्जैन और ग्वालियर समेत 29 जिलों में मौसम बिगड़ने की चेतावनी दी गई है। अगले 24 घंटों में ग्वालियर, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, मैहर, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, शहडोल, अनूपपुर, आगर-मालवा, राजगढ़, शाजापुर, सीहोर, खंडवा, बुरहानपुर, खरगोन, इंदौर, उज्जैन, रतलाम, झाबुआ, अलीराजपुर, धार और बड़वानी जिलों में मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है।

    पिछले दो दिनों से पूरे प्रदेश में मौसम का असर बना हुआ है। 12 जिलों में ओलावृष्टि हुई, जबकि 41 से अधिक जिलों में आंधी और बारिश दर्ज की गई। मंगलवार को धार जिले के कुक्षी और मनावर में ओले गिरे, वहीं रात के समय भी कई इलाकों में मौसम बदला रहा। हालांकि इन सबके बीच गर्मी का असर भी लगातार बना हुआ है। नर्मदापुरम में तापमान 40.3 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। खजुराहो में 39.2 डिग्री, रतलाम और नौगांव में 39 डिग्री, दमोह में 39.1 डिग्री और खरगोन, रायसेन व उमरिया में 38 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। प्रदेश के प्रमुख शहरों की बात करें तो भोपाल और जबलपुर में 37 डिग्री, इंदौर और ग्वालियर में 36.6 डिग्री तथा उज्जैन में 36 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया।

    मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, वर्तमान में प्रदेश में साइक्लोनिक सर्कुलेशन और ट्रफ सक्रिय हैं। इसके साथ ही 2 अप्रैल से वेस्टर्न डिस्टरबेंस का असर भी देखने को मिलेगा, जिससे 4 अप्रैल तक कहीं आंधी तो कहीं बारिश होने की संभावना है। इसके बाद मौसम साफ होते ही गर्मी तेजी से बढ़ेगी। अप्रैल के दूसरे सप्ताह से तापमान में तेज उछाल आएगा, जबकि महीने के आखिरी सप्ताह में ग्वालियर, धार, खरगोन, बड़वानी और नौगांव-खजुराहो जैसे क्षेत्रों में तापमान 44 से 45 डिग्री तक पहुंच सकता है। दतिया, मुरैना, श्योपुर, बड़वानी, खरगोन और धार में भी तापमान में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। आमतौर पर अप्रैल में प्रदेश के दक्षिणी और पश्चिमी हिस्सों में गर्म हवाएं चलती हैं, जो भीषण गर्मी का कारण बनती हैं।

  • MP में मौसम लेने जा रहा करवट, ग्वालियर समेत 7 जिलों में आंधी-बारिश की चेतावनी, 30 मार्च तक असर

    MP में मौसम लेने जा रहा करवट, ग्वालियर समेत 7 जिलों में आंधी-बारिश की चेतावनी, 30 मार्च तक असर


    भोपाल। पश्चिमी विक्षोभ वेस्टर्न डिस्टरबेंस और सक्रिय चक्रवाती सिस्टम के असर से मध्य प्रदेश में शुक्रवार से मौसम करवट लेने जा रहा है। मौसम विभाग ने अगले 24 घंटों में ग्वालियर सहित 7 जिलों में आंधी और बारिश की चेतावनी जारी की है। यह मार्च महीने में तीसरी बार होगा जब प्रदेश में बारिश का दौर देखने को मिलेगा।इससे पहले गुरुवार को प्रदेश में गर्मी का असर चरम पर रहा और नर्मदापुरम में तापमान 41.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सीजन का अब तक का सबसे अधिक तापमान है। 

    मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश के ऊपरी हिस्से में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है, जबकि पश्चिमी क्षेत्र में दो चक्रवाती परिसंचरण बने हुए हैं। इन सिस्टम्स के कारण मौसम में बदलाव हो रहा है। शुक्रवार को ग्वालियर, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर और पन्ना जिलों में बारिश के साथ 40 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।

    इसके अलावा, 30 मार्च तक भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर, चंबल और सागर संभाग के करीब 28 जिलों में कहीं-कहीं बारिश या बूंदाबांदी होने की संभावना है। 28 मार्च को हल्की बारिश, जबकि 30 मार्च को सिस्टम का असर सबसे ज्यादा रहने का अनुमान है।

    शुक्रवार से शुरू हो रहे इस बदलाव से पहले प्रदेश में तेज गर्मी देखने को मिली। नर्मदापुरम के अलावा रतलाम में 39.6 डिग्री, गुना में 38.6 डिग्री, धार, रायसेन और मंडला में 38.4 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। खरगोन में 38.2 डिग्री, शाजापुर और खंडवा में 38.1 डिग्री, जबकि टीकमगढ़ और खजुराहो में पारा 38 डिग्री तक पहुंचा।

    अन्य जिलों जैसे छिंदवाड़ा, दमोह, बैतूल, श्योपुर, सागर और सतना में भी तापमान 37 डिग्री या उससे अधिक रिकॉर्ड किया गया। बड़े शहरों में उज्जैन सबसे गर्म रहा, जहां 37.7 डिग्री तापमान दर्ज हुआ। भोपाल में 37.4 डिग्री, इंदौर में 37.2 डिग्री, ग्वालियर में 38.6 डिग्री और जबलपुर में 37.5 डिग्री तापमान रहा।

    मार्च महीने में इससे पहले भी दो बार आंधी-बारिश का दौर आ चुका है। एक चरण चार दिन तक चला, जिसमें 45 से अधिक जिलों में बारिश हुई और 17 जिलों में ओलावृष्टि दर्ज की गई। इससे गेहूं, पपीता और केला जैसी फसलों को नुकसान पहुंचा। अब तीसरा दौर 27 मार्च से शुरू होकर 30 मार्च तक जारी रहने की संभावना है।

    मौसम विभाग ने आगे के महीनों को लेकर भी चेतावनी दी है। अनुमान के मुताबिक अप्रैल और मई में प्रदेश में भीषण गर्मी पड़ सकती है। ग्वालियर, चंबल, जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग के जिलों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के पार जा सकता है। वहीं भोपाल, इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में भी गर्मी का असर तेज रहेगा।

  • MP में दो दिन और झुलसाएगी गर्मी, 18-19 मार्च को बारिश के आसार; भोपाल में घरों पर ग्रीन नेट, सड़कों पर पसरा सन्नाटा

    MP में दो दिन और झुलसाएगी गर्मी, 18-19 मार्च को बारिश के आसार; भोपाल में घरों पर ग्रीन नेट, सड़कों पर पसरा सन्नाटा


    मध्यप्रदेश । मध्यप्रदेश में गर्मी का असर तेजी से बढ़ने लगा है और लोग इससे बचने के लिए तरह तरह के उपाय करने लगे हैं। राजधानी भोपाल में कई घरों को तेज धूप से बचाने के लिए ग्रीन नेट से कवर किया जा रहा है, ताकि घरों के अंदर का तापमान ज्यादा न बढ़े। वहीं इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर और उज्जैन जैसे बड़े शहरों में दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा नजर आने लगा है। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में अगले दो दिन तक तेज गर्मी का असर बना रहेगा, जबकि 18 और 19 मार्च को मौसम में बदलाव के साथ कई जिलों में बारिश हो सकती है।

    मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक रविवार को ग्वालियर चंबल क्षेत्र में पश्चिमी विक्षोभ का असर देखने को मिला। इसके चलते आसमान में बादल छाए रहे और तापमान में करीब 1.7 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की गई। हालांकि यह सिस्टम अब कमजोर पड़ चुका है। इसी वजह से 16 और 17 मार्च को प्रदेश में कहीं भी बारिश या बादलों का अलर्ट नहीं है। मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा के अनुसार 17 मार्च की रात से एक नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है, जिसका असर मध्यप्रदेश में 18 और 19 मार्च को देखने को मिलेगा।

    रविवार को प्रदेश के कई जिलों में तापमान में हल्की गिरावट जरूर दर्ज की गई। ग्वालियर में अधिकतम तापमान 32.6 डिग्री, दतिया में 32.4 डिग्री, छिंदवाड़ा में 36 डिग्री, सिवनी में 35.6 डिग्री, मंडला में 37.2 डिग्री और बालाघाट में 35 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हालांकि शाम तक कहीं बारिश नहीं हुई, लेकिन बादल छाए रहने से तापमान में कुछ राहत मिली।

    वहीं पिछले तीन दिनों से तीव्र गर्मी झेल रहे नर्मदापुरम में भी पारा कुछ नीचे आया और अधिकतम तापमान 38.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। प्रदेश के पांच बड़े शहरों की बात करें तो भोपाल में 36.4 डिग्री, इंदौर में 35.5 डिग्री, ग्वालियर में 32.6 डिग्री, उज्जैन में 35.5 डिग्री और जबलपुर में 35.7 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।

    तेज गर्मी के चलते राजधानी भोपाल को मार्च महीने में ही जल अभावग्रस्त घोषित कर दिया गया है। कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने आदेश जारी करते हुए निजी ट्यूबवेल खनन पर रोक लगा दी है। अब केवल सरकारी ट्यूबवेल ही खोदे जा सकेंगे और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की नल जल योजनाओं को सुचारू रखने के लिए जरूरी काम किए जाएंगे। आदेश में यह भी कहा गया है कि बिना अनुमति ट्यूबवेल खनन करने पर दो साल तक की सजा हो सकती है। साथ ही बोरवेल मशीनों के जिले से गुजरने पर भी रोक लगा दी गई है।

    डॉक्टरों का कहना है कि मार्च का मौसम बीमारियों के लिहाज से भी संवेदनशील होता है। दिन में तेज गर्मी और सुबह शाम हल्की ठंड रहने से सर्दी जुकाम, एलर्जी और अस्थमा के मरीज बढ़ जाते हैं। कई लोग दिन की गर्मी से बचने के लिए हल्के कपड़े पहन लेते हैं और ठंडे पेय पदार्थों का सेवन करते हैं, जिससे स्वास्थ्य पर असर पड़ सकता है। इसलिए सुबह और देर रात की ठंडी हवा से बचने की सलाह दी गई है, खासकर बच्चों और बुजुर्गों को।

    मौसम विभाग के अनुसार इस साल अप्रैल और मई में प्रदेश में सबसे ज्यादा गर्मी पड़ने की संभावना है। ग्वालियर, चंबल, जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग के कई जिलों में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच सकता है, जबकि भोपाल, इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में भी तेज गर्मी का असर रहेगा।

  • MP में झुलसाने लगी गर्मी, नर्मदापुरम में पारा 40.1 डिग्री, 15-17 मार्च के बीच बदलेगा मौसम

    MP में झुलसाने लगी गर्मी, नर्मदापुरम में पारा 40.1 डिग्री, 15-17 मार्च के बीच बदलेगा मौसम



    भोपाल। मध्य प्रदेश में मार्च के दूसरे हफ्ते में ही तेज गर्मी का असर देखने को मिल रहा है। प्रदेश में लगातार सूरज की तीखी तपिश बनी हुई है। शुक्रवार को नर्मदापुरम में लगातार दूसरे दिन तीव्र लू चली और अधिकतम तापमान 40.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। हालांकि शनिवार को कुछ इलाकों में गर्मी से हल्की राहत मिलने की संभावना जताई गई है।

    मौसम विभाग के अनुसार 15, 16 और 17 मार्च को प्रदेश के उत्तरी-पूर्वी हिस्सों, खासकर ग्वालियर-चंबल, जबलपुर, रीवा और शहडोल संभाग के कई जिलों में बारिश होने का अनुमान है।

    तेज गर्मी के कारण हीट स्ट्रोक का खतरा भी बढ़ गया है। मौसम विभाग ने एडवायजरी जारी कर लोगों को दोपहर में बिना जरूरी काम के घर से बाहर न निकलने की सलाह दी है। साथ ही पर्याप्त मात्रा में ठंडा पानी पीने और घर के अंदर तापमान कम रखने के लिए ओवन जैसे उपकरणों का सीमित उपयोग करने को कहा गया है।

    प्रदेश में पिछले दो दिनों से तापमान 40 डिग्री के आसपास बना हुआ है। ग्वालियर, चंबल, उज्जैन, इंदौर, भोपाल, नर्मदापुरम और सागर संभाग में गर्मी का प्रभाव ज्यादा देखा जा रहा है।

    नर्मदापुरम प्रदेश का सबसे गर्म शहर बना हुआ है। शुक्रवार को पचमढ़ी को छोड़कर लगभग सभी शहरों में तापमान 35 डिग्री से ऊपर रहा। पांच बड़े शहरों में भोपाल में 37.8 डिग्री, इंदौर में 37.6 डिग्री, जबलपुर में 37.5 डिग्री, उज्जैन में 37.4 डिग्री और ग्वालियर में 36.1 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।

    इसके अलावा नर्मदापुरम में 40.1 डिग्री, रतलाम में 39.2 डिग्री, मंडला में 39 डिग्री, धार और खजुराहो में 38.9 डिग्री, दमोह में 38.5 डिग्री, खरगोन में 38.4 डिग्री तथा सागर, टीकमगढ़ और सिवनी में तापमान 38 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।

    कल से बदल सकता है मौसम
    मौसम विभाग के अनुसार 14 मार्च को सक्रिय होने वाले पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से प्रदेश में मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। 15 मार्च से इसका असर शुरू होगा और जिन जिलों में बारिश होगी वहां अधिकतम और न्यूनतम तापमान में हल्की गिरावट दर्ज की जा सकती है, जबकि अन्य शहरों में गर्मी का असर बना रहेगा।

    गर्मी बढ़ने की वजह
    मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल हवा की दिशा उत्तर-पूर्व से बदलकर पश्चिम और उत्तर-पश्चिम हो गई है। हवा में नमी कम है और यह रेगिस्तानी क्षेत्रों से होकर मध्य प्रदेश पहुंच रही है, जिससे गर्म हवाओं का असर बढ़ रहा है।

    तीन दिन गरज-चमक के साथ बारिश का अनुमान
    15 मार्च: ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी और अनूपपुर।
    16 मार्च: रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला, बालाघाट, सिवनी, छिंदवाड़ा और पांढुर्णा।
    17 मार्च: अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला और बालाघाट।

  • मध्यप्रदेश में मार्च में ही ‘हीट अटैक’: नर्मदापुरम 40°C पार, हीट स्ट्रोक का खतरा; 15-17 मार्च को कई जिलों में बारिश का अलर्ट

    मध्यप्रदेश में मार्च में ही ‘हीट अटैक’: नर्मदापुरम 40°C पार, हीट स्ट्रोक का खतरा; 15-17 मार्च को कई जिलों में बारिश का अलर्ट



    नई दिल्ली। मध्यप्रदेश में मार्च के दूसरे हफ्ते में ही भीषण गर्मी ने दस्तक दे दी है। प्रदेश के कई जिलों में तापमान तेजी से बढ़ रहा है और कुछ जगहों पर पारा 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है। शुक्रवार को नर्मदापुरम प्रदेश का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 40.1 डिग्री दर्ज किया गया। यहां लगातार दूसरे दिन तीव्र लू का असर देखने को मिला। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि तेज गर्मी के कारण हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ गया है और लोगों को दोपहर के समय बाहर निकलने से बचना चाहिए।

    प्रदेश के अधिकांश शहरों में दिन का तापमान 35 डिग्री से ऊपर दर्ज किया गया। बड़े शहरों की बात करें तो भोपाल में 37.8 डिग्री, इंदौर में 37.6 डिग्री, जबलपुर में 37.5 डिग्री, उज्जैन में 37.4 डिग्री और ग्वालियर में 36.1 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। इसके अलावा रतलाम में 39.2 डिग्री, मंडला में 39 डिग्री, धार और खजुराहो में 38.9 डिग्री, दमोह में 38.5 डिग्री और खरगोन में 38.4 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया। सागर, टीकमगढ़ और सिवनी में भी पारा 38 डिग्री तक पहुंच गया।

    मौसम विभाग के मुताबिक प्रदेश में गर्मी का असर इसलिए तेज हुआ है क्योंकि हवा की दिशा बदलकर उत्तर-पूर्व से पश्चिम और उत्तर-पश्चिम की ओर हो गई है। इसके साथ ही हवा में नमी काफी कम है और रेगिस्तानी इलाकों से आने वाली गर्म हवाएं तापमान को और बढ़ा रही हैं।

    हालांकि शनिवार से मौसम में कुछ बदलाव के संकेत मिले हैं। मौसम विभाग ने बताया है कि 14 मार्च से एक नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय हो रहा है, जिसका असर 15 मार्च से मध्यप्रदेश में दिखाई देगा। इसके कारण प्रदेश के उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में बारिश और गरज-चमक की संभावना है।

    15 मार्च को ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी और अनूपपुर जिलों में बारिश हो सकती है। वहीं 16 मार्च को रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला, बालाघाट, सिवनी, छिंदवाड़ा और पांढुर्णा में बारिश और गरज-चमक के आसार हैं। 17 मार्च को अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला और बालाघाट जिलों में हल्की बारिश हो सकती है। जिन जिलों में बारिश होगी वहां तापमान में थोड़ी गिरावट आ सकती है, लेकिन प्रदेश के अन्य हिस्सों में गर्मी का असर बना रहेगा।

    तेज गर्मी और पानी की कमी को देखते हुए भोपाल जिला प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है। भोपाल को जल अभावग्रस्त घोषित करते हुए निजी ट्यूबवेल खनन पर रोक लगा दी गई है। कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने आदेश जारी कर कहा है कि बिना अनुमति ट्यूबवेल खोदने पर दो साल तक की सजा हो सकती है। साथ ही बोरवेल मशीनों के जिले से गुजरने पर भी प्रतिबंध लगाया गया है। हालांकि सरकारी ट्यूबवेल और पीएचई विभाग की नल-जल योजनाएं जारी रहेंगी।

    डॉक्टरों के अनुसार मार्च का मौसम स्वास्थ्य के लिए भी चुनौतीपूर्ण होता है। दिन में तेज गर्मी और सुबह-शाम हल्की ठंड के कारण सर्दी-जुकाम, एलर्जी और अस्थमा के मरीज बढ़ जाते हैं। इसलिए लोगों को सुबह और देर रात की ठंडी हवा से बचने और खान-पान में सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

    मौसम विभाग का अनुमान है कि इस साल अप्रैल और मई में गर्मी और ज्यादा बढ़ सकती है। ग्वालियर, चंबल, जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के पार जा सकता है, जबकि भोपाल, इंदौर, उज्जैन और नर्मदापुरम संभाग में भी भीषण गर्मी पड़ने की संभावना जताई गई है।

  • Weather Update: राजस्थान में पारा 40°C पार, मध्य प्रदेश में 39°C; बिहार में बारिश का यलो अलर्ट, पहाड़ी राज्यों में बारिश-बर्फबारी की संभावना

    Weather Update: राजस्थान में पारा 40°C पार, मध्य प्रदेश में 39°C; बिहार में बारिश का यलो अलर्ट, पहाड़ी राज्यों में बारिश-बर्फबारी की संभावना


    नई दिल्ली। 11 मार्च 2026 मार्च की शुरुआत के साथ ही देश के कई हिस्सों में गर्मी ने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। राजस्थान, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, बिहार और हरियाणा समेत कई राज्यों में दिन का तापमान तेजी से बढ़ रहा है। राजस्थान में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया है, जबकि मध्य प्रदेश में भी पारा 39°C तक दर्ज किया गया है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में गर्मी और तेज हो सकती है।

    राजस्थान में 40°C पार पहुंचा तापमान
    राजस्थान में गर्मी का असर साफ दिखाई दे रहा है। राज्य के बाड़मेर में सबसे अधिक 40.6°C तापमान दर्ज किया गया। मौसम विभाग ने तेज गर्मी के साथ कुछ इलाकों में हीटवेव का अलर्ट जारी किया है। इसके अलावा राज्य के करीब 19 जिलों में ओलावृष्टि की संभावना भी जताई गई है।

    मध्य प्रदेश में भी बढ़ी गर्मी
    मध्य प्रदेश में मार्च के दूसरे सप्ताह से ही तापमान तेजी से बढ़ने लगा है। ग्वालियर-चंबल संभाग में तापमान सामान्य से 6°C ज्यादा दर्ज किया गया। मंगलवार को धार में सबसे अधिक 39°C तापमान रहा, जबकि राज्य के कई शहरों में तापमान 34°C से अधिक दर्ज किया गया। मौसम विभाग का कहना है कि 15 मार्च के बाद गर्मी और तेज हो सकती है।

    बिहार में बारिश का यलो अलर्ट
    बिहार में मौसम का मिजाज थोड़ा बदला हुआ है। मौसम विभाग ने आज 8 जिलों में बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है। इनमें गोपालगंज, बेगूसराय और नालंदा समेत कई जिले शामिल हैं। मंगलवार को सबसे ज्यादा तापमान सुपौल में 32.1°C दर्ज किया गया, जबकि राजधानी पटना में तापमान 32°C रहा।

    पहाड़ी राज्यों में बारिश और बर्फबारी की संभावना
    उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में मौसम विभाग ने बारिश और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना जताई है। उत्तराखंड के देहरादून में मंगलवार को अधिकतम तापमान 31°C दर्ज किया गया। आने वाले दिनों में यहां तापमान 35°C तक पहुंच सकता है।

    क्यों बढ़ रही है इतनी जल्दी गर्मी?
    मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक असामान्य गर्मी के पीछे कई कारण हैं। फरवरी में उत्तर और मध्य भारत में पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) कम सक्रिय रहे, जिससे बादल और बारिश कम हुई। इसके कारण सूर्य की किरणें सीधे जमीन तक पहुंच रही हैं और सतह तेजी से गर्म हो रही है।

    इसके अलावा पश्चिम और मध्य भारत के ऊपर एंटी-साइक्लोनिक सर्कुलेशन बना हुआ है। इस स्थिति में हवा नीचे की ओर दबती है, जिससे बादल कम बनते हैं और गर्म हवाएं चलती रहती हैं। यही कारण तापमान बढ़ने का मुख्य कारण बन रहा है।

    कब घोषित होती है हीटवेव?
    मौसम विभाग के अनुसार जब मैदानों में तापमान 40°C या उससे अधिक पहुंच जाता है और सामान्य तापमान से 4 से 6°C ज्यादा दर्ज होता है, तब हीटवेव की स्थिति मानी जाती है। इस दौरान लोगों को लू लगने का खतरा भी बढ़ जाता है।

    जून में अलनीनो का असर संभव
    मौसम विशेषज्ञों के अनुसार फिलहाल ला-नीना कमजोर हो रहा है और अगले तीन महीने एनसो न्यूट्रल स्थिति रह सकती है। अमेरिकी मौसम एजेंसी NOAA के अनुसार जून की शुरुआत में अलनीनो सक्रिय हो सकता है। इसी समय भारत में मानसून भी आता है।
    अलनीनो की स्थिति बनने पर न सिर्फ गर्मी बढ़ती है, बल्कि मानसून भी कमजोर हो सकता है।

    अगले दो दिन कैसा रहेगा मौसम
    12 मार्च: हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में बारिश की संभावना है। पूर्वोत्तर भारत के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश और बिजली गिरने की आशंका है।

    13 मार्च: केरल और आंध्र प्रदेश में ज्यादातर जगहों पर मौसम शुष्क रहेगा, हालांकि कुछ तटीय इलाकों में हल्की बारिश और गरज के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।

    निष्कर्ष:
    देश के कई हिस्सों में मार्च की शुरुआत से ही गर्मी बढ़ने लगी है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में तापमान में और बढ़ोतरी हो सकती है, इसलिए लोगों को गर्मी और लू से बचाव के लिए सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।