Tag: MP weather update

  • MP में मार्च में ही अप्रैल जैसी गर्मी: मालवा निमाड़ सबसे गर्म, राजस्थान की रेगिस्तानी हवाओं से बढ़ा तापमान

    MP में मार्च में ही अप्रैल जैसी गर्मी: मालवा निमाड़ सबसे गर्म, राजस्थान की रेगिस्तानी हवाओं से बढ़ा तापमान


    मध्य प्रदेश । मध्य प्रदेश में मार्च की शुरुआत में ही गर्मी ने तेवर दिखाना शुरू कर दिया है। प्रदेश के कई शहरों में तापमान अप्रैल जैसा महसूस होने लगा है। खासतौर पर मालवा-निमाड़ क्षेत्र में दिन के समय लू जैसी तपन महसूस की जा रही है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में तापमान में और बढ़ोतरी हो सकती है।

    प्रदेश के प्रमुख शहरों में रविवार को रंगपंचमी के दिन भी तेज धूप और गर्मी का असर बना रहेगा। राजधानी भोपाल के साथ साथ इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर और जबलपुर सहित प्रदेश के अधिकांश जिलों में दिन के समय तेज गर्मी महसूस की जा रही है।

    मौसम विभाग के मुताबिक राजस्थान के रेगिस्तानी इलाकों से आने वाली गर्म हवाओं का असर मध्य प्रदेश के मौसम पर साफ दिखाई दे रहा है। हवा की दिशा उत्तर-पूर्व से बदलकर पश्चिम और उत्तर-पश्चिम हो गई है। इसके साथ ही वातावरण में नमी की मात्रा भी कम हो गई है। यही कारण है कि प्रदेश में मार्च के पहले ही पखवाड़े में गर्मी का असर तेजी से बढ़ गया है।

    शनिवार को प्रदेश के कई शहरों में तापमान 37 से 38 डिग्री के बीच दर्ज किया गया। सबसे अधिक रतलाम में तापमान 38.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा धार में 38.5 डिग्री, नर्मदापुरम में 37.6 डिग्री, Sagar में 37.2 डिग्री और Guna में 37 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। बड़े शहरों की बात करें तो उज्जैन में 36.5 डिग्री, इंदौर में 36.4 डिग्री, भोपाल में 35.2 डिग्री, ग्वालियर में 35.7 डिग्री और जबलपुर में 34.6 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया।

    मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि आमतौर पर प्रदेश में तेज गर्मी का असर मार्च के दूसरे पखवाड़े के बाद दिखाई देता है, लेकिन इस बार ट्रेंड बदल गया है और शुरुआती दिनों में ही तापमान में तेजी से बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है।

    तेज गर्मी को देखते हुए भारत मौसम विज्ञान विभाग के भोपाल मौसम केंद्र ने लोगों के लिए एडवाइजरी भी जारी की है। वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया कि दोपहर 12 से 3 बजे के बीच धूप का असर सबसे ज्यादा रहता है। ऐसे में लोगों को जरूरी होने पर ही बाहर निकलने की सलाह दी गई है।

    मौसम विभाग ने लोगों को दिनभर पर्याप्त मात्रा में पानी पीने, शरीर को हाइड्रेट रखने, हल्के और ढीले सूती कपड़े पहनने तथा धूप में निकलते समय सिर और चेहरे को ढंकने की सलाह दी है। साथ ही बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है।

    मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले दो दिनों में प्रदेश का अधिकतम तापमान करीब 4 डिग्री तक बढ़ सकता है। ऐसे में संभावना है कि मार्च के पहले ही पखवाड़े में कई शहरों में पारा 40 डिग्री तक पहुंच सकता है। हालांकि वैज्ञानिकों का कहना है कि वास्तविक हीट वेव यानी लू का दौर अप्रैल और मई में देखने को मिल सकता है, जब प्रदेश के कई इलाकों में तापमान 45 डिग्री तक पहुंच सकता है।

  • लो प्रेशर एरिया और टर्फ ने बदल डाला मौसम, एमपी के 8 जिलों में बारिश का खतरा

    लो प्रेशर एरिया और टर्फ ने बदल डाला मौसम, एमपी के 8 जिलों में बारिश का खतरा


    मध्यप्रदेश में मौसम ने एक बार फिर से अपनी अनिश्चितता दिखाई है और मौसम विभाग ने बारिश का अलर्ट जारी कर दिया है। शहडोल, सिंगरौली, सीधी, अनूपपुर, उमरिया समेत आठ जिलों में आज बारिश के साथ आंधी चलने की संभावना जताई गई है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी पर सक्रिय लो प्रेशर एरिया और उस पर गुजर रही टर्फ के कारण प्रदेश के पूर्वी हिस्सों में मौसम में बदलाव महसूस किया जा रहा है।

    पिछले रविवार को प्रदेश के दक्षिणी जिलों में मौसम की अचानक करवट देखी गई थी और अब सोमवार को पूर्वी जिलों में पानी गिरने की संभावना बढ़ गई है। मौसम विभाग का कहना है कि इस बार बारिश केवल मौसम को ठंडा ही नहीं करेगी बल्कि कई जगहों पर तेज आंधी भी चल सकती है। खासकर सिंगरौली, सीधी, शहडोल, अनूपपुर और उमरिया जिलों में लोगों को मौसम के प्रति सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

    बारिश की वजह से प्रदेश में दिन के तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई है। पचमढ़ी में रात का तापमान सबसे कम 10.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, राजगढ़ में 11 डिग्री, शहडोल जिले के कल्याणपुर में 11.2 डिग्री, करौंदी में 11.4 डिग्री और मंदसौर में 11.5 डिग्री के न्यूनतम तापमान का रिकार्ड बना। इस गिरावट ने मौसम को काफी ठंडा और राहत भरा बना दिया है।

    विशेषज्ञों का कहना है कि लो प्रेशर एरिया और टर्फ के प्रभाव से न केवल बारिश की संभावना बढ़ी है बल्कि हवा में बदलाव भी देखा जा रहा है। इस वजह से पूर्वी और कुछ मध्य जिलों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। बारिश के चलते किसान, सड़क यात्री और स्थानीय लोग विशेष सतर्क रहें। अचानक मौसम बदलने से फसल, ट्रैफिक और रोजमर्रा की गतिविधियों पर असर पड़ सकता है।

    मौसम विभाग ने बताया कि आने वाले 24 घंटे में स्थिति के अनुसार और अपडेट जारी किए जाएंगे। नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे भारी बारिश, तेज हवा और आकाशीय गतिविधियों से जुड़े समाचारों पर ध्यान दें और सुरक्षित स्थानों पर रहें। विशेष रूप से स्कूल, बाजार और ओपन एरिया में मौसम की स्थिति के अनुसार सतर्कता बरतें।

    प्रदेश में लगातार बदलते मौसम का असर न केवल जीवनशैली पर बल्कि आर्थिक गतिविधियों पर भी पड़ता है। कृषि क्षेत्रों में फसल की सुरक्षा और सिंचाई के प्रबंधन के लिए मौसम विभाग के अलर्ट का पालन करना अत्यंत महत्वपूर्ण है। इस समय मौसम में तेजी से बदलाव होने की वजह से विभाग ने नागरिकों से सावधानी बरतने और घरों में सुरक्षित रहने की अपील की है।

  • MP में फिर बदलेगा मौसम: 18-19 फरवरी को बारिश के आसार, पहले बढ़ेगा तापमान

    MP में फिर बदलेगा मौसम: 18-19 फरवरी को बारिश के आसार, पहले बढ़ेगा तापमान



    भोपाल । पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता के चलते मध्य प्रदेश में मौसम एक बार फिर करवट लेने वाला है। IMD के भोपाल केंद्र ने 18 और 19 फरवरी को प्रदेश के कुछ हिस्सों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। इससे पहले दिन और रात के तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है।

    मौसम विभाग के मुताबिक, प्रदेश के उत्तरी हिस्से ग्वालियर-चंबल और सागर संभाग के 8 जिलों में बारिश की संभावना है। इनमें ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़ और छतरपुर शामिल हैं। इनसे सटे जिलों में बादल छाए रहने की स्थिति बनेगी।

    फरवरी में तीसरी बार बरसात की संभावना
    अगर अनुमान के मुताबिक बारिश होती है, तो फरवरी महीने में यह तीसरा मौका होगा जब प्रदेश में बारिश का दौर देखने को मिलेगा। महीने की शुरुआत में ही कई जिलों में ओलावृष्टि, बारिश और आंधी आई थी, जिससे फसलों को काफी नुकसान पहुंचा था। इसके बाद राज्य सरकार ने प्रभावित क्षेत्रों में फसल सर्वे भी कराया था।

    नया सिस्टम करेगा असर
    मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, फिलहाल एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है, लेकिन उसका असर पहाड़ी राज्यों तक सीमित है, जहां बर्फबारी हो रही है। मध्य प्रदेश में केवल हल्के बादल नजर आ रहे हैं। 16 फरवरी से उत्तर-पश्चिम भारत में एक नया सिस्टम सक्रिय होगा, जिसका प्रभाव एमपी पर भी पड़ेगा।

    अभी रात में हल्की सर्दी
    प्रदेश में फिलहाल हल्की ठंड का असर बना हुआ है। रात और सुबह के समय सर्दी महसूस की जा रही है। ज्यादातर शहरों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज हो रहा है, जबकि दिन का तापमान 30 डिग्री के पार पहुंच सकता है।

    शनिवार की रात पचमढ़ी में न्यूनतम तापमान 9.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। अन्य शहरों में पारा 10 डिग्री से अधिक रहा। पांच प्रमुख शहरों में तापमान इस प्रकार रहा—भोपाल 14.2 डिग्री, इंदौर 13.6 डिग्री, ग्वालियर 12.8 डिग्री, उज्जैन 15.7 डिग्री और जबलपुर 14.6 डिग्री सेल्सियस। वहीं कटनी के करौंदी, सतना के चित्रकूट, शहडोल के कल्याणपुर, छतरपुर के नौगांव और रीवा में तापमान 10 से 11 डिग्री के बीच दर्ज किया गया।

    अगले दो दिन का पूर्वानुमान
    16 फरवरी: कुछ जिलों में हल्का कोहरा रह सकता है। बारिश का कोई अलर्ट नहीं है, हालांकि दिन में बादल छाए रह सकते हैं।
    17 फरवरी: हल्के कोहरे की स्थिति बनी रह सकती है। इस दिन भी बारिश का अलर्ट नहीं है, लेकिन आसमान में बादलों की मौजूदगी रहेगी।

  • एमपी में बादलों का डेरा, दिन का तापमान गिरा, हल्की ठंड बरकरार

    एमपी में बादलों का डेरा, दिन का तापमान गिरा, हल्की ठंड बरकरार


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मौसम ने एक बार फिर बदलते मिजाज का अंदाज दिखाया है। पश्चिमी विक्षोक्ष और ट्रफ के असर से बुधवार को भोपाल, इंदौर, ग्वालियर समेत कई शहरों में बादल छाए रहे, जिससे दिन का तापमान गिरावट पर आ गया।

    मौसम विभाग के मुताबिक, अगले पांच दिनों में पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में दो वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय होंगे। हालांकि फिलहाल बारिश का कोई अलर्ट जारी नहीं किया गया है, लेकिन बादल बनी रहने की संभावना है। सिस्टम के असर के कारण फिलहाल बादल छाए हैं। आने वाले दिनों में दिन और रात का तापमान बढ़ने का रुझान रहेगा।

    सर्दी का असर और आगे का मौसम
    मौसम विभाग के अनुसार, पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी जारी है और कई राज्यों में हल्की बारिश भी हो रही है। सिस्टम गुजरने और बर्फ पिघलने के बाद मध्य प्रदेश में मौसम में फिर बदलाव देखने को मिलेगा। अगले कुछ दिनों में तापमान में गिरावट का दौर भी आ सकता है, लेकिन ठंड ज्यादा तेज नहीं होगी। रात का तापमान ज्यादातर शहरों में 10 से 12 डिग्री सेल्सियस के बीच रहेगा।

    अगले दो दिन का पूर्वानुमान
    13 फरवरी – कुछ जिलों में हल्का कोहरा रह सकता है। बारिश का कोई अलर्ट नहीं है। दिन में बादल छाए रह सकते हैं।
    14 फरवरी – हल्का से मध्यम कोहरा कुछ जिलों में बने रह सकता है। बारिश की संभावना नहीं है।

    न्यूनतम तापमान की जानकारी
    मौसम विभाग के अनुसार, मंगलवार-रविवार की रात में शहडोल के कल्याणपुर में तापमान 5 डिग्री से नीचे गिर गया। यहां न्यूनतम तापमान 4.3 डिग्री दर्ज किया गया। अन्य स्थानों पर तापमान इस प्रकार रहा:
    पचमढ़ी: 7.4 डिग्री
    कटनी (करौंदी): 8.4 डिग्री
    अमरकंटक (अनूपपुर): 9.1 डिग्री
    मंदसौर: 9.1 डिग्री
    खजुराहो: 9.2 डिग्री
    दतिया: 9.9 डिग्री

    बड़े शहरों में न्यूनतम तापमान
    ग्वालियर: 13 डिग्री
    उज्जैन-जबलपुर: 13.5 डिग्री
    भोपाल-इंदौर: 13.6 डिग्री

  • MP में फिर बदला मौसम का मिजाज, तीन दिन मावठे की संभावना, 25 जिलों में बारिश का अलर्ट

    MP में फिर बदला मौसम का मिजाज, तीन दिन मावठे की संभावना, 25 जिलों में बारिश का अलर्ट


    भोपाल। मध्य प्रदेश में एक बार फिर मौसम ने करवट ली है। प्रदेश के कई हिस्सों में आगामी तीन दिनों तक मावठा गिरने के संकेत मिले हैं। मौसम विभाग ने सोमवार को ग्वालियर, रीवा और सागर संभाग समेत कुल 25 जिलों में बारिश की चेतावनी जारी की है। इसके साथ ही कई क्षेत्रों में सुबह के वक्त घना कोहरा भी देखने को मिला।

    मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, 2 से 5 फरवरी के बीच पश्चिम-उत्तरी भारत में सक्रिय वेस्टर्न डिस्टरबेंस का असर मध्य प्रदेश में भी दिखाई देगा। इसी सिस्टम के कारण 10 फरवरी तक राज्य के कुछ इलाकों में रुक-रुक कर बारिश होने की संभावना बनी हुई है। रविवार को भी प्रदेश के कई जिलों में मौसम बिगड़ा रहा। नीमच और मंदसौर में तेज आंधी के साथ बारिश और ओलावृष्टि दर्ज की गई, जबकि ग्वालियर, धार, मुरैना और उज्जैन सहित कई जिलों में बारिश हुई।

    सोमवार को जिन जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया गया है, उनमें ग्वालियर, नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा, राजगढ़, विदिशा, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, दतिया, श्योपुर, मुरैना, भिंड, सागर, दमोह, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, मैहर, रीवा, मऊगंज, सीधी और सिंगरौली शामिल हैं। वहीं भोपाल, इंदौर, उज्जैन, विदिशा, रायसेन और सीहोर सहित कई जिलों में कोहरे की स्थिति बनी रह सकती है।

    आगे कैसा रहेगा मौसम

    3 फरवरी को ग्वालियर, भिंड, मुरैना, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, मैहर, कटनी, उमरिया, शहडोल, रीवा, मऊगंज, सीधी और सिंगरौली में बारिश के आसार जताए गए हैं।
    4 फरवरी को ग्वालियर, भिंड, मुरैना, श्योपुर, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, निवाड़ी, टीकमगढ़ और छतरपुर में कहीं-कहीं हल्की बारिश हो सकती है।
    5 फरवरी को आंधी और बारिश का कोई अलर्ट नहीं है, लेकिन ठंड के असर में बढ़ोतरी हो सकती है।

    बारिश, कोहरा और तापमान का हाल

    रविवार को प्रदेश के कई जिलों में बारिश, तेज हवाएं और घना कोहरा छाया रहा। ग्वालियर, उज्जैन, धार और मुरैना में रात और सुबह के समय बारिश दर्ज की गई। दतिया और खजुराहो में दृश्यता घटकर 50 से 200 मीटर तक रह गई। खजुराहो, राजगढ़ और नौगांव में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे रिकॉर्ड किया गया, जबकि भोपाल में सुबह 9 बजे तक कोहरा छाया रहा।

    शाम के समय नीमच और मंदसौर में तेज आंधी के साथ बारिश और ओलावृष्टि हुई, जिससे कई गांवों में जमीन पर सफेद चादर जैसी परत जम गई। बारिश के कारण गेहूं की फसलें गिरने की खबरें भी सामने आई हैं, जिससे किसानों को नुकसान की आशंका जताई जा रही है।

    मौसम विभाग के अनुसार, दतिया, खजुराहो, ग्वालियर, नौगांव, सतना, रीवा, उज्जैन, श्योपुर, राजगढ़, रतलाम, गुना, दमोह, मंडला, टीकमगढ़ और मलाजखंड में कोहरे का असर अधिक रहा। हालांकि प्रदेश के बड़े शहरों में रात का तापमान 12 डिग्री सेल्सियस से ऊपर बना हुआ है।

  • एमपी में बदला मौसम का मिजाज: आधे प्रदेश में घना कोहरा, तीन दिन बारिश के आसार, ठंड और बढ़ेगी

    एमपी में बदला मौसम का मिजाज: आधे प्रदेश में घना कोहरा, तीन दिन बारिश के आसार, ठंड और बढ़ेगी


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। प्रदेश के कई हिस्सों में घना कोहरा छाया हुआ है, वहीं सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टरबेंस) के चलते 31 जनवरी, 1 फरवरी और 2 फरवरी को राज्य के अधिकांश जिलों में बारिश होने की संभावना जताई गई है। इससे ठंड का असर और तेज़ होने के आसार हैं।

    मौसम विभाग के अनुसार हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर में भारी बर्फबारी और बारिश हो रही है। इस सिस्टम के कारण 241 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से जेट स्ट्रीम हवाएं चल रही हैं, जिसका सीधा असर मध्य प्रदेश के मौसम पर पड़ रहा है। ग्वालियर-चंबल अंचल में ठंडी हवाओं के कारण दिन के तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। विभाग का कहना है कि बारिश का सिस्टम गुजरने के बाद दिन और रात दोनों समय ठंड और बढ़ सकती है।

    शुक्रवार सुबह प्रदेश के करीब आधे हिस्से में कोहरे का असर देखने को मिला। भोपाल, ग्वालियर, चंबल, सागर, जबलपुर, रीवा और शहडोल संभाग के 24 से अधिक जिलों में हल्के से मध्यम स्तर का कोहरा छाया रहा। ग्वालियर, रीवा, शहडोल, सागर, गुना, शिवपुरी, अशोकनगर, राजगढ़, विदिशा, निवाड़ी, दतिया, श्योपुर, मुरैना, भिंड, टीकमगढ़, छतरपुर, दमोह, पन्ना, कटनी, सतना, मैहर, सीधी और सिंगरौली में दृश्यता काफी कम दर्ज की गई।

    मौसम विभाग के मुताबिक पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से प्रदेश में एक बार फिर बारिश का दौर शुरू होगा। इससे पहले कोहरे का असर बना रहेगा। 31 जनवरी को ग्वालियर, मुरैना, दतिया, भिंड, श्योपुर, शिवपुरी, अशोकनगर, गुना, विदिशा, सागर, निवाड़ी, टीकमगढ़ और छतरपुर में बारिश के आसार हैं। 1 फरवरी को नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा, राजगढ़, शाजापुर, सीहोर, भोपाल, विदिशा, सागर, रायसेन, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, श्योपुर, ग्वालियर, भिंड, मुरैना, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना और रीवा में बारिश हो सकती है। वहीं 2 फरवरी को भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर सहित 40 से अधिक जिलों में बारिश की संभावना जताई गई है।

    ओलावृष्टि और बारिश थमने के बाद प्रदेश में कोहरा और सर्दी का असर और बढ़ गया है। गुरुवार सुबह कई जिलों में 10 बजे तक धूप नहीं निकल सकी। भोपाल, इंदौर और ग्वालियर सहित 20 से ज्यादा जिलों में मध्यम से घना कोहरा दर्ज किया गया। ग्वालियर और दतिया में कोहरा सबसे अधिक घना रहा। उज्जैन, सागर, भोपाल, नर्मदापुरम, इंदौर, राजगढ़, रतलाम, जबलपुर, खजुराहो, सतना, धार, गुना, रायसेन, श्योपुर, छिंदवाड़ा, मंडला, नरसिंहपुर, सिवनी और उमरिया में भी दृश्यता कम रही।

    रात के तापमान की बात करें तो मंदसौर में पारा 5 डिग्री सेल्सियस से नीचे पहुंच गया, जबकि पचमढ़ी प्रदेश का दूसरा सबसे ठंडा स्थान रहा। हालांकि रात की कड़ाके की ठंड से कुछ राहत मिली है, लेकिन दिन में ठिठुरन बनी हुई है। गुरुवार को ग्वालियर में अधिकतम तापमान 19.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा। दतिया में 20.3, भोपाल में 20.4, श्योपुर में 20.6, नौगांव में 20.7, रतलाम और रीवा में 21.2, गुना में 21.8, खजुराहो और टीकमगढ़ में 22, इंदौर में 22.2, दमोह में 22.4, सतना में 22.7, सागर में 22.8, उज्जैन में 23, धार में 23.2 और जबलपुर में 23.3 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान रिकॉर्ड किया गया।

  • MP के उत्तरी जिलों में बारिश की संभावना, बढ़ेगी ठंड, कोहरा भी बना रहेगा चुनौती

    MP के उत्तरी जिलों में बारिश की संभावना, बढ़ेगी ठंड, कोहरा भी बना रहेगा चुनौती

    भोपाल। मध्य प्रदेश में मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार 23 जनवरी (शुक्रवार) को प्रदेश के उत्तरी जिलों में हल्की बारिश होने की संभावना है। इसमें ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़ और छतरपुर प्रमुख हैं। बारिश के साथ ही इन जिलों में बादलों की आवाजाही बढ़ेगी और रात के समय तापमान में गिरावट भी आ सकती है।

    मौसम विभाग ने बताया कि 25 जनवरी से न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट होने की संभावना है, जिससे ठंड का असर और बढ़ जाएगा। फिलहाल प्रदेश के उत्तरी हिस्सों में कोहरे का असर बना हुआ है। गुरुवार सुबह ग्वालियर, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़ और छतरपुर में मध्यम कोहरा छाया रहा, जबकि भोपाल, इंदौर, उज्जैन और जबलपुर में हल्का कोहरा देखने को मिला।

    मौसम विभाग ने पश्चिम और उत्तर भारत में सक्रिय दो साइक्लोनिक सर्कुलेशन और एक पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टरबेंस) के कारण आने वाले दिनों में प्रदेश में मौसम बदलने की संभावना जताई है। इन सिस्टम्स के प्रभाव से 24 जनवरी से मध्य प्रदेश में बादल छाने और कुछ स्थानों पर हल्की बारिश होने की संभावना है।

    तापमान का हाल (23 जनवरी 2026 तक):
    सबसे ठंडे जिले:
    मंदसौर: 5.1°C
    राजगढ़: 6.2°C
    नौगांव: 7°C
    शाजापुर: 7.1°C
    कटनी (करौंदी): 7.6°C
    दतिया: 7.9°C
    खजुराहो: 8°C
    रीवा: 8.2°C
    शिवपुरी: 9°C
    पचमढ़ी: 9.2°C

    बड़े शहर:
    ग्वालियर: 9°C
    भोपाल: 10.8°C
    इंदौर: 12.2°C
    उज्जैन: 12°C
    जबलपुर: 12.5°C

    मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि बारिश और तेज हवाओं के साथ बिजली गिरने की संभावना बनी रहेगी। प्रदेश के नागरिकों को सलाह दी गई है कि ठंड और कोहरे के कारण वाहन चलाते समय सावधानी बरतें और गर्म कपड़े पहनें। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि 26–28 जनवरी तक भी तापमान में उतार-चढ़ाव रहेगा। इस दौरान रात के तापमान में 2–4 डिग्री सेल्सियस तक वृद्धि और गिरावट दोनों देखने को मिल सकती है। कुल मिलाकर, मध्य प्रदेश में आने वाले दिनों में ठंड और कोहरे के साथ मौसम बदलते रहेंगे, और उत्तर-पश्चिमी हिस्सों में हल्की बारिश के बाद सर्दी बढ़ने की संभावना है।