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  • 6 फरवरी को देशभर में राष्ट्रीय आयोजन, मध्यप्रदेश के सभी स्कूलों में होगा सीधा प्रसारण

    6 फरवरी को देशभर में राष्ट्रीय आयोजन, मध्यप्रदेश के सभी स्कूलों में होगा सीधा प्रसारण


    मध्यप्रदेश । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 6 फरवरी को देशभर के विद्यार्थियों के साथ परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम के तहत संवाद करेंगे। यह आयोजन विद्यार्थियों को परीक्षा के तनाव से मुक्त करने और सकारात्मक सोच के साथ परीक्षा में शामिल होने के लिए प्रेरित करने के उद्देश्य से किया जा रहा है। परीक्षा पे चर्चा का यह राष्ट्रीय आयोजन शुक्रवार को आयोजित होगा और इसका सीधा प्रसारण देशभर में किया जाएगा।

    मध्यप्रदेश में भी इस कार्यक्रम को विशेष रूप से आयोजित किया जा रहा है। प्रदेश के सभी शासकीय अशासकीय और शासन से अनुदान प्राप्त विद्यालयों में परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम का सीधा प्रसारण किया जाएगा। राज्य स्तरीय कार्यक्रम राजधानी भोपाल के शासकीय सुभाष उत्कृष्ट विद्यालय में आयोजित किया जाएगा जिसमें विशिष्ट जन वरिष्ठ अधिकारी और अभिभावक विद्यार्थियों के साथ कार्यक्रम में सहभागिता करेंगे।स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह इस अवसर पर नरसिंहपुर जिले के चावरपाठा विकासखंड के ग्राम तेंदूखेड़ा स्थित शासकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में विद्यार्थियों के बीच उपस्थित रहेंगे और कार्यक्रम के सजीव प्रसारण में सहभागिता करेंगे।

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी वर्ष 2018 से लगातार परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों से संवाद कर रहे हैं। यह कार्यक्रम इस वर्ष अपने नौवें संस्करण में प्रवेश कर चुका है। कार्यक्रम 6 फरवरी को प्रातः 10 बजे नई दिल्ली से आयोजित किया जाएगा। इस दौरान प्रधानमंत्री विद्यार्थियों द्वारा पूछे गए सवालों के उत्तर देंगे और परीक्षा से जुड़े मानसिक दबाव चिंता और तनाव से निपटने के उपाय साझा करेंगे।

    कार्यक्रम का सीधा प्रसारण दूरदर्शन के विभिन्न चैनलों डीडी नेशनल डीडी न्यूज डीडी इंडिया ऑल इंडिया रेडियो के सभी चैनलों पीएमओ वेबसाइट mygov.in यूट्यूब एमओई फेसबुक लाइव स्वयंप्रभा चैनल दीक्षा चैनल के साथ साथ विभिन्न रेडियो चैनलों और डिजिटल प्लेटफॉर्म जैसे नेटफ्लिक्स जियो हॉटस्टार और अमेजन प्राइम वीडियो पर भी किया जाएगा। अन्य निजी चैनलों द्वारा भी कार्यक्रम का प्रसारण किया जाएगा।

    प्रदेश में परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम में सहभागिता के लिए एक दिसंबर से ग्यारह जनवरी तक ऑनलाइन पंजीयन की सुविधा दी गई थी। इस दौरान मध्यप्रदेश से कक्षा छठवीं से बारहवीं तक के 22 लाख 95 हजार से अधिक विद्यार्थियों 1 लाख 28 हजार से अधिक शिक्षकों और 17 हजार से अधिक अभिभावकों सहित कुल 24 लाख 41 हजार 390 लोगों ने पंजीयन कर सहभागिता दर्ज कराई।

    स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार राज्य शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद सभी जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थानों और प्रदेश के सभी विद्यालयों में कार्यक्रम को समारोहपूर्वक आयोजित किया जाएगा। विद्यालयों में टीवी प्रसारण के साथ साथ इंटरनेट आधारित उपकरणों जैसे कंप्यूटर और लैपटॉप पर भी कार्यक्रम देखने की व्यवस्था की जा रही है। कार्यक्रम के सुचारू आयोजन को लेकर सभी कलेक्टरों और मैदानी अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश जारी किए गए हैं।

  • BJP सांसद का दावा- PM मोदी पर हमला करना चाहती थीं महिला सांसद…. संसद में घेर ली उनकी कुर्सी

    BJP सांसद का दावा- PM मोदी पर हमला करना चाहती थीं महिला सांसद…. संसद में घेर ली उनकी कुर्सी


    नई दिल्ली।
    बुधवार को लोकसभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) का भाषण स्थगित कर दिया गया, जिसके बाद भाजपा ने विपक्ष पर गंभीर आरोप लगाए। भाजपा सांसद मनोज तिवारी (BJP MP Manoj Tiwari) ने दावा किया कि विपक्ष की महिला सांसदों (Women MPs.) ने पीएम मोदी की कुर्सी को घेर लिया और वे “हमला करने की नीयत” से आई थीं, जिससे पीएम मोदी भाषण नहीं दे सके। तिवारी ने कहा कि यह एक सुनियोजित प्रयास था, ताकि प्रधानमंत्री के भाषण को रोका जा सके।

    मनोज तिवारी ने कहा, “आज सदन में जो हुआ, वह देखकर देश कांग्रेस को धिक्कारेगा। पीएम मोदी का भाषण था और जब पांच बजे का समय आया, तो महिला सांसदों को आगे बढ़ाकर पीएम मोदी की कुर्सी तक घेर लिया गया। इससे भी आगे बढ़कर उन्होंने कुर्सी के चारों ओर घेरा डाला। क्या इसका उद्देश्य पीएम मोदी पर हमला करना था? वे गुस्से में आकर हमला करने के लिए आई थीं। हम सब सदन में बैठकर आश्चर्यचकित थे कि यह क्या हो रहा है, यह सब प्री-प्लान था।”

    सदन में हंगामा और विवाद
    इस घटना के बाद, सदन में हंगामा बढ़ गया। बजट सत्र की शुरुआत से ही कांग्रेस और भाजपा के बीच तीखी नोकझोंक चल रही है। राहुल गांधी ने पूर्व सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे की अप्रकाशित पुस्तक के उद्धरण का हवाला देने की कोशिश की थी, लेकिन इस पर उन्हें बोलने की अनुमति नहीं दी गई, जिससे सदन में विवाद बढ़ा और कार्यवाही कई बार स्थगित हो गई। इसके बाद, बुधवार को भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने गांधी-नेहरू परिवार पर टिप्पणी की, जिससे और भी हंगामा मच गया।

    कांग्रेस की महिला सांसदों, जिनमें वर्षा गायकवाड़ भी शामिल थीं, ने निशिकांत दुबे से जवाब मांगने के लिए पोस्टर दिखाते हुए विरोध किया और उन पर तीखा हमला किया। भाजपा का आरोप है कि इस दौरान महिला सांसदों ने पीएम मोदी की कुर्सी घेर ली, जिससे पीएम मोदी अपने भाषण के लिए सदन में नहीं आ सके।

    राहुल गांधी का पीएम मोदी पर हमला
    वहीं, इस पर प्रतिक्रिया देते हुए लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज संसद में इसलिए नहीं आए क्योंकि वह “डरे हुए” थे और “सच्चाई का सामना नहीं करना चाहते थे”। राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा, “जैसा मैंने कहा था, पीएम मोदी संसद में नहीं आएंगे क्योंकि वे डरते हैं और सच्चाई का सामना नहीं करना चाहते।” उन्होंने यह भी कहा कि यदि पीएम मोदी सदन में आते, तो वह पूर्व सेना प्रमुख एमएम नरवणे की किताब उन्हें भेंट करते।

    सदन की कार्यवाही दिनभर के लिए स्थगित होने के बाद राहुल गांधी ने यह बयान दिया, जबकि भाजपा और कांग्रेस के बीच तीखी बयानबाजी जारी रही।

  • भारत की आबादी ही उसकी सबसे बड़ी आर्थिक ताकत है: अर्जेंटीना के राजदूत मारियानो कॉसिनो

    भारत की आबादी ही उसकी सबसे बड़ी आर्थिक ताकत है: अर्जेंटीना के राजदूत मारियानो कॉसिनो


    नई दिल्ली ।अमेरिका में अर्जेंटीना के राजदूत मारियानो अगस्टिन कॉसिनो ने भारतीय अर्थव्यवस्था की मजबूती को लेकर बड़ा बयान दिया है। न्यूज एजेंसी आईएएनएस के साथ खास बातचीत में उन्होंने कहा कि भारत की सबसे बड़ी आर्थिक ताकत उसकी विशाल आबादी है। उनके अनुसार भारत न केवल दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला देश है बल्कि यहां के लोगों में टैलेंट और क्रिएटिव सोच की भी अपार संभावनाएं मौजूद हैं।

    राजदूत कॉसिनो ने कहा कि जब भारत सरकार ने पाबंदियां, सीमाएं और अनावश्यक रेगुलेशन हटाए तो भारतीय लोगों की क्षमताएं खुलकर सामने आईं। यही वजह है कि पिछले दस से पंद्रह वर्षों में भारत ने उल्लेखनीय आर्थिक प्रगति की है। उन्होंने कहा कि भारत की असली ताकत उसके लोग हैं और यही उसे आगे बढ़ा रही है।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण पर बात करते हुए अर्जेंटीना के राजदूत ने कहा कि पीएम मोदी को बड़ी सफलता मिली है क्योंकि भारत की अर्थव्यवस्था पिछले एक दशक में छह से आठ प्रतिशत की दर से बढ़ी है। उन्होंने इसे आर्थिक नीति और विनियमन में ढील का सफल उदाहरण बताया।

    कॉसिनो ने यह भी साझा किया कि जब प्रधानमंत्री मोदी अर्जेंटीना गए थे तब उन्हें राष्ट्रपति जेवियर माइली के साथ हुई बैठक में शामिल होने का अवसर मिला था। इस दौरान विनियमन में ढील अनावश्यक नियमों को हटाने और लोगों को कम से कम सरकारी हस्तक्षेप के साथ आगे बढ़ने का मौका देने जैसे विषयों पर चर्चा हुई थी।भारत में विदेशी निवेश को लेकर पूछे गए सवाल पर राजदूत ने कहा कि वह भारत को यह बताने की स्थिति में नहीं हैं कि उसे क्या करना चाहिए क्योंकि यह एक घरेलू नीति का विषय है। हालांकि उन्होंने यह जरूर कहा कि जब देश अपनी अर्थव्यवस्था खोलते हैं और ज्यादा उत्पादों को आने की अनुमति देते हैं तो इसका फायदा उपभोक्ताओं और घरेलू खपत दोनों को मिलता है।

    उन्होंने आगे कहा कि भारत इस दिशा में अच्छा काम कर रहा है और अर्जेंटीना भारत की खाद्य सुरक्षा और ऊर्जा सुरक्षा में और अधिक योगदान देने के लिए तैयार है। उनके अनुसार भारत और अर्जेंटीना की अर्थव्यवस्थाएं एक-दूसरे के लिए पूरक हैं और यह रणनीतिक साझेदारी आने वाले वर्षों में और मजबूत हो सकती है।

  • रोजगार मेले में पीएम मोदी की बड़ी सौगात: 61 हजार से अधिक युवाओं को मिले नियुक्ति पत्र

    रोजगार मेले में पीएम मोदी की बड़ी सौगात: 61 हजार से अधिक युवाओं को मिले नियुक्ति पत्र

    नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को आयोजित 18वें रोजगार मेले के दौरान देशभर के 61 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नियुक्ति पत्र सौंपे। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से युवाओं को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि आज का दिन इन सभी युवाओं के जीवन में नई शुरुआत का प्रतीक है। उन्होंने नियुक्ति पत्रों को “नेशन बिल्डिंग का इनविटेशन लेटर” बताते हुए कहा कि यह विकसित भारत के निर्माण को गति देने का संकल्प है। नियुक्तियां केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों, विभागों और संगठनों में की गई हैं।

    प्रधानमंत्री ने कहा, “आज आप सभी सरकारी सेवा में प्रवेश कर रहे हैं। यह सिर्फ नौकरी नहीं, बल्कि देश के प्रति जिम्मेदारी का अवसर है।” उन्होंने यह भी कहा कि साल 2026 की शुरुआत युवाओं के जीवन में नई उम्मीदें और नई खुशियां लेकर आई है। बसंत पंचमी और गणतंत्र दिवस के संयोग का उल्लेख करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि यह समय संविधान के प्रति कर्तव्यों को याद करने और राष्ट्र सेवा के लिए खुद को समर्पित करने का है।

    तेजी से बदलती टेक्नोलॉजी में खुद को अपडेट रखना जरूरी

    प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संबोधन में बदलते तकनीकी दौर की चुनौतियों और जरूरतों पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि देश की प्राथमिकताएं तेजी से बदल रही हैं और ऐसे में सरकारी सेवाओं में आने वाले युवाओं को खुद को लगातार अपग्रेड करना होगा। पीएम मोदी ने बताया कि iGOT कर्मयोगी प्लेटफॉर्म के माध्यम से अब तक करीब डेढ़ करोड़ सरकारी कर्मचारी खुद को नए कौशलों में प्रशिक्षित कर चुके हैं। उन्होंने “नागरिक देवो भव:” को सभी कर्मचारियों के लिए मूल मंत्र बताया।

    रिफॉर्म एक्सप्रेस पर भारत, महिलाओं की भागीदारी बढ़ी

    प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत आज रिफॉर्म एक्सप्रेस पर सवार है, जिसका उद्देश्य जीवन और कारोबार-दोनों को आसान बनाना है। उन्होंने बताया कि इस रोजगार मेले में 8 हजार से अधिक बेटियों को भी नियुक्ति पत्र दिए गए हैं, जो महिला सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम है। पीएम मोदी ने कहा कि बीते 11 वर्षों में देश के वर्कफोर्स में महिलाओं की भागीदारी लगभग दोगुनी हो गई है।

    उन्होंने यह भी कहा कि भारत सरकार कई देशों के साथ ट्रेड और मोबिलिटी एग्रीमेंट कर रही है, जिससे युवाओं के लिए वैश्विक अवसर खुल रहे हैं। डिजिटल मीडिया, क्रिएटर इकोनॉमी और टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों में भारत तेजी से ग्लोबल हब बनता जा रहा है।

  • CM विजयन ने दिल खोलकर की PM मोदी की तारीफ, जानें केरल में ऐसा क्या हुआ

    CM विजयन ने दिल खोलकर की PM मोदी की तारीफ, जानें केरल में ऐसा क्या हुआ



    नई दिल्ली :
    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को तिरुवनंतपुरम में कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं का उद्घाटन एवं शिलान्यास करने के साथ-साथ नई ट्रेन सेवाओं को हरी झंडी दिखाई। इस कार्यक्रम में केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने प्रधानमंत्री का स्वागत करते हुए कहा कि यह केरल के विकास के लिए बहुत बड़ा दिन है। मुख्यमंत्री विजयन ने कहा, ‘यह बहुत गर्व और खुशी की बात है कि मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का ‘ईश्वर के अपने देश’ केरल में स्वागत करता हूं। प्रधानमंत्री ने केरल आकर कई ऐसे प्रोजेक्ट्स लॉन्च किए हैं जो राज्य के विकास में बहुत मदद करेंगे।
    विजयन ने जताया पीएम मोदी आभार
    विजयन ने आगे कहा
    इनमें CSIR-NIIST इनोवेशन हब का शिलान्यास, पूजप्पुरा हेड पोस्ट ऑफिस बिल्डिंग का उद्घाटन, PM SVANIDHI योजना का शुभारंभ शामिल है, जिसके तहत एक लाख लाभार्थियों को मदद मिलेगी। यहां लाभार्थियों को क्रेडिट कार्ड सौंपे जा रहे हैं और लोन के चेक दिए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री द्वारा 3 नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों और एक पैसेंजर ट्रेन को हरी झंडी दिखाई गई है। ये केरल के लिए बहुत महत्वपूर्ण हैं।’ विजयन ने प्रधानमंत्री का आभार जताया और कहा, ‘यह राज्य सरकार के लिए संतुष्टि का एक बहुत खुशनुमा पल है, क्योंकि हम लंबे समय से केंद्र सरकार से इन प्रोजेक्ट्स के लिए मंजूरी मांग रहे थे।’

    पीएम ने केरल को दी 4 ट्रेनों की सौगात
    केरल के मुख्यमंत्री ने कहा, ‘मैं प्रधानमंत्री को इन प्रोजेक्ट्स को मंजूरी देने के लिए दिल से धन्यवाद देता हूं। उम्मीद है कि यह सहयोग और अच्छी नीयत केरल के साथ आगे भी जारी रहेगी। मैं आशा करता हूं कि केरल की अन्य महत्वपूर्ण मांगों को भी समय पर पूरा किया जाएगा और प्रधानमंत्री यह सुनिश्चित करेंगे कि वे तय समय में लागू हो जाएं।’ बता दें कि प्रधानमंत्री मोदी ने 4 नई ट्रेन सेवाओं को हरी झंडी दिखाई, जिनमें 3 अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनें नागरकोइल-मंगलुरु अमृत भारत एक्सप्रेस तिरुवनंतपुरम-तंबरम अमृत भारत एक्सप्रेस और तिरुवनंतपुरम-चार्लपल्ली अमृत भारत एक्सप्रेस शामिल हैं। इसके साथ ही त्रिशूर-गुरुवायूर पैसेंजर ट्रेन भी शुरू की गई। ये ट्रेनें केरल को तमिलनाडु, कर्नाटक, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश से बेहतर जोड़ेंगी।

    PM ने केरल को दिए और भी कई गिफ्ट
    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसके अलावा PM SVANIDHI योजना के तहत स्ट्रीट वेंडर्स के लिए क्रेडिट कार्ड लॉन्च किया गया और एक लाख लाभार्थियों को लोन दिए गए। उन्होंने CSIR-NIIST इनोवेशन, टेक्नोलॉजी एंड एंटरप्रेन्योरशिप हब का शिलान्यास रखा गया, जो विज्ञान और इनोवेशन को बढ़ावा देगा। इस मौके पर पूजप्पुरा हेड पोस्ट ऑफिस का नया भवन भी उद्घाटित किया गया, जो बेहतर पोस्टल और बैंकिंग सेवाएं देगा। बता दें कि पुथिरिकंडम मैदान में हुए इस कार्यक्रम में राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ अर्लेकर, अन्य मंत्री और अधिकारी मौजूद थे।

  • ज्ञान भारतम मिशन और सोमनाथ स्वाभिमान पर्व से जुड़ने का पीएम मोदी ने किया आह्वान

    ज्ञान भारतम मिशन और सोमनाथ स्वाभिमान पर्व से जुड़ने का पीएम मोदी ने किया आह्वान


    नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को स्वामीनारायण शिक्षापत्री के द्विशताब्दी महोत्सव को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित किया इस अवसर पर उन्होंने कहा कि भगवान स्वामीनारायण के जीवन और उनके उपदेश भारतवासियों के लिए हमेशा प्रेरणा का स्रोत रहे हैं इस महोत्सव में भाग लेना हम सभी के लिए सौभाग्य की बात है मोदी ने संतों और अनुयायियों को महोत्सव की शुभकामनाएं दी

    प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत हमेशा से ज्ञानयोग का केंद्र रहा है हमारे ऋषि मुनियों ने वेदों उपनिषदों पुराणों और कथावचन के माध्यम से समाज को शिक्षित किया समय के अनुसार उन्होंने परंपराओं में नए अध्याय जोड़े ताकि समाज में शिक्षा और ज्ञान का प्रवाह लगातार बना रहे

    पीएम मोदी ने भगवान स्वामीनारायण के जीवन को साधना और सेवा का उदाहरण बताते हुए कहा कि उनका जीवन केवल आध्यात्मिक नहीं था बल्कि समाज और मानवता के लिए समर्पित था उन्होंने सरल शब्दों में जीवन का मार्गदर्शन दिया और लोकसेवा के महत्व को समझाया उनके अनुयायी आज भी शिक्षा स्वास्थ्य किसान कल्याण और जल संरक्षण के अभियान चला रहे हैं

    प्रधानमंत्री ने वोकल फॉर लोकल स्वच्छता और स्वदेशी अभियानों के महत्व को भी बताया और कहा कि इन प्रयासों से शिक्षापत्री के द्विशताब्दी समारोह का महत्व और बढ़ जाएगा उन्होंने ज्ञान भारतम मिशन का उल्लेख करते हुए देश के प्राचीन ज्ञान और पांडुलिपियों के संरक्षण में संगठन और नागरिकों से सहयोग करने का आग्रह किया

    पीएम मोदी ने सोमनाथ स्वाभिमान पर्व का भी जिक्र किया और कहा कि सोमनाथ मंदिर की हजार साल की यात्रा को देश इस पर्व के रूप में मना रहा है उन्होंने अनुयायियों से कहा कि इस महोत्सव से जुड़कर इसके उद्देश्यों को जन-जन तक पहुँचाएं और देश की विकास यात्रा में भगवान स्वामीनारायण का आशीर्वाद हमेशा मिलता रहे

    प्रधानमंत्री ने कहा कि इस द्विशताब्दी समारोह से हमें अपने जीवन में साधना सेवा और शिक्षा के आदर्शों को अपनाने की प्रेरणा मिलती है और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में कदम बढ़ाने की जरूरत है: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को स्वामीनारायण शिक्षापत्री के द्विशताब्दी महोत्सव को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संबोधित किया इस अवसर पर उन्होंने कहा कि भगवान स्वामीनारायण के जीवन और उनके उपदेश भारतवासियों के लिए हमेशा प्रेरणा का स्रोत रहे हैं इस महोत्सव में भाग लेना हम सभी के लिए सौभाग्य की बात है मोदी ने संतों और अनुयायियों को महोत्सव की शुभकामनाएं दीप्रधानमंत्री ने कहा कि भारत हमेशा से ज्ञानयोग का केंद्र रहा है हमारे ऋषि मुनियों ने वेदों उपनिषदों पुराणों और कथावचन के माध्यम से समाज को शिक्षित किया समय के अनुसार उन्होंने परंपराओं में नए अध्याय जोड़े ताकि समाज में शिक्षा और ज्ञान का प्रवाह लगातार बना रहे

    पीएम मोदी ने भगवान स्वामीनारायण के जीवन को साधना और सेवा का उदाहरण बताते हुए कहा कि उनका जीवन केवल आध्यात्मिक नहीं था बल्कि समाज और मानवता के लिए समर्पित था उन्होंने सरल शब्दों में जीवन का मार्गदर्शन दिया और लोकसेवा के महत्व को समझाया उनके अनुयायी आज भी शिक्षा स्वास्थ्य किसान कल्याण और जल संरक्षण के अभियान चला रहे हैंप्रधानमंत्री ने वोकल फॉर लोकल स्वच्छता और स्वदेशी अभियानों के महत्व को भी बताया और कहा कि इन प्रयासों से शिक्षापत्री के द्विशताब्दी समारोह का महत्व और बढ़ जाएगा उन्होंने ज्ञान भारतम मिशन का उल्लेख करते हुए देश के प्राचीन ज्ञान और पांडुलिपियों के संरक्षण में संगठन और नागरिकों से सहयोग करने का आग्रह किया

    पीएम मोदी ने सोमनाथ स्वाभिमान पर्व का भी जिक्र किया और कहा कि सोमनाथ मंदिर की हजार साल की यात्रा को देश इस पर्व के रूप में मना रहा है उन्होंने अनुयायियों से कहा कि इस महोत्सव से जुड़कर इसके उद्देश्यों को जन-जन तक पहुँचाएं और देश की विकास यात्रा में भगवान स्वामीनारायण का आशीर्वाद हमेशा मिलता रहेप्रधानमंत्री ने कहा कि इस द्विशताब्दी समारोह से हमें अपने जीवन में साधना सेवा और शिक्षा के आदर्शों को अपनाने की प्रेरणा मिलती है और समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में कदम बढ़ाने की जरूरत है

  • ट्रंप के दावे को लेकर कांग्रेस का PM मोदी पर तंज, कहा-70 बार मजाक उडा… फिर भी चुप्पी

    ट्रंप के दावे को लेकर कांग्रेस का PM मोदी पर तंज, कहा-70 बार मजाक उडा… फिर भी चुप्पी


    नई दिल्ली।
    भारत और पाकिस्तान (India and Pakistan) के बीच पिछले साल हुए तनाव को खत्म करने का श्रेय एक बार फिर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (American President Donald Trump) ने लिया है। ट्रंप के इस ताजा दावे के बाद कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) पर हमला तेज कर दिया है। कांग्रेस ने तंज कसते हुए कहा कि ट्रंप अब तक 70 बार इस तरह का दावा कर चुके हैं, लेकिन भारत सरकार की ओर से इस पर कोई कड़ा रुख नहीं दिख रहा। वाइट हाउस में अपने दूसरे कार्यकाल के पहले वर्ष की उपलब्धियां गिनाते हुए ट्रंप ने दावा किया कि उन्होंने दुनिया की 8 अंतहीन लड़ाइयां रुकवाई हैं।

    भारत-पाक के संदर्भ में उन्होंने कहा, “पाकिस्तान और भारत एक-दूसरे पर हमला कर रहे थे। आठ विमान मार गिराए गए थे। मेरी राय में दोनों देश परमाणु युद्ध की ओर बढ़ रहे थे। अगर मैं हस्तक्षेप नहीं करता, तो करोड़ों लोग मारे जाते।” ट्रंप ने दावा किया कि उन्होंने 10 महीनों में कंबोडिया-थाईलैंड, कोसोवो-सर्बिया और इजरायल-ईरान जैसे आठ बड़े संघर्षों को शांत कराया है।


    जयराम रमेश का तीखा हमला

    कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर प्रधानमंत्री मोदी और ट्रंप की दोस्ती पर निशाना साधा। उन्होंने लिखा, “कल से पहले यह संख्या 68 थी। लेकिन कल ही यह आंकड़ा 69 नहीं, बल्कि सीधे 70 पर पहुंच गया। एक बार व्हाइट हाउस की प्रेस कॉन्फ़्रेंस के अपने शुरुआती बयान में और बाद में सवाल-जवाब के दौरान। यही वह संख्या है, जितनी बार प्रधानमंत्री के ‘अच्छे दोस्त’ और जिन्हें कई बार पीएम की जबरन झप्पी मिल चुकी है- ने यह दावा किया है कि 10 मई 2025 को ऑपरेशन सिंदूर के अचानक और अप्रत्याशित रूप से रुकने के लिए वही जिम्मेदार थे।”

    नोबेल शांति पुरस्कार की चाहत
    ट्रंप ने अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह भी मलाल जताया कि इन युद्धों को रुकवाने के लिए उन्हें नोबेल शांति पुरस्कार मिलना चाहिए था। उन्होंने कहा कि भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध रुकने से कम से कम 1.5 से 2 करोड़ लोगों की जान बची है, जो उनके लिए नोबेल से बड़ी बात है।

    गौरतलब है कि भारत सरकार हमेशा से यह कहती रही है कि पाकिस्तान के साथ किसी भी मुद्दे पर तीसरे पक्ष की मध्यस्थता स्वीकार्य नहीं है। हालांकि, 10 मई 2025 को ट्रंप ने सोशल मीडिया पर घोषणा की थी कि वाशिंगटन की मध्यस्थता के बाद दोनों देश पूर्ण युद्धविराम पर सहमत हुए हैं। कांग्रेस का आरोप है कि ट्रंप के बार-बार इस तरह के दावे करना भारतीय संप्रभुता और प्रधानमंत्री के दावों पर सवाल खड़ा करता है।

  • भारत दौरे पर आए UAE के राष्ट्रपति, PM मोदी ने गिफ्ट किया शाही झूला… साथ झूलते भी दिखे

    भारत दौरे पर आए UAE के राष्ट्रपति, PM मोदी ने गिफ्ट किया शाही झूला… साथ झूलते भी दिखे


    नई दिल्ली।
    एक दिन के भारत दौरे (India visit) पर आए यूएई के राष्ट्रपति मोहम्मद बिन जायेद अल नाहयान (UAE President Mohammed bin Zayed Al Nahyan) का एयरपोर्ट पर ही शानदार स्वागत किया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) प्रोटोकॉल तोड़कर उनकी अगुवाई करने दिल्ली एयरपोर्ट पर पहुंचे थे। दोनों नेता बेहद गर्मजोशी के साथ गले मिले। मुलाकात के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उन्हें पारंपरिक तोहफे भी दिए।

    प्रधानमंत्री मोदी ने यूएई के राष्ट्रपति को शाही नक्काशीदार एक झूला गिफ्ट किया। इसमें गुजराती हस्तशिल्प की कलाकारी दिखाई देती है। इसके अलावा झूला अच्छे संबंधों और सहजता का प्रतीक है। इसके अलावा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चांदी की एक संदूक में पश्मीना शॉल भी नाहयान को गिफ्ट किया। यह चांदी का ब़क्स तेलंगाना में बनाया गया है। दोनों गिफ्ट एक साथ देकर भारत की साझी विरासत और परंपरा को दिखाने का प्रयास किया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और नाहयान साथ में झूले पर बैठे भी नजर आए।

    यह उपहार वर्ष 2026 को संयुक्त अरब अमीरात द्वारा ‘परिवार का वर्ष’ घोषित किए जाने के संदर्भ में भी विशेष रूप से सार्थक है। प्रधानमंत्री ने उन्हें एक सुसज्जित चांदी के बॉक्स में पश्मीना शॉल भी भेंट की। यह पश्मीना शाल कश्मीर की है और अत्यंत महीन ऊन से हाथ से बनाई जाती है, जिससे यह मुलायम, हल्की और गर्म होती है। शाल को तेलंगाना में निर्मित एक सजावटी चांदी के बॉक्स में रखा गया है। ये दोनों उपहार मिलकर भारत की समृद्ध हथकरघा और हस्तशिल्प परंपरा का प्रतिनिधित्व करते हैं।

    इसी प्रकार, सुसज्जित चांदी के बॉक्स में रखी गई पश्मीना शाल शेखा फातिमा बिंत मुबारक अल केतबी को भी भेंट की गई। उन्हें चांदी के बॉक्स में कश्मीरी केसर भी उपहार स्वरूप प्रदान किया गया। कश्मीर घाटी में उगाया जाने वाला केसर अपने गहरे लाल रेशों और तीव्र सुगंध के लिए विशेष रूप से प्रसिद्ध और विशेष माना जाता है।

  • PM मोदी ने मालदा रैली में की TMC सांसद के पिता की तारीफ, भाषण के दौरान दी श्रद्धांजलि

    PM मोदी ने मालदा रैली में की TMC सांसद के पिता की तारीफ, भाषण के दौरान दी श्रद्धांजलि


    कोलकाता।
    प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) ने विभाजन के दौरान मालदा (Malda) को भारत (India) में शामिल कराने में भूमिका निभाने को लेकर अनुभवी वकील और हिंदू महासभा के नेता शिवेंदु शेखर राय (Shivendu Shekhar Rai) को अपने भाषण के दौरान श्रद्धांजलि दी। इसके बाद राय को लेकर पश्चिम बंगाल में राजनीतिक चर्चा शुरू हो गई। शिवेंदु के बेटे एवं सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (Trinamool Congress) के राज्यसभा सदस्य सुखेन्दु शेखर राय (Sukhendu Shekhar Roy) ने संयमित प्रतिक्रिया व्यक्त की है।


    शिवेंदु शेखऱ के प्रयास से बचा मालदा

    मोदी ने शनिवार को मालदा में एक जनसभा में अपने भाषण की शुरुआत शिवेंदु शेखर को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए की। उन्होंने 1947 में शिवेंदु शेखर के योगदान को याद किया जब मुस्लिम लीग द्वारा जिले को तत्कालीन पूर्वी पाकिस्तान में शामिल करने की मांगों के बीच मालदा का भविष्य अनिश्चित बना हुआ था। प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘मैं सर्वप्रथम मालदा के महान सपूत शिवेंदु शेखर राय को श्रद्धापूर्वक नमन करता हूं, जिनके प्रयासों से मालदा की पहचान बची रही।’’ उनके इस बयान से श्रोताओं में मौजूद कई लोग चकित हो गये।

    इससे पूर्व दिन में, भाजपा की पश्चिम बंगाल इकाई ने कार्यक्रम में पहले स्मृति चिन्ह के रूप में मोदी को शिवेंदु शेखर राय की एक फ्रेम की हुई तस्वीर भेंट की। यह तस्वीर प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सामिक भट्टाचार्य और केंद्रीय मंत्री सुकांत मजूमदार ने प्रधानमंत्री को दी, जिसने लोगों का ध्यान आकर्षित किया क्योंकि शिवेंदु शेखर राय के पुत्र तृणमूल सांसद हैं।


    श्यामा प्रसाद मुखर्जी के सहयोगी थे शिवेंदु शेखर

    स्वतंत्रता-पूर्व मालदा के एक प्रख्यात दीवानी वकील और हिंदू महासभा के नेता शिवेंदु शेखर राय, राजनीतिक विचारधाराओं से परे अपनी व्यापक लोकप्रियता के लिए जाने जाते थे। वह विश्वविद्यालय के दिनों से ही शिक्षाविद और महासभा नेता श्यामा प्रसाद मुखर्जी के घनिष्ठ सहयोगी थे और विभाजन वार्ता के दौरान उन्होंने पर्दे के पीछे महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

    उनके बेटे सुखेन्दु शेखर राय का कहना है कि जब मालदा को पूर्वी पाकिस्तान में शामिल किए जाने की संभावना आसन्न प्रतीत हुई, तो उनके पिता ने पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सोमनाथ चटर्जी के पिता, प्रख्यात बैरिस्टर एन सी चटर्जी से संपर्क करके इस कदम को चुनौती देने के प्रयास शुरू किए।

    सुखेन्दु शेखर राय के अनुसार चूंकि एन सी चटर्जी दक्षिण बंगाल और कोलकाता को सुरक्षित रखने में व्यस्त थे, इसलिए शिवेंदु शेखर राय ने फिर श्यामा प्रसाद मुखर्जी से संपर्क किया, जिन्होंने उन्हें आगे की कार्रवाई के बारे में सलाह दी और उन्हें बंगाल सीमा आयोग के समक्ष मालदा का ऐतिहासिक, जनसांख्यिकीय और प्रशासनिक मामला व्यक्तिगत रूप से प्रस्तुत करने में सहयोग किया।

    राज्यसभा सदस्य ने बताया कि बिधु शेखर शास्त्री और इतिहासकार सर जदुनाथ सरकार जैसे विद्वानों ने भी आयोग के सामने प्रस्तुत किये गये ज्ञापन तैयार करने में सहायता की।लप्रधानमंत्री की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देते हुए सुखेन्दु शेखर राय ने संयमित लेकिन भावुक स्वर में अपनी बात रखी। उन्होंने कहा, ‘‘यह इतिहास है और इसे नकारने की कोई गुंजाइश नहीं है।’’

    उन्होंने कहा कि मालदा भारत में इसलिए बना हुआ है क्योंकि उनके पिता ने इसे भारत में बनाए रखने के आंदोलन का नेतृत्व किया था। उन्होंने कहा, ‘‘कोई राजनीतिक दल इतिहास को अपने हिसाब से ढालने या अस्वीकार करने की कोशिश कर सकता है, इससे मुझे कोई लेना-देना नहीं है। लेकिन एक ऐसे व्यक्ति के पुत्र के रूप में, जिन्होंने मालदा को भारत में बनाए रखने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई, अगर प्रधानमंत्री उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं, तो क्या मुझे दुखी होना चाहिए? बिल्कुल नहीं।’’

    उन्होंने कहा, ‘‘सिर्फ मैं ही नहीं, बल्कि मेरे भाई-बहन, रिश्तेदार और परिवार के सभी सदस्य गर्व महसूस करते हैं। सिर्फ इसलिए कि मैं तृणमूल कांग्रेस से जुड़ा हूं, क्या मुझे दुखी होना चाहिए? यह तो सरासर बेतुका होगा।’’ मोदी द्वारा भाजपा के मंच से तृणमूल सांसद के पिता का जिक्र करना राजनीतिक रूप से भले ही महत्वपूर्ण हो, लेकिन सुखेन्दु शेखर राय ने इसे समकालीन राजनीतिक संदेश के बजाय लंबे समय से प्रतीक्षित ऐतिहासिक मान्यता के रूप में प्रस्तुत करना बेहतर समझा। उन्होंने कहा, ‘‘यह मालदा के विभाजन काल के इतिहास का एक ऐसा अध्याय है जिसे आज के राजनीतिक मतभेदों से परे याद रखा जाना चाहिए।’’

  • देश की जेन-जी को भाजपा के विकास मॉडल पर सबसे ज्यादा भरोसा: पीएम मोदी

    देश की जेन-जी को भाजपा के विकास मॉडल पर सबसे ज्यादा भरोसा: पीएम मोदी


    नई दिल्ली। मालदा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को पश्चिम बंगाल के मालदा में आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य को दोहराया। उन्होंने कहा कि इस सपने को साकार करने में पूर्वी भारत की भूमिका सबसे अहम है और अब यह क्षेत्र तेजी से विकास की राजनीति को अपना रहा है।

    प्रधानमंत्री ने कहा कि दशकों तक पूर्वी भारत को नफरत भ्रम और तुष्टिकरण की राजनीति में उलझाकर रखा गया जिससे यहां विकास की रफ्तार धीमी रही। लेकिन अब हालात बदल रहे हैं और जनता विकास सुशासन और पारदर्शिता को प्राथमिकता दे रही है। पीएम मोदी ने दावा किया कि देश की जेन-जी भाजपा के विकास मॉडल पर सबसे ज्यादा भरोसा कर रही है क्योंकि युवा वर्ग को अवसर रोजगार और स्थायी भविष्य चाहिए।पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत के राजनीतिक परिदृश्य का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि ओडिशा में पहली बार भाजपा सरकार बनी है त्रिपुरा कई वर्षों से भाजपा पर भरोसा जता रहा है और असम में लगातार पार्टी को मजबूत जनसमर्थन मिल रहा है। हाल ही में बिहार में भी भाजपा-एनडीए की सरकार बनी है। उन्होंने कहा कि अब पश्चिम बंगाल में भी सुशासन की बारी है।

    पीएम मोदी ने दावा किया कि जहां-जहां वर्षों तक भाजपा को लेकर गलत जानकारी फैलाई गई वहां भी अब लोग सच्चाई समझ रहे हैं और पार्टी को समर्थन दे रहे हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि इस बार बंगाल की जनता भी भाजपा को विजयी बनाएगी।प्रधानमंत्री ने हालिया शहरी निकाय चुनावों का जिक्र करते हुए कहा कि महाराष्ट्र में भाजपा को ऐतिहासिक जीत मिली है। खासतौर पर मुंबई की बृहन्मुंबई नगर निगमबीएमसी में पहली बार भाजपा को रिकॉर्ड सफलता मिली है। उन्होंने कहा कि जिन जगहों पर कभी भाजपा की जीत को असंभव माना जाता था वहां भी अब अभूतपूर्व समर्थन मिल रहा है। पीएम मोदी ने यह भी बताया कि केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम में भाजपा का मेयर बनना देश की बदलती राजनीतिक सोच का संकेत है।

    विपक्ष पर हमला बोलते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि वे चाहते हैं कि पश्चिम बंगाल के हर गरीब परिवार को पक्का घर मिले और केंद्र सरकार की कल्याणकारी योजनाओं का पूरा लाभ आम लोगों तक पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य की तृणमूल कांग्रेस सरकार केंद्र से भेजे गए गरीबों के पैसे का सही इस्तेमाल नहीं होने दे रही है।आयुष्मान भारत योजना का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि बंगाल देश का एकमात्र राज्य है जहां यह योजना लागू नहीं की गई है। इससे गरीब परिवारों को मुफ्त इलाज का लाभ नहीं मिल पा रहा है और इसके लिए राज्य सरकार जिम्मेदार है।

    प्रधानमंत्री ने पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना पर भी बात की। उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत देशभर में लाखों परिवारों ने अपने घरों की छतों पर सोलर पैनल लगाकर बिजली बिल शून्य किया है और इसके लिए केंद्र सरकार ने हजारों करोड़ रुपये जारी किए हैं। उन्होंने कहा कि वे चाहते हैं कि पश्चिम बंगाल के लाखों परिवार भी इसका लाभ उठाएं लेकिन राज्य सरकार इस दिशा में आगे नहीं बढ़ रही है।मालदा और पश्चिम बंगाल के विकास को लेकर पीएम मोदी ने कहा कि भाजपा सरकार बनने पर किसानों और युवाओं के लिए नए अवसर पैदा किए जाएंगे। उन्होंने मालदा की ‘मैंगो इकोनॉमी’ को नई ऊंचाइयों तक ले जाने का वादा किया।

    जूट किसानों का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने आंकड़े पेश किए। उन्होंने बताया कि 2014 से पहले जूट का समर्थन मूल्य करीब 2400 रुपये था जो अब बढ़कर साढ़े 5500 रुपये से अधिक हो गया है। पहले दस वर्षों में जूट किसानों को केवल 400 करोड़ रुपये मिले थे जबकि पिछले 11 वर्षों में यह राशि बढ़कर 1300 करोड़ रुपये से ज्यादा हो चुकी है। पीएम मोदी ने कहा कि यह बदलाव भाजपा की किसान-हितैषी नीतियों का प्रमाण है।