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  • एमपी में मानसून सक्रिय, 19 जिलों में आज भारी बारिश का अलर्ट, बड़वानी-खंडवा में रेड वार्निंग

    एमपी में मानसून सक्रिय, 19 जिलों में आज भारी बारिश का अलर्ट, बड़वानी-खंडवा में रेड वार्निंग


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून पूरी तरह सक्रिय है और शनिवार को प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से अति भारी बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने इंदौर और उज्जैन सहित 19 जिलों के लिए अलर्ट जारी किया है। बड़वानी और खंडवा में अति भारी बारिश का रेड अलर्ट घोषित किया गया है, जहां अगले 24 घंटे में करीब 8 इंच तक बारिश होने का अनुमान है।

    भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, रतलाम, उज्जैन, झाबुआ, धार, अलीराजपुर, खरगोन, बुरहानपुर, छिंदवाड़ा और बालाघाट जिलों में अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं इंदौर, देवास, सीहोर, हरदा, नर्मदापुरम, बैतूल, नरसिंहपुर और पांढुर्णा में भारी बारिश होने की संभावना है।

    इसके अलावा नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा, राजगढ़, शाजापुर, विदिशा, भोपाल, रायसेन, सागर, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, ग्वालियर, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, दमोह, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, मैहर, कटनी, उमरिया, शहडोल, जबलपुर, सिवनी, मंडला, डिंडौरी और अनूपपुर जिलों में तेज बारिश के साथ आंधी चलने की संभावना बनी हुई है। मौसम विभाग का अनुमान है कि प्रदेश के लगभग सभी जिलों में बारिश का दौर जारी रहेगा।

    बीते 24 घंटे में कई जिलों में झमाझम बारिश
    मानसून की सक्रियता के चलते पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के 25 से अधिक जिलों में बारिश और तेज हवाओं का असर देखने को मिला। मौसम विभाग के अनुसार, इंदौर में सबसे अधिक करीब सवा दो इंच बारिश दर्ज की गई। मंडला में लगभग पौने दो इंच, भोपाल में डेढ़ इंच तथा बालाघाट में सवा इंच वर्षा हुई।

    इसके अलावा बैतूल, नर्मदापुरम, दतिया, रतलाम और शिवपुरी में पौन इंच, जबकि दमोह, धार और पचमढ़ी में करीब आधा इंच बारिश रिकॉर्ड की गई। छिंदवाड़ा, जबलपुर, खजुराहो, नरसिंहपुर, नौगांव, सागर, सतना, सिवनी, टीकमगढ़, उमरिया, गुना, ग्वालियर और रायसेन में भी अच्छी बारिश हुई।

    बारिश से तापमान में आई गिरावट
    लगातार हो रही बारिश के कारण प्रदेशभर में दिन के तापमान में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है। भोपाल में शुक्रवार को अधिकतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस रहा, जबकि इंदौर में 30 डिग्री, ग्वालियर में 33.6 डिग्री, उज्जैन में 32 डिग्री और जबलपुर में 28.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। सबसे कम अधिकतम तापमान मलाजखंड में 25.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। नरसिंहपुर, सागर, दमोह, रायसेन, मंडला, छिंदवाड़ा, गुना, धार और बैतूल में भी अधिकतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस से नीचे रहा।

    कई इलाकों में जनजीवन प्रभावित
    शुक्रवार को भोपाल में सुबह से रुक-रुककर बारिश होती रही। वहीं उज्जैन और आसपास के क्षेत्रों में रातभर हुई तेज बारिश से शिप्रा नदी का जलस्तर बढ़ गया, जिससे घाटों पर स्थित कई मंदिर पानी में डूब गए। ग्वालियर में भी सुबह तेज बारिश दर्ज की गई। उधर, रतलाम जिले के शिवपुर गांव में खेतों में पानी भर जाने से किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

  • पूरे मध्य प्रदेश में सक्रिय हुआ मानसून, खंडवा-हरदा में रेड अलर्ट, 19 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी

    पूरे मध्य प्रदेश में सक्रिय हुआ मानसून, खंडवा-हरदा में रेड अलर्ट, 19 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून अब पूरी तरह सक्रिय हो गया है। 24 जून को नौ दिन की देरी से प्रदेश में प्रवेश करने वाला मानसून गुरुवार को उज्जैन, ग्वालियर और चंबल संभाग तक पहुंच गया। इसके साथ ही महज नौ दिनों में मानसून ने पूरे प्रदेश को कवर कर लिया है। हालांकि, अब भी 38 जिलों में सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई है, जबकि भोपाल, इंदौर और देवास में सबसे अधिक वर्षा हुई है।

    खंडवा और हरदा में रेड अलर्ट
    भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के भोपाल केंद्र ने शुक्रवार को खंडवा और हरदा जिलों के लिए अति भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है। इसके अलावा धार, बड़वानी, खरगोन, देवास, बुरहानपुर और बैतूल में भी अति भारी बारिश की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 24 घंटों में इन जिलों में 4 से 8 इंच तक वर्षा हो सकती है।

    19 जिलों में भारी बारिश का अनुमान
    रतलाम, उज्जैन, राजगढ़, रायसेन, नर्मदापुरम, सागर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, डिंडौरी और अनूपपुर सहित कई जिलों में भारी बारिश का पूर्वानुमान जारी किया गया है।

    इसके अलावा अलीराजपुर, झाबुआ, नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा, इंदौर, शाजापुर, सीहोर, विदिशा, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, श्योपुर, ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, दमोह, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, जबलपुर, सिंगरौली, मैहर, उमरिया, कटनी, शहडोल और मंडला में भी गरज-चमक के साथ बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है।

    सीजन का पहला रेड अलर्ट
    मौसम विभाग ने प्रदेश में 6 जुलाई तक भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। अगले दो दिनों के लिए रेड अलर्ट घोषित किया गया है, जो इस मानसून सीजन का पहला रेड अलर्ट है। गुरुवार को भोपाल समेत 15 से अधिक जिलों में तेज बारिश दर्ज की गई।

    जुलाई में बेहतर बारिश की उम्मीद
    मौसम विभाग के अनुसार, जून में अपेक्षाकृत कम वर्षा हुई, लेकिन जुलाई में मानसून के अधिक सक्रिय रहने की संभावना है। आमतौर पर प्रदेश की कुल मानसूनी बारिश का लगभग एक-तिहाई हिस्सा जुलाई में होता है।

    उदाहरण के तौर पर भोपाल में सामान्य मानसूनी वर्षा करीब 39 इंच मानी जाती है, जिसमें लगभग 14 इंच बारिश केवल जुलाई में दर्ज होती है। वहीं, बड़े शहरों में जबलपुर ऐसा शहर है, जहां जुलाई के दौरान 17 इंच से अधिक वर्षा होती है। मौसम विभाग का कहना है कि जुलाई में प्रदेश की कुल मानसूनी वर्षा का लगभग 40 प्रतिशत हिस्सा रिकॉर्ड किया जाता है।

  • एमपी में मानसून ने पकड़ी रफ्तार, आज 13 जिलों में भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी

    एमपी में मानसून ने पकड़ी रफ्तार, आज 13 जिलों में भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून तेजी से आगे बढ़ रहा है। बुधवार को मानसून ने भोपाल और सागर संभाग के कई जिलों में दस्तक दी। अब मौसम विभाग का अनुमान है कि गुरुवार को मानसून उज्जैन और ग्वालियर-चंबल संभाग के शेष हिस्सों तक पहुंच सकता है। इसके साथ ही प्रदेश के कई जिलों में भारी से अति भारी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है।

    13 जिलों में भारी और अति भारी बारिश का अलर्ट
    भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) भोपाल ने हरदा, नर्मदापुरम, रायसेन, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा और बालाघाट जिलों के लिए अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। अगले 24 घंटों के दौरान इन क्षेत्रों में 4 से 8 इंच तक बारिश होने की संभावना जताई गई है। वहीं अशोकनगर, देवास, खंडवा, बैतूल, सागर, मंडला और डिंडौरी जिलों में भारी बारिश को लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है।

    भोपाल, इंदौर समेत कई जिलों में बारिश और आंधी की चेतावनी
    मौसम विभाग ने भोपाल, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, झाबुआ, अलीराजपुर, धार, बुरहानपुर, बड़वानी, खरगोन, उज्जैन, नीमच, मंदसौर, रतलाम, आगर-मालवा, शाजापुर, बैतूल, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, गुना, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, सिवनी, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, मऊगंज, मैहर, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, पन्ना, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में गुरुवार को तेज बारिश और आंधी की चेतावनी जारी की है। बुधवार को इंदौर के कई इलाकों में तेज बारिश हुई, जिससे वार्ड क्रमांक 80 में पानी दुकानों तक पहुंच गया और कई सड़कों पर जलभराव की स्थिति बन गई।

    5 जुलाई तक जारी रहेगा तेज बारिश का दौर
    मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में 5 जुलाई तक कई इलाकों में भारी से अति भारी बारिश होने की संभावना है। 3 जुलाई को धार और बड़वानी जिलों के लिए अति भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया गया है, जबकि 4 जुलाई को खरगोन जिले में भी रेड अलर्ट घोषित किया गया है।

    अब तक सामान्य से 28 प्रतिशत कम बारिश
    प्रदेश में जून महीने के दौरान कई स्थानों पर आंधी और बारिश का दौर बना रहा। 1 जुलाई को भी अनेक जिलों में अच्छी बारिश दर्ज की गई। इसके बावजूद प्रदेश में अब तक कुल 100.2 मिमी (करीब 4 इंच) वर्षा हुई है, जो सामान्य 139.7 मिमी (करीब 5.4 इंच) की तुलना में 28 प्रतिशत कम है।

    जुलाई से बेहतर बारिश की उम्मीद
    मौसम विभाग का कहना है कि जून में बारिश अपेक्षाकृत कम रही, लेकिन जुलाई में मानसून के सक्रिय रहने की संभावना है। आमतौर पर प्रदेश की कुल मानसूनी बारिश का लगभग एक-तिहाई हिस्सा जुलाई में होता है।

    उदाहरण के तौर पर, भोपाल में सामान्य मानसूनी वर्षा करीब 39 इंच मानी जाती है, जिसमें से लगभग 14 इंच बारिश केवल जुलाई में होती है। वहीं, जबलपुर प्रदेश के प्रमुख शहरों में सबसे अधिक वर्षा वाला शहर है, जहां जुलाई में 17 इंच से अधिक बारिश दर्ज की जाती है। मौसम विभाग के अनुसार, जुलाई के दौरान प्रदेश में पूरे मानसून की करीब 40 प्रतिशत बारिश होने का अनुमान रहता है।

  • एमपी के 7 जिलों में आज भारी बारिश का अलर्ट, अगले 2-4 दिनों में पूरे प्रदेश में सक्रिय होगा मानसून

    एमपी के 7 जिलों में आज भारी बारिश का अलर्ट, अगले 2-4 दिनों में पूरे प्रदेश में सक्रिय होगा मानसून


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून अब तेजी से आगे बढ़ रहा है। मौसम विभाग ने बुधवार को बालाघाट और डिंडौरी में अति भारी बारिश, जबकि देवास, हरदा, बैतूल, पांढुर्णा और छिंदवाड़ा में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में तेज बारिश के साथ स्थानीय स्तर पर जलभराव की स्थिति बन सकती है।

    2 से 4 दिनों में पूरे प्रदेश को कवर करेगा मानसून
    मौसम विभाग के अनुसार, मानसून मंगलवार को आगे बढ़ते हुए जबलपुर, भोपाल, रीवा और शहडोल संभाग के अधिकांश जिलों तक पहुंच गया है। अगले 2 से 4 दिनों के भीतर भोपाल, सागर, ग्वालियर, उज्जैन और चंबल संभाग के शेष जिलों में भी मानसून की दस्तक होने की संभावना है।

    इन जिलों में आंधी और बारिश की चेतावनी
    मौसम विभाग ने भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, झाबुआ, आलीराजपुर, धार, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, उज्जैन, शाजापुर, नर्मदापुरम, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, सिवनी, मंडला, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, मऊगंज, मैहर, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, सागर, पन्ना, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में तेज आंधी के साथ बारिश का अलर्ट जारी किया है। वहीं, नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा और रतलाम में हल्की बारिश होने की संभावना जताई गई है।

    23 जिलों में बरसे बादल, तापमान में आई गिरावट
    मंगलवार को प्रदेश के 23 जिलों में बारिश दर्ज की गई। सतना में करीब डेढ़ इंच वर्षा रिकॉर्ड हुई। इसके अलावा भोपाल, इंदौर, बैतूल, धार, नर्मदापुरम, खरगोन, छिंदवाड़ा, जबलपुर, मंडला, रीवा, सागर, सिवनी, सीधी, बालाघाट, पांढुर्णा, सीहोर, शाजापुर, डिंडौरी, हरदा और मैहर सहित कई जिलों में अच्छी बारिश हुई।

    बारिश के कारण अधिकतम तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई। भोपाल में 30.6 डिग्री, इंदौर में 33 डिग्री, उज्जैन में 35 डिग्री, जबलपुर में 32 डिग्री और ग्वालियर में 40 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड हुआ।

    सबसे कम अधिकतम तापमान बैतूल में 26.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा सिवनी, छिंदवाड़ा, दमोह, मलाजखंड, खंडवा, सागर, मंडला और खरगोन में भी तापमान सामान्य से नीचे रहा।

    जून में कमी, जुलाई से बेहतर बारिश की उम्मीद
    मौसम विभाग के अनुसार, जून महीने में प्रदेश में कुल 88.2 मिमी (करीब 3.5 इंच) बारिश हुई, जो सामान्य 131.1 मिमी की तुलना में लगभग 33 प्रतिशत कम रही। हालांकि विभाग का अनुमान है कि जुलाई में मानसून पूरी तरह सक्रिय रहेगा। सामान्य तौर पर प्रदेश की कुल मानसूनी बारिश का लगभग 40 प्रतिशत हिस्सा जुलाई में ही दर्ज होता है, इसलिए इस महीने अच्छी बारिश की उम्मीद जताई जा रही है।

  • एमपी के 50 जिलों में आज बारिश का अलर्ट, 2 जुलाई से नया सिस्टम होगा सक्रिय

    एमपी के 50 जिलों में आज बारिश का अलर्ट, 2 जुलाई से नया सिस्टम होगा सक्रिय


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून धीरे-धीरे रफ्तार पकड़ रहा है। मौसम विभाग ने मंगलवार को प्रदेश के 50 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। वहीं, जिन 15 जिलों में मानसून पहुंच चुका है, उनमें से बैतूल, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी और बालाघाट में अगले 24 घंटे के दौरान भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इन जिलों में चार इंच तक बारिश हो सकती है।

    2 जुलाई से और तेज होगा बारिश का दौर

    मौसम विभाग के अनुसार, 2 जुलाई से प्रदेश में एक नया मौसम तंत्र (वेदर सिस्टम) सक्रिय होगा। इसके प्रभाव से कई इलाकों में भारी से अति भारी बारिश होने की संभावना है। विभाग ने लोगों को मौसम की ताजा जानकारी पर नजर बनाए रखने की सलाह दी है।

    इन 50 जिलों में बारिश की चेतावनी

    मौसम केंद्र, भोपाल ने भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, धार, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, उज्जैन, आगर-मालवा, शाजापुर, देवास, नर्मदापुरम, हरदा, गुना, अशोकनगर, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, मंडला, डिंडौरी, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, मऊगंज, मैहर, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, सागर, पन्ना, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी सहित अन्य जिलों में बारिश की संभावना जताई है।

    इन क्षेत्रों में 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं भी चल सकती हैं। वहीं ग्वालियर, भिंड, मुरैना, श्योपुर, दतिया, शिवपुरी, नीमच, मंदसौर, रतलाम, झाबुआ और आलीराजपुर में कहीं-कहीं हल्की बारिश होने के आसार हैं।

    सोमवार को कई जिलों में हुई अच्छी बारिश

    सोमवार को इंदौर, गुना, बालाघाट, शिवपुरी, जबलपुर, खरगोन, राजगढ़, छिंदवाड़ा, सीधी, खंडवा, सीहोर और देवास समेत कई जिलों में बारिश दर्ज की गई। बालाघाट में डेढ़ इंच से अधिक वर्षा हुई, जबकि शिवपुरी में करीब पौन इंच और जबलपुर में आधा इंच से ज्यादा बारिश रिकॉर्ड की गई। बारिश से कई जिलों में लोगों को गर्मी से राहत मिली, हालांकि कुछ इलाकों में तापमान अब भी ऊंचा बना हुआ है।

    कुछ शहरों में अब भी गर्मी का असर

    खजुराहो प्रदेश का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 41.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा नौगांव में 40.5 डिग्री और ग्वालियर में 40.3 डिग्री तापमान रिकॉर्ड हुआ। वहीं भोपाल में अधिकतम तापमान 34.2 डिग्री, इंदौर में 33.2 डिग्री, उज्जैन में 35.5 डिग्री और जबलपुर में 38.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दूसरी ओर खंडवा, सिवनी, बैतूल, खरगोन, पचमढ़ी, धार, छिंदवाड़ा और गुना में तापमान अपेक्षाकृत कम रहा।

  • MP के 6 जिलों में आज भारी बारिश की चेतावनी, 40 जिलों में अब भी नहीं पहुंचा मानसून

    MP के 6 जिलों में आज भारी बारिश की चेतावनी, 40 जिलों में अब भी नहीं पहुंचा मानसून


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून की रफ्तार फिलहाल थमी हुई है। प्रदेश के केवल 15 जिलों तक ही मानसून पहुंच पाया है, जबकि 40 जिलों में अब भी इसकी दस्तक का इंतजार है। इसी बीच मौसम विभाग ने सोमवार को उज्जैन, देवास, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, मंडला और बालाघाट में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में अगले 24 घंटों के दौरान चार इंच या उससे अधिक बारिश होने की संभावना है।

    इसके अलावा भोपाल, इंदौर समेत प्रदेश के अधिकांश जिलों में हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। मौसम केंद्र (IMD) ने भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, झाबुआ, अलीराजपुर, धार, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, रतलाम, आगर-मालवा, शाजापुर, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, ग्वालियर, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, सिवनी, डिंडौरी, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, मऊगंज, मैहर, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, सागर, पन्ना, दमोह, छतरपुर और टीकमगढ़ में तेज बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। वहीं, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, निवाड़ी, नीमच और मंदसौर में हल्की बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है। हालांकि इन जिलों में अभी तक मानसून नहीं पहुंचा है।

    रविवार को कई जिलों में हुई बारिश
    रविवार को प्रदेश के कई हिस्सों में आंधी और बारिश का दौर जारी रहा। मंदसौर और रतलाम में तेज बारिश दर्ज की गई, जबकि रतलाम में आधा इंच से अधिक वर्षा रिकॉर्ड हुई। इसके अलावा गुना, श्योपुर, बड़वानी, शाजापुर, सीहोर, उज्जैन और छतरपुर सहित कई जिलों में भी बारिश हुई।

    मानसून की रफ्तार थमी, 40 जिले अब भी इंतजार में
    मौसम विभाग के अनुसार 24 जून को मध्य प्रदेश में मानसून ने प्रवेश किया था। इसके बाद अलीराजपुर, इंदौर, धार, हरदा, बैतूल, खंडवा, बुरहानपुर, खरगोन, बड़वानी, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, मंडला और डिंडौरी सहित 15 जिलों में इसकी आधिकारिक दस्तक दर्ज की गई। इसके बाद मानसून आगे नहीं बढ़ सका और एक ही स्थान पर ठहर गया है। प्रदेश में जून महीने के दौरान अब तक सामान्य से 38 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है।

    नौगांव सबसे गर्म, खंडवा सबसे ठंडा
    बारिश के असर से प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई। पांच प्रमुख शहरों में उज्जैन का अधिकतम तापमान सबसे कम 33.5 डिग्री सेल्सियस रहा। इंदौर में 33.8 डिग्री, भोपाल में 34.6 डिग्री, जबलपुर में 38.3 डिग्री और ग्वालियर में 40.2 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।

    प्रदेश में सबसे कम अधिकतम तापमान खंडवा में 30.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा खरगोन में 30.8 डिग्री, छिंदवाड़ा में 32.1 डिग्री, पचमढ़ी में 32.6 डिग्री, रतलाम में 33.2 डिग्री, सिवनी में 33.4 डिग्री, रायसेन में 33.6 डिग्री, बैतूल में 34 डिग्री और धार में 34.4 डिग्री सेल्सियस तापमान रहा। वहीं, नौगांव सबसे गर्म रहा, जहां अधिकतम तापमान 40.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

    गर्मी का असर अब भी बरकरार
    मानसून की धीमी रफ्तार के कारण प्रदेश के कई हिस्सों में उमस और गर्मी बनी हुई है। विशेष रूप से ग्वालियर-चंबल, सागर और रीवा संभाग के जिलों में दिन और रात दोनों समय तापमान में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। मौसम विभाग का कहना है कि अगले कुछ दिनों में मानसून की गतिविधियां तेज होने पर प्रदेश के शेष हिस्सों में भी इसकी प्रगति हो सकती है।

  • एमपी के 45 जिलों में आज आंधी-बारिश का अलर्ट, 3-4 दिन में मानसून आगे बढ़ने के आसार

    एमपी के 45 जिलों में आज आंधी-बारिश का अलर्ट, 3-4 दिन में मानसून आगे बढ़ने के आसार


    भोपाल। मध्य प्रदेश में अगले तीन से चार दिनों के भीतर मानसून के आगे बढ़ने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार, फिलहाल मानसून 15 जिलों तक पहुंचने के बाद ठहर गया है। हालांकि, इसके बावजूद प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में आंधी और बारिश का सिलसिला जारी रहने के आसार हैं। रविवार को भोपाल समेत 45 जिलों में तेज हवा और बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।

    मौसम विभाग के अनुसार भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, झाबुआ, अलीराजपुर, धार, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, उज्जैन, नीमच, मंदसौर, रतलाम, आगर-मालवा, शाजापुर, देवास, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, मऊगंज, मैहर, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, सागर, पन्ना, दमोह और छतरपुर में आंधी और बारिश की संभावना है।

    वहीं, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, निवाड़ी और टीकमगढ़ में हल्की बारिश के आसार हैं। इन जिलों में दिन के समय धूप रहने की संभावना है, लेकिन शाम के बाद मौसम का मिजाज बदल सकता है।

    ग्वालियर-चंबल में अब भी गर्मी का असर

    ग्वालियर-चंबल संभाग सहित प्रदेश के कई हिस्सों में मानसून अभी तक नहीं पहुंचा है। इसके चलते यहां गर्मी का असर बना हुआ है। ग्वालियर में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार दर्ज किया गया है।

    भोपाल समेत कई जिलों में बारिश का असर

    शनिवार रात राजधानी भोपाल में गरज-चमक के साथ बारिश हुई, जिससे कई इलाकों में बिजली आपूर्ति प्रभावित रही। उधर, शिवपुरी में मानसून की पहली तेज बारिश और आंधी ने व्यापक नुकसान पहुंचाया। तेज हवाओं के कारण कई स्थानों पर पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ गए। रतलाम में भारी बारिश से सड़कें और अंडरब्रिज जलमग्न हो गए, जबकि झाबुआ में भी कई इलाकों में जोरदार बारिश दर्ज की गई। विदिशा में दिनभर की उमस और गर्मी के बाद शाम को गरज-चमक के साथ बारिश होने से लोगों को राहत मिली।

    सामान्य से अब भी 41 फीसदी कम बारिश

    प्रदेश में पिछले चार दिनों से लगातार बारिश का दौर जारी है। कई जिलों में चार इंच से अधिक वर्षा रिकॉर्ड की गई है, जिससे प्रदेश के कुल वर्षा आंकड़ों में सुधार हुआ है। 1 जून से अब तक प्रदेश में औसतन 107.3 मिमी (4.2 इंच) बारिश होनी चाहिए थी, जबकि अब तक 63.5 मिमी (2.5 इंच) वर्षा दर्ज की गई है, जो सामान्य से 41 प्रतिशत कम है।

    हालांकि, 24 जून तक बारिश की कमी 50 प्रतिशत थी, जिसमें अब 9 प्रतिशत का सुधार हुआ है। प्रदेश के पूर्वी हिस्से में औसत से 67 प्रतिशत कम बारिश हुई है, जबकि पश्चिमी हिस्से में वर्षा की कमी घटकर 16 प्रतिशत रह गई है।

  • एमपी में चार दिन तक लू और उमस का कहर, 25 जून के बाद मानसून की दस्तक के संकेत

    एमपी में चार दिन तक लू और उमस का कहर, 25 जून के बाद मानसून की दस्तक के संकेत


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मौसम के तेवर फिलहाल राहत देने वाले नहीं हैं। प्रदेश में 26 जून तक लू, उमस भरी गर्मी और कहीं-कहीं आंधी-बारिश का मिला-जुला असर देखने को मिलेगा। मानसून की एंट्री में देरी और प्री-मानसून गतिविधियों के कमजोर पड़ने से गर्मी का प्रभाव बढ़ गया है। पिछले दो दिनों से जबलपुर संभाग के कई इलाकों में हीटवेव का असर भी महसूस किया जा रहा है।

    मौसम विभाग के भोपाल केंद्र ने जबलपुर, रीवा और सागर संभाग के जिलों के लिए अगले चार दिनों तक हीटवेव का अलर्ट जारी किया है। सोमवार को नरसिंहपुर, जबलपुर, मंडला, उमरिया और डिंडौरी में दिन के समय गर्म हवाएं चलने की संभावना है। हालांकि शाम के बाद कुछ क्षेत्रों में आंधी और बारिश हो सकती है।

    इसके अलावा ग्वालियर, भिंड, मुरैना, दतिया, श्योपुर, गुना, नीमच, मंदसौर, रतलाम, आगर-मालवा, राजगढ़, भोपाल, रायसेन, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन, देवास, सीहोर, इंदौर, उज्जैन, शाजापुर, छिंदवाड़ा, सिवनी और बालाघाट में भी गर्मी का असर बना रहने का अनुमान है।


    21 से ज्यादा जिलों में आंधी-बारिश की संभावना

    हीटवेव और गर्मी के बीच प्रदेश के 21 से अधिक जिलों में आंधी और बारिश का दौर भी जारी रह सकता है। झाबुआ, अलीराजपुर, धार, बड़वानी, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, शहडोल, मैहर, अनूपपुर, कटनी, दमोह, सागर, विदिशा और अशोकनगर में तेज आंधी चलने का अलर्ट जारी किया गया है।

    रायसेन में सबसे ज्यादा बारिश
    रविवार को प्रदेश के कई हिस्सों में तेज आंधी और बारिश दर्ज की गई। रायसेन में 61 मिमी यानी करीब ढाई इंच बारिश हुई। भोपाल में दोपहर के समय जोरदार बारिश हुई, जबकि सतना में लगभग पौन इंच पानी गिरा। जबलपुर, खजुराहो, नौगांव और सिवनी में भी बारिश का सिलसिला बना रहा।

    तापमान में आई गिरावट
    बारिश के असर से रविवार को अधिकतम तापमान में कुछ कमी दर्ज की गई। भोपाल में तापमान 35.3 डिग्री सेल्सियस, इंदौर में 37.1 डिग्री, ग्वालियर में 39.7 डिग्री, उज्जैन में 36 डिग्री और जबलपुर में 38 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। प्रदेश के हिल स्टेशन पचमढ़ी में सबसे कम 32.2 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज हुआ। वहीं सिवनी और शिवपुरी में 35 डिग्री, रायसेन में 36 डिग्री तथा सागर और टीकमगढ़ में 36.5 डिग्री सेल्सियस तापमान रहा। दतिया प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा, जहां पारा 40.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।

    मानसून की दस्तक में अभी और इंतजार

    मध्य प्रदेश में मानसून निर्धारित समय से करीब सात दिन देरी से चल रहा है। मौसम विभाग के अनुसार मानसून को प्रदेश में प्रवेश करने में अभी लगभग चार दिन और लग सकते हैं। अनुमान है कि 25 जून के बाद मानसून प्रदेश में दस्तक देगा। वहीं 23 जून तक इसके छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र की ओर आगे बढ़ने की संभावना है।

  • आज का मौसम: गर्मी के बीच राहत की उम्मीद, शाम को बदल सकता है मौसम का मिजाज

    आज का मौसम: गर्मी के बीच राहत की उम्मीद, शाम को बदल सकता है मौसम का मिजाज


    मध्यप्रदेश । मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल सहित प्रदेश के कई जिलों में आज मौसम मिला-जुला रहने का अनुमान है। सुबह से ही तेज धूप और बढ़ती गर्मी लोगों को परेशान कर सकती है, जबकि दोपहर के बाद मौसम करवट ले सकता है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार प्री-मानसून गतिविधियां सक्रिय होने लगी हैं, जिसके चलते कई क्षेत्रों में बादलों की आवाजाही बढ़ेगी और कहीं-कहीं हल्की बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।

    बीते दिनों भोपाल में हुई छिटपुट बारिश ने लोगों को भीषण गर्मी से राहत दी थी। सोमवार को दिनभर गर्म और उमसभरा मौसम रहने के बाद शाम को हुई बारिश ने तापमान में गिरावट दर्ज कराई। मौसम विभाग का मानना है कि ऐसी परिस्थितियां आज भी देखने को मिल सकती हैं।

    आज दिन का अधिकतम तापमान 37 से 39 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है, जबकि न्यूनतम तापमान 25 से 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। सुबह के समय मौसम अपेक्षाकृत साफ रहेगा, लेकिन दोपहर बाद बादलों का असर बढ़ सकता है।

    प्री-मानसून गतिविधियों के कारण वातावरण में नमी बढ़ रही है, जिससे उमस महसूस होगी। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि अगले कुछ दिनों में मानसून की प्रगति के साथ प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां और तेज हो सकती हैं। फिलहाल लोगों को गर्मी और उमस के बीच राहत के लिए शाम के मौसम का इंतजार करना पड़ सकता है।

    विशेषज्ञों ने लोगों को सलाह दी है कि दोपहर के समय तेज धूप में निकलने से बचें, पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें और मौसम में अचानक बदलाव की स्थिति में सतर्क रहें। गरज-चमक की संभावना वाले क्षेत्रों में खुले स्थानों पर खड़े होने से बचना चाहिए।

    कुल मिलाकर आज का दिन गर्मी और उमस के साथ शुरू होगा, लेकिन शाम होते-होते बादल और हल्की बारिश मौसम को सुहावना बना सकते हैं। ऐसे में किसानों से लेकर आम नागरिकों तक सभी की नजरें आसमान पर टिकी रहेंगी, क्योंकि मानसून की दस्तक अब ज्यादा दूर नहीं दिख रही है।

  • आसमान से बरस रही आग: कई राज्यों में भीषण गर्मी का प्रकोप, लू से बेहाल लोग, मानसून बनने लगा उम्मीद

    आसमान से बरस रही आग: कई राज्यों में भीषण गर्मी का प्रकोप, लू से बेहाल लोग, मानसून बनने लगा उम्मीद

    नई दिल्ली। देशभर में गर्मी का असर अब अपने सबसे खतरनाक दौर में पहुंचता दिखाई दे रहा है। उत्तर से लेकर मध्य भारत तक कई राज्यों में तापमान तेजी से बढ़ रहा है और लोगों को भीषण गर्मी के साथ लू की मार झेलनी पड़ रही है। मई के अंतिम दिनों में मौसम की यह स्थिति आम जनजीवन पर गंभीर असर डाल रही है। कई शहरों की सड़कें दोपहर के समय सूनी नजर आने लगी हैं, जबकि तेज धूप और गर्म हवाओं ने लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। लगातार बढ़ती गर्मी ने लोगों को घरों के भीतर रहने पर मजबूर कर दिया है।

    महाराष्ट्र के ब्रह्मपुरी इलाके ने इस बार गर्मी के सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। यहां अधिकतम तापमान 47.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो देश में सबसे अधिक रहा। इसके अलावा उत्तर प्रदेश, हरियाणा और कई अन्य राज्यों में तापमान 45 से 47 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है। देश के अधिकांश हिस्सों में तापमान सामान्य स्तर से काफी ऊपर पहुंच चुका है। गर्म हवाओं और तेज धूप ने हालात को और अधिक गंभीर बना दिया है। दोपहर के समय लोगों को घर से बाहर निकलने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

    मध्य भारत के कई हिस्सों में आने वाले दिनों में भी राहत मिलने की संभावना कम दिखाई दे रही है। उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और विदर्भ क्षेत्र के कई इलाकों में लू की स्थिति अभी कुछ दिन और बनी रह सकती है। इसके अलावा पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और राजस्थान जैसे राज्यों में भी तेज गर्म हवाएं चलने की आशंका बनी हुई है। कुछ स्थानों पर भीषण लू जैसी परिस्थितियां बनने की संभावना भी जताई जा रही है। लगातार बढ़ती गर्मी ने स्वास्थ्य संबंधी चिंताओं को भी बढ़ा दिया है। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मौसम में बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है।

    पूर्वी भारत के कई हिस्सों में भी गर्मी लोगों की परीक्षा ले रही है। बिहार, झारखंड, ओडिशा और छत्तीसगढ़ के कुछ क्षेत्रों में गर्म हवाओं का असर देखने को मिल सकता है। वहीं तटीय इलाकों में गर्मी के साथ उमस लोगों की परेशानी को दोगुना कर सकती है। ऐसे हालात में लोगों को पर्याप्त पानी पीने और तेज धूप से बचने की सलाह दी जा रही है।

    हालांकि इस भीषण गर्मी के बीच लोगों के लिए राहत की उम्मीद अब मानसून से जुड़ी हुई है। दक्षिण-पश्चिम मानसून धीरे-धीरे आगे बढ़ रहा है और इसके केरल पहुंचने की संभावना अगले कुछ दिनों में जताई जा रही है। यदि मानसून तय समय के आसपास सक्रिय होता है तो देश के कई हिस्सों को तेज गर्मी से राहत मिल सकती है। इसके साथ ही दक्षिण भारत और पूर्वोत्तर क्षेत्रों में कुछ स्थानों पर भारी बारिश की स्थिति बनने की संभावना भी बनी हुई है।

    फिलहाल देश के करोड़ों लोगों की निगाहें अब आसमान पर टिकी हुई हैं। एक ओर जहां गर्मी अपने चरम पर है, वहीं दूसरी ओर मानसून की पहली बारिश राहत की सबसे बड़ी उम्मीद बनती जा रही है। आने वाले कुछ दिन मौसम के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं।