डॉ. यादव ने आगे कहा कि गुरु तेग बहादुर जी का शौर्य और धर्म की रक्षा के लिए उनका अटूट समर्पण हमेशा हमें प्रेरित करता रहेगा। उनके द्वारा मानवता के कल्याण के लिए दिखाया गया मार्ग आज भी प्रत्येक नागरिक और समाज के लिए मार्गदर्शक है।
मुख्यमंत्री ने जनता से आह्वान किया कि उनके जीवन के सिद्धांतों और आदर्शों को अपनाते हुए समाज में सहिष्णुता, करुणा और धर्म की रक्षा के मूल्यों को बनाए रखना आवश्यक है। उन्होंने यह भी कहा कि गुरु तेग बहादुर जी का संदेश केवल धार्मिक दृष्टि से ही नहीं, बल्कि सामाजिक और नैतिक दृष्टि से भी आज के समय में प्रासंगिक है।
इस अवसर पर अधिकारियों और नागरिकों ने भी गुरु तेग बहादुर जी के प्रति अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके आदर्शों का सम्मान किया। कार्यक्रम के दौरान उनके जीवन और शिक्षाओं पर प्रकाश डाला गया, जिससे लोगों में उनके संदेश की महत्ता को समझने और अपनाने की भावना जगी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के इस पुण्य स्मरण ने सिख समुदाय और पूरे समाज में गुरु तेग बहादुर जी के आदर्शों को याद दिलाने का कार्य किया। उनके जीवन का संदेश, जो धर्म की रक्षा, मानवता की सेवा और करुणा पर आधारित है, आने वाली पीढ़ियों के लिए मार्गदर्शन का स्रोत बनेगा।
