अनुशासनहीनता की हद: स्कूल प्रबंधन सोया रहा, 8 फीट की बाउंड्री फांदकर स्कूल से बंक मारती नजर आईं छात्राएं


सतना । मध्य प्रदेश के सतना जिले के शासकीय कन्या हायर सेकंडरी स्कूल नागौद में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहां की छात्राएं स्कूल की 8 फीट ऊंची बाउंड्री फांदकर बाहर जा रही थीं, लेकिन स्कूल प्रबंधन को इसकी भनक तक नहीं लगी। यह मामला तब सुर्खियों में आया, जब बाउंड्री फांदते हुए छात्राओं का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। विडंबना यह है कि विद्यालय के पीछे से बाउंड्री लांघकर छात्राएं मुख्य सड़क पर कूद रही थीं, जहां दिनभर वाहनों की आवाजाही होती रहती है। इस स्थिति में किसी भी वक्त बड़ा हादसा हो सकता था। वीडियो में छात्राएं बाउंड्री फांदते समय गिरती भी नजर आ रही हैं, जिससे यह सवाल उठता है कि अगर कोई गंभीर दुर्घटना हो जाती, तो इसकी जिम्मेदारी किसकी होती

स्थानीय लोगों और अभिभावकों का कहना है कि यह मामला छात्राओं की सुरक्षा से जुड़ा हुआ है, और स्कूल प्रशासन की लापरवाही बेहद चिंताजनक है। स्कूल समय के दौरान छात्राओं का इस तरह बाउंड्री फांदकर बाहर जाना न केवल अनुशासनहीनता का प्रतीक है, बल्कि उनकी जान को भी खतरे में डालने वाला है। जैसे ही यह वीडियो मीडिया में आया, जिला शिक्षा अधिकारी कंचन श्रीवास्तव ने इस पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, “हमने इस घटना के बारे में जानकारी प्राप्त की है। हम प्राचार्य से चर्चा करेंगे और इस मामले में उचित प्रबंध कराने के लिए निर्देश देंगे।

स्कूल की प्राचार्य, विनीता श्रीवास्तव ने इस पर सफाई देते हुए कहा, मुख्य गेट पर ताला लगा हुआ था और अंदर प्री-बोर्ड परीक्षाएं चल रही थीं। अब हमें इस घटना की जानकारी मिली है और इसके लिए उचित प्रबंध किए जाएंगे। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं हो पाया कि जब गेट पर ताला लगा था, तो स्कूल प्रबंधन ने छात्राओं के बाहर जाने पर नजर क्यों नहीं रखी। यह मामला विद्यालय प्रबंधन की घोर लापरवाही को उजागर करता है, जो छात्रों की सुरक्षा और अनुशासन की जिम्मेदारी लेने में नाकाम रहा। अगर भविष्य में कोई दुर्घटना होती है, तो यह बड़ा सवाल बनकर खड़ा हो जाएगा कि इसके लिए जिम्मेदार कौन होगा।