वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि बाइक पर पीछे बैठा बच्चा सीट पर खड़ा है और संतुलन बनाते हुए खतरनाक करतब दिखा रहा है, जबकि बाइक चालक पूरी तरह बेफिक्र होकर वाहन चला रहा है। सड़क पर अन्य वाहन भी चल रहे हैं और जरा सी चूक किसी बड़े हादसे में बदल सकती थी। यह दृश्य न सिर्फ डराने वाला है, बल्कि यह सड़क सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
यह मामला मोटर व्हीकल एक्ट के तहत गंभीर अपराध की श्रेणी में आता है। नाबालिग को इस तरह खुलेआम स्टंट करने देना उसकी जान से खिलवाड़ है, साथ ही यह अन्य वाहन चालकों और राहगीरों की सुरक्षा के लिए भी खतरा बन सकता है। नियमों के अनुसार, दोपहिया वाहन पर इस तरह का स्टंट और नाबालिग की सुरक्षा से समझौता करना दोनों ही दंडनीय अपराध हैं।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होते ही लोगों में आक्रोश देखने को मिल रहा है। कई यूजर्स ने ट्रैफिक पुलिस से तत्काल कार्रवाई की मांग की है। लोगों का कहना है कि सिर्फ चालान काटना ही काफी नहीं, बल्कि ऐसे मामलों में सख्त कानूनी कदम उठाने चाहिए, ताकि भविष्य में कोई भी इस तरह की लापरवाही न करे।
गौरतलब है कि भोपाल में पिछले कुछ समय से इस तरह के स्टंट के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। कुछ दिन पहले वीआईपी रोड पर एक बाइक पर सात लोग सवार होकर स्टंट करते पाए गए थे। इसके बावजूद ऐसे मामलों पर प्रभावी रोक नहीं लग पा रही है।
अब सवाल यह उठता है कि क्या ट्रैफिक पुलिस इस वायरल वीडियो के आधार पर वाहन चालक की पहचान कर पाएगी और क्या नाबालिग को खतरे में डालने के लिए जिम्मेदार व्यक्ति पर सख्त कार्रवाई होगी। राजधानी की सड़कों को सुरक्षित बनाने के लिए प्रशासन को अब सख्त कदम उठाने की जरूरत है, ताकि ऐसे जानलेवा स्टंट पर पूरी तरह लगाम लगाई जा सके।
