दरअसल हमारे सिर की त्वचा प्राकृतिक रूप से एक तेल बनाती है जिसे सीबम कहा जाता है। यह तेल बालों को पोषण देता है और उन्हें सूखने से बचाकर उनकी प्राकृतिक चमक बनाए रखता है। लेकिन गर्मियों में अत्यधिक पसीना आने के कारण यह तेल धूल और गंदगी के साथ मिलकर सिर में चिपचिपाहट पैदा कर देता है। यदि लंबे समय तक बाल साफ नहीं किए जाएं तो इससे खुजली डैंड्रफ और बाल झड़ने जैसी समस्याएं बढ़ सकती हैं
हालांकि इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि रोजाना शैंपू करना जरूरी है। विशेषज्ञों के अनुसार बार बार शैंपू करने से सिर की त्वचा का प्राकृतिक तेल कम हो जाता है जिससे बाल कमजोर और रूखे हो सकते हैं। इसलिए बाल धोने की सही आवृत्ति हर व्यक्ति के बालों की प्रकृति पर निर्भर करती है
जिन लोगों के बाल तैलीय यानी ऑयली होते हैं उन्हें सप्ताह में लगभग तीन बार बाल धोने की सलाह दी जाती है ताकि अतिरिक्त तेल और गंदगी साफ हो सके। वहीं जिन लोगों के बाल सूखे या घुंघराले होते हैं उनके लिए सप्ताह में एक या दो बार शैंपू करना पर्याप्त होता है। घुंघराले बालों में प्राकृतिक तेल नीचे तक आसानी से नहीं पहुंच पाता जिससे वे जल्दी सूख जाते हैं जबकि सीधे और पतले बाल जल्दी ऑयली नजर आते हैं
बाल धोने का तरीका भी उतना ही महत्वपूर्ण है जितना कि उन्हें धोने की आवृत्ति। बहुत ज्यादा गर्म पानी से बाल धोना नुकसानदायक हो सकता है क्योंकि इससे बालों की नमी खत्म हो जाती है और वे बेजान दिखने लगते हैं। हमेशा हल्के गुनगुने पानी का इस्तेमाल करना बेहतर होता है
शैंपू लगाने का सही तरीका यह है कि पहले उसे हथेली पर लेकर हल्का झाग बना लें और फिर धीरे धीरे सिर की त्वचा पर लगाएं। बालों को जोर से रगड़ने से बचना चाहिए क्योंकि इससे बाल टूट सकते हैं। इसके बाद साफ पानी से बालों को अच्छी तरह धोना जरूरी है ताकि कोई केमिकल अवशेष न रह जाए
शैंपू के बाद कंडीशनर का इस्तेमाल भी बालों के लिए बेहद फायदेमंद होता है। यह बालों को मुलायम बनाता है और उन्हें टूटने से बचाता है। खासकर लंबे और सूखे बालों वाले लोगों के लिए कंडीशनर बेहद जरूरी माना जाता है
अंत में यह समझना जरूरी है कि हर व्यक्ति के बाल अलग होते हैं इसलिए एक ही नियम सभी पर लागू नहीं होता। सही जानकारी और संतुलित देखभाल से ही आप गर्मियों में भी अपने बालों को स्वस्थ मजबूत और चमकदार बनाए रख सकते हैं
