मध्य प्रदेश में मौसम का बड़ा अलर्ट, 5 जिलों में अति भारी बारिश का खतरा; 25 जिलों में ढाई इंच से ज्यादा पानी गिरने के आसार MP में आज बारिश का बड़ा अलर्ट


भोपाल । मध्य प्रदेश में मानसून एक बार फिर पूरी तरह सक्रिय नजर आ रहा है। मंगलवार को प्रदेश के बड़े हिस्से में तेज बारिश की चेतावनी जारी की गई है। मौसम केंद्र भोपाल के अनुसार टीकमगढ़ दमोह नरसिंहपुर बैतूल और राजगढ़ में अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इन जिलों में कुछ स्थानों पर बहुत तेज बारिश होने की आशंका है। इसके अलावा गुना आगर मालवा शाजापुर सीहोर हरदा सागर रायसेन नर्मदापुरम छिंदवाड़ा पांढुर्णा सिवनी बालाघाट मंडला जबलपुर कटनी शहडोल छतरपुर पन्ना सीधी और सिंगरौली में भी भारी बारिश की चेतावनी है। मौसम विभाग के अनुमान के मुताबिक इन 25 जिलों में ढाई इंच से ज्यादा बारिश हो सकती है।

प्रदेश के बाकी हिस्सों में भी बारिश का दौर थमता नजर नहीं आ रहा है। भोपाल विदिशा इंदौर धार आलीराजपुर बुरहानपुर बड़वानी खंडवा खरगोन झाबुआ उज्जैन नीमच मंदसौर देवास रतलाम ग्वालियर शिवपुरी दतिया अशोकनगर मुरैना भिंड श्योपुर डिंडौरी रीवा सतना मऊगंज मैहर उमरिया अनूपपुर और निवाड़ी में कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश होने की संभावना है। यानी प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में बादल सक्रिय रहेंगे और लोगों को बारिश से राहत मिलने के बजाय अगले कुछ दिनों तक मौसम का असर देखने को मिल सकता है।

इससे पहले सोमवार को भी भोपाल समेत कई जिलों में तेज बारिश हुई। भोपाल में सुबह से ही बादल छाए रहे और दोपहर बाद बारिश का सिलसिला शुरू हो गया जो रात तक चलता रहा। शहर के कई इलाकों में बारिश के कारण यातायात प्रभावित हुआ। भोपाल रेलवे स्टेशन पर भी भारी बारिश का असर दिखाई दिया और प्लेटफॉर्म के शेड से पानी तेज धार के रूप में गिरता नजर आया। वहीं विदिशा में तेज बारिश के बाद बाजार की सड़कों पर पानी भर गया जिससे दुकानदारों और राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ा। रायसेन और शाजापुर समेत अन्य जिलों में भी बारिश का असर देखने को मिला।

बीते 24 घंटे के आंकड़ों पर नजर डालें तो नर्मदापुरम में औसतन 3.7 इंच बारिश दर्ज की गई। शिवपुरी के करेरा में 5.4 इंच बारिश हुई जबकि निवाड़ी के ओरछा में 3.3 इंच और सागर के रहली में करीब 3 इंच पानी गिरा। भोपाल के कोलार इलाके में 3.2 इंच नवीबाग में 3.1 इंच और भोपाल शहर में करीब 3 इंच बारिश दर्ज की गई।

शहडोल में भी बारिश के बाद बाणसागर डैम के तीन गेट आधा आधा मीटर खोले गए हैं। लगातार बारिश और बांधों में बढ़ते जलस्तर को देखते हुए निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। नदी नालों और जलभराव वाले रास्तों से दूरी बनाए रखना भी जरूरी होगा।

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार प्रदेश में लो प्रेशर एरिया यानी निम्न दाब क्षेत्र और ट्रफ की सक्रियता बनी हुई है। यही सिस्टम बारिश को लगातार मजबूती दे रहा है। इसके चलते अगले तीन दिनों तक कई जिलों में भारी बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है।

हालांकि प्रदेश में बारिश का वितरण समान नहीं है। पूर्वी मध्य प्रदेश के जबलपुर रीवा सागर और शहडोल संभाग में कई जिलों में सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई है। करीब 40 जिलों में बारिश सामान्य से 6 से 51 प्रतिशत तक कम बताई गई है। दूसरी ओर अनूपपुर डिंडौरी निवाड़ी सतना शहडोल सीधी सिंगरौली उमरिया भिंड भोपाल बुरहानपुर गुना ग्वालियर खरगोन और राजगढ़ में औसत से ज्यादा बारिश दर्ज की गई है।

ऐसे में मंगलवार की बारिश कई जिलों के लिए राहत लेकर आ सकती है लेकिन जिन इलाकों में पहले से जलभराव है वहां परेशानी बढ़ने की आशंका भी है। प्रशासन और स्थानीय लोगों को मौसम विभाग के अलर्ट पर नजर रखते हुए जरूरी सावधानी बरतनी होगी।