Author: bharati

  • एमपी एसटीएफ का बड़ा प्रहार: इंदौर में पकड़ी गईं 5 अत्याधुनिक पिस्तौलें, खरगोन के दो तस्कर गिरफ्तार

    एमपी एसटीएफ का बड़ा प्रहार: इंदौर में पकड़ी गईं 5 अत्याधुनिक पिस्तौलें, खरगोन के दो तस्कर गिरफ्तार


    भोपाल/इंदौर। मध्यप्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स ने अवैध हथियारों के काले कारोबार के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। शनिवार, 24 जनवरी को एसटीएफ इंदौर की दो विशेष टीमों ने एक संयुक्त ऑपरेशन चलाकर 5 अत्याधुनिक पिस्तौलें और मैगजीन जब्त की हैं। इस मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को रंगे हाथ गिरफ्तार किया है, जो अवैध हथियारों की बड़ी खेप खपाने की फिराक में थे।

    यह पूरी कार्रवाई एसटीएफ इंदौर के उप पुलिस अधीक्षक श्री राजेश सिंह चौहान के कुशल निर्देशन में अंजाम दी गई। एसटीएफ को मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली थी कि अवैध शस्त्रों की तस्करी से जुड़े कुछ लोग शहर में सक्रिय हैं। सूचना की गंभीरता को देखते हुए दो विशेष टीमों का गठन किया गया और संदिग्धों की घेराबंदी शुरू की गई।

    एसटीएफ की सर्जिकल स्ट्राइक

    एसटीएफ की टीमों ने बताए गए स्थान पर जाल बिछाया और दो संदिग्धों को रोककर उनकी तलाशी ली। तलाशी के दौरान उनके पास से 5 अत्याधुनिक पिस्तौलें मई मैगजीन बरामद हुईं।आरोपियों की पहचान: पकड़े गए दोनों आरोपी ग्राम बोराड़िया, थाना भिकनगांव जिला खरगोन के रहने वाले हैं। अवैध व्यापार जब आरोपियों से हथियारों के संबंध में दस्तावेज मांगे गए, तो वे कोई भी वैध लाइसेंस पेश नहीं कर सके। खरगोन का यह क्षेत्र अवैध हथियार निर्माण के लिए कुख्यात रहा है, ऐसे में एसटीएफ अब इनके पूरे नेटवर्क को खंगाल रही है।

    टीम में शामिल जांबाज अधिकारी

    प्रथम टीम इंस्पेक्टर रमेश चौहान, प्रधान आरक्षक भूपेन्द्र गुप्ता और आरक्षक विवेक द्विवेदी।द्वितीय टीम प्रधान आरक्षक आदर्श दीक्षित, आरक्षक देवराज बघेल और आरक्षक देवेन्द्र सिंह।

    जांच के दायरे में सप्लाई नेटवर्क

    एसटीएफ अब इस बात की गहन जांच कर रही है कि ये अत्याधुनिक हथियार किसे सप्लाई किए जाने थे। पुलिस को अंदेशा है कि इन हथियारों का इस्तेमाल किसी बड़ी आपराधिक घटना को अंजाम देने के लिए किया जा सकता था। आरोपियों से पूछताछ में उनके अंतरराज्यीय नेटवर्क और अन्य साथियों के बारे में महत्वपूर्ण सुराग मिलने की उम्मीद है। गणतंत्र दिवस 26 जनवरी से ठीक पहले हुई इस कार्रवाई को सुरक्षा की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

  • उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस: मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीं शुभकामनाएं, राष्ट्र निर्माण में UP के योगदान को सराहा

    उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस: मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीं शुभकामनाएं, राष्ट्र निर्माण में UP के योगदान को सराहा

    भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार 24 जनवरी को उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस के अवसर पर उत्तर प्रदेश के समस्त नागरिकों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं प्रेषित की हैं। मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश को भारतीय संस्कृति का केंद्र बताते हुए राष्ट्र के सर्वांगीण विकास में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित किया मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अपने संदेश में कहा कि उत्तर प्रदेश केवल एक राज्य नहीं, बल्कि हमारी गौरवशाली परंपराओं, आध्यात्मिक चेतना और ऐतिहासिक विरासत का संगम है। उन्होंने कहा: भारतीय संस्कृति महान परंपराओं और राष्ट्र निर्माण के महायज्ञ में उत्तर प्रदेश का योगदान अतुलनीय और प्रेरणादायी है। प्रभु श्री राम और श्री कृष्ण की यह पावन धरा आज प्रगति के नए आयाम स्थापित कर रही है।

    विकास और सुशासन की कामना

    मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश के निरंतर उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए विश्वास जताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में राज्य सफलता के नए शिखर छुएगा। उन्होंने आगे कहा सांस्कृतिक एकता मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के बीच गहरे सांस्कृतिक और ऐतिहासिक संबंध हैं। दोनों राज्य मिलकर एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ की परिकल्पना को साकार कर रहे हैं। समृद्धि का पथ डॉ. यादव ने कामना की कि गौरवशाली उत्तर प्रदेश विकास, समृद्धि और सुशासन के पथ पर इसी तरह निरंतर अग्रसर बना रहे और देश की अर्थव्यवस्था में अपना बहुमूल्य योगदान देता रहे।

    क्यों मनाया जाता है UP दिवस

    गौरतलब है कि 24 जनवरी 1950 को ही तत्कालीन यूनाइटेड प्रोविंस का नाम बदलकर ‘उत्तर प्रदेश’ किया गया था। साल 2018 से प्रतिवर्ष इस दिन को स्थापना दिवस के रूप में बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की यह बधाई दोनों पड़ोसी राज्यों के बीच सौहार्द और परस्पर सहयोग की भावना को और प्रगाढ़ करती है।

  • नीतीश के सामने ललन ने निशांत से कहा ‘अब मान जाइए’, पॉलिटिकल डेब्यू की अटकलों से फिर गरमाई बिहार की सियासत

    नीतीश के सामने ललन ने निशांत से कहा ‘अब मान जाइए’, पॉलिटिकल डेब्यू की अटकलों से फिर गरमाई बिहार की सियासत


    नई दिल्ली। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार की राजनीति में एंट्री को लेकर चल रही चर्चाएं एक बार फिर तेज हो गई हैं। सरस्वती पूजा के मौके पर सामने आए एक वीडियो ने बिहार की सियासत में नई हलचल पैदा कर दी है। वीडियो में केंद्रीय मंत्री और जदयू नेता ललन सिंह नीतीश कुमार की मौजूदगी में निशांत कुमार से कहते नजर आ रहे हैं
    “अब बोल दीजिए कि मान जाएंगे, आज बोल ही दीजिए।” इस एक लाइन ने निशांत के राजनीतिक भविष्य को लेकर अटकलों को और हवा दे दी है।

    दरअसल, शुक्रवार को पटना में एक पूजा स्थल पर नीतीश कुमार दर्शन के लिए पहुंचे थे, जहां निशांत कुमार पहले से मौजूद थे। उसी दौरान ललन सिंह, विजय चौधरी समेत एनडीए के कई वरिष्ठ नेता भी वहां मौजूद थे। बातचीत के दौरान ललन सिंह ने निशांत के कंधे पर हाथ रखकर यह बात कही। हालांकि, निशांत कुमार ने कोई जवाब नहीं दिया और मुस्कुराते हुए आगे बढ़ गए।

    नीतीश कुमार ने भी इस पूरे घटनाक्रम पर चुप्पी साधे रखी और पूजा में लीन रहे। मौके पर मौजूद लोग इस बातचीत पर मुस्कुरा दिए, लेकिन वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही राजनीतिक चर्चाओं का दौर शुरू हो गया।

    इस वीडियो के सामने आने के बाद जदयू और भाजपा दोनों दलों में बयानबाज़ी शुरू हो गई है। जदयू प्रवक्ता अभिषेक झा ने कहा कि वीडियो का संदर्भ स्पष्ट नहीं है और यह जरूरी नहीं कि बात राजनीति में आने को लेकर ही हो। वहीं प्रवक्ता मनीष यादव ने कहा कि निशांत कुमार पढ़े-लिखे और सक्षम युवा हैं, लेकिन राजनीति में आने का फैसला पूरी तरह उनका और पार्टी नेतृत्व का होगा।

    भाजपा की ओर से भी प्रतिक्रिया आई है।

    भाजपा नेता प्रभाकर मिश्रा ने कहा कि निशांत कुमार में क्षमता है और अगर वे राजनीति में आते हैं तो बिहार को उनके अनुभव का लाभ मिलेगा। उन्होंने यह भी साफ किया कि अंतिम निर्णय निशांत कुमार का ही होगा और सभी को उसका सम्मान करना चाहिए।

    गौरतलब है कि यह पहली बार नहीं है जब निशांत कुमार के राजनीतिक डेब्यू की चर्चा हुई हो।

    इससे पहले भी जदयू नेताओं और समर्थकों की ओर से पोस्टर, उपवास और नारेबाज़ी के जरिए उन्हें राजनीति में लाने की मांग उठती रही है। उपेंद्र कुशवाहा जैसे नेता भी निशांत की वकालत कर चुके हैं।

    फिलहाल, नीतीश कुमार और निशांत कुमार की खामोशी बनी हुई है, लेकिन ललन सिंह का यह बयान बिहार की राजनीति में एक बार फिर बड़े सवाल खड़े कर गया हैक्या निशांत कुमार जल्द सियासी मैदान में उतरेंगे या यह चर्चा यूं ही चलती रहेगी

  • सशक्त बेटी, समृद्ध मध्य प्रदेश: राष्ट्रीय बालिका दिवस पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बेटियों को दी शुभकामनाएं

    सशक्त बेटी, समृद्ध मध्य प्रदेश: राष्ट्रीय बालिका दिवस पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बेटियों को दी शुभकामनाएं


    भोपाल । राष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश की सभी बेटियों को हार्दिक बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। मुख्यमंत्री ने बेटियों को राष्ट्र और समाज की आधारशिला बताते हुए उनके सशक्तिकरण के प्रति अपनी सरकार की अटूट प्रतिबद्धता को दोहराया। शनिवार 24 जनवरी को जारी अपने संदेश में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि बेटियाँ केवल हमारे घरों की रौनक ही नहीं बल्कि हमारी गौरवशाली संस्कृति मानवीय संवेदनाओं और भविष्य के उज्ज्वल भारत की नींव हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि जब बेटियों को सही शिक्षा सुरक्षा और समान अवसर मिलते हैं तो वे अपनी प्रतिभा के दम पर राष्ट्र को एक नई ऊंचाई पर ले जाने का सामर्थ्य रखती हैं।

    बेटियां हमारी संस्कृति और भविष्य की आधारशिला

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बालिकाओं के आत्मविश्वास को बढ़ावा देते हुए कहा आज हमारी बेटियां शिक्षा और तकनीक से लेकर खेल के मैदान तक हर क्षेत्र में अपनी सफलता का परचम लहरा रही हैं। मैं कामना करता हूँ कि वे पूरे आत्मविश्वास के साथ अपने सपनों को साकार करें। मध्य प्रदेश सरकार हर बेटी को सशक्त, सुरक्षित और आत्मनिर्भर बनाने के लिए संकल्पित है।

    मध्य प्रदेश: बेटियों के लिए अनुकूल नीतियां

    मुख्यमंत्री ने रेखांकित किया कि राज्य सरकार लाड़ली लक्ष्मी जैसी अभिनव योजनाओं के माध्यम से बेटियों के जन्म से लेकर उनकी उच्च शिक्षा और विवाह तक सहायता सुनिश्चित कर रही है। सरकार का लक्ष्य एक ऐसा वातावरण तैयार करना है जहां हर बालिका स्वयं को सुरक्षित महसूस करे और उसे विकास के पर्याप्त अवसर मिलें। राष्ट्रीय बालिका दिवस के इस मौके पर प्रदेश भर में विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से बेटियों के अधिकारों, उनके पोषण और शिक्षा के प्रति जागरूकता फैलाने के प्रयास किए जा रहे हैं।

  • जननायक को नमन: मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भारत रत्न स्व. कर्पूरी ठाकुर की जयंती पर दी श्रद्धांजलि

    जननायक को नमन: मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भारत रत्न स्व. कर्पूरी ठाकुर की जयंती पर दी श्रद्धांजलि


    भोपाल। सामाजिक न्याय के पुरोधा और जननायक के नाम से विख्यात भारत रत्न स्वर्गीय कर्पूरी ठाकुर की जयंती के अवसर पर मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की है। मुख्यमंत्री ने कर्पूरी ठाकुर के सादगीपूर्ण जीवन और पिछड़ों के उत्थान के लिए किए गए उनके ऐतिहासिक संघर्ष को याद करते हुए उन्हें सामाजिक समानता का सच्चा प्रतीक बताया।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अपने संदेश में कहा कि स्वर्गीय कर्पूरी ठाकुर का संपूर्ण जीवन राष्ट्र निर्माण और समाज के अंतिम पंक्ति के व्यक्ति को मुख्यधारा में लाने के लिए समर्पित था। उन्होंने कहा गरीबों, शोषितों और वंचितों के कल्याण के लिए जननायक कर्पूरी ठाकुर जी द्वारा किया गया त्याग और अटूट समर्पण हम सभी के लिए एक मार्गदर्शक की तरह है। उनका सादगीपूर्ण राजनीतिक जीवन हमें सदैव निष्काम समाज सेवा की प्रेरणा देता रहेगा।

    सामाजिक न्याय के प्रणेता थे कर्पूरी ठाकुर

    स्वर्गीय कर्पूरी ठाकुर का भारतीय राजनीति में स्थान अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्हें उनकी ईमानदारी और दलितों-पिछड़ों के अधिकारों की वकालत के लिए जाना जाता है।सामाजिक समानता: मुख्यमंत्री ने रेखांकित किया कि कर्पूरी ठाकुर ने शासन व्यवस्था में समानता लाने के जो बीज बोए थे, उन्हीं पर चलते हुए आज की सरकारें वंचितों के सशक्तिकरण का कार्य कर रही हैं।

    भारत रत्न का सम्मान मुख्यमंत्री ने यह भी उल्लेख किया कि केंद्र सरकार द्वारा उन्हें भारत रत्न मरणोपरांत से सम्मानित करना, उनके संघर्षों और भारतीय लोकतंत्र के प्रति उनके योगदान का सच्चा सम्मान है। मुख्यमंत्री के इस नमन ने प्रदेश के सामाजिक और राजनीतिक क्षेत्रों में कर्पूरी ठाकुर की विरासत और उनके आदर्शों के प्रति प्रतिबद्धता को पुन दोहराया है।

     सामाजिक न्याय के पुरोधा और जननायक के नाम से विख्यात भारत रत्न स्वर्गीय कर्पूरी ठाकुर की जयंती के अवसर पर मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की है। मुख्यमंत्री ने कर्पूरी ठाकुर के सादगीपूर्ण जीवन और पिछड़ों के उत्थान के लिए किए गए उनके ऐतिहासिक संघर्ष को याद करते हुए उन्हें सामाजिक समानता का सच्चा प्रतीक बताया।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अपने संदेश में कहा कि स्वर्गीय कर्पूरी ठाकुर का संपूर्ण जीवन राष्ट्र निर्माण और समाज के अंतिम पंक्ति के व्यक्ति को मुख्यधारा में लाने के लिए समर्पित था। उन्होंने कहा गरीबों, शोषितों और वंचितों के कल्याण के लिए जननायक कर्पूरी ठाकुर जी द्वारा किया गया त्याग और अटूट समर्पण हम सभी के लिए एक मार्गदर्शक की तरह है। उनका सादगीपूर्ण राजनीतिक जीवन हमें सदैव निष्काम समाज सेवा की प्रेरणा देता रहेगा।

    सामाजिक न्याय के प्रणेता थे कर्पूरी ठाकुर

    स्वर्गीय कर्पूरी ठाकुर का भारतीय राजनीति में स्थान अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्हें उनकी ईमानदारी और दलितों-पिछड़ों के अधिकारों की वकालत के लिए जाना जाता है।सामाजिक समानता: मुख्यमंत्री ने रेखांकित किया कि कर्पूरी ठाकुर ने शासन व्यवस्था में समानता लाने के जो बीज बोए थे, उन्हीं पर चलते हुए आज की सरकारें वंचितों के सशक्तिकरण का कार्य कर रही हैं।

    भारत रत्न का सम्मान मुख्यमंत्री ने यह भी उल्लेख किया कि केंद्र सरकार द्वारा उन्हें भारत रत्न मरणोपरांत से सम्मानित करना, उनके संघर्षों और भारतीय लोकतंत्र के प्रति उनके योगदान का सच्चा सम्मान है। मुख्यमंत्री के इस नमन ने प्रदेश के सामाजिक और राजनीतिक क्षेत्रों में कर्पूरी ठाकुर की विरासत और उनके आदर्शों के प्रति प्रतिबद्धता को पुन दोहराया है।

  • MP में मौसम में आया बदलाव: हल्की बारिश और कोहरे के साथ ठंड से मिली राहत, 26 से फिर बदलेगा करवट

    MP में मौसम में आया बदलाव: हल्की बारिश और कोहरे के साथ ठंड से मिली राहत, 26 से फिर बदलेगा करवट


    भोपाल। मध्य प्रदेश में जनवरी के अंतिम दिनों में मौसम ने एक बार फिर नया रूप दिखाया है। 26 जनवरी के बाद प्रदेश में ठंड का नया चरण शुरू होने की संभावना है। उत्तर भारत में सक्रिय मजबूत पश्चिमी विक्षोभ का असर अब मध्य प्रदेश तक पहुँच रहा है।

    प्रदेश के कई हिस्सों में रात की सर्दी से राहत मिली है। दिन में बादल छाए रहे और कुछ जगहों पर हल्की बूंदाबांदी भी दर्ज की गई। शुक्रवार को ग्वालियर-चंबल क्षेत्र में बादलों और बारिश के संकेत देखे गए, जबकि शनिवार की सुबह कई जिलों में हल्का कोहरा रहा।

    मौसम विभाग ने बताया कि अगले दो दिन तक तेज ठंड की संभावना नहीं है।

    मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर पाकिस्तान के ऊपर सक्रिय निम्न दाब क्षेत्र और उससे जुड़ी ट्रफ के कारण प्रदेश में मौसम में बदलाव आया है। ग्वालियर, मुरैना, भिंड, श्योपुर, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना और सतना में शुक्रवार को बादल छाए रहे और कुछ स्थानों पर हल्की बूंदाबांदी हुई। भोपाल में दोपहर के समय बादलों की मौजूदगी के कारण तापमान में 2-3 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई।

    शनिवार को प्रदेश के कई हिस्सों में कोहरा छाया रहा। ग्वालियर, मुरैना, भिंड, श्योपुर, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर और पन्ना में हल्का से मध्यम कोहरा रहा।

    भोपाल, इंदौर और उज्जैन में भी हल्का कोहरा देखा गया।

    मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि 26 जनवरी से उत्तर-पश्चिम भारत में सक्रिय एक और पश्चिमी विक्षोभ मध्य प्रदेश को प्रभावित कर सकता है। इसके प्रभाव से ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, अशोकनगर, गुना, राजगढ़, आगर-मालवा, नीमच और मंदसौर में हल्की बारिश होने की संभावना है। तेज ठंड की संभावना नहीं है, लेकिन सुबह के समय कोहरा बना रह सकता है।

    शुक्रवार की रात न्यूनतम तापमान में वृद्धि दर्ज की गई। भोपाल और इंदौर में तापमान 17 डिग्री सेल्सियस पार कर गया, जो जनवरी में पहली बार हुआ। भोपाल में 17.4, इंदौर में 17.3, ग्वालियर में 13.5, उज्जैन में 15 और जबलपुर में 14.8 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड हुआ। वहीं, शहडोल का कल्याणपुर सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 5.3 डिग्री सेल्सियस था। शिवपुरी 8, चित्रकूट 8.4, कटनी के करौंदी 8.6, रीवा 8.4, खजुराहो 9.4 और मंडला 9.7 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।

  • उत्तर भारत में सर्दी का नया दौर: तीन दिन तक बढ़ेगी ठिठुरन, पहाड़ों में बर्फबारी जारी

    उत्तर भारत में सर्दी का नया दौर: तीन दिन तक बढ़ेगी ठिठुरन, पहाड़ों में बर्फबारी जारी


    नई दिल्ली । उत्तर भारत में सर्दियों ने फिर तेवर दिखा दिए हैं। हाल की बारिश और बर्फबारी के बाद अब शुष्क और ठंडी हवाओं ने मैदानी इलाकों में तापमान तेजी से गिराया है। दिल्ली-NCR, पंजाब, हरियाणा, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और बिहार में पहाड़ी क्षेत्रों से आ रही बर्फीली हवाओं का असर महसूस किया जा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले 72 घंटे काफी ठंडे रहेंगे।

    घने कोहरे, तेज हवाओं और गिरते तापमान के चलते जनजीवन प्रभावित हो सकता है। पिछले पश्चिमी विक्षोभ के कमजोर होने के बाद वर्षा में कमी आई है, लेकिन उत्तर-पश्चिम दिशा से 15–35 किलोमीटर प्रति घंटे की ठंडी हवाएं सर्दी को और तेज कर रही हैं। IMD के अनुसार अगले तीन दिनों में कई शहरों में न्यूनतम तापमान 3 से 5 डिग्री तक गिर सकता है। पहाड़ी इलाकों में नया सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ ठंड और कोहरे की स्थिति और गंभीर बना सकता है।

    शिमला में बर्फबारी

    हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में मंगलवार को हुई जोरदार बर्फबारी ने शहर को पूरी तरह सफेद चादर में ढक दिया। जाखू मंदिर और आसपास के इलाकों में सैलानी बर्फीले नजारों का आनंद ले रहे हैं।

    उत्तराखंड में ऑरेंज अलर्ट
    उत्तराखंड मौसम विभाग ने अगले तीन घंटों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। देहरादून, टिहरी, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ सहित कई क्षेत्रों में तेज हवाओं और मध्यम हिमपात की संभावना है। लोगों को गैर-जरूरी यात्रा से बचने की सलाह दी गई है।

    जम्मू-कश्मीर में बारिश की समस्या

    जम्मू-कश्मीर के उधमपुर जिले में लगातार बारिश से मुश्किलें बढ़ गई हैं। NH-44 पर संगूर चौक अंडरपास में जलभराव ने यातायात बाधित कर दिया है।

    ठंड क्यों तेज हुई
    IMD के अनुसार उत्तर-पश्चिम से आ रही शुष्क और ठंडी हवाएं, सब-ट्रॉपिकल वेस्टरली जेट स्ट्रीम की सक्रियता और उत्तर पाकिस्तान के ऊपर बना कम दबाव का क्षेत्र तापमान तेजी से गिराने का कारण हैं। 24 से 26 जनवरी के बीच उत्तर भारत के कई हिस्सों में न्यूनतम तापमान 3–5 डिग्री तक गिर सकता है। दिन में अधिकतम तापमान 13–17 डिग्री के बीच रहेगा, लेकिन सुबह और रात में ठंड सबसे ज्यादा महसूस होगी।

    अन्‍य राज्‍यों के हाल

    दिल्ली और आसपास के इलाकों में न्यूनतम तापमान 10–13 डिग्री तक गिर सकता है। 24–26 जनवरी के बीच हल्के से घने कोहरे की चेतावनी जारी है। 26–28 जनवरी के बीच हल्की बारिश भी हो सकती है। पूर्वी यूपी और बिहार में सुबह घना कोहरा पड़ने की संभावना है। न्यूनतम तापमान 11–15 डिग्री और अधिकतम 23–26 डिग्री के बीच रहेगा। 26–28 जनवरी के बीच हल्की बारिश हो सकती है। अमृतसर, चंडीगढ़, हिसार और श्रीगंगानगर में घना कोहरा दृश्यता कम कर सकता है। न्यूनतम तापमान 9–13 डिग्री के बीच रहेगा। जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 26 जनवरी से नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा। इससे भारी बारिश और बर्फबारी की संभावना है। तमिलनाडु, केरल, कर्नाटक, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में मौसम सामान्य बना रहेगा और तापमान में बड़े बदलाव की संभावना नहीं है।

  • बरसाना धाम का कीर्ति मंदिर: आध्यात्मिक ऊर्जा, भव्य शिल्पकला और राधा रानी के बाल स्वरूप का दिव्य केंद्र

    बरसाना धाम का कीर्ति मंदिर: आध्यात्मिक ऊर्जा, भव्य शिल्पकला और राधा रानी के बाल स्वरूप का दिव्य केंद्र


    नई दिल्ली। आज का राशिफल:

    मेष: सतर्क रहें। आय बनी रहेगी लेकिन खर्च भी बढ़ सकता है। कार्यक्षेत्र में धैर्य रखें।
    भाग्य: 81% | उपाय: हनुमान चालीसा का पाठ करें

    वृषभ: ग्रह योग आपके पक्ष में हैं। व्यापार और नौकरी में लाभ के संकेत हैं। रुका हुआ धन मिलेगा और परिवार में सुख रहेगा।
    भाग्य: 82% | उपाय: पीपल के वृक्ष पर जल अर्पित करें

    मिथुन: कार्यक्षेत्र में योजनाएं सफल होंगी। नौकरी बदलने का विचार मन में आ सकता है। खर्च पर नियंत्रण जरूरी।
    भाग्य: 85% | उपाय: गणेश जी की आराधना करें

    कर्क: खर्च अधिक रहेगा। दूसरों के मामलों में दखल देने से बचें। परिवार के साथ समय बिताएं।
    भाग्य: 83% | उपाय: शनि स्तोत्र का पाठ करें

    सिंह: कार्यस्थल पर मेहनत रंग लाएगी। विरोधियों पर जीत मिलेगी। पारिवारिक संबंध मजबूत होंगे।
    भाग्य: 84% | उपाय: पीपल को जल दें

    कन्या: बुधादित्य योग का विशेष लाभ। नए काम की शुरुआत के लिए दिन शुभ है। पारिवारिक और दांपत्य जीवन सुखद रहेगा।
    भाग्य: 87% | उपाय: विष्णु चालीसा का पाठ करें

    तुला: सामाजिक और व्यावसायिक संपर्कों से लाभ होगा। खर्च बढ़ सकता है, बजट संभालकर चलें।
    भाग्य: 86% | उपाय: काले कुत्ते को रोटी खिलाएं

    वृश्चिक: जोखिम लेकर सफलता मिल सकती है। अधिकारियों का सहयोग मिलेगा। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।
    भाग्य: 85% | उपाय: बजरंग बाण का पाठ करें

    धनु: दिन सामान्य रहेगा। अचानक खर्च आ सकते हैं। संयम से काम लें।
    भाग्य: 87% | उपाय: जरूरतमंद को अन्न दान करें

    मकर: वाणी और व्यवहार से लाभ मिलेगा। व्यापार में अच्छे अवसर मिल सकते हैं। पारिवारिक सहयोग बना रहेगा।
    भाग्य: 89% | उपाय: गायत्री मंत्र का जप करें

    कुंभ: नए अवसर मिलेंगे लेकिन खर्च बढ़ेगा। स्वास्थ्य और रिश्तों में संतुलन बनाए रखें।
    भाग्य: 81% | उपाय: शिवलिंग पर दूध अर्पित करें

    मीन: भाग्य आपका साथ देगा। शिक्षा, प्रबंधन और व्यापार में लाभ के संकेत हैं। धार्मिक गतिविधियों में रुचि बढ़ेगी।
    भाग्य: 83% | उपाय: शनि स्तोत्र का पाठ करें

  • Budget 2026: रेलवे में आम आदमी की उम्मीदों पर नजर, सस्ती टिकट और बेहतर सेवाओं की मांग

    Budget 2026: रेलवे में आम आदमी की उम्मीदों पर नजर, सस्ती टिकट और बेहतर सेवाओं की मांग


    नई दिल्ली। केंद्रीय बजट 2026 1 फरवरी को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण पेश करेंगी। इस बार बजट में रेलवे सेवाओं को लेकर यात्रियों की उम्मीदें बढ़ी हैं। करोड़ों लोगों की नजर है कि क्या बजट में आम आदमी की जेब और उनकी दैनिक जरूरतों को ध्यान में रखा जाएगा। प्रीमियम ट्रेनों और बड़े निवेशों के बावजूद आम यात्री आज भी सफाई सुविधा भीड़ और समयबद्धता जैसी समस्याओं से असंतुष्ट है।

    रेल यात्री चाहते हैं कि कन्फर्म टिकट सस्ती दरों पर उपलब्ध हों और वेटिंग लिस्ट की समस्या कम हो। इसके साथ ही लोकल और मेल-एक्सप्रेस ट्रेनों की समयबद्धता सुधारने की उम्मीद है। यात्रियों का कहना है कि प्रीमियम ट्रेनों की तुलना में आम ट्रेनों की सेवाओं में सुधार जरूरी है।

    रेलवे की शिकायतों की सूची लंबी है। ट्रेनों में सफाई व्यवस्था कमजोर है पैंट्री कार का खाना क्वालिटी में अधूरा है बोतलबंद पानी और अन्य सामान की कीमत अधिक वसूली जाती है। गंदे टॉयलेट पानी की कमी स्टेशन और ट्रेन में चोरी और कभी-कभार दुर्घटनाएं यात्रियों की चिंता बढ़ाती हैं। बजट से उम्मीद है कि इन बुनियादी समस्याओं के सुधार के लिए पर्याप्त फंड आवंटित होगा।रेल विशेषज्ञों का मानना है कि नई और तेज रफ्तार ट्रेनों से पहले ट्रैक और सिग्नल सिस्टम को मजबूत करना जरूरी है। कई रूट्स पर ट्रैक की हालत ऐसी है कि ट्रेनें घोषित स्पीड पर नहीं चल पातीं। बजट 2026 में ट्रैक अपग्रेडेशन सेफ्टी सिस्टम और मेंटेनेंस पर खर्च बढ़ने की संभावना है।

    रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने 2026 को रेलवे के लिए रिफॉर्म ईयर बताया है। उनका दावा है कि साल के 52 हफ्तों में 52 सुधार लागू किए जाएंगे। चेन्नई स्थित इंटीग्रल कोच फैक्ट्री के पूर्व जीएम सुधांशु मणि का कहना है कि पहले बजट आम आदमी की जेब और जरूरतों पर केंद्रित होता थानई दिल्ली। केंद्रीय बजट 2026 1 फरवरी को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण पेश करेंगी। इस बार बजट में रेलवे सेवाओं को लेकर यात्रियों की उम्मीदें बढ़ी हैं। करोड़ों लोगों की नजर है कि क्या बजट में आम आदमी की जेब और उनकी दैनिक जरूरतों को ध्यान में रखा जाएगा। प्रीमियम ट्रेनों और बड़े निवेशों के बावजूद आम यात्री आज भी सफाई, सुविधा, भीड़ और समयबद्धता जैसी समस्याओं से असंतुष्ट है।

    रेल यात्री चाहते हैं कि कन्फर्म टिकट सस्ती दरों पर उपलब्ध हों और वेटिंग लिस्ट की समस्या कम हो। इसके साथ ही लोकल और मेल-एक्सप्रेस ट्रेनों की समयबद्धता सुधारने की उम्मीद है। यात्रियों का कहना है कि प्रीमियम ट्रेनों की तुलना में आम ट्रेनों की सेवाओं में सुधार जरूरी है।

  • MP में ड्रग माफियाओं पर कसेगा शिंकजा, मोहन सरकार ने 3 साल का बड़ा एक्शन प्लान किया तैयार

    MP में ड्रग माफियाओं पर कसेगा शिंकजा, मोहन सरकार ने 3 साल का बड़ा एक्शन प्लान किया तैयार


    नई दिल्ली। मध्य प्रदेश में ड्रग माफियाओं के खिलाफ मोहन यादव सरकार ने तीन साल का विस्तृत एक्शन प्लान तैयार किया है। इस योजना के तहत राज्य के प्रमुख शहरों में ड्रग सप्लाई नेटवर्क को जड़ से खत्म करने का लक्ष्य रखा गया है। पुलिस महानिदेशक डीजीपी कैलाश मकवाना की अध्यक्षता में गुरुवार को पुलिस मुख्यालय में उच्च स्तरीय बैठक हुई। उन्होंने बताया कि पिछले साल शुरू किया गया राज्य पुलिस का ड्रग्स आर ए डिस्टेंस अभियान काफी सफल रहा। डीजीपी ने कहा जिस तरह राज्य नक्सलवाद से मुक्त हुआ वैसे ही ड्रग्स के खिलाफ भी निर्णायक कार्रवाई करनी होगी।

    डिमांड और सप्लाई चेन पर फोकस

    डीजीपी ने बताया कि अगले तीन साल में मंदसौर, नीमच, रतलाम, भोपाल, इंदौर और अन्य प्रभावित इलाकों में ड्रग तस्करी की डिमांड और सप्लाई चेन तोड़ी जाएगी। शैक्षणिक संस्थानों के पास नशीले पदार्थों की बिक्री पर कड़ा प्रतिबंध लगाने के लिए खेल एवं युवा कल्याण विभाग और सामाजिक संगठनों के सहयोग से रोडमैप तैयार किया जा रहा है। उन्होंने आगे कहा कि औद्योगिक क्षेत्रों में इस्तेमाल होने वाले कैमिकल्स का गलत इस्तेमाल रोकने के लिए भी सिस्टम तैयार किया जा रहा है। इस तीन वर्षीय योजना में ड्रग सप्लाई चेन को तोड़ना, ड्रग डिमांड को कम करना और अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करना प्रमुख लक्ष्य हैं।

    तस्करों की संपत्ति जब्त

    डीजीपी के अनुसार 2025 में राज्य में 1,44,025 किलोग्राम ड्रग्स कुल कीमत 347 करोड़ रुपए जब्त कर नष्ट किया गया। इसके अलावा ड्रग तस्करों के खिलाफ SAFEMA एक्ट के तहत 301.41 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की गई। मंदसौर और नीमच जिले इस कार्रवाई से सबसे ज्यादा प्रभावित रहे।