Author: bharati

  • MP के इस शहर का नाम बदलकर होगा मूलतापी, CM मोहन यादव ने किया ऐलान

    MP के इस शहर का नाम बदलकर होगा मूलतापी, CM मोहन यादव ने किया ऐलान


    बैतूल ।
    मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव (Chief Minister Dr. Mohan Yadav) ने बैतूल जिले (Betul district) की प्रसिद्ध धार्मिक नगरी मुलताई (Multai) का नाम बदलकर ‘मूलतापी’ किए जाने की ऐतिहासिक घोषणा की है। ताप्ती नदी के उद्गम स्थल के रूप में देशभर में विख्यात मुलताई का यह प्राचीन नाम अब पुनः स्थापित किया जाएगा। मुख्यमंत्री की इस घोषणा से क्षेत्र के नागरिकों, धर्मप्रेमियों और जनप्रतिनिधियों में उत्साह का माहौल है।

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस बारे में मंगलवार को घोषणा करते हुए कहा कि मुलताई का मूल और प्राचीन नाम ‘मूलतापी’ है, जिसका अर्थ ताप्ती नदी का उद्गम स्थल है। यह नाम इस पवित्र भूमि की धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक पहचान को और अधिक सशक्त करेगा। उन्होंने कहा कि लंबे समय से स्थानीय जनता की यह मांग थी, जिसे सरकार ने स्वीकार करते हुए यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया है।

    मुलताई विधायक चंद्रशेखर देशमुख द्वारा नगर का नाम ‘मूलतापी’ किए जाने का प्रस्ताव राज्य सरकार को भेजा गया था, जिसे अब स्वीकृति मिल गई है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यह निर्णय क्षेत्र की ऐतिहासिक विरासत को सम्मान देने वाला है।

    मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर बैतूल जिले में एक भव्य आदिवासी संग्रहालय की स्थापना की भी घोषणा की। इससे जिले की समृद्ध जनजातीय संस्कृति, परंपराओं और इतिहास को राष्ट्रीय पहचान मिलेगी तथा यह संग्रहालय आने वाली पीढ़ियों के लिए सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण का केंद्र बनेगा।

    कार्यक्रम के दौरान बैतूल में नए मेडिकल कॉलेज का भूमिपूजन भी किया गया। इस अवसर पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा विशेष रूप से उपस्थित रहे। मेडिकल कॉलेज के निर्माण से जिले और आसपास के क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार होगा और युवाओं को चिकित्सा शिक्षा के नए अवसर मिलेंगे।

    ‘मूलतापी’ नाम से पहचान मिलने के बाद ताप्ती उद्गम स्थल की धार्मिक महत्ता और अधिक बढ़ेगी। इससे धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा तथा स्थानीय रोजगार और व्यापार को भी गति मिलेगी। मुख्यमंत्री की इन घोषणाओं से पूरे मुलताई और बैतूल जिले में खुशी का माहौल है।

    इस मौके पर हुए विकास कार्यों की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सोशल मीडिया पर लिखा, ‘माननीय केंद्रीय स्वास्थ्य व परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा जी की गरिमामयी उपस्थिति में बैतूल जिले में 300 करोड़ रुपए की लागत के जन-निजी भागीदारी (PPP) आधारित चिकित्सा महाविद्यालय के भूमिपूजन कार्यक्रम में सहभागिता की। इस दौरान विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण/भूमिपूजन भी हुआ। आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में मिली केन-बेतवा लिंक परियोजना से संपूर्ण बुंदेलखंड क्षेत्र लाभान्वित होगा। साथ ही, महाराष्ट्र के साथ मिलकर तापी बेसिन मेगा रीचार्ज परियोजना भी बनाई गई है। इनसे किसानों के जीवन में समृद्धि का नया सवेरा आएगा।’

  • तुर्किये में लीबिया के प्रतिनिधिमंडल को लेकर लौट रहा प्लेन क्रैश…आर्मी चीफ समेत 7 लोगों की मौत

    तुर्किये में लीबिया के प्रतिनिधिमंडल को लेकर लौट रहा प्लेन क्रैश…आर्मी चीफ समेत 7 लोगों की मौत


    अंकारा।
    तुर्किये (Turkey) में बड़ा विमान हादसा (Major Plane Crash) हो गया है। लीबिया (Libya ) के प्रधानमंत्री अब्दुल-हमीद दबीबे (Prime Minister Abdul-Hamid Dbeibeh) ने तुर्किये में हुए विमान हादसे में देश के सैन्य प्रमुख (मिलिट्री चीफ) मुहम्मद अली अहमद अल-हद्दाद (Military Chief Muhammad Ali Ahmed Al-Haddad) समेत सात लोगों की मौत की पुष्टि की है। यह हादसा मंगलवार शाम उस समय हुआ, जब लीबियाई प्रतिनिधिमंडल तुर्किये की राजधानी अंकारा से आधिकारिक दौरे के बाद अपने देश लौट रहा था।

    प्रधानमंत्री दबीबा की ओर से जारी बयान में इस घटना को दुर्घटनापूर्ण और बेहद दुखद बताते हुए कहा कि यह लीबिया के लिए एक बड़ी क्षति है। उन्होंने मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना भी व्यक्त की। लीबिया के सैन्य प्रमुख, चार अन्य अधिकारियों और तीन चालक दल के सदस्यों को ले जा रहा एक निजी विमान राजधानी अंकारा से उड़ान भरने के बाद दुर्घटनाग्रस्त हो गया, जिसमें सवार सभी लोगों की मौत हो गई। लीबियाई अधिकारियों ने बताया कि दुर्घटना का कारण विमान में तकनीकी खराबी थी।


    तकनीकी खराबी के कारण टूटा संपर्क

    लीबिया के अधिकारियों के अनुसार उड़ान भरने के करीब 30 मिनट बाद विमान से संपर्क पूरी तरह टूट गया। प्रारंभिक जानकारी में कहा गया है कि यह संपर्क तकनीकी खराबी के कारण समाप्त हुआ। तुर्किये के अधिकारियों ने बताया कि लीबियाई प्रतिनिधिमंडल दोनों देशों के बीच सैन्य सहयोग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से उच्च स्तरीय रक्षा वार्ता के लिए अंकारा में था।

    मलबा बरामद, हादसे की पुष्टि
    इससे पहले के गृह मंत्री अली येरलिकाया ने बताया था कि लीबियाई मिलिट्री चीफ और चार अन्य लोगों को ले जा रहे फाल्कन-50 श्रेणी के निजी जेट का मलबा अंकारा के पास बरामद कर लिया गया है। हालांकि, बाद में लीबिया के प्रधानमंत्री ने सभी के मारे जाने की आधिकारिक पुष्टि कर दी।

    इस दुर्घटना में मारे गए अन्य चार अधिकारी लीबिया के जमीनी बलों के प्रमुख जनरल अल-फितौरी गरैबिल, सैन्य विनिर्माण प्राधिकरण के प्रमुख ब्रिगेडियर जनरल महमूद अल-कतावी, चीफ ऑफ स्टाफ के सलाहकार मोहम्मद अल-असावी दियाब और चीफ ऑफ स्टाफ के कार्यालय में कार्यरत सैन्य फोटोग्राफर मोहम्मद उमर अहमद महजूब थे। तीनों चालक दल के सदस्यों की पहचान तुरंत पता नहीं चल पाई।

    उड़ान के तुरंत बाद हुआ हादसा
    तुर्किये के गृह मंत्री के मुताबिक, विमान ने मंगलवार शाम करीब 8:30 बजे अंकारा के एसेनबोगा एयरपोर्ट से उड़ान भरी थी। करीब 40 मिनट बाद एयर ट्रैफिक कंट्रोल का विमान से संपर्क टूट गया। इससे पहले विमान ने अंकारा के दक्षिण में स्थित हायमाना जिले के पास इमरजेंसी लैंडिंग का सिग्नल भेजा था। स्थानीय टीवी चैनलों पर दिखाए गए सुरक्षा कैमरा फुटेज में हायमाना क्षेत्र के आसमान में अचानक तेज रोशनी दिखाई दी, जिसे संभावित विस्फोट के रूप में देखा गया।

    तुर्किये दौरे पर थे अल-हद्दाद
    मुहम्मद अली अहमद अल-हद्दाद तुर्की के आधिकारिक दौरे पर अंकारा आए थे, जहां उन्होंने तुर्की के रक्षा मंत्री यासर गुलर और अन्य वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात की थी। अल-हद्दाद पश्चिमी लीबिया के शीर्ष सैन्य कमांडर थे और संयुक्त राष्ट्र की मध्यस्थता में चल रहे लीबिया की बंटी हुई सेना को एकजुट करने के प्रयासों में उनकी अहम भूमिका मानी जाती थी।

    एयरपोर्ट बंद, उड़ानें डायवर्ट
    हादसे की खबर के बाद अंकारा एयरपोर्ट को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया और कई उड़ानों को अन्य स्थानों पर डायवर्ट किया गया। फिलहाल हादसे के कारणों की जांच जारी है। इस घटना को लीबिया की सुरक्षा और राजनीति के लिहाज से गंभीर झटका माना जा रहा है।

  • रीवा में ट्रक ने बाइक सवार युवक को मारी टक्कर.सिर कुचले से मौत

    रीवा में ट्रक ने बाइक सवार युवक को मारी टक्कर.सिर कुचले से मौत


    रीवा । रीवा शहर के बीहर उन्नत पुल पर मंगलवार-बुधवार की रात एक भयंकर सड़क हादसा हो गया। इस हादसे में 18 वर्षीय समीर जायसवाल की दर्दनाक मौत हो गई.जबकि उनके साथी को मामूली चोटें आईं। जानकारी के अनुसार.समीर और उसका साथी बाइक पर सवार होकर रात को कहीं जा रहे थे.जब तेज रफ्तार ट्रक ने उन्हें टक्कर मार दी।घटना रात करीब 11:30 से 12 बजे के बीच की है.जब नो-एंट्री खुलते ही एक अनियंत्रित ट्रक ने बाइक सवारों को अपनी चपेट में ले लिया।
    टक्कर इतनी जोरदार थी कि समीर सीधे ट्रक के पिछले पहिए के नीचे   गया.जिससे उसका सिर बुरी तरह कुचला गया। हादसे में समीर की मौके पर ही मौत हो गई.जबकि दूसरा युवक छिटककर दूर गिरा और उसे हल्की चोटें आईं। समीर जायसवाल मूल रूप से मैहर जिले के ताला थाना क्षेत्र के ग्राम सिमरिया रामगढ़ का रहने वाला था और रीवा के खैरी इलाके में एक टेंट हाउस में काम करता था। मृतक के साथी ने बताया कि वे दोनों बाइक से कहीं जा रहे थे जब यह हादसा हुआ।

    प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि बीहर उन्नत पुल के पास रात में ट्रकों की लंबी कतार लग जाती है और कई ट्रक चालक लापरवाही से वाहन चलाते हैं.जिससे अक्सर इस तरह के हादसे होते हैं। घटना के बाद घटनास्थल पर लंबा जाम लग गया.जिसे पुलिस ने बाद में नियंत्रित किया। सिविल लाइन पुलिस ने घटना के बाद मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा और परिजनों को सूचित किया। मामले की जांच की जा रही है और पुलिस ने आरोपी ट्रक चालक के खिलाफ कार्रवाई शुरू की है।

  • ISRO के बाहुबाली LVM3-M6 से विश्व का सबसे भारी सेटेलाइट ब्लूबर्ड ब्लॉक-3 सफलतापूर्वक लॉन्च

    ISRO के बाहुबाली LVM3-M6 से विश्व का सबसे भारी सेटेलाइट ब्लूबर्ड ब्लॉक-3 सफलतापूर्वक लॉन्च


    नई दिल्ली।
    भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) (Indian Space Research Organisation – ISRO) बुधवार सुबह 8.55 बजे अपने सबसे शक्तिशाली रॉकेट LVM3 (Most Powerful Rocket, LVM3) से अमेरिकी कंपनी AST स्पेसमोबाइल की ब्लूबर्ड ब्लॉक-2 संचार सैटेलाइट को सफलतापूर्वक लॉन्च कर दिया. यह इस रॉकेट की छठी ऑपरेशनल उड़ान (LVM3-M6) है।

    ये मिशन है न्यूस्पेस इंडिया लिमिटेड (NSIL) और AST स्पेसमोबाइल के बीच हुए समझौते के तहत किया जा रहा है. इस मिशन से लो अर्थ ऑर्बिट (LEO) में दुनिया का सबसे बड़ा कॉमर्शियल संचार सैटेलाइट तैनात होगा, जो सामान्य स्मार्टफोन को सीधे स्पेस से हाई-स्पीड इंटरनेट प्रदान करेगा।


    ब्लूबर्ड ब्लॉक-2 सैटेलाइट की विशेषताएं

    ब्लूबर्ड ब्लॉक-2 AST स्पेसमोबाइल की अगली पीढ़ी की संचार सैटेलाइट्स सीरीज का हिस्सा है. यह सैटेलाइट दुनिया भर में उन इलाकों में मोबाइल कनेक्टिविटी प्रदान करने के लिए डिजाइन की गई है जहां ग्राउंड नेटवर्क नहीं पहुंच पाता. मुख्य विशेषताएं इस प्रकार हैं…
    वजन: लगभग 6100 से 6500 किलोग्राम (यह LVM3 द्वारा भारतीय मिट्टी से लॉन्च किया गया अब तक का सबसे भारी पेलोड है).
    आकार: इसमें 223 वर्ग मीटर (लगभग 2,400 स्क्वायर फीट) का फेज्ड ऐरे एंटीना लगा है, जो इसे लो अर्थ ऑर्बिट में तैनात होने वाला सबसे बड़ा कॉमर्शियल संचार सैटेलाइट बनाता है.
    क्षमता: यह 4G और 5G नेटवर्क सपोर्ट करता है. सामान्य स्मार्टफोन को सीधे स्पेस से हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड प्रदान करेगा.
    स्पीड: प्रति कवरेज सेल में 120 Mbps तक की पीक डेटा स्पीड, जो वॉइस कॉल, वीडियो कॉल, टेक्स्ट, स्ट्रीमिंग और डेटा सर्विसेज को सपोर्ट करेगी.
    उद्देश्य: यह सैटेलाइट AST स्पेसमोबाइल की ग्लोबल कांस्टेलेशन का हिस्सा है, जो दुनिया भर में 24/7 कनेक्टिविटी उपलब्ध कराएगी. इससे दूरदराज के इलाकों, समुद्रों और पहाड़ों में भी मोबाइल नेटवर्क पहुंचेगा.
    पिछली सैटेलाइट्स: कंपनी ने सितंबर 2024 में ब्लूबर्ड 1-5 सैटेलाइट्स लॉन्च की थीं, जो अमेरिका और कुछ अन्य देशों में कंटीन्यूअस इंटरनेट कवरेज प्रदान कर रही हैं. ब्लॉक-2 इससे 10 गुना ज्यादा बैंडविड्थ कैपेसिटी वाली है.
    यह सैटेलाइट लगभग 600 किलोमीटर की ऊंचाई वाली लो अर्थ ऑर्बिट में तैनात की जाएगी।


    LVM3 रॉकेट की विशेषताएं

    LVM3 (लॉन्च व्हीकल मार्क-3), जिसे पहले GSLV Mk-III कहा जाता था, इसरो का सबसे शक्तिशाली रॉकेट है. इसे इसरो ने पूरी तरह स्वदेशी तकनीक से विकसित किया है. मुख्य स्पेसिफिकेशंस…
    ऊंचाई: 43.5 मीटर
    लिफ्ट-ऑफ वजन: 640 टन
    स्टेज: तीन स्टेज वाला रॉकेट
    दो सॉलिड स्ट्रैप-ऑन बूस्टर्स (S200)
    लिक्विड कोर स्टेज (L110)
    क्रायोजेनिक अपर स्टेज (C25)
    पेलोड क्षमता: जियोसिंक्रोनस ट्रांसफर ऑर्बिट (GTO) में: 4,200 किलोग्राम तक. लो अर्थ ऑर्बिट (LEO) में: 8,000 किलोग्राम तक.
    पिछले सफल मिशन: LVM3 ने चंद्रयान-2, चंद्रयान-3 और दो वनवेब मिशनों (कुल 72 सैटेलाइट्स) को सफलतापूर्वक लॉन्च किया है. इसका पिछला मिशन LVM3-M5/CMS-03 था, जो 2 नवंबर 2025 को सफल रहा.

    यह रॉकेट भारत की अंतरिक्ष क्षमता का प्रतीक है और भविष्य में गगनयान मानव मिशन के लिए भी इस्तेमाल होगा. यह मिशन इसरो के कॉमर्शियल लॉन्चेस में एक नया कीर्तिमान स्थापित करेगा. AST स्पेसमोबाइल दुनिया की पहली स्पेस-बेस्ड सेल्युलर ब्रॉडबैंड नेटवर्क बना रही है, जो स्टारलिंक जैसी सेवाओं से कॉम्पीट करेगी. भारत से लॉन्च होने से इसरो की ग्लोबल लॉन्च सर्विसेज में मजबूती आएगी।

  • अमित शाह 24 दिसंबर को ग्वालियर आएंगे, सुरक्षा के कड़े इंतजाम, ट्रैफिक डायवर्जन

    अमित शाह 24 दिसंबर को ग्वालियर आएंगे, सुरक्षा के कड़े इंतजाम, ट्रैफिक डायवर्जन


    ग्वालियर । केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह 24 दिसंबर को ग्वालियर का दौरा करेंगे। कार्यक्रम के अनुसार.अमित शाह रात करीब नौ बजे ग्वालियर विमानतल पर उतरेंगे और होटल ताज ऊषा किरण पैलेस के लिए रवाना होंगे। अगले दिन25 दिसंबर को.वे सुबह 11:50 बजे कार्यक्रम स्थल के लिए निकलेंगे। इस दौरे के दौरान शहर की सड़कों पर वीवीआइपी मूवमेंट रहेगा.जिसके कारण कई रास्तों पर ट्रैफिक डायवर्ट किया जाएगा।
    पुलिस ने एडवाइजरी जारी कर दी है और सुरक्षा व्यवस्था के तहत 4500 जवान तैनात किए जाएंगे। इसके अलावा ऊंची इमारतों पर स्नाइपर भी तैनात होंगे और कार्यक्रम स्थल से लेकर होटल तक कड़ी सुरक्षा रहेगी। शहर में भारी वाहनों का प्रवेश पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगा। भिंड और मालनपुर से आने वाले वाहन विशेष मार्गों से ग्वालियर प्रवेश करेंगे। विभिन्न क्षेत्रों से शहर में आने और जाने वाले वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था की गई है।

    अमित शाह ग्वालियर में अभ्युदय एमपी ग्रोथ समिट का शुभारंभ करेंगे.जिसमें 2 लाख करोड़ के निवेश और उद्योगों के शिलान्यास की घोषणा की जाएगी। यह कार्यक्रम मेला ग्राउंड पर होगा और इसमें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और अन्य प्रदेश मंत्रीगण भी मौजूद रहेंगे। इस आयोजन में ग्वालियर-चंबल अंचल के एक लाख से अधिक लोग शामिल होने की संभावना है और यह प्रदेश में उद्योग-निवेश के लिए किए गए प्रयासों को प्रदर्शित करेगा।

  • इटारसी आयुध निर्माणी को फिर मिली बम से उड़ाने की धमकी 8 महीने में दूसरी बार आई मेल परिसर में हाई अलर्ट

    इटारसी आयुध निर्माणी को फिर मिली बम से उड़ाने की धमकी 8 महीने में दूसरी बार आई मेल परिसर में हाई अलर्ट


    इटारसी । मंगलवार को मध्य प्रदेश के इटारसी में स्थित रक्षा मंत्रालय के अधीन आयुध निर्माणी परिसर में एक बम से उड़ाने की धमकी भरा मेल मिला जिससे इलाके में सनसनी फैल गई। यह घटना 8 महीने में दूसरी बार हुई है। पहले 17 अप्रैल को भी इस तरह का मेल आया था लेकिन वह फर्जी साबित हुआ था। इस बार आए मेल को लेकर एक बार फिर अधिकारियों और सुरक्षा एजेंसियों में चिंताएं बढ़ गई हैं।

    मंगलवार को मिले धमकी भरे ईमेल के बाद फैक्ट्री प्रबंधन और जिला पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। पुलिस अधीक्षक साईं कृष्णा इस थोटा ने मेल की पुष्टि की और बताया कि इसकी जांच की जा रही है। धमकी भरा मेल सोमवार रात को फैक्ट्री के आधिकारिक ईमेल पते पर आया था जिसके बाद तुरंत पुलिस को सूचित किया गया।

    आयुध निर्माणी एक अत्यधिक संवेदनशील स्थान है जहां भारतीय सेना के लिए अत्याधुनिक हथियार और अन्य सैन्य सामग्री तैयार की जाती है। इस वजह से यहां सुरक्षा को लेकर कड़ी निगरानी रखी जाती है। अब पुलिस और सुरक्षा बलों की टीमों ने फैक्ट्री परिसर में अतिरिक्त सुरक्षा उपायों को लागू किया है और पूरे क्षेत्र में हाई अलर्ट जारी किया है।

    कुल मिलाकर यह धमकी भरा मेल फैक्ट्री प्रशासन के लिए एक गंभीर चिंता का विषय है और जांच के साथ-साथ सुरक्षा इंतजामों में भी सुधार किए जा रहे हैं। पुलिस द्वारा मामले की पूरी जांच की जा रही है ताकि जल्द से जल्द यह पता चल सके कि धमकी वास्तविक है या फिर किसी शरारत का हिस्सा।

  • धार में भूमि पूजन देश का पहला पीपीपी मॉडल मेडिकल कॉलेज बनेगा ग्रामीण क्षेत्रों के लिए स्वास्थ्य क्रांति का केंद्र

    धार में भूमि पूजन देश का पहला पीपीपी मॉडल मेडिकल कॉलेज बनेगा ग्रामीण क्षेत्रों के लिए स्वास्थ्य क्रांति का केंद्र


    धार । मध्य प्रदेश के धार जिले में मंगलवार को एक ऐतिहासिक अवसर आया जब देश के पहले पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप मॉडल के मेडिकल कॉलेज का भूमि पूजन हुआ। इस ऐतिहासिक समारोह में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा ने प्रमुख रूप से हिस्सा लिया। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि यह मेडिकल कॉलेज अपने आप में एक अनोखा प्रयास है जो केवल शहरी क्षेत्र तक सीमित नहीं रहेगा बल्कि यह मेडिकल कॉलेज ग्रामीण भारत में स्वास्थ्य सेवाओं को विस्तार देने का काम करेगा।

    नड्डा ने इस मौके पर बताया कि यह मेडिकल कॉलेज पब्लिक और प्राइवेट क्षेत्र की साझेदारी से बनाया जा रहा है और यह देश में अपनी तरह का पहला संस्थान है। उन्होंने यह भी कहा कि धार में स्थापित होने वाला यह मेडिकल कॉलेज स्वास्थ्य सेवा में क्रांति लाएगा। यहां से पास होने वाले एमबीबीएस डॉक्टर देश के दूरदराज के गांवों में स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करेंगे जिससे ग्रामीण इलाकों में चिकित्सकीय सेवा की गुणवत्ता में सुधार होगा।

    इस परियोजना के तहत छात्रों को उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा दी जाएगी और उन्हें प्रैक्टिकल अनुभव के लिए ग्रामीण क्षेत्रों में भेजा जाएगा जिससे वे वहां के स्वास्थ्य मुद्दों को समझकर समाधान ढूंढ सकें। साथ ही कॉलेज के निर्माण से स्थानीय युवाओं को रोजगार के अवसर भी मिलेंगे जिससे जिले की आर्थिक स्थिति में भी सुधार होगा।

    इस योजना के सफल होने के बाद इसे दूसरे राज्यों में भी लागू किया जा सकता है जिससे भारत के अन्य क्षेत्रों में भी स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार हो सके। इस पहल से यह भी उम्मीद जताई जा रही है कि दूरदराज के क्षेत्रों में चिकित्सकों की कमी को दूर किया जाएगा और गांवों में अधिक से अधिक डॉक्टरों की उपलब्धता सुनिश्चित होगी।

    इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भी अपने संबोधन में बताया कि यह मेडिकल कॉलेज न केवल शिक्षा का केंद्र बनेगा बल्कि यह धार जिले और आसपास के क्षेत्रों के लिए एक स्वस्थ भविष्य का मार्गदर्शन करेगा। उन्होंने यह भी कहा कि इस प्रोजेक्ट के जरिए प्रदेश में स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में नई दिशा प्राप्त होगी।

  • क्रेडिट कार्ड से किए गए ऐसे पेमेंट पर ये बैंक वसूलेगा 2% चार्ज, 15 जनवरी 2026 से लागू, जानें पूरी बात

    क्रेडिट कार्ड से किए गए ऐसे पेमेंट पर ये बैंक वसूलेगा 2% चार्ज, 15 जनवरी 2026 से लागू, जानें पूरी बात


    नई दिल्‍ली। प्राइवेट सेक्टर के अग्रणी आईसीआईसीआई बैंक ने अपने सभी रिटेल क्रेडिट कार्ड ग्राहकों के लिए फीचर्स, चार्जेस और रिवॉर्ड स्ट्रक्चर में बड़े बदलावों का ऐलान किया है। ये बदलाव चरणबद्ध तरीके से लागू होंगे। अधिकांश नियम 15 जनवरी 2026 से प्रभावी होंगे, जबकि कुछ रिवॉर्ड कैप और बेनिफिट्स में कटौती 1 फरवरी 2026 से लागू की जाएगी। बैंक ने कार्डधारकों को सलाह दी है कि वे संशोधित नियमों को ध्यान से समझें, क्योंकि इनका सीधा असर उनकी खर्च करने की रणनीति पर पड़ेगा।

    ऑनलाइन गेमिंग पर 2% अतिरिक्त शुल्क
    बिजनेस टुडे की खबर के मुताबिक, इस बदलाव का सबसे बड़ा असर ऑनलाइन गेमिंग ट्रांजैक्शन्स पर पड़ेगा। Dream11, Rummy Culture, Junglee Games, MPL जैसे प्लेटफॉर्म्स पर किए गए डिपॉजिट या अन्य ट्रांजैक्शन्स पर अब 2% का अतिरिक्त चार्ज लगेगा। इसके अलावा, भविष्य में गेमिंग से जुड़े नए मर्चेंट कैटेगरी कोडएमसीसी पर भी यह शुल्क लागू किया जा सकता है।वॉलेट लोडिंग और ट्रांसपोर्ट खर्च महंगे Amazon Pay, Paytm, MobiKwik, Freecharge और OlaMoney जैसे थर्ड-पार्टी वॉलेट्स में ₹5,000 या उससे अधिक की राशि लोड करने पर 1% चार्ज देना होगा। रेलवे, बस बुकिंग और अन्य हाई-वैल्यू ट्रैवल से जुड़े चुनिंदा ट्रांसपोर्टेशन MCCs के तहत ₹50,000 से ज्यादा के ट्रांजैक्शन पर 1% सरचार्ज लगाया जाएगा।

    रिवॉर्ड पॉइंट्स पर नई सीमा
    1 फरवरी 2026 से ट्रांसपोर्टेशन खर्च पर मासिक रिवॉर्ड कैप लागू होगी:Emeralde, Emeralde Private, Sapphiro और Rubyx कार्ड्स पर रिवॉर्ड केवल ₹20,000 प्रति माह तक। Coral, Platinum, Manchester United, CSK समेत मिड-टियर कार्ड्स पर यह सीमा ₹10,000 प्रति माह होगी।Emeralde Metal कार्ड पर अब सरकारी सेवाओं, फ्यूल, किराया, प्रॉपर्टी मैनेजमेंट, टैक्स भुगतान और थर्ड-पार्टी वॉलेट ट्रांजैक्शन्स पर रिवॉर्ड पॉइंट्स नहीं मिलेंगे।

    एंटरटेनमेंट ऑफर्स में सख्ती

    BookMyShow का लोकप्रिय Buy-One-Get-One ऑफर अब बिना शर्त नहीं मिलेगा। इसे पाने के लिए पिछले कैलेंडर क्वार्टर में कम से कम ₹25,000 का खर्च जरूरी होगा। वहीं, Instant Platinum कार्ड पर यह ऑफर फरवरी 2026 से पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा।

    प्रीमियम कार्ड्स पर अतिरिक्त बोझ

    Emeralde सीरीजMetal, Private और PVC पर Dynamic Currency ConversionDCC शुल्क 2% कर दिया गया है। Emeralde Metal के नए ऐड-ऑन कार्ड पर ₹3,500 का एकमुश्त शुल्क लगेगा। अन्य कार्ड्स पर DCC मार्कअप को भी बदला गया है, MakeMyTrip Travel पर 0.99%, Times Black पर 1.49%, Amazon Pay ICICI पर 1.99%, जबकि ज्यादातर अन्य कार्ड्स पर यह 3.5% तक हो सकता है।

  • प्रिंस एंड्रयू का रॉयल लॉज 30 कमरे शाही स्विमिंग पूल और 200 साल पुराना इतिहास जानें इसकी खासियत

    प्रिंस एंड्रयू का रॉयल लॉज 30 कमरे शाही स्विमिंग पूल और 200 साल पुराना इतिहास जानें इसकी खासियत


    नई दिल्ली । ब्रिटेन के किंग चार्ल्स ने हाल ही में अपने भाई प्रिंस एंड्रयू से उनके प्रिंस टाइटल को वापस लेने और रॉयल लॉज को खाली करने का आदेश दिया है। इस फैसले के बाद रॉयल लॉज एक बार फिर चर्चा में आ गया है। जेफ्री एपस्टीन विवाद के कारण यह संपत्ति अब एक नई दिशा में आगे बढ़ने को तैयार है। आइए जानते हैं इस भव्य रॉयल लॉज के बारे में जो 200 साल पुरानी ऐतिहासिकता और शाही ठाठ-बाट का प्रतीक है।

    रॉयल लॉज की विशेषताएँ

    विंडसर ग्रेट पार्क के भीतर स्थित रॉयल लॉज एक विशाल संपत्ति है जिसमें 30 कमरे और कई शानदार सुविधाएं हैं। यह भव्य मैंसन 40 हेक्टेयर क्षेत्र में फैला हुआ है और आधिकारिक रूप से Crown Estate के स्वामित्व में है। यहां शाही स्विमिंग पूल एवियरी पक्षी घर छह लॉज कॉटेज माली का घर और शाही सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों के लिए अलग आवास मौजूद हैं। रॉयल लॉज की सुरक्षा उच्च स्तर की है क्योंकि यह विंडसर कासल और अन्य शाही निवासों के बेहद करीब स्थित है।

    प्रिंस एंड्रयू को कैसे मिला रॉयल लॉज

    प्रिंस एंड्रयू को यह शानदार रॉयल लॉज दिवंगत महारानी एलिजाबेथ-II ने दिया था। 2003 में प्रिंस एंड्रयू ने रॉयल लॉज के लिए 1 मिलियन पाउंड का भुगतान किया और 75 साल की लीज ली जो 2078 तक वैध थी। इस लीज की शर्तों के अनुसार उन्हें लॉज के मरम्मत और रखरखाव की जिम्मेदारी दी गई थी। एंड्रयू ने इस संपत्ति पर लगभग 7.5 मिलियन पाउंड की राशि खर्च की और इसे 2005 तक रेनोवेट किया।यह लीज में दिलचस्प बात यह है कि सालाना किराया अगर मांगा जाए के रूप में एक  तुलसी के बीज निर्धारित किया गया था। इसका मतलब यह था कि यदि Crown Estate ने किराया मांगा तो उसे नाममात्र की राशि ही चुकानी पड़ती थी।

    रॉयल लॉज का ऐतिहासिक महत्व

    रॉयल लॉज का इतिहास 1660 के दशक से जुड़ा हुआ है। यह संपत्ति शिकार लॉज के रूप में शुरू हुई थी और 19वीं सदी की शुरुआत में जॉर्ज IV ने इसे एक निजी रिट्रीट और शिकार लॉज के रूप में बदल दिया था। तब से इसे रॉयल लॉज नाम मिला। इस रॉयल लॉज में 1930 के दशक में फिर से निर्माण किया गया और यहां ब्रिटेन की रानी एलिजाबेथ-II ने अपने बचपन के कुछ साल बिताए थे जब वे अपने माता-पिता ड्यूक और डचेस ऑफ यॉर्क के साथ यहां रहते थे। यहां तक कि क्वीन मदर ने भी इसे 2002 तक अपनी मृत्यु तक अपना विंडसर निवास बनाए रखा था। इसलिए रॉयल लॉज शाही परिवार के इतिहास का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है और इसका ऐतिहासिक और भावनात्मक मूल्य भी है।

    प्रिंस एंड्रयू द्वारा किए गए बदलाव

    प्रिंस एंड्रयू ने रॉयल लॉज में कई संरचनात्मक बदलाव किए थे। इन बदलावों में मुख्य रूप से अंदरूनी छत में सुधार बाहरी पेंटिंग और गेट एंट्रेंस पर नई टारमैकिन्ग शामिल हैं। इसके अलावा उन्होंने सुरक्षा के उपायों को मजबूत करने के लिए लाइटिंग और सिक्योरिटी कैमरे भी लगाए। रॉयल लॉज में पुलिस आवास और कंजर्वेटरी के निर्माण की अनुमति पहले से दी जा चुकी थी जो सुरक्षा बढ़ाने में मदद करती है।

    किंग चार्ल्स का फैसला

    हालांकि किंग चार्ल्स के आदेश के बाद प्रिंस एंड्रयू को रॉयल लॉज खाली करना पड़ा है लेकिन यह संपत्ति अब भी शाही परिवार के इतिहास का अहम हिस्सा है। इसके भविष्य को लेकर अब तक कोई स्पष्ट घोषणा नहीं हुई है लेकिन इसे लेकर चर्चा और योजनाएं लगातार चल रही हैं।
    रॉयल लॉज की शाही धरोहर और प्रिंस एंड्रयू के साथ जुड़ी इस संपत्ति की कहानी ब्रिटिश शाही परिवार के इतिहास और संस्कृति को दर्शाती है।

  • बांग्लादेश मामले पर बोले इमरान मसूद, प्रियंका गांधी को PM बनाइए, फिर देखिए., राहुल गांधी को लेकर भी दी राय

    बांग्लादेश मामले पर बोले इमरान मसूद, प्रियंका गांधी को PM बनाइए, फिर देखिए., राहुल गांधी को लेकर भी दी राय


    नई दिल्‍ली। बांग्लादेश में हिंदू समुदाय के एक व्यक्ति दीपू चंद्र दास की कथित ईश निंदा के आरोप में पीट-पीटकर हत्या के बाद देशभर में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। इस पर सियासत भी गर्मा गई है। बीजेपी ने विपक्षी कांग्रेस और कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी पर निशाना साधा यह आरोप लगाते हुए कि वे बांग्लादेश में हिंदुओं की स्थिति पर चुप हैं और केवल गाजा पर ही बोलती हैं। इस पर कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने पलटवार किया।

    क्‍या बोले इमरान मसूद?

    इमरान मसूद ने कहा कि बांग्लादेश में हालात पर सबसे ज्यादा आवाज प्रियंका गांधी ने उठाई है। मसूद ने कहा कि प्रियंका गांधी को प्रधानमंत्री बनाइए फिर देखिए कैसे जवाब देती हैं इंदिरा गांधी की तरह। वह भारत विरोधी गतिविधियों को रोकने में सक्षम होंगी। हालांकि राहुल गांधी की भूमिका पर सवाल किए जाने पर मसूद की टोन बदल गई। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी भी वही करेंगे जो प्रियंका गांधी करेंगी। ये दोनों एक ही चेहरे की दो आंखें हैं अलग-अलग नहीं देखना चाहिए। राहुल गांधी हमारे नेता हैं और प्रियंका गांधी के भी। कौन क्या भूमिका निभाएगा यह पार्टी तय करेगी। मैं तो सिर्फ एक छोटा सिपाही हूं। इमरान मसूद ने प्रधानमंत्री पर भी निशाना साधते हुए कहा कि जब वह असम और बंगाल जाते हैं तो केवल चुनाव की बात करते हैं और अपना एजेंडा चलाने की कोशिश करते हैं। उन्होंने बांग्लादेश से हिंदुओं के पलायन और भारत विरोधी गतिविधियों पर चिंता जताई और कहा कि प्रियंका गांधी और राहुल गांधी के हाथ में कमान आने पर पूरी दुनिया उनकी सक्रियता देखेगी।

    इमरान मसूद ने प्रियंका गांधी और शशि थरूर पर दी सफाई

    इमरान मसूद ने मीडिया से बातचीत में प्रियंका गांधी और शशि थरूर को लेकर सफाई दी। मसूद ने कहा कि उनसे प्रियंका गांधी को लेकर सवाल पूछा गया था और उन्होंने जवाब दिया कि अगर प्रियंका गांधी प्रधानमंत्री बनतीं तो वह इंदिरा गांधी की तरह स्पष्ट और निर्णायक जवाब देतीं। उन्होंने जोर देकर कहा कि प्रियंका गांधी केवल पीएम मोदी की तरह भाषण नहीं देतीं बल्कि ठोस कार्रवाई करती। इमरान मसूद ने शशि थरूर को लेकर भी कहा। उन्होंने कहा कि शशि थरूर दिशा भ्रमित हो गए हैं और जिस विचारधारा के समर्थन में उन्होंने चुनाव जीता था उसके खिलाफ बात कर रहे हैं। मसूद ने यह भी कहा कि शशि थरूर जिनकी तारीफ कर रहे हैं वह उनके राज्य में भी मौजूद नहीं हैं।