Category: Entertainment

  • रणबीर कपूर बनेंगे राम और यश निभाएंगे रावण, रामायण को लेकर राजामौली हुए एक्साइटेड, फिल्म की पूरी टीम को दी बधाई

    रणबीर कपूर बनेंगे राम और यश निभाएंगे रावण, रामायण को लेकर राजामौली हुए एक्साइटेड, फिल्म की पूरी टीम को दी बधाई


    नई दिल्ली। रणबीर कपूर की आगामी फिल्म रामायण को लेकर दर्शकों के साथ-साथ फिल्म इंडस्ट्री की बड़ी हस्तियों में भी जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। अब मशहूर फिल्म निर्देशक एसएस राजामौली ने भी इस फिल्म को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने रामायण का ट्रेलर साझा करते हुए फिल्म की कहानी और कलाकारों की तारीफ की है। राजामौली के इस रिएक्शन के बाद फिल्म को लेकर चर्चा और तेज हो गई है। भारतीय सिनेमा की सबसे चर्चित फिल्मों में शामिल हो चुकी रामायण को बड़े पर्दे पर देखने के लिए दर्शक लंबे समय से इंतजार कर रहे हैं।
    एसएस राजामौली ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर फिल्म का ट्रेलर साझा करते हुए लिखा कि रामायण ऐसी कहानी है जिसे भारत के हर स्टोरीटेलर ने अपने अंदाज में सुनाया है। उन्होंने कहा कि निर्देशक नितेश तिवारी और निर्माता नमित मल्होत्रा इस कहानी को जिस रूप में पर्दे पर लेकर आ रहे हैं उसे देखने के लिए वह काफी उत्साहित हैं। राजामौली ने फिल्म के कलाकारों की भी तारीफ की और कहा कि हर अभिनेता ने इन कालजयी किरदारों में जीवन और गहराई लाने की कोशिश की है। उन्होंने पांच नवंबर का इंतजार करने की बात कही और पूरी टीम को बधाई दी।
    राजामौली की यह प्रतिक्रिया इसलिए भी खास मानी जा रही है क्योंकि वह भारतीय सिनेमा को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने वाले निर्देशकों में गिने जाते हैं। बाहुबली और आरआरआर जैसी फिल्मों के जरिए उन्होंने भव्य दृश्यांकन और प्रभावशाली कहानी कहने की शैली से दर्शकों का ध्यान खींचा है। ऐसे में रामायण जैसी पौराणिक कथा पर आधारित फिल्म को लेकर उनका उत्साह फिल्म के प्रति बढ़ती दिलचस्पी को दिखाता है। हालांकि किसी भी फिल्म की असली सफलता दर्शकों की प्रतिक्रिया और बॉक्स ऑफिस प्रदर्शन से ही तय होगी।
    रामायण का दूसरा ट्रेलर हाल ही में रिलीज किया गया है। इसमें भगवान राम और रावण के बीच होने वाले संघर्ष की झलक दिखाई गई है। ट्रेलर को दर्शकों से अच्छा रिस्पॉन्स मिलने की खबरें हैं और फिल्म के विजुअल इफेक्ट्स भी चर्चा में हैं। फिल्म को बड़े स्तर पर तैयार किया जा रहा है ताकि भारतीय महाकाव्य की कहानी को भव्य सिनेमाई अनुभव के रूप में पेश किया जा सके। दर्शकों की दिलचस्पी इसकी स्टार कास्ट और रामायण के प्रसिद्ध प्रसंगों को नए अंदाज में देखने को लेकर भी बनी हुई है।
    फिल्म में रणबीर कपूर भगवान राम की भूमिका निभा रहे हैं जबकि साई पल्लवी माता सीता के किरदार में दिखाई देंगी। यश रावण की भूमिका निभा रहे हैं और रवि दुबे लक्ष्मण का किरदार निभाएंगे। वहीं सनी देओल भगवान हनुमान की भूमिका में नजर आएंगे। इसके अलावा फिल्म में रकुल प्रीत सिंह लारा दत्ता अरुण गोविल काजल अग्रवाल और कुणाल कपूर सहित कई कलाकार शामिल हैं। इतनी बड़ी स्टार कास्ट के कारण भी फिल्म को लेकर दर्शकों की उम्मीदें काफी बढ़ गई हैं।
    निर्देशक नितेश तिवारी की इस फिल्म का निर्माण नमित मल्होत्रा कर रहे हैं। रामायण को दो भागों में रिलीज करने की योजना है। रिपोर्ट के मुताबिक पहला भाग इस साल दिवाली के मौके पर और दूसरा भाग अगले साल दिवाली पर रिलीज किया जाना है। फिल्म को 3डी आईमैक्स और अन्य प्रीमियम बड़े पर्दों के प्रारूपों में रिलीज करने की तैयारी है। हिंदी के साथ तमिल तेलुगु कन्नड़ और मलयालम भाषाओं में भी इसे दर्शकों तक पहुंचाने की योजना है। इसके अलावा अंतरराष्ट्रीय दर्शकों के लिए अंग्रेजी संस्करण भी रिलीज किया जाएगा। अब दर्शकों की निगाहें फिल्म की रिलीज और बड़े पर्दे पर इसकी प्रस्तुति पर टिकी हैं।

  • सलीम खान से नाराज थे सलमान के नाना, शादी के बाद 5 साल तक नहीं किया दामाद से बात, फिर जलेबी का डिब्बा लेकर पहुंचे घर

    सलीम खान से नाराज थे सलमान के नाना, शादी के बाद 5 साल तक नहीं किया दामाद से बात, फिर जलेबी का डिब्बा लेकर पहुंचे घर


    नई दिल्ली । बॉलीवुड के सुपरस्टार सलमान खान अक्सर अपनी फिल्मों और निजी जिंदगी को लेकर चर्चा में रहते हैं। इस बार उन्होंने अपने परिवार से जुड़ा एक ऐसा किस्सा साझा किया है जिसने उनके माता-पिता सलीम खान और सलमा खान की शादी के शुरुआती दिनों की कहानी को फिर सुर्खियों में ला दिया है। बिग बॉस 20 के वीकेंड का वार में सलमान ने बताया कि उनके नाना माता-पिता की शादी से खुश नहीं थे और इस नाराजगी के कारण उन्होंने करीब पांच साल तक सलीम खान से बातचीत नहीं की थी। सलमान के मुताबिक इस नाराजगी की वजह धर्म नहीं बल्कि सलीम खान का अभिनेता बनने की कोशिश करना और फिल्म इंडस्ट्री से जुड़ा होना था।

    शो के दौरान सलमान खान घर के सदस्यों के बीच हुए विवाद पर बात कर रहे थे। जो गुल्लू और नकुल के बीच हुई लड़ाई का जिक्र करते हुए उन्होंने साफ किया कि वह घर में हिंसा बर्दाश्त नहीं करेंगे। इसी बातचीत के दौरान उन्होंने अपनी जिंदगी से जुड़ा पुराना किस्सा सुनाया। सलमान ने बताया कि जब उनके माता-पिता ने शादी की थी तब उनके नाना को यह चिंता सताती थी कि उनकी बेटी ऐसे माहौल में कैसे रहेगी जहां उसका पति फिल्म इंडस्ट्री में काम करने का सपना देख रहा है। सलमान के अनुसार उनके नाना को सलीम खान के व्यक्तित्व और उनके अभिनेता बनने की इच्छा पर आपत्ति थी।

    सलमान ने बताया कि इस नाराजगी के चलते उनके नाना ने सलीम खान से पांच साल तक बात नहीं की। परिवार के बीच यह दूरी लंबे समय तक बनी रही। हालांकि समय के साथ हालात बदले और परिवार के रिश्तों में फिर से गर्मजोशी लौटने लगी। सलमान के मुताबिक उनके छोटे भाई सोहेल खान के जन्म के बाद उनके नाना उनसे मिलने पहुंचे थे। वह माहिम से बांद्रा जलेबी का डिब्बा लेकर आए थे। यह मुलाकात परिवार के लिए खास थी क्योंकि लंबे समय से चली आ रही नाराजगी के बाद नाना ने खुद आगे बढ़कर रिश्ते सुधारने की पहल की थी।

    सलमान ने बताया कि मुलाकात के दौरान उनके नाना ने अफसोस जताया कि उनसे बड़ी गलती हुई जो उन्होंने अपने नाती और नातिन को बड़ा होते नहीं देखा। उन्होंने सलमा खान से यह भी कहा कि वह जब चाहें अपने मायके आ सकती हैं लेकिन घर आने पर झगड़ा नहीं होना चाहिए। इस तरह परिवार में बनी दूरी धीरे-धीरे कम हुई और रिश्तों को एक नई शुरुआत मिली। सलमान की इस बात से पता चलता है कि पारिवारिक नाराजगी कितनी भी लंबी क्यों न हो समय और आपसी समझ से उसे दूर किया जा सकता है।

    सलीम खान और सलमा खान की प्रेम कहानी भी दिलचस्प रही है। बताया जाता है कि दोनों की नजदीकियां एक-दूसरे को बालकनी में खड़े होकर देखने से शुरू हुई थीं। सलीम खान ने पहले भी बताया था कि वे शाम और रात के समय कभी-कभी मिलते थे। जब सलमा के घरवालों को इस रिश्ते के बारे में पता चला तो परिवार की ओर से दबाव बढ़ने लगा। इसके बाद दोनों ने शादी करने का फैसला किया। उनकी शादी के बाद परिवार में सलमान खान अरबाज खान सोहेल खान और अलवीरा खान का जन्म हुआ।

    बाद के वर्षों में सलीम खान की जिंदगी में अभिनेत्री हेलेन भी आईं। सलीम और हेलेन की मुलाकात 1963 में फिल्म कबली खान के सेट पर हुई थी। धीरे-धीरे दोनों की दोस्ती प्यार में बदली और साल 1980 में उन्होंने शादी कर ली। सलीम खान पहले से शादीशुदा थे और उनके चार बच्चे थे। समय के साथ परिवार ने हेलेन को भी अपनाया और आज खान परिवार में उनके प्रति सम्मान और अपनापन दिखाई देता है। सलमान खान का यह किस्सा एक बार फिर उनके परिवार के निजी जीवन और रिश्तों के उतार-चढ़ाव को चर्चा में ले आया है।

  • इमरान खान को भारत छोड़ने के नोटिस पर बड़ा मोड़, एक्टर ने हाई कोर्ट में उठाए सवाल, बोले बिना पक्ष सुने जारी हुआ आदेश

    इमरान खान को भारत छोड़ने के नोटिस पर बड़ा मोड़, एक्टर ने हाई कोर्ट में उठाए सवाल, बोले बिना पक्ष सुने जारी हुआ आदेश


    नई दिल्ली। बॉलीवुड अभिनेता इमरान खान ने भारत छोड़ने के नोटिस के खिलाफ बॉम्बे हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। मुंबई पुलिस और विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय यानी FRRO की ओर से जारी नोटिस में उन्हें 28 अक्टूबर तक भारत छोड़ने के लिए कहा गया है। अभिनेता ने इस आदेश को चुनौती देते हुए शनिवार को हाई कोर्ट में याचिका दाखिल की। उनका कहना है कि नोटिस जारी करने से पहले उन्हें अपना पक्ष रखने का अवसर नहीं दिया गया जो प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के खिलाफ है। इस मामले ने अब कानूनी मोड़ ले लिया है और याचिका पर जल्द सुनवाई होने की संभावना जताई जा रही है।

    इमरान खान ने अपने वकील जुल्फिकार मेमन के माध्यम से अदालत में याचिका दायर की है। इसमें भारत छोड़ने के नोटिस को अवैध अनुचित और कठोर बताते हुए उसे कानून की कसौटी पर गलत ठहराया गया है। याचिका में यह भी तर्क दिया गया है कि मौजूदा कानूनों और वैधानिक नियमों में ऐसा कोई स्पष्ट प्रावधान नहीं है जो भारत के प्रवासी नागरिक यानी OCI कार्डधारक को शांतिपूर्ण प्रदर्शन में शामिल होने से रोकता हो। अभिनेता का पक्ष है कि किसी कार्रवाई से पहले उन्हें अपनी बात रखने का उचित मौका दिया जाना चाहिए था। अब अदालत इस मामले में क्या रुख अपनाती है इस पर सबकी नजरें टिकी हैं।

    मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस याचिका का उल्लेख तत्काल सुनवाई के लिए मुख्य न्यायाधीश महेश चंद्र त्रिपाठी और न्यायमूर्ति अद्वैत सेठना की पीठ के सामने किया जा सकता है। हालांकि सुनवाई और अदालत के आदेश को लेकर आगे की स्थिति न्यायिक प्रक्रिया पर निर्भर करेगी। फिलहाल अभिनेता ने नोटिस को चुनौती देकर अपने कानूनी अधिकारों के आधार पर राहत पाने की कोशिश की है।

    यह पूरा मामला मुंबई के अगस्त क्रांति मैदान में आयोजित सिटिजन्स फॉर जस्टिस एंड पीस यानी CJP प्रोटेस्ट से जुड़ा है। इस प्रदर्शन का आयोजन कॉकरोच जनता पार्टी ने किया था। इमरान खान भी इसमें शामिल हुए थे। रिपोर्ट के अनुसार इमरान के पास भारतीय नागरिकता नहीं है और वे अमेरिकी नागरिक हैं। उनके पास OCI कार्ड है। प्रदर्शन में शामिल होने के बाद विदेशी नागरिकों से जुड़े नियमों और इमिग्रेशन कानूनों के कथित उल्लंघन का आरोप सामने आया। इसके बाद मुंबई पुलिस और FRRO की ओर से उन्हें 28 अक्टूबर तक भारत छोड़ने का नोटिस जारी किए जाने की बात सामने आई।

    प्रदर्शन में शामिल होने के अपने फैसले पर इमरान खान ने मीडिया से बातचीत में कहा था कि वह एक शहर के नागरिक के तौर पर वहां पहुंचे थे। उन्होंने कहा था कि उनकी कोई विशेष मांग नहीं है बल्कि वह यह समझना चाहते हैं कि लोगों की आवाज और स्वतंत्र रूप से आने जाने की आजादी पर रोक क्यों लगाई जा रही है। इस प्रदर्शन में उनकी गर्लफ्रेंड लेखा वाशिंगटन उनकी मां नुसरत और भांजी जायन भी शामिल हुई थीं।

    इमरान खान की पेशेवर जिंदगी की बात करें तो वह लंबे समय से फिल्मों में सक्रिय भूमिका से दूर रहे हैं। उनकी फिल्म कट्टी बट्टी साल 2015 में रिलीज हुई थी जिसमें उनके साथ कंगना रनौत मुख्य भूमिका में थीं। फिल्म बॉक्स ऑफिस पर खास सफलता हासिल नहीं कर सकी थी। इसके बाद इमरान इसी साल रिलीज हुई फिल्म हैप्पी पटेल खतरनाक जासूस में विशेष भूमिका में नजर आए। अब भारत छोड़ने के नोटिस के खिलाफ उनकी कानूनी लड़ाई चर्चा में है। आने वाले दिनों में हाई कोर्ट की सुनवाई इस मामले की दिशा तय करने में अहम हो सकती है।

  • अजय देवगन के घर पर नहीं चला BMC का हथौड़ा, वायरल तस्वीरों के पीछे की कहानी आई सामने, एक्टर की टीम ने बताई पूरी सच्चाई

    अजय देवगन के घर पर नहीं चला BMC का हथौड़ा, वायरल तस्वीरों के पीछे की कहानी आई सामने, एक्टर की टीम ने बताई पूरी सच्चाई


    नई दिल्ली। बॉलीवुड अभिनेता अजय देवगन शनिवार को अपनी एक प्रॉपर्टी को लेकर चर्चा में आ गए जब मुंबई में उनके जुहू स्थित बंगले के एक हिस्से पर बृहन्मुंबई महानगरपालिका यानी बीएमसी की कार्रवाई की खबर सामने आई। सोशल मीडिया और मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया कि नगर निगम ने उनके घर के एक हिस्से को तोड़ दिया है। इसके साथ ही एक दीवार तोड़े जाने की तस्वीर भी सामने आई जिसके बाद यह मामला तेजी से चर्चा में आ गया। हालांकि अब अजय देवगन के ऑफिस की ओर से इस खबर पर सफाई दी गई है। अभिनेता की टीम ने स्पष्ट किया कि जिस प्रॉपर्टी को लेकर तोड़फोड़ की खबरें सामने आई हैं वह अजय देवगन का घर नहीं बल्कि उनकी एक अलग संपत्ति है जिसे किराए पर दिया गया है।
    अजय देवगन के ऑफिस की ओर से जारी बयान में कहा गया कि संबंधित संपत्ति को अभिनेता के निजी आवास के रूप में पेश करना सही नहीं है। यह एक अलग प्रॉपर्टी है जिसका इस्तेमाल किराए पर देने के लिए किया जाता है। टीम ने यह भी बताया कि इस संपत्ति से जुड़े जरूरी अनुमतियों के लिए बीएमसी में आवेदन जमा किया गया था। नगर निगम की ओर से निर्धारित आवश्यकताओं के अनुसार संबंधित बदलाव और संशोधन भी किए गए हैं। इस बयान के सामने आने के बाद अभिनेता के घर पर कार्रवाई होने को लेकर फैल रही चर्चाओं की स्थिति स्पष्ट हुई।
    दरअसल इस पूरे मामले में बीएमसी की ओर से निर्माण कार्य को लेकर आपत्ति जताई गई थी। रिपोर्ट के मुताबिक नगर निगम ने 10 सितंबर 2026 को काम रोकने का नोटिस जारी किया था। इसमें निर्माण कार्य से जुड़े लोगों को तत्काल काम बंद करने और संबंधित अनुमति के दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए थे। बताया गया कि संपत्ति में कुछ ऐसे बदलाव किए जा रहे थे जिनके लिए आवश्यक मंजूरी नहीं ली गई थी। इन बदलावों में आंतरिक फेरबदल पार्टिशन की दीवारें खिड़कियां और अन्य निर्माण संबंधी काम शामिल बताए गए।
    नगर निगम की कार्रवाई से जुड़े मामले में सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि खबरों में जिस संपत्ति का उल्लेख किया गया उसे अजय देवगन के निजी घर से जोड़ दिया गया था। हालांकि अभिनेता की टीम ने इस दावे को स्पष्ट रूप से खारिज किया है। इसलिए पूरे विवाद को समझने के लिए यह अंतर ध्यान में रखना जरूरी है कि मामला अभिनेता के निजी आवास का नहीं बल्कि उनकी दूसरी संपत्ति का बताया गया है। बीएमसी की ओर से निर्माण संबंधी नियमों और अनुमतियों को लेकर उठाए गए सवालों के बीच यह मामला चर्चा में आया।
    अजय देवगन की फिल्मों की बात करें तो अभिनेता हाल ही में दृश्यम द कन्क्लूजन को लेकर चर्चा में रहे हैं। दृश्यम फ्रेंचाइजी की इस फिल्म में उनके साथ तब्बू श्रेया सरन जयदीप अहलावत प्रकाश राज रजत कपूर और इशिता दत्ता जैसे कलाकार नजर आए। फिल्म का निर्देशन अभिषेक पाठक ने किया है। दर्शकों के बीच इस फ्रेंचाइजी की लोकप्रियता के कारण फिल्म को लेकर काफी उत्सुकता बनी रही। आने वाले समय में अजय देवगन गोलमाल 5 और रेंजर जैसी फिल्मों में भी नजर आ सकते हैं। गोलमाल 5 का निर्देशन रोहित शेट्टी करेंगे।
    इस फिल्म में अक्षय कुमार के साथ शरमन जोशी तुषार कपूर अरशद वारसी और कुणाल खेमू जैसे कलाकारों के शामिल होने की जानकारी सामने आई है। वहीं रेंजर में अजय देवगन के साथ तमन्ना भाटिया और संजय दत्त नजर आ सकते हैं। फिलहाल बीएमसी की कार्रवाई से जुड़ी खबरों के बीच अभिनेता की टीम की सफाई ने इस मामले को लेकर फैली गलतफहमी दूर करने की कोशिश की है।

  • अक्षय कुमार की अगली फिल्म में होगा कॉमेडी और रोमांच का तड़का, 70 के दशक में टाइगर हंटर बनेंगे खिलाड़ी कुमार, राजपाल यादव और अन्नू कपूर भी आएंगे नजर

    अक्षय कुमार की अगली फिल्म में होगा कॉमेडी और रोमांच का तड़का, 70 के दशक में टाइगर हंटर बनेंगे खिलाड़ी कुमार, राजपाल यादव और अन्नू कपूर भी आएंगे नजर


    नई दिल्ली। बॉलीवुड अभिनेता अक्षय कुमार एक बार फिर अपनी पुरानी हिट जोड़ी के साथ दर्शकों को हंसाने की तैयारी में हैं। हाल ही में रिलीज हुई फिल्म हैवान के बॉक्स ऑफिस पर निराशाजनक प्रदर्शन के बाद अब अक्षय कुमार और निर्देशक प्रियदर्शन एक नई कॉमेडी फिल्म के लिए साथ आ रहे हैं। इस बार फिल्म की कहानी और अक्षय का किरदार पहले से काफी अलग होने वाला है। सामने आई रिपोर्ट के मुताबिक अक्षय कुमार इस फिल्म में टाइगर हंटर यानी बाघों का शिकार करने वाले व्यक्ति की भूमिका निभाते दिखाई देंगे। फिल्म की कहानी 1970 के दशक की पृष्ठभूमि पर आधारित होगी और इसमें कॉमेडी के साथ रोमांच का तड़का भी देखने को मिल सकता है।
    अक्षय कुमार और प्रियदर्शन की जोड़ी बॉलीवुड में अपनी कॉमेडी फिल्मों के लिए खास पहचान रखती है। दोनों ने पहले हेरा फेरी गरम मसाला और दे दना दन जैसी फिल्मों में साथ काम किया है। इन फिल्मों को दर्शकों का अच्छा प्रतिसाद मिला था और अक्षय की कॉमिक टाइमिंग ने दर्शकों को खूब मनोरंजन किया था। यही वजह है कि नई फिल्म को लेकर भी उम्मीदें बढ़ गई हैं। हालांकि दोनों की पिछली फिल्म हैवान बॉक्स ऑफिस पर उम्मीदों के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाई थी। रिपोर्ट के अनुसार फिल्म की कमाई भी काफी निराशाजनक रही और यह अक्षय तथा प्रियदर्शन की जोड़ी के लिए एक बड़ा झटका साबित हुई।
    हैवान के प्रदर्शन को लेकर प्रियदर्शन ने भी अपनी निराशा जाहिर की थी। उन्होंने स्वीकार किया था कि फिल्म दर्शकों की उम्मीदों पर खरी नहीं उतर सकी। निर्देशक के मुताबिक अक्षय कुमार के साथ गंभीर विषयों पर बनी फिल्मों को पहले भी अपेक्षित सफलता नहीं मिली है। उन्होंने खट्टा मीठा का उदाहरण देते हुए कहा था कि दर्शक इस जोड़ी को कॉमेडी फिल्मों में अधिक पसंद करते हैं। अब नई फिल्म के जरिए दोनों एक बार फिर उसी शैली में लौटने की तैयारी कर रहे हैं जिसने उन्हें पहले बड़ी सफलता दिलाई थी।
    फिल्म से जुड़ी रिपोर्ट के मुताबिक इसकी शूटिंग नवंबर 2026 के आखिरी सप्ताह में शुरू हो सकती है। इसके बाद राजस्थान के जंगलों और वन्यजीव क्षेत्रों में करीब तीन महीने तक शूटिंग किए जाने की योजना है। फिल्म के कुछ हिस्सों के लिए मुंबई में भी सेट तैयार किया जाएगा। इसके अलावा भोपाल में भी लोकेशन की रेकी किए जाने की जानकारी सामने आई है। यदि भोपाल में शूटिंग होती है तो स्थानीय फिल्म प्रेमियों को भी इस बड़े प्रोजेक्ट से जुड़ी गतिविधियां देखने का मौका मिल सकता है।
    इस फिल्म में अक्षय कुमार के साथ राजपाल यादव और अन्नू कपूर जैसे अनुभवी कलाकार भी अहम भूमिकाओं में नजर आ सकते हैं। राजपाल यादव अपनी कॉमिक टाइमिंग के लिए मशहूर हैं जबकि अन्नू कपूर अपने अलग अंदाज और दमदार अभिनय से किरदारों में जान डालने के लिए जाने जाते हैं। इन दोनों कलाकारों की मौजूदगी फिल्म के हास्य पक्ष को मजबूत बना सकती है। हालांकि फिल्म की मुख्य अभिनेत्री की तलाश अभी जारी बताई जा रही है।
    फिल्म की कहानी प्रियदर्शन ने रोहन शंकर के साथ मिलकर लिखी है। दोनों इससे पहले भूत बंगला पर भी साथ काम कर चुके हैं। अब दर्शकों की नजर इस नई कॉमेडी फिल्म पर टिकी है। हैवान की असफलता के बाद अक्षय कुमार और प्रियदर्शन के सामने एक बार फिर अपनी सफल जोड़ी का जादू दोहराने की चुनौती होगी। फिल्म की शूटिंग और कलाकारों से जुड़ी जानकारी सामने आने के बाद यह देखना दिलचस्प होगा कि 1970 के दशक के टाइगर हंटर का किरदार दर्शकों को कितना पसंद आता है।

  • अनिरुद्ध रविचंदर और काव्या मारन की शादी की चर्चाओं के बीच जानिए संगीतकार के परिवार, माता-पिता और रजनीकांत से खास रिश्ते की पूरी जानकारी

    अनिरुद्ध रविचंदर और काव्या मारन की शादी की चर्चाओं के बीच जानिए संगीतकार के परिवार, माता-पिता और रजनीकांत से खास रिश्ते की पूरी जानकारी

    नई दिल्ली । तमिल फिल्म इंडस्ट्री के लोकप्रिय संगीतकार अनिरुद्ध रविचंदर इन दिनों काव्या मारन के साथ अपनी शादी को लेकर चर्चा में हैं। काव्या मारन सनराइजर्स हैदराबाद की मालकिन के रूप में जानी जाती हैं। दोनों की शादी को लेकर सामने आ रही खबरों के बीच अनिरुद्ध के परिवार को लेकर भी लोगों की दिलचस्पी बढ़ गई है। अनिरुद्ध का परिवार दक्षिण भारतीय सिनेमा से गहराई से जुड़ा हुआ है। उनके पिता अभिनेता हैं, मां शास्त्रीय नृत्य से जुड़ी हैं और परिवार का संबंध सुपरस्टार रजनीकांत से भी है।

    शादी को लेकर क्या है चर्चा?

    सामने आई जानकारी के मुताबिक, अनिरुद्ध रविचंदर और काव्या मारन की शादी 11 नवंबर 2026 को ग्रीस में होने की चर्चा है। यह भी दावा किया गया है कि शादी के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री थलपति विजय को निमंत्रण भेजा गया है। हालांकि, शादी से जुड़ी इन जानकारियों की स्वतंत्र पुष्टि उपलब्ध नहीं है। ऐसे में समारोह की तारीख और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर आधिकारिक पुष्टि का इंतजार करना जरूरी है। फिलहाल इस संभावित शादी को लेकर प्रशंसकों के बीच उत्सुकता बनी हुई है।

    रवि राघवेंद्र हैं अनिरुद्ध के पिता

    अनिरुद्ध रविचंदर के पिता रवि राघवेंद्र तमिल फिल्मों और टेलीविजन की दुनिया के जाने-पहचाने अभिनेता हैं। अभिनय के क्षेत्र में उनकी अपनी पहचान है। मनोरंजन जगत से जुड़े परिवार में पले-बढ़े अनिरुद्ध ने संगीत की दुनिया में अलग मुकाम बनाया है। उनके पिता का अभिनय से जुड़ा अनुभव परिवार की उस पृष्ठभूमि को दर्शाता है, जिसका संबंध लंबे समय से दक्षिण भारतीय मनोरंजन उद्योग से रहा है।

    मां लक्ष्मी रविचंदर हैं शास्त्रीय नृत्यांग
    ना
    अनिरुद्ध की मां लक्ष्मी रविचंदर पेशे से शास्त्रीय नृत्यांगना हैं। इस तरह उनके परिवार में अभिनय के साथ-साथ कला और संगीत से जुड़ी परंपरा भी मौजूद है। अनिरुद्ध ने फिल्म संगीत के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाई है। उनके परिवार के सदस्यों की अलग-अलग कलात्मक गतिविधियां उन्हें दक्षिण भारतीय मनोरंजन जगत से जोड़ती हैं।

    बहन वैष्णवी और परिवार के दूसरे सदस्य
    अनिरुद्ध रविचंदर की एक बहन भी हैं, जिनका नाम वैष्णवी है। उनके परिवार में अन्य सदस्य भी फिल्म जगत से जुड़े हुए हैं। अनिरुद्ध की बुआ लता रजनीकांत हैं, जिनकी शादी सुपरस्टार रजनीकांत से हुई है। इस रिश्ते के कारण रजनीकांत अनिरुद्ध के फूफा लगते हैं। रजनीकांत दक्षिण भारतीय सिनेमा के सबसे चर्चित अभिनेताओं में शामिल हैं और उनका परिवार भी फिल्म निर्माण से जुड़ा रहा है।

    ऐश्वर्या और सौंदर्या रजनीकांत हैं चचेरी बहनें
    रजनीकांत और लता रजनीकांत की बेटियां ऐश्वर्या रजनीकांत और सौंदर्या रजनीकांत अनिरुद्ध की चचेरी बहनें हैं। दोनों फिल्म निर्माण और निर्देशन के क्षेत्र से जुड़ी हुई हैं। इस तरह अनिरुद्ध का पारिवारिक संबंध अभिनय, निर्देशन, नृत्य और संगीत जैसे मनोरंजन जगत के विभिन्न क्षेत्रों से है। हालांकि, अनिरुद्ध ने अपनी पहचान मुख्य रूप से संगीतकार के रूप में बनाई है।

    काव्या मारन से रिश्ते को लेकर भी चर्चा
    अनिरुद्ध और काव्या मारन के रिश्ते को लेकर यह भी चर्चा है कि दोनों के बीच संबंध आगे बढ़ने में रजनीकांत की भूमिका रही है। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। काव्या मारन क्रिकेट जगत में अपनी भूमिका के कारण जानी जाती हैं, जबकि अनिरुद्ध तमिल फिल्मों के संगीतकार के तौर पर लोकप्रिय हैं। दोनों की संभावित शादी को लेकर प्रशंसकों की निगाहें अब आगे आने वाली आधिकारिक जानकारी पर टिकी हैं।

  • ऑस्कर के लिए भारत की आधिकारिक पसंद बनी मराठी थ्रिलर फिल्म ‘गोंधल’ 13 नवंबर को छह भाषाओं में सिनेमाघरों में होगी रिलीज

    ऑस्कर के लिए भारत की आधिकारिक पसंद बनी मराठी थ्रिलर फिल्म ‘गोंधल’ 13 नवंबर को छह भाषाओं में सिनेमाघरों में होगी रिलीज

    नई दिल्ली । मराठी थ्रिलर फिल्म ‘गोंधल’ अब देशभर के सिनेमाघरों में दस्तक देने के लिए तैयार है। 99वें अकादमी पुरस्कारों में सर्वश्रेष्ठ अंतरराष्ट्रीय फीचर फिल्म श्रेणी के लिए भारत की आधिकारिक प्रविष्टि के रूप में चुनी गई यह फिल्म 13 नवंबर को रिलीज होगी। फिल्म को लेकर दर्शकों के बीच उत्सुकता बनी हुई है, क्योंकि इसकी कहानी महाराष्ट्र की सदियों पुरानी धार्मिक परंपरा ‘गोंधल’ के इर्द-गिर्द बुनी गई है। संतोष दावखर के निर्देशन में बनी यह फिल्म मराठी के साथ हिंदी, तमिल, तेलुगु, मलयालम और कन्नड़ भाषाओं में भी प्रदर्शित की जाएगी। इस तरह दर्शक इसे कुल छह भाषाओं में देख सकेंगे।

    ‘गोंधल’ को भारत की आधिकारिक ऑस्कर प्रविष्टि के रूप में 18 सितंबर को चुने जाने की घोषणा की गई थी। इस चयन के दौरान फिल्म ने 33 अन्य फिल्मों को पीछे छोड़ा। इसके बाद से ही फिल्म को लेकर चर्चा बढ़ गई थी। अब सिनेमाघरों में इसकी रिलीज की तारीख सामने आने के बाद दर्शकों को इसकी कहानी बड़े पर्दे पर देखने का अवसर मिलेगा। फिल्म का निर्माण और निर्देशन संतोष दावखर ने किया है। इसकी पटकथा भी उन्होंने ही लिखी है। फिल्म का निर्माण दावखर फिल्म्स के बैनर तले किया गया है।

    फिल्म की कहानी ग्रामीण महाराष्ट्र की पृष्ठभूमि में आगे बढ़ती है। इसमें आधी रात को आयोजित होने वाले पारंपरिक गोंधल समारोह को कथा का महत्वपूर्ण हिस्सा बनाया गया है। गोंधल महाराष्ट्र की एक पुरानी धार्मिक और सांस्कृतिक परंपरा है, जिसे फिल्म में कहानी को आगे बढ़ाने वाले प्रमुख तत्व के रूप में प्रस्तुत किया गया है। इसी समारोह के दौरान पात्रों के जीवन से जुड़े रहस्य सामने आने लगते हैं और घटनाएं धीरे-धीरे गंभीर मोड़ लेती हैं।

    फिल्म में इशिता देशमुख सुमन नाम की महिला की भूमिका निभा रही हैं। सुमन की शादी एक अमीर परिवार में होती है, लेकिन वह अपनी जिंदगी से परेशान रहती है। इसी दौरान उसकी मुलाकात साहेबा नाम के एक आकर्षक गोंधली कलाकार से होती है। इस मुलाकात के बाद उसकी जिंदगी में कई बदलाव आते हैं। कहानी आगे बढ़ने के साथ रिश्तों की जटिलताएं, धोखे और विश्वासघात जैसे पहलू उभरते हैं। घटनाक्रम धीरे-धीरे हत्या की साजिश तक पहुंच जाता है। रातभर चलने वाला गोंधल समारोह इन घटनाओं को जोड़ने और कहानी के रहस्य को गहरा करने में अहम भूमिका निभाता है।

    ‘गोंधल’ में किशोर कदम, इशिता देशमुख, योगेश सोहोनी, निषाद भोईर और अनुज प्रभु प्रमुख भूमिकाओं में नजर आएंगे। फिल्म में कलाकारों के अभिनय के साथ इसकी कहानी और पारंपरिक सांस्कृतिक पृष्ठभूमि को भी महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है। ग्रामीण महाराष्ट्र का वातावरण और धार्मिक समारोह कथानक को विशिष्ट पहचान देते हैं।फिल्म के संगीत की जिम्मेदारी दिग्गज संगीतकार इलैयाराजा ने संभाली है। वहीं, अमलेंदु चौधरी ने सिनेमैटोग्राफी की है। संगीत और दृश्यांकन के जरिए फिल्म के वातावरण तथा घटनाओं को प्रभावी रूप से पर्दे पर प्रस्तुत करने का प्रयास किया गया है।

    ऑस्कर के लिए भारत की आधिकारिक प्रविष्टि चुने जाने के बाद ‘गोंधल’ की पहचान देश के बाहर भी बढ़ने की संभावना है। हालांकि, फिल्म की अगली महत्वपूर्ण परीक्षा सिनेमाघरों में होगी, जहां दर्शकों की प्रतिक्रिया उसके प्रदर्शन को लेकर तस्वीर साफ करेगी। 13 नवंबर को रिलीज होने वाली यह मराठी थ्रिलर छह भाषाओं में दर्शकों तक पहुंचेगी। अब देखना होगा कि महाराष्ट्र की पारंपरिक धार्मिक संस्कृति, रहस्य और रिश्तों की उलझनों पर आधारित यह कहानी दर्शकों को कितना प्रभावित करती है।

  • शादीशुदा गुरमीत चौधरी संग किसिंग सीन पर ईशा मालवीय ने तोड़ी चुप्पी।

    शादीशुदा गुरमीत चौधरी संग किसिंग सीन पर ईशा मालवीय ने तोड़ी चुप्पी।

    नई दिल्ली । ईशा मालवीय और गुरमीत चौधरी की आगामी रोमांटिक फिल्म ‘तुम मेरे हो’ रिलीज से पहले ही चर्चा में आ गई है। फिल्म के एक पोस्टर में दोनों कलाकार किस करते नजर आ रहे हैं। इस रोमांटिक तस्वीर के सामने आने के बाद फिल्म की कहानी और कलाकारों के बीच फिल्माए गए अंतरंग दृश्यों को लेकर दर्शकों की उत्सुकता बढ़ गई है। खास बात यह है कि गुरमीत चौधरी शादीशुदा हैं और दो जुड़वां बेटियों के पिता हैं। उनकी पत्नी देबिना बनर्जी भी इस फिल्म के निर्माण से जुड़ी हैं।

    फिल्म में अपने सह-कलाकार गुरमीत के साथ किसिंग सीन करने को लेकर ईशा मालवीय ने खुलकर बात की है। उन्होंने बताया कि पोस्टर के लिए अलग से कोई फोटोशूट नहीं किया गया था। इसमें दिखाई देने वाला रोमांटिक पल फिल्म के एक दृश्य से लिया गया है। ईशा के अनुसार, यह सीन कहानी में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है और इसके जरिए आकाश तथा तमन्ना के रिश्ते को दिखाया गया है। दोनों किरदार कई परिस्थितियों से गुजरने के बाद किस तरह एक-दूसरे के करीब आते हैं, इसकी झलक इस दृश्य में देखने को मिलती है।

    फिल्म निर्माताओं ने इसी दृश्य को पोस्टर के रूप में दर्शकों के सामने पेश करने का फैसला किया। इसका उद्देश्य फिल्म के रोमांटिक अंदाज और कहानी के भावनात्मक पक्ष की झलक दिखाना है। पोस्टर सामने आने के बाद ईशा और गुरमीत के बीच फिल्माए गए इस दृश्य को लेकर चर्चाएं शुरू हो गईं।

    ईशा ने स्पष्ट किया कि गुरमीत चौधरी के साथ किसिंग सीन शूट करने में उन्हें कोई खास परेशानी नहीं हुई। उन्होंने गुरमीत को एक बेहतरीन अभिनेता और अच्छा इंसान बताया। ईशा के मुताबिक, ऐसे दृश्यों को सहजता से शूट करने में उनका अपना आत्मविश्वास भी काफी मददगार रहा। उन्होंने यह भी कहा कि अभिनय के पेशे में आने वाले कलाकारों को इस क्षेत्र के फायदे और चुनौतियों को समझना चाहिए। कलाकारों का काम दर्शकों का मनोरंजन करना है और इसी जिम्मेदारी के साथ वे अपने किरदार निभाते हैं।

    दूसरी ओर, गुरमीत चौधरी ने अंतरंग दृश्यों की शूटिंग के दौरान पेशेवर माहौल और कलाकारों की सहजता को महत्वपूर्ण बताया। उनके अनुसार, किसी भी फिल्म में सबसे अहम उसकी कहानी होती है। कलाकारों की जिम्मेदारी है कि वे अपने किरदारों की भावनाओं को सही ढंग से समझें और उन्हें पर्दे पर विश्वसनीय तरीके से प्रस्तुत करें। फिल्म में ईशा और गुरमीत के अलावा शान आर ग्रोवर, अनुष्का लुहार और रोमांच मेहता सहित अन्य कलाकार भी नजर आएंगे।

    गुरमीत और ईशा के किसिंग पोस्टर को लेकर चर्चा की एक वजह यह भी है कि गुरमीत की पत्नी देबिना बनर्जी खुद इस फिल्म की निर्माता हैं। ऐसे में फिल्म के रोमांटिक दृश्य और पोस्टर दर्शकों के बीच खास दिलचस्पी पैदा कर रहे हैं। हालांकि, ईशा ने अपने बयान में शूटिंग के दौरान किसी विशेष असहजता की बात नहीं कही है। उन्होंने इस दृश्य को कहानी का जरूरी हिस्सा बताया और गुरमीत के साथ काम करने के अनुभव को सहज माना
    ।
    ईशा मालवीय के लिए ‘तुम मेरे हो’ खास फिल्म है, क्योंकि इसके जरिए वह बॉलीवुड में कदम रखने जा रही हैं। फिल्म का निर्देशन आशीष पांडा ने किया है और इसे 23 अक्टूबर को सिनेमाघरों में रिलीज किया जाना है। रिलीज के समय फिल्म का मुकाबला आयुष्मान खुराना और सारा अली खान की ‘उड़ता तीर’ तथा लव रंजन की ‘पहला प्यार दूसरी बार’ से होने वाला है। अब देखना होगा कि रोमांटिक पोस्टर से चर्चा में आई यह फिल्म सिनेमाघरों में दर्शकों को कितना आकर्षित कर पाती है।

  • रामायण की नई झलक में सीता की तलवारबाजी, मिथिला में शस्त्र विद्या और रावण के शिव तांडव के अनदेखे दृश्य आए सामने

    रामायण की नई झलक में सीता की तलवारबाजी, मिथिला में शस्त्र विद्या और रावण के शिव तांडव के अनदेखे दृश्य आए सामने


    नई दिल्ली । फिल्म रामायण की नई झलक में इस बार माता सीता के ऐसे रूप को दिखाया गया है, जो पहले सामने आए दृश्यों से अलग है। नए वीडियो में सीता को युद्ध कौशल का प्रदर्शन करते और मिथिला में छोटी बच्चियों को शस्त्र विद्या सिखाते हुए देखा जा सकता है। इसके साथ ही भगवान राम के युद्ध से जुड़े दृश्य, रावण का शिव तांडव और कुबेर की नगरी में उसके युद्ध की झलक भी दिखाई गई है। फिल्म से जुड़े इन नए दृश्यों ने इसकी कहानी, भव्यता और पात्रों के अलग-अलग रूपों को लेकर उत्सुकता बढ़ा दी है।

    नई झलक में फिल्म के कुछ ऐसे दृश्य भी शामिल किए गए हैं, जो इससे पहले जारी किए गए ट्रेलर में देखने को नहीं मिले थे। इनमें माता सीता की युद्ध में भागीदारी का दृश्य खास है। कहानी के अनुसार, 14 हजार राक्षसों के साथ भगवान राम के युद्ध का उल्लेख मिलता है और नई झलक में सीता के भी इस संघर्ष से जुड़े होने की तस्वीर दिखाई गई है। इसके अलावा मिथिला में छोटी बच्चियों को शस्त्र विद्या सिखाती सीता का दृश्य उनके व्यक्तित्व के एक अलग पक्ष को सामने लाता है।

    वीडियो में भगवान राम से जुड़े कुछ नए दृश्य भी देखने को मिलते हैं। फिल्म के पहले टीजर में दिखाए गए एक राक्षस के रूप को लेकर दर्शकों की ओर से सवाल उठाए गए थे। नई झलक में उस दृश्य को बदले हुए रूप में पेश किया गया है। इसके साथ ही रावण के युद्ध और भगवान शिव के प्रति उसकी भक्ति को दर्शाने वाले शिव तांडव के दृश्य भी शामिल किए गए हैं। इन झलकियों में युद्ध, भक्ति और पौराणिक कथा से जुड़े अलग-अलग पहलुओं को दिखाने की कोशिश की गई है।
    वीडियो में फिल्म के प्रमुख कलाकार रणबीर कपूर, निर्माता नमित मल्होत्रा और निर्देशक नितेश तिवारी भी नजर आते हैं। तीनों फिल्म की कहानी, उसके वैश्विक स्तर और निर्माण से जुड़े अपने विचार साझा करते हैं। रणबीर कपूर का कहना है कि रामायण की कहानी को अधिक से अधिक सही और प्रभावशाली तरीके से प्रस्तुत करने का प्रयास किया जा रहा है। उनके मुताबिक, इस कथा को दर्शकों तक पहुंचाने में उसकी मूल भावना और प्रस्तुति की गुणवत्ता महत्वपूर्ण है।

    निर्माता नमित मल्होत्रा ने रामायण की कहानी को ऐसी कथा बताया, जिसमें इसे भव्य बनाने वाले कई तत्व मौजूद हैं और जो अलग-अलग तरह के दर्शकों से जुड़ सकती है। निर्देशक नितेश तिवारी भी इस विचार से सहमत दिखाई देते हैं। उनका मानना है कि रामायण की कहानी दुनिया के हर हिस्से के लोगों से जुड़ने की क्षमता रखती है। इसमें पिता और पुत्र के प्रेम, एक सुंदर प्रेम कहानी और विपरीत परिस्थितियों में आगे बढ़ने वाले पात्र की कथा जैसे पहलू शामिल हैं।

    इस परियोजना के निर्माण के बारे में बात करते हुए नमित मल्होत्रा ने बताया कि जब उन्हें रामायण बनाने का अवसर मिला, तो उन्हें लगा कि इस कहानी को बड़े स्तर पर पर्दे पर लाना चाहिए। उन्होंने कहा कि कुछ फिल्में केवल योजना बनाकर नहीं बनाई जातीं, बल्कि परिस्थितियां उन्हें आकार देती हैं। रणबीर कपूर ने भी नमित के प्रयासों की सराहना की। उनके अनुसार, निर्माता ने भारतीय फिल्म उद्योग में बड़े स्तर की तकनीक, संसाधनों और प्रतिभाओं को साथ लाने का काम किया है।

    नमित मल्होत्रा के मुताबिक, फिल्म के निर्माण में दुनियाभर के करीब 10 हजार लोग काम कर रहे हैं। नितेश तिवारी ने बड़े स्तर पर फिल्म बनाने की क्षमता को लेकर नमित की कंपनी डीएनईजी पर भरोसा जताया। नमित ने यह भी बताया कि उन्होंने करीब 30 साल पहले अपनी कंपनी की शुरुआत एक गैरेज से की थी। आठ बार ऑस्कर जीतने के बाद वह रामायण जैसे बड़े प्रोजेक्ट पर काम करने के अवसर का इंतजार कर रहे थे। उन्होंने फिल्म से जुड़े विभिन्न प्रतिभाशाली लोगों के योगदान का भी उल्लेख किया।

    फिल्म रामायण को दुनियाभर में 5 नवंबर को रिलीज करने की तैयारी है। नई झलक में सीता के युद्ध कौशल, राम के संघर्ष और रावण की भक्ति से जुड़े दृश्यों को शामिल करके कहानी के कई पहलुओं की झलक दिखाई गई है। अब दर्शकों की नजर फिल्म की रिलीज पर है, जहां इन पात्रों और घटनाओं को बड़े पर्दे पर विस्तार से देखने का अवसर मिलेगा।

  • पाटेकर की दरियादिली का भावुक किस्सा, दोस्त की फीस बढ़वाने के लिए प्रोड्यूसर्स को दो घंटे खड़ा रखा

    पाटेकर की दरियादिली का भावुक किस्सा, दोस्त की फीस बढ़वाने के लिए प्रोड्यूसर्स को दो घंटे खड़ा रखा


    नई दिल्ली। बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर के निधन के बाद उनसे जुड़े किस्से लगातार सामने आ रहे हैं। पर्दे पर अपने दमदार अभिनय से दर्शकों का दिल जीतने वाले नाना पाटेकर असल जिंदगी में भी अपनी बेबाकी और दरियादिली के लिए पहचाने जाते थे। उनके करीबी दोस्त और अभिनेता शिवाजी साटम ने नाना को याद करते हुए ऐसे भावुक किस्से साझा किए हैं जो उनकी शख्सियत के एक अलग पहलू को सामने लाते हैं। शिवाजी साटम के मुताबिक नाना केवल उनके दोस्त नहीं थे बल्कि जीवन के कठिन समय में एक सगे भाई की तरह उनके साथ खड़े रहे। खास तौर पर पत्नी के कैंसर से जूझने के दौरान नाना ने जिस तरह उनकी मदद की उसे याद करते हुए शिवाजी भावुक हो गए।
    मुंबई के प्रभादेवी स्थित पी एल देशपांडे महाराष्ट्र कला अकादमी परिसर में नाना पाटेकर की याद में आयोजित अठवणीतले नाना नाम की शोक सभा में शिवाजी साटम ने अपनी करीब 40 साल पुरानी दोस्ती के कई किस्से सुनाए। उन्होंने बताया कि नाना के साथ उनका रिश्ता बेहद खास था और हिंदी फिल्मों में काम करने का अवसर दिलाने में भी नाना की महत्वपूर्ण भूमिका रही। शिवाजी साटम ने कहा कि जब उन्होंने नाना के निधन की खबर सुनी तो उन्हें विश्वास ही नहीं हुआ। दोनों के बीच लंबे समय से गहरी दोस्ती थी और नाना ने हमेशा उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया।
    शिवाजी साटम ने बताया कि उनकी पहली हिंदी फिल्म यशवंत में काम करने के पीछे भी नाना पाटेकर का बड़ा योगदान था। फिल्म में पुलिस अधिकारी की भूमिका के लिए निर्माताओं ने शिवाजी से संपर्क किया था लेकिन शुरुआत में वह इस किरदार को निभाने के लिए तैयार नहीं थे। जब उन्होंने मना कर दिया तो निर्माताओं ने नाना से बात की। इसके बाद नाना ने अपने खास अंदाज में दोस्त को समझाया और उन्हें फिल्म करने के लिए राजी कर लिया। शिवाजी के मुताबिक नाना चाहते थे कि उन्हें उनकी प्रतिभा के अनुरूप हिंदी सिनेमा में अवसर मिलें और वह अपनी पहचान बना सकें।
    दोस्ती का एक और दिलचस्प किस्सा उनकी फीस से जुड़ा है। शिवाजी साटम ने बताया कि जब नाना को पता चला कि उन्हें फिल्म के लिए कितनी रकम दी जा रही है तो वह नाराज हो गए। उनका मानना था कि शिवाजी को अपनी मेहनत के हिसाब से बेहतर पारिश्रमिक मिलना चाहिए था। नाना ने इस मामले में खुद पहल की और निर्माताओं से बात की। शिवाजी ने बताया कि उन्होंने नाना को ऐसा करने से रोकने की कोशिश की थी लेकिन वह नहीं माने। नाना ने निर्माताओं को करीब दो घंटे तक खड़ा रखा और अपने दोस्त के लिए उचित फीस की बात रखी। इस घटना से साफ होता है कि नाना अपने करीबी लोगों के हितों के लिए खुलकर आवाज उठाते थे।
    हालांकि नाना की दोस्ती का सबसे भावुक पहलू उस समय सामने आया जब शिवाजी साटम की पत्नी को कैंसर होने का पता चला। उस दौरान शिवाजी फिल्म गुलाम-ए-मुस्तफा की शूटिंग कर रहे थे। परिवार पर आए इस संकट के कारण उनके लिए काम और पत्नी की देखभाल के बीच संतुलन बनाना मुश्किल हो गया था। उन्होंने फिल्म छोड़ने तक का विचार कर लिया था लेकिन नाना ने उन्हें अकेला नहीं छोड़ा। उन्होंने निर्देशक पार्थो घोष और फिल्म से जुड़े लोगों से बात की ताकि शिवाजी को शूटिंग के बाद घर लौटने का पर्याप्त समय मिल सके। इसके बाद उनका शेड्यूल इस तरह तय किया गया कि वह दोपहर 12 बजे शूटिंग पर पहुंचकर रात 8 बजे तक घर जा सकें।
    शिवाजी साटम ने भावुक होकर कहा कि नाना ने उनके लिए जितना किया उतना शायद उनका सगा भाई भी नहीं कर पाता। उन्होंने बताया कि नाना कभी भी अचानक फोन करके उन्हें अपने फार्म पर बुला लेते थे और दोस्ती को हमेशा सहज बनाए रखते थे। शिवाजी की इन यादों से यह बात सामने आती है कि नाना पाटेकर के लिए दोस्ती केवल साथ काम करने तक सीमित नहीं थी बल्कि मुश्किल समय में जिम्मेदारी निभाने का नाम थी। यही वजह है कि उनके जाने के बाद भी उनके चाहने वाले और करीबी उन्हें केवल एक महान अभिनेता के रूप में नहीं बल्कि एक संवेदनशील और मददगार इंसान के तौर पर याद कर रहे हैं।