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  • 'टॉक्सिक' में यश-कियारा के इंटीमेट सीन चर्चा में, कैसे शूट किए जाते हैं ऐसे दृश्य

    'टॉक्सिक' में यश-कियारा के इंटीमेट सीन चर्चा में, कैसे शूट किए जाते हैं ऐसे दृश्य


    मुंबई।
    दक्षिण भारतीय अभिनेता यश की फिल्म ‘टॉक्सिक’ रिलीज के बाद दर्शकों और समीक्षकों के बीच चर्चा में है। फिल्म को लेकर मिली-जुली प्रतिक्रियाओं के बीच यश और कियारा आडवाणी के इंटीमेट सीन सोशल मीडिया पर खास चर्चा का विषय बने हुए हैं। इन दृश्यों को लेकर कियारा को ट्रोलिंग का भी सामना करना पड़ा है।

    इंटीमेट दृश्यों को लेकर अक्सर दर्शकों के मन में सवाल रहता है कि फिल्मों में ऐसे सीन किस तरह फिल्माए जाते हैं और कैमरे पर दिखाई देने वाला दृश्य वास्तविक होता है या तकनीक और शूटिंग के तरीकों का इस्तेमाल किया जाता है।

    पहले से तय होती है पूरी शूटिंग

    फिल्मों में इंटीमेट सीन की शूटिंग आमतौर पर पहले से तय योजना के अनुसार की जाती है। निर्देशक और कलाकार पहले यह तय करते हैं कि दृश्य में किस तरह की गतिविधि होगी, कलाकारों के बीच कितना संपर्क होगा और कैमरे का एंगल क्या रखा जाएगा।

    दृश्य को प्रभावी बनाने के लिए चेहरे, हाथ और कंधे जैसे हिस्सों के अलग-अलग क्लोज-अप भी शूट किए जा सकते हैं। बाद में एडिटिंग के जरिए इन्हें जोड़कर अंतिम दृश्य तैयार किया जाता है।

    जरूरत पड़ने पर बॉडी डबल का इस्तेमाल

    कुछ परिस्थितियों में कलाकारों की जगह बॉडी डबल का इस्तेमाल भी किया जाता है। शूटिंग के दौरान कलाकारों की निजता और सुरक्षा का ध्यान रखते हुए विशेष व्यवस्थाएं की जाती हैं। कई बार त्वचा के रंग जैसे दिखने वाले कवर या परिधान का इस्तेमाल भी किया जाता है, ताकि अनावश्यक एक्सपोजर से बचा जा सके।

    इंटीमेसी कोऑर्डिनेटर की भूमिका

    फिल्म इंडस्ट्री में अब इंटीमेट दृश्यों की शूटिंग के दौरान इंटीमेसी कोऑर्डिनेटर की भूमिका भी महत्वपूर्ण हो गई है। कलाकारों की सहमति और सहजता को ध्यान में रखते हुए दृश्य की कोरियोग्राफी तैयार की जाती है। शूटिंग से पहले कलाकारों को बताया जाता है कि सीन किस तरह फिल्माया जाएगा और उनकी सहमति के आधार पर इसे शूट किया जाता है।

    यश ने इंटीमेट सीन को लेकर क्या कहा था?

    यश ने ‘आप की अदालत’ कार्यक्रम में इंटीमेट दृश्यों को लेकर अपनी बात रखी थी। उन्होंने कहा था कि कभी-कभी किसी फिल्म के लिए कलाकार को अपने कंफर्ट जोन से बाहर निकलना पड़ता है। उनके मुताबिक फिल्म की कहानी के लिए ये दृश्य जरूरी थे और उनके लिए भी इन्हें करना आसान नहीं था।

    जब यश से उनकी पत्नी की प्रतिक्रिया के बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा था कि उनकी पत्नी जानती हैं कि वह एक अभिनेता हैं और अपना काम कर रहे हैं। यश ने यह भी कहा था कि उनकी पत्नी को उन पर भरोसा है।

    फिल्म ‘टॉक्सिक’ में यश और कियारा आडवाणी की जोड़ी के इन दृश्यों को लेकर सोशल मीडिया पर लगातार चर्चा हो रही है। हालांकि, किसी भी फिल्म में ऐसे दृश्यों को अंतिम रूप देने में अभिनय के साथ-साथ कैमरा एंगल, कोरियोग्राफी, एडिटिंग और कलाकारों की सहमति जैसे कई पहलुओं की भूमिका होती है।

  • ‘हनुमान अंश’ ने तीसरे हफ्ते में मचाया धमाल, कमाए 12 करोड़, प्रेमानंद की सलाह मानी, 8 भंडारों से किया प्रमोशन

    ‘हनुमान अंश’ ने तीसरे हफ्ते में मचाया धमाल, कमाए 12 करोड़, प्रेमानंद की सलाह मानी, 8 भंडारों से किया प्रमोशन


    नई दिल्ली। बड़े बजट और चर्चित सितारों वाली फिल्मों के बीच महज करीब 2 करोड़ रुपये में बनी ‘हनुमान अंश’ ने बॉक्स ऑफिस पर चौंकाने वाला प्रदर्शन किया है। 31 जुलाई को रिलीज हुई इस फिल्म ने शुरुआती दो हफ्तों में करीब 1.5 करोड़ रुपये ही कमाए थे, लेकिन तीसरे हफ्ते में इसकी कमाई ने अचानक रफ्तार पकड़ ली। फिल्म ने अकेले तीसरे हफ्ते में 10.5 करोड़ रुपये का कलेक्शन किया। इसके साथ ही फिल्म की कुल कमाई करीब 12 करोड़ रुपये पहुंच गई है।

    रिपोर्ट्स के अनुसार, फिल्म का निर्माण करीब 1.8 से 2 करोड़ रुपये के बजट में हुआ है। इस लिहाज से फिल्म ने अपने बताए गए प्रोडक्शन बजट की तुलना में 500 फीसदी से ज्यादा का मुनाफा कमाया है। सोशल मीडिया पर भी फिल्म को दर्शकों से सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है।

    10 लाख की ओपनिंग, फिर तीसरे हफ्ते में बदली तस्वीर

    ट्रेड रिपोर्ट्स के मुताबिक, ‘हनुमान अंश’ ने पहले दिन सिर्फ 10 लाख रुपये कमाए थे। पहले हफ्ते में फिल्म का कलेक्शन 1.08 करोड़ रुपये रहा। दूसरे सप्ताह में कमाई घटकर करीब 40 लाख रुपये रह गई। इस तरह दो हफ्तों के बाद फिल्म करीब 1.5 करोड़ रुपये ही जुटा सकी थी।

    तीसरे सप्ताह में फिल्म की कमाई में अचानक बड़ा उछाल आया। इस दौरान 10.5 करोड़ रुपये का कलेक्शन हुआ, जिसने फिल्म को कम बजट की सरप्राइज हिट के तौर पर चर्चा में ला दिया।

    रिलीज से पहले प्रेमानंद जी महाराज से ली थी सलाह

    फिल्म की कमाई के साथ उसकी रिलीज से पहले की कहानी भी सुर्खियों में है। डायरेक्टर और राइटर विशाल चतुर्वेदी ने आज तक से बातचीत में बताया कि शूटिंग पूरी होने के बाद फिल्म के एक प्रोड्यूसर प्रेमानंद जी महाराज के पास सलाह लेने पहुंचे थे।

    विशाल के मुताबिक, महाराज जी ने फिल्म के मुख्य किरदार को लाइफस्टाइल को लेकर सावधानी बरतने और शाकाहारी भोजन करने की सलाह दी थी। मेकर्स ने इस सलाह को गंभीरता से लिया और मुख्य कलाकार को भी इन बातों का ध्यान रखने के लिए कहा गया।

    शूटिंग सेट पर भी लागू किए गए नियम

    मेकर्स ने शूटिंग के दौरान भी कई नियम तय किए थे। सेट पर गाली-गलौज, लड़ाई या बहस की मनाही थी। सभी के लिए केवल शाकाहारी भोजन रखा जाता था और फिल्म से जुड़े किसी भी व्यक्ति को शराब पीने की अनुमति नहीं थी।

    शूटिंग की शुरुआत हनुमान चालीसा के पाठ से होती थी और दिन का समापन भी इसी के साथ किया जाता था। नीम करोली बाबा का किरदार निभाने वाले अभिनेता शोभिनाव सत्य ने भी सेट के अनुभव साझा किए। उनके मुताबिक, शूटिंग में परेशानी आने पर पूरी टीम हनुमान चालीसा का पाठ करती थी।

    कैमरा रुकता तो टीम करती थी हनुमान चालीसा

    विशाल चतुर्वेदी ने बताया कि कई बार शूटिंग सुबह 7 बजे शुरू होनी होती थी, लेकिन तकनीकी या अन्य कारणों से कैमरा 10 बजे तक शुरू नहीं हो पाता था। ऐसे में वह टीम से हनुमान चालीसा पढ़ने के लिए कहते थे।

    उनका कहना था कि खाली बैठने से बेहतर है कि इस समय कुछ सकारात्मक किया जाए। डायरेक्टर के अनुसार, कई मौकों पर हनुमान चालीसा पूरी होने तक शूटिंग में आई समस्या का समाधान भी निकल आया।

    प्रमोशन का बजट नहीं था, 8 भंडारों को बनाया कैंपेन

    फिल्म के प्रमोशन के लिए भी मेकर्स ने पारंपरिक तरीके से अलग रास्ता अपनाया। विशाल चतुर्वेदी के मुताबिक, प्रमोशनल कैंपेन शुरू करते समय उनके पास पर्याप्त पैसे नहीं थे। ऐसे में उन्होंने तय किया कि प्रचार के जरिए नीम करोली बाबा का संदेश लोगों तक पहुंचाया जाएगा।

    मेकर्स ने इसके लिए 8 भंडारों का आयोजन किया। इन्हीं भंडारों को फिल्म के प्रमोशन का माध्यम बनाया गया। विशाल ने यह भी बताया कि तमाम चुनौतियों के बावजूद CBFC ने फिल्म को बिना किसी परेशानी के U सर्टिफिकेट दे दिया।

    आध्यात्मिक फिल्मों के लिए बढ़ती उम्मीद

    ‘हनुमान अंश’ का प्रदर्शन ऐसे समय में सामने आया है, जब कम बजट और आध्यात्मिक विषयों पर बनी फिल्मों को दर्शकों का अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है। फिल्म के मेकर्स में रागिनी एस, नम्रता जी सिंह, अनुप्रिया ए नगर और विशाल चतुर्वेदी शामिल हैं।

    बिना बड़े सितारों और भारी-भरकम बजट के दर्शकों तक पहुंच बनाने वाली फिल्मों में अब ‘हनुमान अंश’ का नाम भी जुड़ गया है। पिछले करीब छह महीनों में ‘लालो’ और ‘देऊल बंद 2’ जैसी फिल्मों ने भी आध्यात्मिक विषयों के जरिए दर्शकों का ध्यान खींचा है।

    ऐसे में ‘हनुमान अंश’ की तीसरे सप्ताह की कमाई यह संकेत देती है कि कम बजट, आध्यात्मिक कहानी और बिना बड़े स्टार्स के भी कोई फिल्म दर्शकों के बीच मजबूत पकड़ बना सकती है।

  • अमिताभ बच्चन ने शूटिंग के बीच डायरेक्टर को ही कर दिया सेट से बाहर

    अमिताभ बच्चन ने शूटिंग के बीच डायरेक्टर को ही कर दिया सेट से बाहर

    मुंबई। बॉलीवुड के महानायक अमिताभ बच्चन अपने अनुशासन और प्रोफेशनल अंदाज के लिए जाने जाते हैं। शूटिंग के दौरान वह अपने काम पर पूरी तरह फोकस रखने के लिए भी मशहूर रहे हैं। लेकिन एक दौर में एक ऐसा दिलचस्प किस्सा हुआ, जब अमिताभ बच्चन ने अपनी फिल्म के डायरेक्टर को ही सेट से बाहर जाने के लिए कह दिया था। खास बात यह है कि इसके पीछे कोई गुस्सा या विवाद नहीं, बल्कि डायरेक्टर की हंसी वजह बनी थी।

    जब बिग बी के डायलॉग पर बार-बार हंस रहे थे डायरेक्टर

    यह किस्सा साल 1982 में आई फिल्म ‘नमक हलाल’ की शूटिंग से जुड़ा है। फिल्म में अमिताभ बच्चन का एक डायलॉग बेहद लोकप्रिय हुआ था—‘आई कैन टॉक इंग्लिश, आई कैन वॉक इंग्लिश’

    बताया जाता है कि यह डायलॉग अमिताभ बच्चन ने शूटिंग के दौरान अपने अंदाज में इम्प्रोवाइज किया था। जब भी वह इस संवाद को बोलते, फिल्म के निर्देशक प्रकाश मेहरा को हंसी आ जाती थी।

    डायरेक्टर की हंसी से अमिताभ बच्चन का फोकस प्रभावित होने लगा। ऐसे में उन्होंने प्रकाश मेहरा से कुछ देर के लिए सेट से बाहर जाने को कह दिया।

    गुस्से में नहीं, सीन पूरा करने के लिए उठाया कदम

    अमिताभ बच्चन का यह फैसला किसी नाराजगी की वजह से नहीं था। वह चाहते थे कि शूटिंग के दौरान माहौल शांत रहे और वह अपना सीन पूरी एकाग्रता के साथ पूरा कर सकें।

    प्रकाश मेहरा ने भी अभिनेता की बात मानी और सेट से बाहर चले गए। इसके बाद अमिताभ ने अपना सीन पूरा किया। यही छोटा-सा किस्सा आज भी ‘नमक हलाल’ की शूटिंग से जुड़े दिलचस्प किस्सों में गिना जाता है।

    ‘नमक हलाल’ में अमिताभ का अंदाज बना यादगार

    ‘नमक हलाल’ में अमिताभ बच्चन के साथ शशि कपूर, स्मिता पाटिल, परवीन बाबी और वहीदा रहमान जैसे कलाकार नजर आए थे। फिल्म में अमिताभ का किरदार गांव से शहर आए एक सीधे-सादे युवक का था, जिसके बोलने का अंदाज और कॉमिक टाइमिंग दर्शकों को खूब पसंद आई।

    फिल्म का ‘आई कैन टॉक इंग्लिश…’ वाला संवाद आज भी अमिताभ के सबसे चर्चित कॉमिक डायलॉग्स में शामिल है।

    उस दौर में बिग बी के सामने थी ‘हीरोइन क्राइसिस’

    ‘नमक हलाल’ के दौर को लेकर यह भी कहा जाता है कि अमिताभ बच्चन के सामने लीडिंग एक्ट्रेसेज को लेकर कुछ चुनौतियां थीं। रिपोर्ट्स के मुताबिक, उस समय उन्होंने रेखा के साथ काम करना बंद कर दिया था। राखी ज्यादा मैच्योर किरदार निभा रही थीं, जबकि परवीन बाबी स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों के कारण लगातार काम नहीं कर पा रही थीं।

    नीतू सिंह भी फिल्मी करियर से दूरी बनाने की तैयारी में थीं। वहीं रिपोर्ट्स में यह भी दावा किया गया कि अमिताभ मौसमी चटर्जी और शबाना आजमी के साथ काम करने के इच्छुक नहीं थे। ऐसे में उस दौर में उनके लिए उपयुक्त हीरोइन तलाशना आसान नहीं था।

    शशि कपूर के साथ लीड हीरो के तौर पर आखिरी फिल्म

    ‘नमक हलाल’ अमिताभ बच्चन और शशि कपूर की बतौर लीड हीरो साथ में आखिरी फिल्मों में से एक थी। इसके बाद दोनों ‘अकेला’ में नजर आए, लेकिन उसमें शशि कपूर का किरदार छोटा था और अमिताभ मुख्य भूमिका में थे।

    बाद में शशि कपूर ने फिल्म ‘अजूबा’ का निर्देशन किया, जिसमें अमिताभ बच्चन ने भी अभिनय किया था। इस तरह दोनों की जोड़ी ने पर्दे पर अभिनय के साथ-साथ एक निर्देशक-अभिनेता के रूप में भी साथ काम किया।

  • शादी के बाद पहली बार पर्दे पर साथ दिखेंगे विजय देवरकोंडा-रश्मिका मंदाना

    शादी के बाद पहली बार पर्दे पर साथ दिखेंगे विजय देवरकोंडा-रश्मिका मंदाना

    हैदराबाद। विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना की जोड़ी को पर्दे पर देखने का इंतजार कर रहे फैंस के लिए बड़ी खबर है। दोनों की मच अवेटेड फिल्म ‘राणाबली’ की रिलीज डेट आखिरकार सामने आ गई है। मेकर्स ने गुरुवार, 27 अगस्त को फिल्म का नया पोस्टर जारी करते हुए इसकी ग्लोबल थिएट्रिकल रिलीज का ऐलान कर दिया।

    16 अक्टूबर 2026 को सिनेमाघरों में आएगी फिल्म

    माइथ्री मूवी मेकर्स के बैनर तले बन रही ‘राणाबली’ 16 अक्टूबर 2026 को दुनियाभर के सिनेमाघरों में रिलीज होगी। फिल्म को राहुल सांक्रित्यायन निर्देशित कर रहे हैं।

    फिल्म की कहानी एक भव्य पीरियड बैकड्रॉप पर आधारित बताई जा रही है। फर्स्ट लुक, किरदारों की झलक और म्यूजिक से जुड़े अपडेट पहले ही दर्शकों की उत्सुकता बढ़ा चुके हैं।

    शादी के बाद पहली बार साथ नजर आएगी जोड़ी

    ‘राणाबली’ की सबसे बड़ी खासियत विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना की जोड़ी है। दोनों को रियल लाइफ में साथ पसंद करने वाले फैंस के लिए यह फिल्म इसलिए भी खास है क्योंकि शादी के बाद दोनों पहली बार एक साथ स्क्रीन शेयर करते नजर आएंगे।

    विजय और रश्मिका की ऑनस्क्रीन केमिस्ट्री को लेकर पहले से ही दर्शकों के बीच काफी उत्सुकता है। ऐसे में फिल्म की रिलीज डेट सामने आने के बाद फैंस का इंतजार और बढ़ गया है।

    सामने आया विजय का इंटेंस लुक

    रिलीज डेट के ऐलान के साथ मेकर्स ने फिल्म का नया पोस्टर भी शेयर किया है। इसमें विजय देवरकोंडा का रॉ और इंटेंस पीरियड लुक दिखाई दे रहा है। उनके हाथ में एक भारी घुमावदार हथियार भी नजर आ रहा है, जो फिल्म के एक्शन और ऐतिहासिक पृष्ठभूमि की झलक देता है।

    पोस्टर के साथ मेकर्स ने लिखा, ‘हमारे इतिहास का सबसे अंधकारमय अध्याय इस अक्टूबर में खुलेगा। राणाबली की 16.10.26 को दुनिया भर में ग्रैंड रिलीज होगी।’

    दशहरे के आसपास रिलीज का लिया फैसला

    फिल्म को दशहरे के आसपास रिलीज किया जा रहा है। यह त्योहार बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक माना जाता है और फिल्म की कहानी में भी अच्छाई और बुराई के संघर्ष की झलक मिलने की बात कही जा रही है। ऐसे में मेकर्स ने रिलीज के लिए इस खास समय को चुना है।

    अजय-अतुल का म्यूजिक और इंटरनेशनल स्टार भी

    बड़े बजट और भव्य स्तर पर तैयार की जा रही ‘राणाबली’ में शानदार विजुअल्स के साथ संगीतकार जोड़ी अजय-अतुल का म्यूजिक भी सुनने को मिलेगा। फिल्म में इंटरनेशनल अभिनेता अर्नोल्ड वॉस्लू भी अहम भूमिका में नजर आएंगे।

    इन तमाम वजहों से ‘राणाबली’ को 2026 के आखिरी महीनों की चर्चित फिल्मों में शामिल किया जा रहा है। अब देखना होगा कि विजय देवरकोंडा और रश्मिका मंदाना की जोड़ी बड़े पर्दे पर दर्शकों की उम्मीदों पर कितनी खरी उतरती है।

  • अमाल मलिक ने म्यूजिक से लिया ब्रेक, बोले- पहले खुद को ठीक करना जरूरी

    अमाल मलिक ने म्यूजिक से लिया ब्रेक, बोले- पहले खुद को ठीक करना जरूरी

    मुंबई। मशहूर म्यूजिक कंपोजर और सिंगर अमाल मलिक ने अपने फैंस को चौंकाते हुए म्यूजिक इंडस्ट्री से ब्रेक लेने का ऐलान किया है। 27 अगस्त 2026 को सोशल मीडिया पर एक लंबा पोस्ट शेयर कर अमाल ने बताया कि फिलहाल उन्हें अपने दिमाग, शरीर और आत्मा को आराम देने की जरूरत है। उन्होंने यह भी साफ कर दिया कि वह करीब एक साल तक नए म्यूजिक प्रोजेक्ट्स से दूर रहेंगे।

    ‘मैं बिल्कुल ठीक हूं, बस खुद के लिए समय चाहिए’

    अमाल मलिक ने अपनी पोस्ट में फैंस को भरोसा दिलाया कि वह ठीक हैं। उन्होंने कहा कि इस बार वह वही करना चाहते हैं जो उनके स्वास्थ्य और दिल के लिए बेहतर है।

    सिंगर ने बताया कि मानसिक और शारीरिक रूप से पूरी तरह स्वस्थ होने के लिए उन्हें ब्रेक की जरूरत महसूस हुई। उनका कहना है कि उन्हें खुद को संभालना है, ठीक होना है और इसके बाद पहले से ज्यादा ऊर्जा के साथ संगीत की दुनिया में लौटना है।

    अगले साल तक नया फिल्म म्यूजिक नहीं

    अमाल ने स्पष्ट किया कि ब्रेक के दौरान वह किसी नए काम का हिस्सा नहीं होंगे। उन्होंने बताया कि अगले साल तक उनका कोई नया फिल्म म्यूजिक रिलीज नहीं होगा।

    हालांकि, इस दौरान उनके कुछ पुराने और अप्रकाशित गाने रिलीज हो सकते हैं। अमाल ने बताया कि इनमें कम बजट की कुछ ऐसी फिल्मों के गाने भी शामिल हैं, जिन्हें अच्छी नीयत के साथ बनाया गया था, लेकिन उन्हें आसानी से स्क्रीन नहीं मिल पाती। इसलिए इन फिल्मों और उनके गानों का भविष्य फिलहाल निश्चित नहीं है।

    फैंस से बोले- मुझे परेशान न करें

    अमाल मलिक ने अपने फैंस और शुभचिंतकों से इस दौरान उन्हें निजी स्पेस देने की अपील भी की। उन्होंने कहा कि आगे जब भी कोई अपडेट होगा, वह खुद इसके बारे में जानकारी देंगे।

    उन्होंने अपने पोस्ट में भावुक अंदाज में लिखा कि संगीत से सिनेमा तक का सफर उन्हें बहुत दूर तक ले आया है और अब वह कुछ समय के लिए संगीत की ओर वापस लौटने की तैयारी कर रहे हैं। इसी के साथ उन्होंने कहा, ‘अब मुझे विदा करो… मैं जल्द वापस आऊंगा।’

    ‘बिग बॉस 19’ में भी आए थे नजर

    वर्कफ्रंट की बात करें तो अमाल मलिक को आखिरी बार सलमान खान के शो ‘बिग बॉस 19’ में देखा गया था। शो के दौरान उन्होंने खूब सुर्खियां बटोरी थीं। इस दौरान भोजपुरी अभिनेत्री नीलम गिरी के साथ उनकी बॉन्डिंग और केमिस्ट्री भी चर्चा में रही थी।

    अब अमाल के ब्रेक के ऐलान के बाद उनके फैंस को उनके नए संगीत के लिए करीब एक साल तक इंतजार करना पड़ सकता है।

  • ऑनस्क्रीन भाई-बहन की जोड़ी को रियल लाइफ में हुआ प्यार, किसी ने की शादी तो किसी का रिश्ता रह गया अधूरा

    ऑनस्क्रीन भाई-बहन की जोड़ी को रियल लाइफ में हुआ प्यार, किसी ने की शादी तो किसी का रिश्ता रह गया अधूरा


    नई दिल्ली। टीवी की दुनिया में कलाकार कई बार ऐसे किरदार निभाते हैं, जिनमें वे एक-दूसरे के भाई-बहन नजर आते हैं। लेकिन शूटिंग के दौरान बढ़ी दोस्ती कभी-कभी असल जिंदगी में प्यार में बदल जाती है। टीवी इंडस्ट्री में ऐसे कई उदाहरण हैं, जहां पर्दे पर भाई-बहन बने कलाकारों ने एक-दूसरे को अपना जीवनसाथी बनाया। हालांकि, इनमें से कुछ रिश्ते शादी तक पहुंचे, तो कुछ समय के साथ टूट भी गए।

    रोहन मेहरा और कांची सिंह: ‘ये रिश्ता क्या कहलाता है’ में नक्श का किरदार निभाने वाले रोहन मेहरा अपनी ऑनस्क्रीन बहन कांची सिंह के साथ रिलेशनशिप में थे। शो से बाहर आने के कुछ महीने बाद दोनों का रिश्ता खत्म हो गया।

    अविनाश और शाल्मली: ‘इस प्यार को क्या नाम दूं 2’ में अविनाश और शाल्मली ने भाई-भाभी का किरदार निभाया था। साथ काम करते हुए दोनों की दोस्ती बढ़ी और बाद में उन्होंने शादी कर ली। हालांकि, शादी के करीब तीन साल बाद दोनों का तलाक हो गया।

    नीरज और चारू: ‘मेरे अंगने में’ फेम नीरज और चारू ने शो में भाई-बहन की भूमिका निभाई थी। काम के दौरान दोनों एक-दूसरे के करीब आए और उनका रिश्ता सगाई तक पहुंच गया। हालांकि, बाद में दोनों अलग हो गए।

    मजहर और मौली: ‘कहीं किसी रोज’ में मजहर और मौली ने भाई-बहन की भूमिका निभाई थी। अलग-अलग धर्म से होने के बावजूद दोनों ने शादी करने का फैसला किया और अपने रिश्ते को शादी में बदल दिया।

    किरण करमरकर और रिंकू धवन: ‘कहानी घर घर की’ में किरण करमरकर ने ओम अग्रवाल और रिंकू धवन ने उनकी बहन छाया का किरदार निभाया था। शो के दौरान ही दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और उन्होंने शादी कर ली। हालांकि, कुछ साल बाद दोनों का तलाक हो गया।

    अभिषेक और अदिति: ‘ये है मोहब्बतें’ में अभिषेक और अदिति की ऑनस्क्रीन भाई-बहन की जोड़ी को दर्शकों ने पसंद किया। इसी दौरान दोनों के रियल लाइफ में डेटिंग करने की खबरें सामने आईं। हालांकि, बाद में दोनों का ब्रेकअप हो गया।

    अमन वर्मा और वंदना लालवानी: अमन वर्मा और वंदना लालवानी ने ‘शपथ’ में भाई-बहन की भूमिका निभाई थी। पर्दे पर भाई-बहन का किरदार निभाने वाली यह जोड़ी बाद में रियल लाइफ कपल बनी और दोनों ने 2016 में शादी कर ली।

    मयंक और रिया शर्मा: ‘तू सूरज मैं सांझ पिया जी’ में मयंक और रिया शर्मा ने भाई-बहन का किरदार निभाया था। शो के दौरान दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ने और एक-दूसरे को पसंद करने की खबरें सामने आई थीं।

    टीवी की दुनिया में ऐसे रिश्ते यह दिखाते हैं कि कैमरे के सामने निभाया गया किरदार और कलाकारों की निजी जिंदगी कई बार बिल्कुल अलग कहानी लिखती है। कुछ कलाकारों का ऑनस्क्रीन रिश्ता रियल लाइफ में प्यार में बदलकर शादी तक पहुंचा, जबकि कुछ रिश्ते समय के साथ खत्म हो गए।

  • यश की Toxic में दिखा जबरदस्त स्वैग, लेकिन कहानी ने बिगाड़ा पूरा खेल; 3 घंटे 15 मिनट की फिल्म पर कैसी है राय?

    यश की Toxic में दिखा जबरदस्त स्वैग, लेकिन कहानी ने बिगाड़ा पूरा खेल; 3 घंटे 15 मिनट की फिल्म पर कैसी है राय?


    नई दिल्ली। कन्नड़ सिनेमा के सुपरस्टार यश की फिल्म Toxic को लेकर पिछले चार साल से दर्शकों के बीच जबरदस्त उत्सुकता बनी हुई थी। KGF जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्मों के बाद यश की अगली फिल्म से उम्मीदें स्वाभाविक तौर पर बहुत ज्यादा थीं। लंबे इंतजार के बाद जब Toxic सिनेमाघरों में पहुंची तो दर्शक यश के नए अंदाज और एक बड़े सिनेमाई अनुभव की उम्मीद लेकर थिएटर पहुंचे। हालांकि फिल्म देखने के बाद सामने आई राय उम्मीदों से काफी अलग नजर आती है। फिल्म में यश की परफॉर्मेंस दमदार है और तकनीकी स्तर पर भी Toxic कई जगह प्रभावित करती है लेकिन कमजोर राइटिंग और धीमी कहानी फिल्म के सबसे बड़े कमजोर पक्ष बनकर सामने आते हैं।

    करीब 3 घंटे 15 मिनट लंबी Toxic से यह उम्मीद की जा सकती है कि कहानी को स्थापित करने में थोड़ा समय लगेगा। फिल्म की शुरुआत भी इसी अंदाज में होती है और दर्शक धैर्य के साथ कहानी के खुलने का इंतजार करता है। समस्या तब शुरू होती है जब आधी फिल्म गुजरने के बावजूद कहानी ऐसा मजबूत मोड़ नहीं ले पाती जो दर्शकों को पूरी तरह बांध सके। इंटरवल के आसपास एक बड़ा सीन जरूर आता है लेकिन वह भी वैसा असर नहीं छोड़ता जिसकी उम्मीद यश जैसे बड़े स्टार की फिल्म से की जाती है। पूरी फिल्म के दौरान यही उम्मीद बनी रहती है कि अब कहानी रफ्तार पकड़ेगी और कोई बड़ा सरप्राइज मिलेगा लेकिन कई मौकों पर यह इंतजार निराशा में बदल जाता है।

    Toxic की सबसे बड़ी समस्या इसकी राइटिंग बताई जा सकती है। यश को एक बेहद प्रभावशाली और खतरनाक किरदार में पेश करने की कोशिश की गई है लेकिन इस कोशिश में कहानी और स्क्रीनप्ले पीछे छूटते नजर आते हैं। कई डायलॉग जरूरत से ज्यादा नाटकीय महसूस होते हैं और किरदारों के बीच संवाद भी कई जगह स्वाभाविक नहीं लगते। यश को देखकर लगातार Rocky Bhai की याद आती है और फिल्म का नया किरदार अपनी अलग पहचान बनाने के बजाय उसी छवि के आसपास घूमता हुआ दिखाई देता है। यही वजह है कि दर्शक किरदार से भावनात्मक रूप से जुड़ने में परेशानी महसूस कर सकता है।

    हालांकि अभिनय के मोर्चे पर यश बिल्कुल निराश नहीं करते। फिल्म में उनका डबल रोल है और दोनों किरदारों को उन्होंने अलग अंदाज में निभाने की पूरी कोशिश की है। खास तौर पर Raya के किरदार में उनकी एक्टिंग रेंज दिखाई देती है। यश की स्क्रीन प्रेजेंस और स्टारडम अब भी जबरदस्त है लेकिन कमजोर स्क्रीनप्ले उनकी मेहनत पर भारी पड़ता है। नयनतारा भी फिल्म में यश की बहन के किरदार में प्रभावी नजर आती हैं और उन्होंने अपने हिस्से की भूमिका को मजबूती से निभाया है। दोनों के बीच के भावनात्मक दृश्यों में क्षमता नजर आती है लेकिन कहानी उन्हें उस स्तर तक विकसित नहीं कर पाती जहां दर्शक पूरी तरह जुड़ सके।

    तकनीकी और विजुअल स्तर पर Toxic बेहतर अनुभव देती है। बड़े पर्दे पर फिल्म के विजुअल्स और एक्शन सीक्वेंस आकर्षक लग सकते हैं और अच्छे थिएटर में इसका प्रभाव और बढ़ सकता है। लेकिन किसी भी फिल्म की असली ताकत उसकी कहानी होती है और यहीं Toxic कमजोर पड़ती दिखाई देती है। चार साल तक जिस फिल्म का इंतजार किया गया उससे दर्शकों को सिर्फ स्टारडम और शानदार विजुअल्स नहीं बल्कि एक मजबूत कहानी की भी उम्मीद थी।

    इसलिए Toxic को लेकर सबसे बड़ी शिकायत यश से नहीं बल्कि फिल्म की राइटिंग से है। यश ने अपनी तरफ से शानदार प्रदर्शन किया है लेकिन कहानी उनकी क्षमता के अनुरूप नहीं बन पाई। चार साल के इंतजार के बाद दर्शक जिस दमदार सिनेमाई अनुभव की उम्मीद लेकर थिएटर पहुंचे थे वह पूरी तरह हासिल होता नजर नहीं आता। अब यश की अगली बड़ी फिल्म Ramayana को लेकर उम्मीदें और भी बढ़ गई हैं। सवाल यही है कि क्या वहां यश अपनी पिछली फिल्म से मिली निराशा को दूर कर पाएंगे या फिर दर्शकों को एक बार फिर उम्मीदों का इंतजार करना पड़ेगा।

  • आशा भोसले का आखिरी नगमा सुनने का इंतजार खत्म, इसी खास दिन रिलीज होगा ‘ऐ मेरी जिंदगी’

    आशा भोसले का आखिरी नगमा सुनने का इंतजार खत्म, इसी खास दिन रिलीज होगा ‘ऐ मेरी जिंदगी’


    नई दिल्ली। संगीत की दुनिया में अपनी जादुई आवाज से दशकों तक राज करने वाली महान गायिका आशा भोसले के प्रशंसकों के लिए एक भावुक कर देने वाली खबर सामने आई है। आशा ताई की आवाज में रिकॉर्ड किया गया उनका आखिरी गाना अब जल्द ही लोगों के बीच आने वाला है। फिल्म ओम का हरि के लिए रिकॉर्ड किए गए इस खास गाने का नाम ऐ मेरी जिंदगी तू छुपा है कहां है और इसे आशा भोसले की 93वीं जयंती के मौके पर 8 सितंबर को रिलीज किया जाएगा। फिल्म के अभिनेता अंशुमन झा ने इस बात की पुष्टि की है। आशा भोसले की आवाज में आखिरी बार रिकॉर्ड हुए इस गीत को लेकर फैंस के बीच पहले से ही काफी उत्सुकता है और अब रिलीज की तारीख सामने आने के बाद इस इंतजार को एक भावुक मुकाम मिल गया है।

    आशा भोसले ने अपनी जिंदगी में हजारों गीतों को अपनी आवाज दी और अलग अलग दौर के संगीत प्रेमियों के दिलों में खास जगह बनाई। उनकी आवाज की खासियत यह रही कि उन्होंने रोमांस से लेकर दर्द और खुशी से लेकर जिंदगी के बेहद गहरे भावों तक हर एहसास को अपनी गायकी के जरिए बेहद खूबसूरती से पेश किया। यही वजह है कि उनके निधन के बाद भी उनकी आवाज लोगों के बीच लगातार जीवित है। फिल्म ओम का हरि के लिए रिकॉर्ड किया गया ऐ मेरी जिंदगी तू छुपा है कहां उनके संगीत सफर की आखिरी रिकॉर्डिंग में से एक बेहद खास गीत है। इस गाने को लेकर फिल्म से जुड़े लोगों की भावनाएं भी काफी गहरी हैं।

    अंशुमन झा ने इस गाने को लेकर अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि ओम का हरि उनके लिए बेहद खास फिल्म है। उनके मुताबिक इस गीत की मूल भावना एक बेटे की ओर से अपने पिता से आई लव यू कहने की है। अंशुमन के लिए यह भाव इसलिए भी बेहद निजी और भावुक है क्योंकि वह अपने पिता से इस तरह की बात कहने का मौका नहीं पा सके। ऐसे में आशा भोसले की आवाज में इस भावना का फिल्म का हिस्सा बनना उनके लिए किसी आशीर्वाद से कम नहीं है।

    अंशुमन ने आशा ताई के साथ स्टूडियो में बिताए पलों को भी याद किया। उन्होंने बताया कि उनके साथ स्टूडियो में रहना बेहद सुखद और दिल को सुकून देने वाला अनुभव था। उन्होंने यह भी कहा कि काश आशा भोसले खुद इस खास पल को उनके साथ सेलिब्रेट करने के लिए मौजूद होतीं। हालांकि उनका मानना है कि आशा ताई अपनी आवाज और संगीत के जरिए हमेशा लोगों के बीच मौजूद रहेंगी।

    खास बात यह है कि आशा भोसले ने इस गाने की रिकॉर्डिंग साल 2023 में की थी। उस समय उनकी उम्र 90 साल थी। इतनी उम्र में भी उनकी आवाज का जादू बरकरार था और उन्होंने इस गीत को अपनी खास शैली में रिकॉर्ड किया। फिल्म ओम का हरि का निर्देशन हरीश व्यास ने किया है और इसकी कहानी एक पिता और बेटे के रिश्ते के इर्द गिर्द बुनी गई है। ऐसे में आशा भोसले की आवाज में रिकॉर्ड किया गया यह गीत फिल्म की भावनात्मक कहानी को और गहराई देने वाला माना जा रहा है। अब 8 सितंबर को जब यह गाना रिलीज होगा तो यह सिर्फ एक नया गीत नहीं बल्कि आशा ताई की यादों और उनकी अमर आवाज से जुड़ा एक बेहद भावुक पल होगा।

  • मजदूरी से पढ़ाई तक और फिर KBC की हॉटसीट! विशाल ने 5 लाख जीतकर रचा कमाल, अब सामने होगा 50 लाख का सवाल

    मजदूरी से पढ़ाई तक और फिर KBC की हॉटसीट! विशाल ने 5 लाख जीतकर रचा कमाल, अब सामने होगा 50 लाख का सवाल


    नई दिल्ली। ‘कौन बनेगा करोड़पति 18’ का मंच एक बार फिर ऐसी कहानी का गवाह बना है जिसने ज्ञान के साथ मेहनत और हौसले की ताकत भी दिखा दी। महाराष्ट्र के वाशिम जिले से पहुंचे विशाल प्रेमचंद राठौड़ ने अपनी शानदार समझ और तेज दिमाग के दम पर 5 लाख रुपये की रकम जीत ली है। विशाल की कहानी इसलिए भी खास है क्योंकि वह ऐसे परिवार से आते हैं जहां रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करने के लिए परिवार के सदस्यों को दिहाड़ी मजदूरी तक करनी पड़ती है। आर्थिक परेशानियों के बावजूद पढ़ाई का सपना नहीं छोड़ा और अब अमिताभ बच्चन के सामने हॉटसीट पर बैठकर उन्होंने अपनी मेहनत का शानदार उदाहरण पेश किया है। 5 लाख रुपये जीतने के बाद अब विशाल 50 लाख रुपये के सवाल का सामना करेंगे।
    विशाल ने ‘फास्टेस्ट फिंगर फर्स्ट’ राउंड में सबसे तेज जवाब देकर हॉटसीट तक पहुंचने में कामयाबी हासिल की। जब वह अमिताभ बच्चन के सामने पहुंचे तो इस खास पल की खुशी और भावनाओं को संभालना उनके लिए आसान नहीं था। उनके माता-पिता और दोनों बहनें भी शो में मौजूद थीं। बेटे को इतने बड़े मंच पर देखकर परिवार की आंखों में खुशी साफ दिखाई दी। विशाल के लिए यह सिर्फ एक टीवी शो में पहुंचने की उपलब्धि नहीं बल्कि वर्षों से चले आ रहे संघर्ष के बीच मिली बड़ी कामयाबी है।

    विशाल ने शो में अपने परिवार की आर्थिक स्थिति के बारे में भी बताया। उनके पिता दिहाड़ी मजदूरी करते हैं और कई बार विशाल भी उनके साथ काम की तलाश में निकलते हैं। उनकी मां सफाईकर्मी के तौर पर काम करती हैं। परिवार की आमदनी का कोई स्थायी जरिया नहीं है और इसके बावजूद हर महीने करीब 7 हजार रुपये मकान का किराया देना पड़ता है। विशाल खुद मजदूरी करके रोजाना लगभग 500 से 600 रुपये कमा पाते हैं। सबसे मुश्किल बात यह है कि हर दिन काम मिलना भी तय नहीं होता। कई बार काम नहीं मिलने पर उन्हें खाली हाथ वापस लौटना पड़ता है।

    इन मुश्किल परिस्थितियों के बीच विशाल ने अपनी पढ़ाई जारी रखी। उन्होंने मजदूरी के साथ पढ़ाई पूरी की और पिछले करीब तीन साल से महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग यानी MPSC की तैयारी कर रहे हैं। उनका सपना सरकारी अधिकारी बनने का है। वह चाहते हैं कि एक दिन उनकी मेहनत रंग लाए और वह अपने परिवार को आर्थिक तंगी से बाहर निकाल सकें।

    हालांकि उनके लिए प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करना भी आसान नहीं था। कई बार परीक्षा का फॉर्म भरने तक के लिए पैसे जुटाना मुश्किल हो जाता था। पढ़ाई के लिए जरूरी किताबें खरीदने में भी आर्थिक परेशानियां सामने आती थीं। लेकिन इन परिस्थितियों ने विशाल के हौसले को कमजोर नहीं किया। उन्होंने सीमित संसाधनों के बावजूद अपना लक्ष्य नहीं छोड़ा।

    अब KBC 18 ने विशाल को अपनी मेहनत और ज्ञान दिखाने का एक बड़ा मंच दिया है। 5 लाख रुपये जीतने के बाद उनके सामने 50 लाख रुपये का सवाल है। विशाल के आगे का सफर कितना लंबा होगा और क्या वह बड़ी रकम अपने नाम कर पाएंगे यह आने वाले एपिसोड में पता चलेगा। फिलहाल उनकी कहानी उन तमाम युवाओं के लिए प्रेरणा बन गई है जो कठिन आर्थिक परिस्थितियों के बावजूद अपने सपनों को पूरा करने की कोशिश कर रहे हैं।

  • भूत-प्रेत और खौफ का जबरदस्त तड़का! 2026 की इन 6 हॉरर फिल्मों से थिएटर में मचेगा हड़कंप

    भूत-प्रेत और खौफ का जबरदस्त तड़का! 2026 की इन 6 हॉरर फिल्मों से थिएटर में मचेगा हड़कंप


    नई दिल्ली। अगर आपको डरावनी और रहस्यमयी फिल्में देखने का शौक है तो आने वाले महीने आपके लिए बेहद खास होने वाले हैं। साल 2026 में भारतीय सिनेमा की कई हॉरर और हॉरर-कॉमेडी फिल्में सिनेमाघरों में दस्तक देने जा रही हैं। खास बात यह है कि इस लिस्ट में सिर्फ हिंदी फिल्में ही नहीं बल्कि तमिल और ओडिया भाषा की फिल्में भी शामिल हैं। यानी अलग-अलग भाषाओं में दर्शकों को डर और रोमांच का अलग अनुभव मिलने वाला है। सितंबर से अक्टूबर के बीच कई ऐसी फिल्में रिलीज होने वाली हैं जिनसे हॉरर फिल्मों के शौकीनों को काफी उम्मीदें हैं।

    इम्मॉर्टल इस लिस्ट में सबसे पहले आने वाली फिल्मों में शामिल है। यह तमिल फैंटेसी हॉरर थ्रिलर फिल्म है जो 4 सितंबर 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है। फिल्म का निर्देशन मरियप्पन चिन्ना ने किया है और इसमें जीवी प्रकाश कुमार तथा कयादु लोहार मुख्य भूमिकाओं में नजर आएंगे। खास बात यह है कि जीवी प्रकाश कुमार के करियर की यह 25वीं फिल्म बताई जा रही है। फिल्म में हॉरर के साथ फैंटेसी और थ्रिल का भी तड़का देखने को मिलेगा।

    इसके बाद डेमोंटे कॉलोनी 3 दर्शकों को डराने के लिए तैयार है। तमिल हॉरर फ्रेंचाइजी की यह तीसरी फिल्म 10 सितंबर को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। इसका निर्देशन आर अजय ज्ञानमुथु ने किया है। फिल्म में अरुलनिथि, प्रिया भवानी शंकर, गुरु सोमसुंदरम और मीनाक्षी गोविंदराजन जैसे कलाकार अहम भूमिकाओं में दिखाई देंगे। डेमोंटे कॉलोनी नाम पहले से ही हॉरर फिल्मों के दर्शकों के बीच पहचान रखता है ऐसे में तीसरे पार्ट को लेकर उत्सुकता स्वाभाविक है।

    ओडिया सिनेमा भी हॉरर के मामले में पीछे नहीं है। दहान: द इविल विद इन 11 सितंबर 2026 को गणेश पूजा के अवसर पर सिनेमाघरों में रिलीज होगी। इसके बाद कंकना 18 सितंबर को दर्शकों के सामने आएगी। यह ओडिया फैंटेसी थ्रिलर हॉरर फिल्म है जिसका निर्देशन पृथ्वीराज पटनायक ने किया है। फिल्म में सुप्रिया नायक सूर्यमई मोहपात्रा अंकिता मोहंती और चौधरी जयप्रकाश दास जैसे कलाकार अहम भूमिकाओं में नजर आएंगे।

    हिंदी सिनेमा की बात करें तो नई नवेली भी हॉरर लवर्स के लिए खास होने वाली है। यह हॉरर कॉमेडी फिल्म 16 अक्टूबर 2026 को रिलीज होने वाली है और इसमें यामी गौतम मुख्य भूमिका में हैं। फिल्म का पोस्टर सामने आने के बाद दर्शकों के बीच इसे लेकर उत्सुकता बढ़ गई है। यामी इससे पहले भूत पुलिस जैसी हॉरर कॉमेडी फिल्म में भी नजर आ चुकी हैं।

    लिस्ट में शक्ति शालिनी का नाम भी शामिल है। यह एक अपकमिंग हॉरर फिल्म है जिसमें रिपोर्ट्स के मुताबिक अनीत पड्डा मुख्य भूमिका में नजर आ सकती हैं। अनीत पड्डा ने सैयारा से बॉलीवुड में डेब्यू किया था और अब हॉरर जॉनर में उनका नया अंदाज देखने को मिल सकता है। हालांकि फिल्म से जुड़ी कई जानकारियां अभी सामने आना बाकी हैं।

    कुल मिलाकर 2026 का आने वाला दौर हॉरर फिल्मों के चाहने वालों के लिए काफी रोमांचक रहने वाला है। तमिल की फैंटेसी हॉरर से लेकर ओडिया की डरावनी कहानियों और हिंदी हॉरर कॉमेडी तक दर्शकों के पास थिएटर में डर और रोमांच का मजा लेने के कई विकल्प होंगे।