Category: Madhya Pradesh

  • जयवर्धन सिंह ने महाकाल की भस्म आरती में लिया आशीर्वाद, नंदी हॉल से किए दर्शन

    जयवर्धन सिंह ने महाकाल की भस्म आरती में लिया आशीर्वाद, नंदी हॉल से किए दर्शन


    उज्जैन । उज्जैन में बुधवार सुबह पूर्व मंत्री और राघोगढ़ के वर्तमान विधायक जयवर्धन सिंह बाबा महाकाल की भस्म आरती में शामिल हुए। उन्होंने देहरी पर प्रणाम कर भगवान महाकालेश्वर का आशीर्वाद लिया और नंदी हॉल में बैठकर भस्म आरती का दर्शन किया।

    इस अवसर पर कई कांग्रेस नेता भी मौजूद थे जिनमें राजेंद्र वशिष्ठ और भरत पोरवाल शामिल थे। जयवर्धन सिंह भस्म आरती के दौरान पूरी तरह से भक्ति में लीन दिखाई दिए।

    आरती के बाद उन्होंने मंदिर परिसर में स्थित भगवान वीरभद्र के दर्शन भी किए। यह धार्मिक आयोजन स्थानीय लोगों और भक्तों के लिए विशेष महत्व रखता है और जयवर्धन सिंह की उपस्थिति ने इसे और भी यादगार बना दिया।

  • शहडोल के स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टर नहीं, दो नर्सों के भरोसे चल रहा अस्पताल

    शहडोल के स्वास्थ्य केंद्र में डॉक्टर नहीं, दो नर्सों के भरोसे चल रहा अस्पताल


    शहडोल । शहडोल के ब्यौहारी विधानसभा क्षेत्र में स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र निपनिया की स्थिति गंभीर है। चमचमाती नई बिल्डिंग होने के बावजूद यहाँ एक भी डॉक्टर पदस्थ नहीं है। अस्पताल पूरी तरह से दो नर्सों के भरोसे चल रहा है जबकि नियमों के अनुसार कम से कम पांच डॉक्टर होने चाहिए।

    गंभीर मरीजों और गर्भवती महिलाओं को इलाज के लिए दूर दराज के अस्पतालों में रेफर करना पड़ रहा है। इससे स्थानीय लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है और मरीजों की जान पर खतरा मंडरा रहा है। आदिवासी बाहुल्य इस क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी ग्रामीणों के लिए चिंता का बड़ा कारण बन गई है।

    स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के बड़े बड़े दावे करती है लेकिन निपनिया अस्पताल की वास्तविक स्थिति इन दावों की पोल खोल रही है। अस्पताल के कर्मचारी भी इस अव्यवस्था से परेशान हैं और डॉक्टरों की कमी के कारण इलाज प्रभावित हो रहा है।

    डॉ राजेश मिश्रा ने बताया कि डॉक्टरों का बॉन्ड पीरियड खत्म होने के कारण अस्पताल में खालीपन है। इसके अलावा जिले में पीजी के लिए लगभग 10 डॉक्टर अन्य कार्यों में गए हुए हैं। उन्होंने कहा कि डॉक्टरों की कमी दूर करने के लिए शासन से मांग की गई है और जल्द ही स्थिति सुधारी जाएगी।
    यह मामला शहडोल जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की वास्तविक स्थिति पर सवाल उठाता है और दिखाता है कि चमचमाती बिल्डिंगों के बावजूद स्वास्थ्य व्यवस्था कितनी अव्यवस्थित रह सकती है।

  • बड़े पर्दे की चमक के बजाय ओटीटी की गहराई को चुना इन 6 स्टार किड्स ने, किसी को मिली सराहना तो कोई निशाने पर रहा

    बड़े पर्दे की चमक के बजाय ओटीटी की गहराई को चुना इन 6 स्टार किड्स ने, किसी को मिली सराहना तो कोई निशाने पर रहा


    नई दिल्ली। भारतीय सिनेमा के गलियारों में एक समय था जब किसी भी ‘स्टार किड’ का डेब्यू किसी बड़े बैनर की भव्य फिल्म और थिएटर की तालियों की गड़गड़ाहट के साथ होता था। लेकिन वक्त के साथ मनोरंजन की दुनिया के समीकरण पूरी तरह बदल चुके हैं। अब नामी कलाकारों के बच्चे सिल्वर स्क्रीन की चमक-धमक का इंतजार करने के बजाय सीधे ओटीटी OTTप्लेटफॉर्म्स, विशेषकर ‘नेटफ्लिक्स’Netflixके जरिए अपने करियर की शुरुआत करने से नहीं कतरा रहे हैं। डिजिटल डेब्यू का यह नया चलन न केवल दर्शकों के लिए नया अनुभव है, बल्कि इन युवा कलाकारों के लिए अपनी प्रतिभा साबित करने का एक चुनौतीपूर्ण मंच भी बन गया है।

    इस सूची में सबसे चर्चित नाम शाहरुख खान की लाड़ली सुहाना खान का है। सुहाना ने जोया अख्तर की फिल्म ‘द आर्चीज’ से नेटफ्लिक्स पर अपना धमाकेदार डेब्यू किया। हालांकि इस फिल्म को लेकर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं आईं, लेकिन सुहाना की लोकप्रियता में कोई कमी नहीं आई। अब वह जल्द ही बड़े पर्दे पर फिल्म ‘किंग’ में नजर आने वाली हैं। इसी फिल्मद आर्चीजसे सदी के महानायक अमिताभ बच्चन के नाती अगस्त्य नंदा और श्रीदेवी की छोटी बेटी खुशी कपूर ने भी कदम रखा। अगस्त्य को उनके सहज अभिनय के लिए काफी पसंद किया गया, जिसके बाद उन्होंने फिल्म ‘इक्का’ से अपना थिएटर डेब्यू भी तय कर लिया। वहीं खुशी कपूर को भी डिजिटल प्लेटफॉर्म पर अच्छा रिस्पॉन्स मिला, जिसके बाद उनकी पहली थिएटर फिल्म ‘लवयापा’ चर्चा में आई।

    पटौदी खानदान के चश्म-ओ-चिराग इब्राहिम अली खान ने भी पारंपरिक रास्तों को छोड़कर नेटफ्लिक्स की फिल्म ‘नादानियां’ को अपने डेब्यू के लिए चुना। इस फिल्म में वे खुशी कपूर के साथ मुख्य भूमिका में नजर आए। दूसरी ओर, आमिर खान के बेटे जुनैद खान ने फिल्म ‘महाराज’ के जरिए यह साबित कर दिया कि वे लंबी रेस के घोड़े हैं। सीधे नेटफ्लिक्स पर स्ट्रीम हुई इस फिल्म में जुनैद के संजीदा अभिनय की काफी प्रशंसा हुई। अब जुनैद अपनी अगली फिल्म ‘एक दिन’ में साई पल्लवी के साथ नजर आएंगे, जिसे खुद आमिर खान प्रोड्यूस कर रहे हैं।

    इन सब के बीच आर्यन खान ने एक अलग रास्ता चुना। स्टार किड होने के नाते जहां लोग उनके एक्टिंग डेब्यू का इंतजार कर रहे थे, वहीं आर्यन ने कैमरे के पीछे रहकर ‘द बैट्स ऑफ बॉलीवुड’ के जरिए बतौर डायरेक्टर अपनी पारी शुरू की। कुल मिलाकर, ओटीटी अब केवल मनोरंजन का साधन नहीं, बल्कि बॉलीवुड की नई पीढ़ी के लिए एक ऐसा प्रवेश द्वार बन गया है जहां सफलता और विफलता का फैसला चंद घंटों में हो जाता है। इन सितारों ने डिजिटल दुनिया को चुनकर यह साफ कर दिया है कि उनके लिए माध्यम से ज्यादा महत्वपूर्ण ‘कंटेंट’ है।

  • मध्य प्रदेश में 1 अप्रैल से महंगी होगी बिजली, 10% से ज्यादा बढ़ सकता है टैरिफ

    मध्य प्रदेश में 1 अप्रैल से महंगी होगी बिजली, 10% से ज्यादा बढ़ सकता है टैरिफ


    मध्य प्रदेश । मध्य प्रदेश के डेढ़ करोड़ से अधिक बिजली उपभोक्ताओं को अप्रैल 2026 से महंगे बिजली बिल का सामना करना पड़ सकता है। राज्य की मध्य प्रदेश पॉवर मैनेजमेंट कंपनी ने विद्युत नियामक आयोग को वित्त वर्ष 2026-27 के लिए बिजली दरों में 10.20% वृद्धि का प्रस्ताव सौंपा है। यदि यह मंजूर होता है तो 1 अप्रैल से नई दरें लागू हो जाएंगी।

    कंपनियों का दावा है कि पिछले वित्तीय वर्ष में उन्हें 6 044 करोड़ रुपये का घाटा हुआ जिसे रिकवर करने के लिए यह बढ़ोतरी आवश्यक है। पिछली साल केवल 3.46% वृद्धि की गई थी जबकि कंपनियों ने 7.52% बढ़ोतरी की मांग की थी। इस बार प्रस्तावित 10.20% की बढ़ोतरी उपभोक्ताओं के लिए बड़ा आर्थिक झटका साबित हो सकती है।

    औसत घरेलू उपभोक्ता जिनकी मासिक खपत 150-300 यूनिट है के बिल में 150-300 रुपये प्रति माह और सालाना लगभग 3 600 रुपये अतिरिक्त जुड़ सकते हैं। वहीं उच्च खपत वाले परिवार 400 यूनिट+ के लिए बिल 400-600 रुपये तक बढ़ सकता है।

    जनसुनवाई में जनता ने इस प्रस्ताव का जोरदार विरोध किया। उपभोक्ताओं और संगठनों ने सवाल उठाया कि कंपनियां अपना घाटा क्यों उपभोक्ताओं पर डाल रही हैं जबकि पहले से ही मध्य प्रदेश की बिजली दरें पड़ोसी राज्यों से महंगी हैं। विद्युत नियामक आयोग अब सभी आपत्तियों और दावों की समीक्षा करने के बाद अगले सप्ताह मार्च के अंत तक अंतिम टैरिफ ऑर्डर जारी करेगा।

  • नर्मदापुरम में रेलवे ट्रैक पर मिली लहूलुहान बच्ची, हालत नाजुक; हादसा या साजिश की आशंका

    नर्मदापुरम में रेलवे ट्रैक पर मिली लहूलुहान बच्ची, हालत नाजुक; हादसा या साजिश की आशंका


    नर्मदापुरम । नर्मदापुरम में मंगलवार देर रात एक हृदयविदारक घटना हुई। स्थानीय रेलवे स्टेशन पर 8 वर्षीय मासूम युविका राजपूत को लहूलुहान हालत में रेलवे ट्रैक पर पाया गया। घटना उस समय हुई जब तमिलनाडु एक्सप्रेस नर्मदापुरम स्टेशन से रवाना हो रही थी। पीड़िता को तुरंत जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां उसे वेंटिलेटर पर रखा गया है और उसकी हालत नाजुक बताई जा रही है।

    डॉ. संदीप साहू, एमडी स्पेशलिस्ट ने बताया कि युविका ट्रेन से गिरने के कारण गंभीर रूप से घायल हुई है। उसके सिर और कमर में गहरी चोटें हैं और काफी खून बह चुका है। डॉक्टरों की विशेष टीम लगातार उसकी जान बचाने के लिए कोशिश कर रही है।

    जीआरपी नर्मदापुरम के टीआई संजय चौकसे ने बताया कि बच्ची अपनी मां अंजू सिंह राजपूत के साथ थी। पुलिस घटना की गंभीरता को देखते हुए यह पता लगाने में लगी है कि यह सिर्फ एक हादसा था या इसके पीछे कोई जानबूझकर की गई साजिश थी।

    कुछ प्रत्यक्षदर्शियों ने आशंका जताई है कि युविका को ट्रेन के आगे धकेला गया हो। पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और चश्मदीदों के बयान दर्ज कर रही है। जांच के हर पहलू को गंभीरता से लिया जा रहा है ताकि वास्तविक कारण का पता लगाया जा सके। पुलिस ने कहा कि फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि यह दुर्घटना थी या कोई सोचीसमझी साजिश। घटना की जांच पूरी होने के बाद ही सच्चाई सामने आएगी।

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  • भोजशाला विवाद पर RSS का रुख साफ-“अदालत का हर फैसला मंजूर”

    भोजशाला विवाद पर RSS का रुख साफ-“अदालत का हर फैसला मंजूर”


    धार।
     मध्य प्रदेश के भोजशाला परिसर को लेकर जारी कानूनी विवाद पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) ने संतुलित रुख अपनाया है। संघ के वरिष्ठ पदाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि इस मामले में अदालत का जो भी फैसला आएगा, उसे पूरी तरह स्वीकार किया जाएगा।

    संघ नेता ने क्या कहा
    मालवा प्रांत के प्रमुख प्रकाश शास्त्री ने इंदौर में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि इस विवाद में संघ ने अलग से कोई पक्ष नहीं रखा है और सभी तथ्य पहले ही अदालत के सामने प्रस्तुत किए जा चुके हैं।

    उन्होंने कहा, “मामला अभी मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय में विचाराधीन है, इसलिए इस पर सार्वजनिक टिप्पणी करना उचित नहीं है। अदालत जो भी निर्णय देगी, हम उसे स्वीकार करेंगे।”

    ASI रिपोर्ट से बढ़ी चर्चा
    यह बयान ऐसे समय आया है जब भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) की 2000 से अधिक पन्नों की सर्वे रिपोर्ट चर्चा में है। रिपोर्ट में संकेत दिया गया है कि भोजशाला परिसर में मस्जिद से पहले परमारकालीन एक विशाल संरचना मौजूद थी और मौजूदा ढांचे में प्राचीन मंदिरों के अवशेषों का उपयोग किया गया।

    धार्मिक दावा और विवाद

    भोजशाला को हिंदू पक्ष देवी वाग्देवी (सरस्वती) का मंदिर मानता है, जबकि मुस्लिम पक्ष इसे कमाल मौला मस्जिद के रूप में देखता रहा है। इसी को लेकर लंबे समय से कानूनी और सामाजिक विवाद जारी है।


    संघ के इस बयान को विवाद के बीच संयमित और न्यायिक प्रक्रिया में भरोसा जताने के संकेत के तौर पर देखा जा रहा है। अब सभी की नजर अदालत के अंतिम फैसले पर टिकी है।

  • MP Weather : मध्‍य प्रदेश में 4 दिन बदला रहेगा मौसम, 13 जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट

    MP Weather : मध्‍य प्रदेश में 4 दिन बदला रहेगा मौसम, 13 जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट


    भोपाल। मध्य प्रदेश में बुधवार से आंधी और बारिश का मजबूत सिस्टम सक्रिय हो गया है, जिससे अगले चार दिनों तक मौसम में बदलाव बना रहेगा। तेज गर्मी से राहत मिलेगी और प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में कहीं आंधी तो कहीं बारिश देखने को मिल सकती है। गरज-चमक के साथ बादल छाने की भी संभावना है। बुधवार को ग्वालियर सहित 13 जिलों में अलर्ट जारी किया गया है, जबकि 21 मार्च तक भोपाल, इंदौर, उज्जैन और जबलपुर में भी मौसम के बदलने के आसार हैं।
    मौसम विभाग के मुताबिक, उत्तर-पश्चिम भारत में सक्रिय वेस्टर्न डिस्टर्बेंस का असर मध्य प्रदेश तक पहुंच रहा है। इसके चलते 19 से 21 मार्च के बीच प्रदेश में बारिश की गतिविधियां जारी रहेंगी। मौसम विभाग के अनुसार, मंगलवार को प्रदेश के पश्चिम-उत्तरी हिस्से में पांच साइक्लोनिक सर्कुलेशन सक्रिय रहे, जबकि दक्षिण-पूर्वी क्षेत्र में भी एक वेस्टर्न डिस्टर्बेंस का प्रभाव देखा गया। इसी वजह से ग्वालियर-चंबल क्षेत्र के कुछ जिलों में बादल छाए रहे और दिन के तापमान में गिरावट दर्ज की गई।
    तापमान की बात करें तो खरगोन में सबसे ज्यादा 38.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा खजुराहो में 38.4 डिग्री, नरसिंहपुर में 38 डिग्री, रायसेन में 37.6 डिग्री, मंडला में 37.5 डिग्री, नर्मदापुरम में 37.2 डिग्री और खंडवा में 37.1 डिग्री तापमान रहा। प्रदेश के पांच प्रमुख शहरों में जबलपुर सबसे गर्म रहा, जहां तापमान 36.1 डिग्री दर्ज किया गया। वहीं भोपाल में 35.2 डिग्री, इंदौर में 34.9 डिग्री और उज्जैन व ग्वालियर में 35.5 डिग्री तापमान रिकॉर्ड हुआ।
    मार्च के साथ ही गर्मी के मौसम की शुरुआत हो चुकी है और पहले पखवाड़े में तेज गर्मी का असर देखने को मिला। हालांकि अब मौसम का मिजाज बदल रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, इस सीजन में पहली बार इतना मजबूत सिस्टम सक्रिय हुआ है, जिसका असर 4 से 5 दिनों तक पूरे प्रदेश में बना रहेगा। इस दौरान कहीं बारिश, कहीं आंधी और कहीं बादल छाए रहने की स्थिति रहेगी।
    इस सिस्टम के गुजरने के बाद 22 मार्च से फिर से तेज गर्मी लौटने की संभावना है। मार्च के अंतिम सप्ताह में तापमान में तेजी से बढ़ोतरी हो सकती है। पिछले 10 वर्षों के आंकड़ों के अनुसार, मार्च में दिन गर्म और रातें अपेक्षाकृत ठंडी रहती हैं, साथ ही बारिश का भी ट्रेंड बना रहता है।
    भोपाल, इंदौर और उज्जैन में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार जा सकता है, जबकि रात का तापमान 14 से 20 डिग्री के बीच रहने का अनुमान है। नर्मदापुरम में पहले ही लगातार तीन दिनों से तापमान 40 डिग्री से ऊपर दर्ज किया जा चुका है। वहीं, अप्रैल और मई में 15 से 20 दिनों तक हीट वेव यानी लू चलने की संभावना जताई गई है।
  • इंदौर में इलेक्ट्रिक कार चार्जिंग ब्लास्ट से मकान में लगी आग, छह लोगों की मौत, तीन गंभीर रूप से घायल

    इंदौर में इलेक्ट्रिक कार चार्जिंग ब्लास्ट से मकान में लगी आग, छह लोगों की मौत, तीन गंभीर रूप से घायल

    इंदौर । मध्य प्रदेश के इंदौर में बंगाली चौराहा के पास बुधवार सुबह करीब 4 बजे एक दर्दनाक हादसा हुआ। पुगलिया परिवार के मकान में इलेक्ट्रिक कार चार्जिंग के दौरान शॉर्ट सर्किट से आग लग गई, जिससे छह लोग जिंदा जल गए और तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।

    कैसे हुआ हादसा?

    पुलिस की प्रारंभिक जांच के अनुसार, पुगलिया परिवार के घर के बाहर रात में इलेक्ट्रिक कार चार्ज की जा रही थी। सुबह करीब 4 बजे चार्जिंग पॉइंट में शॉर्ट सर्किट हुआ और कार ने आग पकड़ ली। कुछ ही पलों में आग ने विकराल रूप ले लिया और घर के भीतर फैल गई। घर में लगभग दस से अधिक गैस सिलेंडर और ज्वलनशील सामग्री रखी हुई थी। आग की चपेट में आते ही सिलेंडरों में विस्फोट शुरू हो गए। कम से कम चार सिलेंडर एक-के-बाद-एक फटने से तेज धमाकों ने पूरे इलाके को दहला दिया और मकान का एक हिस्सा ढह गया।

    हादसे के समय घर में पारिवारिक कार्यक्रम चल रहा था, जिसके कारण कई सदस्य और रिश्तेदार मौजूद थे। अधिकांश लोग सो रहे थे, इसलिए बाहर निकलने का मौका नहीं मिल सका। बिजली कटने के कारण घर में लगे इलेक्ट्रॉनिक लॉक भी काम नहीं कर पाए, जिससे लोग अंदर फंस गए।

    राहत और बचाव अभियान

    सूचना मिलते ही दमकल की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं, लेकिन तब तक आग पूरे मकान को अपनी चपेट में ले चुकी थी। पुलिस और एसडीआरएफ की टीमों ने घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया और रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया। इंदौर के पुलिस आयुक्त संतोष कुमार सिंह सहित वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। प्रशासन ने इस घटना की जांच के आदेश दे दिए हैं।

    मृतक और घायल

    इस हादसे में जिन लोगों की मौत हुई है, उनमें मनोज जैन पुगलिया (65 वर्ष), सिमरन (30 वर्ष), विजय सेठिया (65 वर्ष), सुमन सेठिया (60 वर्ष), राशि (12 वर्ष) और छोटू सेठिया (22 वर्ष) शामिल हैं। घायलों में सौरभ (32 वर्ष), सुनीता (58 वर्ष) और सोमिल को सुरक्षित निकालकर अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है।

    अधिकारियों की प्रतिक्रिया

    पुलिस आयुक्त संतोष कुमार सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि घर के बाहर चार्जिंग के दौरान विस्फोट हुआ और आग घर में फैल गई। घर में कुछ ज्वलनशील रसायन भी रखे हुए थे। उन्होंने कहा, “इस घटना में छह लोगों की मौत हुई और तीन गंभीर रूप से घायल हैं। यह घर मनोज पुगलिया का था, जो पॉलीमर का व्यवसाय करते थे।”

    इंदौर के कलेक्टर शिवम वर्मा ने बताया कि दमकल और प्रशासन की टीमों ने बचाव अभियान चलाया। आग पर फिलहाल काबू पा लिया गया है, लेकिन बिल्डिंग की दो मंजिलों को खाली कर दिया गया है। तीसरी मंजिल की जांच अभी जारी है।

  • मानवता और सहअस्तित्व भारतीय संस्कृति की पहचान : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    मानवता और सहअस्तित्व भारतीय संस्कृति की पहचान : मुख्यमंत्री डॉ. यादव


    भोपाल।
    मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि भारत की प्राचीन संस्कृति के मूल में मानवता, सहअस्तित्व और परस्पर सहयोग का महत्वपूर्ण भाव शामिल है। मानवता, सहअस्तित्व भारतीय संस्कृति की पहचान है।

    उन्होंने कहा कि स्काउट और गाइड संगठन विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ संस्कारवान बनाने की दृष्टि से एक आदर्श संगठन है। इस नाते मध्य प्रदेश में इन युवाओं का एक सप्ताह का वैचारिक आयोजन स्थानीय युवाओं के लिए भी प्रेरक है। उन्होंने कहा कि बंगाल की खाड़ी से जुड़े सात राष्ट्रों को सहयोग के सूत्र में बांधने के लिए बिम्सटेक एक महत्वपूर्ण मंच है। युवा राष्ट्र के निर्माण में सहभागी होते हैं।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव मंगलवार देर शाम अपने निवास स्थित संवाद सभाकक्ष में बिम्सटेक यूथ कल्चरल हेरिटेज एंड सस्टेनेबिलिटी इमेरसन प्रोग्राम को संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम में सात देशों के युवा प्रतिनिधि शामिल थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रतिभागी देशों भूटान, नेपाल, बांग्लादेश, म्यांमार, श्रीलंका और थाईलैंड के स्काउट गाइड को प्रमाण-पत्र भी प्रदान किए।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भारत स्काउट और गाइड संगठन को रचनात्मक प्रकल्पों के संचालन के लिए बधाई दी। उन्होंने देश के दिल मध्य प्रदेश में अन्य देशों और राज्यों के प्रतिनिधियों का स्वागत करते हुए कहा कि पड़ोसियों से हमारे आत्मीय और सहज संबंध है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि पश्चिम बंगाल से भी यहां प्रतिनिधि आएं हैं। बंगाल की खाड़ी से बिम्सटेक के देश जुड़े हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत दक्षिण एशियाई देशों के लिए आशा, स्थिरता और विकास का एक सशक्त केंद्र बनकर उभरा है। उन्होंने विदेश मंत्रालय के प्रति यूथ कल्चरल हेरिटेज एंड सस्टेनेबिलिटी इमेरसन प्रोग्राम के लिए प्राप्त सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि ऐसे कार्यक्रम युवाओं को सांस्कृतिक धरोहर, पर्यावरण संरक्षण, सतत् विकास और क्षेत्रीय सहयोग जैसे विषयों पर विचार-विमर्श के साथ ही ऐसे महत्वपूर्ण विषयों को जीवन के लक्ष्यों में शामिल करने के लिए प्रेरित करते हैं।

    उन्होंने कहा कि हमारा देश अनेक नदियों का मायका है। भारत को मध्य प्रदेश से बड़ी जल राशि प्राप्त होती है। मध्य प्रदेश की नदियां कई राज्यों की नदियों में समाहित होकर उन्हें समृद्ध करती है। मध्य प्रदेश से सम्राट विक्रमादित्य की पहचान भी जुड़ी है, जो दान, वीरता, न्यायप्रियता और सुशासन के प्रतीक थे। उन्होंने अनेक राज्यों और राष्ट्रों में भिन्न-भिन्न नामों से व्यवस्थित शासन संचालन के प्रमाण प्रस्तुत किए। भारत ऐसे ही गौरवशाली व्यक्तित्वों से विश्व में अलग पहचान रखता है।

    कार्यक्रम को भारत स्काउट एंड गाइड के नेशनल कमिश्नर मनीष मेहता सहित अन्य पदाधिकारियों ने भी संबोधित किया।

  • विमानन नीति-2025 से मप्र में हो रहा हवाई सेवाओं का निरंतर विस्तार: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    विमानन नीति-2025 से मप्र में हो रहा हवाई सेवाओं का निरंतर विस्तार: मुख्यमंत्री डॉ. यादव


    – रीवा से रायपुर के बीच सप्ताह में तीन दिन हवाई सेवा का शुभारंभ

    भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश में विमानन नीति 2025 लागू कर हवाई सेवाओं के विस्तार का कार्य व्यवस्थित रूप से किया जा रहा है। नीति के अंतर्गत ही रीवा से रायपुर की विमान सेवा प्रारंभ हो रही है। जबलपुर से कोलकाता और इंदौर से आबूधाबी की उड़ानों की स्वीकृति भी इस नीति के अंतर्गत संभव हुई है।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव मंगलवार शाम को रीवा से रायपुर अलायन्स एयर की सप्ताह में तीन दिन की उड़ान के शुभारंभ समारोह को मंत्रालय भोपाल से वर्चुअली संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में रीवा एयरपोर्ट के विस्तार का कार्य होगा, जो संपूर्ण विंध्य अंचल के लिए लाभकारी सिद्ध होगा। ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्व के विंध्य क्षेत्र का पड़ोसी राज्य छत्तीसगढ़ से हवाई मार्ग से जुड़ना समृद्धि और संस्कृति के विकास के लिए भी महत्वपूर्ण होगा।

    मुख्यमंत्री ने विंध्यवासियों को रीवा से रायपुर की उड़ान प्रारंभ होने पर बधाई दी। उन्होंने कहा कि राज्य के विमानन क्षेत्र में ये एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। गत दो वर्ष में चार महत्वपूर्ण कार्य हुए हैं। जहां वर्ष 2024 में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रीवा में एयरपोर्ट का शुभारंभ किया, वहीं रीवा से दिल्ली विमान सेवा शुरू हुई। इसके बाद गत वर्ष रीवा से इंदौर की विमान सेवा शुरू हुई। आज रीवा से रायपुर की विमान सेवा प्रारंभ हो रही है।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि मध्य प्रदेश में आज आठ एयरपोर्ट हैं। शीघ्र ही उज्जैन और शिवपुरी का एयरपोर्ट प्रारंभ होने पर संख्या 10 हो जाएगी। प्रदेश में कुल 20 हवाई पट्टियां और 220 हेलीपैड हैं। शहडोल, नीमच, छिंदवाड़ा और मंडला एयरस्ट्रीप रीजनल कनेक्टिविटी स्कीम के अंतर्गत एयरपोर्ट के रूप में विकसित होंगी। प्रधानमंत्री मोदी का कहना है कि हवाई चप्पल पहनने वाले व्यक्ति भी हवाई यात्रा कर सकते हैं। प्रधानमंत्री मोदी के इस मंत्र को प्रदेश में साकार करने के लिए जहां पीएमश्री एयर एंबुलेंस सेवा प्रारंभ की गई वहीं पर्यटन, वन्य जीव अभयारण्य और धार्मिक महत्व के स्थानों तक जाने के लिए भी धार्मिक पर्यटन हेली सेवा प्रारंभ की गई हैं।


    नागरिक विमानन नीति-2025 में दे रहे हैं सहायता

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश में नागरिक विमानन नीति-2025 लागू की गई है। इसमें अंतर्गत घरेलू मार्ग के विकास के लिए 10 लाख रुपये और अंतरराष्ट्रीय मार्गों के लिए 15 लाख रुपये की सहायता राशि देकर बढ़ावा दिया जा रहा है। माल ढुलाई के कार्य को तेज, सस्ता और सुगम बनाने के लिए एयर कार्गो लॉजिस्टिक्स परियोजनाओं के लिए भी 30 प्रतिशत पूंजीगत सब्सिडी का प्रावधान किया गया है। कृषि उत्पादों के लिए कार्गो क्लस्टर विकसित किए जा रहे हैं। ऐसे विद्यार्थी जो गैर सिम्युलेटर कोर्स कर रहे हैं, उनकी फीस का 60 प्रतिशत व्यय राज्य सरकार करेगी। इससे जहां व्यापार व्यवसाय क्षेत्र को प्रोत्साहन मिल रहा है वहीं संपूर्ण अर्थव्यवस्था को भी लाभ होगा।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रीवा-रायपुर हवाई यात्रा के लिए केन्द्रीय नागर विमानन मंत्री और मंत्रालय के अधिकारियों के सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया।


    मध्य प्रदेश में विमानन क्षेत्र में हो रहा अच्छा कार्य – केंद्रीय मंत्री नायडू

    केंद्रीय नागर विमानन मंत्री किजारापु राममोहन नायडू नई विमान सेवा के शुभारंभ कार्यक्रम में नई दिल्ली से वर्चुअली शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश में विमानन क्षेत्र में सुविधाएं बढ़ाने के लिए अच्छा कार्य हो रहा है। केंद्रीय मंत्री नायडू ने इसके लिए मुख्यमंत्री डॉ. यादव को बधाई दी।

    केंद्रीय मंत्री नायडू ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने वर्ष 2024 में रीवा एयरपोर्ट का उद्घाटन किया था और आज विमान यात्रियों को रीवा से रायपुर की विमान सेवा का लाभ मिलना शुरू हो गया है। मध्य प्रदेश में पीएमश्री हेली पर्यटन सेवा और गंभीर रोगियों के उपचार के लिए आपातकालीन व्यवस्था के तौर पर पीएमश्री एयर एम्बुलेंस सेवा का संचालन सराहनीय है।

    नायडू ने कहा कि “वन रूट वन फेयर” के लिए एलाइंस एयर के साथ अनुबंध किया गया है। यह इस तरह का देश में प्रथम अनुबंध है। आशा है कि मध्य प्रदेश में नए विमानतल और नई हवाई पट्टियों के विकास के कार्य निरंतर होते रहेंगे।

    रीवा में हवाई सेवा के शुभारंभ कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल, वरिष्ठ सांसद विष्णु दत्त शर्मा, जनार्दन मिश्रा के अलावा अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। खजुराहो एयरपोर्ट पर भी अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित थे जो कार्यक्रम से वर्चुअल रूप से जुड़े।