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  • चुनावी मोड में आयी भाजपा, नए अध्यक्ष की ताजपोशी के बाद शीर्ष नेताओं के दौरे तेज

    चुनावी मोड में आयी भाजपा, नए अध्यक्ष की ताजपोशी के बाद शीर्ष नेताओं के दौरे तेज



    नई दिल्ली । भाजपा ने नए अध्यक्ष नितिन नवीन की ताजपोशी के बाद चुनावी गतिविधियों को तेज कर दिया है। दो महीने में होने वाले पांच राज्यों के विधानसभा चुनावों को ध्यान में रखते हुए पार्टी के शीर्ष नेताओं के दौरे जारी हैं। इस महीने के बाकी दिनों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन अलग-अलग राज्यों का दौरा करेंगे।
    मोदी केरल और तमिलनाडु जाएंगे, नवीन पश्चिम बंगाल और अमित शाह असम तथा पश्चिम बंगाल का दौरा करेंगे। दक्षिण भारत में भाजपा एनडीए के सहयोग से चुनावी स्थिति मजबूत करना चाहती है, जबकि पूर्वी राज्यों में पश्चिम बंगाल पर पांच साल पहले का सपना पूरा करना चाह रही है।

    तमिलनाडु में गठबंधन को पुख्ता करना:
    भाजपा ने तमिलनाडु में अन्नाद्रमुक के साथ गठबंधन विस्तार कर लिया है। केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने एएमएमके को एनडीए में शामिल कराया। पीएम मोदी की शुक्रवार को होने वाली रैली में एनडीए की एकजुटता और ताकत का प्रदर्शन होगा।

    द्रमुक के गढ़ से अन्नाद्रमुक को आगे रखते हुए मोदी राज्य में सत्तारूढ़ दल को चुनौती देंगे।

    केरल में चुनावी रणनीति:
    प्रधानमंत्री मोदी केरल में रोड शो करेंगे, नई विकास योजनाओं और नई ट्रेन का उद्घाटन करेंगे। हाल ही में स्थानीय निकाय चुनावों में भाजपा ने तिरुवनंतपुरम में पहला मेयर बनाया था, इसलिए यह दौरा विशेष महत्व रखता है।

    पूर्वोत्तर राज्यों में अमित शाह की सक्रियता:
    गृह मंत्री अमित शाह 29-30 जनवरी को असम में बैठकें और चुनावी रणनीति की समीक्षा करेंगे। इसके बाद 30-31 जनवरी को कोलकाता में संगठन की गतिविधियों और नए अभियान की तैयारियों को अंतिम रूप देंगे। भाजपा की यह रणनीति दक्षिण और पूर्वी भारत में दोनों मोर्चों पर चुनावी स्थिति मजबूत करने के लिए तैयार की जा रही है।

  • सनी देओल की ‘Border 2’: शुरुआती रिव्यू में मिली जबरदस्त प्रतिक्रिया, फिल्म को कहा गया ब्लॉकबस्टर

    सनी देओल की ‘Border 2’: शुरुआती रिव्यू में मिली जबरदस्त प्रतिक्रिया, फिल्म को कहा गया ब्लॉकबस्टर

    नई दिल्ली। अनुराग सिंह द्वारा निर्देशित Border 2 23 जनवरी 2026 को सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है। यह फिल्म 1997 के पी. जे. दत्ता निर्देशित ब्लॉकबस्टर Border की सीक्वल है। 1971 के भारत–पाकिस्तान युद्ध की पृष्ठभूमि पर बनी यह फिल्म देशभक्ति, वीरता और बलिदान की भावनाओं से भरी हुई है।

    फिल्म में सनी देओल के साथ वरुण धवन, दिलजीत दोसांझ और अहान शेट्टी मुख्य भूमिका में हैं। मोना सिंह, सोनम बाजवा, अण्या सिंह और मेधा राणा भी महत्वपूर्ण भूमिकाओं में हैं।

    बॉक्स ऑफिस प्री-सेल्स और टिकट की धूम

    Border 2 के लिए एडवांस बुकिंग ने शानदार शुरुआत की है। ट्रेड ट्रैकिंग साइट Sacnilk के अनुसार, 7257 शो के लिए 53,526 टिकट पहले ही बिक चुकी हैं। बिना ब्लॉक किए गए सीटों के साथ कुल कलेक्शन 1.69 करोड़ रुपये है, जबकि ब्लॉक किए हुए सीटों के साथ यह आंकड़ा बढ़कर 4.56 करोड़ रुपये हो जाता है।

    फैंस और दर्शक सोशल मीडिया पर फिल्म की जमकर तारीफ कर रहे हैं। कई ट्विटर यूज़र्स ने इसे “BLOCKBUSTER” और “OUTSTANDING” बताया है।

    फैंस की प्रतिक्रिया और सोशल मीडिया हाइलाइट्स

    Border 2 का उत्साह न केवल सिनेमाघरों में, बल्कि ऑनलाइन भी देखने को मिल रहा है। फैंस की प्रतिक्रियाओं में फिल्म की देशभक्ति, स्टार कास्ट और युद्ध दृश्यों की तारीफ की जा रही है। कई यूज़र्स ने सनी देओल की दमदार परफॉर्मेंस को खास तौर पर सराहा है।

    फिल्म का महत्व और दर्शकों के लिए संदेश

    Border 2 सिर्फ एक एक्शन और ड्रामा फिल्म नहीं है। यह भारतीय सेना के साहस, एकता और बलिदान को सम्मान देने का प्रयास है। 1997 की फिल्म की विरासत को आगे बढ़ाते हुए सीक्वल ने नई पीढ़ी के दर्शकों के लिए देशभक्ति का नया पैमाना स्थापित किया है।

    निष्कर्ष

    रिलीज के पहले दिन की प्रतिक्रियाओं और एडवांस बुकिंग की सफलता के आधार पर कहा जा सकता है कि Border 2 बॉक्स ऑफिस पर धमाका करने जा रही है। देशभक्ति, स्टार-कास्ट और युद्ध की भावनाओं से भरी यह फिल्म इस साल की सबसे चर्चित रिलीज में से एक साबित हो रही है।

    फैंस की उम्मीदें:
    सनी देओल और वरुण धवन की जोड़ी, दिलजीत दोसांझ की मौजूदगी और अनुराग सिंह का निर्देशन इस फिल्म को एक यादगार अनुभव बनाने के लिए तैयार है। Border 2 देशभक्ति प्रेमियों और युद्ध ड्रामा के शौकीनों के लिए टॉप पिक बन चुकी है।

  • जहाँ देवी का मंदिर है, वहाँ इबादत कैसे स्वीकार होगी? भोजशाला विवाद पर विधायक रामेश्वर शर्मा का बड़ा बयान

    जहाँ देवी का मंदिर है, वहाँ इबादत कैसे स्वीकार होगी? भोजशाला विवाद पर विधायक रामेश्वर शर्मा का बड़ा बयान


    भोपाल । मध्य प्रदेश के धार जिले की ऐतिहासिक भोजशाला को लेकर चल रहे विवाद में अब सियासी बयानबाजी ने तूल पकड़ लिया है। बसंत पंचमी के अवसर पर सुप्रीम कोर्ट द्वारा पूजा और नमाज दोनों की अनुमति दिए जाने के बाद, भाजपा के प्रखर विधायक रामेश्वर शर्मा ने एक बड़ा और तीखा बयान जारी किया है। उन्होंने सीधे तौर पर मुस्लिम समुदाय से सद्भावना की अपील करते हुए सवाल उठाया है कि जिस स्थान पर देवी का अधिष्ठान है, वहाँ की गई इबादत का क्या अर्थ है।

    विधायक रामेश्वर शर्मा ने अपने संबोधन में तर्क दिया कि इबादत और आस्था के बीच एक स्पष्ट समझ होनी चाहिए। उन्होंने कहा, ‘मुसलमानों को स्वयं यह समझना चाहिए कि जहाँ मां वाग्देवी सरस्वती का प्राचीन मंदिर है, वहाँ आपकी इबादत कैसे स्वीकार हो सकती है? हमारे सनातनी समाज की यह मांग सदियों से रही है कि जहाँ विद्या की देवी माँ सरस्वती विराजमान हैं, उस पवित्र स्थल पर केवल पूजन और अर्चना ही होनी चाहिए।’ शर्मा ने आगे जोड़ा कि स्वयं मुस्लिम समाज के मान्यताओं में भी यह उल्लेख मिलता है कि मंदिर परिसर के भीतर की गई इबादत जायज नहीं होती, ऐसे में इस मुद्दे को राजनीति से प्रेरित करने के बजाय समझदारी से सुलझाना चाहिए।

    ऐतिहासिक संदर्भों का हवाला देते हुए विधायक ने याद दिलाया कि भोजशाला का निर्माण महान राजा भोज ने माँ सरस्वती की आराधना और ज्ञान के केंद्र के रूप में किया था। उन्होंने कहा कि यह विद्या की देवी का मंदिर है और इसे अनावश्यक विवादों में नहीं घसीटना चाहिए। ‘माँ जगत जननी की निरंतर पूजा-अर्चना हमारा अधिकार है। हम इसके लिए लोकतंत्र की चौखट पर भी जाएंगे और सर्वोच्च न्यायालय से भी बार-बार प्रार्थना करेंगे कि यहाँ केवल सनातन परंपरा का निर्वहन हो,’ उन्होंने स्पष्ट किया।

    रामेश्वर शर्मा का यह बयान ऐसे संवेदनशील समय में आया है जब धार प्रशासन ने सुप्रीम कोर्ट के आदेशानुसार बसंत पंचमी पर हिंदू और मुस्लिम दोनों पक्षों के लिए अलग-अलग समय और स्थान नियत किए हैं। जहाँ एक ओर भारी पुलिस बल की मौजूदगी में पूजा की जा रही है, वहीं दूसरी ओर विधायक की इस अपील ने सामाजिक और राजनीतिक हलकों में नई बहस छेड़ दी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि सबको मिलकर माँ सरस्वती की आरती-पूजा होने देनी चाहिए ताकि धार्मिक सौहार्द बना रहे और इतिहास के साथ न्याय हो सके।

  • WPL 2026 Points Table: गुजरात जाएंट्स की जीत से हिली पॉइंट्स टेबल, मुंबई इंडियंस टॉप-2 से बाहर

    WPL 2026 Points Table: गुजरात जाएंट्स की जीत से हिली पॉइंट्स टेबल, मुंबई इंडियंस टॉप-2 से बाहर

    नई दिल्ली। WPL 2026 Updated Points Table: एशले गार्डनर की अगुवाई वाली गुजरात जाएंट्स ने गुरुवार, 22 जनवरी को डब्ल्यूपीएल 2026 के 14वें मुकाबले में यूपी वॉरियर्स को 45 रनों से पटखनी दी। गुजरात जाएंट्स की टीम इस जीत के साथ WPL 2026 पॉइंट्स टेबल में दूसरे पायदान पर पहुंच गई है। GG की जीत से 2 बार की चैंपियन मुंबई इंडियंस को नुकसान हुआ है। हरमनप्रीत कौर की टीम अब पॉइंट्स टेबल में तीसरे पायदान पर पहुंच गई है। MI टूर्नामेंट में अपनी लय खो चुकी है, उन्हें पिछले तीन मुकाबलों में हार का सामना करना पड़ा है। वहीं स्मृति मंधाना की अगुवाई वाली रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु जीत का पंजा लगाकर पहले ही प्लेऑफ के लिए क्वालीफाई कर चुकी है।

    गुजरात जाएंट्स ने अभी तक WPL 2026 में 6 मैच खेले हैं, तीन में उन्हें जीत मिली है वहीं इतने ही मुकाबलों में उन्हें हार का सामना करना पड़ा है। GG के खाते में कुल 6 पॉइंट्स है। वहीं मुंबई ने भी अभी तक 6 मैच खेल लिए हैं, मगर उन्हें सिर्फ 2 ही मुकाबलों में जीत नसीब हुई है, वहीं 4 मैच टीम हारी है। मुंबई को अगर प्लेऑफ के लिए क्वालीफाई करना है तो बचे दोनों मुकाबलों में जीत दर्ज करनी होगी।
    बता दें, WPL प्लेऑफ में कुल तीन टीमें कदम रखती है। पॉइंट्स टेबल की टॉपर सीधा फाइनल में प्रवेश करती है, वहीं दूसरे और तीसरे पायदान पर रहने वाली टीमों के बीच एलिमिनेटर मुकाबला होता है।

    WPL 2026 पॉइंट्स टेबल
    टीम मैच जीत हार नो रिजल्ट पॉइंट्स नेट रन रेट
    रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु 5 5 0 0 10 +1.882
    गुजरात जाएंट्स 6 3 3 0 6 -0.341
    मुंबई इंडियंस 6 2 4 0 4 +0.046
    दिल्ली कैपिटल्स 5 2 3 0 4 -0.586
    यूपी वॉरियर्स 6 2 4 0 4 -0.769

    कैसा रहा GG vs UPW मैच?
    टॉस हारकर पहले बैटिंग करने उतरी गुजरात जाएंट्स की टीम ने सोफी डिवाइन की फिफ्टी के दम पर निर्धारित 20 ओवर में 8 विकेट के नुकसान पर 153 रन बोर्ड पर लगाए। बेथ मूनी ने 38 रनों की पारी खेली। इस स्कोर का पीछा करने उतरी यूपी की टीम कभी रनचेज में नहीं दिखी। फोबे लिचफील्ड 32 रनों के साथ टीम की हाईएस्ट स्कोरर रहीं, वहीं क्लो ट्राइटन ने 30 रन बनाए। यूपी की 8 बैटर सिंगल डिजिट पर आउट हुईं।

  • ग्वालियर में सनसनीखेज खुलासा: अपहरण नहीं, लुटेरी दुल्हन गैंग की थी साजिश; शादी के चंद घंटों बाद 2 लाख लेकर हुई फरार

    ग्वालियर में सनसनीखेज खुलासा: अपहरण नहीं, लुटेरी दुल्हन गैंग की थी साजिश; शादी के चंद घंटों बाद 2 लाख लेकर हुई फरार


    ग्वालियर। मध्य प्रदेश शहर के व्यस्ततम इलाके दाल बाजार में गुरुवार को दिनदहाड़े कार का कांच तोड़कर एक युवती के अपहरण की जिस घटना ने पूरे ग्वालियर को दहला दिया था, उसकी हकीकत सामने आते ही पुलिस और जनता दोनों हैरान हैं। जिसे लोग किडनैपिंग समझ रहे थे, वह दरअसल लुटेरी दुल्हन गैंग की एक सोची-समझी और फिल्मी अंदाज में रची गई साजिश निकली। पुलिस ने इस मामले में गैंग के एक सदस्य को दबोच लिया है, जिसके पास से ठगी के 90 हजार रुपये बरामद हुए हैं हालांकि मुख्य आरोपी दुल्हन और उसके अन्य साथी फिलहाल फरार हैं।

    इस पूरी साजिश की पटकथा शिवपुरी लिंक रोड निवासी महेंद्र पाराशर के घर से शुरू हुई। महेंद्र अपने मानसिक रूप से विक्षिप्त बेटे की शादी को लेकर चिंतित थे। इसी मजबूरी का फायदा उठाते हुए मुरैना निवासी राकेश शर्मा ने उन्हें झांसे में लिया। राकेश ने एक लड़की से शादी कराने का सौदा 2 लाख रुपये में तय किया। इसके बाद बंटी धाकड़ और हीरा ठाकुर नामक बिचौलियों ने महेंद्र को पूनम गौर उर्फ डॉली नाम की युवती से मिलवाया और उसे बंटी की साली बताया। महेंद्र ने बेटे के भविष्य की खातिर अपनी जमा-पूंजी से 2 लाख रुपये आरोपियों को सौंप दिए।

    शादी की औपचारिकताएं पूरी करने और नोटरी कराने के बाद जब महेंद्र अपने बेटे और नई नवेली बहू डॉली को कार से लेकर घर लौट रहे थे, तभी कोतवाली थाना क्षेत्र के दाल बाजार में साजिश का अगला हिस्सा शुरू हुआ। अचानक एक एक्टिवा और बाइक पर सवार चार नकाबपोश युवकों ने कार को ओवरटेक कर रोका। इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता, हमलावरों ने कार का कांच फोड़ा और दुल्हन को जबरन अपने साथ खींचकर ले गए। दिनदहाड़े हुई इस वारदात का सीसीटीवी फुटेज सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसे देख हर कोई सहम गया।

    मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल नाकाबंदी की और सीसीटीवी खंगाले। जांच के दौरान जैसे ही कड़ियां जुड़ीं, अपहरण की यह कहानी ठगी के बड़े नेटवर्क में बदल गई। पुलिस ने घेराबंदी कर गैंग के एक सदस्य को गिरफ्तार किया, जिसने कबूला कि यह किडनैपिंग नहीं बल्कि दुल्हन को सुरक्षित भगाने का एक नाटक था ताकि परिवार पुलिस में शिकायत न कर सके। पकड़े गए आरोपी के पास से लूटी गई रकम के 90 हजार रुपये बरामद कर लिए गए हैं।

    फिलहाल, पुलिस ने फरियादी महेंद्र पाराशर की शिकायत पर मुख्य सूत्रधार राकेश शर्मा, बंटी धाकड़, हीरा ठाकुर और लुटेरी दुल्हन पूनम गौर सहित 4 अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और साजिश का मामला दर्ज कर लिया है। ग्वालियर पुलिस की कई टीमें अब इस संगठित गिरोह के बाकी सदस्यों और ‘डॉली’ की सरगर्मी से तलाश कर रही हैं। इस घटना ने एक बार फिर शादी के नाम पर होने वाले इस तरह के संगठित अपराधों के प्रति समाज को सतर्क रहने की चेतावनी दी है।

  • अमेरिकी विश्लेषक का दावा: ट्रंप सबसे ताकतवर नहीं, मोदी और जिनपिंग हैं दुनिया के असली प्रभावशाली नेता

    अमेरिकी विश्लेषक का दावा: ट्रंप सबसे ताकतवर नहीं, मोदी और जिनपिंग हैं दुनिया के असली प्रभावशाली नेता

    नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तुलना में भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग को अधिक ताकतवर माना जा रहा है। राजनीतिक विशेषज्ञ इयन ब्रेमर का कहना है कि कई मामलों में ये दोनों नेता ट्रंप की तुलना में बेहतर स्थिति में हैं।

    ब्रेमर ने मीडिया से बातचीत में कहा, “अमेरिका भले ही दुनिया की सबसे शक्तिशाली अर्थव्यवस्था है, लेकिन इसका नेतृत्व करने वाला ट्रंप सबसे ताकतवर नेता नहीं माना जा सकता। शी जिनपिंग इस मामले में आगे हैं। उनका कारण सरल है: उन्हें मिडटर्म चुनाव की चिंता नहीं, और उनके पास स्वतंत्र न्यायपालिका पर नियंत्रण है। वहीं, ट्रंप तीन सालों में अपने पद से बाहर होंगे, लेकिन जिनपिंग लंबे समय तक सत्ता में बने रहेंगे।”

    ब्रेमर ने यह भी कहा कि पीएम मोदी की लंबी कार्यकाल अवधि उन्हें नीति निर्माण में स्थिरता और लंबे समय तक प्रभाव दिखाने की क्षमता देती है। “मोदी की निरंतरता और लंबे समय तक सत्ता में बने रहने की स्थिति उन्हें कई यूरोपीय नेताओं की तुलना में ज्यादा प्रभावशाली बनाती है,” उन्होंने कहा।

    ट्रंप के शांति प्रयासों में सहयोगियों की कमी
    इसी बीच ट्रंप ने हमास और इजराइल के बीच युद्धविराम सुनिश्चित करने के लिए अपना ‘शांति बोर्ड’ लॉन्च किया। हालांकि, अमेरिका के कई प्रमुख सहयोगियों ने इसमें भाग लेने से इनकार कर दिया। रूस ने अभी निर्णय नहीं लिया है, ब्रिटेन ने हस्ताक्षर करने से साफ मना कर दिया है। फ्रांस, नॉर्वे और स्वीडन ने भी बोर्ड में शामिल न होने का संकेत दिया। फ्रांसीसी अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि उनका देश गाजा में शांति की दिशा में प्रयासों का समर्थन करता है, लेकिन यह बोर्ड संयुक्त राष्ट्र के मुख्य मंच की जगह नहीं ले सकता।

  • दिल्ली-NCR में बारिश और तेज हवाओं के बीच मौसम अलर्ट, श्रीनगर एयरपोर्ट पर उड़ानों पर रोक

    दिल्ली-NCR में बारिश और तेज हवाओं के बीच मौसम अलर्ट, श्रीनगर एयरपोर्ट पर उड़ानों पर रोक


    नई दिल्ली । दिल्ली-एनसीआर समेत उत्तर भारत के कई हिस्सों में शुक्रवार को मौसम ने अचानक बदलाव दिखाया। राजधानी में सुबह हल्की बारिश के साथ तेज हवाओं का असर महसूस किया गया। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा, पंजाब और राजस्थान के कई इलाकों के लिए नाउकास्ट चेतावनी जारी की है।

    मौसम विभाग के अनुसार, अगले 2-3 घंटों के दौरान इन राज्यों में गरज के साथ तेज बारिश हो सकती है, और हवाओं की रफ्तार 40-60 किमी प्रति घंटे तक पहुँच सकती है। फिलहाल दिल्ली-एनसीआर में 30-40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल रही हैं। राजधानी और आसपास के क्षेत्रों में दिनभर कुछ जगहों पर बारिश जारी रहने की संभावना है। बारिश से वायु गुणवत्ता में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है।

    पंजाब, हरियाणा, पूर्वी राजस्थान, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और एनसीआर के कई शहरों में भी मौसम का मिज़ाज बिगड़ सकता है। IMD ने लोगों से सतर्क रहने, कमजोर ढांचों और पेड़ों के नीचे खड़े न होने और अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है। वाहन चालक कम दृश्यता और जलभराव की स्थिति में अतिरिक्त सावधानी बरतें।

    श्रीनगर में मौसम की अचानक खराब स्थिति के कारण इंडिगो एयरलाइंस ने ट्रैवल एडवाइजरी जारी की। बर्फबारी के चलते श्रीनगर एयरपोर्ट पर टेक-ऑफ और लैंडिंग पर अस्थायी रोक लगी है। एयरलाइन ने यात्रियों को आश्वस्त किया कि जैसे ही एयर ट्रैफिक कंट्रोल अनुमति देगा, उड़ानें जल्द रवाना की जाएंगी।

  • Upcoming Reality Show ‘50’: सिवेट तोमर, चाहत पांडे, नीलम गिरी और कई जाने-माने सेलेब्स की एंट्री तय

    Upcoming Reality Show ‘50’: सिवेट तोमर, चाहत पांडे, नीलम गिरी और कई जाने-माने सेलेब्स की एंट्री तय

    नई दिल्ली। जियोहॉटस्टार और कलर्स के अपकमिंग रियलिटी शो The 50 की उलटी गिनती शुरू हो चुकी है। 1 फरवरी को प्रीमियर से पहले मेकर्स लगातार कंटेस्टेंट्स के नाम सामने ला रहे हैं, जिससे दर्शकों की उत्सुकता और बढ़ गई है। पहले ही शिव ठाकरे, करण पटेल, दिव्या अग्रवाल, मोनालिसा और विक्रांत सिंह राजपूत जैसे बड़े नामों का ऐलान हो चुका था। अब मेकर्स ने 7 और नए चेहरों से पर्दा उठाया है, जिनमें नीलम गिरी, चाहत पांडे, सिवेट तोमर, हमीद बरकजी, गेमर-यूट्यूबर मैक्सटर्न और सुमैरा शामिल हैं।

    बिग बॉस 19 से The 50 तक, नीलम गिरी की नई पारी

    भोजपुरी फिल्म इंडस्ट्री की जानी-मानी अभिनेत्री नीलम गिरी ने पिछले साल बिग बॉस 19 में अपनी सादगी और बेबाक अंदाज से दर्शकों का दिल जीता था। शो में उनकी इमोशनल ईमानदारी और केयरिंग नेचर काफी पसंद की गई। The 50 में शामिल होने पर नीलम ने कहा कि वह एक बार फिर जियोहॉटस्टार और कलर्स के साथ जुड़कर बेहद खुश हैं और इस नए फॉर्मेट को लेकर काफी एक्साइटेड हैं। उन्होंने वादा किया कि इस बार भी वह दर्शकों को यादगार पल देंगी।

    टीवी की जानी-पहचानी बहू, अब रियल गेम में चाहत पांडे

    टीवी इंडस्ट्री में नथ – जेवर या जंजीर, दुर्गा माता की छाया और हमारी बहू सिल्क जैसे शोज़ से पहचान बनाने वाली चाहत पांडे भी The 50 का हिस्सा बन गई हैं। अपनी सादगी, इमोशनल गहराई और मजबूत स्क्रीन प्रेजेंस के लिए जानी जाने वाली चाहत का मानना है कि यह शो सिर्फ मुकाबला नहीं, बल्कि असली रिश्तों और सच्ची भावनाओं की परीक्षा है। वह खुद को नए अंदाज में पेश करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।

    जीत के इरादे से उतरे सिवेट तोमर

    रोडीज़ के फर्स्ट रनर-अप रहे सिवेट तोमर अपने बेबाक रवैये और मजबूत सोच के लिए जाने जाते हैं। उन्होंने साफ कहा है कि वह दोस्ती निभाने नहीं, बल्कि जीतने के इरादे से शो में आ रहे हैं। सिवेट के मुताबिक The 50 दबाव में खुद को साबित करने का मंच है और वह हर चुनौती का डटकर सामना करेंगे।

    गेमिंग की दुनिया से रियलिटी शो तक मैक्सटर्न

    प्रोफेशनल गेमर और मशहूर यूट्यूबर मैक्सटर्न भी शो का हिस्सा होंगे। तेज फैसले लेने और स्ट्रैटेजी बनाने में माहिर मैक्सटर्न का मानना है कि गेमिंग का अनुभव उन्हें रियलिटी शो में बढ़त दिला सकता है। वह शो में एक फ्रेश और मॉडर्न ट्विस्ट लाने का वादा कर रहे हैं।

    क्या है The 50 का कॉन्सेप्ट?

    The 50 एक हाई-प्रेशर रियलिटी शो है, जहां 50 अलग-अलग बैकग्राउंड से आए कंटेस्टेंट्स रणनीति, ताकत और मानसिक मजबूती के दम पर आगे बढ़ेंगे। शो में हर कदम पर सख्त फैसले और कड़े मुकाबले देखने को मिलेंगे।

    1 फरवरी से शुरू होगा नया खेल

    दमदार कंटेस्टेंट्स की इस लंबी फेहरिस्त के साथ The 50 1 फरवरी से दर्शकों के सामने होगा। अब देखना दिलचस्प होगा कि आखिर इस जंग में कौन बाजी मारता है और कौन आखिरी तक टिक पाता है।

  • धार की भोजशाला में आस्था का संगम: बसंत पंचमी पर अखंड पूजन और जुमे की नमाज के बीच सुरक्षा के अभेद्य इंतजाम

    धार की भोजशाला में आस्था का संगम: बसंत पंचमी पर अखंड पूजन और जुमे की नमाज के बीच सुरक्षा के अभेद्य इंतजाम


    धार । मध्य प्रदेश के ऐतिहासिक और धार्मिक महत्व वाले धार जिले में आज बसंत पंचमी के पावन पर्व पर एक अनूठा और संवेदनशील दृश्य देखने को मिल रहा है। मां वाग्देवी (सरस्वती) की आराधना और धार्मिक सद्भाव की चुनौती के बीच, भोजशाला परिसर में सूर्योदय के साथ ही हिंदू पक्ष द्वारा अखंड पूजा का अनुष्ठान प्रारंभ हो गया है। सुप्रीम कोर्ट के स्पष्ट दिशा-निर्देशों के पालन में प्रशासन ने एक ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित की है, जहां एक ओर मंत्रोच्चार की गूंज है, तो दूसरी ओर नमाज की शांतिपूर्ण अदायगी के लिए समय निर्धारित किया गया है।

    सूर्योदय की पहली किरण के साथ ही हिंदू समुदाय के श्रद्धालुओं ने मां वाग्देवी की प्रतिमा के समक्ष शीश नवाया। गुरुवार रात से ही भोजशाला में उत्सव का माहौल बन गया था, जब पूरी श्रद्धा के साथ मां वाग्देवी के चित्र को परिसर के भीतर स्थापित किया गया। आज सुबह से ही यहां महाआरती, धर्मसभा और भव्य शोभायात्रा का आयोजन किया जा रहा है, जो सूर्यास्त तक अनवरत जारी रहेगा। श्रद्धालुओं का उत्साह चरम पर है और पूरा क्षेत्र ‘जय सरस्वती माता’ के उद्घोष से गुंजायमान है।

    हालांकि, आज शुक्रवार होने के कारण स्थिति अधिक संवेदनशील है। न्यायिक निर्देशों के तहत, हिंदू समुदाय की अखंड पूजा के बीच ही दोपहर 1 बजे से 3 बजे तक मुस्लिम पक्ष को जुमे की नमाज अदा करने की अनुमति दी गई है। इसके लिए प्रशासन ने परिसर के भीतर एक निश्चित स्थान और सीमित संख्या तय की है। नमाजियों और पूजा करने वालों के लिए अलग-अलग प्रवेश और निकास द्वार बनाए गए हैं, ताकि दोनों पक्षों के बीच किसी भी प्रकार का टकराव न हो और दोनों अपनी-अपनी धार्मिक परंपराओं का निर्वाह बिना किसी व्यवधान के कर सकें।

    इस दोहरे आयोजन को देखते हुए धार शहर को पूरी तरह से एक अभेद्य छावनी में तब्दील कर दिया गया है। सुरक्षा की कमान किसी किलेबंदी से कम नहीं है, जहां 8000 से अधिक पुलिसकर्मी चप्पे-चप्पे पर तैनात हैं। सुरक्षा व्यवस्था की गंभीरता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि 13 एसपी रेंज के अधिकारियों के साथ 25 अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, 67 एसडीओपी और 107 नगर निरीक्षकों की फौज तैनात है। इसके अतिरिक्त, आरएएफ की 8 प्लाटून और सीआरपीएफ के जवानों ने मोर्चा संभाल रखा है। महिला पुलिसकर्मियों की भी भारी तैनाती की गई है ताकि भीड़ नियंत्रण में कोई चूक न हो।

    प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि वे सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का अक्षरशः पालन करा रहे हैं। ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी के जरिए हर गतिविधि पर पैनी नजर रखी जा रही है। स्थानीय निवासियों और श्रद्धालुओं से शांति बनाए रखने की अपील की गई है। धार की यह धरा आज केवल एक धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि कानून व्यवस्था और आपसी समन्वय की एक बड़ी परीक्षा का केंद्र बनी हुई है। शाम तक चलने वाले इस अखंड पूजन और नमाज के शांतिपूर्ण समापन को लेकर पूरा प्रशासन मुस्तैद है, ताकि भोजशाला की ऐतिहासिक गरिमा और सामाजिक समरसता अक्षुण्ण बनी रहे।

  • Bollywood Controversy: रिमी सेन ने जॉन अब्राहम की एक्टिंग पर उठाए सवाल, दिया चौंकाने वाला बयान

    Bollywood Controversy: रिमी सेन ने जॉन अब्राहम की एक्टिंग पर उठाए सवाल, दिया चौंकाने वाला बयान

    नई दिल्ली। बॉलीवुड की कॉमेडी और हिट फिल्मों हेरा फेरी, हंगामा और गोलमाल से पहचान बनाने वाली अभिनेत्री रिमी सेन इन दिनों एक बयान को लेकर सुर्खियों में हैं। फिल्मों से दूरी बनाकर अब रियल एस्टेट बिजनेस संभाल रहीं रिमी ने अपने पुराने को-स्टार जॉन अब्राहम को लेकर ऐसा खुलासा किया है, जिसने इंडस्ट्री में नई बहस छेड़ दी है। रिमी, जॉन के साथ फिल्म धूम में नजर आ चुकी हैं और उसी अनुभव के आधार पर उन्होंने उनके करियर के शुरुआती दिनों पर खुलकर बात की।

    ‘जॉन को एक्टिंग नहीं आती थी’

    एक इंटरव्यू में रिमी सेन ने कहा कि जॉन अब्राहम जब इंडस्ट्री में आए थे, तब वह मूल रूप से एक मॉडल थे और उन्हें एक्टिंग का ज्यादा अनुभव नहीं था। रिमी के मुताबिक, उस दौर में यह बात इंडस्ट्री में आम थी कि जॉन को अभिनय नहीं आता, लेकिन उन्होंने कभी इस पर खुलकर प्रतिक्रिया नहीं दी। रिमी ने कहा कि जॉन ने अपनी इस कमजोरी को बहुत समझदारी से संभाला।

    समझदारी से चुने रोल, बनी पहचान

    रिमी सेन ने आगे बताया कि जॉन अब्राहम ने अपने करियर की शुरुआत में ऐसे रोल चुने, जिनमें भारी-भरकम अभिनय की जरूरत नहीं होती थी। उन्होंने ज्यादातर एक्शन फिल्मों पर फोकस किया, जहां उनकी फिटनेस और लुक्स ज्यादा उभरकर सामने आए। रिमी का कहना है कि जॉन ऐसी फिल्मों का चुनाव करते थे, जिनमें वह अच्छे दिखें और दर्शकों का ध्यान उनकी एक्टिंग की कमी पर न जाए। इसी रणनीति ने उन्हें स्टार बना दिया।

    अनुभव के साथ सीखी एक्टिंग

    रिमी सेन मानती हैं कि जैसे-जैसे जॉन को पॉपुलैरिटी मिली, उन्होंने कैमरे के सामने काम करते-करते एक्टिंग भी सीख ली। उन्होंने कहा कि अनुभव अपने आप इंसान को बेहतर बनाता है। बाद में जॉन ने ऐसे किरदार भी निभाए, जहां उनके अभिनय की सराहना हुई। रिमी के मुताबिक, जॉन को अपनी सीमाओं का अंदाजा था और यही बात उन्हें एक समझदार कलाकार बनाती है।

    ‘इंटेलिजेंट एक्टर और सफल बिजनेसमैन’

    रिमी सेन ने जॉन की तारीफ करते हुए कहा कि वह सिर्फ एक्टर ही नहीं, बल्कि एक इंटेलिजेंट बिजनेसमैन भी हैं। उन्होंने प्रोडक्शन में कदम रखा और कई हिट फिल्मों का हिस्सा बने। रिमी का मानना है कि जॉन ने अपने करियर को बहुत सोच-समझकर आगे बढ़ाया।

    फिल्मों से दूरी और दुबई शिफ्ट होने की वजह

    इसी बातचीत में रिमी सेन ने फिल्म इंडस्ट्री छोड़कर दुबई शिफ्ट होने की वजह भी बताई। उन्होंने कहा कि दुबई एक स्वागत करने वाला शहर है, जहां बड़ी संख्या में प्रवासी रहते हैं और यहां नई जिंदगी शुरू करना आसान है।

    जॉन अब्राहम के अपकमिंग प्रोजेक्ट

    वर्कफ्रंट की बात करें तो जॉन अब्राहम हाल ही में फिल्म ‘तेहरान’ में नजर आए थे। अब वह निर्देशक रोहित शेट्टी के साथ एक नई फिल्म की तैयारी कर रहे हैं, जो पूर्व मुंबई पुलिस कमिश्नर राकेश मारिया की जिंदगी से प्रेरित बताई जा रही है।