Blog
-

ऑस्ट्रेलिया ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 के लिए 15 सदस्यीय टीम घोषित की, कप्तान बनीं सोफी मोलिनक्स
नई दिल्ली। महिला टी20 विश्व कप 2026 के लिए ऑस्ट्रेलिया ने अपनी मजबूत और संतुलित टीम का ऐलान कर दिया है। मेलबर्न से जारी इस घोषणा में 15 खिलाड़ियों को स्क्वॉड में शामिल किया गया है, जबकि टीम की कप्तानी की जिम्मेदारी Sophie Molineux को सौंपी गई है।यह टीम अनुभव और युवा जोश का बेहतरीन मिश्रण मानी जा रही है, जिसमें एश्ले गार्डनर, ताहलिया मैकग्राथ, एलिस पेरी और बेथ मूनी जैसे बड़े नाम शामिल हैं। टीम प्रबंधन ने इस बार गेंदबाजी और ऑलराउंड विकल्पों पर खास फोकस किया है, जिससे ऑस्ट्रेलिया को हर परिस्थितियों में मजबूती मिल सके।टीम में बाएं हाथ की तेज गेंदबाज लूसी हैमिल्टन को भी शामिल किया गया है, जिन्होंने पिछले साल आईसीसी अंडर-19 महिला टी20 वर्ल्ड कप में कप्तानी की थी। वहीं डार्सी ब्राउन को इस बार स्क्वॉड से बाहर कर दिया गया है, जो चयनकर्ताओं के एक अहम फैसले के रूप में देखा जा रहा है।ऑस्ट्रेलिया की गेंदबाजी यूनिट इस बार काफी मजबूत नजर आ रही है, जिसमें मेगन शुट्ट, किम गार्थ, एनाबेल सदरलैंड, अलाना किंग और निकोला कैरी जैसे नाम शामिल हैं। इसके अलावा ताहलिया मैकग्राथ और एलिस पेरी जैसे ऑलराउंडर टीम को अतिरिक्त संतुलन प्रदान करेंगे।अनुभवी खिलाड़ी Ellyse Perry इस टूर्नामेंट में एक और ऐतिहासिक उपलब्धि के करीब होंगी, जहां वह अपने 50 टी20 विश्व कप मैच पूरे कर सकती हैं। वहीं निकोला कैरी तीन साल बाद टी20 वर्ल्ड कप में वापसी कर रही हैं। टीम में ग्रेस हैरिस और जॉर्जिया वोल की वापसी भी हुई है, जिससे बल्लेबाजी क्रम और मजबूत हुआ है। विकेटकीपर-बल्लेबाज ताहलिया विल्सन को ट्रैवलिंग रिजर्व के तौर पर रखा गया है।ऑस्ट्रेलिया को ग्रुप 1 में दक्षिण अफ्रीका, भारत, पाकिस्तान, बांग्लादेश और नीदरलैंड के साथ रखा गया है। टीम अपना पहला मुकाबला 13 जून को मैनचेस्टर के ओल्ड ट्रैफर्ड में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ खेलेगी। कुल मिलाकर, ऑस्ट्रेलिया एक बार फिर खिताब की सबसे बड़ी दावेदार टीमों में से एक मानी जा रही है, और इस स्क्वॉड से उनकी मजबूती और बढ़ गई है। -

Q4 में 45% मुनाफा बढ़ते ही दौड़ा रेलवे स्टॉक, Texmaco Rail को मिला बड़ा इंटरनेशनल कॉन्ट्रैक्ट
नई दिल्ली । चौथी तिमाही के मजबूत नतीजों और एक बड़े अंतरराष्ट्रीय ऑर्डर की वजह से Texmaco Rail & Engineering के शेयरों में बुधवार को जोरदार तेजी देखने को मिली। कंपनी के शेयर इंट्राडे में लगभग 14 प्रतिशत तक उछल गए और निवेशकों में इस दौरान भारी उत्साह देखा गया। इस तेजी के पीछे कंपनी के बेहतर वित्तीय प्रदर्शन और विदेश से मिले बड़े प्रोजेक्ट को मुख्य कारण माना जा रहा है।कंपनी ने हाल ही में अपने चौथी तिमाही के नतीजे जारी किए, जिनमें मुनाफे में उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की गई। रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी का शुद्ध लाभ सालाना आधार पर लगभग 45 प्रतिशत बढ़कर 57.7 करोड़ रुपये तक पहुंच गया, जबकि पिछले वर्ष इसी अवधि में यह आंकड़ा 39.8 करोड़ रुपये था। मुनाफे में इस मजबूत बढ़त ने बाजार में सकारात्मक संकेत दिए और निवेशकों का भरोसा बढ़ाया।
हालांकि, इस दौरान कंपनी के राजस्व में गिरावट भी देखने को मिली। रेवेन्यू लगभग 13 प्रतिशत घटकर 1,167 करोड़ रुपये पर आ गया। इसके बावजूद कंपनी का ऑपरेटिंग प्रदर्शन मजबूत बना रहा। EBITDA में लगभग 9 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई, जबकि EBITDA मार्जिन भी बेहतर होकर 9.1 प्रतिशत तक पहुंच गया। यह संकेत देता है कि कंपनी ने लागत नियंत्रण और परिचालन दक्षता पर अच्छा काम किया है।
नतीजों के साथ-साथ कंपनी के लिए सबसे बड़ा पॉजिटिव ट्रिगर साउथ अफ्रीका से मिला एक बड़ा ऑर्डर रहा। इस ऑर्डर के तहत कंपनी को हजारों मालवाहक वैगन और दर्जनों डीजल लोकोमोटिव की आपूर्ति करनी है। यह समझौता न केवल एक बड़े प्रोजेक्ट को दर्शाता है बल्कि इसमें लंबे समय तक चलने वाली मेंटेनेंस साझेदारी भी शामिल है, जो कंपनी के लिए स्थिर आय का स्रोत बन सकता है।
इस डील की कुल अनुमानित वैल्यू ₹4,045 करोड़ से अधिक बताई जा रही है, जिससे कंपनी की ऑर्डर बुक और मजबूत होने की उम्मीद है। पहले से ही कंपनी के पास हजारों करोड़ रुपये की ऑर्डर बुक मौजूद है, और इस नए प्रोजेक्ट के जुड़ने से आने वाले वर्षों में राजस्व की दृश्यता और बेहतर हो सकती है।
इसके अलावा कंपनी ने भविष्य की रणनीति के तहत डिफेंस सेक्टर में भी कदम रखने की योजना को मंजूरी दी है। यह कदम कंपनी के बिजनेस पोर्टफोलियो को डायवर्सिफाई करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है। छोटे स्तर के निवेश के साथ यह पहल आने वाले समय में नए अवसर खोल सकती है।
कुल मिलाकर मजबूत तिमाही नतीजे, बेहतर मार्जिन और बड़े विदेशी ऑर्डर ने मिलकर कंपनी के स्टॉक में तेज़ी का माहौल बनाया है। बाजार की नजर अब इस बात पर रहेगी कि कंपनी इस ऑर्डर को कितनी तेजी और दक्षता के साथ पूरा कर पाती है और आने वाली तिमाहियों में प्रदर्शन किस दिशा में जाता है।
-

तुलसी के पानी से बालों की देखभाल: डैंड्रफ और रूखेपन से मिलेगा छुटकारा..
बालों के लिए तुलसी का पानी: प्राकृतिक हेयर केयर का आसान उपायबदलते मौसम में बालों का रूखा, बेजान और कमजोर हो जाना एक आम समस्या है। ऐसे में लोग महंगे शैम्पू और ट्रीटमेंट का सहारा लेते हैं, लेकिन आयुर्वेद में बताए गए घरेलू उपाय आज भी बेहद असरदार माने जाते हैं। तुलसी का पानी ऐसा ही एक प्राकृतिक नुस्खा है, जो बालों को मजबूत, साफ और हेल्दी बनाने में मदद करता है।
तुलसी का पानी क्यों फायदेमंद है?
तुलसी में प्राकृतिक एंटीबैक्टीरियल और एंटीफंगल गुण पाए जाते हैं, जो स्कैल्प की गंदगी, डैंड्रफ और खुजली को कम करने में मदद करते हैं। यह बालों की जड़ों को पोषण देता है और हेयर फॉल की समस्या को भी नियंत्रित करता है।
तुलसी के पानी का सही इस्तेमाल कैसे करें?तुलसी का पानी बनाना और इस्तेमाल करना बहुत आसान है। इसके लिए सबसे पहले 15 से 20 ताजा तुलसी के पत्ते लें और उन्हें पानी में अच्छी तरह उबाल लें। जब पानी हल्का गुनगुना हो जाए तो इसे छान लें।
अब इस तुलसी वाले पानी को सामान्य पानी के साथ मिलाकर माइल्ड शैम्पू के साथ बालों को धो सकते हैं। इससे स्कैल्प साफ होता है और बालों में प्राकृतिक चमक आती है।
नीम के साथ और भी ज्यादा असरदारअगर आप ज्यादा बेहतर रिजल्ट चाहती हैं, तो तुलसी के पानी में नीम के पत्तों का पानी मिलाकर भी इस्तेमाल कर सकती हैं। इसे बालों में 20–25 मिनट तक लगाकर रखें और फिर हल्के शैम्पू से धो लें। यह मिश्रण डैंड्रफ और स्कैल्प इंफेक्शन में बहुत प्रभावी माना जाता है।
हेयर मास्क में भी करें इस्तेमाल
दही या अंडे से बने हेयर मास्क में भी तुलसी का पानी मिलाया जा सकता है। इससे बालों को गहराई से पोषण मिलता है और बाल सिल्की, शाइनी और मजबूत बनते हैं। इस उपाय को हफ्ते में 2 बार अपनाया जा सकता है।
जरूरी सावधानियां
तुलसी का पानी इस्तेमाल करने से पहले पैच टेस्ट जरूर करें। अगर स्कैल्प पर किसी तरह की जलन या एलर्जी महसूस हो तो तुरंत इसका इस्तेमाल बंद कर दें और एक्सपर्ट की सलाह लें।
-

₹780 वाला KIMS शेयर बना बाजार का स्टार, 26% की तेजी के बाद फिर बुलिश संकेत, जानिए क्या हो सकता है अगला टारगेट
नई दिल्ली । शेयर बाजार में आज उतार-चढ़ाव का माहौल देखने को मिला, जहां शुरुआती कारोबार में तेजी के बाद अचानक गिरावट ने निवेशकों को चौंका दिया। हालांकि इसी अस्थिरता के बीच हॉस्पिटल सेक्टर की कंपनी कृष्णा इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज यानी KIMS का शेयर लगातार फोकस में बना रहा। ₹780 के आसपास कारोबार कर रहा यह स्टॉक हाल के दिनों में मजबूत रफ्तार दिखा चुका है और अब इसमें आगे भी तेजी की संभावना जताई जा रही है।बाजार के जानकारों के मुताबिक KIMS शेयर ने डेली चार्ट पर एक महत्वपूर्ण पैटर्न से ब्रेकआउट दिया है, जिसे आमतौर पर बुलिश संकेत माना जाता है। यह ब्रेकआउट सिमेट्रिकल ट्रायंगल पैटर्न से हुआ है, जो अक्सर किसी बड़े मूवमेंट से पहले देखने को मिलता है। इस तकनीकी संकेत के बाद स्टॉक में नई खरीदारी देखने को मिल रही है और निवेशकों की दिलचस्पी भी बढ़ गई है।
हाल के प्रदर्शन पर नजर डालें तो KIMS शेयर में पिछले एक साल में लगभग 26 प्रतिशत तक की तेजी दर्ज की गई है। इस तेजी के बाद भी स्टॉक में पूरी तरह ठहराव नहीं आया है, बल्कि इसमें आगे और मूवमेंट की संभावना बनी हुई है। इसी वजह से शॉर्ट टर्म ट्रेडर्स इस स्टॉक पर खास नजर बनाए हुए हैं। कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि अगले एक से दो महीनों में इसमें और बेहतर रिटर्न देखने को मिल सकता है।
तकनीकी चार्ट पर देखा जाए तो स्टॉक ने पहले के हाई लेवल के आसपास मजबूत पकड़ बनाई है। एक समय यह शेयर ₹798 के करीब पहुंचकर अपने उच्चतम स्तर को छू चुका था, जिसके बाद इसमें हल्की मुनाफावसूली जरूर देखने को मिली, लेकिन अब एक बार फिर यह रिकवरी मोड में नजर आ रहा है। मौजूदा स्तर पर खरीदारी बढ़ने से स्टॉक में फिर से तेजी का माहौल बनता दिख रहा है।
कुल मिलाकर KIMS शेयर फिलहाल उस मोड़ पर खड़ा है, जहां से अगली बड़ी चाल संभव मानी जा रही है। चार्ट पैटर्न, हालिया तेजी और बाजार की रुचि को देखते हुए यह स्टॉक आने वाले समय में निवेशकों के लिए अहम भूमिका निभा सकता है। हालांकि बाजार की अस्थिरता को देखते हुए इसमें उतार-चढ़ाव बने रहने की भी पूरी संभावना है, इसलिए निवेशक सतर्कता के साथ ही इस पर नजर बनाए हुए हैं।
-

21 साल का इंतजार खत्म: Real Betis ने Elche को मात देकर Champions League क्वालिफाई किया 3. Real Betis की ऐतिहासिक जीत, Elche को हराकर Champions League में दर्ज की एंट्री
नई दिल्ली। स्पेनिश फुटबॉल लीग La Liga में रियल बेटिस ने शानदार प्रदर्शन करते हुए एल्चे को 2-1 से हराकर अगले सीजन की UEFA Champions League में अपनी जगह पक्की कर ली है। इस जीत के साथ बेटिस ने लीग में पांचवां स्थान हासिल किया और लगभग 21 साल बाद यूरोप की सबसे बड़ी क्लब प्रतियोगिता में वापसी का रास्ता साफ कर लिया।मैच की शुरुआत से ही रियल बेटिस ने आक्रामक रुख अपनाया। टीम के लिए पाब्लो फोर्नल्स सबसे बड़े हीरो साबित हुए, जिन्होंने नौवें मिनट में कुचो हर्नांडेज को पहला गोल करने का मौका दिया। इसके बाद 68वें मिनट में फोर्नल्स ने पेनल्टी एरिया के बाहर से शानदार कर्लिंग शॉट लगाकर निर्णायक गोल दागा।एल्चे ने भी मुकाबले में वापसी की कोशिश की और 41वें मिनट में हेक्टर फोर्ट के जरिए बराबरी हासिल कर ली। हालांकि, उनका पूरा गेम प्लान तब बिगड़ गया जब लियो पेट्रोट को एंटनी पर खतरनाक टैकल के कारण सीधे रेड कार्ड दिखाकर मैदान से बाहर भेज दिया गया।दूसरी ओर, Real Betis ने मौके का पूरा फायदा उठाया और मैच पर नियंत्रण बनाए रखा। अंत में 2-1 की जीत के साथ टीम ने न केवल तीन अहम अंक हासिल किए, बल्कि इतिहास भी रच दिया।
इस जीत का असर सिर्फ बेटिस तक सीमित नहीं रहा। लीग में अन्य मुकाबलों में सेल्टा विगो की हार ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया, जबकि लेवांटे ने 3-2 की रोमांचक जीत के साथ रेलीगेशन जोन से बाहर निकलने में सफलता पाई।वहीं, एटलेटिको मैड्रिड ने भी ओसासुना को 2-1 से हराकर महत्वपूर्ण तीन अंक हासिल किए। हालांकि मैच के दौरान रेड कार्ड और चोटों ने मुकाबले को और भी मुश्किल बना दिया। कुल मिलाकर यह मैचडे ला लीगा के लिए बेहद निर्णायक साबित हुआ, जहां रियल बेटिस ने अपने शानदार प्रदर्शन के दम पर यूरोपियन फुटबॉल के सबसे बड़े मंच पर वापसी सुनिश्चित कर ली। -

Italian Open 2026: कोको गॉफ ने मिरा एंड्रीवा को हराकर सेमीफाइनल में बनाई जगह, रोम में दिखाया दमदार कमबैक
नई दिल्ली। इटली की राजधानी रोम में चल रहे इटैलियन ओपन में महिला टेनिस का रोमांच चरम पर है। इस टूर्नामेंट में दुनिया की नंबर 3 खिलाड़ी Coco Gauff ने रूस की युवा स्टार Mirra Andreeva को एक कड़े मुकाबले में हराकर सेमीफाइनल में जगह बना ली है।यह मैच बेहद उतार-चढ़ाव भरा रहा, जिसमें गॉफ को जीत हासिल करने के लिए पांच मैच पॉइंट्स तक का संघर्ष करना पड़ा। मुकाबला 4-6, 0-2 की मुश्किल स्थिति से शुरू होकर गॉफ के शानदार कमबैक के साथ खत्म हुआ और उन्होंने तीसरे सेट में 6-4 से जीत दर्ज की।पहले सेट में एंड्रीवा ने आक्रामक शुरुआत करते हुए बढ़त बना ली थी और लगातार विनर्स के साथ गॉफ को दबाव में रखा। वहीं दूसरे सेट में गॉफ ने अपनी रणनीति बदली और एंड्रीवा की गलतियों का फायदा उठाते हुए मैच को निर्णायक सेट तक पहुंचा दिया।तीसरे सेट में शुरुआत में गॉफ 5-1 से आगे थीं, लेकिन एंड्रीवा ने वापसी की कोशिश की और मुकाबले को और रोमांचक बना दिया। हालांकि, दबाव के क्षणों में गॉफ ने संयम बनाए रखा और मैच अपने नाम कर लिया।इस जीत के साथ कोको गॉफ का यह सीजन और मजबूत हो गया है। यह उनका लगातार तीसरा WTA 1000 सेमीफाइनल है, जिसमें दुबई और मियामी ओपन भी शामिल हैं। इस जीत के साथ उन्होंने अपने करियर का 15वां WTA 1000 सेमीफाइनल भी हासिल किया।अब सेमीफाइनल में गॉफ का सामना रोमानिया की खिलाड़ी Sorana Cirstea से होगा, जो उनके लिए एक और चुनौतीपूर्ण मुकाबला साबित हो सकता है। गौरतलब है कि पिछले साल भी कोको गॉफ ने इसी टूर्नामेंट के फाइनल तक का सफर तय किया था, लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। ऐसे में इस बार उनकी नजर खिताब जीतने पर टिकी है। -

IPL 2026: पैट कमिंस पर धीमे ओवर रेट के चलते लगा 12 लाख का जुर्माना, SRH की हार के बाद बढ़ी मुश्किलें
नई दिल्ली। इंडियन प्रीमियर लीग (Indian Premier League) 2026 में मंगलवार को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में सनराइजर्स हैदराबाद को गुजरात टाइटंस के हाथों करारी हार का सामना करना पड़ा। इस मैच में गुजरात टाइटंस ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 5 विकेट पर 168 रन बनाए, जिसके जवाब में SRH की टीम महज 86 रन पर सिमट गई और 82 रन से हार गई।इस हार के बाद SRH के कप्तान Pat Cummins पर बड़ा एक्शन लिया गया है। धीमे ओवर रेट के कारण उन पर 12 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। यह इस सीजन का उनका पहला उल्लंघन है, इसलिए आईपीएल कोड ऑफ कंडक्ट के तहत केवल जुर्माना लगाया गया।गुजरात टाइटंस की ओर से साई सुदर्शन ने 61 रनों की अहम पारी खेली, जबकि वाशिंगटन सुंदर ने 50 रन बनाकर टीम को मजबूत स्कोर तक पहुंचाया। जवाब में SRH की बल्लेबाजी पूरी तरह लड़खड़ा गई और टीम 14.5 ओवर में ही ऑलआउट हो गई।गेंदबाजी में गुजरात टाइटंस के लिए कगिसो रबाडा सबसे बड़े हीरो रहे, जिन्होंने 4 ओवर में 28 रन देकर 3 विकेट लिए और उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया। जेसन होल्डर और प्रसिद्ध कृष्णा ने भी शानदार गेंदबाजी करते हुए अहम विकेट चटकाए।इस हार के बावजूद SRH अभी भी अंक तालिका में तीसरे स्थान पर बनी हुई है, लेकिन टीम का नेट रन रेट प्रभावित हुआ है। प्लेऑफ की दौड़ में बने रहने के लिए अब टीम को आने वाले मुकाबलों में बड़ी जीत दर्ज करनी होगी।आईपीएल में इस सीजन धीमे ओवर रेट को लेकर कई कप्तानों पर कार्रवाई हो चुकी है, जिनमें श्रेयस अय्यर, अक्षर पटेल और शुभमन गिल जैसे नाम भी शामिल हैं। कुल मिलाकर यह मुकाबला SRH के लिए सिर्फ हार नहीं बल्कि चेतावनी भी साबित हुआ है कि आने वाले मैचों में उन्हें रणनीति और प्रदर्शन दोनों में सुधार करना होगा। -

केरल CM चेहरा तय करने की कवायद तेज, नेताओं से बातचीत के बाद अब अंतिम निर्णय का इंतजार
नई दिल्ली। केरल विधानसभा चुनाव में शानदार प्रदर्शन के बाद अब Kerala में मुख्यमंत्री पद को लेकर सियासी हलचल अपने चरम पर पहुंच गई है। 140 सीटों वाली विधानसभा में कांग्रेस नेतृत्व वाले यूडीएफ ने 102 सीटें जीतकर स्पष्ट बहुमत हासिल किया है, लेकिन अब असली चर्चा नए मुख्यमंत्री के चयन को लेकर हो रही है।कांग्रेस नेतृत्व इस बार सर्वसम्मति से मुख्यमंत्री चुनने की रणनीति पर काम कर रहा है। इसी कड़ी में पार्टी के वरिष्ठ नेता Rahul Gandhi ने दिल्ली में पूर्व प्रदेश अध्यक्षों और वरिष्ठ नेताओं के साथ मैराथन बैठक की। इस दौरान उन्होंने जमीनी हालात और विधायकों की राय के साथ-साथ जनता की भावनाओं को भी समझने की कोशिश की।सूत्रों के मुताबिक, अब फैसला पूरी तरह कांग्रेस अध्यक्ष Mallikarjun Kharge के हाथ में है। खरगे के बेंगलुरु से दिल्ली लौटने के बाद उनकी सोनिया गांधी से अंतिम दौर की चर्चा होगी, जिसके बाद नए मुख्यमंत्री के नाम पर औपचारिक मुहर लगाई जाएगी। माना जा रहा है कि यह घोषणा बुधवार तक हो सकती है।सीएम पद की दौड़ में तीन बड़े नाम सबसे आगे हैं रमेश चेन्निथला, वीडी सतीशन और एआईसीसी महासचिव केसी वेणुगोपाल। इन नेताओं को लेकर पार्टी के भीतर लगातार मंथन चल रहा है। राहुल गांधी ने इन नामों पर राय जानने के लिए कई वरिष्ठ नेताओं से व्यक्तिगत बातचीत भी की है, ताकि एक ऐसा चेहरा चुना जा सके जो सभी गुटों को स्वीकार्य हो।इस प्रक्रिया में केवल विधायकों की राय ही नहीं, बल्कि सहयोगी दलों की भूमिका और जनता की पसंद को भी अहमियत दी जा रही है। पार्टी का कहना है कि यूडीएफ गठबंधन की एकजुटता बनाए रखना भी इस फैसले का महत्वपूर्ण हिस्सा है।चुनाव परिणामों के बाद से ही कांग्रेस हाईकमान लगातार बैठकों में व्यस्त है और हर स्तर पर विचार-विमर्श किया जा रहा है। अजय माकन और मुकुल वासनिक जैसे पर्यवेक्षकों ने पहले ही विधायकों से फीडबैक ले लिया है, जिसे अंतिम निर्णय में शामिल किया जाएगा।अब पूरे राजनीतिक गलियारों की नजर इस बात पर टिकी है कि केरल की कमान आखिर किसे सौंपी जाएगी। कांग्रेस के लिए यह फैसला न सिर्फ सरकार गठन का हिस्सा है, बल्कि आने वाले वर्षों की राजनीति की दिशा भी तय करेगा। -

दिल्ली-NCR रेल रूट पर बड़ा बदलाव: फरीदाबाद–पलवल सेक्शन में ट्रेनों का संचालन प्रभावित, 13 मई तक अलर्ट
नई दिल्ली । दिल्ली और एनसीआर के बीच रोजाना सफर करने वाले लाखों यात्रियों के लिए आने वाले दिन चुनौतीपूर्ण साबित हो सकते हैं। उत्तर रेलवे के दिल्ली मंडल द्वारा किशनगंज स्टेशन पर यार्ड पुनर्निर्माण और नई इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग (EI) सिग्नल प्रणाली लगाने का कार्य शुरू किया गया है। इस महत्वपूर्ण तकनीकी अपग्रेड के चलते फरीदाबाद, पलवल और बल्लभगढ़ रेल सेक्शन पर 13 मई 2026 तक ट्रेनों का संचालन प्रभावित रहेगा। रेलवे ने इस कार्य के लिए नॉन-इंटरलॉकिंग ब्लॉक लिया है, जिससे ट्रैफिक को नियंत्रित किया जा रहा है।कई शटल ट्रेनें शॉर्ट टर्मिनेट, नई दिल्ली तक ही सेवा
रेलवे के अनुसार, इस रूट पर चलने वाली कई प्रमुख शटल ट्रेनें अपने निर्धारित अंतिम स्टेशन तक नहीं पहुंच पाएंगी। इन्हें अस्थायी रूप से नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर ही समाप्त कर दिया जाएगा।प्रभावित प्रमुख ट्रेनें इस प्रकार हैं:
64012 (शकूरबस्ती–पलवल)
64013 (पलवल–शकूरबस्ती)
64015 (पलवल–शकूरबस्ती)
64016 (शकूरबस्ती–पलवल)
64071 (बल्लभगढ़–शकूरबस्ती)
इन ट्रेनों के प्रभावित होने से रोजाना अप-डाउन करने वाले यात्रियों को अतिरिक्त यात्रा साधनों का सहारा लेना पड़ रहा है।यात्रियों पर बढ़ा बोझ, समय और खर्च दोनों प्रभावित
इस बदलाव का सबसे अधिक असर उन यात्रियों पर पड़ा है जो फरीदाबाद, पलवल और आसपास के क्षेत्रों से दिल्ली की ओर रोजाना यात्रा करते हैं। अब यात्रियों को नई दिल्ली स्टेशन से आगे मेट्रो, बस, ऑटो या कैब का उपयोग करना पड़ रहा है। इससे न सिर्फ यात्रा का समय बढ़ गया है, बल्कि अतिरिक्त खर्च भी यात्रियों पर बोझ डाल रहा है।लंबी दूरी की ट्रेन भी प्रभावित
सिर्फ लोकल ट्रेनें ही नहीं, बल्कि लंबी दूरी की ट्रेन Himsagar Express के मार्ग में भी अस्थायी बदलाव किया गया है। रेलवे द्वारा ट्रैफिक को सुरक्षित और सुचारू रखने के लिए यह कदम उठाया गया है।क्यों किया जा रहा है यह काम?
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, किशनगंज स्टेशन पर चल रहा यार्ड रिमॉडलिंग और नई सिग्नलिंग प्रणाली का कार्य भविष्य में ट्रेनों की गति, सुरक्षा और संचालन क्षमता को बढ़ाने के लिए बेहद जरूरी है। इसी कारण इस दौरान अस्थायी ब्लॉक लिया गया है।रेलवे की अपील: यात्रा से पहले करें जांच
Indian Railways ने यात्रियों से अपील की है कि वे यात्रा से पहले अपनी ट्रेन की स्थिति NTES ऐप या रेलवे हेल्पलाइन के माध्यम से जरूर जांच लें, ताकि किसी भी असुविधा से बचा जा सके। फिलहाल यह अस्थायी बदलाव यात्रियों के लिए परेशानी का कारण बना हुआ है, लेकिन आने वाले समय में इससे रेल संचालन अधिक सुरक्षित और तेज होने की उम्मीद है। -

क्या सच में बढ़ सकती है हाइट? जानिए आयुर्वेदिक डाइट और लाइफस्टाइल टिप्स
नई दिल्ली । आयुर्वेद में माना जाता है कि शरीर की वृद्धि केवल अनुवांशिकता पर निर्भर नहीं करती, बल्कि पाचन शक्ति (Agni), पोषण और हार्मोनल संतुलन भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। सही दिनचर्या और प्राकृतिक उपायों से बढ़ते उम्र में भी शरीर की ग्रोथ को सपोर्ट किया जा सकता है, खासकर बच्चों और किशोरों में।1. आयुर्वेदिक जड़ी-बूटियां जो बढ़ा सकती हैं हाइट
अश्वगंधा
यह सबसे प्रमुख आयुर्वेदिक जड़ी-बूटी मानी जाती है। इसे शरीर की ताकत, मांसपेशियों की वृद्धि और हार्मोन बैलेंस के लिए उपयोग किया जाता है। नियमित सेवन से ग्रोथ हार्मोन को सपोर्ट मिलने की संभावना रहती है।शतावरी
यह शरीर को पोषण देने और आंतरिक मजबूती बढ़ाने में मदद करती है। बच्चों में विकास और इम्युनिटी के लिए इसे लाभकारी माना गया है।आंवलाविटामिन C से भरपूर आंवला हड्डियों और ऊतकों के विकास में सहायक होता है। यह शरीर की कोशिकाओं को मजबूत करता है।2. संतुलित आहार (Balanced Diet) क्यों जरूरी है?
हाइट बढ़ाने के लिए शरीर को सही पोषण मिलना बेहद जरूरी है। आयुर्वेद में कहा गया है कि:दूध और डेयरी उत्पाद
हरी सब्जियां
सूखे मेवे (Dry Fruits)
प्रोटीन युक्त आहार
हड्डियों की ग्रोथ और मांसपेशियों के विकास में मदद करते हैं। जंक फूड और अत्यधिक तैलीय भोजन से बचने की सलाह दी जाती है।3. जीवनशैली में बदलाव
आयुर्वेद के अनुसार सिर्फ आहार नहीं, बल्कि दिनचर्या भी महत्वपूर्ण है।नियमित योग और व्यायाम-
ताड़ासन
भुजंगासनसूर्य नमस्कार
ये आसन शरीर की स्ट्रेचिंग बढ़ाकर रीढ़ को मजबूत करते हैंपर्याप्त नींद
गहरी नींद के दौरान शरीर में ग्रोथ हार्मोन सक्रिय होता है, इसलिए 7–9 घंटे की नींद जरूरी मानी जाती है।धूप का महत्व
सुबह की हल्की धूप शरीर में विटामिन D बढ़ाती है, जो हड्डियों के विकास के लिए जरूरी है।महत्वपूर्ण बात
आयुर्वेद के अनुसार हाइट बढ़ाने के उपाय सबसे ज्यादा असर बचपन और किशोरावस्था (growth age) में दिखाते हैं। वयस्क अवस्था में हाइट बढ़ने की संभावना सीमित होती है, लेकिन शरीर की मुद्रा (posture) और फिटनेस में सुधार जरूर किया जा सकता है।आयुर्वेदिक दृष्टिकोण से हाइट बढ़ाने के लिए कोई एक उपाय नहीं, बल्कि जड़ी-बूटियों, संतुलित आहार और स्वस्थ जीवनशैली का संयोजन जरूरी है। नियमितता और सही दिनचर्या अपनाकर शरीर की प्राकृतिक वृद्धि प्रक्रिया को बेहतर बनाया जा सकता है।