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  • दिवाली हुई ग्लोबल: यूनेस्को की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत सूची में शामिल, भारत में जश्न-PM मोदी बोले, दुनिया में बढ़ेगी दिवाली की लोकप्रियता

    दिवाली हुई ग्लोबल: यूनेस्को की अमूर्त सांस्कृतिक विरासत सूची में शामिल, भारत में जश्न-PM मोदी बोले, दुनिया में बढ़ेगी दिवाली की लोकप्रियता


    नई दिल्ली। भारत के सबसे बड़े और पवित्र त्योहारों में से एक दिवाली को अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी ऐतिहासिक मान्यता मिल गई है। यूनेस्को ने बुधवार को दीपावली को अपनी अमूर्त सांस्कृतिक विरासत (Intangible Cultural Heritage) सूची में शामिल करने की घोषणा की। यह फैसला नई दिल्ली के लाल किले में हो रही 20वीं अंतरसरकारी समिति की बैठक में लिया गया, जिसमें 78 देशों के नामांकन पर विचार किया जा रहा है।

    PM मोदी ने जताई खुशी

    यूनेस्को के इस फैसले पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि पूरी दुनिया में भारतीय समुदाय के लिए यह गर्व का क्षण है। उन्होंने एक्स पर लिखा-
    “दीपावली हमारी संस्कृति और मूल्यों का जीवंत प्रतीक है। इसे वैश्विक विरासत सूची में शामिल किए जाने से इस उत्सव की लोकप्रियता और बढ़ेगी। यह त्योहार सत्य, प्रकाश और मानवता की विजय का संदेश देता है।”

    भारत पहली बार कर रहा है समिति की मेजबानी

    यह पहला अवसर है जब भारत यूनेस्को की ICH समिति की बैठक की मेजबानी कर रहा है। लाल किले पर आयोजित इस सत्र में हजारों वर्षों पुरानी भारतीय परंपराओं को विशेष रूप से प्रदर्शित किया गया। दिवाली को सूची में शामिल किए जाने की घोषणा होते ही “वंदे मातरम” और “भारत माता की जय” के नारे गूंज उठे।

    केंद्रीय संस्कृति मंत्री ने इसे बताया ऐतिहासिक सम्मान

    केंद्रीय संस्कृति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा-
    “यह सिर्फ त्योहार नहीं, भारतीय समाज की भावनात्मक धरोहर है। मिट्टी के दीये बनाने वाले कुम्हारों से लेकर हाथों से सजावट तैयार करने वाले कारीगरों तक-लाखों लोग इस परंपरा से जुड़े हैं। यूनेस्को का टैग हमें इसे भविष्य के लिए सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी भी देता है।”

    दिल्ली में मनाया जाएगा विशेष उत्सव

    दिवाली को वैश्विक विरासत सूची में जगह मिलने के बाद दिल्ली सरकार ने शहर को रोशनी से सजाने, सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करने और विशेष दीप-प्रज्वलन समारोह की तैयारी की है। कई ऐतिहासिक इमारतों को शानदार लाइटिंग से सजाया गया है।

    क्यों है दिवाली इतनी खास?

    दिवाली भारत ही नहीं, बल्कि दुनिया के कई देशों में रहने वाले करोड़ों लोगों का सबसे महत्वपूर्ण त्योहार है।

    हिंदू, सिख, जैन और कई अन्य समुदाय इसे अपनी-अपनी धार्मिक परंपराओं के अनुसार मनाते हैं।

    यह त्योहार अंधकार पर प्रकाश, बुराई पर अच्छाई और अज्ञान पर ज्ञान की जीत का प्रतीक है।

    उत्तर भारत में इसे भगवान श्रीराम के अयोध्या लौटने की स्मृति में मनाया जाता है।

    अमावस्या की रात घरों में दीये जलाना, रंगोली बनाना, लक्ष्मी पूजा, मिठाइयाँ बांटना और नई खरीदारी करना इस उत्सव का महत्वपूर्ण हिस्सा है।

    भारत की ये परंपराएँ पहले से सूची में शामिल हैं

    दिवाली के साथ भारत की कुल 15 सांस्कृतिक परंपराएँ अब यूनेस्को की अमूर्त विरासत सूची का हिस्सा हैं। इनमें शामिल हैं-

    रामलीला

    योग

    कुंभ मेला

    कोलकाता की दुर्गा पूजा

    गुजरात का गरबा

    वैदिक मंत्रोच्चार परंपरा

    यूनेस्को की सूची में दिवाली का शामिल होना सिर्फ एक सम्मान नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति की वैश्विक शक्ति का प्रमाण है। यह त्योहार अब दुनिया भर में भारतीय पहचान और सांस्कृतिक विविधता का और मजबूत प्रतीक बन जाएगा।

  • 'EVM नहीं, दिलों को हैक करते हैं PM मोदी'; कंगना रनौत का कांग्रेस पर तंज

    'EVM नहीं, दिलों को हैक करते हैं PM मोदी'; कंगना रनौत का कांग्रेस पर तंज


    नई दिल्ली। संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान बीजेपी सांसद कंगना रनौत संसद कांग्रेस के EVM हैक वाले आरोप को लेकर बड़ा आरोप लगया। कंगना रनौता ने कहा कि कांग्रेस वालों तुम लोग ये समझ नहीं पा रहे, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी EVM हैक नहीं करते प्रधानमंत्री, वो तो दिलों को हैक करते है।Modi EVM Hack Row
    दरअसल, फिल्म अभिनेत्री और बीजेपी सांसद कंगना रनौत ने लोकसभा में एसआईआर पर चर्चा के दौरान बोल रहीं थी। इस दौरान उन्होंने में एसआईआर पर बात करते हुए कहा कि पीएम मोदी ‘EVM नहीं बल्कि दिल हैक करते हैं। कंगना रनौत का कहना है कि विपक्ष ने सदन को चलने नहीं दिया और हर तरह की चालें चलीं।

    उल्लेखनीय है कि संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान जहां विपक्ष ने एसआईआर, वोट चोरी और वंदे मातरम के मुद्दे पर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल रखा है। इसी के जवाब के दौरान बीजेपी सांसद कंगना रनौत ने बीजेपी पर तीखा व्यंग किया।

    इससे पहले हिमाचल प्रदेश के मंडी से बीजेपी सांसद कंगना रनौत ने राहुल गांधी के जर्मनी दौरे को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा, ‘मैं उनके (राहुल गांधी) के दौरों की कोई खबर नहीं रखती हूं, न ही उनके बारे में कोई न्यूज पढ़ती हूं। उनकी खबरें हमेशा बेकार ही होती हैं।’ उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के चरित्र में कोई ताकत नहीं है इसलिए मेरे पास कहने के लिए कुछ नहीं है।

    राहुल गांधी पर्यटन वाले नेता
    राहुल गांधी के जर्मनी यात्रा को लेकर भाजपा ने निशाना साधते हुए उन्हें पर्यटन वाला नेता कहा है। एक तरफ जहां, सत्ताधारी बीजेपी ने उन पर बार-बार विदेश यात्राओं के लिए अपने कर्तव्यों की उपेक्षा करने का आरोप लगाया है। तो वहीं, कांग्रेस ने पलटवार करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विदेश यात्राओं का हवाला दिया है।

  • Beauty Trends 2025: पूरे साल छाए रहे ये 5 ट्रेंड-नेचुरल ग्लो और सिंपल ब्यूटी का चला जबरदस्त क्रेज

    Beauty Trends 2025: पूरे साल छाए रहे ये 5 ट्रेंड-नेचुरल ग्लो और सिंपल ब्यूटी का चला जबरदस्त क्रेज


    नई दिल्ली। साल 2025 ब्यूटी और फैशन की दुनिया में नेचुरल ग्लो, सिंपल मेकअप और स्किन-फ्रेंडली रूटीन का साल रहा। जहां पहले भारी-भरकम मेकअप और लेयर्ड स्किनकेयर पसंद किया जाता था, वहीं इस साल महिलाओं ने हल्के, आसान और दमकते लुक्स को अपनाया। सोशल मीडिया पर पूरे साल कुछ खास ब्यूटी ट्रेंड्स वायरल रहे, जिन्हें न सिर्फ आम महिलाओं बल्कि कई सेलिब्रिटी और इन्फ्लुएंसर्स ने भी फॉलो किया। आइए जानते हैं 2025 के वो 5 ब्यूटी ट्रेंड्स जिन्हें महिलाओं ने खूब पसंद किया-

    1. सिंपल स्किनकेयर रूटीन (Simple Skincare Routine)

    2025 में महिलाओं ने स्किन के लिए “क्लीन और मिनिमल” रूटीन चुनना शुरू किया।
    ज्यादा प्रोडक्ट्स की जगह सिर्फ क्लेंजर + मॉइस्चराइज़र + सनस्क्रीन की बेसिक रूटीन बेहद लोकप्रिय रही। घरेलू नुस्खे, नैचुरल फेस पैक और केमिकल-फ्री प्रोडक्ट्स की मांग तेजी से बढ़ी।
    सेलिब्रिटी भी अपने नो-फिल्टर स्किनकेयर को खुलकर शेयर करती दिखीं।

    2. कोरियन ग्लो (Korean Glass Skin Trend)

    कोरियन स्किनकेयर का जादू 2025 में भी छाया रहा।
    ग्लास स्किन यानी चमकदार, साफ और हाईड्रेटेड लुक पाने के लिए महिलाएं-

    हाइड्रेशन-युक्त सीरम

    शीट मास्क

    डबल क्लेंज़िंग
    का खूब इस्तेमाल करती रहीं।
    सोशल मीडिया पर “ग्लोइंग स्किन चैलेंज” और “K-स्किनकेयर रूटीन” खूब वायरल हुए।

    3. रेट्रो मेकअप लुक (Retro Makeup Comeback)

    क्लासिक और एलीगेंट 90’s और 80’s मेकअप 2025 में फिर से छा गया।
    इस लुक की खासियत-

    सॉफ्ट और नैचुरल आई शैडो

    न्यूड या ब्राउन लिप्स

    हल्का ब्लश

    पॉलिश्ड, सिंपल फिनिश
    AI फोटो टूल्स और रेट्रो फिल्टर ट्रेंड की वजह से भी यह लुक खूब पसंद किया गया।

    4. स्किनिमलिज़्म (Skinminimalism)

    कम मेकअप और ज्यादा नैचुरल ब्यूटी- यही ट्रेंड 2025 में सबसे बड़ा मूवमेंट रहा।
    इसका मकसद त्वचा की वास्तविक चमक को उभारना है।

    कम प्रोडक्ट्स

    कम केमिकल

    ज्यादा नेचुरल स्किन केयर
    महिलाओं ने “स्किन ब्रीदिंग” और “नो-फाउंडेशन डे” को बढ़ावा दिया और Skinminimalism टैग ट्रेंड में रहा।

    5. मैचा स्किनकेयर (Matcha Beauty Trend)

    ग्रीन टी की तरह मैचा अब ब्यूटी इंडस्ट्री का सुपरफूड बन गया।
    इसके एंटीऑक्सीडेंट और डिटॉक्स गुणों के कारण-

    मैचा फेस मास्क

    मैचा क्लेंज़र

    मैचा सीरम
    2025 में बेहद लोकप्रिय रहे।
    इसने स्किन को ग्लोइंग, सूदिंग और ब्राइट बनाने में बड़ी भूमिका निभाई।

    2025 की ब्यूटी दुनिया ने साबित किया कि खूबसूरती का असली राज़ नेचुरल ग्लो, स्वस्थ स्किन और सिंपल ब्यूटी रूटीन में है।
    इस साल ट्रेंड्स ने महिलाओं को यह एहसास कराया कि कम भी खूबसूरत हो सकता है-और असली ब्यूटी आत्मविश्वास से आती है!

  • ऑस्ट्रेलिया ने 16 साल से कम उम्र के टीनएजर्स के लिए सोशल मीडिया बैन कियाकंपनियों पर जुर्माना लगाने का आदेश

    ऑस्ट्रेलिया ने 16 साल से कम उम्र के टीनएजर्स के लिए सोशल मीडिया बैन कियाकंपनियों पर जुर्माना लगाने का आदेश


    नई दिल्ली ।
    ऑस्ट्रेलिया ने 16 साल से कम उम्र के टीनएजर्स के लिए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स को बैन कर दिया है। यह कदम दुनिया में इस तरह का पहला कदम हैजो 10 दिसंबर से लागू हो चुका है। अब से 16 साल से छोटे बच्चे और किशोर फेसबुकइंस्टाग्रामयूट्यूबटिकटॉक जैसे प्रमुख सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स का इस्तेमाल नहीं कर पाएंगे। सोशल मीडिया कंपनियों को आदेश दिए गए हैं कि वे इन प्लेटफॉर्म्स पर छोटे उम्र के यूजर्स के अकाउंट डिलीट करें और ऐसा नहीं करने पर भारी पैनल्टी का सामना करना पड़ेगा। हालांकिपेरेंट्स और टीनएजर्स पर कोई पैनल्टी नहीं लगेगी।

    ऑस्ट्रेलिया में नया कानून

    ऑस्ट्रेलिया ने यह नया कानून लागू कर दिया हैजो 16 साल से कम उम्र के बच्चों को सोशल मीडिया के उपयोग से प्रतिबंधित करता है। इसका उद्देश्य बच्चों और किशोरों को सोशल मीडिया की लत और उसके नकरात्मक प्रभावों से बचाना है। इस कानून के लागू होने से अब 16 साल से कम उम्र के यूजर्स को फेसबुकइंस्टाग्रामटिकटॉक और यूट्यूब जैसी प्रमुख सोशल मीडिया साइट्स का इस्तेमाल करना प्रतिबंधित होगा। इन प्लेटफॉर्म्स को यह आदेश दिया गया है कि वे इन उम्र के यूजर्स के अकाउंट्स को तुरंत डिलीट करें और यदि ऐसा नहीं किया गया तो उन कंपनियों पर भारी जुर्माना लगाया जाएगा।

    कंपनियों पर होगा जुर्माना

    ऑस्ट्रेलिया सरकार ने सभी प्रमुख सोशल मीडिया कंपनियों को आदेश जारी किए हैं कि वे रात 12 बजे तक 16 साल से कम उम्र के बच्चों का एक्सेस इन प्लेटफॉर्म्स से पूरी तरह से ब्लॉक कर दें। यदि कोई कंपनी इन आदेशों का पालन नहीं करतीतो उस पर 4.95 करोड़ ऑस्ट्रेलियाई डॉलरकरीब 296 करोड़ रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। यह कदम सोशल मीडिया कंपनियों के लिए एक सख्त चेतावनी है कि वे बच्चों की सुरक्षा को गंभीरता से लें और उन्हें सोशल मीडिया के संभावित खतरों से बचाने के लिए कदम उठाएं।

    यूजर्स के मिले-जुले रिएक्शन

    ऑस्ट्रेलिया के इस नए कानून के बाद लोगों की प्रतिक्रियाएं मिली-जुली रही हैं। जहां एक तरफ बड़ी टेक कंपनियां और आजादी समर्थक संगठन इस कदम की आलोचना कर रहे हैंवहीं दूसरी तरफ कई पैरेंट्स और समाज के कुछ वर्ग इसे सकारात्मक कदम मान रहे हैं। पैरेंट्स का कहना है कि यह कदम उनके बच्चों की सुरक्षा और मानसिक स्वास्थ्य के लिए जरूरी हैक्योंकि सोशल मीडिया के अधिक उपयोग से बच्चों में अवसादचिंताऔर आत्मसम्मान में कमी जैसी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं।

    दूसरी ओरकुछ लोग इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर अंकुश लगाने वाला कदम मान रहे हैं। उनका कहना है कि बच्चों को सोशल मीडिया से पूरी तरह से अलग करना भी सही नहीं हो सकताक्योंकि यह प्लेटफॉर्म्स कई अवसर और जानकारी प्रदान करते हैंजो बच्चों के विकास के लिए महत्वपूर्ण हो सकते हैं।

    सामाजिक प्रभाव और बहस

    ऑस्ट्रेलिया का यह कदम सोशल मीडिया की भूमिका और इसके बच्चों पर पड़ने वाले प्रभावों पर वैश्विक स्तर पर बहस को और बढ़ा देगा। सोशल मीडिया के अत्यधिक इस्तेमाल के बारे में कई विशेषज्ञ पहले ही चेतावनी दे चुके हैं कि यह बच्चों के मानसिक स्वास्थ्यआत्मविश्वास और शारीरिक स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है। सोशल मीडिया कंपनियों के लिए यह भी चुनौती होगी कि वे बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए क्या कदम उठाती हैंजबकि उनकी प्राइवेसी और स्वतंत्रता को बनाए रखें।

    इस नए कानून से अन्य देशों में भी एक उदाहरण पेश हो सकता हैजो सोशल मीडिया के इस्तेमाल के बारे में सख्त दिशा-निर्देशों की ओर कदम बढ़ाते हैं। लेकिन यह सवाल भी उठता है कि क्या इस तरह के कानून पूरी दुनिया में लागू किए जा सकते हैंया फिर यह केवल ऑस्ट्रेलिया के लिए एक विशेष मामला होगा। ऑस्ट्रेलिया का यह कदम बच्चों के मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य को प्राथमिकता देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल हैलेकिन इसके सामाजिक और कानूनी प्रभावों को लेकर अभी और चर्चाएं जारी रहेंगी।

  • Year Ender 2025: रिश्तों के टूटने का साल -अलग हुईं 9 मशहूर जोड़ियां, टूटे वादे, बिखरे सपने

    Year Ender 2025: रिश्तों के टूटने का साल -अलग हुईं 9 मशहूर जोड़ियां, टूटे वादे, बिखरे सपने


    नई दिल्ली। साल 2025 एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री के लिए ग्लैमर, ब्लॉकबस्टर्स और रिकॉर्ड्स से कहीं ज्यादा टूटी मोहब्बतों के लिए याद किया जाएगा। इस साल कई हाई-प्रोफाइल सेलिब्रिटी कपल्स के रिश्ते हमेशा के लिए खत्म हो गए। कैमरे के सामने दिखने वाले परफेक्ट रिश्तों की चमक के पीछे छिपी असलियत ने फैंस को झकझोर दिया। क्रिकेट से लेकर बॉलीवुड और टीवी से लेकर साउथ इंडस्ट्री तक-2025 में कई ऐसे ब्रेकअप और तलाक हुए, जिनकी गूंज लंबे समय तक सुनाई देती रही।

    आइए नज़र डालते हैं उन 9 बड़ी जोड़ियों पर जो 2025 में अलग हो गईं-

    1. युजवेंद्र चहल -धनश्री वर्मा

    2025 की सबसे चर्चित ब्रेकअप स्टोरी रही चहल और धनश्री के तलाक की। कई महीनों की मीडिया अटकलों के बाद जनवरी में दोनों ने अलग होने का फैसला पक्का कर दिया। तलाक के बाद धनश्री ने खुद को करियर पर फोकस करने में झोंक दिया।

    2. स्मृति मंधाना -पलाश मुच्छल

    इस साल का सबसे शॉकिंग ब्रेकअप!
    भारतीय क्रिकेट स्टार स्मृति मंधाना ने अपनी ही शादी से कुछ घंटे पहले सिंगर पलाश मुच्छल से रिश्ता तोड़ दिया। दोनों की चुप्पी और फिर अचानक आया ये फैसला फैंस के लिए किसी तूफान से कम नहीं था।

    3. तमन्ना भाटिया -विजय वर्मा

    बॉलीवुड का स्टाइलिश कपल 2025 में टूट गया।
    कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि रिश्ते में दरार की वजह “बेवफाई” थी, हालांकि तमन्ना और विजय दोनों ने इस पर कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया।

    4. सेलिना जेटली -पीटर हाग

    बॉलीवुड एक्ट्रेस सेलिना जेटली ने अपने पति पीटर हाग से तलाक की अर्जी दाखिल कर दी। उन्होंने पति पर मारपीट, मानसिक शोषण और प्रॉपर्टी हड़पने जैसे गंभीर आरोप लगाए, जिससे मामला और भी सनसनीखेज हो गया।

    5. मीरा वासुदेवन -विपिन पुथियांकम

    साउथ इंडस्ट्री की जानी-मानी अभिनेत्री मीरा वासुदेवन ने अपने तीसरे पति से अलग होने की पुष्टि की। नवंबर 2025 में उन्होंने कहा कि यह तलाक उनके लिए बेहद इमोशनली चैलेंजिंग था।

    6. जी वी प्रकाश कुमार -सैंधवी

    स्कूल टाइम से चली आ रही 12 साल की शादी 2025 में खत्म हो गई।
    24 मार्च को दोनों ने चेन्नई फैमिली कोर्ट में आपसी सहमति से तलाक की अर्जी दी। यह कपल साउथ इंडस्ट्री का प्यारा और सिंपल कपल माना जाता था।

    7. शुभांगी अत्रे -पीयूष पूरी

    ‘भाभीजी घर पर हैं’ फेम शुभांगी अत्रे को फरवरी 2025 में तलाक मिल गया। दुखद बात यह रही कि कुछ महीनों बाद ही उनके पूर्व पति पीयूष का निधन हो गया, जिससे यह खबर और भी भावुक हो गई।

    8. संजीव सेठ -लता सभरवाल

    ‘ये रिश्ता क्या कहलाता है’ फेम ये लोकप्रिय टीवी कपल भी 2025 में अलग हो गया। जून में दोनों ने सोशल मीडिया पर आधिकारिक रूप से अपने तलाक की घोषणा की।

    9. मुग्धा चापेकर – रवीश देसाई

    टीवी इंडस्ट्री के सबसे शांत और ड्रामा-फ्री कपल माने जाने वाले मुग्धा और रवीश ने भी 2025 में अपनी नौ साल की शादी खत्म कर दी। दोनों के फैंस के लिए यह खबर बेहद चौंकाने वाली थी।

    2025-शोहरत के बीच बिखरते रिश्तों का साल

    यह साल साबित कर गया कि स्टारडम की दुनिया में चमक भले ही बहुत हो, लेकिन रिश्ते उतने ही नाजुक। इन ब्रेकअप्स और तलाकों ने फैंस को यह सोचने पर मजबूर कर दिया कि असल जिंदगी की चुनौतियों से कोई नहीं बच पाता-चाहे वह सितारा ही क्यों न हो।

  • आईएएस संतोष वर्मा का विवादित बयान: 'हर घर से संतोष वर्मा निकलेगा'गिरफ्तारी की मांग तेज

    आईएएस संतोष वर्मा का विवादित बयान: 'हर घर से संतोष वर्मा निकलेगा'गिरफ्तारी की मांग तेज


    भोपाल। आईएएस अधिकारी संतोष वर्मा एक बार फिर सुर्खियों में हैं। उनका एक नया वीडियो वायरल हुआ हैजिसमें वह भीम आर्मी के प्रमुख सांसद चंद्रशेखर रावण की तारीफ करते हुए विवादित बयान देते नजर आ रहे हैं। संतोष वर्मा ने चंद्रशेखर के बयान को मंच से दोहराते हुए कहाकितने संतोष वर्मा मारोगेहर घर से संतोष वर्मा निकलेगा।यह बयान तब आया है जब उनके खिलाफ पहले से ही सरकारी कार्रवाई की तलवार लटकी हुई है। संतोष वर्मा का यह बयान मध्य प्रदेश अनुसूचित जाति जनजाति अधिकारी कर्मचारी संघ अजाक्स के एक कार्यक्रम में दिया गयाजहां उन्होंने चंद्रशेखर रावण को समाजसेवी बताते हुए उनका समर्थन किया।
    संतोष वर्मा ने मंच से कहाभीम आर्मी के जो हमारे चंद्रशेखर रावण जी हैंबहुत अच्छे समाजसेवी हैंसमाज के लिए बहुत कुछ कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कितने संतोष वर्मा को तुम मारोगेकितने संतोष वर्मा को तुम जलाओगेकितने संतोष वर्मा को तुम निगल जाओगेअब हर घर से एक संतोष वर्मा निकलेगा।उनका यह बयान एक गंभीर संदेश देता है कि वह समाज में उठ रही आवाजों को दबाने के खिलाफ खड़े हैं और उनका मानना है कि इन आवाजों को दबाने की कोशिशें बेकार जाएंगी।

    हालांकिउनका यह बयान विवादों में घिर गया है। पहले से ही एक विवाद में घिरे संतोष वर्मा पर इस नए बयान के बाद कार्रवाई की मांग तेज हो गई है। राज्य के सामान्य प्रशासन विभाग ने पहले ही उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया थाजब उन्होंने 23 नवंबर को अजाक्स के कार्यक्रम में आरक्षण पर विवादित बयान दिया था। वर्मा ने कहा थाएक परिवार में एक ही व्यक्ति को आरक्षण की शर्त को तब तक मंजूर नहीं किया जा सकता है जब तक कोई ब्राह्मण अपनी बेटी उनके बेटे को दान ना कर दे या उससे संबंध ना बनाए।इस बयान के बाद ब्राह्मण और सवर्ण समाज में आक्रोश फैल गया था।

    संतोष वर्मा के इस नए बयान ने उनके खिलाफ उठ रही आवाजों को और भी तेज कर दिया है। सपाक्ससामाजिक और जनकल्याण संगठन के राष्ट्रीय संयोजक हीरालाल त्रिवेदी ने मुख्यमंत्री से संतोष वर्मा के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। त्रिवेदी ने कहा हर घर से संतोष वर्मा निकलेगा तो क्या हर घर की बेटी खतरे में जाएगी इसके खिलाफ महिला उत्पीड़न का केस चल रहा हैऔर फिर भी उसके खिलाफ कोई कार्रवाई क्यों नहीं हो रही हैत्रिवेदी ने मुख्यमंत्री से वर्मा को गिरफ्तार करने और निलंबित करने की मांग कीताकि समाज में वर्ग संघर्ष की स्थिति उत्पन्न न हो और महिलाओं के लिए कोई खतरा न बने।

    संतोष वर्मा पर उठ रहे सवाल उनके विवादित बयानों के कारण और बढ़ गए हैं। उनकी गिरफ्तारी की मांग और कार्रवाई की दबाव में सरकार के लिए यह एक मुश्किल स्थिति बनती जा रही है। वर्मा के बयान ने समाज में गहरे मतभेदों को और बढ़ा दिया हैऔर अब सरकार को यह निर्णय लेना होगा कि क्या उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी या यह विवाद शांत हो जाएगा।इन विवादों के बावजूदसंतोष वर्मा ने हमेशा अपने बयानों से समाज के विभिन्न वर्गों को प्रभावित किया है। अब यह देखना होगा कि राज्य सरकार इस मुद्दे पर क्या कदम उठाती है और संतोष वर्मा के खिलाफ क्या कार्रवाई करती है। यह विवाद निश्चित ही आगे बढ़ने की संभावना को छोड़ता है और भारतीय प्रशासनिक सेवा में एक नई बहस को जन्म देता है।

  • ‘हैदराबाद का ओवैसी वो, बंगाल का मैं’ – हुमायूं कबीर के बयान से बंगाल की सियासत में बवंडर

    ‘हैदराबाद का ओवैसी वो, बंगाल का मैं’ – हुमायूं कबीर के बयान से बंगाल की सियासत में बवंडर


    नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल की राजनीति में नया भूचाल आ गया है। तृणमूल कांग्रेस से निलंबित विधायक हुमायूं कबीर ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को सीधी चुनौती देते हुए खुद को “बंगाल का ओवैसी” बताया है और एक नई राजनीतिक पार्टी बनाने का बड़ा ऐलान किया है।

    कबीर ने दावा किया कि उनकी नई
    पार्टी आने वाले विधानसभा चुनाव में गेमचेंजर साबित होगी और वे राज्य की 135 सीटों पर अपने उम्मीदवार उतारेंगे।

    बाबरी मस्जिद की प्रतिकृति के कार्यक्रम के बाद निलंबन

    मुर्शिदाबाद में बाबरी मस्जिद की प्रतिकृति निर्माण की आधारशिला रखने के बाद हुमायूं कबीर को तृणमूल कांग्रेस ने पार्टी विरोधी गतिविधियों के आरोप में निलंबित कर दिया था। निलंबन के कुछ दिनों बाद उन्होंने राजनीतिक मैदान में अलग राह चुनने का ऐलान कर दिया।

    नई पार्टी का गठन और ओवैसी से बातचीत का दावा

    एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कबीर ने कहा-

    “मैंने असदुद्दीन ओवैसी से बात की है। वो हैदराबाद के ओवैसी हैं और मैं बंगाल का ओवैसी हूँ।”

    उन्होंने बताया कि 12 दिसंबर को कोलकाता में लाखों समर्थकों की मौजूदगी में वे अपनी नई पार्टी का औपचारिक शुभारंभ करेंगे। कबीर ने दावा किया कि उनकी पार्टी राज्य के मुस्लिम समाज के अधिकारों और प्रतिनिधित्व के लिए काम करेगी।

    हालांकि उन्होंने कहा कि उनका लक्ष्य तृणमूल के वोट बैंक को नुकसान पहुंचाना नहीं है, लेकिन बाद के बयानों ने इस दावे को कमजोर कर दिया।

    ‘तृणमूल का मुस्लिम वोट बैंक खत्म’ – कबीर का दावा

    कबीर ने एक बयान में कहा-

    “मैं 135 सीटों पर चुनाव लड़ूंगा। मेरी पार्टी ही चुनाव का गेमचेंजर होगी। तृणमूल का मुस्लिम वोट बैंक खत्म हो जाएगा।”

    गौरतलब है कि बंगाल में लगभग 27% मुस्लिम आबादी है, जो अब तक तृणमूल कांग्रेस की बड़ी ताकत मानी जाती रही है। यही वजह है कि कबीर का दावा टीएमसी के लिए गंभीर चुनौती माना जा रहा है।

    AIMIM से गठबंधन के संकेत

    हुमायूं कबीर ने यह भी कहा कि वे AIMIM के संपर्क में हैं और संभव है कि ओवैसी की पार्टी के साथ मिलकर चुनाव लड़ें।
    हालांकि AIMIM या असदुद्दीन ओवैसी ने अब तक इस पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है।

    राजनीतिक हलचल तेज – टीएमसी की बढ़ी चिंता

    कबीर के ऐलान के बाद राज्य की राजनीति में तेजी से हलचल बढ़ गई है। विश्लेषक मानते हैं कि यदि कबीर AIMIM से हाथ मिलाते हैं, तो यह मुस्लिम वोटों के बड़े हिस्से पर असर डाल सकता है। इसका सीधा लाभ विपक्षी दलों – खासकर बीजेपी और लेफ्ट-कांग्रेस गठबंधन – को मिल सकता है।

    अब सबकी नजर इस बात पर है कि-

    कबीर की नई पार्टी को जमीनी स्तर पर कितना समर्थन मिलता है?

    क्या ओवैसी वास्तव में उनके साथ कदम मिलाकर चलेंगे?

    और क्या यह कदम तृणमूल के मजबूत वोट बैंक को वास्तव में नुकसान पहुंचा पाएगा?

    अभी इतना तय है कि हुमायूं कबीर के बयान और घोषणा ने बंगाल की सियासत में तेज हलचल मचा दी है।

  • राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह की दूसरी सालगिरह 31 दिसंबर को चंपत राय ने दी जानकारी

    राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह की दूसरी सालगिरह 31 दिसंबर को चंपत राय ने दी जानकारी


    अयोध्या । अयोध्या स्थित राम मंदिर के उद्घाटन और राम लला की प्राण प्रतिष्ठा समारोह की दूसरी सालगिरह इस बार 22 जनवरी 2026 को नहीं मनाई जाएगी। श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के जनरल सेक्रेटरी चंपत राय ने यह जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि हिंदू कैलेंडर के अनुसारराम मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा समारोह की दूसरी वर्षगांठ इस बार 31 दिसंबर 2025 को होगीक्योंकि प्रतिष्ठा द्वादशी इसी दिन पड़ेगी।

    राम मंदिर ट्रस्ट के अनुसारप्राण प्रतिष्ठा की इस वर्षगांठ को प्रतिष्ठा द्वादशी के रूप में मनाया जाता है। इस दिन मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना की जाएगी और विभिन्न सांस्कृतिक तथा सामाजिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। इन कार्यक्रमों में राम मंदिर के उद्घाटन और प्राण प्रतिष्ठा समारोह से जुड़े महत्वपूर्ण धार्मिक और सांस्कृतिक पहलुओं को दर्शाया जाएगाताकि इस अवसर की महिमा और महत्व को और अधिक बढ़ाया जा सके।

    राम मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा समारोह की पहली सालगिरह 2024 में आयोजित की गई थीजब मंदिर के गर्भगृह में राम लला की भव्य मूर्ति स्थापित की गई थी। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदीउत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत सहित कई प्रमुख व्यक्तित्वों ने शिरकत की थी। यह आयोजन भारतीय समाज के लिए एक ऐतिहासिक क्षण थाक्योंकि वर्षों बाद राम लला की पूजा अर्चना अयोध्या में उनके जन्म स्थान पर शुरू हो सकी थी।

    राम मंदिर का निर्माण श्रीराम के प्रति भारतीय जनता की आस्था और विश्वास का प्रतीक है। यह मंदिर न केवल धार्मिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण हैबल्कि भारतीय संस्कृतिसभ्यता और एकता का भी प्रतीक बन चुका है। राम मंदिर का उद्घाटन और प्राण प्रतिष्ठा समारोह एक ऐतिहासिक घटना थीजिससे न केवल हिंदू समाज बल्कि समग्र भारत के लोग जुड़े हुए हैं।

    31 दिसंबर को होने वाले इस विशेष आयोजन में न केवल धार्मिक अनुष्ठान होंगेबल्कि सांस्कृतिक कार्यक्रमों की भी योजना बनाई गई हैजिनमें रामकथाभजन कीर्तननृत्य एवं संगीत के कार्यक्रम शामिल हो सकते हैं। इसके अतिरिक्तविभिन्न सामाजिक गतिविधियां भी आयोजित की जाएंगीजो राम मंदिर की महिमा को और अधिक बढ़ावा देंगी। इस दिन अयोध्या में विशेष रौनक देखने को मिलेगी और यह आयोजन वहां के नागरिकों और श्रद्धालुओं के लिए एक अविस्मरणीय अनुभव होगा।

    राम मंदिर के इस आयोजन को लेकर उत्तर प्रदेश सरकार और राम मंदिर ट्रस्ट ने व्यापक तैयारियां की हैं। मंदिर के आसपास के क्षेत्र को सजाया जाएगा और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा ताकि आयोजन निर्विघ्न रूप से संपन्न हो सके।
    अयोध्या में होने वाला यह कार्यक्रम न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण होगाबल्कि यह भारतीयतासंस्कृति और सभ्यता के प्रति एक गहरी श्रद्धा का प्रतीक भी रहेगा।

  • स्मृति मंधाना क्रिकेट के मैदान में फिर से करेंगी वापसी, जानिए कब होगा उनका अगला मुकाबला

    स्मृति मंधाना क्रिकेट के मैदान में फिर से करेंगी वापसी, जानिए कब होगा उनका अगला मुकाबला


    नई दिल्‍ली । भारतीय महिला क्रिकेट टीम जल्द ही मैदान पर वापसी करने जा रही है। टीम का ऐलान कर दिया गया है और कप्तानी की जिम्मेदारी हरमनप्रीत कौर संभालेंगी, जबकि स्मृति मंधाना उपकप्तान के तौर पर टीम का नेतृत्व करेंगी। वनडे विश्व कप जीतने के बाद यह टीम इंडिया का पहला इंटरनेशनल मुकाबला होगा। इस मैच में सबकी नजरें स्मृति मंधाना पर रहेंगी, जो हाल ही में अपनी खेल और अन्य कारणों से चर्चा में रही हैं।

    भारत vs श्रीलंका की महिला टीमों के बीच होगा मुकाबला
    भारत और श्रीलंका की महिला क्रिकेट टीमें जल्द ही आमने-सामने होंगी। टीम इंडिया का ऐलान हो गया है और दोनों टीमों के बीच पांच टी20 इंटरनेशनल मैचों की सीरीज खेली जाएगी। पहला मुकाबला 21 दिसंबर को विशाखापट्टनम में खेला जाएगा, जबकि सीरीज का समापन 30 दिसंबर को होगा। पहले तो केवल शेड्यूल की घोषणा हुई थी, लेकिन अब टीम इंडिया की लाइनअप भी सामने आ चुकी है। वनडे वर्ल्ड कप के बाद यह भारतीय महिला टीम की पहली अंतरराष्ट्रीय सीरीज होगी।

    स्मृति मंधाना हाल के दिनों में रहीं सुर्खियों में
    भारतीय महिला टीम ने वनडे वर्ल्ड कप के फाइनल में साउथ अफ्रीका को हराकर पहली बार यह खिताब जीता था और इस ऐतिहासिक जीत का हिस्सा स्मृति मंधाना भी थीं। हालांकि हाल के दिनों में वो अपने क्रिकेट से ज्‍यादा निजी जीवन को लेकर खबरों में रही हैं। चर्चा थी कि उनकी शादी जल्द होने वाली है, लेकिन उसी दौरान उनके पिता की तबीयत बिगड़ने के कारण समारोह को टाल दिया गया। बाद में स्मृति ने सोशल मीडिया पर खुद स्पष्ट किया कि अब यह शादी नहीं होने वाली। हालांकि इस पूरे मामले में पर्दे के पीछे क्या हुआ, इसकी जानकारी अभी पूरी तरह सामने नहीं आई है।

    टी20 इंटरनेशनल में स्मृति मंधाना का दमदार रिकॉर्ड
    टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में स्मृति मंधाना के प्रदर्शन हमेशा से शानदार रहे हैं। अब तक वह 154 मैच खेलकर 3984 रन जुटा चुकी हैं। उनके नाम एक शतक और 31 अर्धशतक दर्ज हैं, जो उनकी स्थिरता और क्लास का सबूत हैं। आईसीसी टी20 रैंकिंग में वह वर्तमान में तीसरे स्थान पर काबिज हैं, जहां उनकी रेटिंग 767 है। उनसे ऊपर हीली मैथ्यूज और बेथ मूनी हैं, लेकिन स्मृति के फॉर्म को देखते हुए यह भी संभव है कि वह जल्द शीर्ष स्थान पर पहुंच जाएं। कुल मिलाकर, जब भी स्मृति मैदान पर उतरती हैं, हर किसी की निगाहें उन्हीं पर टिक जाती हैं। इस बार भी ऐसे ही होने की उम्‍मीद है।

    भारत-श्रीलंका टी20 श्रृंखला: पूरा कार्यक्रम
    भारत और श्रीलंका की महिला टीमों के बीच टी20 सीरीज का कार्यक्रम इस प्रकार है-
    पहला टी20: 21 दिसंबर – विशाखापत्तनम
    दूसरा टी20: 23 दिसंबर – विशाखापत्तनम
    तीसरा टी20: 26 दिसंबर – तिरुवनंतपुरम
    चौथा टी20: 28 दिसंबर – तिरुवनंतपुरम
    पांचवां टी20: 30 दिसंबर – तिरुवनंतपुरम

    श्रीलंका सीरीज के लिए भारतीय महिला टीम का स्क्वॉड
    हरमनप्रीत कौर (कप्तान), स्मृति मंधाना (उपकप्तान), दीप्ति शर्मा, स्नेह राणा, जेमिमा रोड्रिग्स, शेफाली वर्मा, हरलीन देयोल, अमनजोत कौर, अरुंधति रेड्डी, क्रांति गौड़, रेणुका सिंह ठाकुर, ऋचा घोष (विकेटकीपर), जी कमलिनी (विकेटकीपर), श्री चरणी, वैष्णवी शर्मा।

  • फ्लोरिडा हाईवे पर क्रैश-लैंडिंग: विमान कार से टकराया, हादसे का LIVE VIDEO वायरल

    फ्लोरिडा हाईवे पर क्रैश-लैंडिंग: विमान कार से टकराया, हादसे का LIVE VIDEO वायरल


    अमेरिका, फ्लोरिडा: सोमवार शाम फ्लोरिडा के I-95 हाईवे पर एक छोटे विमान की क्रैश-लैंडिंग ने हड़कंप मचा दिया। विमान अचानक हाईवे पर उतरते हुए एक कार से टकरा गया, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। घटना का लाइव वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

    हादसे का पूरा विवरण

    विमान: Beechcraft 55 मॉडल

    पायलट: 27 वर्षीय और साथी, दोनों सुरक्षित

    कार: 2023 मॉडल Toyota Camry, चलाती 57 वर्षीय महिला

    समय: सोमवार शाम 5:45 बजे

    जगह: मेरिट आईलैंड, I-95 हाईवे

    पायलट को विमान में तकनीकी खराबी आने के कारण इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी। हाईवे पर उतरते समय विमान Toyota Camry से टकरा गया।

    नतीजा:

    कार चालक को मामूली चोटें आईं, उन्हें नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया।

    विमान हाईवे पर ही रुक गया।

    इलाके में ट्रैफिक पूरी तरह ठप हो गया और भगदड़ जैसी स्थिति बन गई।

    हाईवे बंद और राहत कार्य

    हादसे के बाद I-95 के दक्षिणी लेन को 201 माइल मार्कर के पास पूरी तरह बंद कर दिया गया। राहत और बचाव टीमों ने मौके पर पहुंचकर जांच और राहत कार्य शुरू किया। हाईवे कई घंटे बंद रहा और सुबह करीब 9 बजे फिर खोला गया।

    उसी दिन फ्लोरिडा में दूसरा विमान हादसा

    दिलचस्प बात यह है कि फ्लोरिडा में उसी दिन दूसरा विमान हादसा भी हुआ।

    स्थान: ऑरलैंडो से 46 मील दूर DeLand

    विमान: Cessna 172

    इमरजेंसी लैंडिंग के दौरान दो लोग घायल हुए, लेकिन दोनों की हालत स्थिर है।

    विशेषज्ञ टिप्पणी

    फ्लोरिडा हाइवे पेट्रोल (FHP) के अनुसार, Beechcraft 55 में दोनों इंजनों में अचानक पावर लॉस हो गया था, जिससे पायलट को तुरंत हाईवे पर इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी। पायलट की त्वरित प्रतिक्रिया ने बड़ी दुर्घटना को टाल दिया।

    फ्लोरिडा हाईवे पर विमान की क्रैश-लैंडिंग एक सुरक्षित चमत्कार के रूप में देखी जा रही है। दुर्घटना में किसी की जान नहीं गई, हालांकि वाहन चालक को मामूली चोटें आईं। घटना के लाइव वीडियो ने सोशल मीडिया पर भी बड़ी चर्चा छेड़ दी है।