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  • कपूर परिवार में शादी की धूम, अंशुला कपूर की मेहंदी सेरेमनी में दिखा प्यार और जश्न, बहनों के सरप्राइज ने बढ़ाई रौनक

    कपूर परिवार में शादी की धूम, अंशुला कपूर की मेहंदी सेरेमनी में दिखा प्यार और जश्न, बहनों के सरप्राइज ने बढ़ाई रौनक

    नई दिल्ली । कपूर परिवार में शादी की तैयारियां पूरे उत्साह के साथ जारी हैं। बोनी कपूर और दिवंगत मोना शौरी की बेटी अंशुला कपूर जल्द ही अपने मंगेतर रोहन ठक्कर के साथ विवाह बंधन में बंधने जा रही हैं। शादी से पहले आयोजित मेहंदी समारोह की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं, जिनमें परिवार की खुशियां, पारंपरिक रंग और भावनात्मक पल साफ दिखाई दे रहे हैं।

    4 जुलाई को आयोजित मेहंदी समारोह में अंशुला कपूर ने पारंपरिक और आधुनिक शैली का खूबसूरत मेल पेश किया। उन्होंने टील ब्लू रंग का गुजराती शैली से प्रेरित लहंगा पहना, जिसमें पटोला पैटर्न और मिरर वर्क की आकर्षक डिजाइन देखने को मिली। अंशुला ने बताया कि उन्होंने यह परिधान अपने होने वाले ससुराल की सांस्कृतिक परंपराओं को सम्मान देने के उद्देश्य से चुना था। उनका यह लुक सोशल मीडिया पर काफी पसंद किया जा रहा है।

    समारोह की सबसे खास बात अंशुला की बहनें जान्हवी कपूर और खुशी कपूर का सरप्राइज प्लान रहा। अंशुला को पहले केवल एक छोटे पारिवारिक आयोजन की जानकारी थी, लेकिन दोनों बहनों ने पूरे समारोह को विशेष अंदाज में आयोजित कर उन्हें भावुक कर दिया। परिवार के सदस्यों ने इस अवसर को यादगार बनाने के लिए कई विशेष तैयारियां कीं, जिनकी झलक तस्वीरों और वीडियो में देखने को मिली।

    समारोह के दौरान रोहन ठक्कर और अंशुला कपूर की शानदार केमिस्ट्री भी लोगों का ध्यान आकर्षित करती नजर आई। वायरल वीडियो में रोहन डांस करते हुए अंशुला के पास पहुंचते हैं और उन्हें गले लगाकर अपनी खुशी जाहिर करते हैं। दोनों के बीच की सहजता और आत्मीयता ने समारोह में मौजूद मेहमानों के साथ-साथ सोशल मीडिया यूजर्स का भी दिल जीत लिया। फैंस लगातार इस जोड़ी को शुभकामनाएं दे रहे हैं।

    मेहंदी समारोह में कपूर परिवार के कई सदस्य एक साथ नजर आए। परिवार के सभी लोगों ने पारंपरिक परिधानों में इस खुशी के मौके का भरपूर आनंद लिया। समारोह के दौरान हंसी-मजाक, संगीत और पारिवारिक मेल-मिलाप का माहौल देखने को मिला। परिवार के कई सदस्यों ने समारोह की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर साझा किए, जिन्हें प्रशंसकों का अच्छा प्रतिसाद मिल रहा है।

    सोनम कपूर ने भी अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर समारोह की कुछ खास झलकियां साझा कीं, जिससे फैंस को इस पारिवारिक उत्सव की अंदरूनी तस्वीरें देखने का मौका मिला। इन पोस्ट्स में पूरे परिवार की खुशियां और शादी से पहले का उत्साह साफ नजर आया। सोशल मीडिया पर इन तस्वीरों को हजारों लोग पसंद कर रहे हैं और लगातार बधाई संदेश भी दे रहे हैं।

    अंशुला कपूर ने भी इस खास दिन को अपने जीवन के सबसे खूबसूरत पलों में से एक बताया। उन्होंने कहा कि जान्हवी और खुशी द्वारा दिया गया सरप्राइज उनके लिए बेहद भावुक और यादगार अनुभव रहा। उन्होंने परिवार और करीबी लोगों का आभार भी व्यक्त किया, जिन्होंने इस समारोह को खास बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

    अब सभी की नजरें 6 जुलाई को होने वाले विवाह समारोह पर टिकी हैं। प्रशंसक अंशुला कपूर और रोहन ठक्कर की शादी की तस्वीरों का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। मेहंदी समारोह की शानदार शुरुआत ने शादी के उत्सव को लेकर उत्साह और भी बढ़ा दिया है तथा कपूर परिवार के इस खास आयोजन की चर्चा लगातार सोशल मीडिया पर बनी हुई है।

  • दो महीने की मुश्किल रिकवरी के बाद लौटीं सुमोना चक्रवर्ती, बीमारी से जंग जीतकर महिलाओं के लिए बनीं नई उम्मीद

    दो महीने की मुश्किल रिकवरी के बाद लौटीं सुमोना चक्रवर्ती, बीमारी से जंग जीतकर महिलाओं के लिए बनीं नई उम्मीद

    नई दिल्ली । टीवी अभिनेत्री सुमोना चक्रवर्ती ने एंडोमेट्रियोसिस जैसी गंभीर बीमारी से लंबी लड़ाई लड़ने के बाद अपनी सेहत को लेकर भावुक अनुभव साझा किया है। करीब दो महीने तक सार्वजनिक जीवन और सोशल मीडिया से दूरी बनाए रखने के बाद उन्होंने बताया कि इस दौरान उन्होंने पूरी तरह अपनी रिकवरी पर ध्यान दिया। अभिनेत्री ने अपनी पोस्ट में बीमारी के कठिन दौर, सर्जरी, मानसिक संघर्ष और जीवन के प्रति बदले नजरिए का जिक्र करते हुए कहा कि अब वह पहले से बेहतर महसूस कर रही हैं।

    सुमोना ने बताया कि 4 मई को उनकी एंडोमेट्रियोसिस की सर्जरी हुई थी। उन्होंने काफी समय तक दवाइयों और उपचार के जरिए बीमारी को नियंत्रित रखने की कोशिश की, लेकिन जब स्थिति अधिक जटिल हो गई तो ऑपरेशन कराना आवश्यक हो गया। सर्जरी के बाद डॉक्टरों की देखरेख और नियमित उपचार के कारण उनकी सेहत में लगातार सुधार हो रहा है।

    अभिनेत्री ने कहा कि पिछले दो महीनों ने उन्हें जीवन को बेहद करीब से समझने का अवसर दिया। उन्होंने स्वीकार किया कि बीमारी के दौरान कई ऐसे पल आए जब उन्हें लगा कि शायद अब जिंदगी का सबसे कठिन मोड़ सामने है। हालांकि उन्होंने हिम्मत नहीं छोड़ी और सकारात्मक सोच के साथ इलाज और रिकवरी की प्रक्रिया को अपनाया। उनके अनुसार मानसिक मजबूती ने इस कठिन समय से बाहर निकलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

    सुमोना ने अपनी पोस्ट में मेडिकल टीम और डॉक्टरों का विशेष रूप से आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि विशेषज्ञों की देखरेख और परिवार तथा करीबी लोगों के सहयोग ने उन्हें इस चुनौतीपूर्ण दौर से उबरने का आत्मविश्वास दिया। उन्होंने यह भी कहा कि अब वह पहले की तुलना में अधिक स्वस्थ और ऊर्जावान महसूस कर रही हैं।

    उन्होंने यह भी साझा किया कि शुरुआत में उनका मन सोशल मीडिया से हमेशा के लिए दूर हो जाने का था। लेकिन बाद में उन्हें महसूस हुआ कि उनके अनुभव कई महिलाओं के लिए प्रेरणा बन सकते हैं। इसी सोच के साथ उन्होंने तय किया कि वह अपने मंच का उपयोग महिलाओं में एंडोमेट्रियोसिस और महिलाओं से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए करेंगी। उनका उद्देश्य ऐसा सुरक्षित वातावरण तैयार करना है, जहां महिलाएं बिना झिझक अपने अनुभव साझा कर सकें और एक-दूसरे का मनोबल बढ़ा सकें।

    रिकवरी के दौरान सुमोना ने अपने 38वें जन्मदिन को भी बेहद सादगी से मनाया। उन्होंने आखिरी समय में इस्तांबुल की यात्रा का निर्णय लिया और बिना किसी बड़े समारोह के अपना जन्मदिन बिताया। उन्होंने बताया कि इस बार उन्होंने यात्रा, पसंदीदा जापानी भोजन और एक साधारण चीज़केक के साथ इस खास दिन को यादगार बनाया। उनके लिए यह यात्रा मानसिक रूप से नई शुरुआत का प्रतीक रही।

    गौरतलब है कि सुमोना चक्रवर्ती ने वर्ष 2021 में पहली बार सार्वजनिक रूप से बताया था कि वह स्टेज-4 एंडोमेट्रियोसिस से जूझ रही हैं। लॉकडाउन के दौरान उन्होंने इस बीमारी के कारण कई शारीरिक और मानसिक चुनौतियों का सामना किया था। अब सफल सर्जरी और बेहतर स्वास्थ्य के बाद उन्होंने अपने अनुभव साझा कर इस बीमारी को लेकर जागरूकता बढ़ाने का संदेश दिया है। अभिनय के क्षेत्र में सुमोना कई लोकप्रिय टीवी धारावाहिकों, कॉमेडी शोज और फिल्मों का हिस्सा रह चुकी हैं तथा उनके प्रशंसक जल्द ही उन्हें नए प्रोजेक्ट्स में देखने की उम्मीद कर रहे हैं।

  • दूसरे टेस्ट में श्रीलंका की मजबूत पकड़, मेंडिस और सोनल की शानदार पारियों से वेस्टइंडीज पर बनाया दबाव

    दूसरे टेस्ट में श्रीलंका की मजबूत पकड़, मेंडिस और सोनल की शानदार पारियों से वेस्टइंडीज पर बनाया दबाव


    नई दिल्ली। एंटीगुआ में खेले जा रहे वेस्टइंडीज और श्रीलंका के बीच दूसरे टेस्ट मैच में दूसरे दिन का खेल पूरी तरह श्रीलंका के नाम रहा। मेहमान टीम ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए अपनी पहली पारी 9 विकेट पर 549 रन बनाकर घोषित कर दी। इसके जवाब में वेस्टइंडीज ने दिन का खेल समाप्त होने तक एक विकेट के नुकसान पर 58 रन बनाए। मेजबान टीम अभी भी श्रीलंका के विशाल स्कोर से 491 रन पीछे है और मुकाबले में वापसी के लिए उसे बड़ी साझेदारियों की जरूरत होगी।

    दूसरे दिन श्रीलंका की बल्लेबाजी की कमान कुशल मेंडिस और सोनल दिनुशा ने संभाली। दोनों बल्लेबाजों ने छठे विकेट के लिए 143 रन की महत्वपूर्ण साझेदारी कर टीम को बेहद मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया। कुशल मेंडिस ने 115 गेंदों पर 69 रन की उपयोगी पारी खेली जिसमें आठ चौके और तीन शानदार छक्के शामिल रहे।

    दूसरी ओर सोनल दिनुशा अपने पहले टेस्ट शतक के बेहद करीब पहुंचकर चूक गए। उन्होंने 92 रन की शानदार पारी खेली और इस दौरान 12 चौके लगाए। उनकी संयमित और आक्रामक बल्लेबाजी ने श्रीलंका को बड़े स्कोर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।

    निचले क्रम में मिलन रत्नायके ने 15 रन का योगदान दिया जबकि प्रभात जयसूर्या 17 रन बनाकर नाबाद लौटे। टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण कर रहे इसिथा विजेसुंदरा ने भी 14 रन जोड़कर टीम के स्कोर को मजबूती दी।

    वेस्टइंडीज की ओर से जेडन सील्स और शेमार जोसेफ सबसे सफल गेंदबाज रहे जिन्होंने दो-दो विकेट हासिल किए। अल्जारी जोसेफ जस्टिन ग्रीव्स और रोस्टन चेज को एक-एक सफलता मिली लेकिन कोई भी गेंदबाज श्रीलंकाई बल्लेबाजों पर लगातार दबाव नहीं बना सका।

    विशाल लक्ष्य के जवाब में वेस्टइंडीज की शुरुआत अच्छी नहीं रही। ब्रैंडन किंग 17 रन बनाकर आउट हो गए। हालांकि जॉन कैंपबेल ने एक छोर संभाले रखा और दिन का खेल समाप्त होने तक 31 रन बनाकर नाबाद रहे। उनके साथ केवम हॉज छह रन बनाकर क्रीज पर मौजूद हैं।

    पहले टेस्ट में मिली करारी हार के बाद श्रीलंका ने इस मुकाबले के लिए टीम में तीन बदलाव किए थे। प्रभात जयसूर्या लाहिरू उदारा और इसिथा विजेसुंदरा को अंतिम एकादश में शामिल किया गया। पथुम निसांका और लाहिरू कुमारा चोट के कारण बाहर रहे जबकि कसुन रजिथा को खराब प्रदर्शन के चलते टीम में जगह नहीं मिली।

    पहले टेस्ट में वेस्टइंडीज ने श्रीलंका को एक पारी और 217 रन से हराया था लेकिन दूसरे टेस्ट में श्रीलंका ने शानदार वापसी करते हुए मुकाबले पर अपनी मजबूत पकड़ बना ली है। अब तीसरे दिन वेस्टइंडीज की बल्लेबाजी यह तय करेगी कि मैच किस दिशा में आगे बढ़ेगा।

  • 'लॉक अप 2' में आकांक्षा चमोला का बड़ा खुलासा, बोलीं- शादी से पहले लड़कियों के साथ रहे रिश्ते, अपनी सेक्शुअलिटी पर पहली बार खुलकर रखी बात

    'लॉक अप 2' में आकांक्षा चमोला का बड़ा खुलासा, बोलीं- शादी से पहले लड़कियों के साथ रहे रिश्ते, अपनी सेक्शुअलिटी पर पहली बार खुलकर रखी बात


    नई दिल्ली ।
    अभिनेत्री आकांक्षा चमोला ने रियलिटी शो के एक एपिसोड में अपनी निजी जिंदगी से जुड़ा ऐसा खुलासा किया, जिसने दर्शकों और सोशल मीडिया पर नई चर्चा शुरू कर दी। शो के दौरान उन्होंने बताया कि शादी से पहले वह स्वयं को बायसेक्सुअल मानती थीं और उनके कुछ लड़कियों के साथ रिश्ते भी रहे थे। उन्होंने कहा कि पहली बार वह सार्वजनिक रूप से इस विषय पर इतनी खुलकर बात कर रही हैं।

    नॉमिनेशन टास्क के दौरान जब उनसे उनकी निजी जिंदगी से जुड़े एक सवाल पर प्रतिक्रिया मांगी गई, तो उन्होंने बिना झिझक अपनी बात रखी। आकांक्षा ने कहा कि उनके जीवन में कुछ ऐसे रिश्ते रहे, जिनमें वह महिलाओं की ओर आकर्षित महसूस करती थीं। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उन रिश्तों की प्रकृति को लेकर लोग अलग-अलग अनुमान न लगाएं और उनकी बात को उसी रूप में समझें, जैसा उन्होंने साझा किया है।

    उन्होंने कहा कि उन्हें महिलाओं के व्यक्तित्व, ऊर्जा और स्वभाव की ओर हमेशा एक विशेष आकर्षण महसूस हुआ है। उनके अनुसार, महिलाओं के साथ उन्हें सहजता और भावनात्मक सुरक्षा का एहसास होता है। उन्होंने यह भी कहा कि हर रिश्ते को किसी निश्चित दायरे या पहचान में बांधना जरूरी नहीं होता और हर व्यक्ति के अनुभव अलग हो सकते हैं।

    इससे पहले भी आकांक्षा अपने वैवाहिक जीवन को लेकर चर्चा में रह चुकी हैं। उन्होंने शो में बताया था कि वह और उनके पति गौरव खन्ना पिछले कुछ समय से अलग रह रहे हैं। उनके अनुसार, दोनों के बीच परिवार और भविष्य की योजनाओं, विशेष रूप से बच्चों को लेकर अलग-अलग सोच होने के कारण रिश्ते में दूरी आई। उन्होंने कहा कि दोनों ने परिस्थितियों को समझते हुए अलग रहने का निर्णय लिया।

    आकांक्षा के हालिया बयान के बाद सोशल मीडिया पर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। कई लोगों ने उनकी ईमानदारी और निजी अनुभव साझा करने के साहस की सराहना की। वहीं कुछ लोगों ने इसे रियलिटी शो के दौरान चर्चा में बने रहने की रणनीति भी बताया। हालांकि बड़ी संख्या में दर्शकों ने व्यक्तिगत पहचान और निजी जीवन से जुड़े मुद्दों पर खुलकर बात करने को सकारात्मक कदम माना।

    एपिसोड के अंतिम हिस्से में आकांक्षा भावुक भी नजर आईं। उन्होंने कहा कि रियलिटी शो के दौरान अपनी निजी जिंदगी के कई पहलुओं को सार्वजनिक करना उनके लिए आसान नहीं रहा। बातचीत के दौरान उनकी आंखें नम हो गईं और उन्होंने स्वीकार किया कि कई बार निजी अनुभव साझा करना मानसिक रूप से चुनौतीपूर्ण होता है।

    आकांक्षा चमोला का यह बयान अब मनोरंजन जगत और सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है। उनकी ओर से साझा किए गए अनुभवों ने व्यक्तिगत पहचान, रिश्तों और समाज में बदलती सोच को लेकर नई बहस को भी जन्म दिया है।

  • इंग्लैंड ने मैनचेस्टर में रचा इतिहास, भारत के खिलाफ सबसे बड़े लक्ष्य का किया सफल पीछा

    इंग्लैंड ने मैनचेस्टर में रचा इतिहास, भारत के खिलाफ सबसे बड़े लक्ष्य का किया सफल पीछा


    नई दिल्ली। भारत और इंग्लैंड के बीच खेले गए दूसरे टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले में मेजबान इंग्लैंड ने शानदार प्रदर्शन करते हुए चार विकेट से जीत दर्ज की। 191 रन के चुनौतीपूर्ण लक्ष्य का पीछा करते हुए इंग्लिश टीम ने 19 ओवर में ही मुकाबला अपने नाम कर लिया और भारत के खिलाफ टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे बड़े लक्ष्य का सफलतापूर्वक पीछा करने का नया रिकॉर्ड बना दिया।

    मैनचेस्टर के ओल्ड ट्रैफर्ड मैदान पर इंग्लैंड ने 14 साल पुराना रिकॉर्ड भी तोड़ दिया। इससे पहले वर्ष 2012 में इंग्लैंड ने भारत के खिलाफ 178 रन का लक्ष्य सफलतापूर्वक हासिल किया था। इस जीत के साथ ओल्ड ट्रैफर्ड में इंग्लैंड की लगातार चौथी टी20 जीत भी दर्ज हुई।

    हालांकि लक्ष्य का पीछा करते हुए इंग्लैंड की शुरुआत बेहद खराब रही। तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह ने पहले ही ओवर में फिल साल्ट को बिना खाता खोले पवेलियन भेज दिया। इसके बाद जोस बटलर भी शून्य पर आउट हो गए। महज एक रन पर दो विकेट गंवाने के बाद इंग्लैंड मुश्किल में दिखाई दे रहा था।

    ऐसे समय में कप्तान हैरी ब्रूक और जैकब बेथेल ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए टीम को संभाला। दोनों ने तीसरे विकेट के लिए केवल 23 गेंदों में 50 रन जोड़कर मैच का रुख बदल दिया। ब्रूक ने सिर्फ 15 गेंदों में चार चौकों और तीन छक्कों की मदद से 39 रन की विस्फोटक पारी खेली।

    इसके बाद जैकब बेथेल ने जिम्मेदारी संभालते हुए नाबाद 76 रन बनाए। उन्होंने 46 गेंदों की अपनी शानदार पारी में पांच चौके और पांच छक्के लगाए तथा करीब 165 के स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी की। टॉम बैंटन ने भी 32 गेंदों में 39 रन बनाकर अहम योगदान दिया। अंत में जोफ्रा आर्चर 10 रन बनाकर नाबाद लौटे और टीम को जीत दिलाई।

    इससे पहले भारतीय टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए सात विकेट पर 190 रन का मजबूत स्कोर खड़ा किया। अभिषेक शर्मा ने 43 रन की तेज पारी खेली जबकि ईशान किशन 49 रन बनाकर अर्धशतक से एक रन दूर रह गए। कप्तान श्रेयस अय्यर ने 37 रन का उपयोगी योगदान दिया।

    मिडिल और डेथ ओवरों में तिलक वर्मा ने सिर्फ 11 गेंदों में नाबाद 24 रन बनाकर टीम को मजबूत स्कोर तक पहुंचाया। वहीं महज 15 वर्ष की उम्र में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण करने वाले वैभव सूर्यवंशी ने 14 रन बनाकर अपनी प्रतिभा की झलक दिखाई।

    हालांकि भारतीय गेंदबाज इस बड़े स्कोर का बचाव नहीं कर सके और इंग्लैंड ने आक्रामक बल्लेबाजी के दम पर लक्ष्य हासिल करते हुए रिकॉर्ड जीत दर्ज कर ली। इस जीत के साथ इंग्लैंड ने सीरीज में जोरदार वापसी की और मुकाबले को रोमांचक बना दिया।

  • एम्बाप्पे का जादू बरकरार, पैराग्वे पर जीत के साथ फ्रांस अंतिम आठ में, अब मोरक्को से भिड़ंत

    एम्बाप्पे का जादू बरकरार, पैराग्वे पर जीत के साथ फ्रांस अंतिम आठ में, अब मोरक्को से भिड़ंत


    नई दिल्ली। फीफा वर्ल्ड कप 2026 में फ्रांस ने अपने चैंपियन अंदाज का शानदार प्रदर्शन करते हुए राउंड ऑफ 16 के मुकाबले में पैराग्वे को 1-0 से हराकर क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली। फिलाडेल्फिया में खेले गए इस रोमांचक मुकाबले में स्टार स्ट्राइकर किलियन एम्बाप्पे ने पेनल्टी पर मैच का एकमात्र गोल दागकर टीम को जीत दिलाई। इस जीत के साथ फ्रांस अब अंतिम आठ में मोरक्को का सामना करेगा।

    मुकाबले की शुरुआत से ही फ्रांस ने गेंद पर नियंत्रण बनाए रखा और लगातार आक्रमण किए लेकिन पैराग्वे की अनुशासित रक्षापंक्ति ने पहले हाफ में उसे कोई स्पष्ट मौका नहीं दिया। फ्रांस के अधिकांश प्रयास दूर से लगाए गए शॉट तक सीमित रहे जिन्हें पैराग्वे के गोलकीपर ऑरलैंडो गिल ने शानदार ढंग से रोक दिया। मजबूत डिफेंस के दम पर पैराग्वे ने पहले हाफ में फ्रांस को गोल करने से रोके रखा।

    दूसरे हाफ में फ्रांस ने अपनी गति और आक्रामकता बढ़ा दी। ओस्मान डेम्बेले ने कॉर्नर से बने मौके पर गोल करने की कोशिश की लेकिन गेंद साइड नेटिंग में चली गई। इसके बाद मनु कोने के लंबी दूरी के शक्तिशाली शॉट को भी ऑरलैंडो गिल ने बेहतरीन डाइव लगाकर बचा लिया।

    लगातार बढ़ते दबाव के बीच 69वें मिनट में फ्रांस को निर्णायक मौका मिला। डिजायर डूए को पेनल्टी बॉक्स के भीतर फाउल किए जाने पर रेफरी ने पेनल्टी दे दी। किलियन एम्बाप्पे ने बिना किसी गलती के गेंद को गोलपोस्ट में पहुंचाकर फ्रांस को 1-0 की बढ़त दिला दी। इसके बाद फ्रांस ने संयमित खेल दिखाते हुए यह बढ़त अंत तक कायम रखी और क्वार्टर फाइनल का टिकट हासिल कर लिया।

    एम्बाप्पे के लिए यह मुकाबला कई मायनों में ऐतिहासिक रहा। उन्होंने इस विश्व कप में अपना सातवां गोल दागा और गोल्डन बूट की दौड़ में अपनी दावेदारी और मजबूत कर ली। इसके अलावा विश्व कप के नॉकआउट मुकाबलों में यह उनका 11वां गोल रहा। वह लगातार तीन अलग-अलग विश्व कप के राउंड ऑफ 16 मुकाबलों में गोल करने वाले पहले खिलाड़ी भी बन गए।

    मैच के बाद एम्बाप्पे ने कहा कि टीम को पहले से अंदाजा था कि पैराग्वे के खिलाफ मुकाबला आसान नहीं होगा। उन्होंने कहा कि इस मैच ने साबित किया कि फ्रांस केवल आक्रामक फुटबॉल खेलने वाली टीम नहीं बल्कि कठिन परिस्थितियों में भी जीत हासिल करना जानती है। उन्होंने कहा कि अब पूरी टीम का ध्यान क्वार्टर फाइनल में मोरक्को के खिलाफ होने वाले मुकाबले पर है क्योंकि मोरक्को एक बेहद मजबूत और संतुलित टीम है।

    अब फुटबॉल प्रेमियों की नजरें क्वार्टर फाइनल पर होंगी जहां फ्रांस और मोरक्को के बीच रोमांचक मुकाबला देखने को मिलेगा। दोनों टीमों ने राउंड ऑफ 16 में प्रभावशाली प्रदर्शन किया है और सेमीफाइनल में जगह बनाने के लिए पूरी ताकत झोंकेंगी।

  • फीफा वर्ल्ड कप 2026: मोरक्को का दमदार प्रदर्शन, कनाडा को 3-0 से हराकर क्वार्टर फाइनल में बनाई जगह

    फीफा वर्ल्ड कप 2026: मोरक्को का दमदार प्रदर्शन, कनाडा को 3-0 से हराकर क्वार्टर फाइनल में बनाई जगह


    नई दिल्ली। फीफा वर्ल्ड कप 2026 में मोरक्को ने अपने शानदार प्रदर्शन को जारी रखते हुए राउंड ऑफ 16 के मुकाबले में सह-मेजबान कनाडा को 3-0 से हराकर क्वार्टर फाइनल में जगह बना ली। ह्यूस्टन में खेले गए इस मुकाबले में पहले हाफ तक दोनों टीमों के बीच कड़ा संघर्ष देखने को मिला लेकिन दूसरे हाफ में मोरक्को ने आक्रामक खेल दिखाते हुए लगातार तीन गोल दागकर मुकाबले को पूरी तरह अपने नाम कर लिया। इस हार के साथ कनाडा का टूर्नामेंट में सफर समाप्त हो गया।

    मुकाबले की शुरुआत कनाडा ने बेहद आक्रामक अंदाज में की। शुरुआती मिनटों में जोनाथन डेविड और तानी ओलुवासेई ने गोल करने के अच्छे मौके बनाए लेकिन मोरक्को के अनुभवी गोलकीपर यासीन बौनू ने शानदार बचाव करते हुए टीम को शुरुआती झटके से बचा लिया। पहले 45 मिनट तक दोनों टीमों ने जोरदार संघर्ष किया लेकिन कोई भी गोल नहीं हो सका।

    पहले हाफ के दौरान मुकाबला काफी तनावपूर्ण भी रहा। खिलाड़ियों के बीच कई बार तीखी भिड़ंत देखने को मिली और रेफरी ने कुल सात येलो कार्ड दिखाए। 40वें मिनट में मोरक्को के कप्तान अचरफ हकीमी और कनाडा के रिची लारिया के बीच धक्का-मुक्की से मैदान का माहौल भी गर्मा गया लेकिन दोनों टीमों ने संयम बनाए रखा।

    दूसरे हाफ की शुरुआत के साथ ही मोरक्को ने अपनी रणनीति बदली और इसका फायदा भी तुरंत मिला। 50वें मिनट में अचरफ हकीमी की फ्री किक पर अजेदीन ओनाही ने बॉक्स के बाहर से शानदार शॉट लगाकर गेंद को गोलपोस्ट में पहुंचा दिया और मोरक्को को 1-0 की बढ़त दिला दी।

    गोल खाने के बाद कनाडा ने बराबरी के लिए लगातार हमले किए लेकिन मोरक्को की मजबूत रक्षापंक्ति और यासीन बौनू की शानदार गोलकीपिंग के सामने उसके अधिकांश प्रयास नाकाम रहे। पूरे मैच में कनाडा के केवल तीन शॉट ही गोलपोस्ट तक पहुंच सके।

    मुकाबले के अंतिम चरण में मोरक्को ने अपनी बढ़त और मजबूत कर ली। 82वें मिनट में अजेदीन ओनाही ने अपना दूसरा गोल दागकर स्कोर 2-0 कर दिया। इसके बाद इंजरी टाइम में सौफियाने रहीमी ने शानदार फिनिश के साथ तीसरा गोल करते हुए मोरक्को की 3-0 की यादगार जीत पर मुहर लगा दी।

    इस जीत के साथ मोरक्को अब क्वार्टर फाइनल में पहुंच गया है जहां उसका मुकाबला पैराग्वे और फ्रांस के बीच होने वाले मुकाबले की विजेता टीम से होगा। वहीं सह-मेजबान कनाडा भले ही टूर्नामेंट से बाहर हो गया लेकिन उसने अपने घरेलू विश्व कप में कई ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल कीं। कनाडा ने पहली बार विश्व कप में अंक अर्जित किए पहली जीत दर्ज की और पहली बार नॉकआउट चरण तक पहुंचकर अपने फुटबॉल इतिहास में नया अध्याय जोड़ा।

  • आमिर खान की तीसरी शादी बनी चर्चा का केंद्र, गौरी स्प्रैट संग निजी समारोह में परिवार, करीबी दोस्त और कई नामचीन हस्तियां रहीं शामिल

    आमिर खान की तीसरी शादी बनी चर्चा का केंद्र, गौरी स्प्रैट संग निजी समारोह में परिवार, करीबी दोस्त और कई नामचीन हस्तियां रहीं शामिल

    नई दिल्ली । बॉलीवुड अभिनेता आमिर खान ने अपने निजी जीवन की नई शुरुआत करते हुए गौरी स्प्रैट के साथ विवाह कर लिया। मुंबई स्थित उनके आवास पर आयोजित इस निजी समारोह में परिवार के सदस्य, करीबी मित्र और चुनिंदा मेहमान शामिल हुए। लंबे समय से चर्चा में चल रहे इस रिश्ते को आखिरकार दोनों ने आधिकारिक रूप दे दिया। समारोह को पूरी तरह निजी रखा गया, जहां सीमित संख्या में मेहमानों की मौजूदगी में विवाह की सभी औपचारिकताएं पूरी की गईं।

    शादी के अवसर पर आमिर खान के परिवार के सदस्य सबसे पहले पहुंचने वालों में शामिल रहे। उनके बेटे जुनैद खान और बेटी आयरा खान ने समारोह में हिस्सा लिया। परिवार के अन्य सदस्य भी इस खास मौके पर मौजूद रहे। शादी के आयोजन को सादगी और गरिमा के साथ संपन्न किया गया, जबकि पूरे समारोह की तैयारियां पहले से पूरी कर ली गई थीं।

    समारोह में देश के कई प्रमुख उद्योगपति, राजनीतिक और फिल्मी जगत की हस्तियां भी शामिल हुईं। फिल्म निर्देशक आशुतोष गोवारिकर अपनी पत्नी के साथ समारोह में पहुंचे। उनके अलावा कई करीबी मित्र और मनोरंजन जगत से जुड़े लोग भी इस खुशी के मौके के साक्षी बने। आयोजन में केवल आमंत्रित मेहमानों को ही शामिल किया गया, जिससे पूरे कार्यक्रम की निजता बरकरार रही।

    बताया जा रहा है कि विवाह विशेष विवाह अधिनियम के तहत संपन्न हुआ। शादी के लिए लगभग 100 से 150 मेहमानों को आमंत्रित किया गया था। भोजन व्यवस्था से लेकर समारोह की अन्य तैयारियों तक हर पहलू पर विशेष ध्यान दिया गया। आयोजन का माहौल पारिवारिक और सादगीपूर्ण रखा गया, जहां भव्यता के बजाय निजीपन को प्राथमिकता दी गई।

    आमिर खान के लिए यह तीसरी शादी है। इससे पहले उन्होंने रीना दत्ता से विवाह किया था, जिनसे उनके दो बच्चे जुनैद और आयरा हैं। बाद में दोनों अलग हो गए। इसके बाद उन्होंने किरण राव से शादी की, जिनसे उनका एक बेटा आजाद है। वर्ष 2021 में दोनों ने आपसी सहमति से अलग होने का फैसला किया था। अलगाव के बाद भी दोनों के बीच सौहार्दपूर्ण संबंध बने रहे।

    गौरी स्प्रैट के साथ रिश्ते को लेकर पिछले कुछ समय से लगातार चर्चा चल रही थी। दोनों को कई अवसरों पर साथ देखा गया, जिसके बाद उनके विवाह की अटकलें तेज हो गई थीं। अब इस रिश्ते को विवाह का रूप मिलने के साथ ही इन चर्चाओं पर भी विराम लग गया है।

    आमिर खान की इस नई शुरुआत को लेकर उनके प्रशंसकों में भी उत्साह देखने को मिल रहा है। फिल्म जगत और उनके करीबियों की ओर से नवविवाहित जोड़े को शुभकामनाएं दी जा रही हैं। निजी और सादगीपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ यह विवाह वर्ष 2026 की चर्चित सेलिब्रिटी शादियों में शामिल हो गया है।

  • दुनिया के सबसे अहम समुद्री मार्ग पर ईरान का बड़ा कदम, होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों से वसूलेगा सर्विस फीस, मित्र देशों को मिल सकती है राहत

    दुनिया के सबसे अहम समुद्री मार्ग पर ईरान का बड़ा कदम, होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों से वसूलेगा सर्विस फीस, मित्र देशों को मिल सकती है राहत

    नई दिल्ली । ईरान ने दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री व्यापार मार्गों में शामिल होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले व्यावसायिक जहाजों पर सर्विस फीस लगाने की दिशा में औपचारिक तैयारी शुरू कर दी है। तेहरान का कहना है कि यह व्यवस्था समुद्री सुरक्षा और जहाजों को दी जाने वाली सेवाओं के बदले लागू की जाएगी। इसके लिए ईरान ओमान के साथ मिलकर नई प्रणाली तैयार कर रहा है। इस घोषणा के बाद वैश्विक समुद्री व्यापार और ऊर्जा बाजार की नजरें इस प्रस्तावित व्यवस्था पर टिक गई हैं।

    बीजिंग में आयोजित एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन के दौरान चीन में ईरान के राजदूत अब्दोलरेजा रहमानी फजली ने कहा कि होर्मुज स्ट्रेट से जहाजों की आवाजाही को अधिक व्यवस्थित और सुरक्षित बनाने के लिए नई व्यवस्था तैयार की जा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि जहाजों से लिया जाने वाला शुल्क टोल टैक्स नहीं बल्कि सर्विस फीस होगा, जिसे सुरक्षा, निगरानी और समुद्री सेवाओं के बदले वसूला जाएगा।

    ईरानी पक्ष का कहना है कि होर्मुज स्ट्रेट का एक हिस्सा उसके क्षेत्रीय जलक्षेत्र में आता है। ऐसे में जहाजों को सुरक्षित मार्ग उपलब्ध कराना, उनकी आवाजाही की निगरानी करना और भारी समुद्री यातायात से जुड़े पर्यावरणीय प्रभावों का प्रबंधन करना उसकी जिम्मेदारी है। इसी आधार पर सर्विस फीस को उचित और वैध बताया गया है।

    हालिया क्षेत्रीय संघर्ष के बाद व्यावसायिक जहाजों को लगभग 60 दिनों तक बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के इस समुद्री मार्ग से गुजरने की अनुमति दी गई थी। अब यह अंतरिम व्यवस्था समाप्त होने के बाद ईरान स्थायी नियम लागू करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। हालांकि शुल्क की दर, लागू होने की तारीख और किन देशों पर यह व्यवस्था किस रूप में लागू होगी, इस बारे में अभी विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।

    ईरान ने यह भी संकेत दिया है कि हालिया संकट के दौरान जिन देशों ने उसका समर्थन किया, उन्हें नई व्यवस्था में विशेष रियायत मिल सकती है। राजदूत ने कहा कि कठिन समय में साथ खड़े रहने वाले देशों के हितों का ध्यान रखा जाएगा। हालांकि भारत सहित किसी भी देश का नाम लेकर यह स्पष्ट नहीं किया गया कि किन देशों को राहत मिलेगी और किस प्रकार की छूट दी जाएगी।

    भारत के संदर्भ में भी फिलहाल ऐसी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है कि भारतीय जहाजों को इस सर्विस फीस से छूट मिलेगी या उन्हें इसका भुगतान करना होगा। ऐसे में यह कहना जल्दबाजी होगी कि भारत पर इस नई व्यवस्था का क्या प्रभाव पड़ेगा। अंतिम नियम जारी होने के बाद ही विभिन्न देशों और शिपिंग कंपनियों पर पड़ने वाले वास्तविक असर का आकलन किया जा सकेगा।

    होर्मुज स्ट्रेट वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति की दृष्टि से बेहद संवेदनशील समुद्री मार्ग माना जाता है। दुनिया के लगभग 20 प्रतिशत कच्चे तेल और बड़ी मात्रा में तरलीकृत प्राकृतिक गैस का परिवहन इसी रास्ते से होता है। इसलिए इस मार्ग से जुड़ा कोई भी प्रशासनिक या शुल्क संबंधी बदलाव अंतरराष्ट्रीय शिपिंग लागत, ऊर्जा बाजार और वैश्विक व्यापार पर व्यापक प्रभाव डाल सकता है। आने वाले दिनों में ईरान और ओमान द्वारा जारी किए जाने वाले अंतिम दिशा-निर्देशों पर पूरी दुनिया की नजर बनी रहेगी।

  • ईरान में अयातुल्ला अली खामेनेई को अंतिम विदाई, बेटों की मौजूदगी के बीच सुप्रीम लीडर मोज्तबा खामेनेई की गैरहाजिरी पर तेज हुई चर्चाएं

    ईरान में अयातुल्ला अली खामेनेई को अंतिम विदाई, बेटों की मौजूदगी के बीच सुप्रीम लीडर मोज्तबा खामेनेई की गैरहाजिरी पर तेज हुई चर्चाएं

    नई दिल्ली । ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को शनिवार को तेहरान में पूरे राजकीय और धार्मिक सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। अंतिम संस्कार में देश के शीर्ष राजनीतिक, सैन्य और धार्मिक नेतृत्व की मौजूदगी रही, जबकि सबसे अधिक चर्चा मौजूदा सुप्रीम लीडर मोज्तबा खामेनेई की सार्वजनिक गैरमौजूदगी को लेकर हुई। सुरक्षा कारणों के चलते उनके समारोह में खुलकर शामिल न होने की खबरों ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी व्यापक चर्चा को जन्म दिया।

    अंतिम नमाज के दौरान अली खामेनेई के परिवार के कई सदस्य मौजूद रहे। उनके बेटों मसूद, मेयसाम और मुस्तफा ने अंतिम रस्मों में हिस्सा लिया और अपने पिता को श्रद्धांजलि अर्पित की। वहीं, देश के कई वरिष्ठ अधिकारी और धार्मिक नेता भी इस अवसर पर उपस्थित रहे। समारोह के दौरान बड़ी संख्या में नागरिकों ने भी अपने पूर्व सर्वोच्च नेता को अंतिम विदाई दी।

    ईरानी प्रशासन के अनुसार, अंतिम नमाज का नेतृत्व वरिष्ठ धार्मिक नेता आयतुल्ला जाफर सोभानी ने किया। उनके साथ ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन, संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर गालिबाफ, न्यायपालिका प्रमुख गुलामहुसैन मोहसनी एजेई तथा इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स के वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे। कुद्स फोर्स के कमांडर इस्माइल क़ानी सहित कई प्रमुख सैन्य अधिकारी भी समारोह का हिस्सा बने।