इमरान खान को भारत छोड़ने के नोटिस पर बड़ा मोड़, एक्टर ने हाई कोर्ट में उठाए सवाल, बोले बिना पक्ष सुने जारी हुआ आदेश


नई दिल्ली। बॉलीवुड अभिनेता इमरान खान ने भारत छोड़ने के नोटिस के खिलाफ बॉम्बे हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। मुंबई पुलिस और विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय यानी FRRO की ओर से जारी नोटिस में उन्हें 28 अक्टूबर तक भारत छोड़ने के लिए कहा गया है। अभिनेता ने इस आदेश को चुनौती देते हुए शनिवार को हाई कोर्ट में याचिका दाखिल की। उनका कहना है कि नोटिस जारी करने से पहले उन्हें अपना पक्ष रखने का अवसर नहीं दिया गया जो प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के खिलाफ है। इस मामले ने अब कानूनी मोड़ ले लिया है और याचिका पर जल्द सुनवाई होने की संभावना जताई जा रही है।

इमरान खान ने अपने वकील जुल्फिकार मेमन के माध्यम से अदालत में याचिका दायर की है। इसमें भारत छोड़ने के नोटिस को अवैध अनुचित और कठोर बताते हुए उसे कानून की कसौटी पर गलत ठहराया गया है। याचिका में यह भी तर्क दिया गया है कि मौजूदा कानूनों और वैधानिक नियमों में ऐसा कोई स्पष्ट प्रावधान नहीं है जो भारत के प्रवासी नागरिक यानी OCI कार्डधारक को शांतिपूर्ण प्रदर्शन में शामिल होने से रोकता हो। अभिनेता का पक्ष है कि किसी कार्रवाई से पहले उन्हें अपनी बात रखने का उचित मौका दिया जाना चाहिए था। अब अदालत इस मामले में क्या रुख अपनाती है इस पर सबकी नजरें टिकी हैं।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस याचिका का उल्लेख तत्काल सुनवाई के लिए मुख्य न्यायाधीश महेश चंद्र त्रिपाठी और न्यायमूर्ति अद्वैत सेठना की पीठ के सामने किया जा सकता है। हालांकि सुनवाई और अदालत के आदेश को लेकर आगे की स्थिति न्यायिक प्रक्रिया पर निर्भर करेगी। फिलहाल अभिनेता ने नोटिस को चुनौती देकर अपने कानूनी अधिकारों के आधार पर राहत पाने की कोशिश की है।

यह पूरा मामला मुंबई के अगस्त क्रांति मैदान में आयोजित सिटिजन्स फॉर जस्टिस एंड पीस यानी CJP प्रोटेस्ट से जुड़ा है। इस प्रदर्शन का आयोजन कॉकरोच जनता पार्टी ने किया था। इमरान खान भी इसमें शामिल हुए थे। रिपोर्ट के अनुसार इमरान के पास भारतीय नागरिकता नहीं है और वे अमेरिकी नागरिक हैं। उनके पास OCI कार्ड है। प्रदर्शन में शामिल होने के बाद विदेशी नागरिकों से जुड़े नियमों और इमिग्रेशन कानूनों के कथित उल्लंघन का आरोप सामने आया। इसके बाद मुंबई पुलिस और FRRO की ओर से उन्हें 28 अक्टूबर तक भारत छोड़ने का नोटिस जारी किए जाने की बात सामने आई।

प्रदर्शन में शामिल होने के अपने फैसले पर इमरान खान ने मीडिया से बातचीत में कहा था कि वह एक शहर के नागरिक के तौर पर वहां पहुंचे थे। उन्होंने कहा था कि उनकी कोई विशेष मांग नहीं है बल्कि वह यह समझना चाहते हैं कि लोगों की आवाज और स्वतंत्र रूप से आने जाने की आजादी पर रोक क्यों लगाई जा रही है। इस प्रदर्शन में उनकी गर्लफ्रेंड लेखा वाशिंगटन उनकी मां नुसरत और भांजी जायन भी शामिल हुई थीं।

इमरान खान की पेशेवर जिंदगी की बात करें तो वह लंबे समय से फिल्मों में सक्रिय भूमिका से दूर रहे हैं। उनकी फिल्म कट्टी बट्टी साल 2015 में रिलीज हुई थी जिसमें उनके साथ कंगना रनौत मुख्य भूमिका में थीं। फिल्म बॉक्स ऑफिस पर खास सफलता हासिल नहीं कर सकी थी। इसके बाद इमरान इसी साल रिलीज हुई फिल्म हैप्पी पटेल खतरनाक जासूस में विशेष भूमिका में नजर आए। अब भारत छोड़ने के नोटिस के खिलाफ उनकी कानूनी लड़ाई चर्चा में है। आने वाले दिनों में हाई कोर्ट की सुनवाई इस मामले की दिशा तय करने में अहम हो सकती है।