चुनावी झटके के बाद ट्रंप का नया दांव, बोले- अब राजनीतिक पंडित बन बताऊंगा कौन क्यों जीता और हारा


नई दिल्ली। अमेरिका के मध्यावधि चुनाव 2026 के शुरुआती नतीजों के बीच राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का नया बयान चर्चा में है। चुनावी परिणामों में रिपब्लिकन पार्टी को कई अहम सीटों पर झटके लगने के बाद ट्रंप ने ऐलान किया है कि अब वह राजनीतिक पंडित की भूमिका निभाएंगे। वह उम्मीदवारों की जीत और हार का विश्लेषण करेंगे और बताएंगे कि किस नेता को सफलता मिली और किसे हार का सामना करना पड़ा। इसके साथ ही उन्होंने सोशल मीडिया पर लाल रंग की एक टोपी की तस्वीर साझा की है जिस पर वीटो लिखा हुआ है। ट्रंप की इस पोस्ट को उनके पहले दिए गए उस बयान से जोड़कर देखा जा रहा है जिसमें उन्होंने डेमोक्रेटिक पार्टी को बहुमत मिलने पर उसके विधेयकों पर वीटो लगाने की बात कही थी।

ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा कि अब वह राजनीतिक पंडित बनेंगे। वह उम्मीदवारों के अच्छे और खराब प्रदर्शन का विश्लेषण करेंगे और चुनावी नतीजों के पीछे की वजहों पर अपनी राय देंगे। उनकी इस पोस्ट के साथ लाल रंग की वीटो कैप भी सामने आई। चुनाव से पहले ट्रंप ने कहा था कि अगर डेमोक्रेटिक पार्टी को बहुमत मिलता है तो वह उसके लाए हर कानून पर वीटो के अधिकार का इस्तेमाल करेंगे। उन्होंने यह भी कहा था कि ऐसी स्थिति में लोग उन्हें मिस्टर वीटो का नाम दे सकते हैं। अब चुनावी नतीजों के बीच वीटो लिखी टोपी पोस्ट करना उनके उसी बयान की याद दिला रहा है।

चुनाव परिणामों को लेकर ट्रंप ने एक अन्य पोस्ट में अपनी प्रतिक्रिया भी दी। उन्होंने दावा किया कि वह खुद चुनावी दौड़ में उम्मीदवार नहीं थे और अगर वह उम्मीदवार होते तो रिपब्लिकन पार्टी बड़े अंतर से जीतती। ट्रंप ने यह भी कहा कि उनकी गैरमौजूदगी के कारण पार्टी के पक्ष में नतीजे नहीं आए। हालांकि चुनाव प्रचार के दौरान उन्होंने रिपब्लिकन उम्मीदवारों के लिए खुलकर समर्थन मांगा था। उन्होंने मतदाताओं से अपील की थी कि वोट डालते समय यह समझें कि उम्मीदवार के रूप में वह खुद मैदान में हैं। ऐसे में अब नतीजों के बाद उनका बयान राजनीतिक चर्चा का विषय बन गया है।

रिपब्लिकन पार्टी को सबसे बड़ा झटका ओहियो में लगा है। यहां ट्रंप के पसंदीदा उम्मीदवारों में शामिल विवेक रामास्वामी गवर्नर पद का चुनाव हार गए। उन्हें डेमोक्रेटिक पार्टी की उम्मीदवार एमी एक्टन ने शिकस्त दी। रामास्वामी के समर्थन में ट्रंप खुद ओहियो पहुंचे थे और मतदाताओं से उन्हें वोट देने की अपील की थी। उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने भी उनके लिए प्रचार किया था। इसके बावजूद रामास्वामी को जीत नहीं मिल सकी।

विवेक रामास्वामी पहले 2024 में रिपब्लिकन पार्टी की ओर से राष्ट्रपति पद की उम्मीदवारी की दौड़ में शामिल हुए थे। बाद में उन्होंने अपनी दावेदारी वापस लेकर ट्रंप का समर्थन किया था। ओहियो के चुनावी नतीजे इसलिए भी अहम माने जा रहे हैं क्योंकि करीब 20 साल बाद डेमोक्रेटिक पार्टी ने यहां गवर्नर पद पर जीत दर्ज की है। एमी एक्टन राज्य की पहली निर्वाचित महिला गवर्नर बनने जा रही हैं।

इन नतीजों के बाद ट्रंप के सामने पार्टी की चुनावी रणनीति और अपने राजनीतिक प्रभाव को लेकर नए सवाल खड़े हो सकते हैं। फिलहाल वह हार और जीत के कारणों पर अपनी राय देने की बात कह रहे हैं। वहीं वीटो कैप के जरिए उन्होंने आने वाले राजनीतिक टकराव का संकेत भी दिया है। अब देखना होगा कि चुनावी नतीजों के बाद अमेरिकी राजनीति में ट्रंप की अगली रणनीति क्या रहती है।