भोपाल में भाजपा की बड़ी सियासी हुंकार, जेपी नड्डा और मोहन यादव की मौजूदगी में निकलेगी पदयात्रा, अटल पथ से रोशनपुरा तक दिखेगी ताकत


भोपाल । मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में बुधवार को भारतीय जनता पार्टी अपनी राजनीतिक ताकत का बड़ा प्रदर्शन करने जा रही है। लोकतंत्र बचाओ अराजकता हटाओ के नारे के साथ आयोजित इस पदयात्रा को लेकर पार्टी संगठन ने व्यापक तैयारियां की हैं। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा की मौजूदगी इसे खास राजनीतिक महत्व दे रही है। भाजपा ने इस आयोजन में करीब एक लाख लोगों के शामिल होने का दावा किया है। वहीं प्रशासन और यातायात पुलिस भी संभावित भीड़ को देखते हुए सुरक्षा और व्यवस्था के इंतजाम में जुटी हुई है।

भाजपा की इस पदयात्रा की शुरुआत टीटी नगर स्थित अटल पथ से होगी। यहां पहले बड़ी सभा आयोजित की जाएगी जिसमें केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल कार्यकर्ताओं और समर्थकों को संबोधित करेंगे। इसके बाद पार्टी के नेता और हजारों कार्यकर्ता पैदल मार्च करते हुए रोशनपुरा चौराहे तक पहुंचेंगे। इस आयोजन के लिए भोपाल के साथ नर्मदापुरम संभाग के अलग-अलग विधानसभा क्षेत्रों से भी कार्यकर्ताओं को बुलाया गया है। संगठन ने विधानसभा स्तर पर जिम्मेदारियां तय कर अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने की कोशिश की है।

इस शक्ति प्रदर्शन में शामिल होने वाली भीड़ को लेकर भाजपा और यातायात पुलिस के अनुमान अलग-अलग हैं। भाजपा जहां करीब एक लाख लोगों के पहुंचने की बात कह रही है वहीं ट्रैफिक पुलिस ने 40 से 50 हजार लोगों के शामिल होने का अनुमान लगाया है। इतनी बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की संभावना को देखते हुए पुलिस और प्रशासन ने सभा स्थल से लेकर पदयात्रा के पूरे मार्ग तक विशेष व्यवस्था की है। सुरक्षा के साथ यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखना पुलिस के सामने बड़ी चुनौती होगी।

पदयात्रा का असर शहर की यातायात व्यवस्था पर भी दिखाई दे सकता है। अटल पथ से रोशनपुरा चौराहे तक कार्यक्रम होने के कारण आसपास के प्रमुख मार्गों पर वाहनों का दबाव बढ़ने की आशंका है। ऐसे में पुलिस ने वाहन चालकों को वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करने की सलाह दी है। खासकर टीटी नगर और रोशनपुरा की ओर जाने वाले लोगों को घर से निकलने से पहले अपने मार्ग की जानकारी लेने की जरूरत होगी। जाम और परेशानी से बचने के लिए लोगों को अतिरिक्त समय लेकर निकलने की सलाह दी गई है। कार्यक्रम के मद्देनजर राजधानी के कुछ स्कूलों ने भी बुधवार को छुट्टी घोषित की है ताकि विद्यार्थियों और अभिभावकों को यातायात संबंधी दिक्कतों का सामना न करना पड़े।

भाजपा की इस पदयात्रा में विद्यार्थियों की भागीदारी भी चर्चा में है। जीएमसी भोपाल और नर्सिंग कॉलेज की छात्राएं बसों के माध्यम से कार्यक्रम स्थल पर पहुंची हैं। सुबह से ही सभा स्थल पर कार्यकर्ताओं और समर्थकों का पहुंचना शुरू हो गया था। आयोजन को लेकर शहर में बैनर और पोस्टर लगाए गए हैं। इनमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थन में नारे भी दिखाई दे रहे हैं। पार्टी कार्यकर्ताओं में कार्यक्रम को लेकर उत्साह नजर आ रहा है।

गौरतलब है कि भाजपा इससे पहले जबलपुर में भी लोकतंत्र बचाओ अराजकता हटाओ के नारे के साथ पदयात्रा निकाल चुकी है। अब राजधानी भोपाल में होने वाले इस आयोजन को पार्टी के लिए शक्ति प्रदर्शन के बड़े अवसर के रूप में देखा जा रहा है। मुख्यमंत्री और केंद्रीय नेतृत्व की मौजूदगी के जरिए भाजपा संगठन अपनी राजनीतिक एकजुटता और कार्यकर्ताओं की ताकत का संदेश देना चाहता है। हालांकि इस आयोजन की असली तस्वीर भीड़ की संख्या से साफ होगी। अब देखने वाली बात यह होगी कि भाजपा का एक लाख लोगों को जुटाने का दावा कितना सफल होता है और राजधानी की सियासत में यह पदयात्रा कितना बड़ा प्रभाव छोड़ती है।