Author: bharati

  • ‘धुरंधर’ की सुनामी से बदली रिलीज रणनीति, श्रीराम राघवन की ‘इक्कीस’ अब नए साल पर देगी दस्तक

    ‘धुरंधर’ की सुनामी से बदली रिलीज रणनीति, श्रीराम राघवन की ‘इक्कीस’ अब नए साल पर देगी दस्तक


    नई दिल्ली:हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में बॉक्स ऑफिस की चाल कभी-कभी पूरी रिलीज कैलेंडर को बदल देती है। इन दिनों रणवीर सिंह की स्पाई थ्रिलर फिल्म धुरंधर जिस रफ्तार से कमाई कर रही है उसका असर अब दूसरी फिल्मों की रणनीति पर भी साफ नजर आने लगा है। इसी के चलते निर्देशक श्रीराम राघवन की बहुप्रतीक्षित फिल्म इक्कीस की रिलीज डेट को आगे बढ़ाने का फैसला लिया गया है। पहले इक्कीस को 25 दिसंबर यानी क्रिसमस के मौके पर रिलीज किया जाना था लेकिन अब मेकर्स ने इसे 1 जनवरी 2026 को सिनेमाघरों में लाने का ऐलान किया है। यह फैसला पूरी तरह बॉक्स ऑफिस समीकरणों और मौजूदा फिल्मों के दबदबे को देखते हुए लिया गया है।

    धुरंधर बनी सबसे बड़ी वजह

    फिल्म के निर्माता दिनेश विजान मैडॉक फिल्म्स ने रिलीज टलने की वजह पर खुलकर बात की। उनके मुताबिक धुरंधर इस वक्त सिनेमाघरों में जबरदस्त प्रदर्शन कर रही है और दर्शकों के बीच इसकी पकड़ मजबूत बनी हुई है। फिल्म ने न सिर्फ शानदार ओपनिंग ली बल्कि हिंदी सिनेमा के इतिहास में अब तक का सबसे बेहतरीन सेकेंड वीकेंड कलेक्शन दर्ज किया है।दिनेश विजान ने कहा कि ऐसे माहौल में इक्कीस को रिलीज करना फिल्म के लिए जोखिम भरा हो सकता था। बॉक्स ऑफिस पर एक मजबूत और चलती हुई फिल्म के सामने नई रिलीज को दर्शकों का पूरा ध्यान मिल पाना मुश्किल हो जाता है।

    क्रिसमस वीक में होता तगड़ा क्लैश

    सिर्फ धुरंधर ही नहीं बल्कि क्रिसमस वीक में पहले से ही कई बड़ी फिल्मों की मौजूदगी ने भी मेकर्स को सोचने पर मजबूर किया। इस दौरान कार्तिक आर्यन और अनन्या पांडे की रोमांटिक फिल्म तू मेरी मैं तेरा मैं तेरा तू मेरी भी रिलीज होने वाली थी। इसके अलावा जेम्स कैमरून की हॉलीवुड बिग बजट फिल्म अवतार: फायर एंड ऐश भी उसी समय सिनेमाघरों में पहुंच चुकी है।इतनी बड़ी और अलग-अलग जॉनर की फिल्मों के बीच इक्कीस जैसी संवेदनशील और गंभीर विषय वाली फिल्म को दर्शकों का पूरा स्पेस मिल पाना आसान नहीं होता। यही वजह है कि मेकर्स ने टकराव से बचने का फैसला किया।

    दिनेश विजान बोले-फिल्म को चाहिए सही माहौल
    नई रिलीज डेट पर बात करते हुए दिनेश विजान ने कहा नए साल में दर्शक अच्छी और अर्थपूर्ण फिल्में देखने के लिए ज्यादा तैयार रहते हैं। जब किसी फिल्म को सांस लेने की जगह मिलती है तो उसका असर बॉक्स ऑफिस पर भी दिखता है। यह जरूरी नहीं कि हर बार सोलो रिलीज मिले लेकिन जब परिस्थितियां अनुकूल हों तो उस मौके को अपनाना चाहिए।उनका मानना है कि इक्कीस जैसी फिल्म को दर्शकों का पूरा ध्यान और भावनात्मक जुड़ाव मिलना बेहद जरूरी है जो नए साल के मौके पर ज्यादा बेहतर तरीके से संभव हो पाएगा।

    इक्कीस की कहानी और स्टारकास्ट
    इक्कीस भारत के सबसे कम उम्र के परमवीर चक्र विजेता सेकेंड लेफ्टिनेंट अरुण खेत्रपाल के जीवन पर आधारित है। उन्होंने 1971 के भारत-पाक युद्ध के दौरान बासंतार की लड़ाई में अद्भुत वीरता दिखाई और मात्र 21 साल की उम्र में शहीद हो गए।फिल्म में अगस्त्य नंदा मुख्य भूमिका निभा रहे हैं। इसके साथ ही दिग्गज अभिनेता धर्मेंद्र भी अहम किरदार में नजर आएंगे। खास बात यह है कि इसे धर्मेंद्र का आखिरी फिल्मी प्रदर्शन बताया जा रहा है। फिल्म में जयदीप अहलावत भी महत्वपूर्ण भूमिका में हैं।

    अब उम्मीदें नए साल से

    मेकर्स को भरोसा है कि 1 जनवरी 2026 को रिलीज होने से इक्कीस को न सिर्फ बेहतर ओपनिंग मिलेगी बल्कि इसकी कहानी और भावनात्मक गहराई को दर्शकों तक सही तरीके से पहुंचने का पूरा मौका मिलेगा। बॉक्स ऑफिस और कंटेंट—दोनों के लिहाज से यह फैसला फिल्म के लिए फायदेमंद साबित हो सकता है।

  • देवास में हनीट्रैप दोस्ती का बहाना बनाकर युवती ने युवक को ब्लैकमेल किया लाखों रुपये और जमीन का हिस्सा मांगा

    देवास में हनीट्रैप दोस्ती का बहाना बनाकर युवती ने युवक को ब्लैकमेल किया लाखों रुपये और जमीन का हिस्सा मांगा


    देवास । मध्य प्रदेश के देवास जिले में एक सनसनीखेज हनीट्रैप मामला सामने आया है जिसमें युवती ने दोस्ती के बहाने युवक को प्रेम जाल में फंसाया और फिर उसके आपत्तिजनक वीडियो बनाकर लाखों रुपये और जमीन के हिस्से की मांग की। यह मामला देवास शहर के नहार दरवाजा थाना क्षेत्र का है जहां युवक ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।

    पीड़ित युवक भावेश ठाकुर ने बताया कि आरोपी युवती परिधि नामदेव ने पहले दोस्ती का झांसा दिया और बाद में उसे शराब पिलाकर उसकी आपत्तिजनक फोटो और वीडियो बना लिए। इसके बाद परिधि ने उसे लगातार ब्लैकमेल करना शुरू कर दिया। आरोप है कि युवती ने युवक से शाही जिंदगी जीने का दबाव बनाया और उसे पैसे व जमीन का आधा हिस्सा देने की धमकी दी।

    जब युवक मानसिक रूप से परेशान हुआ तो उसने अपनी शिकायत और ऑडियो रिकॉर्डिंग के साथ पुलिस की मदद ली। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 308(6) के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है। जांच में यह भी सामने आया कि परिधि नामदेव पहले भी ऐसे मामलों में शामिल रही है और पुलिस उसकी पुरानी रिकॉर्ड भी खंगाल रही है।

    देवास के एडिशनल एसपी जयवीर सिंह भदोरिया ने पुष्टि की कि आरोपी के खिलाफ पहले भी एक मामला दर्ज है और फिलहाल पुलिस पूरी गंभीरता से मामले की जांच कर रही है। उन्होंने कहा कि मामले की जांच के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।

    यह मामला एक बार फिर यह सवाल उठाता है कि कैसे प्रेम और दोस्ती के बहाने से लोगों को जाल में फंसाकर शारीरिक और मानसिक रूप से शोषण किया जा रहा है। पुलिस अब यह देखेगी कि इस मामले में आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा सके ताकि भविष्य में ऐसे अपराधों को रोका जा सके।

  • पहला अवॉर्ड जीतकर भावुक हुए आर्यन खान, मां गौरी को किया डेडिकेट, शाहरुख से जुड़ा खास किस्सा सुनाया

    पहला अवॉर्ड जीतकर भावुक हुए आर्यन खान, मां गौरी को किया डेडिकेट, शाहरुख से जुड़ा खास किस्सा सुनाया

    नई दिल्ली ।मुंबई/शुक्रवार को नई दिल्ली में आयोजित NDTV इंडियन ऑफ द ईयर अवॉर्ड्स समारोह कई यादगार पलों का गवाह बनालेकिन सबसे खास लम्हा तब आया जब सुपरस्टार शाहरुख खान के बेटे आर्यन खान को उनके करियर का पहला बड़ा अवॉर्ड मिला। आर्यन को उनकी डेब्यू वेब सीरीज द बा**ड्स ऑफ बॉलीवुडी के लिए बेस्ट डेब्यूटेंट डायरेक्टर ऑफ द ईयर के सम्मान से नवाजा गया। यह पल न सिर्फ आर्यन के लिएबल्कि पूरे खान परिवार के लिए बेहद भावुक रहा।

    इस खास मौके पर आर्यन अपनी नानी सविता छिब्बर के साथ नजर आए। जब आर्यन स्टेज पर अपना भाषण दे रहे थेतब उनकी नानी की आंखों में खुशी के आंसू साफ देखे जा सकते थे। सोशल मीडिया पर यह दृश्य तेजी से वायरल हो रहा है और लोग इसे एक बेहद भावुक पारिवारिक पल बता रहे हैं।अवॉर्ड स्वीकार करते हुए आर्यन खान ने बेहद सादगी और आत्मविश्वास के साथ अपनी बात रखी। उन्होंने सबसे पहले अपनी पूरी कास्ट और क्रू का धन्यवाद कियाजिन्होंने एक नए डायरेक्टर के विज़न पर भरोसा किया। इसके साथ ही उन्होंने नेटफ्लिक्स का भी आभार जतायाजिसने उन्हें अपनी कहानी कहने का मंच दिया।

    अपने भाषण में आर्यन ने मजाकिया अंदाज़ में कहा कि यह उनका पहला अवॉर्ड है और उन्हें उम्मीद है कि यह सिलसिला यहीं नहीं रुकेगा। उन्होंने कहामुझे ट्रॉफी बहुत पसंद हैंबिल्कुल अपने पापा की तरह। आर्यन का यह बयान सुनते ही ऑडियंस में मौजूद लोग मुस्कुरा उठे और तालियों की गूंज सुनाई दी।हालांकिआर्यन ने साफ कर दिया कि यह अवॉर्ड वह अपने पिता शाहरुख खान को नहींबल्कि अपनी मां गौरी खान को समर्पित कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनकी मां हमेशा उन्हें जमीन से जुड़ा रहना सिखाती हैं। आर्यन ने हंसते हुए बताया कि गौरी खान उन्हें समय पर सोनेकिसी का मजाक न उड़ाने और गलत भाषा से दूर रहने की सलाह देती हैं।

    आर्यन ने आगे कहा कि शायद आज उन्हें यह सम्मान इन्हीं संस्कारों की वजह से मिला है। उन्होंने यह भी जोड़ा कि इस अवॉर्ड ने उनकी मां को दुनिया की सबसे खुश महिला बना दिया है। यह सुनकर दर्शकों ने एक बार फिर जोरदार तालियों के साथ आर्यन का हौसला बढ़ाया।आर्यन खान का यह भाषण सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। फैंस उनके शांत स्वभावविनम्रता और मां के प्रति सम्मान की जमकर तारीफ कर रहे हैं। कई यूज़र्स ने लिखा कि आर्यन ने साबित कर दिया है कि वह सिर्फ शाहरुख खान के बेटे नहींबल्कि अपनी अलग पहचान बनाने की पूरी क्षमता रखते हैं।

    गौरतलब है कि आर्यन खान ने 18 सितंबर को नेटफ्लिक्स की सैटायर कॉमेडी सीरीज द बा**ड्स ऑफ बॉलीवुड से निर्देशन की दुनिया में कदम रखा था। इस सीरीज में बॉलीवुड की अंदरूनी राजनीतिपावर स्ट्रगल और इंडस्ट्री में बाहरी कलाकारों की चुनौतियों को हल्के-फुल्के लेकिन तीखे अंदाज़ में दिखाया गया है।दर्शकों और क्रिटिक्स से मिली शानदार प्रतिक्रिया के बाद इस सीरीज ने IMDb की मोस्ट पॉपुलर इंडियन सीरीज 2025 का खिताब भी अपने नाम किया। पहले ही प्रोजेक्ट में मिली इस सफलता और अब अवॉर्ड ने यह साफ कर दिया है कि आर्यन खान बॉलीवुड में एक लंबी और मजबूत पारी खेलने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।

  • हार्दिक पांड्या ने फिफ्टी के बाद भेजा फ्लाइंग किस माहिका शर्मा के साथ रोमांटिक वीडियो हुआ वायरल

    हार्दिक पांड्या ने फिफ्टी के बाद भेजा फ्लाइंग किस माहिका शर्मा के साथ रोमांटिक वीडियो हुआ वायरल


    नई दिल्ली । क्रिकेट स्टार हार्दिक पांड्या और उनकी गर्लफ्रेंड माहिका शर्मा का रोमांटिक पल हाल ही में सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया। हार्दिक पांड्या ने भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच खेले गए पांचवें टी20 मैच में जब 63 रनों की तूफानी पारी खेली तो उन्होंने अपनी पारी के दौरान अर्धशतक पूरा करते ही माहिका शर्मा के लिए फ्लाइंग किस भेजा। इस प्यारे इशारे का वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गईं। हार्दिक ने इस मैच में सिर्फ 16 गेंदों में फिफ्टी पूरी की जो उनके लिए एक नया व्यक्तिगत रिकॉर्ड था। यह भारतीय क्रिकेट इतिहास में सबसे तेज अर्धशतक है और अब हार्दिक का नाम टी20 क्रिकेट में भारत के लिए दूसरे सबसे तेज अर्धशतक बनाने वाले खिलाड़ी के रूप में दर्ज हो गया है।

    हार्दिक का शानदार प्रदर्शन

    हार्दिक ने 63 रनों की पारी में 5 चौके और 5 छक्के लगाए। उन्होंने अपनी तूफानी पारी से सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। उनके इस बेहतरीन प्रदर्शन ने न केवल भारत को मैच में मजबूत स्थिति में पहुंचाया बल्कि उनके व्यक्तिगत रिकॉर्ड को भी नया आयाम दिया। हार्दिक के फ्लाइंग किस के बाद माहिका शर्मा ने भी उसी अंदाज में हार्दिक को फ्लाइंग किस भेजा जिससे यह पल और भी खास बन गया। उनका यह रोमांटिक इशारा दर्शकों के बीच और सोशल मीडिया पर छा गया।

    भारत के लिए दूसरा सबसे तेज अर्धशतक

    हार्दिक पांड्या का 16 गेंदों में अर्धशतक अब भारत के लिए सबसे तेज अर्धशतक है। भारत के लिए सबसे तेज फिफ्टी का रिकॉर्ड पहले युवराज सिंह के नाम था जिन्होंने 2007 के टी20 वर्ल्ड कप में इंग्लैंड के खिलाफ 12 गेंदों में फिफ्टी लगाई थी। अब हार्दिक ने युवराज का रिकॉर्ड थोड़ा पीछे छोड़ते हुए 16 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया है। यह मैच हार्दिक पांड्या के लिए खास था क्योंकि न केवल उन्होंने अपनी बल्लेबाजी से शानदार प्रदर्शन किया बल्कि अपने प्यार का इजहार करने का भी एक बेहतरीन तरीका अपनाया।

    माहिका और हार्दिक का प्यार

    हार्दिक और माहिका की केमिस्ट्री अब सबके सामने है और यह जोड़ी सोशल मीडिया पर अपने रोमांटिक पल साझा करने से कभी नहीं चूकती। उनके इस प्यारे फ्लाइंग किस पल ने उनके प्रशंसकों के दिलों में और भी जगह बना ली है। इन दोनों के रोमांटिक पल ने यह साबित कर दिया कि क्रिकेट मैदान पर भी निजी जीवन और भावनाएं अपनी जगह बना सकती हैं। हार्दिक पांड्या का यह इशारा उनके प्यार और क्रिकेट के प्रति उनके जुनून को एक साथ दिखाता है।

  • दिल्ली एयरपोर्ट पर हंगामा: 7 साल की बच्ची के सामने यात्री से मारपीट, एअर इंडिया एक्सप्रेस के पायलट पर गंभीर आरोप

    दिल्ली एयरपोर्ट पर हंगामा: 7 साल की बच्ची के सामने यात्री से मारपीट, एअर इंडिया एक्सप्रेस के पायलट पर गंभीर आरोप


    नई दिल्ली।देश की राजधानी दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के टर्मिनल-1 पर एक चौंकाने वाली घटना सामने आई हैजहां एअर इंडिया एक्सप्रेस के एक पायलट पर यात्री के साथ मारपीट करने का गंभीर आरोप लगा है। यह विवाद इतना बढ़ गया कि कथित तौर पर यात्री को शारीरिक चोटें आईं और यह सब उसकी 7 साल की बेटी के सामने हुआजिससे पूरा परिवार मानसिक सदमे में है।पीड़ित यात्री की पहचान अंकित दीवान के रूप में हुई हैजिन्होंने सोशल मीडिया पर इस घटना से जुड़ी तस्वीरें और वीडियो साझा किए हैं। उनके मुताबिकयह घटना उस समय हुई जब वे अपने परिवार के साथ यात्रा कर रहे थे। उनके साथ एक चार महीने का शिशु भी थाजो स्ट्रोलर में था।

    अंकित का आरोप है कि सुरक्षा जांच के दौरान एयरपोर्ट स्टाफ ने उन्हें एक अलग लाइन से जाने के लिए कहाजो आमतौर पर स्टाफ के लिए आरक्षित रहती है। इसी दौरान कुछ कर्मचारी उनके आगे लाइन तोड़ते नजर आए। जब अंकित ने इसका विरोध कियातो वहां मौजूद एअर इंडिया एक्सप्रेस के पायलट कैप्टन वीरेंद्र से उनकी बहस हो गई।पीड़ित यात्री के अनुसारपायलट ने उनसे बेहद अपमानजनक भाषा में बात की और कहा,क्या आप पढ़े-लिखे नहीं हैं? क्या साइन नहीं पढ़ सकते? बात बढ़ने पर कथित तौर पर पायलट ने उन पर हाथ उठा दिया। इस हमले में अंकित को चोटें आईं और खून तक निकल आयाजिसकी तस्वीरें अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं।

    अंकित ने बताया कि इस पूरी घटना का सबसे गहरा असर उनकी 7 साल की बेटी पर पड़ा हैजिसने अपने पिता को अपनी आंखों के सामने पिटते देखा। बच्ची अब भी डरी हुई है और परिवार इस घटना के बाद मानसिक तनाव से गुजर रहा है। अंकित का कहना है कि इस विवाद के चलते उनकी पूरी छुट्टियां बर्बाद हो गईं।सोशल मीडिया पर मामला सामने आने के बाद यह तेजी से चर्चा में आ गया। यात्रियों की सुरक्षा और एयरलाइन स्टाफ के व्यवहार को लेकर सवाल उठने लगे। मामले की गंभीरता को देखते हुए एअर इंडिया एक्सप्रेस ने तत्काल प्रतिक्रिया दी।

    एयरलाइन की ओर से जारी आधिकारिक बयान में कहा गया कि आरोपी पायलट को तुरंत प्रभाव से ड्यूटी से हटा दिया गया है और मामले की आंतरिक जांच शुरू कर दी गई है। कंपनी ने इस घटना पर खेद व्यक्त करते हुए कहा कि इस तरह का व्यवहार पूरी तरह अस्वीकार्य है।एयरलाइन के प्रवक्ता ने स्पष्ट किया कि घटना के समय संबंधित कर्मचारी किसी अन्य एयरलाइन की फ्लाइट से यात्री के रूप में यात्रा कर रहा थालेकिन फिर भी उसका व्यवहार कंपनी की आचार संहिता के खिलाफ है। प्रवक्ता ने यह भी कहा कि जांच पूरी होने के बाद तथ्यों के आधार पर उचित अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

    एअर इंडिया एक्सप्रेस ने अपने बयान में यह दोहराया कि यात्रियों की सुरक्षासम्मान और विश्वास कंपनी की सर्वोच्च प्राथमिकता है। साथ ही यह भी कहा गया कि सभी कर्मचारियों से पेशेवर और जिम्मेदार व्यवहार की अपेक्षा की जाती है।फिलहाल यह मामला जांच के अधीन है और एयरपोर्ट प्रशासन व एयरलाइन दोनों पर निगाहें टिकी हैं। यह घटना एक बार फिर सार्वजनिक स्थानों पर यात्रियों की सुरक्षा और एयरलाइन स्टाफ की जवाबदेही को लेकर गंभीर सवाल खड़े करती है।

  • EPFO ने बदले नियम: नौकरी बदलने और बीमा राशि में बड़ा बदलाव, कर्मचारियों को मिलेगा सीधा लाभ

    EPFO ने बदले नियम: नौकरी बदलने और बीमा राशि में बड़ा बदलाव, कर्मचारियों को मिलेगा सीधा लाभ


    नई दिल्ली । कर्मचारी भविष्य निधि संगठन ने हाल ही में नौकरी बदलने से संबंधित नियमों में महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं जिसका असर लाखों कर्मचारियों और उनके परिवारों पर पड़ेगा। EPFO ने स्पष्ट किया है कि अब दो नौकरियों के बीच 60 दिनों तक का अंतराल होने पर भी कर्मचारी की सेवा को निरंतर माना जाएगा यानी नौकरी छोड़ने के बाद यदि कोई कर्मचारी 60 दिनों के भीतर दूसरी नौकरी जॉइन करता है तो उसकी सेवा को ब्रेक नहीं माना जाएगा।

    नौकरी बदलते वक्त अक्सर कर्मचारियों को डर रहता है कि कहीं उनका पीएफ सर्विस रिकॉर्ड या बीमा लाभ प्रभावित न हो जाए। पहले दो-चार दिन के गैप या वीकेंड की छुट्टियों के कारण कर्मचारियों को कई बार नुकसान उठाना पड़ा था। अब EPFO ने इस चिंता को दूर करते हुए नए नियम जारी किए हैं जो कर्मचारियों के लिए एक बड़ी राहत हैं।

    बीमा लाभ में मिली राहत

    नए नियमों के तहत अगर किसी EPFO सदस्य की मृत्यु आखिरी पीएफ योगदान मिलने के 60 दिनों के भीतर हो जाती है और वह कर्मचारी कंपनी के रिकॉर्ड में दर्ज था तो उसके परिवार को बीमा लाभ मिलेगा। पहले ऐसे मामलों में सेवा ब्रेक का हवाला देकर बीमा दावे को खारिज कर दिया जाता था लेकिन अब यह फायदा कर्मचारियों के परिवारों को मिलेगा।

    वीकेंड ब्रेक को खत्म किया

    EPFO ने यह भी स्पष्ट किया है कि नौकरी बदलते वक्त आने वाले शनिवार रविवार या अन्य राजपत्रित अवकाश को अब सेवा ब्रेक नहीं माना जाएगा। इसका मतलब यह है कि अगर कर्मचारी किसी शुक्रवार को पुरानी कंपनी छोड़ता है और वीकेंड या छुट्टी के बाद नई कंपनी जॉइन करता है तो इस अंतराल को भी लगातार सेवा में गिना जाएगा। पहले ऐसे मामलों में कर्मचारियों के परिवारों को EDLI योजना का लाभ नहीं मिलता था लेकिन अब यह समस्या हल हो गई है।

    न्यूनतम बीमा राशि बढ़ी

    EPFO ने न्यूनतम बीमा राशि को लेकर भी महत्वपूर्ण बदलाव किए हैं। अब ऐसे कर्मचारियों के आश्रितों को भी कम से कम 50000 रुपये का बीमा लाभ मिलेगा जिन्होंने मृत्यु से पहले लगातार 12 महीने काम नहीं किया था या जिनके पीएफ खाते में 50000 रुपये से कम बैलेंस था। पहले इन मामलों में परिवारों को बहुत कम या कोई बीमा लाभ नहीं मिल पाता था लेकिन अब यह राशि बढ़ा दी गई है।

    मंत्रालय की पहल

    यह बदलाव श्रम और रोजगार मंत्रालय की पहल पर हुआ है। मंत्रालय को कई ऐसे मामले मिले थे जहां नौकरी बदलने के दौरान कर्मचारी की मृत्यु हो जाने के बावजूद तकनीकी कारणों से उनके परिवारों को बीमा लाभ से वंचित रहना पड़ा था। मंत्रालय ने इस मुद्दे को गंभीरता से लिया और EPFO द्वारा नियमों में बदलाव किए गए।

    इन बदलावों से कर्मचारियों को काफी राहत मिलेगी और उनके परिवारों को बीमा लाभ प्राप्त करने में किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। यह कदम सामाजिक सुरक्षा की दिशा में एक मजबूत कदम माना जा रहा है जो नौकरीपेशा लोगों के लिए एक बड़ी राहत साबित होगा। इस बदलाव के बाद कर्मचारी नौकरी बदलते वक्त अब पहले से अधिक सुरक्षित महसूस करेंगे खासकर जब बीमा और पीएफ जैसे महत्वपूर्ण लाभ की बात आती है। EPFO द्वारा किया गया यह कदम कर्मचारियों की सामाजिक सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है।

  • धुरंधर’ की आंधी में फीकी पड़ी ‘अवतार 3’, भारत में ओपनिंग डे पर नहीं टूट पाया पिछली फिल्म का रिकॉर्ड

    धुरंधर’ की आंधी में फीकी पड़ी ‘अवतार 3’, भारत में ओपनिंग डे पर नहीं टूट पाया पिछली फिल्म का रिकॉर्ड


    नई दिल्ली:हॉलीवुड के दिग्गज फिल्ममेकर जेम्स कैमरून की बहुचर्चित फ्रेंचाइजी की तीसरी फिल्म अवतार: फायर एंड ऐश आखिरकार 19 दिसंबर को भारतीय सिनेमाघरों में रिलीज हो गई। साल 2025 की सबसे ज्यादा इंतजार की जा रही फिल्मों में शामिल इस मूवी से ट्रेड और फैंस को जबरदस्त ओपनिंग की उम्मीद थीलेकिन रिलीज के पहले ही दिन इसके बॉक्स ऑफिस आंकड़ों ने सबको थोड़ा चौंका दिया।दुनियाभर में अवतार फ्रेंचाइजी की मजबूत फैन फॉलोइंग रही है। 2009 में आई पहली अवतार ने जहां सिनेमाई तकनीक की परिभाषा बदल दी थीवहीं 2022 में रिलीज हुई अवतार: द वे ऑफ वॉटर ने भी बॉक्स ऑफिस पर ऐतिहासिक कमाई की थी। ऐसे में अवतार 3 से उम्मीदें और भी ज्यादा थीं। हालांकिभारत में इसकी शुरुआत उम्मीद के मुताबिक मजबूत नहीं रही।

    ट्रेड वेबसाइट सैकनिल्क की शुरुआती रिपोर्ट के अनुसारअवतार:फायर एंड ऐश ने भारत में पहले दिन करीब 20 करोड़ रुपये की कमाई की है। यह आंकड़ा अर्ली एस्टीमेट है और आधिकारिक आंकड़े आने के बाद इसमें मामूली बदलाव संभव है।हालांकि20 करोड़ की ओपनिंग किसी भी हॉलीवुड फिल्मके लिए बुरी नहीं मानी जातीलेकिन जब तुलना फ्रेंचाइजी की पिछली फिल्मों से की जाती हैतो यहआंकड़ा कमजोर नजर आता है।दरअसलसाल 2022 में रिलीज हुई अवतार: द वे ऑफ वॉटर ने भारत में पहले ही दिन 8.75 करोड़ रुपये की रिकॉर्डतोड़ कमाई की थी। उस लिहाज से देखें तो फायर एंड ऐश अपने ही पुराने रिकॉर्ड को तोड़ना तो दूरउसके आसपास भी नहीं पहुंच पाई है।

    फिल्म की कमजोर ओपनिंग की एक बड़ी वजह क्रिटिक्स से मिले निगेटिव रिव्यूज माने जा रहे हैं। कई समीक्षकों का कहना है कि फिल्म के विजुअल्स तो शानदार हैंलेकिन कहानी और स्क्रीनप्ले में वह ताजगी नहीं दिखतीजिसकी उम्मीद दर्शक कर रहे थे। हालांकिफैंस का एक वर्ग अब भी मानता है कि अवतार 3 को उसके शानदार विजुअल एक्सपीरियंस के लिए बड़े पर्दे पर जरूर देखा जाना चाहिए।इसके अलावाबॉक्स ऑफिस पर पहले से मौजूद रणवीर सिंह की स्पाई थ्रिलर फिल्म धुरंधर ने भी अवतार 3 की राह मुश्किल कर दी है। धुरंधर पहले से ही सिनेमाघरों में अच्छी पकड़ बनाए हुए है और दर्शकों की बड़ी संख्या को अपनी ओर खींच रही है। यही वजह है कि अवतार: फायर एंड ऐश को भारत में कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ रहा है।

    फिल्म की बात करें तो जेम्स कैमरून के निर्देशन में बनी इस मूवी में सैम वर्थिंगटन एक बार फिर जेक सुली और जो साल्डाना नेयतिरी के किरदार में नजर आ रही हैं। यह फिल्म 2009 की अवतार और 2022 की द वे ऑफ वॉटर के बाद कहानी को आगे बढ़ाती है। अवतार 3 का वर्ल्ड प्रीमियर 1 दिसंबर को अमेरिका के हॉलीवुड स्थित डॉल्बी थिएटर में हुआ था।अब सभी की निगाहें वीकेंड कलेक्शन पर टिकी हैं। अगर शनिवार और रविवार को फिल्म की कमाई में उछाल आता हैतो अवतार: फायर एंड ऐश नुकसान की भरपाई कर सकती है। वरना भारत में इसका सफर उम्मीद से छोटा भी साबित हो सकता है।

  • सर्दियों में रूखी त्वचा? घर पर बनाएं ये फेसपैक और पाएं नेचुरल ग्लो

    सर्दियों में रूखी त्वचा? घर पर बनाएं ये फेसपैक और पाएं नेचुरल ग्लो


    नई दिल्ली । सर्दियों में त्वचा अपनी नमी खो देती है जिससे त्वचा में रूखापन और बेजानपन आ जाता है। ऐसे में महंगे ब्यूटी प्रोडक्ट्स की बजाय घरेलू फेसपैक सबसे सुरक्षित और प्रभावी उपाय साबित होते हैं। दही, शहद, हल्दी, बादाम तेल, आलू और नींबू जैसे प्राकृतिक तत्व आपकी त्वचा को नमी देने और उसे ग्लोइंग बनाने में मदद करते हैं। इनका कोई साइड इफेक्ट भी नहीं होता, और ये आसानी से घर में उपलब्ध होते हैं।

    दही और हल्दी का फेसपैक

    सर्दियों में ड्राय स्किन के लिए दही और हल्दी का फेसपैक बेहद प्रभावी है। दही में प्राकृतिक मॉइश्चराइजर्स और प्रोबायोटिक्स होते हैं, जो त्वचा को हाइड्रेट करते हैं। हल्दी की एंटीबैक्टीरियल और एंटीइंफ्लेमेटरी गुण त्वचा को सुरक्षित रखते हैं। इसे बनाने के लिए एक चम्मच दही में चुटकी भर हल्दी मिलाएं और चेहरे पर 15 मिनट तक लगाएं। फिर सामान्य पानी से धो लें। यह फेसपैक आपकी त्वचा को कोमल और ताजगी से भरपूर बनाएगा।

    शहद और बादाम तेल का फेसपैक

    शहद एक प्राकृतिक ह्यूमेक्टेंट होता है, जो त्वचा में नमी को लॉक करता है। बादाम तेल में विटामिन ई प्रचुर मात्रा में होता है, जो त्वचा के रूखेपन को दूर करता है। एक चम्मच शहद में कुछ बूंदें बादाम तेल की मिलाकर हल्के हाथों से चेहरे पर 10-15 मिनट तक मसाज करें। फिर गुनगुने पानी से चेहरा धोने के बाद त्वचा में गहरा पोषण और चमक देखने को मिलेगा।

     आलू और नींबू का फेसपैक
    आलू और नींबू का फेसपैक त्वचा के टोन को ब्राइट करने में मदद करता है। कद्दूकस किए आलू का रस निकालकर उसमें नींबू की कुछ बूंदें मिलाएं और 10 मिनट तक चेहरे पर लगाएं। यह पैक खासकर ऑयली स्किन वालों के लिए असरदार है,लेकिन ड्राय स्किन वालों को बाद में मॉइश्चराइजर लगाना चाहिए।

    नियमित देखभाल से पाएं सॉफ्ट और ग्लोइंग स्किन

    ब्यूटी एक्सपर्ट्स के अनुसार, इन घरेलू फेसपैक का नियमित उपयोग सर्दियों में त्वचा की देखभाल के लिए सबसे सुरक्षित और प्रभावी तरीका है। हफ्ते में दो बार इनका उपयोग करने से त्वचा की मॉइश्चराइज़ेशन बनी रहती है और रूखापन कम होता है। इसके साथ ही पर्याप्त पानी पीना, पौष्टिक आहार लेना और एक अच्छा स्किनकेयर रूटीन अपनाना भी जरूरी है।

  • क्रेडिट कार्ड यूज में सुधार करें, इन 7 ट्रिक्स से बनें फाइनेंशियली स्ट्रॉन्ग

    क्रेडिट कार्ड यूज में सुधार करें, इन 7 ट्रिक्स से बनें फाइनेंशियली स्ट्रॉन्ग


    नई दिल्ली । आज के डिजिटल दौर में क्रेडिट कार्ड रोजमर्रा की जिंदगी का अहम हिस्सा बन चुका है। शॉपिंग से लेकर ट्रैवल और इमरजेंसी खर्च तक हर जगह कार्ड का इस्तेमाल बढ़ा है। लेकिन जरा-सी लापरवाही इसे भारी कर्ज में बदल सकती है। EMI मिनिमम ड्यू पेमेंट और ऊंची ब्याज दरों के चलते लाखों लोग फाइनेंशियल प्रेशर झेल रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि अगर क्रेडिट कार्ड को सही प्लानिंग और अनुशासन के साथ इस्तेमाल किया जाए तो यह कर्ज नहीं बल्कि आर्थिक मजबूती का जरिया बन सकता है।
    क्रेडिट लिमिट का संतुलित इस्तेमाल जरूरी
    फाइनेंशियल एक्सपर्ट्स के अनुसार, क्रेडिट कार्ड की कुल लिमिट का 30 प्रतिशत से ज्यादा इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। ज्यादा उपयोग से क्रेडिट यूटिलाइजेशन रेशियो बढ़ता है जिसका सीधा असर CIBIL स्कोर पर पड़ता है। सीमित खर्च आपकी फाइनेंशियल इमेज को मजबूत बनाता है।

    समय पर पूरा बिल चुकाना सबसे अहम
    मिनिमम अमाउंट ड्यू चुकाना आसान जरूर लगता है लेकिन यही सबसे बड़ा फाइनेंशियल जाल है। इससे ब्याज तेजी से बढ़ता है और कर्ज लंबा खिंचता है। हर महीने पूरा बिल समय पर चुकाने से न सिर्फ ब्याज से बचाव होता है बल्कि क्रेडिट स्कोर भी मजबूत होता है।

    कार्ड की संख्या और EMI पर रखें नियंत्रण
    एक से ज्यादा क्रेडिट कार्ड रखने से खर्च पर नियंत्रण मुश्किल हो जाता है। जरूरत के मुताबिक एक या दो कार्ड ही पर्याप्त हैं। वहीं नो-कॉस्ट EMI ऑफर्स आकर्षक लगते हैं लेकिन हर खरीदारी को EMI में बदलना भविष्य की इनकम पर बोझ डाल देता है।

    कैश निकासी और क्रेडिट रिपोर्ट पर नजर

    क्रेडिट कार्ड से कैश निकालने पर भारी ब्याज और अतिरिक्त चार्ज लगते हैं इसलिए इससे बचना चाहिए। साथ ही साल में कम से कम एक बार अपनी क्रेडिट रिपोर्ट जरूर जांचें ताकि किसी गलती या धोखाधड़ी का समय रहते पता चल सके।

    पुराना कार्ड बंद करने से पहले सोचें

    लंबे समय से चल रहा क्रेडिट कार्ड आपकी क्रेडिट हिस्ट्री को मजबूत बनाता है। बिना वजह पुराना कार्ड बंद करने से स्कोर गिर सकता है।

    सही इस्तेमाल से बनेगा फाइनेंशियल फ्यूचर

    विशेषज्ञों का मानना है कि सही प्लानिंग अनुशासन और समय पर भुगतान से क्रेडिट कार्ड कर्ज का कारण नहीं, बल्कि फाइनेंशियल ग्रोथ का मजबूत टूल बन सकता है। इन 7 स्मार्ट ट्रिक्स को अपनाकर न सिर्फ कर्ज से बचा जा सकता है बल्कि 800+ क्रेडिट स्कोर का लक्ष्य भी हासिल किया जा सकता है।

  • उत्तराखंड में नए साल से एंट्री पर किस वाहन से कितना शुल्क  ग्रीन सेस के लेकर लिस्ट हुई जारी

    उत्तराखंड में नए साल से एंट्री पर किस वाहन से कितना शुल्क ग्रीन सेस के लेकर लिस्ट हुई जारी


    नई दिल्ली । उत्तराखंड में 1 जनवरी से एक नई व्यवस्था लागू की जा रही है जिसके तहत बाहरी राज्यों से आने वाले वाहनों से ग्रीन सेस वसूला जाएगा। परिवहन विभाग के अधिकारियों का दावा है कि यह प्रणाली फास्टैग के माध्यम से लागू की जाएगी जिससे वाहन मालिकों को कोई भी असुविधा नहीं होगी। इस शुल्क का उद्देश्य राज्य में पर्यावरण संरक्षण और विकास कार्यों को बढ़ावा देना है।

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हाल ही में सचिवालय में आयोजित बैठक में ग्रीन सेस व्यवस्था को शीघ्र लागू करने के निर्देश दिए थे और अधिकारियों पर इससे जुड़ी देरी को लेकर नाराजगी भी जताई। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि इस योजना की देरी के कारण राज्य को करीब 100 करोड़ रुपये का राजस्व नुकसान हुआ है। उन्होंने कहा कि सरकार के लिए अपने राजस्व संसाधनों को मजबूत करना सबसे अहम है और अगले वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए 24,015 करोड़ रुपये का कर लक्ष्य तय किया गया है।

    वाहन श्रेणी के अनुसार ग्रीन सेस शुल्क भारी वाहनों 450 से 700 रुपये

    वाहन के एक्सल के अनुसार शुल्क लिया जाएगा। भारी निर्माण उपकरण वाहनों से 250 रुपये वसूले जाएंगे।

    मालवाहन

    7.5 से 18.5 टन के वाहनों पर 250 रुपये शुल्क लगेगा।
    3 से 7.5 टन तक के हल्के माल वाहनों पर 120 रुपये।
    तीन टन तक की डिलीवरी वैन से 80 रुपये शुल्क लिया जाएगा।

    पैसेंजर कार्स

    मोटर कैब मैक्सी कैब और पैसेंजर कार पर 80 रुपये शुल्क तय किया गया है। 12 सीटों से अधिक वाली बसों पर 140 रुपये शुल्क लागू होगा।

    ग्रीन सेस छूट मुक्त वाहन

    दूसरे राज्यों के दोपहिया वाहन केंद्र और राज्य सरकार के वाहन ट्रैक्टर ट्रेलर रोड रोलर कंबाइन हार्वेस्टर शव वाहन एंबुलेंस फायर टेंडर और सेना के वाहन इस शुल्क से मुक्त रहेंगे।

    इको-फ्रेंडली वाहन

    इलेक्ट्रिकसोलर हाइब्रिड और सीएनजी से चलने वाले वाहनों को भी छूट मिलेगी।आवश्यक जानकारी फास्टैग आधारित प्रणाली ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन कैमरे के माध्यम से वाहनों की पहचान होगी जिससे फास्टैग से शुल्क कट जाएगा। यह व्यवस्था उत्तर प्रदेश और हिमाचल प्रदेश की सीमाओं पर पूरी तरह से तैयार है जबकि छह अन्य बॉर्डर चेक पोस्ट पर काम जारी है। इस नई व्यवस्था से राज्य को सालाना लगभग 50 करोड़ रुपये का अतिरिक्त राजस्व मिलने की उम्मीद है जिसे पर्यावरण संरक्षण और विकास कार्यों में खर्च किया जाएगा।

    मुख्यमंत्री के निर्देश

    मुख्यमंत्री धामी ने बैठक में यह भी निर्देश दिए कि सभी जिलाधिकारी नियमित रूप से राजस्व की निगरानी करें और कर चोरी को रोकने के लिए एआई आधारित तकनीक का अधिकतम उपयोग किया जाए। उन्होंने पंजीकरण और रजिस्ट्रेशन प्रक्रियाओं को पूरी तरह डिजिटल बनाने पर भी जोर दिया।