Author: bharati

  • Budget 2026: निर्मला सीतारमण के एक के बाद एक बड़े ऐलान, जानिए किस सेक्टर को मिला क्या?

    Budget 2026: निर्मला सीतारमण के एक के बाद एक बड़े ऐलान, जानिए किस सेक्टर को मिला क्या?


    नई दिल्ली । संसद के भीतर जैसे ही वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट भाषण शुरू किया, देश की अर्थव्यवस्था की दिशा पर सबकी नजरें टिक गईं। बजट 2026 में उन्होंने एक के बाद एक ऐसे ऐलान किए, जिनका असर सीधे आम आदमी से लेकर उद्योग, स्टार्टअप, MSME और इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर तक दिखने वाला है। कहीं मैन्युफैक्चरिंग को नई रफ्तार देने की बात हुई, तो कहीं शहरों को आर्थिक हब बनाने का रोडमैप सामने आया। आइए, बजट 2026 के बड़े ऐलानों पर नजर डालते हैं।
    बायोफॉर्मा शक्ति मिशन की शुरुआत: सरकार ने अगले पांच वर्षों के लिए 10,000 करोड़ रुपये के कुल परिव्यय के साथ बायोफॉर्मा शक्ति पहल शुरू करने का ऐलान किया है, जिसका मकसद देश की बायोफार्मा क्षमताओं को नई मजबूती देना है।
    हाईटेक टूल रूम और माइनिंग कॉरिडोर: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बताया कि दो अत्याधुनिक टूल रूम स्थापित किए जाएंगे। इसके साथ ही केरल और तमिलनाडु में नए माइनिंग कॉरिडोर विकसित किए जाएंगे, जिससे औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा।
    इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन 2.0: सरकार ने इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन 2.0 लॉन्च करने की घोषणा की है। इसके तहत तकनीकी क्षमता बढ़ाने और कुशल मानव संसाधन तैयार करने के लिए उद्योग के नेतृत्व वाले रिसर्च और ट्रेनिंग सेंटर्स पर खास फोकस रहेगा।
    चार राज्यों में रेयर अर्थ कॉरिडोर ओडिशा, केरल, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु जैसे खनिज संपन्न राज्यों में समर्पित रेयर-अर्थ कॉरिडोर बनाने का प्रस्ताव रखा गया है, ताकि दुर्लभ मृदा खनिजों और स्थायी चुम्बकों के उत्पादन को बढ़ावा दिया जा सके।
    SME ग्रोथ फंड का ऐलान: छोटे और मझोले उद्यमों को सशक्त बनाने के लिए बजट 2026 में 10,000 करोड़ रुपये का विशेष SME ग्रोथ फंड प्रस्तावित किया गया है, जिससे रोजगार सृजन होगा और चयनित मानदंडों पर खरे उतरने वाले MSME को प्रोत्साहन मिलेगा।

  • Mahashivratri 2026: महाशिवरात्रि की रात करें ये छोटा सा उपाय, करियर और बिजनेस में आ जाएगी तेजी

    Mahashivratri 2026: महाशिवरात्रि की रात करें ये छोटा सा उपाय, करियर और बिजनेस में आ जाएगी तेजी


    नई दिल्ली । फाल्गुन माह की कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को महाशिवरात्रि का पर्व मनाया जाता है। यह पावन पर्व भगवान शिव और माता पार्वती को समर्पित माना गया है। माना जाता है इसी पावन तिथि पर भगवान शिव और माता पार्वती का विवाह हुआ था, इसलिए महाशिवरात्रि को शिव-शक्ति के मिलन का प्रतीक माना जाता है। इस दिन शिवलिंग पर बेलपत्र अर्पित करने से भगवान शिव शीघ्र प्रसन्न होते हैं। यही नहीं साधक के जीवन से कष्ट, रोग, भय भी दूर होते हैं। महाशिवरात्रि पर विशेष रूप से महिलाएं सुख-सौभाग्य और अखंड सुहाग की कामना करते हुए पूजा-अर्चना करती हैं। इस वर्ष महाशिवरात्रि का व्रत 15 फरवरी 2026 को रखा जाएगा। इस तिथि पर कई शुभ योग बने हुए हैं। ऐसे में आइए जानते हैं नौकरी और व्यापार में तरक्की के लिए महाशिवरात्रि पर कौन से उपाय किए जा सकते हैं।

    व्यापार उन्नति के लिए विशेष उपाय
    महाशिवरात्रि पर धतूरे का उपाय करने से व्यापार में तरक्की के योग बनते हैं। इसके लिए महाशिवरात्रि की रात किसी शिव मंदिर में जाकर शिवलिंग पर एक धतूरा अर्पित करें। इसके बाद मंदिर के बाहर कम से कम 30 मिनट तक प्रतीक्षा करें और इस दौरान “श्री शिवाय नमस्तुभ्यं” मंत्र का जाप करते रहें।

    व्यापार उन्नति के लिए विशेष उपाय

    यदि आपके घर या व्यापार स्थान पर लक्ष्मी का वास नहीं हो रहा है, तो आधे घंटे बाद उस धतूरे को उठाकर लाल कपड़े में बांध लें। इसके बाद उसे अपनी दुकान या व्यवसाय स्थल पर सुरक्षित स्थान पर बांध दें। ऐसा करने से शिव कृपा प्राप्त होती है और व्यापार में लाभ के योग बनने लगते हैं।
    धतूरा उपाय करने का सही समय

    धतूरे का यह उपाय महाशिवरात्रि की रात ठीक 12 बजे करना श्रेष्ठ माना गया है। धतूरे को शिवलिंग पर 12 बजे से 12:30 बजे तक अर्पित रहने दें। इसके बाद उसे लाल कपड़े में बांधकर अपनी दुकान में रखें। आप इसे रात 12:30 बजे से सुबह 4 बजे तक कभी भी बांध सकते हैं। दरअसल, यह उपाय महाशिवरात्रि के अलावा मासिक शिवरात्रि पर भी किया जा सकता है।

    निशिता काल और सर्वार्थ सिद्धि योग

    इस साल महाशिवरात्रि पर सर्वार्थ सिद्धि योग का विशेष संयोग बन रहा है। यह शक्तिशाली योग 12 घंटे से अधिक समय के लिए रहेगा। सर्वार्थ सिद्धि योग सुबह 7 बजे से लेकर शाम 7:48 बजे तक रहने वाला है। यह अवधि महाकाल की उपासना और शिवलिंग जलाभिषेक के लिए फलदायी रहने वाली है। महाशिवरात्रि पर निशिता काल रात 11:52 बजे से लेकर रात 12:42 बजे तक रहेगा।

  • Post Office की MIS स्कीम में ₹2,00,000 जमा करें तो हर महीने कितना मिलेगा ब्याज- चेक करें डिटेल्स

    Post Office की MIS स्कीम में ₹2,00,000 जमा करें तो हर महीने कितना मिलेगा ब्याज- चेक करें डिटेल्स


    नई दिल्ली । देश का मिडल क्लास और लोअर क्लास आज भी पोस्ट ऑफिस की बचत योजनाओं पर पूरा भरोसा करता है। पोस्ट ऑफिस की बचत योजनाओं में नागरिकों को न सिर्फ सुरक्षा मिलती है, बल्कि शानदार रिटर्न भी मिलता है। पोस्ट ऑफिस की तमाम बचत योजनाओं में मंथली इनकम स्कीम भी काफी पॉपुलर है। पोस्ट ऑफिस की इस स्कीम में निवेशकों को 5 साल तक हर महीने ब्याज के फिक्स पैसे मिलते रहते हैं। यहां हम जानेंगे कि पोस्ट ऑफिस की एमआईएस स्कीम में 2 लाख रुपये जमा करें तो हर महीने कितने रुपये का ब्याज मिलेगा।

    एमआईएस खाते पर मिल रहा है 7.4 प्रतिशत का ब्याज

    डाकघर की मंथली इनकम स्कीम यानी MIS पर 7.4 प्रतिशत का ब्याज दिया जा रहा है। इस स्कीम में सिर्फ एक बार ही पैसा जमा करना होता है और हर महीने आपको ब्याज मिलता रहता है। ये स्कीम 5 साल में मैच्यॉर होती है। इस स्कीम में कम से कम 1000 रुपये के साथ खाता खुलवाया जा सकता है। एमआईएस स्कीम के तहत सिंगल और जॉइंट, दोनों तरह के अकाउंट खुलवाए जा सकते हैं। सिंगल अकाउंट में अधिकतम 9 लाख रुपये जमा किए जा सकते हैं और जॉइंट अकाउंट में अधिकतम 15 लाख रुपये जमा किए जा सकते हैं। इस स्कीम के तहत जॉइंट अकाउंट में अधिकतम 3 लोगों के नाम जोड़े जा सकते हैं।

    सिर्फ एक बार जमा करना होता है पैसा, हर महीने मिलता है ब्याज

    पोस्ट ऑफिस की एमआईएस स्कीम में सिर्फ एक बार पैसे जमा किए जाते हैं और इसके लिए आपको हर महीने ब्याज का भुगतान किया जाता है। ब्याज के ये पैसे सीधे आपके बैंक खाते में ट्रांसफर किए जाते हैं। अगर आप पोस्ट ऑफिस की मंथली इनकम स्कीम में 2 लाख रुपये का निवेश करते हैं तो आपको हर महीने 1233 रुपये का फिक्स ब्याज मिलेगा। 5 साल में खाता मैच्यॉर होने के बाद आपके निवेश के सारे पैसे आपके खाते में ट्रांसफर कर दिए जाते हैं।

    डाकघर का बचत खाता होना जरूरी

    पोस्ट ऑफिस में एसआईएस खाता खुलवाने के लिए आपके पास पोस्ट ऑफिस का सेविंग्स अकाउंट होना जरूरी है। अगर पोस्ट ऑफिस में आपका कोई बचत खाता नहीं है तो आपको पहले बचत खाता खुलवाना होगा, जिसके बाद ही आप मंथली इनकम स्कीम में खाता खुलवा सकते हैं क्योंकि ब्याज के पैसे पोस्ट ऑफिस के बचत खाते में ही ट्रांसफर किए जाते हैं।

  • पाकिस्तानी PM शहबाज बोले- मित्र देशों से कर्जा मांगने के दौरान करना पड़ा अपमानजनक स्थिति का सामना

    पाकिस्तानी PM शहबाज बोले- मित्र देशों से कर्जा मांगने के दौरान करना पड़ा अपमानजनक स्थिति का सामना


    इस्लामाबाद।
    पाकिस्तान (Pakistan) के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ (Prime Minister Shahbaz Sharif) ने कहा कि मित्र देशों से कर्ज मांगने के दौरान अपमानजनक स्थिति का सामना करना पड़ा है। उन्होंने कहा कि ऋण लेने की मजबूरी में पाकिस्तान को अपना सिर झुकाना पड़ा है। साथ ही आत्मसम्मान की कीमत पर समझौता करना पड़ा। इस्लामाबाद (Islamabad.) में शुक्रवार को देश के प्रख्यात व्यापारियों और निर्यातकों के सम्मान में आयोजित एक समारोह को संबोधित करते हुए शरीफ ने उस कठिन दौर को याद किया, जब पाकिस्तान को दिवालियापन के डर का सामना करना पड़ा था और कुछ लोग पाकिस्तान को तकनीकी रूप से विफल होने के कगार पर बता रहे थे।

    उन्होंने कहा कि जब हमने पदभार संभाला, तब आर्थिक स्थिति बेहद नाजुक थी और आम आदमी को गंभीर कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। प्रधानमंत्री ने 2023 में पेरिस में अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष के प्रबंध निदेशक के साथ अपनी मुलाकात का जिक्र किया, जिसके बाद वैश्विक ऋणदाता ने एक आर्थिक कार्यक्रम को मंजूरी दी। इसके बाद देश की अर्थव्यवस्था को स्थिर करने में मदद मिली। शरीफ ने कहा कि मित्र देशों ने मुश्किल समय में पाकिस्तान का पूरा समर्थन किया है और उन्होंने सेना प्रमुख एवं रक्षा बलों के प्रमुख फील्ड मार्शल असीम मुनीर के साथ मिलकर कई देशों के नेताओं से अरबों डॉलर के ऋण मांगने के लिए मुलाकात की।


    ऋण लेने के लिए इन देशों पर निर्भर

    पाकिस्तान अपने विदेशी मुद्रा भंडार और ऋण के प्रबंधन के लिए चीन, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) और कतर सहित कई देशों से मिलने वाली वित्तीय सहायता पर अत्यधिक निर्भर है। ये देश अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष के साथ मिलकर नकदी संकट से जूझ रहे पाकिस्तान को नियमित ऋण और पुनर्भुगतान प्रदान करते हैं। इस कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री ने उद्योगों के लिए राहत उपायों की घोषणा की।


    मित्र देशों से काफी अनुरोध किया

    पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने कहा कि मैं कैसे बताऊं कि हमने मित्र देशों से ऋण के लिए किस तरह अनुरोध किया? मित्र देशों ने हमें निराश नहीं किया, लेकिन जो ऋण मांगने जाता है, उसका सिर झुका रहता है। ऋण से दायित्व भी उत्पन्न होते हैं, जिन्हें पूरा करना होता है। उन्होंने कहा कि जब आप ऋण लेने जाते हैं तो आपको अपने आत्मसम्मान की कीमत चुकानी पड़ती है। आपको समझौता करना पड़ता है। कभी-कभी, अनुचित मांगें सामने आ सकती हैं और आपको उन्हें पूरा करना पड़ सकता है, भले ही उन्हें पूरा करने का कोई कारण न हो।

  • 48 घंटे… 14 शहर… 48 जगह धमाके… पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में भारी हिंसा, 80 लोगों की मौत

    48 घंटे… 14 शहर… 48 जगह धमाके… पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में भारी हिंसा, 80 लोगों की मौत


    इस्लामाबाद।
    पाकिस्तान (Pakistan) के बलूचिस्तान प्रांत (Balochistan Province) में बीते 48 घंटों में भारी हिंसा और सैन्य संघर्ष की खबरें सामने आई हैं। प्रतिबंधित (Banned) बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (Balochistan Liberation Army- BLA) द्वारा शुरू किए गए ‘ऑपरेशन हेरोफ’ (Operation Herof) के दूसरे चरण के तहत राज्य के 12 से अधिक शहरों में हमले किए गए, जिसके जवाब में पाकिस्तानी सेना ने व्यापक जवाबी कार्रवाई की है। शुक्रवार रात से शुरू हुई हिंसा ने बलूचिस्तान के क्वेटा, ग्वादर, मकरान, हब, चमन और नुश्की जैसे प्रमुख शहरों को अपनी चपेट में ले लिया है। BLA के उग्रवादियों ने पुलिस चौकियों, अर्धसैनिक बल के ठिकानों और बुनियादी ढांचों को निशाना बनाया।

    पाकिस्तानी अधिकारियों और सुरक्षा सूत्रों के अनुसार, पिछले दो दिनों में हुए संघर्ष में अब तक का सबसे बड़ा नुकसान दर्ज किया गया है। बलूचिस्तान के मुख्यमंत्री सरफराज बुगती ने पुष्टि की है कि सुरक्षा बलों ने जवाबी कार्रवाई में अब तक 70 उग्रवादियों को मार गिराया है। मंत्री मोहसिन नकवी ने पुष्टि की कि इस संघर्ष में 10 पुलिस और फ्रंटियर कोर (FC) के जवान शहीद हुए हैं। ग्वादर के पास उग्रवादियों ने एक ही परिवार के 5 सदस्यों की हत्या कर दी।

    BLA ने इस हमले की जिम्मेदारी लेते हुए दावा किया है कि उन्होंने 14 शहरों में 48 अलग-अलग स्थानों पर हमले किए हैं। प्रवक्ता जयंद बलोच ने दावा किया कि उन्होंने नुश्की में काउंटर टेररिज्म डिपार्टमेंट (CTD) के मुख्यालय पर कब्जा कर लिया है और 84 पाकिस्तानी सैनिकों को मार गिराया है। हालांकि, पाकिस्तानी सेना ने इन दावों को दुष्प्रचार बताकर खारिज कर दिया है। इस बार BLA ने ‘मजीद ब्रिगेड’ के आत्मघाती हमलावरों और महिला लड़ाकों का भी इस्तेमाल किया है।


    रेल और सड़क संपर्क ठप

    उग्रवादियों ने राज्य की जीवन रेखा मानी जाने वाली सड़कों और रेलवे को भारी नुकसान पहुंचाया है। नसीराबाद जिले में रेलवे ट्रैक पर लगाए गए विस्फोटकों को डिफ्यूज किया गया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। फिलहाल प्रांत में ट्रेन सेवाएं निलंबित हैं। कई स्थानों पर उग्रवादियों ने राजमार्गों को जाम कर दिया और वाहनों की तलाशी लेकर गैर-बलूच लोगों को निशाना बनाने की कोशिश की।


    बलूचिस्तान में बढ़ती हिंसा के पीछे का कारण

    एक स्वतंत्र थिंक टैंक (CRSS) की रिपोर्ट के अनुसार, 2025 में पाकिस्तान में आतंकी हमलों में 34% की वृद्धि हुई है। बलूचिस्तान में यह गुस्सा मुख्य रूप से चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारे (CPEC) और संसाधनों के दोहन के खिलाफ है।

  • मंदसौर में 'जहरीले' घी की फैक्ट्री सील: केमिकल डालकर बना रहे थे नकली घी, अहमदाबाद के दो जालसाज गिरफ्तार

    मंदसौर में 'जहरीले' घी की फैक्ट्री सील: केमिकल डालकर बना रहे थे नकली घी, अहमदाबाद के दो जालसाज गिरफ्तार


    मंदसौर । जनता की सेहत से खिलवाड़ कर अपनी जेबें भरने वाले मिलावटखोरों के खिलाफ मंदसौर पुलिस ने एक बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक की है। सीतामऊ फाटक क्षेत्र के एक घर में पुलिस और खाद्य सुरक्षा विभाग की संयुक्त टीम ने देर रात दबिश देकर नकली घी बनाने के एक बड़े कारखाने का भंडाफोड़ किया है। इस मामले में पुलिस ने गुजरात के अहमदाबाद निवासी दो शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो केमिकल और सोयाबीन तेल के मिश्रण से ‘मौत का घी’ तैयार कर रहे थे।

    केमिकल से आती थी असली घी जैसी खुशबू पुलिस ने जब मौके पर छापा मारा, तो वहां का नजारा देखकर अधिकारी भी दंग रह गए। घर के भीतर बड़े-बड़े बर्तनों में सोयाबीन तेल को उबालकर उसमें घातक केमिकल मिलाया जा रहा था। इस विशेष केमिकल का उपयोग घी में असली खुशबू और दानेदार बनावट लाने के लिए किया जाता था, ताकि आम आदमी असली और नकली में फर्क न कर सके। पुलिस ने मौके से करीब 150 लीटर तैयार नकली घी, भारी मात्रा में सोयाबीन तेल, गैस चूल्हे, बड़े बर्तन और खुशबू फैलाने वाला केमिकल जब्त किया है।

    अहमदाबाद से सीखा ‘मिलावट का हुनर’ गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान गोपाल और संजय के रूप में हुई है। दोनों मूल रूप से अहमदाबाद के रहने वाले हैं और वहीं से नकली घी बनाने का यह काला हुनर सीखकर आए थे। आरोपी लंबे समय से मंदसौर में किराए का घर लेकर इस गोरखधंधे को अंजाम दे रहे थे। पूछताछ में सामने आया है कि वे इस नकली घी को सस्ते दामों पर ग्रामीण क्षेत्रों के बाजारों और छोटे दुकानदारों को सप्लाई करते थे, जहाँ लोग कम कीमत के चक्कर में इसे खरीद लेते थे।

    सख्त धाराओं में केस दर्ज, सैंपल लैब भेजे राजस्व पुलिस और खाद्य विभाग की टीम ने बरामद घी के सैंपल लेकर उन्हें प्रयोगशाला के लिए भेज दिया है। फूड सेफ्टी ऑफिसर का कहना है कि रिपोर्ट आने के बाद इसमें और भी गंभीर धाराएं जोड़ी जा सकती हैं। फिलहाल, पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी और खाद्य अपमिश्रण अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इन आरोपियों के तार और कहां-कहां जुड़े हैं और इन्होंने अब तक कितने क्विंटल नकली घी बाजार में खपाया है।

  • मशहूर फिल्म निर्देशक रोहित शेट्टी के बंगले के बाहर फायरिंग… जांच में जुटी पुलिस, भारी सुरक्षाबल तैनात

    मशहूर फिल्म निर्देशक रोहित शेट्टी के बंगले के बाहर फायरिंग… जांच में जुटी पुलिस, भारी सुरक्षाबल तैनात


    मुम्बई।
    बॉलीवुड के मशहूर निर्माता-निर्देशक (Famous Bollywood Producer-Director) रोहित शेट्टी (Rohit Shetty) को लेकर एक बड़ी खबर सामने आ रही है। रोहित शेट्टी (Rohit Shetty) के जुहू (Juhu) स्थित आवास के बाहर फायरिंग की खबर सामने आ रही है। इस खबर ने हर तरफ हड़कंप मच गया। पुलिस के मुताबिक, उनके घर के बाहर चार राउंड फायरिंग (Four Rounds Firing) की गई है। फायरिंग की खबर सामने आते ही मुंबई पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। फिलहाल, पुलिस ने अपनी जांच शुरू कर दी है। इसके साथ रोहित के घर के बाहर पुलिस ने सुरक्षा को बढ़ा दिया है और बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है।


    अज्ञात हमलावरों ने की चार राउंड फायरिंग

    रोहित शेट्टी के करीबी ने बताया कि उनके घर के बाहर से एक अज्ञात शख्स ने गोलीबारी की और मौके से भाग निकला। मुंबई पुलिस ने इस मामले की जानकारी देते हुए कहा कि रोहित शेट्टी के घर के बाहर कुछ अज्ञात हमलावरों ने चार राउंड फायरिंग की। इसके बाद जुहू में रोहित शेट्टी के घर के आसपास बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है। राहत की राहत की बात यह है कि इस गोलीबारी में अब तक किसी के घायल होने की खबर नहीं मिली है।


    इस घटना से फैंस परेशान

    बता दें कि फिलहाल अभी तक पता नहीं चला कि आखिरकार डायरेक्टर के घर के बाहर फायरिंग क्यों और किस वजह से की गई। पुलिस मामले की जांच कर रही है। इस घटना ने सेलिब्रिटीज की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर अपना ध्यान खींचा है। वहीं, दूसरी तरफ फैंस इस घटना से काफी परेशान हैं। वहीं, अभी तक रोहित शेट्टी या उनके परिवार की तरफ से इस पूरे मामले को लेकर कोई भी आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।

  • माघ पूर्णिमा पर आस्था का सैलाब: कड़ाके की ठंड में नर्मदापुरम के सेठानी घाट पर गूंजे 'नर्मदे हर' के जयकारे, हजारों श्रद्धालुओं ने किया स्नान

    माघ पूर्णिमा पर आस्था का सैलाब: कड़ाके की ठंड में नर्मदापुरम के सेठानी घाट पर गूंजे 'नर्मदे हर' के जयकारे, हजारों श्रद्धालुओं ने किया स्नान


    नर्मदापुरम । मध्य प्रदेश की संस्कारधानी और मां नर्मदा के पावन तट नर्मदापुरम में आज माघ पूर्णिमा का अद्भुत आध्यात्मिक नजारा देखने को मिला। माघ मास के इस अंतिम और पवित्र दिन पर प्रसिद्ध सेठानी घाट श्रद्धा के सागर में डूबा नजर आया। कड़ाके की ठंड और सुबह की सर्द हवाओं की परवाह न करते हुए, हजारों की संख्या में श्रद्धालु सूर्योदय से पहले ही मां नर्मदा की शरण में पहुँच गए और आस्था की डुबकी लगाई।

    सर्द हवाओं पर भारी पड़ी शिव-भक्ति रविवार तड़के से ही सेठानी घाट और आसपास के अन्य घाटों पर भक्तों की लंबी कतारें लगने लगी थीं। जैसे ही भोर की पहली किरण ने नर्मदा के जल को छुआ, पूरा वातावरण ‘नर्मदे हर’ और ‘हर-हर महादेव’ के उद्घोष से गुंजायमान हो उठा। ठिठुरन के बावजूद क्या बच्चे, क्या बूढ़ेहर कोई मां नर्मदा के शीतल जल में पुण्य लाभ अर्जित करने के लिए लालायित दिखा। श्रद्धालुओं ने स्नान के पश्चात सूर्य को अर्घ्य दिया और तट पर स्थित प्राचीन शिवलिंगों का विधि-विधान से पूजन-अर्चन कर परिवार की सुख-समृद्धि की मंगल कामना की।

    दान-पुण्य और मोक्ष की मान्यता शास्त्रों के अनुसार माघ पूर्णिमा का दिन आध्यात्मिक शुद्धि के लिए सर्वश्रेष्ठ माना गया है। धार्मिक मान्यता है कि इस दिन पवित्र नदियों में स्नान करने से व्यक्ति के समस्त ज्ञात-अज्ञात पापों का शमन होता है और मोक्ष का मार्ग प्रशस्त होता है। माताओं और बहनों ने घाट पर दीपदान किया और अन्न-वस्त्र का दान कर पुण्य लाभ कमाया। नर्मदापुरम की इस पावन धरा पर भक्तों का यह अटूट विश्वास दर्शाता है कि भारतीय संस्कृति में आस्था के आगे मौसम की कठोरता भी गौण हो जाती है।

    प्रशासन द्वारा घाटों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। गोताखोरों की टीम और पुलिस बल मुस्तैद रहा ताकि उमड़ती भीड़ के बीच कोई अप्रिय घटना न हो। दान-पुण्य भजन-कीर्तन और जप-तप का यह सिलसिला देर शाम होने वाली महाआरती तक जारी रहने की उम्मीद है।

  • Budget से पहले 50 रुपये महंगा हुआ कॉमर्शियल गैस सिलेंडर, घरेलू के दाम में कोई बदलाव नहीं

    Budget से पहले 50 रुपये महंगा हुआ कॉमर्शियल गैस सिलेंडर, घरेलू के दाम में कोई बदलाव नहीं


    नई दिल्ली।
    आज बजट (Budget) से पहले ही LPG सिलेंडर के उपभोक्ताओं को झटका लगा है। कॉमर्शियल एलपीजी (लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस) सिलेंडर (Commercial LPG (Liquefied Petroleum Gas) Cylinders) और घरेलू सिलेंडर (Domestic Cylinder.) के रेट आज 1 फरवरी 2026 अपडेट हुए हैं। कॉमर्शियल सिलेंडर के उपभोक्ताओं को दिल्ली से पटना तक करीब 50 रुपये का तेज झटका लगा है। जबकि, घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दाम में कोई बदलाव नहीं हुआ है।

    दिल्ली में 19 किलो वाला एलपीजी सिलेंडर आज से 1691.50 रुपये की जगह 1740.50 में मिलेगा। कोलकाता में पहले 1795 रुपये का था और अब 1844.50 रुपये का हो गया है। मुंबई में कॉमर्शियल सिलेंडर अब 1642.50 की जगह 1692 रुपये में मिलेगा। चेन्नई में अब आज से कॉमर्शियल सिलेंडर 1899.50 रुपये में मिलेगा पहले यह 1849.50 रुपये का था।


    घरेलू एलपीजी के रेट

    भारत में इंडियन ऑयल के डेटा के आधार पर एलपीजी (लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस) की कीमतों की बात करें तो आज 14.2 किग्रा वाला घरेलू सिलेंडर दिल्ली में ₹853 में मिल रहा है। जबकि, पटना में इसकी कीमत ₹951 है। मुंबई में ₹852.50 और लखनऊ में ₹890.50 में मिल रहा है। कारगिल में ₹985.5, पुलवामा में ₹969, बागेश्वर में ₹890.5 का है।


    बजट डे पर कैसे रहा है ट्रेंड

    – इंडियन ऑयल की वेबसाइट पर दिए गए आंकड़ों के मुताबिक पिछले 5 साल में बजट के दिन घरेलू एलपीजी सिलेंडर के दाम में कोई बदलाव नहीं हुआ। जबकि, कॉमर्शियल सिलेंडर के दाम बढ़े और घटे भी हैं।
    – 2022 में बजट डे के दिन 1 फरवरी को कॉमर्शियल सिलेंडर के उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिली थी। इस दिन दिल्ली में 19 किलो वाला नीला सिलेंडर 91.50 रुपये, कोलकाता में 89 रुपये, मुंबई में 91.50 रुपये और चेन्नई में 91 रुपये सस्ता हुआ था।
    – 2023 में न तो घरेलू एलपीजी सिलेंडर के रेट बदले और न ही कॉमर्शियल के।
    – 2024 में बजट डे के दिन घरेलू एलपीजी सिलेंडर के उपभोक्ताओं की जेब पर तो कोई असर नहीं पड़ा, लेकिन कॉमर्शियल एलपीजी सिलेंडर के उपभोक्ताओं को 18 रुपये तक झटका लगा था।
    – 2025 में बजट डे के दिन कॉमर्शियल एलपीजी सिलेंडर उपभोक्ताओं को ऊंट के मुंह में जीरा जितनी राहत मिली। सिलेंडर के दाम महज 6.50 रुपये कम हुए।

  • शहडोल में डकैती का तांडव: बंदूक की नोक पर किसान दंपति को बनाया बंधक, मुंह पर टेप चिपकाकर लाखों के जेवर ले उड़े बदमाश

    शहडोल में डकैती का तांडव: बंदूक की नोक पर किसान दंपति को बनाया बंधक, मुंह पर टेप चिपकाकर लाखों के जेवर ले उड़े बदमाश


    शहडोल । मध्य प्रदेश के शहडोल जिले में अपराधियों के हौसले इस कदर बुलंद हो चुके हैं कि अब वे आम नागरिकों के घरों में घुसकर तांडव मचाने से भी नहीं हिचक रहे हैं। ताजा मामला बुढार थाना क्षेत्र के ग्राम धनगांव का है, जहाँ देर रात हथियारों से लैस आधा दर्जन बदमाशों ने एक किसान परिवार को निशाना बनाया। लूट और डकैती की इस खौफनाक वारदात ने न केवल कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, बल्कि ग्रामीणों के मन में सुरक्षा को लेकर गहरा डर पैदा कर दिया है।

    आधी रात को ‘मौत’ का साया घटना की शुरुआत तब हुई जब किसान ओमप्रकाश केवट अपने परिवार के साथ घर में सो रहे थे। तभी अचानक बंदूक और धारदार चाकू से लैस पांच से अधिक नकाबपोश बदमाश दीवार फांदकर घर के भीतर दाखिल हुए। आहट पाकर जब तक ओमप्रकाश कुछ समझ पाते, बदमाशों ने उन्हें और उनकी पत्नी को हथियारों की नोक पर बंधक बना लिया। बदमाशों ने पूरी तैयारी के साथ वारदात को अंजाम दिया; उन्होंने सबसे पहले पति-पत्नी के हाथ-पैर रस्सी से बांधे और शोर मचाने से रोकने के लिए उनके मुंह पर टेप चिपका दिया।

    आधे घंटे तक मची रही लूटपाट बंधक बने किसान दंपति के सामने बदमाश करीब आधे घंटे तक घर के भीतर मौत का तांडव मचाते रहे। अलमारियों के ताले तोड़कर और संदूकों को खंगालते हुए बदमाशों ने लाखों रुपये मूल्य के सोने-चांदी के जेवरात और घर में रखी नकदी समेट ली। डकैती को अंजाम देने के बाद आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर बेखौफ होकर मौके से फरार हो गए। बदमाशों के जाने के बाद पीड़ित दंपति ने जैसे-तैसे खुद को बंधनों से मुक्त किया और शोर मचाकर आसपास के लोगों व पुलिस को सूचित किया।

    सवालों के घेरे में कानून-व्यवस्था सूचना मिलते ही बुढार थाना पुलिस मौके पर पहुँची और जांच शुरू की। हालांकि, अभी तक पुलिस के हाथ खाली हैं। शहडोल जिले में बीते कुछ समय से पुलिसकर्मियों पर हमले और अब बंधक बनाकर डकैती जैसी घटनाओं ने जनता के बीच भारी आक्रोश पैदा कर दिया है। ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र में गश्त न के बराबर है, जिसके कारण अपराधी बेखौफ होकर ऐसी वारदातों को अंजाम दे रहे हैं। पुलिस अब सीसीटीवी फुटेज और पुराने अपराधियों की कुंडली खंगाल कर सुराग जुटाने का प्रयास कर रही है।