Author: bharati

  • मुरैना में रफ्तार का कहर: यात्री बस ने खड़े ई-रिक्शा को मारी टक्कर, पहिया चढ़ने से महिला की दर्दनाक मौत; एक ही परिवार के 5 लोग घायल

    मुरैना में रफ्तार का कहर: यात्री बस ने खड़े ई-रिक्शा को मारी टक्कर, पहिया चढ़ने से महिला की दर्दनाक मौत; एक ही परिवार के 5 लोग घायल


    मुरैना। मध्य प्रदेश के मुरैना जिले में सोमवार सुबह करीब 10 बजे नेशनल हाईवे 552 पर एक दिल दहला देने वाला हादसा हो गया। माता बसैया थाना क्षेत्र के खैरा मोड़ पर एक तेज रफ्तार यात्री बस ने सड़क किनारे खड़े ई-रिक्शा को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि ई-रिक्शा में बैठी महिला उछलकर सड़क पर गिर गई और बस का पिछला टायर उसके ऊपर से निकल गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हादसे में मृतिका के बेटे सहित परिवार के पांच अन्य सदस्य गंभीर रूप से घायल हुए हैं।

    खड़े रिक्शे पर काल बनकर आई बस प्राप्त जानकारी के अनुसार, सुनीता प्रजापति पत्नी पप्पू प्रजापति अपने परिवार के साथ ई-रिक्शा में सवार होकर कहीं जा रही थीं। खैरा मोड़ के पास ई-रिक्शा साइड में खड़ा हुआ था, तभी मुरैना से अंबाह की ओर जा रही ‘शीतला बस’ क्रमांक MP06 P 0524 के चालक ने लापरवाही से वाहन चलाते हुए रिक्शे को टक्कर मार दी। सुनीता प्रजापति सड़क पर गिर गईं और बस का पहिया उनके ऊपर से गुजर गया।

    परिवार के 5 सदस्य जिला अस्पताल में भर्ती हादसे में ई-रिक्शा में सवार अन्य लोग सड़क पर बिखर गए और उन्हें गंभीर चोटें आईं। घायलों में मृतिका का 26 वर्षीय बेटा लवकुश भी शामिल है। अन्य घायलों की पहचान इस प्रकार है: शुभम 18 वर्ष, अर्चना पत्नी मांगी लाल गौर 40 वर्ष, मणि गौर पुत्र दाताराम गौर 45 वर्ष ,मुन्नी पत्नी दाताराम गौर 60 वर्ष , लवकुश पुत्र पप्पू प्रजापति 26 वर्ष सभी घायलों को तत्काल एंबुलेंस की मदद से जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनका उपचार जारी है।

    बस छोड़कर फरार हुआ चालक हादसे के तुरंत बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। ग्रामीणों को इकट्ठा होते देख बस चालक मौके पर ही बस छोड़कर फरार हो गया। माता बसैया थाना प्रभारी एसआई अरुण कुशवाहा ने बताया कि पुलिस ने बस को जब्त कर थाने में रखवा लिया है। मृतिका के शव का पंचनामा बनाकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस ने आरोपी चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है।

  • इंदौर भागीरथपुरा त्रासदी: दूषित पानी ने ली 32वीं जान, वेंटिलेटर पर रही बुजुर्ग महिला ने तोड़ा दम; अभी भी 2 मरीज ICU में

    इंदौर भागीरथपुरा त्रासदी: दूषित पानी ने ली 32वीं जान, वेंटिलेटर पर रही बुजुर्ग महिला ने तोड़ा दम; अभी भी 2 मरीज ICU में


    इंदौर। भागीरथपुरा इलाके में दूषित पानी की आपूर्ति से शुरू हुआ मौतों का सिलसिला रुकने का नाम नहीं ले रहा है। रविवार रात बॉम्बे हॉस्पिटल में भर्ती 65 वर्षीय अनिता कुशवाह की मौत के साथ ही इस हादसे में मरने वालों की संख्या अब 32 हो गई है। अनिता पिछले एक महीने से वेंटिलेटर पर थीं और उनके शरीर के कई अंगों ने काम करना बंद कर दिया था। प्रशासन की तमाम कोशिशों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका।

    एक महीने तक चला संघर्ष, फेल हुई किडनी अनिता के बेटे नीलेश ने बताया कि उनकी मां को पहले से कोई बीमारी नहीं थी। 28 दिसंबर को दूषित पानी के कारण उन्हें उल्टी-दस्त शुरू हुए। भाग्यश्री अस्पताल से डिस्चार्ज होने के कुछ ही घंटों बाद उनकी हालत फिर बिगड़ गई। इसके बाद उन्हें अरबिंदो और फिर बॉम्बे हॉस्पिटल शिफ्ट किया गया। संक्रमण इतना घातक था कि उनकी किडनी फेल हो गई और उन्हें कार्डियक अरेस्ट दिल का दौरा भी आया। लंबे समय तक डायलिसिस और वेंटिलेटर पर रहने के बाद उन्होंने दम तोड़ दिया।

    450 मरीज ठीक हुए, पर खतरा अभी टला नहीं सीएमएचओ डॉ. माधव हसानी के अनुसार, अब तक 450 से ज्यादा लोग इलाज के बाद ठीक होकर घर जा चुके हैं। हालांकि, अभी भी तीन मरीज अस्पताल में भर्ती हैं, जिनमें से 2 की हालत अत्यंत नाजुक है और वे आईसीयू में जीवन रक्षक प्रणालियों पर हैं। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर क्षेत्र के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को 24 घंटे खुला रखा है और दो एम्बुलेंस तैनात की हैं।

    निगम के दावों पर अविश्वास: 30% हिस्से में ही सप्लाई नगर निगम का दावा है कि अब पानी साफ आ रहा है और पाइप लाइन के लीकेज दुरुस्त कर लिए गए हैं, लेकिन क्षेत्र के निवासी अभी भी डरे हुए हैं। वर्तमान में केवल 30% हिस्से में ही पानी की सप्लाई की जा रही है। लोग निगम के पानी के बजाय आरओ और टैंकरों के पानी पर निर्भर हैं। 70% हिस्से में अभी भी नई पाइप लाइन बिछाने का काम चल रहा है, जिसके बाद लीकेज टेस्टिंग और सैंपल जांच की जाएगी। अनिता कुशवाह का अंतिम संस्कार सोमवार को किया जाएगा। उनके परिवार में पति, एक बेटा और दो बेटियां हैं। यह घटना इंदौर नगर निगम और स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर एक बड़ा सवालिया निशान खड़ा कर रही है।

  • इंदौर में रैपिडो चालक की दरिंदगी: नाबालिग को झांसा देकर फ्लैट में ले गया, फिर किया दुष्कर्म; पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज

    इंदौर में रैपिडो चालक की दरिंदगी: नाबालिग को झांसा देकर फ्लैट में ले गया, फिर किया दुष्कर्म; पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज


    इंदौर। मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर में मानवता को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक रैपिडो बाइक चालक ने राजवाड़ा खरीदारी करने जा रही एक नाबालिग लड़की को अपनी हवस का शिकार बनाया। आरोपी ने न केवल सुरक्षा के भरोसे को तोड़ा, बल्कि नाबालिग को सस्ते कपड़ों का लालच देकर सुनसान फ्लैट पर ले गया और उसके साथ दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने इस मामले में कड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है।

    राजवाड़ा जाने के लिए बुक की थी बाइक पीड़िता ने पुलिस को बताया कि वह खरीदारी करने के लिए राजवाड़ा जाना चाहती थी, जिसके लिए उसने मोबाइल ऐप के माध्यम से रैपिडो बाइक बुक की थी। चालक उसे राजवाड़ा तो ले गया, लेकिन वहां उसने पीड़िता को अपनी बातों के जाल में फंसाना शुरू कर दिया। आरोपी ने नाबालिग से कहा कि वह एक ऐसी जगह जानता है जहाँ बहुत ही सस्ते दामों पर अच्छे कपड़े मिलते हैं। मासूम लड़की उसकी बातों में आ गई।

    परदेसीपुरा ले जाकर किया दुष्कर्म आरोपी चालक नाबालिग को राजवाड़ा से परदेसीपुरा स्थित अपने एक कमरे पर ले गया। वहां पहुँचते ही आरोपी ने अपना असली रंग दिखाया और पीड़िता के साथ जबरदस्ती की। डरी-सहमी नाबालिग जब बदहवास हालत में अपने घर पहुँची और परिजनों को आपबीती सुनाई, तो परिवार के पैरों तले जमीन खिसक गई। तत्काल रावजी बाजार थाने पहुँचकर शिकायत दर्ज कराई गई।

    पुलिस की तलाश और तकनीक का सहारा रावजी बाजार पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल अज्ञात आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट की गंभीर धाराओं में केस दर्ज किया है। पुलिस की टीमें अब दो स्तरों पर काम कर रही हैं डिजिटल फुटप्रिंट: रैपिडो ऐप से उस समय की गई बुकिंग और चालक की आईडी की जानकारी निकाली जा रही है।

    CCTV फुटेज: राजवाड़ा से लेकर परदेसीपुरा तक के पूरे रूट के कैमरों को खंगाला जा रहा है ताकि बाइक नंबर और आरोपी के चेहरे की स्पष्ट पहचान हो सके। यह घटना उन हजारों महिलाओं और लड़कियों की सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा करती है जो रोजाना निजी ट्रांसपोर्ट एप्स का इस्तेमाल करती हैं। पुलिस ने जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार करने का दावा किया है।

  • दामजीपुरा बवाल अपडेट: बैतूल में भारी पुलिस बल तैनात, आरोपी अब्बू खान गिरफ्तार; हिंसा के बाद अब शांति की ओर कदम

    दामजीपुरा बवाल अपडेट: बैतूल में भारी पुलिस बल तैनात, आरोपी अब्बू खान गिरफ्तार; हिंसा के बाद अब शांति की ओर कदम


    बैतूल। मध्य प्रदेश के बैतूल जिले के दामजीपुरा गांव में बीते रविवार को हुई साम्प्रदायिक हिंसा के बाद अब हालात धीरे-धीरे पटरी पर लौट रहे हैं। एक आपत्तिजनक और अमानवीय वीडियो वायरल होने के बाद भड़की भीड़ ने इलाके में जमकर उत्पात मचाया था। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने मोर्चा संभाल लिया है और फिलहाल गांव एक छावनी में तब्दील नजर आ रहा है।

    घटना का मूल कारण: अमानवीय कृत्य और आक्रोश विवाद की शुरुआत तब हुई जब एक विशेष समुदाय के आदतन अपराधी अब्बू खान द्वारा गाय के साथ अप्राकृतिक कृत्य करने का मामला सामने आया। इस घृणित कार्य का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। रविवार सुबह दामजीपुरा और आसपास के करीब 10 गांवों से हजारों की भीड़ जमा हो गई। आक्रोशित भीड़ ने आरोपी के घर और दुकान सहित कई स्थानों पर तोड़फोड़, आगजनी और पथराव किया, जिससे इलाके में दहशत फैल गई।

    भारी सुरक्षा घेरा और 120 जवानों की तैनाती हालात बेकाबू होते देख बैतूल सहित आसपास के चार जिलों का पुलिस बल तत्काल दामजीपुरा रवाना किया गया। वर्तमान में करीब 120 सशस्त्र जवान गांव की गलियों में गश्त कर रहे हैं। पुलिस की पैनी नजर उन असामाजिक तत्वों पर है जो सोशल मीडिया के जरिए अफवाहें फैलाने की कोशिश कर रहे हैं। वरिष्ठ अधिकारियों का कहना है कि सुरक्षा व्यवस्था तब तक कायम रहेगी जब तक पूर्ण विश्वास का वातावरण नहीं बन जाता।

    आरोपी सलाखों के पीछे पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी अब्बू खान को गिरफ्तार कर लिया है। उसे न्यायालय में पेश कर सख्त रिमांड मांगी जाएगी। जिला प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि आरोपी के खिलाफ ऐसी कार्रवाई की जाएगी जो मिसाल बने। वहीं, आगजनी और तोड़फोड़ में शामिल उपद्रवियों की भी पहचान की जा रही है।

    बाजारों में लौटी रौनक, शांति की अपील सोमवार से दामजीपुरा के बाजार में दुकानें धीरे-धीरे खुलने लगी हैं और लोग अपनी दिनचर्या की ओर लौट रहे हैं। कलेक्टर और एसपी ने संयुक्त रूप से लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। पुलिस विभाग ने चेतावनी जारी की है कि कानून को हाथ में लेने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा।

  • मैं आपका सलाहकार नहीं हूं; राहुल गांधी के तंज पर भड़के लोकसभा स्पीकर ओम बिरला

    मैं आपका सलाहकार नहीं हूं; राहुल गांधी के तंज पर भड़के लोकसभा स्पीकर ओम बिरला

    नई दिल्ली। राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर लोकसभा में हो रही चर्चा के दौरान नेता विपक्ष राहुल गांधी ने जब पूर्व सेना प्रमुख मनोज नरवणे का जिक्र करते हुए डोकलाम में चीनी सेना के टैंक की उपस्थिति का उल्लेख किया तो सदन में हंगामा मच गया। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने उनके बयान पर आपत्ति जताई। इसके बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी राहुल के बयान पर आपत्ति जताई। इस दौरान लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सदन के निमय संख्या 349 का जिक्र किया और कहा कि नेता प्रतिपक्ष इसका उल्लेख नहीं कर सकते हैं।
    सदन में इस पर हंगामा चलता रहा। स्पीकर ने कई बार राहुल गांधी को नियम 349 का हवाला देते हुए जनरल नरवणे की अप्रकाशित किताब का हवाला नहीं देने की हिदायत दी लेकिन राहुल गांधी बार-बार वैसा ही करते रहे।इस दौरान बवाल इतना बढ़ा कि राहुल गांधी ने स्पीकर ओम बिरला से कहा कि तो फिर आप ही बता दीजिए कि मुझे क्या कहना है। इस पर स्पीकर ने उन्हें नसीहत देते हुए कहा कि मैं आपका सलाहकार नहीं हूं। लेकिन आपको उसी मुद्दे पर बात करनी चाहिए जिस पर यहां चर्चा हो रही है।

    ये भी पढ़ें:चीन पर राहुल गांधी के दावे से लोकसभा में हंगामा राजनाथ सिंह ने कर दिया चैलेंज
    आखिर कौन सा नियम हमें चीन पर चर्चा से रोक रहा?

    राहुल गांधी ने सवाल किया कि आखिर कौन सा नियम हमें भारत और चीन के संबंधों पर बात करने से रोकता है। इस पर स्पीकर ने कहा कि आप ऐसी पुस्तक का जिक्र कर रहे हैं जो रक्षा मंत्री के अनुसार प्रकाशित ही नहीं हुई है। इसके अलावा आप जिस मुद्दे की बात कर रहे हैं उसका यहां चल रहे विषय से कोई संबंध ही नहीं है। राहुल गांधी फिर भी अड़े रहे और स्पीकर से कहा कि आप यह कहना चाहते हैं कि राष्ट्रपति के अभिभाषण का विदेश नीति से कोई लेना-देना ही नहीं है। स्पीकर ने इस पर जवाब दिया कि आप विषय पर बात करें। आपको इस संबंध में कई बार नियम से अवगत कराया जा चुका है।
    अखिलेश ने दिया राहुल का साथ
    राहुल गांधी ने इसके बाद एक मैग्जिन में छपे आर्टिकल का उल्लेख करते हुए फिर से जनरल नरवणे की बात उठाई। इस पर भी ट्रेजरी बेंच ने हंगामा करना शुरू कर दिया। रक्षा मंत्री ने इस पर भी आपत्ति जताई और कहा कि ऐसा करने की इजाजत नेता प्रतिपक्ष को नहीं दी जानी चाहिए। इसी बीच समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव राहुल गांधी के समर्थन में उठ खड़े हुए।
    उन्होंने चीन के सवाल को सेंसिटिव बताते हुए कहा कि अगर कोई सुझाव देशहित में है तो विपक्ष के नेता को पढ़ने देना चाहिए। अखिलेश ने डॉक्टर लोहिया से लेकर मुलायम सिंह यादव तक का उल्लेख करते हुए कहा कि हमें चीन से सावधान रहना है। इस पर केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेण रिजिजू ने कहा कि हम सुनने के लिए बैठे हैं लेकिन आसन द्वारा व्यवस्था दिए जाने के बाद भी ये फिर से वही चीज पढ़ रहे हैं ऐसे सदन कैसे चलेगा। इसके बाद भी सदन में बहुत देर तक गतिरोध बना रहा। यह देखते हुए स्पीकर ने सदन की कार्यवाही दोपहर 3 बजे तक स्थगित कर दी।

  • मऊगंज में 'कागजी' तस्करी का भंडाफोड़: 28 गौवंशों से भरी 3 पिकअप जब्त; सरपंचों के फर्जी पत्राचार ने खोली प्रशासन की पोल

    मऊगंज में 'कागजी' तस्करी का भंडाफोड़: 28 गौवंशों से भरी 3 पिकअप जब्त; सरपंचों के फर्जी पत्राचार ने खोली प्रशासन की पोल


    मऊगंज । रीवा और मऊगंज जिले की सीमा पर स्थित लौर थाना क्षेत्र में गौ-तस्करी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। पटपरा तिराहे पर स्थानीय ग्रामीणों की सजगता से गौवंशों से भरी तीन पिकअप गाड़ियों को पकड़ा गया है। इस कार्रवाई ने न केवल पशु क्रूरता की पराकाष्ठा को उजागर किया है, बल्कि यह भी साफ कर दिया है कि तस्करों ने बचने के लिए पंचायतों और कागजों का एक ऐसा मायाजाल बुना है, जिसकी जड़ें काफी गहरी हैं।

    क्रूरता की हदें पार, चीख भी नहीं सके बेजुबान ग्रामीणों ने जब घेराबंदी कर तीन पिकअप वाहनों MP17 G3621, MP17 ZH 1466, MP 17 G 346 को रोका, तो अंदर का नजारा देखकर रूह कांप गई। तीन गाड़ियों में कुल 28 गौवंशों को इतनी बेरहमी से ठूंस-ठूंस कर भरा गया था कि वे हिलने-डुलने तक में असमर्थ थे। पकड़े गए आरोपियों की पहचान महेंद्र गुप्ता, अंकित साकेत और सुरेश साहू निवासी मनगवां के रूप में हुई है।

    फर्जी दस्तावेजों का मायाजाल पकड़े जाने के बाद आरोपियों ने जो दस्तावेज पेश किए, वे तस्करी के इस खेल को और भी संदिग्ध बनाते हैं। मऊगंज की आमोखर ग्राम पंचायत के सरपंच ने 26 जनवरी को एक पत्र जारी कर 50 किलोमीटर दूर स्थित तिवरीगवां पंचायत से 70 गौवंशों की मांग की थी। हैरानी की बात यह है कि जब तिवरीगवां के सरपंच से संपर्क किया गया, तो उन्होंने ऐसे किसी भी पत्राचार या जानकारी से साफ इनकार कर दिया। आखिर एक पंचायत का सरपंच दूसरी पंचायत के आवारा पशुओं का ‘सौदा’ कैसे कर सकता है?

    गौ-सेवा या संगठित तस्करी? सूत्रों की मानें तो यह गौ-सेवा नहीं बल्कि तस्करी का एक संगठित सिंडिकेट है। आमोखर गौशाला, जिसकी क्षमता 400 है और जहाँ पहले से ही 500 से अधिक पशु बदहाली में हैं, वहाँ अचानक दूसरे जिले से पशु क्यों मंगाए जा रहे थे? आरोपियों ने बचाव के लिए रीवा प्रशासन का महीनों पुराना एक पत्र भी दिखाया, जिसका वर्तमान परिवहन से कोई कानूनी लेना-देना नहीं था। यह साफ इशारा करता है कि कागजों को ढाल बनाकर तस्करी की चाल चली जा रही थी।

    सवालों के घेरे में ‘खाकी’ और पंचायत आशुतोष मिश्रा और गोलू गौतम जैसे सजग युवाओं की बदौलत यह गिरोह पकड़ में तो आ गया, लेकिन पुलिस की कार्रवाई फिलहाल ‘पशु क्रूरता’ की साधारण धाराओं तक सीमित दिख रही है। सवाल उठता है कि क्या प्रशासन उन सरपंचों पर शिकंजा कसेगा जिन्होंने फर्जी पत्राचार किया? क्या पुलिस इस रैकेट के असली ‘मास्टरमाइंड’ तक पहुँचेगी? मऊगंज एसडीओपी सचि पाठक ने वैधानिक कार्रवाई का भरोसा दिया है, लेकिन ग्रामीणों की मांग है कि इसे केवल क्रूरता नहीं बल्कि संगठित अपराध मानकर जांच की जाए।

  • आज का दिन कैसा रहेगा: पंचांग में जानिए शुभ मुहूर्त ग्रहों की चाल और दिनभर का प्रभाव

    आज का दिन कैसा रहेगा: पंचांग में जानिए शुभ मुहूर्त ग्रहों की चाल और दिनभर का प्रभाव


    नई दिल्ली। हिंदू पंचांग के अनुसार आज सोमवार 2 फरवरी 2026 को माघ मास के कृष्ण पक्ष की प्रतिपदा तिथि है। यह तिथि पूर्णिमा के बाद प्रारंभ होती है और इसे आत्मविश्लेषण संयम और मानसिक स्थिरता के लिए उपयुक्त माना जाता है। सोमवार का दिन होने के कारण आज भगवान शिव की आराधना का विशेष महत्व बताया गया है। ग्रहों की स्थिति भी आज सकारात्मक संकेत दे रही है।

    आज कृष्ण प्रतिपदा तिथि रात्रि 1 बजकर 52 मिनट तक रहेगी। दिन के प्रारंभ में आयुष्मान योग प्रभावी रहेगा जो स्वास्थ्य और दीर्घायु से जुड़ा शुभ योग माना जाता है। इसके बाद सौभाग्य योग का संयोग बनेगा जो सफलता सौभाग्य और सकारात्मक परिणामों का संकेत देता है। करण के रूप में दिन के पहले भाग में बालव और बाद में कौलव करण प्रभाव में रहेगा।

    ग्रहों की स्थिति की बात करें तो आज सूर्य मकर राशि में स्थित हैं। इससे कार्यक्षेत्र में अनुशासन जिम्मेदारी और स्थायित्व का प्रभाव देखने को मिल सकता है। वहीं चंद्रमा पूरे दिन कर्क राशि में संचरण करेंगे और रात्रि 10 बजकर 47 मिनट तक इसी राशि में रहेंगे। चंद्रमा की यह स्थिति भावनात्मक संतुलन पारिवारिक विषयों और घरेलू मामलों को प्राथमिकता देती है।

    आज सूर्य का उदय प्रातः 7 बजकर 9 मिनट पर और सूर्यास्त सायं 6 बजकर 1 मिनट पर होगा। चंद्रोदय सायं 6 बजकर 33 मिनट पर और चंद्रास्त प्रातः 7 बजकर 27 मिनट पर होगा।नक्षत्र की बात करें तो आज चंद्रमा आश्लेषा नक्षत्र में स्थित रहेंगे। यह नक्षत्र तीव्र बुद्धि रणनीतिक सोच और गूढ़ विषयों से जुड़ा माना जाता है। इस नक्षत्र में किए गए कार्यों में सावधानी और विवेक की आवश्यकता होती है। आश्लेषा नक्षत्र के स्वामी बुध देव हैं जबकि इसके अधिष्ठाता देवता नाग माने गए हैं।

    आज के शुभ मुहूर्तों की बात करें तो धार्मिक कार्य पूजा पाठ ध्यान और जप के लिए दोपहर और रात्रि का समय अनुकूल माना गया है। अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12 बजकर 13 मिनट से 12 बजकर 57 मिनट तक रहेगा। वहीं अमृत काल रात्रि 9 बजकर 16 मिनट से 10 बजकर 47 मिनट तक रहेगा। इन समयों में किए गए कार्यों से सकारात्मक फल मिलने की मान्यता है।

    अशुभ काल में राहुकाल प्रातः 8 बजकर 30 मिनट से 9 बजकर 52 मिनट तक रहेगा। यमगण्ड प्रातः 11 बजकर 13 मिनट से 12 बजकर 35 मिनट तक और गुलिकाल दोपहर 1 बजकर 56 मिनट से 3 बजकर 18 मिनट तक रहेगा। इस दौरान नए कार्य शुरू करने से बचना उचित माना गया है।दिन के लिए विशेष सुझाव यह है कि सोमवार के कारण शिवलिंग पर जल अर्पित करना लाभकारी रहेगा। मन की शांति के लिए ध्यान जप और मौन साधना उपयुक्त रहेगी। हल्का सात्विक भोजन और सकारात्मक सोच अपनाने से दिन और भी शुभ बन सकता है।

  • भोलेनाथ की पूजा से मानसिक तनाव और आर्थिक परेशानियों में मिलती है राहत

    भोलेनाथ की पूजा से मानसिक तनाव और आर्थिक परेशानियों में मिलती है राहत


    नई दिल्ली। सोमवार का दिन भगवान शिव को समर्पित माना जाता है धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन नियमपूर्वक और श्रद्धा भाव से की गई शिव पूजा से जीवन के कष्ट धीरे धीरे दूर होने लगते हैं मान्यता है कि भोलेनाथ की आराधना से न केवल मन को शांति मिलती है बल्कि नौकरी धन स्वास्थ्य और पारिवारिक जीवन से जुड़ी परेशानियों में भी सकारात्मक बदलाव देखने को मिलता है

    शास्त्रों के अनुसार सोमवार को शिवलिंग पर जल दूध या गंगाजल अर्पित करना विशेष फलदायी माना गया है पूजा के दौरान सफेद वस्त्र धारण करना मन को शांत रखना और शिव मंत्रों का जाप करना अत्यंत शुभ माना जाता है संध्या समय दीपक प्रज्ज्वलित करने से पूजा पूर्ण मानी जाती है

    सोमवार को प्रातः शिव मंदिर जाकर शिवलिंग का अभिषेक करने से साधक की मनोकामनाएं पूर्ण होने की धार्मिक मान्यता है जल के साथ दूध शहद घी या दही से अभिषेक करने से भगवान शिव शीघ्र प्रसन्न होते हैं और जीवन की बाधाएं दूर होती हैंभगवान शिव को बेलपत्र अत्यंत प्रिय है तीन पत्तियों वाला बेलपत्र सफेद पुष्प अक्षत और धतूरा अर्पित करने से सुख समृद्धि और पारिवारिक शांति में वृद्धि मानी जाती है यह उपाय विशेष रूप से गृह क्लेश और मानसिक अशांति को दूर करने के लिए किया जाता है

    सोमवार की संध्या शिव मंदिर में देसी घी का दीपक जलाने से नकारात्मक ऊर्जा का प्रभाव कम होता है और आर्थिक स्थिति में सुधार के योग बनते हैं इसके साथ ही ॐ नमः शिवाय या महामृत्युंजय मंत्र का 108 बार जाप करने से भय तनाव और रोगों से राहत मिलने की धार्मिक मान्यता है इस दिन दान का भी विशेष महत्व बताया गया है दूध दही चावल चीनी या रुद्राक्ष का दान करने से पुण्य फल की प्राप्ति होती है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है

    यदि नौकरी या कार्यक्षेत्र में लगातार बाधाएं आ रही हों तो शिवलिंग पर शहद अर्पित करना लाभकारी माना जाता है वहीं दांपत्य जीवन में मधुरता और वैवाहिक सुख के लिए शिव पार्वती की संयुक्त पूजा कर ॐ गौरी शंकराय नमः मंत्र का जप किया जाता हैधार्मिक मान्यताओं के अनुसार सोमवार की शिव आराधना व्यक्ति को धैर्य आत्मबल और सकारात्मक दृष्टिकोण प्रदान करती है नियमित रूप से की गई यह साधना जीवन में संतुलन और स्थिरता लाने में सहायक मानी जाती है

  • फरवरी में राहु–मंगल की युति से बनेगा अंगारक योग, मेष तुला और कुंभ के लिए बढ़ेगी चुनौती..

    फरवरी में राहु–मंगल की युति से बनेगा अंगारक योग, मेष तुला और कुंभ के लिए बढ़ेगी चुनौती..


    नई दिल्ली। फरवरी महीने में ग्रहों की चाल में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा जिसका असर ज्योतिषीय दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है इस दौरान राहु और मंगल एक ही राशि में आकर युति बनाएंगे जिससे एक उग्र और अशुभ अंगारक योग का निर्माण होगा ज्योतिष शास्त्र के अनुसार यह योग जल्दबाजी गुस्सा मानसिक तनाव और अप्रत्याशित घटनाओं की संभावना को बढ़ाता है

    ज्योतिषीय गणनाओं के मुताबिक 23 फरवरी को मंगल का गोचर कुंभ राशि में होगा जहां पहले से ही राहु विराजमान हैं इन दोनों ग्रहों की युति सामान्य तौर पर अशांति टकराव और गलत निर्णयों को जन्म देती है ऐसे में यह समय कई राशियों के लिए धैर्य और संयम की परीक्षा लेने वाला साबित हो सकता है

    मेष राशि के जातकों के लिए यह योग विशेष सावधानी का संकेत दे रहा है कार्यक्षेत्र में रुकावटें आ सकती हैं अधूरे कामों में देरी होगी और अचानक खर्च बढ़ सकता है सहकर्मियों या अधिकारियों से विवाद की स्थिति बन सकती है इस दौरान वाहन चलाते समय खास सतर्कता बरतने की सलाह दी जा रही है क्योंकि जल्दबाजी दुर्घटना का कारण बन सकती है

    तुला राशि वालों के लिए यह समय मानसिक दबाव और स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां बढ़ा सकता है अनावश्यक चिंता नींद की कमी और निर्णय लेने में असमंजस की स्थिति बनी रह सकती है पारिवारिक रिश्तों में गलतफहमी उत्पन्न हो सकती है व्यापार या निवेश से जुड़े फैसलों में जल्दबाजी नुकसान का कारण बन सकती है इसलिए सोच समझकर कदम उठाना जरूरी होगा

    कुंभ राशि के जातकों पर इस योग का प्रभाव अपेक्षाकृत अधिक बताया जा रहा है क्योंकि यह योग इसी राशि में बन रहा है आर्थिक मामलों में लापरवाही भारी पड़ सकती है लेनदेन दस्तावेजों और नए समझौतों में विशेष सावधानी की जरूरत होगी घर और कार्यस्थल पर छोटी छोटी बातों को लेकर विवाद बढ़ सकता है इसलिए संयमित व्यवहार अपनाना लाभकारी रहेगाज्योतिषाचार्यों के अनुसार ऐसे अशुभ योग के दौरान घबराने की बजाय संतुलित दिनचर्या अपनाना सबसे बेहतर उपाय माना जाता है नियमित पूजा पाठ ध्यान और सकारात्मक सोच से मानसिक स्थिरता बनी रहती है साथ ही इस दौरान जोखिम भरे फैसलों अनावश्यक बहस और क्रोध से दूरी बनाकर रखना चाहिए

    विशेषज्ञों का मानना है कि ग्रह योग भविष्य के प्रति चेतावनी देते हैं न कि निश्चित संकट समय रहते सतर्कता आत्मनियंत्रण और समझदारी अपनाकर नकारात्मक प्रभावों को काफी हद तक कम किया जा सकता है फरवरी में बनने वाला यह अंगारक योग भी यही संदेश देता है कि धैर्य और विवेक से परिस्थितियों को अपने पक्ष में मोड़ा जा सकता है

  • गोरखपुर में रामकथा के बीच 'युद्धघोष': टीम को मिली धमकी पर भड़के राजन जी महाराज, मंच से दी खुली चुनौती किसने मां का दूध पिया है?

    गोरखपुर में रामकथा के बीच 'युद्धघोष': टीम को मिली धमकी पर भड़के राजन जी महाराज, मंच से दी खुली चुनौती किसने मां का दूध पिया है?


    गोरखपुर। उत्तर प्रदेश के गोरखपुर स्थित चंपा देवी पार्क में चल रही भव्य रामकथा के दौरान सोमवार को एक ऐसी घटना घटी, जिसने हजारों श्रद्धालुओं को स्तब्ध कर दिया। प्रसिद्ध कथावाचक राजन जी महाराज अपनी टीम के सदस्यों को मिली ‘गोली मारने की धमकी’ पर इस कदर आहत और क्रोधित हुए कि उन्होंने व्यासपीठ की मर्यादा के साथ साथ एक साहसी योद्धा की तरह मंच से ही चुनौती दे डाली। महाराज का यह बयान कौन मारेगा गोली, किसने मां का दूध पिया है अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

    विवाद की जड़: मंच पर चढ़ने की होड़ और अभद्रता जानकारी के अनुसार, विवाद की शुरुआत बेहद मामूली बात से हुई थी। कथा के दौरान कुछ लोग बार-बार मंच पर चढ़ने का प्रयास कर रहे थे। अव्यवस्था को देखते हुए जब महाराज की टीम के सदस्यों ने उन्हें रोकने की कोशिश की, तो बहस बढ़ गई। आरोप है कि इस दौरान कुछ अराजक तत्वों ने न केवल बदतमीजी की, बल्कि राजन जी महाराज के सहयोगियों और उनके परिवार तक को जान से मारने की धमकी दे डाली।

    16 साल के सफर में पहली बार मिली ऐसी चुनौती मंच से अपनी व्यथा सुनाते हुए राजन जी महाराज भावुक हो उठे। उन्होंने कहा कि अपने 16 वर्षों के कथावाचन के सफर में उन्होंने आज तक ऐसी मर्यादाहीन स्थिति का सामना नहीं किया। उन्होंने सार्वजनिक रूप से खुलासा किया कि उनके एक सहयोगी को गोली मारने की धमकी दी गई है। महाराज ने कड़े शब्दों में कहा, “हम यहाँ प्रेम और श्रद्धा की गंगा बहाने आए हैं, लेकिन अगर कोई हमारे सहयोगियों को डराने की कोशिश करेगा, तो हम पीछे नहीं हटेंगे। गोली मारकर दिखाओ, किसने मां का दूध पिया है!

    आयोजकों की समझाइश के बाद शुरू हुई कथा धमकी और अव्यवस्था से आहत होकर राजन जी महाराज ने शुरुआत में कथा आगे बढ़ाने से मना कर दिया था। कार्यक्रम में तनावपूर्ण स्थिति देख आयोजकों और स्थानीय प्रशासन ने तुरंत हस्तक्षेप किया। काफी मान मनौव्वल और सुरक्षा के पुख्ता आश्वासन के बाद महाराज दोबारा व्यासपीठ पर बैठे। उन्होंने श्रोताओं से मर्यादा बनाए रखने की अपील करते हुए कहा कि वे केवल भक्ति का संदेश देने आए हैं, किसी विवाद का हिस्सा बनने नहीं।

    फिलहाल, पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है और मंच के पास सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। सोशल मीडिया पर लोग राजन जी महाराज के इस साहसी स्टैंड की सराहना कर रहे हैं, तो कुछ लोग धार्मिक आयोजनों में ऐसी अव्यवस्था पर चिंता जता रहे हैं।