Category: Lifestyle

  • सर्दियों में क्या खाएं ताकि शरीर रहे गर्म और सेहत बनी रहे मजबूत

    सर्दियों में क्या खाएं ताकि शरीर रहे गर्म और सेहत बनी रहे मजबूत


    नई दिल्‍ली । सर्दियों का मौसम खुशियों के साथ-साथ ठंड, नमी और बीमारियों का खतरा भी लेकर आता है। तापमान गिरते ही शरीर की रोग-प्रतिरोधक क्षमता कमजोर पड़ने लगती है और सर्दी-खांसी, वायरल इन्फेक्शन, जोड़ों का दर्द जैसी समस्याएं बढ़ जाती हैं। ऐसे में सही खानपान बेहद जरूरी है। अगर डाइट में कुछ सुपरफूड शामिल कर लिए जाएं, तो न सिर्फ शरीर अंदर से गर्म रहता है, बल्कि इम्यून सिस्टम भी मजबूत रहता है।

    यहां जानिए सर्दियों के पांच सुपरफूड्स जो आपकी सेहत का रखेंगे ख्याल:

    1. पालक – इम्यूनिटी का हरा हथियार
    पालक में आयरन, विटामिन C, K और फोलेट भरपूर मात्रा में होते हैं। यह खून की कमी को दूर करने और इम्यून सिस्टम को मजबूत बनाने में मदद करता है। साथ ही, एंटीऑक्सीडेंट से आंखों की रोशनी बढ़ती है और शरीर अंदर से ताकतवर बनता है। इसे सूप, सब्जी या सलाद में शामिल करें।

    2. केल – हड्डियों और सूजन के लिए बढ़िया
    केल विटामिन A, C और K का भंडार है। इसमें कैल्शियम अधिक मात्रा में होता है, जिससे हड्डियां मजबूत बनती हैं। इसके एंटीऑक्सीडेंट शरीर की सूजन कम करने में भी मदद करते हैं। इसे सब्जी, सूप या स्मूदी में शामिल किया जा सकता है।

    3. सरसों का साग – सर्दियों की शान
    सरसों का साग विटामिन C, K और बीटा-कैरोटीन से भरपूर होता है। यह शरीर को गर्म रखने और डिटॉक्स करने में मदद करता है। मक्के की रोटी के साथ इसे खाने से सर्दियों में संपूर्ण आहार मिलता है।

    4. मेथी के पत्ते – ऊर्जा और शुगर कंट्रोल
    मेथी के पत्ते आयरन, फाइबर और प्रोटीन से भरपूर होते हैं। यह थकान दूर करने, पाचन सुधारने और ब्लड शुगर नियंत्रित रखने में मदद करता है। सर्दियों में मेथी का पराठा या सब्जी बेहद लाभकारी है।

    5. कॉलीर्ड ग्रीन्स – दिल और कोलेस्ट्रॉल के लिए लाभकारी
    कॉलीर्ड ग्रीन्स विटामिन K, कैल्शियम और फाइबर का अच्छा स्रोत हैं। यह कोलेस्ट्रॉल कम करने और दिल को स्वस्थ रखने में मदद करता है। सर्दियों में इसका सेवन शरीर को अंदर से मजबूत बनाता है।

    अगर सर्दियों में इन पांच सुपरफूड्स को अपनी रोजमर्रा की डाइट में शामिल किया जाए, तो शरीर रहेगा गर्म, इम्यूनिटी मजबूत और बीमारियों से दूर।

  • सर्दियों में कर्ली बालों की खास देखभाल: इस होममेड तेल से मिलेगा नेचुरल पोषण

    सर्दियों में कर्ली बालों की खास देखभाल: इस होममेड तेल से मिलेगा नेचुरल पोषण


    नई दिल्ली ।सर्दियों के मौसम में कर्ली बालों को खास देखभाल की जरूरत होती है। ठंडी हवा कम नमी और रूखापन इन बालों की मुख्य समस्याएं बन जाते हैं। इसके परिणामस्वरूप कर्ली बाल बेजान फ्रिज़ी और टूटने लगते हैं। लेकिन अब आपको महंगे हेयर प्रोडक्ट्स पर खर्च करने की जरूरत नहीं है। ब्यूटी एक्सपर्ट के अनुसार एक आसान और किफायती होममेड तेल कर्ली बालों को प्राकृतिक रूप से पोषण देने में मदद करता है।

    कर्ली बालों को अतिरिक्त पोषण की आवश्यकता होती है

    दिल्ली के शाहदरा स्थित Colorrs Salon की ओनर और ब्यूटी एक्सपर्ट रेणु माहेश्वरी बताती हैं कि कर्ली बालों की बनावट ऐसी होती है कि स्कैल्प का नैचुरल ऑयल बालों की लंबाई तक नहीं पहुंच पाता जिससे बाल ज्यादा ड्राई उलझे हुए और बेजान नजर आते हैं। इस समस्या को दूर करने के लिए कर्ली बालों को अतिरिक्त पोषण की जरूरत होती है जो उन्हें मुलायम मजबूत और खूबसूरत बनाए।

    होममेड तेल की सामग्री

    यह होममेड तेल बालों को गहरी नमी और पोषण देने के लिए तैयार किया जाता है। इसके लिए कुछ साधारण सामग्री की आवश्यकता होती है विटामिन ई कैप्सूल बालों को डैमेज से बचाता है और उन्हें स्वस्थ रखता है।बादाम का तेल बालों में नमी बनाए रखने में मदद करता है।
    करी पत्ता बालों की ग्रोथ को बढ़ावा देता है और स्कैल्प को स्वस्थ बनाता है।तिल का तेल स्कैल्प को मजबूत करता है और बालों को पोषण देता है।

    तेल बनाने का तरीका

    यह होममेड तेल तैयार करने की प्रक्रिया बेहद सरल है सबसे पहले एक कटोरी में विटामिन ई कैप्सूल का तेल निकाल लें। अब इसमें थोड़े से करी पत्ते और तिल डालें और अच्छे से मिक्स करें। चाहें तो इस मिश्रण में थोड़ा सा बादाम का तेल भी डाल सकती हैं।अब आपका होममेड कर्ली हेयर ऑयल तैयार है।

    तेल का सही तरीका

    इस तेल को बालों में लगाने का तरीका बहुत आसान है हफ्ते में दो बार इस तेल को हल्के हाथों से स्कैल्प और बालों में लगाएं।इसे रातभर बालों में छोड़ दें या कम से कम एक घंटे तक इसे लगा रहने दें।इसके बाद माइल्ड शैंपू से बाल धो लें।इस तेल का नियमित इस्तेमाल करने से कर्ली बालों में नमी बनी रहती है फ्रिज़ीनेस कम होती है और कर्ल्स ज्यादा शाइनी और डिफाइंड दिखते हैं।

    सर्दियों में कर्ली बालों की देखभाल के लिए यह आसान और किफायती होममेड तेल एक बेहतरीन उपाय है। इस तेल का इस्तेमाल करने से बालों को प्राकृतिक पोषण मिलता है जिससे वे मुलायम मजबूत और खूबसूरत बनते हैं। इस उपाय को अपनाकर आप बिना किसी साइड इफेक्ट के हेल्दी कर्ली हेयर पा सकती हैं।

  • कथावाचक अनिरुद्धाचार्य की लव लाइफ और पत्नी की शिक्षा: जानिए 13 साल बाद भी पढ़ाई जारी रखने की प्रेरक कहानी

    कथावाचक अनिरुद्धाचार्य की लव लाइफ और पत्नी की शिक्षा: जानिए 13 साल बाद भी पढ़ाई जारी रखने की प्रेरक कहानी


    नई दिल्ली ।अनिरुद्धाचार्य महाराज, जिन्हें हम पूकी बाबा के नाम से भी जानते हैं, भारत के एक प्रसिद्ध कथावाचक और आध्यात्मिक गुरु हैं। उनकी कथा शैली और मजाकिया अंदाज उन्हें युवाओं और बुजुर्गों दोनों में समान रूप से लोकप्रिय बनाती है। अनिरुद्धाचार्य के पास 17 मिलियन से अधिक फॉलोअर्स हैं, जो उन्हें सोशल मीडिया पर फॉलो करते हैं और उनकी धार्मिक और जीवन से जुड़ी शिक्षाओं को मानते हैं।

    पारिवारिक जीवन और पत्नी के साथ संबंध

    कथावाचक अनिरुद्धाचार्य की निजी जिंदगी भी उतनी ही प्रेरणादायक है, जितनी उनकी कथाएँ। उनकी पत्नी का नाम आरती तिवारी है, जो एक गृहिणी हैं। अनिरुद्धाचार्य अक्सर अपने कथा सत्रों में विवाह के महत्व पर चर्चा करते हैं और बताते हैं कि जीवन की सफलता और सुकून में पत्नी का साथ बेहद महत्वपूर्ण होता है। उनका कहना है कि, सही जीवनसाथी के साथ विवाह से जीवन में शांति और खुशी बनी रहती है, और यह किसी भी इंसान की जीवनधारा को बदल सकता है। अपने जीवन में वह हमेशा अपनी पत्नी के साथ सहायक रहे हैं और उन्हें शादी के बाद उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए प्रेरित किया।

    शादी के बाद पत्नी की शिक्षा को बढ़ावा

    एक खास बात यह है कि, अनिरुद्धाचार्य ने अपनी पत्नी को शादी के बाद कॉलेज में दाखिला लेने के लिए प्रेरित किया। वह मानते हैं कि महिलाओं को शिक्षा प्राप्त करने का अधिकार होना चाहिए, और इस तरह से जेंडर इक्वालिटी की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया जा सकता है। अनिरुद्धाचार्य ने अपनी पत्नी के उच्च शिक्षा के खर्च को भी खुद उठाया, ताकि वह अपनी पढ़ाई पूरी कर सकें। 13 साल के वैवाहिक जीवन के बाद भी, आरती तिवारी अपनी पढ़ाई जारी रख रही हैं। कुछ जानकारों का कहना है कि, उनके पास साइकोलॉजी में PhD की उपाधि भी है, जो इस बात का प्रमाण है कि अनिरुद्धाचार्य के समर्थन से उनकी पत्नी ने शिक्षा में सफलता हासिल की।

    घर और बच्चों की जिम्मेदारी उठाने का उत्साह

    अनिरुद्धाचार्य ने अपनी एक कथा में बताया कि जब उनकी पत्नी परीक्षा की तैयारी में व्यस्त रहती थी, तो वह खुद घर और बच्चों की पूरी जिम्मेदारी उठाते थे। उन्होंने इस बारे में कहा कि पारिवारिक जीवन में सहयोग और समर्थन बहुत महत्वपूर्ण है, और यह एक अच्छे रिश्ते की बुनियाद बनाता है।

    सामाजिक विवाद और केस

    हालांकि, हाल ही में अनिरुद्धाचार्य को एक विवाद का सामना भी करना पड़ा। बेटियों पर की गई एक विवादास्पद टिप्पणी के कारण सोशल मीडिया पर उनकी आलोचना की गई। इसके बाद उनके खिलाफ एक परिवाद दर्ज किया गया, और उन्हें 1 जनवरी 2026 को कोर्ट में पेश होना है। इस मामले में उनकी कथाएँ और विचार समाज में कई तरह की प्रतिक्रियाएँ उत्पन्न कर रहे हैं।

    कथावाचक अनिरुद्धाचार्य न केवल एक महान आध्यात्मिक गुरु हैं, बल्कि उन्होंने अपनी निजी जिंदगी में भी उदाहरण प्रस्तुत किया है कि एक अच्छे जीवनसाथी की भूमिका कितनी महत्वपूर्ण होती है। उनकी पत्नी आरती तिवारी का शिक्षा में योगदान और उनके परिवार में निभाई गई भूमिका प्रेरणा देने वाली है। उनके विचार और जीवन की गहराई दर्शाते हैं कि रिश्ते और परिवार की अहमियत आध्यात्मिक जीवन में भी महत्वपूर्ण है।

  • वियतनाम: 40 हजार रुपये में विदेश यात्रा का अद्भुत अनुभव!

    वियतनाम: 40 हजार रुपये में विदेश यात्रा का अद्भुत अनुभव!


    नई दिल्‍ली । अगर आप विदेश घूमने का सपना देख रहे हैं लेकिन बजट की वजह से रुक गए हैं, तो अब आपके लिए एक बेहतरीन मौका है। वियतनाम, जो दिल्ली से करीब 5000 किलोमीटर दूर स्थित है, एक ऐसा देश है जहां आप सिर्फ 40 हजार रुपये में घूम सकते हैं। आइए जानते हैं इस सस्ती और रोमांचक यात्रा के बारे में।

    फ्लाइट का किराया

    वियतनाम जाने के लिए फ्लाइट का खर्च भी बहुत कम है। दिल्ली से हनोई (Vietnam का प्रमुख शहर) की फ्लाइट का किराया ऑफ सीजन में सिर्फ 8,000 से 10,000 रुपये के बीच हो सकता है। इस तरह, आने-जाने का खर्च कुल मिलाकर 16,000 से 20,000 रुपये तक आता है। इतना कम बजट में विदेश यात्रा करना वाकई एक शानदार मौका है!

    वियतनाम की करेंसी

    वियतनाम की करेंसी वियानी डोंग (VND) है, और भारत के एक रुपये के बदले आपको करीब 291.03 वियानी डोंग मिलते हैं। इसका मतलब है कि यहां आपका भारतीय रुपया ज्यादा ताकतवर है, और आप अपनी यात्रा का भरपूर आनंद ले सकते हैं।

    होटल का खर्च

    हनोई में रहने के लिए होटल या गेस्ट हाउस का खर्च भी काफी सस्ता है। यहां पर आपको एक रात का ठहराव 1,500 से 2,500 रुपये तक में मिल सकता है। इस हिसाब से, अगर आप चार दिन के लिए रुकते हैं, तो होटल का कुल खर्च 6,000 से 10,000 रुपये तक हो सकता है।

    खाना-पीना

    वियतनाम में खाने का खर्च भी बहुत कम है। अगर आप स्ट्रीट फूड पसंद करते हैं, तो एक अच्छा और स्वादिष्ट भोजन 150 से 200 रुपये में मिल सकता है। वहीं, रेस्तरां में खाना खाने पर बिल 400 से 600 रुपये तक आ सकता है। कुल मिलाकर चार दिन में खाने-पीने का खर्च लगभग 4,000 से 5,000 रुपये तक हो सकता है।

    ट्रांसपोर्ट का खर्च

    वियतनाम में लोकल ट्रांसपोर्ट भी बेहद सस्ता है। यहां की टैक्सी और उबर सेवाओं का किराया प्रति दिन 300 से 500 रुपये तक हो सकता है। अगर आप मोटरसाइकिल रेंट पर लेना चाहते हैं, तो वह भी आसानी से उपलब्ध है। इस प्रकार, 4-5 दिनों का ट्रांसपोर्ट खर्च लगभग 1,500 से 2,500 रुपये तक आ सकता है।

    शॉपिंग और बाजार

    वियतनाम की शॉपिंग भी किफायती है। यहां के हनोई ओल्ड क्वार्टर नाइट मार्केट, बेन थान मार्केट और होई एन नाइट मार्केट में आपको बहुत अच्छे और सस्ते कपड़े मिल सकते हैं। इसलिए अगर आप शॉपिंग के शौक़ीन हैं, तो वियतनाम में खरीदारी भी मजेदार होगी, और खर्च भी बहुत कम आएगा।

    कुल मिलाकर खर्च

    अगर आप वियतनाम 4-5 दिनों के लिए जाते हैं, तो फ्लाइट, होटल, खाना, ट्रांसपोर्ट और शॉपिंग मिलाकर आपका कुल खर्च लगभग 40,000 रुपये हो सकता है। इस बजट में आप एक शानदार विदेश यात्रा का आनंद ले सकते हैं।

    वियतनाम, अपने कम खर्च और अद्भुत पर्यटन स्थलों के कारण एक बेहतरीन बजट डेस्टिनेशन बन चुका है। यहां आप शानदार सेंट्रल हनोई, हलॉन्ग बे, हो ची मिन्ह सिटी, और अन्य जगहों का भ्रमण कर सकते हैं। यदि आपके पास एक सीमित बजट है, तो वियतनाम आपके लिए एक परफेक्ट डेस्टिनेशन हो सकता है।

    तो अब इंतजार किस बात का? पैक करें अपनी बैग और वियतनाम की इस किफायती यात्रा का आनंद लें!

  • महिलाएं अकेले ट्रैवल की हिम्मत जुटा रही हैं पहाड़ से समुद्र तक सफर के लिए जानें 7 जरूरी बातें

    महिलाएं अकेले ट्रैवल की हिम्मत जुटा रही हैं पहाड़ से समुद्र तक सफर के लिए जानें 7 जरूरी बातें


    नई दिल्ली । आजकल महिलाएं अकेले यात्रा करने में पूरी तरह से आत्मनिर्भर हो रही हैं। यह एक अद्भुत अनुभव हैजो न केवल नया उत्साह देता है बल्कि आत्मविश्वास भी बढ़ाता है। लेकिन जैसा कि हर नया अनुभव थोड़ा चुनौतीपूर्ण हो सकता हैखासकर जब अकेले सफर किया जा रहा होकुछ जरूरी बातें ध्यान में रखना बेहद जरूरी है। अगर आप भी पहली बार अकेली यात्रा करने की सोच रही हैंतो यहां कुछ महत्वपूर्ण टिप्स दी गई हैंजो आपकी यात्रा को सहज और सुरक्षित बना सकती हैं।

    टिकट बुकिंग से शुरुआत करें

    अकेले ट्रैवल की शुरुआत भरोसेमंद तरीके से करें। चाहे फ्लाइट होट्रेन हो या बसहमेशा आधिकारिक वेबसाइट या भरोसेमंद ऐप से ही टिकट बुक करें। अपने टिकट और होटल बुकिंग की सारी जानकारी एक ही जगह पर रखें ताकि आप उन्हें तुरंत एक्सेस कर सकें। इसके अलावायात्रा के दौरान समयसीट और कैंसलेशन पॉलिसी को भी चेक कर लें।

     मदद लेने में हिचकिचाएं नहीं

    अगर आप अकेले सफर कर रही हैं और अजनबी जगह पर हैंतो यह जरूरी नहीं है कि आपको हर चीज खुद ही संभालनी हो। अगर आप रास्ता भूल जाएं या कोई दिक्कत होतो नजदीकी होटल स्टाफपुलिस या स्थानीय लोगों से मदद लेने में कोई बुराई नहीं है। हालांकिअपनी पर्सनल जानकारी को ज्यादा साझा न करें और किसी संदिग्ध व्यक्ति से बचकर रहें।

     डर पर काबू पाएं

    पहली बार अकेले यात्रा करने पर डर लगना स्वाभाविक हैलेकिन यह जरूरी है कि आप अपनी चिंता को शांत करें और अपने डर को काबू में रखें। याद रखेंलाखों महिलाएं अकेले यात्रा करती हैं और यह अनुभव उन्हें आत्मनिर्भर और मजबूत बनाता है। आप भी छोटे-छोटे कदम उठाकर इस यात्रा को सफल बना सकती हैं।

     बुरे हालात में शांत रहें

    यात्रा के दौरान कभी-कभी किसी चीज़ के खो जानेरास्ता भटकने या होटल ढूंढने में मुश्किल हो सकती है। ऐसे समय में शांत रहें और सोचे-समझे फैसले लें। यह भी जरूरी है कि आप स्थानीय मोबाइल नेविगेशन का इस्तेमाल करें या पुलिस हेल्पलाइन से संपर्क करें।

    खुद पर भरोसा रखें

    अकेले यात्रा करने से आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता बढ़ती है। जब आप अकेले टिकट बुक करती हैंहोटल चेक-इन करती हैं और नए रास्ते पर चलती हैंतो आपको खुद पर विश्वास होता है। यह आत्मविश्वास आपकी अगली यात्रा को और भी आसान और मजेदार बना देगा।

     कोई परेशान करे तो तुरंत कदम उठाएं

    अगर यात्रा के दौरान कोई आपको परेशान करता है या गलत व्यवहार करता हैतो तुरंत कदम उठाएं। बिना झिझक के उस व्यक्ति से दूरी बनाएंपास के लोगों को बताएं और होटल या पुलिस को शिकायत करें। आजकल वुमन सेफ्टी ऐप्स का भी इस्तेमाल किया जा सकता हैजो संकट के समय में सहायक होते हैं।

    कानून की जानकारी जरूरी है

    अकेले यात्रा करने से पहलेहमेशा स्थानीय और राष्ट्रीय कानूनों की जानकारी रखें। खासकर अगर आप विदेश यात्रा कर रही हैंतो विदेशी यात्रा नियमहेल्पलाइन नंबर 1121091 और सुरक्षा नियमों को पहले से जान लें। यह जानकारी आपको किसी भी आपात स्थिति में सुरक्षा का अहसास दिलाएगी।

    अकेले यात्रा करना न केवल एक रोमांचक अनुभव हैबल्कि यह आपके व्यक्तित्व और आत्मविश्वास को भी नया आकार देता है। सही तैयारी और सुरक्षा उपायों के साथमहिलाएं किसी भी यात्रा को सुरक्षित और आनंददायक बना सकती हैं। यदि आप पहली बार सोलो ट्रिप पर जा रही हैंतो इन 7 जरूरी बातों को ध्यान में रखें और अपनी यात्रा का पूरी तरह से आनंद लें।

  • जेन-जी का नया स्किन केयर ड्रिंक ट्रेंड क्या वाकई असरदार हैं ये जूस

    जेन-जी का नया स्किन केयर ड्रिंक ट्रेंड क्या वाकई असरदार हैं ये जूस


    नई दिल्ली । आजकल सोशल मीडिया पर स्किन केयर ड्रिंक्स का एक नया ट्रेंड देखने को मिल रहा है जिसमें ग्लोइंग स्किन पिंपल-फ्री चेहरे और ग्लास स्किन पाने के लिए विभिन्न प्रकार के जूस और शॉट्स का सेवन किया जा रहा है। इन ड्रिंक्स में गाजर नींबू ऑलिव ऑयल जैसे इंग्रीडिएंट्स का इस्तेमाल हो रहा है।
    यह ट्रेंड इतनी तेजी से बढ़ा है कि Pinterest की रिपोर्ट के अनुसार स्किन-केयर ड्रिंक से जुड़े सर्च में 176 प्रतिशत की बढ़ोतरी देखी गई है। लोग अब सीरम और क्रीम की बजाय सीधे इन ड्रिंक्स के जरिए अपनी त्वचा को स्वस्थ और चमकदार बनाने की कोशिश कर रहे हैं।
    वायरल स्किन केयर ड्रिंक
    सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर इन दिनों कई तरह के स्किन केयर ड्रिंक्स के रेसिपी ट्रेंड कर रहे हैं। इन ड्रिंक्स में रेटिनॉल शॉट्स ग्रीन जूस और नींबू-ऑलिव ऑयल वाले जूस सबसे ज्यादा पॉपुलर हैं। इन ड्रिंक्स का दावा किया जा रहा है कि इन्हें पीने से त्वचा में निखार आ जाएगा चेहरे की चमक बढ़ेगी और पिंपल्स से छुटकारा मिलेगा। कई लोग इन ट्रेंड्स को फॉलो कर रहे हैं और इन्हें अपनी स्किन केयर रूटीन का हिस्सा बना रहे हैं।
    गाजर और रेटिनॉल: एक मिथक
    अमेरिकी न्यूट्रिशनिस्ट लूसिया स्टान्सबी ने इस ट्रेंड पर अपनी राय दी है। वह कहती हैं कि इन वायरल स्किन-केयर ड्रिंक्स में गाजर का इस्तेमाल इस धारणा के आधार पर किया जाता है कि गाजर रेटिनॉल का अच्छा सोर्स है। हालांकि यह पूरी तरह से सही नहीं है। गाजर में बीटा-कैरोटीन होता है जो शरीर में विटामिन A में बदलता है लेकिन यह प्रक्रिया बहुत धीमी होती है और बहुत कम मात्रा में होती है।
    इसलिए गाजर के जूस से रेटिनॉल मिलने का दावा सही नहीं है। इसके अलावा जब गाजर का जूस तैयार किया जाता है तो उसमें मौजूद फाइबर और कई अन्य महत्वपूर्ण पोषक तत्व कम हो जाते हैं। ऐसे में गाजर को जूस के रूप में पीने की बजाय उसे सीधे खा लेना ज्यादा फायदेमंद हो सकता है।
    जूस अकेला स्किन को ठीक नहीं कर सकता
    स्किन केयर के लिए सिर्फ जूस पीने से चमत्कारी सुधार की उम्मीद करना गलत है। न्यूट्रिशनिस्ट लूसिया का कहना है कि हमारी त्वचा को स्वस्थ रखने के लिए केवल ड्रिंक पर निर्भर रहना पर्याप्त नहीं है। एक अच्छी डाइट पर्याप्त नींद सही मात्रा में पानी और नियमित एक्सरसाइज से स्किन की सेहत पर असल प्रभाव पड़ता है। जूस और ड्रिंक स्किन केयर का एक हिस्सा हो सकते हैं लेकिन यह अकेले आपकी त्वचा को स्वस्थ नहीं बना सकते।
    सही जानकारी और सोच जरूरी
    लूसिया स्टान्सबी की सलाह है कि किसी भी वायरल स्किन-केयर ट्रेंड को अपनाने से पहले हमें सही जानकारी हासिल करनी चाहिए। सोशल मीडिया पर वायरल होने वाली रेसिपीज को blindly फॉलो करना कभी भी सही नहीं होता। हमें यह समझना चाहिए कि भोजन और ड्रिंक केवल शरीर को पोषण देते हैं जबकि त्वचा की समस्याओं को हल करने के लिए कई अन्य पहलुओं का ध्यान रखना जरूरी है।
    इसलिए यदि आप स्किन केयर ड्रिंक्स का सेवन करना चाहते हैं तो यह सुनिश्चित करें कि वे आपकी समग्र सेहत और त्वचा के लिए लाभकारी हों और साथ ही साथ अपनी जीवनशैली में अन्य हेल्दी आदतें भी शामिल करें।स्किन केयर ड्रिंक्स का ट्रेंड बढ़ रहा है और लोग इसके जरिए अपनी त्वचा को निखारने की कोशिश कर रहे हैं।
    लेकिन यह याद रखना जरूरी है कि सिर्फ ड्रिंक से आपकी स्किन की समस्या हल नहीं होगी। सही जानकारी अच्छे खानपान पर्याप्त नींद और व्यायाम से ही स्वस्थ और ग्लोइंग त्वचा प्राप्त की जा सकती है। इसलिए किसी भी वायरल स्किन-केयर ट्रेंड को अपनाने से पहले उसकी सटीकता और प्रभावकारिता पर विचार करें।

  • Beauty Trends 2025: पूरे साल छाए रहे ये 5 ट्रेंड-नेचुरल ग्लो और सिंपल ब्यूटी का चला जबरदस्त क्रेज

    Beauty Trends 2025: पूरे साल छाए रहे ये 5 ट्रेंड-नेचुरल ग्लो और सिंपल ब्यूटी का चला जबरदस्त क्रेज


    नई दिल्ली। साल 2025 ब्यूटी और फैशन की दुनिया में नेचुरल ग्लो, सिंपल मेकअप और स्किन-फ्रेंडली रूटीन का साल रहा। जहां पहले भारी-भरकम मेकअप और लेयर्ड स्किनकेयर पसंद किया जाता था, वहीं इस साल महिलाओं ने हल्के, आसान और दमकते लुक्स को अपनाया। सोशल मीडिया पर पूरे साल कुछ खास ब्यूटी ट्रेंड्स वायरल रहे, जिन्हें न सिर्फ आम महिलाओं बल्कि कई सेलिब्रिटी और इन्फ्लुएंसर्स ने भी फॉलो किया। आइए जानते हैं 2025 के वो 5 ब्यूटी ट्रेंड्स जिन्हें महिलाओं ने खूब पसंद किया-

    1. सिंपल स्किनकेयर रूटीन (Simple Skincare Routine)

    2025 में महिलाओं ने स्किन के लिए “क्लीन और मिनिमल” रूटीन चुनना शुरू किया।
    ज्यादा प्रोडक्ट्स की जगह सिर्फ क्लेंजर + मॉइस्चराइज़र + सनस्क्रीन की बेसिक रूटीन बेहद लोकप्रिय रही। घरेलू नुस्खे, नैचुरल फेस पैक और केमिकल-फ्री प्रोडक्ट्स की मांग तेजी से बढ़ी।
    सेलिब्रिटी भी अपने नो-फिल्टर स्किनकेयर को खुलकर शेयर करती दिखीं।

    2. कोरियन ग्लो (Korean Glass Skin Trend)

    कोरियन स्किनकेयर का जादू 2025 में भी छाया रहा।
    ग्लास स्किन यानी चमकदार, साफ और हाईड्रेटेड लुक पाने के लिए महिलाएं-

    हाइड्रेशन-युक्त सीरम

    शीट मास्क

    डबल क्लेंज़िंग
    का खूब इस्तेमाल करती रहीं।
    सोशल मीडिया पर “ग्लोइंग स्किन चैलेंज” और “K-स्किनकेयर रूटीन” खूब वायरल हुए।

    3. रेट्रो मेकअप लुक (Retro Makeup Comeback)

    क्लासिक और एलीगेंट 90’s और 80’s मेकअप 2025 में फिर से छा गया।
    इस लुक की खासियत-

    सॉफ्ट और नैचुरल आई शैडो

    न्यूड या ब्राउन लिप्स

    हल्का ब्लश

    पॉलिश्ड, सिंपल फिनिश
    AI फोटो टूल्स और रेट्रो फिल्टर ट्रेंड की वजह से भी यह लुक खूब पसंद किया गया।

    4. स्किनिमलिज़्म (Skinminimalism)

    कम मेकअप और ज्यादा नैचुरल ब्यूटी- यही ट्रेंड 2025 में सबसे बड़ा मूवमेंट रहा।
    इसका मकसद त्वचा की वास्तविक चमक को उभारना है।

    कम प्रोडक्ट्स

    कम केमिकल

    ज्यादा नेचुरल स्किन केयर
    महिलाओं ने “स्किन ब्रीदिंग” और “नो-फाउंडेशन डे” को बढ़ावा दिया और Skinminimalism टैग ट्रेंड में रहा।

    5. मैचा स्किनकेयर (Matcha Beauty Trend)

    ग्रीन टी की तरह मैचा अब ब्यूटी इंडस्ट्री का सुपरफूड बन गया।
    इसके एंटीऑक्सीडेंट और डिटॉक्स गुणों के कारण-

    मैचा फेस मास्क

    मैचा क्लेंज़र

    मैचा सीरम
    2025 में बेहद लोकप्रिय रहे।
    इसने स्किन को ग्लोइंग, सूदिंग और ब्राइट बनाने में बड़ी भूमिका निभाई।

    2025 की ब्यूटी दुनिया ने साबित किया कि खूबसूरती का असली राज़ नेचुरल ग्लो, स्वस्थ स्किन और सिंपल ब्यूटी रूटीन में है।
    इस साल ट्रेंड्स ने महिलाओं को यह एहसास कराया कि कम भी खूबसूरत हो सकता है-और असली ब्यूटी आत्मविश्वास से आती है!

  • रात को सोते समय चेहरे पर क्या लगाएं? इस रामबाण नुस्खे से मिलेगा नैचुरल ग्लो

    रात को सोते समय चेहरे पर क्या लगाएं? इस रामबाण नुस्खे से मिलेगा नैचुरल ग्लो


    नई दिल्ली। हर कोई चाहता है कि उसका चेहरा साफ, बेदाग और चमकदार दिखे, लेकिन दिनभर की धूल-मिट्टी, प्रदूषण और तनाव का असर सबसे पहले हमारी त्वचा पर पड़ता है। अक्सर लोग सुबह की स्किन केयर पर तो ध्यान देते हैं, लेकिन रात को चेहरे की सही देखभाल नहीं करते, जबकि एक्सपर्ट्स के अनुसार त्वचा की असली मरम्मत (रिपेयरिंग) रात के समय ही होती है। ऐसे में यह जानना बेहद जरूरी है कि रात को सोने से पहले चेहरे पर क्या लगाना चाहिए, जिससे त्वचा को प्राकृतिक ग्लो मिल सके।’
    नारियल तेल से पाएं गहरी नमी और प्राकृतिक चमक
    नारियल तेल को एक बेहतरीन नेचुरल मॉइस्चराइजर माना जाता है। इसमें मौजूद एंटी-बैक्टीरियल और एंटी-फंगल गुण त्वचा को इंफेक्शन से बचाते हैं। रात को सोने से पहले चेहरे को अच्छे से धोकर कुछ बूंदें नारियल तेल की लगाएं और हल्के हाथों से मसाज करें। इससे त्वचा पूरी रात हाइड्रेट रहती है और सुबह चेहरा मुलायम व चमकदार नजर आता है।

    एलोवेरा जेल से दाग-धब्बों और मुंहासों से राहत

    एलोवेरा जेल स्किन के लिए रामबाण माना जाता है। इसमें मौजूद एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण मुंहासों को कम करने में मदद करते हैं और दाग-धब्बों को हल्का करते हैं। रात को सोने से पहले चेहरे पर ताजा एलोवेरा जेल लगाकर हल्की मसाज करें और सुबह गुनगुने पानी से चेहरा धो लें। नियमित इस्तेमाल से स्किन साफ, सॉफ्ट और ग्लोइंग बनती है।
    गुलाब जल और ग्लिसरीन का मिश्रण भी है असरदार
    अगर आपकी त्वचा रूखी रहती है तो गुलाब जल में थोड़ी-सी ग्लिसरीन मिलाकर चेहरे पर लगाएं। यह त्वचा को गहराई से पोषण देता है और रातभर नमी बनाए रखता है।

    क्या रखें सावधानी?

    रात को कभी भी मेकअप लगाकर न सोएं। सोने से पहले चेहरा अच्छे क्लींजर से साफ करें। बहुत ज्यादा प्रोडक्ट्स एक साथ लगाने से बचें, इससे स्किन रिएक्शन हो सकता है।

    खूबसूरत और दमकती त्वचा के लिए सिर्फ महंगे प्रोडक्ट्स जरूरी नहीं, बल्कि सही नाइट स्किन केयर रूटीन सबसे अहम है। नारियल तेल, एलोवेरा जेल और गुलाब जल जैसे प्राकृतिक उपाय अपनाकर आप बिना साइड इफेक्ट अपनी त्वचा को हेल्दी और ग्लोइंग बना सकते हैं। नियमित देखभाल से कुछ ही दिनों में चेहरे पर निखार साफ नजर आने लगेगा।

  • अनिरुद्धाचार्य महाराज बनाम इंद्रेश उपाध्याय: किस कथावाचक की नेटवर्थ और फीस है सबसे ज्यादा? जानिए पूरी कहानी

    अनिरुद्धाचार्य महाराज बनाम इंद्रेश उपाध्याय: किस कथावाचक की नेटवर्थ और फीस है सबसे ज्यादा? जानिए पूरी कहानी


    नई दिल्ली हाल ही में राजस्थान के जयपुर में हुई कथावाचक इंद्रेश उपाध्याय की भव्य और शाही शादी सोशल मीडिया पर खूब सुर्खियों में रही। ताज आमेर होटल में संपन्न हुई इस ग्रैंड वेडिंग के फोटो और वीडियो इंटरनेट पर वायरल होते रहे और लोगों ने इस रॉयल शादी की जमकर चर्चा की। लेकिन शादी की चमक-धमक के बीच एक दिलचस्प सवाल तेजी से सामने आने लगाआख़िर अनिरुद्धाचार्य महाराज और इंद्रेश उपाध्याय में से किसकी नेटवर्थ ज्यादा है- और कौन कथावाचन के लिए अधिक फीस लेते हैं?

    भारत में आध्यात्मिक कथावाचन की दुनिया पिछले कुछ वर्षों में काफी बदली है। सोशल मीडिया- डिजिटल मंचों और ग्लोबल कनेक्टिविटी के दौर में कुछ युवा कथावाचकों ने अपनी अनोखी शैली- आकर्षक व्यक्तित्व और प्रभावी वाणी से करोड़ों लोगों तक अपनी बात पहुंचाई है। इन्हीं में दो बड़े नाम हैंअनिरुद्धाचार्य महाराज और इंद्रेश उपाध्याय।एक 36 वर्ष के- तो दूसरे मात्र 28 वर्ष के- मगर दोनों की लोकप्रियता और फैन फॉलोइंग किसी सेलिब्रिटी से कम नहीं।

    कौन हैं अनिरुद्धाचार्य महाराज?
    अनिरुद्धाचार्य महाराज आज के समय में सबसे चर्चित युवा कथावाचकों में से एक माने जाते हैं। धर्म और जीवन से जुड़े गहरे संदेश को सरल और प्रभावशाली शैली में समझाना उनकी सबसे बड़ी खासियत है। उनकी कथा में जहां अध्यात्म होता है- वहीं आधुनिक सोच और जीवन प्रबंधन का बेहतरीन संतुलन भी दिखाई देता है। यही कारण है कि देश ही नहीं- बल्कि विदेशों में भी उनके कार्यक्रमों की जबरदस्त डिमांड है। बड़े आयोजन- विशाल पंडाल और हजारों की संख्या में श्रोता उनकी पहचान बन चुके हैं।

    इंद्रेश उपाध्याय कौन हैं?
    दूसरी ओर- 28 वर्षीय इंद्रेश उपाध्याय ने बेहद कम उम्र में वह लोकप्रियता हासिल कर ली है- जिसे पाने में कई कथावाचक वर्षों लगाते हैं। उनकी वाणी- शैली और प्रस्तुतिकरण युवाओं से लेकर बुजुर्गों तक- सभी को प्रभावित करता है।हाल ही में उनकी शाही शादी ने न केवल उन्हें सुर्खियों में ला दिया- बल्कि उनके जीवन और कमाई से जुड़ी चर्चाओं को भी हवा दी। उनकी हर कथा में भक्ति- भजन और सांस्कृतिक परंपराओं का अनोखा संगम देखने को मिलता है।

    फीस में किसकी है बढ़त?

    अब सवाल आता है कि अनिरुद्धाचार्य महाराज और इंद्रेश उपाध्याय में से अधिक फीस कौन लेते हैं? हालांकि आधिकारिक रूप से दोनों कथावाचकों द्वारा कभी सार्वजनिक रूप से फीस का खुलासा नहीं किया जाता लेकिन जो खबरें- मीडिया रिपोर्ट्स और अनुमान सामने आते हैं- उनसे पता चलता है कि अनिरुद्धाचार्य महाराज कीफीस इंद्रेश उपाध्याय से कहीं ज्यादा मानी जाती है। अनिरुद्धाचार्य महाराज की लोकप्रियता- उनके कार्यक्रमों की भव्यता और उनकी देश-विदेश में बढ़ती डिमांड के कारण उनकी फीस अधिक बताई जाती है वहीं इंद्रेश उपाध्याय भी अच्छी-खासी फीस लेते हैं- लेकिन उनकी उम्र और अनुभव की तुलना में अनिरुद्धाचार्य महाराज की डिमांड कहीं अधिक है।

    क्यों होती है इतनी चर्चा?
    दोनों कथावाचकों की सोशल मीडिया पर भारी फैन फॉलोइंग है। हर कार्यक्रम के साथ उनकी चर्चा और भी बढ़ जाती है। आध्यात्मिक जगत में उभरते इन युवा चेहरों ने कथावाचन की दुनिया को नए स्तर पर पहुंचा दिया है। उनकी लोकप्रियता का सीधा असर उनकी नेटवर्थ- इवेंट बुकिंग और फीस पर भी पड़ता है। यही वजह है कि लोग अक्सर यह जानने को उत्सुक रहते हैं कि दोनों में किसकी कमाई ज्यादा है।संक्षेप में कहें तोदोनों ही कथावाचक अपने-अपने क्षेत्र में बेहद लोकप्रिय हैं। परंतु जब फीस और डिमांड की बात आती है- तो अनिरुद्धाचार्य महाराज को बढ़त हासिल है।फिर भी- यह कहना गलत नहीं होगा कि आने वाले समय में इंद्रेश उपाध्याय भी अपनी लोकप्रियता और प्रतिभा के दम पर और भी बड़ी ऊंचाइयों को छू सकते हैं।

  • नेचुरल हेयर केयर: इस प्रोटीन मास्क से रूखे बालों में आएगी नई चमक

    नेचुरल हेयर केयर: इस प्रोटीन मास्क से रूखे बालों में आएगी नई चमक


    नई दिल्ली। सर्दियों में बालों का रूखा, बेजान और कमजोर होना आम समस्या बन जाती है। ठंडी हवा, प्रदूषण और पोषण की कमी से बाल अपनी प्राकृतिक चमक खो देते हैं। ऐसे में प्रोटीन से भरपूर घरेलू हेयर मास्क बालों के लिए रामबाण उपाय साबित हो सकता है। सही तरीके से इस्तेमाल करने पर यह मास्क बालों को जड़ों से मजबूत बनाकर उन्हें रेशमी और चमकदार बना देता है।

    क्यों जरूरी है प्रोटीन हेयर मास्क-
    बालों की मजबूती के लिए प्रोटीन बेहद जरूरी होता है। इसकी कमी से बाल टूटने लगते हैं और उनकी ग्रोथ भी प्रभावित होती है। अंडा और दही से बना हेयर मास्क बालों को अंदर से पोषण देकर उनकी बनावट सुधारता है और रूखापन दूर करता है।

    हेयर मास्क बनाने की सामग्री-

    1 अंडा
    2 बड़े चम्मच दही

    ऐसे करें मास्क तैयार

    एक बाउल में अंडा और दही डालकर अच्छी तरह फेंट लें, ताकि स्मूद मिश्रण बन जाए। बालों को हल्का गीला करें और इस मिश्रण को जड़ों से लेकर सिरों तक लगाएं। इसके बाद 20–30 मिनट तक बालों में रहने दें।

    धोने का सही तरीका

    बाल हमेशा ठंडे या हल्के गुनगुने पानी से धोएं। गर्म पानी से अंडा बालों में जम सकता है। इसके बाद हल्के शैंपू से बाल साफ करें। हफ्ते में 1–2 बार इसका इस्तेमाल पर्याप्त है।

    इस मास्क से मिलने वाले फायदे

    इस मास्क के नियमित इस्तेमाल से बाल सिल्की, मुलायम और प्राकृतिक रूप से चमकदार बनते हैं। इससे बालों का टूटना और झड़ना कम होता है, स्कैल्प साफ व स्वस्थ रहती है और बालों की मोटाई व मजबूती में भी बढ़ोतरी होती है। साथ ही यह मास्क रूखापन दूर कर दोमुंहे बालों की समस्या को भी काफी हद तक कम कर देता है।

    जरूरी सावधानियां-

    मास्क लगाने से पहले किसी छोटे हिस्से पर एलर्जी टेस्ट जरूर करें ताकि किसी प्रकार की त्वचा प्रतिक्रिया से बचा जा सके। अगर सिर में कहीं घाव या चोट हो तो इस मास्क का उपयोग न करें। साथ ही हफ्ते में 1–2 बार से ज्यादा इसका इस्तेमाल न करें और बाल धोते समय कभी भी गर्म पानी न लें, क्योंकि इससे अंडा पक सकता है और बालों को नुकसान पहुंच सकता है। अगर आप सर्दियों में रूखे और बेजान बालों से परेशान हैं, तो अंडा-दही से बना यह प्रोटीन हेयर मास्क आपके लिए बेहद फायदेमंद साबित हो सकता है। नियमित इस्तेमाल से बाल मजबूत, मुलायम और प्राकृतिक रूप से चमकदार बन जाते हैं।