Category: Madhya Pradesh

  • एमपी के 7 जिलों में आज भारी बारिश का अलर्ट, अगले 2-4 दिनों में पूरे प्रदेश में सक्रिय होगा मानसून

    एमपी के 7 जिलों में आज भारी बारिश का अलर्ट, अगले 2-4 दिनों में पूरे प्रदेश में सक्रिय होगा मानसून


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून अब तेजी से आगे बढ़ रहा है। मौसम विभाग ने बुधवार को बालाघाट और डिंडौरी में अति भारी बारिश, जबकि देवास, हरदा, बैतूल, पांढुर्णा और छिंदवाड़ा में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में तेज बारिश के साथ स्थानीय स्तर पर जलभराव की स्थिति बन सकती है।

    2 से 4 दिनों में पूरे प्रदेश को कवर करेगा मानसून
    मौसम विभाग के अनुसार, मानसून मंगलवार को आगे बढ़ते हुए जबलपुर, भोपाल, रीवा और शहडोल संभाग के अधिकांश जिलों तक पहुंच गया है। अगले 2 से 4 दिनों के भीतर भोपाल, सागर, ग्वालियर, उज्जैन और चंबल संभाग के शेष जिलों में भी मानसून की दस्तक होने की संभावना है।

    इन जिलों में आंधी और बारिश की चेतावनी
    मौसम विभाग ने भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, झाबुआ, आलीराजपुर, धार, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, उज्जैन, शाजापुर, नर्मदापुरम, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, सिवनी, मंडला, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, मऊगंज, मैहर, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, सागर, पन्ना, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में तेज आंधी के साथ बारिश का अलर्ट जारी किया है। वहीं, नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा और रतलाम में हल्की बारिश होने की संभावना जताई गई है।

    23 जिलों में बरसे बादल, तापमान में आई गिरावट
    मंगलवार को प्रदेश के 23 जिलों में बारिश दर्ज की गई। सतना में करीब डेढ़ इंच वर्षा रिकॉर्ड हुई। इसके अलावा भोपाल, इंदौर, बैतूल, धार, नर्मदापुरम, खरगोन, छिंदवाड़ा, जबलपुर, मंडला, रीवा, सागर, सिवनी, सीधी, बालाघाट, पांढुर्णा, सीहोर, शाजापुर, डिंडौरी, हरदा और मैहर सहित कई जिलों में अच्छी बारिश हुई।

    बारिश के कारण अधिकतम तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई। भोपाल में 30.6 डिग्री, इंदौर में 33 डिग्री, उज्जैन में 35 डिग्री, जबलपुर में 32 डिग्री और ग्वालियर में 40 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड हुआ।

    सबसे कम अधिकतम तापमान बैतूल में 26.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा सिवनी, छिंदवाड़ा, दमोह, मलाजखंड, खंडवा, सागर, मंडला और खरगोन में भी तापमान सामान्य से नीचे रहा।

    जून में कमी, जुलाई से बेहतर बारिश की उम्मीद
    मौसम विभाग के अनुसार, जून महीने में प्रदेश में कुल 88.2 मिमी (करीब 3.5 इंच) बारिश हुई, जो सामान्य 131.1 मिमी की तुलना में लगभग 33 प्रतिशत कम रही। हालांकि विभाग का अनुमान है कि जुलाई में मानसून पूरी तरह सक्रिय रहेगा। सामान्य तौर पर प्रदेश की कुल मानसूनी बारिश का लगभग 40 प्रतिशत हिस्सा जुलाई में ही दर्ज होता है, इसलिए इस महीने अच्छी बारिश की उम्मीद जताई जा रही है।

  • शीर्षक विकल्प 3 बादल आते हैं लेकिन बरसते नहीं इंदौर में कमजोर मानसून ने बढ़ाई उमस और गर्मी आज शाम बदल सकता है मौसम

    शीर्षक विकल्प 3 बादल आते हैं लेकिन बरसते नहीं इंदौर में कमजोर मानसून ने बढ़ाई उमस और गर्मी आज शाम बदल सकता है मौसम


    इंदौर  इंदौर में मानसून की दस्तक के बावजूद बारिश की रफ्तार उम्मीद के मुताबिक नहीं बढ़ सकी है। जून का महीना समाप्ति की ओर है लेकिन अब तक शहर में करीब 4 इंच वर्षा ही दर्ज की गई है। अच्छी बारिश का आखिरी दौर 24 जून को देखने को मिला था जब शहर के अलग अलग हिस्सों में आधा इंच से लेकर करीब 2 इंच तक पानी बरसा था। इसके बाद मौसम में लगातार बदलाव तो देखने को मिला लेकिन तेज बारिश नहीं हो सकी।

    पिछले एक सप्ताह से दोपहर बाद आसमान में बादल छा रहे हैं और बारिश जैसे हालात बन रहे हैं लेकिन अधिकांश क्षेत्रों में केवल हल्की बूंदाबांदी या रिमझिम तक ही मौसम सीमित रह गया। मंगलवार सुबह भी धूप और बादलों की आवाजाही का सिलसिला जारी रहा। मौसम विभाग के अनुसार शाम के समय हल्की बारिश होने की संभावना है जिससे लोगों को उमस और गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है।

    कम बारिश का असर तापमान पर भी साफ दिखाई दे रहा है। पिछले सात दिनों से दिन का अधिकतम तापमान 33 से 34 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है जो सामान्य से लगभग एक डिग्री अधिक है। वहीं रात का तापमान भी लगातार 24 से 25 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया जा रहा है। सामान्य से अधिक तापमान के कारण दिन में उमस और रात में गर्मी लोगों को परेशान कर रही है।

    इस वर्ष 24 जून को मध्य प्रदेश में मानसून ने प्रवेश किया था और इंदौर सहित प्रदेश के 15 जिलों में इसकी आधिकारिक घोषणा भी कर दी गई थी। हालांकि इसके बाद मानसून की रफ्तार धीमी पड़ गई और वह आगे बढ़ने के बजाय एक क्षेत्र में ही ठहर गया। इसी वजह से प्रदेश के कई हिस्सों में अपेक्षित बारिश नहीं हो सकी। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि मानसून के दोबारा सक्रिय होकर आगे बढ़ने के बाद ही व्यापक वर्षा का दौर शुरू होगा।

    बारिश की कमी का असर केवल इंदौर तक सीमित नहीं है। प्रदेश के उत्तरी क्षेत्रों खासकर ग्वालियर चंबल सागर और रीवा संभाग में भी तापमान सामान्य से अधिक बना हुआ है। इन इलाकों में भी लोग अच्छी बारिश का इंतजार कर रहे हैं।

    यदि पिछले वर्षों के आंकड़ों पर नजर डालें तो जून के महीने में इंदौर में तापमान में अच्छी गिरावट देखने को मिलती रही है और औसतन पर्याप्त वर्षा भी दर्ज होती रही है। पिछले वर्ष जून में शहर में लगभग साढ़े पांच इंच बारिश हुई थी जबकि वर्ष 1980 में जून के महीने में 17 इंच से अधिक वर्षा का रिकॉर्ड बना था। वहीं 23 जून 2003 को 24 घंटे में करीब 5 इंच बारिश दर्ज की गई थी जो आज भी एक बड़ा रिकॉर्ड माना जाता है।

    मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि आने वाले कुछ दिनों में यदि मानसून सक्रिय होता है तो बारिश की रफ्तार तेज हो सकती है। फिलहाल शहरवासियों को हल्की बारिश और बादलों की आवाजाही के बीच उमस भरे मौसम का सामना करना पड़ सकता है।

  • रहस्यमयी गुमशुदगी से हत्या तक कर्ज प्रेम संबंध और एक फोन कॉल में उलझी नरसिंहपुर की सनसनीखेज कहानी

    रहस्यमयी गुमशुदगी से हत्या तक कर्ज प्रेम संबंध और एक फोन कॉल में उलझी नरसिंहपुर की सनसनीखेज कहानी


    मध्य प्रदेश। मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर जिले में एक युवक की रहस्यमयी गुमशुदगी और सात दिन बाद तालाब से मिली लाश ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। शुरुआत में यह मामला गुमशुदगी या हादसे का माना जा रहा था लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने पूरी कहानी बदल दी। जांच में सामने आए एक फोन कॉल कर्ज के विवाद और पारिवारिक रिश्तों से जुड़े कई पहलुओं ने इस हत्याकांड को और भी रहस्यमय बना दिया।

    घटना 24 जनवरी 2021 की है। करेली निवासी 32 वर्षीय सपनेश पटेल शाम के समय अपने काम से लौटने की तैयारी कर रहे थे। तभी उनके मोबाइल पर एक परिचित का फोन आया जिसमें उन्हें पार्टी में शामिल होने के लिए बुलाया गया। सपनेश तुरंत वहां जाने के लिए निकल गए लेकिन इसके बाद उनका कोई सुराग नहीं मिला। रात भर इंतजार करने के बाद भी जब वह घर नहीं लौटे और उनका मोबाइल भी बंद मिला तो परिजनों की चिंता बढ़ गई।

    अगले दिन परिवार ने रिश्तेदारों और दोस्तों के यहां तलाश शुरू की लेकिन कहीं कोई जानकारी नहीं मिली। आखिरकार करेली थाने में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई। इस बीच गांव में तरह तरह की चर्चाएं भी शुरू हो गईं। कुछ लोगों ने बताया कि सपनेश पर पहले भी कर्ज था और संभव है कि वह फिर कहीं चला गया हो। हालांकि पुलिस ने हर पहलू को ध्यान में रखते हुए जांच जारी रखी।

    जांच के दौरान पुलिस ने कॉल डिटेल खंगाली तो पता चला कि लापता होने से पहले सपनेश की आखिरी बातचीत उनके रिश्तेदार सूर्यप्रकाश पटेल से हुई थी। पूछताछ में सूर्यप्रकाश ने स्वीकार किया कि उसने ही सपनेश को शराब पार्टी के लिए बुलाया था लेकिन इसके बाद वह लगातार यही कहता रहा कि सपनेश शायद कर्ज के कारण कहीं चला गया होगा। उसके बयान पुलिस के संदेह को और गहरा करते गए।

    सात दिन बाद डूडा गांव के पास एक तालाब में ग्रामीणों ने एक शव देखा। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को बाहर निकलवाया और परिजनों से पहचान कराई। शव सपनेश का ही था। लंबे समय तक पानी में रहने के कारण शव सड़ चुका था लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने सबसे बड़ा खुलासा किया। डॉक्टरों ने साफ किया कि मौत डूबने से नहीं बल्कि गला दबाकर हत्या करने से हुई थी। गले पर तार जैसी किसी वस्तु से कसने के स्पष्ट निशान मिले थे। इसके बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर जांच का दायरा और बढ़ा दिया।

    इसी दौरान सपनेश के भाई ने पुलिस को बताया कि सूर्यप्रकाश का उनके घर में लगातार आना जाना था और उसने कई बार उसे सपनेश की पत्नी के साथ बेहद घुलते मिलते देखा था। इस जानकारी के बाद जांच की दिशा बदल गई और पुलिस ने यह पता लगाने की कोशिश शुरू की कि हत्या के पीछे असली वजह कर्ज थी या पारिवारिक संबंधों से जुड़ा कोई विवाद।

    फिलहाल इस सनसनीखेज मामले में कई सवाल अब भी अनुत्तरित हैं। क्या हत्या की साजिश पहले से रची गई थी या यह किसी विवाद का नतीजा थी। इन सवालों के जवाब जांच के अगले चरण में सामने आने की उम्मीद है।

  • इंदौर नगर निगम की अपील आज आखिरी दिन समय पर कर जमा कर पाएं विशेष छूट और बनें शहर विकास के भागीदार

    इंदौर नगर निगम की अपील आज आखिरी दिन समय पर कर जमा कर पाएं विशेष छूट और बनें शहर विकास के भागीदार


    इंदौर । इंदौर नगर निगम की ओर से वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए अग्रिम संपत्तिकर और जलकर जमा करने का मंगलवार यानी 30 जून अंतिम दिन है। नगर निगम ने करदाताओं से समय रहते भुगतान करने की अपील की है ताकि वे विशेष छूट का लाभ उठा सकें। अंतिम दिन बड़ी संख्या में लोगों के आने की संभावना को देखते हुए निगम ने सभी कर संग्रह केंद्रों पर आवश्यक व्यवस्थाएं की हैं और काउंटर भी नियमित रूप से संचालित किए जा रहे हैं।

    नगर निगम के अनुसार अग्रिम कर जमा करने वाले नागरिकों को प्रोत्साहन के रूप में संपत्तिकर पर 6.25 प्रतिशत और जलकर पर 6 प्रतिशत की विशेष छूट दी जा रही है। निगम का मानना है कि इस योजना से लोगों को आर्थिक राहत मिलने के साथ नगर निगम के राजस्व में भी बढ़ोतरी होगी जिससे शहर के विकास कार्यों को गति मिलेगी।

    नगर निगम ने इस वर्ष अग्रिम संपत्तिकर और जलकर संग्रह के लिए 140 करोड़ रुपये का लक्ष्य निर्धारित किया है। राजस्व प्रभारी निरंजन सिंह चौहान ने बताया कि नागरिकों की अच्छी भागीदारी को देखते हुए उम्मीद है कि तय लक्ष्य से भी अधिक कर संग्रह हो सकता है। पिछले वित्तीय वर्ष में अग्रिम कर के रूप में लगभग 103 करोड़ रुपये जमा हुए थे जबकि इस बार उससे कहीं बेहतर परिणाम मिलने की संभावना जताई जा रही है।

    करदाताओं को जागरूक करने के लिए नगर निगम ने पिछले कई दिनों से व्यापक प्रचार अभियान चलाया। शहर के विभिन्न क्षेत्रों में सूचना प्रसारित की गई और नागरिकों से समय पर कर जमा करने की अपील की गई। महापौर पुष्यमित्र भार्गव और नगर निगम आयुक्त क्षितिज सिंघल ने भी लोगों से आग्रह किया कि वे अंतिम तिथि का इंतजार किए बिना अपना कर जमा करें और उपलब्ध छूट का पूरा लाभ उठाएं।

    महापौर ने कहा कि समय पर कर जमा करना केवल नागरिक जिम्मेदारी ही नहीं बल्कि शहर के विकास में सहभागिता का भी महत्वपूर्ण माध्यम है। नगर निगम को मिलने वाला राजस्व सड़क निर्माण स्वच्छता पेयजल व्यवस्था उद्यानों के विकास और अन्य बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने में उपयोग किया जाता है। इसलिए नागरिकों का सहयोग शहर की प्रगति के लिए बेहद आवश्यक है।

    नगर निगम ने करदाताओं से अपील की है कि यदि उन्होंने अभी तक अपना अग्रिम संपत्तिकर या जलकर जमा नहीं किया है तो आज ही भुगतान कर विशेष छूट का लाभ उठाएं। अंतिम तिथि के बाद यह छूट उपलब्ध नहीं होगी और सामान्य नियमों के अनुसार कर का भुगतान करना होगा।

  • E20 पेट्रोल पर बढ़ी बहस क्या इथेनॉल मिश्रित ईंधन से बढ़ रहा है वाहन मेंटेनेंस का खर्च जानिए पूरी सच्चाई

    E20 पेट्रोल पर बढ़ी बहस क्या इथेनॉल मिश्रित ईंधन से बढ़ रहा है वाहन मेंटेनेंस का खर्च जानिए पूरी सच्चाई


    मध्य प्रदेश । देश में पेट्रोल पर निर्भरता कम करने और स्वच्छ ईंधन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से केंद्र सरकार लगातार इथेनॉल मिश्रित ईंधन के उपयोग को प्रोत्साहित कर रही है। हाल ही में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने बताया कि देश में शत प्रतिशत इथेनॉल को ईंधन के रूप में इस्तेमाल करने की दिशा में भी काम आगे बढ़ रहा है। वहीं बाजार में E20 यानी 20 प्रतिशत इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल का उपयोग तेजी से बढ़ रहा है। इसके बीच अब वाहन चालकों और ऑटो मैकेनिकों के बीच इस ईंधन को लेकर नई बहस शुरू हो गई है।

    भोपाल के कई ऑटो मैकेनिकों का दावा है कि E20 पेट्रोल इस्तेमाल करने वाली कुछ गाड़ियों में फ्यूल पंप जल्दी खराब होने और फ्यूल सिस्टम में तकनीकी दिक्कतें देखने को मिल रही हैं। उनका कहना है कि पहले जिन वाहनों में फ्यूल पंप वर्षों तक बिना किसी परेशानी के चलता था अब कुछ मामलों में उसे अपेक्षाकृत कम समय में बदलना पड़ रहा है। हालांकि यह अनुभव सभी वाहनों पर समान रूप से लागू नहीं होता और यह वाहन की तकनीक तथा उसकी स्थिति पर भी निर्भर करता है।

    मैकेनिकों के अनुसार जिन वाहनों का लंबे समय तक उपयोग नहीं होता उनमें इथेनॉल मिश्रित ईंधन अधिक समय तक टैंक में रहने पर नमी खींच सकता है। इससे फ्यूल सिस्टम में गंदगी या जंग जैसी समस्याएं पैदा होने की आशंका रहती है। ऐसी स्थिति में फ्यूल फिल्टर और फ्यूल पंप पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है जिससे उनकी कार्यक्षमता प्रभावित होती है।

    विशेषज्ञों का कहना है कि इथेनॉल एक स्वच्छ ईंधन है और इससे कार्बन उत्सर्जन कम करने में मदद मिलती है। इसके अलावा इससे कच्चे तेल के आयात पर निर्भरता घटाने और किसानों को अतिरिक्त आय का अवसर देने का भी उद्देश्य है। लेकिन यह भी जरूरी है कि वाहन निर्माता कंपनियों के निर्देशों का पालन किया जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि संबंधित वाहन E20 ईंधन के अनुकूल है।

    ऑटो विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि यदि वाहन लंबे समय तक खड़ा रहने वाला है तो समय समय पर उसे स्टार्ट करना चाहिए ताकि फ्यूल सिस्टम सक्रिय रहे। साथ ही निर्धारित समय पर सर्विस कराना फ्यूल फिल्टर बदलना और अच्छी गुणवत्ता का ईंधन भरवाना भी जरूरी है। इससे संभावित तकनीकी समस्याओं को काफी हद तक कम किया जा सकता है।

    वाहन मालिकों के लिए सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि वे अपनी गाड़ी की यूजर मैनुअल में दी गई ईंधन संबंधी जानकारी को ध्यान से पढ़ें। यदि वाहन निर्माता ने E20 के उपयोग की अनुमति दी है तो उसका उपयोग सुरक्षित माना जाता है। वहीं पुराने मॉडल के वाहनों में किसी भी तरह की समस्या महसूस होने पर अधिकृत सर्विस सेंटर या विशेषज्ञ मैकेनिक से सलाह लेना बेहतर रहेगा।

    इथेनॉल मिश्रित ईंधन को लेकर फिलहाल अलग अलग अनुभव सामने आ रहे हैं। ऐसे में यह जरूरी है कि तकनीकी तथ्यों और वाहन निर्माता कंपनियों के दिशा निर्देशों के आधार पर ही निर्णय लिया जाए ताकि पर्यावरण संरक्षण और वाहन की बेहतर कार्यक्षमता दोनों के बीच संतुलन बना रहे।

  • ब्लैकमेलिंग के आरोपों में घिरे मीडियाकर्मी पर दूसरी एफआईआर भाई और महिला साथी सहित चार लोगों पर पुलिस ने दर्ज किया मामला

    ब्लैकमेलिंग के आरोपों में घिरे मीडियाकर्मी पर दूसरी एफआईआर भाई और महिला साथी सहित चार लोगों पर पुलिस ने दर्ज किया मामला


    इंदौर । इंदौर में एक मीडियाकर्मी के खिलाफ सात दिन के भीतर दूसरी एफआईआर दर्ज होने से मामला चर्चा में आ गया है। इस बार बाणगंगा थाना पुलिस ने एमपीईबी के कार्यपालक निदेशक की शिकायत पर मीडियाकर्मी अनवर खान उसके भाई एक महिला साथी और एक अन्य व्यक्ति के खिलाफ ब्लैकमेलिंग धमकी देकर रुपए वसूलने और मानसिक प्रताड़ना के आरोप में प्रकरण दर्ज किया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और सभी आरोपों की विस्तृत पड़ताल की जा रही है।

    बाणगंगा थाना प्रभारी सियाराम गुर्जर के अनुसार शिकायत एमपीईबी के कार्यपालक निदेशक शिवलाल पुत्र दयाराम करबाडिया ने दर्ज कराई है। शिकायत के आधार पर अनवर खान साधना शक्वातव सिद्दीकी खान और फारूख सिद्दीकी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया गया है।

    शिकायतकर्ता के अनुसार उनका कार्यालय और निवास पोलोग्राउंड क्षेत्र में स्थित है। आरोप है कि चारों आरोपी कई वर्षों से रिपोर्टिंग के सिलसिले में वहां आते जाते थे। इसी दौरान उन्होंने विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों से जुड़े मामलों में कथित रूप से भ्रामक और दबाव बनाने वाली खबरें प्रकाशित करने की बात कहकर मानसिक दबाव बनाया।

    एफआईआर में यह भी आरोप लगाया गया है कि आरोपियों ने शिकायतकर्ता को रेप के झूठे मामले में फंसाने और जेल भिजवाने की धमकी देकर रुपए की मांग की। शिकायत के मुताबिक जून 2024 से दिसंबर 2025 के बीच करीब डेढ़ लाख रुपये विभिन्न किस्तों में वसूल किए गए। आरोप है कि रकम लेने के बाद भी लगातार और पैसे की मांग की जाती रही जिससे शिकायतकर्ता मानसिक रूप से परेशान हो गया।

    शिवलाल करबाडिया ने पुलिस को बताया कि कुछ दिन पहले उन्हें जानकारी मिली कि अनवर खान के खिलाफ पहले से ही बाणगंगा थाने में ब्लैकमेलिंग का एक अन्य मामला दर्ज है। इसके बाद उन्होंने भी अपने साथ हुई कथित घटनाओं की शिकायत पुलिस से की और पूरी जानकारी उपलब्ध कराई।

    पुलिस ने शिकायत मिलने के बाद चारों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि शिकायत में लगाए गए सभी आरोपों की निष्पक्ष जांच की जाएगी। मामले से जुड़े दस्तावेज साक्ष्य और अन्य तथ्यों का परीक्षण किया जा रहा है। जांच के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

    फिलहाल पुलिस ने किसी आरोपी की गिरफ्तारी की पुष्टि नहीं की है। जांच एजेंसियां मामले के सभी पहलुओं की पड़ताल कर रही हैं ताकि आरोपों की सत्यता स्पष्ट हो सके और उसी के आधार पर आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जा सके।

  • इंदौर में थाने से हथकड़ी खोलकर फरार हुआ बदमाश अवैध शराब मामले का आरोपी पुलिस को देकर गया चुनौती

    इंदौर में थाने से हथकड़ी खोलकर फरार हुआ बदमाश अवैध शराब मामले का आरोपी पुलिस को देकर गया चुनौती


    इंदौर । इंदौर के द्वारकापुरी थाने से अवैध शराब मामले में गिरफ्तार आरोपी साबिर उर्फ गज्जू हथकड़ी से हाथ निकालकर फरार हो गया। घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया और आरोपी की तलाश में कई टीमें रवाना कर दी गईं।

    इंदौर के द्वारकापुरी थाना परिसर से मंगलवार को पुलिस की हिरासत में मौजूद एक आरोपी के फरार होने से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। अवैध शराब के मामले में गिरफ्तार साबिर उर्फ गज्जू संतरी को चकमा देकर हथकड़ी से अपना हाथ निकालने में सफल रहा और मौके से फरार हो गया। घटना की जानकारी मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने तत्काल अलग अलग टीमों का गठन कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी। आसपास के इलाकों में सघन सर्च अभियान चलाया जा रहा है।

    पुलिस के अनुसार साबिर उर्फ गज्जू निवासी अहीरखेड़ी को सोमवार रात गिरफ्तार किया गया था। वह अवैध शराब के एक मामले में लंबे समय से फरार चल रहा था। गिरफ्तारी के बाद उसे द्वारकापुरी थाने लाया गया जहां सुरक्षा के तहत हथकड़ी लगाकर बैठाया गया था। मंगलवार को मौका मिलते ही उसने धीरे धीरे हथकड़ी से अपना हाथ निकाल लिया और पुलिसकर्मियों को भनक लगे बिना वहां से भाग निकला।

    जानकारी के मुताबिक जिस स्थान पर साबिर को बैठाया गया था वहीं पास में पुलिस की गिरफ्त में मौजूद ड्रग्स तस्कर चेतन नाथ भी बैठा हुआ था। चेतन नाथ को सोमवार को ही आठ किलो गांजा लगभग 270 ग्राम ब्राउन शुगर 19 लाख रुपये नकद नोट गिनने की मशीन और 22 जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार किया गया था। इसी दौरान सुरक्षा व्यवस्था में हुई चूक का फायदा उठाकर साबिर फरार हो गया।

    घटना सामने आने के बाद पुलिस अधिकारियों ने तत्काल पूरे मामले की जानकारी ली और आरोपी की तलाश के लिए विशेष टीमों को रवाना किया। पुलिस आसपास के क्षेत्रों में दबिश दे रही है और आरोपी के संभावित ठिकानों की जानकारी जुटाई जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही आरोपी को दोबारा गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

    पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार साबिर कोई नया अपराधी नहीं है। करीब दो महीने पहले उसके साथी अरुण को अवैध शराब के मामले में गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। उस समय भी साबिर उसके साथ मौजूद था लेकिन पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया था। तभी से पुलिस उसकी तलाश में लगी हुई थी और सोमवार रात उसे पकड़ने में सफलता मिली थी लेकिन अगले ही दिन वह फिर पुलिस हिरासत से भाग निकला।

    सूत्रों के मुताबिक साबिर के खिलाफ अवैध शराब की तस्करी मारपीट और अन्य आपराधिक मामलों सहित तीन से अधिक प्रकरण दर्ज हैं। पुलिस अब उसकी गिरफ्तारी के साथ साथ यह भी जांच कर रही है कि थाने से फरार होने में किसी प्रकार की लापरवाही या मिलीभगत तो नहीं हुई। पूरे मामले की विभागीय समीक्षा भी की जा रही है ताकि भविष्य में इस तरह की घटना दोबारा न हो।

  • सोशल मीडिया कॉलिंग से चलता था ड्रग्स का काला कारोबार इंदौर पुलिस की पूछताछ में खुला बड़ा नेटवर्क

    सोशल मीडिया कॉलिंग से चलता था ड्रग्स का काला कारोबार इंदौर पुलिस की पूछताछ में खुला बड़ा नेटवर्क


    इंदौर । इंदौर में ड्रग्स तस्करी के खिलाफ चल रही कार्रवाई के दौरान पुलिस को एक बड़े नेटवर्क के अहम सुराग मिले हैं। गिरफ्तार आरोपी चेतन नाथ से पूछताछ में सामने आया है कि नशे का पूरा कारोबार सोशल मीडिया कॉलिंग के जरिए संचालित किया जाता था। आरोपी के मोबाइल फोन की जांच में एक भी सेव संपर्क नंबर नहीं मिला जिससे पुलिस को अंदेशा है कि गिरोह पहचान छिपाने के लिए आधुनिक डिजिटल तरीकों का इस्तेमाल कर रहा था। फिलहाल अदालत ने आरोपी को दो जुलाई तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया है और उससे लगातार पूछताछ की जा रही है।

    द्वारकापुरी थाना पुलिस के अनुसार चेतन नाथ की गिरफ्तारी के बाद कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। जांच में पता चला कि ड्रग्स की खरीद और सप्लाई के लिए सामान्य फोन कॉल या मैसेज की बजाय सोशल मीडिया कॉलिंग का उपयोग किया जाता था ताकि पुलिस की निगरानी से बचा जा सके। पुलिस अब आरोपी के मोबाइल का तकनीकी विश्लेषण कर उसके डिजिटल नेटवर्क और संपर्कों की जानकारी जुटा रही है।

    पुलिस ने बताया कि जब टीम चेतन नाथ को पकड़ने उसके ठिकाने पर पहुंची थी तब वहां उसका एक साथी भी मौजूद था। पुलिस को देखते ही वह मौके से फरार हो गया। पूछताछ में पता चला कि दोनों पहले जेल में साथ रह चुके हैं और लंबे समय से संपर्क में थे। अब पुलिस फरार आरोपी की तलाश में लगातार दबिश दे रही है और उसके संभावित ठिकानों की जांच की जा रही है।

    पूछताछ के दौरान चेतन नाथ ने यह भी दावा किया कि उसके पास से बरामद 19 लाख रुपये नकद उसके एक साथी की जमानत के लिए जुटाए गए थे। हालांकि पुलिस इस दावे को पूरी तरह सत्यापित करने में जुटी है। जांच एजेंसियों का मानना है कि इतनी बड़ी नकदी नशे के कारोबार से अर्जित की गई हो सकती है और इसके वित्तीय स्रोतों की भी पड़ताल की जा रही है।

    पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 19 लाख रुपये नकद नोट गिनने की मशीन लगभग 270 ग्राम ब्राउन शुगर 8 किलो गांजा और पिस्टल के 22 जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। बरामद कारतूसों के स्रोत और उनके संभावित इस्तेमाल को लेकर भी जांच जारी है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी के पास हथियारों से जुड़ा कोई नेटवर्क भी था या नहीं।

    जांच अधिकारियों के मुताबिक इस पूरे मामले का खुलासा तब हुआ जब कुछ दिन पहले पुलिस ने लकी नाथ नामक आरोपी को ब्राउन शुगर के साथ गिरफ्तार किया था। उससे मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने बैक ट्रैकिंग करते हुए चेतन नाथ तक पहुंच बनाई। अब पुलिस इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ भी कार्रवाई की तैयारी कर रही है।

    पुलिस का मानना है कि यह नेटवर्क केवल इंदौर तक सीमित नहीं हो सकता और इसके तार दूसरे शहरों से भी जुड़े हो सकते हैं। इसी वजह से डिजिटल साक्ष्यों बैंकिंग लेनदेन और कॉलिंग पैटर्न की गहन जांच की जा रही है ताकि पूरे ड्रग्स सिंडिकेट का पर्दाफाश किया जा सके।

  • इंदौर में वॉट्सएप हैक कर महिला से एक लाख की ठगी इंग्लैंड में रहने वाले परिचित बनकर मांगे मेडिकल इमरजेंसी के नाम पर रुपए

    इंदौर में वॉट्सएप हैक कर महिला से एक लाख की ठगी इंग्लैंड में रहने वाले परिचित बनकर मांगे मेडिकल इमरजेंसी के नाम पर रुपए


    इंदौर । इंदौर में साइबर ठगी का एक और मामला सामने आया है जहां ठगों ने वॉट्सएप अकाउंट हैक कर मेडिकल इमरजेंसी का झांसा देकर एक महिला से एक लाख रुपये की ठगी कर ली। आरोपी ने इंग्लैंड में रहने वाले महिला के परिचित की पहचान का दुरुपयोग करते हुए मदद के नाम पर पैसे मांगे और महिला ने भरोसा कर दो किश्तों में पूरी रकम ट्रांसफर कर दी। बाद में फोन पर सच्चाई सामने आने के बाद पीड़िता ने पुलिस और साइबर हेल्पलाइन से शिकायत की।

    यह मामला संयोगितागंज थाना क्षेत्र का है। पुलिस के अनुसार उषागंज छावनी निवासी राबिया खान पत्नी नासिर खान ने शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि 20 जून को उनके परिचित याकूब खान के मोबाइल नंबर से वॉट्सएप पर संदेश प्राप्त हुआ। याकूब खान वर्तमान में इंग्लैंड में रहते हैं इसलिए उन्हें संदेश पर किसी तरह का संदेह नहीं हुआ।

    मैसेज में लिखा गया था कि मेडिकल इमरजेंसी की वजह से तत्काल पैसों की जरूरत है। इसके साथ एक पंजाब नेशनल बैंक का खाता नंबर भेजकर जल्द से जल्द आर्थिक मदद करने का अनुरोध किया गया। परिचित की परेशानी समझकर राबिया खान ने बिना किसी पुष्टि के ऑनलाइन माध्यम से दो अलग अलग ट्रांजेक्शन में 50 50 हजार रुपये भेज दिए।

    रकम भेजने के कुछ समय बाद जब उन्होंने याकूब खान से फोन पर बात की तब पूरे मामले का खुलासा हुआ। याकूब खान ने बताया कि उनका वॉट्सएप अकाउंट हैक हो गया है और उन्होंने किसी से भी पैसे नहीं मांगे हैं। यह सुनते ही महिला को एहसास हुआ कि वह साइबर ठगी का शिकार हो चुकी हैं।

    घटना की जानकारी मिलते ही पीड़िता ने तुरंत अपने बैंक के कस्टमर केयर से संपर्क किया और ट्रांजेक्शन की जानकारी देकर आवश्यक कार्रवाई का अनुरोध किया। इसके साथ ही उन्होंने राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन पर भी शिकायत दर्ज कराई ताकि रकम को रोका जा सके और आरोपी तक पहुंचा जा सके।

    संयोगितागंज थाना पुलिस ने महिला की शिकायत के आधार पर अज्ञात साइबर ठग के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस संबंधित बैंक खाते की जानकारी ट्रांजेक्शन रिकॉर्ड और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर आरोपी की पहचान करने का प्रयास कर रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि जिस बैंक खाते में रकम भेजी गई वह किसके नाम पर संचालित है और उसके जरिए पहले भी इस तरह की वारदातें हुई हैं या नहीं।

    पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी परिचित के नाम से वॉट्सएप या सोशल मीडिया पर पैसे मांगने का संदेश मिलने पर तुरंत फोन करके उसकी पुष्टि जरूर करें। केवल मैसेज के आधार पर किसी भी खाते में पैसे ट्रांसफर न करें। थोड़ी सी सावधानी अपनाकर इस तरह की साइबर ठगी से बचा जा सकता है।

  • शादी का झांसा देकर महिला से 28 लाख ऐंठे विदेश भागने की फिराक में आरोपी क्राइम ब्रांच के हत्थे चढ़ा

    शादी का झांसा देकर महिला से 28 लाख ऐंठे विदेश भागने की फिराक में आरोपी क्राइम ब्रांच के हत्थे चढ़ा


    मध्य प्रदेश। आरोपी को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। आरोपी ने खुद को भारतीय सेना का अधिकारी बताकर इंदौर की एक महिला का भरोसा जीता और बीमारी का बहाना बनाकर उससे करीब 28 लाख रुपये ठग लिए। पुलिस के मुताबिक आरोपी लंबे समय से फरार था और गिरफ्तारी से पहले यूरोप भागने की तैयारी कर रहा था।

    क्राइम ब्रांच अधिकारियों के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान जीतू उर्फ जितेंद्र पुत्र राकेश छोनकर के रूप में हुई है। वह नोएडा क्षेत्र का रहने वाला है और रूस के मॉस्को में कंस्ट्रक्शन सुपरवाइजर के रूप में काम करता है। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर चुका है और उसने अपनी शैक्षणिक एवं पेशेवर जानकारी का इस्तेमाल लोगों को प्रभावित करने के लिए किया।

    जांच के दौरान पता चला कि आरोपी ने मैट्रिमोनियल वेबसाइट जीवनसाथी डॉट कॉम पर फर्जी प्रोफाइल बनाई थी। उसने खुद को भारतीय सेना का अधिकारी बताकर इंदौर की एक महिला से संपर्क किया। दोनों के बीच बातचीत बढ़ी और शादी की चर्चा शुरू हो गई। विश्वास कायम होने के बाद आरोपी ने महिला को अपनी गंभीर बीमारी की झूठी कहानी सुनाई और इलाज के लिए आर्थिक मदद मांगी।
    पुलिस के मुताबिक वर्ष 2024 के दौरान आरोपी ने अलग अलग किस्तों में महिला से करीब 28 लाख रुपये अपने बैंक खाते में ट्रांसफर करवा लिए। जब पूरी रकम मिल गई तो उसने शादी करने से साफ इनकार कर दिया और महिला से संपर्क भी कम कर दिया। खुद को ठगा हुआ महसूस करने पर पीड़िता ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई जिसके बाद मामले की जांच शुरू हुई।

    क्राइम ब्रांच की जांच में सामने आया कि आरोपी अधिकतर समय विदेश में रह रहा था जिससे उसकी गिरफ्तारी आसान नहीं थी। हाल ही में वह अपने परिवार से मिलने दिल्ली आया था। पुलिस को जैसे ही उसकी मौजूदगी की जानकारी मिली टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए घेराबंदी की और उसे गिरफ्तार कर लिया। अधिकारियों के अनुसार आरोपी दिल्ली से यूरोप जाने वाली फ्लाइट पकड़ने की तैयारी में था लेकिन उससे पहले ही उसे हिरासत में ले लिया गया।

    पुलिस अब आरोपी के बैंक खातों मोबाइल फोन और डिजिटल रिकॉर्ड की गहन जांच कर रही है। शुरुआती जांच में आशंका जताई जा रही है कि उसने इसी तरीके से अन्य लोगों को भी अपना शिकार बनाया हो सकता है। जांच एजेंसियां उसके ऑनलाइन नेटवर्क और वित्तीय लेनदेन की भी पड़ताल कर रही हैं ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस तरह की ठगी के और कितने मामले उससे जुड़े हुए हैं।

    क्राइम ब्रांच ने लोगों से अपील की है कि ऑनलाइन मैट्रिमोनियल वेबसाइट या सोशल मीडिया के जरिए बनने वाले रिश्तों में आर्थिक लेनदेन करने से पहले पूरी तरह जांच पड़ताल करें। किसी भी व्यक्ति की पहचान और दावों की पुष्टि किए बिना बड़ी रकम भेजना गंभीर नुकसान का कारण बन सकता है। पुलिस ने मामले में आगे की जांच जारी होने की जानकारी दी है।