Category: Madhya Pradesh

  • शिलालेख का गुबार कई किलोमीटर तक दिखा: पीथमपुर में आग से जेसीबी-हाइड्रा क्रेन जलकर खाक

    शिलालेख का गुबार कई किलोमीटर तक दिखा: पीथमपुर में आग से जेसीबी-हाइड्रा क्रेन जलकर खाक


    नई दिल्ली। पीथमपुर के सेक्टर-3 स्थित हजारगो इंडस्ट्रियल वेस्ट डिस्पोजल कंपनी में मंगलवार रात लगी भीषण आग पर करीब 12 घंटे की मशक्कत के बाद काबू पाया जा सका। केमिकल कचरे के निस्तारण का काम करने वाली इस यूनिट में आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही देर में विकराल रूप ले लिया और आसपास की फैक्ट्रियों को भी अपनी चपेट में ले लिया।
    केमिकल ड्रमों में धमाकों से मचा हड़कंप
    रात करीब 9:45 बजे लगी इस आग ने पूरे औद्योगिक क्षेत्र में दहशत फैला दी। केमिकल ड्रमों में लगातार धमाके होते रहे, जिससे स्थिति और गंभीर हो गई। आग लगने के समय फैक्ट्री में मौजूद करीब 10 मजदूरों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे बड़ा हादसा टल गया।
    कई शहरों की दमकल टीमों ने संभाला मोर्चा
    आग बुझाने के लिए धामनोद, धरमपुरी, धार, पीथमपुर और इंदौर से कुल 12 से अधिक दमकल गाड़ियां और दो रोबोटिक यूनिट्स मौके पर तैनात की गईं। इसके अलावा 200 से ज्यादा पानी के टैंकर और फोम एक्सटिंग्विशर का इस्तेमाल किया गया। प्रशासनिक अधिकारी पूरी रात मौके पर डटे रहे और राहत-बचाव कार्य की निगरानी करते रहे।
    मशीनरी जलकर खाक, नुकसान का आकलन बाकी
    इस भीषण आग में जेसीबी और हाइड्रा क्रेन सहित भारी मशीनरी जलकर राख हो गई। साथ ही पास की यूनिट्स स्लीपलूप इंडिया प्राइवेट लिमिटेड और गलार्ड स्टील लिमिटेड को भी भारी नुकसान पहुंचा है। इन कंपनियों के अनुसार उनकी पूरी प्लांट और मशीनरी नष्ट हो गई, जिससे रेलवे और डिफेंस सेक्टर से जुड़े उत्पादन पर असर पड़ा है।
    धुएं का गुबार कई किलोमीटर तक दिखाई दिया
    स्थानीय लोगों के मुताबिक आग इतनी भीषण थी कि कई किलोमीटर दूर तक धुएं का काला गुबार देखा जा सकता था। हालात को देखते हुए आसपास के कारखानों को खाली कराया गया और एहतियातन पास में रह रहे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर भेजा गया।
    बार-बार आग की घटनाओं पर उठे सवाल
    स्थानीय उद्योगपतियों ने आरोप लगाया कि पिछले चार वर्षों में यह चौथी बार है जब इस क्षेत्र में आग लगी है। बार-बार शिकायतों के बावजूद सुरक्षा व्यवस्था को लेकर ठोस कदम नहीं उठाए गए, जिससे ऐसी घटनाएं दोहराई जा रही हैं।
    जांच के आदेश, कारण अभी स्पष्ट नहीं
    फिलहाल आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है, हालांकि औद्योगिक कचरे और ज्वलनशील पदार्थों के कारण आग भड़कने की आशंका जताई जा रही है। प्रशासन ने मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं।

  • इंदौर में बड़ा खुलासा: पुलिसकर्मियों की शिकायत करने वाला व्यापारी खुद निकला आरोपी

    इंदौर में बड़ा खुलासा: पुलिसकर्मियों की शिकायत करने वाला व्यापारी खुद निकला आरोपी

    नई दिल्ली। इंदौर के लसूड़िया क्षेत्र में पांच पुलिसकर्मियों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराने वाले व्यापारी गौरव जैन को लेकर अब बड़ा खुलासा हुआ है। शुरुआती तौर पर जहां मामला पुलिस की कार्रवाई पर सवाल खड़े कर रहा था, वहीं अब जांच में सामने आया है कि शिकायतकर्ता खुद ही कई मामलों में आरोपी है। गौरव जैन के खिलाफ इंदौर समेत ग्वालियर, झाबुआ और शाजापुर में भी आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं, जिनमें मारपीट, चेक बाउंस और अन्य गंभीर आरोप शामिल हैं।
    कई जिलों में दर्ज हैं केस और वारंट
    जानकारी के मुताबिक, गौरव जैन के खिलाफ ग्वालियर में दो गिरफ्तारी वारंट जारी हैं, जबकि झाबुआ और शाजापुर में भी उसके खिलाफ वारंट लंबित हैं। इससे साफ होता है कि वह पहले से ही पुलिस रिकॉर्ड में एक आदतन अपराधी के रूप में दर्ज है। इसके बावजूद उसने हाल ही में पांच पुलिसकर्मियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई थी, जिसके बाद विभागीय कार्रवाई भी हुई थी।
    रिटायर्ड एसीपी को 100 से ज्यादा कॉल कर दी धमकी
    मामले में एक और चौंकाने वाला पहलू सामने आया है। रिटायर्ड एसीपी राकेश गुप्ता ने गौरव जैन के खिलाफ मानसिक उत्पीड़न की शिकायत की थी। उन्होंने बताया कि गौरव ने उन्हें 100 से अधिक बार फोन कर धमकाया। इस मामले में एफआईआर दर्ज की गई और ऑडियो रिकॉर्डिंग भी पुलिस को सौंपी गई, जिसमें गौरव कथित तौर पर खुलेआम धमकी देता सुनाई दे रहा है।
    विवादित फ्लैट और चल रहा कोर्ट केस
    गौरव जैन का एक और विवाद उसके निवास से जुड़ा हुआ है। वह जिस फ्लैट में पत्नी और बेटे के साथ रह रहा है, उसे लेकर भी विवाद चल रहा है। फ्लैट खाली न करने को लेकर मामला कोर्ट में विचाराधीन है। बताया जा रहा है कि समझौते के नाम पर वह फ्लैट पर कब्जा बनाए रखने का दबाव बना रहा था। इस मामले में दूसरी पार्टी की ओर से भी उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है।
    पुलिस पर लगाए थे गंभीर आरोप
    गौरव जैन ने 16 अप्रैल को पुलिस कमिश्नर और डीसीपी को शिकायत देकर आरोप लगाया था कि एसआई समेत पांच पुलिसकर्मी उसके घर जबरन घुसे, ताला तोड़ा और कैश व सोना लेकर चले गए। उसने यह भी दावा किया कि पुलिस ने उसे ग्वालियर ले जाने के दौरान पैसे वसूले। हालांकि, पुलिस की ओर से इसे यात्रा और अन्य खर्च बताया गया है, जबकि गौरव इसे रिश्वत बता रहा है।
    पुलिस कमिश्नर का बयान
    मामले में पुलिस कमिश्नर ने साफ किया है कि जांच के बाद जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी चाहे वह पुलिसकर्मी हो या शिकायतकर्ता खुद।

  • भोपाल में बिजली कटौती: रायसेन रोड, पटेल नगर-समर्धा सहित 20 इलाकों में असर

    भोपाल में बिजली कटौती: रायसेन रोड, पटेल नगर-समर्धा सहित 20 इलाकों में असर


    नई दिल्ली। भोपाल शहर के कई हिस्सों में बुधवार को लोगों को बिजली कटौती का सामना करना पड़ेगा। बिजली कंपनी द्वारा मेंटेनेंस कार्य के चलते करीब 20 इलाकों में 4 से 6 घंटे तक सप्लाई बाधित रहेगी। इसमें रायसेन रोड, पटेल नगर, समरधा, डायमंड सिटी और राजधानी परिसर जैसे प्रमुख क्षेत्र शामिल हैं। ऐसे में नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे अपने जरूरी काम पहले ही निपटा लें, ताकि किसी तरह की परेशानी से बचा जा सके।

    मेंटेनेंस के चलते लिया गया फैसला
    बिजली विभाग के अनुसार यह कटौती नियमित मेंटेनेंस कार्य के तहत की जा रही है। इसका उद्देश्य भविष्य में होने वाली तकनीकी खराबियों को रोकना और सप्लाई को बेहतर बनाना है। हालांकि, इससे आम लोगों को कुछ घंटों की असुविधा जरूर झेलनी पड़ेगी।

    इन इलाकों में रहेगा असर
    सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक ग्रीन मिडोज कॉलोनी, चिनार कॉलोनी, समरधा, लिबर्टी, पृथ्वी कोर्टयार्ड और आसपास के क्षेत्रों में बिजली बंद रहेगी। इसी समय झंडा चौक, डेयरी फार्म, खानूगांव चौराहा, किनारा अपार्टमेंट सहित आसपास के इलाकों में भी सप्लाई प्रभावित रहेगी।
    वहीं, सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक पटेल नगर, रायसेन रोड, आईबीडी कैम्पस, वर्धमान कॉलोनी, डायमंड सिटी, कस्तूरी कोर्टयार्ड और राजधानी परिसर में बिजली कटौती रहेगी। इसके अलावा रेलवे कॉलोनी और बैकुंड अपार्टमेंट क्षेत्र में भी इसी समय सप्लाई बंद रहेगी।

    लोगों को सतर्क रहने की सलाह
    बिजली विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि वे पानी की स्टोरेज, मोबाइल चार्जिंग और अन्य जरूरी काम पहले से कर लें। खासकर गर्मी के मौसम को देखते हुए यह कटौती लोगों के लिए परेशानी बढ़ा सकती है।

    शहर में गर्मी के बीच बढ़ी दिक्कत
    पहले से ही तेज गर्मी के कारण लोग परेशान हैं, ऐसे में बिजली कटौती से हालात और कठिन हो सकते हैं। हालांकि विभाग का कहना है कि यह अस्थायी समस्या है और काम पूरा होते ही सप्लाई सामान्य कर दी जाएगी।

  • रिटायर्ड अधिकारी की एजेंसी पर सवाल: भोपाल में जांच तेज, जल्द दर्ज हो सकता है मामला

    रिटायर्ड अधिकारी की एजेंसी पर सवाल: भोपाल में जांच तेज, जल्द दर्ज हो सकता है मामला


    राजधानी भोपाल में गैस एजेंसियों की जांच में चौंकाने वाली गड़बड़ियां सामने आई हैं। जेके रोड स्थित फीनिक्स एचपीसीएल और कोटरा सुल्तानाबाद की बीएस एचपी गैस एजेंसी की जांच पूरी होने के बाद खाद्य विभाग ने रिपोर्ट एडीएम प्रकाश नायक को सौंप दी है। मामले में बड़ी संख्या में सिलेंडर गायब मिलने, फर्जी बिलिंग और उपभोक्ताओं से अवैध वसूली जैसे गंभीर आरोप सामने आए हैं। अब संबंधित एजेंसियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने और लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।

    हजारों सिलेंडर गायब, स्टॉक में भारी गड़बड़ी

    जांच में सामने आया कि फीनिक्स एजेंसी में 350 घरेलू, 350 कमर्शियल और करीब 2 हजार छोटे (5 किलोग्राम) सिलेंडर गायब हैं। वहीं बीएस एजेंसी के गोदाम में भी 254 भरे सिलेंडर नहीं मिले। दोनों एजेंसियों का साझा गोदाम करीब 36 हजार वर्गफीट क्षेत्र में संचालित पाया गया। खास बात यह है कि इनमें से एक एजेंसी खाद्य विभाग के रिटायर्ड अधिकारी और उनके रिश्तेदारों से जुड़ी बताई जा रही है, जिससे मामला और गंभीर हो गया है।

    बुकिंग के बाद भी उपभोक्ताओं तक नहीं पहुंचे सिलेंडर

    सबसे बड़ा खुलासा यह हुआ कि उपभोक्ताओं ने ऑनलाइन गैस सिलेंडर बुक किए, लेकिन उन्हें सिलेंडर डिलीवर नहीं किए गए। इसके बावजूद उनके मोबाइल पर ‘डिलीवर’ का मैसेज भेज दिया गया। जांच में पाया गया कि ऐसे सिलेंडर डिलीवरी बॉय द्वारा अन्य जगहों पर ऊंचे दामों में बेच दिए गए। एजेंसी की सफाई कि “उपभोक्ता घर पर नहीं मिले” पूरी तरह गलत साबित हुई।

    कैश एंड कैरी और फर्जी चार्ज से लाखों की वसूली

    एजेंसी ने उपभोक्ताओं से होम डिलीवरी चार्ज लेने के बावजूद सिलेंडर एजेंसी से ही लेने को मजबूर किया। नियम के अनुसार ऐसी स्थिति में 34 रुपए कम लिए जाने चाहिए थे, लेकिन पूरा पैसा वसूला गया। इसके अलावा ‘सुरक्षा निरीक्षण’ के नाम पर प्रति उपभोक्ता 238 रुपए का फर्जी चार्ज लिया गया, जबकि कोई निरीक्षण किया ही नहीं गया। अनुमान है कि करीब 5 हजार उपभोक्ताओं से लगभग 10 लाख रुपए की अवैध वसूली की गई।

    OTP सिस्टम में गड़बड़ी, सप्लाई भी रोकी गई

    जांच में यह भी सामने आया कि एजेंसी ने ओटीपी सिस्टम का पालन नहीं किया और बिना ओटीपी के ही सिलेंडर की बिक्री दर्ज कर ली। इसके कारण हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने एजेंसी की सप्लाई रोक दी थी। साथ ही ट्रकों की आवाजाही में भी संदिग्ध देरी पाई गई, जिससे बीच रास्ते में सिलेंडरों के हेरफेर की आशंका जताई जा रही है।

    अन्य अनियमितताएं भी उजागर

    जांच के दौरान कई अन्य गंभीर खामियां सामने आईं जैसे 2 हजार से अधिक ऑनलाइन बुकिंग लंबित रहना, डिलीवरी वाहनों की संख्या कम होना, गोदाम में स्टॉक और रेट लिस्ट का प्रदर्शन न होना और आवासीय क्षेत्र के पास अवैध तरीके से गोदाम संचालित करना। यह सभी नियमों का खुला उल्लंघन है।

    जल्द होगी सख्त कार्रवाई

    खाद्य विभाग ने 10 से 12 मामलों की जांच रिपोर्ट एडीएम को सौंप दी है। अब एजेंसी संचालकों पर जुर्माना, एफआईआर और लाइसेंस निरस्तीकरण जैसी कार्रवाई हो सकती है। कलेक्टर स्तर से मंजूरी मिलने के बाद संबंधित गैस कंपनियों को प्रस्ताव भेजा जाएगा।

    उपभोक्ताओं के साथ बड़ा धोखा

    यह मामला न सिर्फ आर्थिक गड़बड़ी का है, बल्कि उपभोक्ताओं के भरोसे के साथ भी बड़ा खिलवाड़ है। प्रशासन अब इस पूरे नेटवर्क की जांच कर रहा है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।

  • MP: पीथमपुर में हजार्गो इंडस्ट्रीज में लगी भीषण आग… आसपास की दो फैक्ट्रियां भी चपेट में आई

    MP: पीथमपुर में हजार्गो इंडस्ट्रीज में लगी भीषण आग… आसपास की दो फैक्ट्रियां भी चपेट में आई


    धार।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के एक इंडस्ट्रियल एरिया (Industrial Area) में मंगलवार रात आग की भीषण घटना सामने आई है। जिस कंपनी से आग शुरू हुई उसमें खतरनाक औद्योगिक कचरा रखा था। साथ ही उसमें ई-कचरा की रीसाइक्लिंग (Recycling) भी होती है। अभी तक किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। जिला प्रशासन आग बुझाने की कोशिश कर रहा है।

    मंगलवार रात पीथमपुर इंडस्ट्रियल एरिया (Pithampur Industrial Area) में स्थित हजार्गो इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड में भीषण आग लग गई। आग तेजी से आसपास की दो फैक्ट्रियों में भी फैल गई। आग के फैलाव को देखते हुए आसपास की यूनिट्स को तुरंत खाली कराना गया। अभी तक किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। जिला प्रशासन पानी और रेत का इस्तेमाल करके आग बुझाने की कोशिश कर रहा है। हालांकि, दूर से ही रुक-रुककर धमाकों की आवाजें सुनाई दे रही हैं।

    धार के पुलिस अधीक्षक मयंक अवस्थी ने कहा कि यह कंपनी खतरनाक और गैर-खतरनाक औद्योगिक कचरे के निपटान के साथ ई-कचरा रीसाइक्लिंग में विशेषज्ञता रखती है। उन्होंने कहा कि साइट पर बड़ी मात्रा में जमा केमिकल्स के कारण आग लगी। प्रशासन कंपनी के प्रबंधन से संपर्क करने का प्रयास कर रहा है, ताकि यह पुष्टि की जा सके कि घटना के समय परिसर के भीतर कोई कर्मचारी मौजूद था या नहीं।

    एसपी ने बताया कि अब तक किसी के हताहत होने की कोई खबर नहीं है। आसपास के चॉल इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित जगहों पर पहुंचा दिया गया है। पुलिस ने लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए घटनास्थल के पास के रास्तों को बंद कर दिया है।

    उन्होंने कहा कि पीथमपुर थाने के सेक्टर 3 में ‘हजार्गो’ नाम की एक इंडस्ट्रियल वेस्ट डिस्पोजल कंपनी है। आग दूसरी कंपनी तक भी फैल गई है। फिलहाल यह आग इन्हीं दो कंपनियों तक सीमित है। दमकल की गाड़ियां लगातार आग बुझाने की कोशिश कर रही हैं। हम आग को और ज्यादा फैलने से रोकने की कोशिश कर रहे हैं। हमने आसपास के चॉल इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित जगहों पर पहुंचा दिया है। अब तक किसी के हताहत होने की कोई खबर नहीं है।

    उन्होंने आगे कहा कि आग बुझने के बाद विशेषज्ञों की टीम आग लगने के कारणों की जांच करेगी। हमने फिलहाल घटनास्थल के पास के रास्तों को बंद कर दिया है। लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस की टीमें तैनात कर दी गई हैं और ट्रैफिक के लिए वैकल्पिक रास्ते बनाए गए हैं।

  • MP: ग्वालियर में महिला का हाई-वोल्टेज ड्रामा…. 60 फीट ऊंची पानी की टंकी पर चढ़कर आत्मदाह की दी धमकी

    MP: ग्वालियर में महिला का हाई-वोल्टेज ड्रामा…. 60 फीट ऊंची पानी की टंकी पर चढ़कर आत्मदाह की दी धमकी


    ग्वालियर।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के ग्वालियर (Gwalior) में जनसुनवाई में आई एक महिला 60 फीट ऊंची पानी की टंकी पर चढ़ गई और हाथ में पेट्रोल की बोतल लेकर आत्मदाह करने की धमकी (Threatening commit suicide) देने लगी. कलेक्ट्रेट परिसर (Collectorate Complex) के पीछे स्थित पानी की टंकी पर चढ़ने से अचानक अफरा-तफरी मच गई. बताया गया कि महिला कलेक्टर जनसुनवाई में आई थी, 20 लाख रुपये की आर्थिक मदद मांग रही थी।

    ग्वालियर में मंगलवार दोपहर एक महिला के हंगामे से कलेक्ट्रेट परिसर के पीछे अफरा-तफरी मच गई। करीब 3:30 बजे एक महिला पांच मंजिला (लगभग 60 फीट) ऊंची पानी की टंकी पर चढ़ गई और हाथ में पेट्रोल की बोतल लेकर आत्मदाह की धमकी देने लगी। महिला कलेक्टर की जनसुनवाई में आई थी और 20 लाख रुपए आर्थिक मदद मांग रही थी। शाम 6 बजे के करीब महिला को टंकी से नीचे उतार लिया गया।

    महिला भूरी बानो खान का कहना है कि उसके पति और दो बच्चों की मौत हो चुकी है, जिसके चलते वह आर्थिक रूप से पूरी तरह टूट चुकी है। उसने जिला प्रशासन से 20 लाख रुपए की आर्थिक मदद की मांग की है। महिला ने चेतावनी दी थी कि यदि उसकी मांग पूरी नहीं की गई तो वह अपनी जान दे देगी।

    जानकारी के मुताबिक महिला मंगलवार को कलेक्टर की जनसुनवाई में सहायता की मांग लेकर पहुंची थी। जब उसे तुरंत मदद नहीं मिली, तो उसने यह कदम उठा लिया और पेट्रोल की बोतल लेकर पानी की टंकी पर चढ़ गई।

    पुलिस ने उसकी बात सुनने और उसकी डिमांड पूरे करने को लेकर उसे झांसा दिया था, महिला को मिलने पहले एक महिला कांस्टेबल उसके पास टंकी पर चढ़कर गई थी और उसे बातों में उलझाया। कुछ देर बाद दूसरी महिला पुलिसकर्मी ऊपर पहुंची थी और उसे समझाने का प्रयास किया था, लेकिन महिला नहीं मानी थी, जिस पर महिला पुलिसकर्मी ने महिला को समय रहते पकड़ लिया। उसके हाथ से पेट्रोल की बोतल चीन का नीचे फेंक दी थी।

    महिला बानो ने मीडिया से बात करते हुए बताया कि वह काफी दिनों से परेशान थी। उसके दो छोटे-छोटे बच्चे हैं। वह उन्हें पालने में असमर्थ थी। उसके पति की मौत 4 साल पहले हो गई थी। वह ट्रांसपोर्ट नगर में ट्रक चलाने का काम करता था। उसकी मौत की रिपोर्ट करने में बहोड़ापुर थाने गई थी, लेकिन वहां पर मौजूद महिला पुलिस कर्मी ने उसे पीटा और भगा दिया था।

    इसके बाद में कई बार एसपी ऑफिस शिकायत करने गई थी, लेकिन वहां भी उसकी कोई सुनवाई नहीं की गई। इसके बाद आर्थिक सहायता के लिए कई बार कलेक्ट कार्यालय की जनसंख्या में भी पहुंची, लेकिन वहां भी उसकी कोई मदद की नहीं की गई। महिला का कहना है कि उसे आर्थिक सहायता में प्रशासन से 20 लाख रुपए की मांग की थी। प्रशासन ने उसे कागज पर लिखकर दिया है कि 3 महीने के अंदर वह उसकी मांग पूरी कर देंगे।

  • बाबा बागेश्वर बोले- कई महिलाएं कर चुकी हैं उन्हें फंसाने की कोशिश… एक तो बालों में स्पाई कैमरा लगाकर आई थी

    बाबा बागेश्वर बोले- कई महिलाएं कर चुकी हैं उन्हें फंसाने की कोशिश… एक तो बालों में स्पाई कैमरा लगाकर आई थी


    छतरपुर।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के छतरपुर (Chhatarpur) स्थित बागेश्वर धाम (Bageshwar Dham) के पीठाधीश्वर और बाबा बागेश्वर के नाम से प्रसिद्ध पंडित धीरेंद्र कृष्णे शास्त्री (Dhirendra Krishna Shastri) ने एक बेहद सनसनीखेज खुलासा करते हुए बताया है कि कई महिलाएं उन्हें प्रेमजाल में फंसाने की कोशिश कर चुकी हैं, ताकि उन्हें ब्लैकमेल किया जा सके। एक टीवी इंटरव्यू में इससे जुड़ा एक एक किस्सा बताते हुए उन्होंने कहा कि एक बहनजी तो अपने बालों के जुड़े में स्पाई कैमरा तक लगाकर भी आ गई थी, हालांकि भगवान की कृपा से हम बच गए। हमें पहले ही उनकी गतिविधियों पर शक हो गया था। उस महिला ने हमारे चेलों के सामने ऐसा ढोंग किया था कि वह उस बहनजी को मीरा तक कहने लग गए थे।

    धीरेंद्र शास्त्री ने यह किस्सा एक न्यूज चैनल को दिए इंटरव्यू में सुनाया। कार्यक्रम के दौरान उस घटना को याद करते हुए उन्होंने कहा, ‘भगवान की कृपा थी या कुछ गॉड गिफ्टेड हुआ था या यूं कह लीजिए हमारे पास एक संकेत आ गया था, जिसकी वजह से हम बच गए।’


    ‘हमारे चेलों को वो फ्री में नए-नए फोन दे रही थी’

    आगे उन्होंने कहा, ‘तो वह बहनजी लगभग एक महीने तक धाम में रूकी रहीं। वो बड़ा मेकअप लगाती थी, बड़ी लाली लगाती थीं। हमारे आसपास रहने वाले चेलों को वो फ्री में नए-नए फोन दे दिया करती थीं, ऐसे में वे उनके प्रशंसक बन गए। चेलों ने हमें बताया कि एक बहनजी आपकी बड़ी भक्त हैं, वो झोली-माला डालती हैं और तिलक लगाती हैं और बड़ा मेकअप करती हैं।’


    ‘ऐसी जगह बैठती थी कि हमारा ध्यान रोज उस पर जाए’

    धीरेंद्र शास्त्री बताया कि वह महिला हर रोज ऐसी जगह पर बैठती थी कि हमारा ध्यान उस पर चला जाए। उन्होंने कहा, ‘हम रोज निकलते थे, तो दरबार में वो सबसे आगे बैठी हुई दिखती थी। हर रोज बैठी दिखती थीं। वो हमेशा ऐसी जगह बैठती थीं कि हमारा ध्यान उनकी तरफ खींचा चला जाए। यह बात उन्हें देखकर समझ में आ जाती थी। लेकिन जब हमारे चेले मोबाइल की वजह से उनकी तारीफ करने लगे कि वो बड़ी मीराबाई हैं, हम समझ गए कि वो जाल बिछा रही हैं, हम तक पहुंचने की कोशिश में है।’

    ‘एक बार हमने उस बहनजी को हमसे मिलने बुलाया’
    बाबा बागेश्वर ने आगे कहा, ‘एक दिन जब हम भी बड़ी मस्ती में थे, तो हमने उनसे कहा कि बहनजी पधारो, इसके बाद हम उन्हें राम दरबार में लेकर गए, जहां रामजी विराजित हैं और वहां कैमरा भी लगा हुआ है। प्रायः लोगों को जब हमसे किसी विशेष मुद्दे पर समाधान लेना होता है तो हम उनसे वहीं बात करते हैं। वहां एक कैमरा भी लगा हुआ है।’

    ‘वो प्रेम वाली बड़ी-बड़ी बातें करने लगी’
    पंडित शास्त्री ने बताया, ‘हमने उन्हें वहां बुलाया और फिर हमने उसने धाम आने का कारण पूछा, तो उन्होंने वही बड़ी चाटुकारिता वाली बातें करते हुए कहा कि हमारा तो जीवन आपके प्रति ही अर्पित है, सब छोड़छाड़ के हम आ गए हैं, अब जीवन में आपके अलावा कुछ नहीं है। वही जो प्रेम वाली बड़ी बातें कि हम तुम्हारे लिए चांद तारे तोड़ लाएंगे। तो हम समझ गए, हमने कहा बहनजी क्षमा करो, आप गलत जगह आ गए हैं।


    ‘हमने कहा- आप जहां पढ़ रही वहां के हम प्रिंसिपल’

    आगे उन्होंने बताया, ‘फिर हमारी कुछ बातें हुईं, जिसमें हमने उनको बहुत अच्छी तरह से लताड़ा या यूं कह लीजिए कि सख्ती का प्रयोग भी किया। फिर हमने कहा कि, ‘आप जिस स्कूल में पढ़ी हैं वहां हम प्रिंसिपल हैं और ये जो आपका हेयर बक्कल है, जिसे उन्होंने आपने बड़े से जुड़े में फंसा रखा है। उसमें आपने स्पाई कैमरा छुपा रखा है।’

    किस्से का अंत करते हुए बाबा बागेश्वर ने कहा, ‘हमारी बात सुनने के बाद उन्होंने हमसे क्षमा मांगी और एक आदमी का नाम बताया, जिसने उन्हें भेजा था। उस आदमी से हम आज भी सावधान हैं। महिला ने जिस आदमी का नाम बताया वो भी कहीं धर्म जगत से जुड़े हुए व्यक्ति हैं, उस व्यक्ति से हम आज भी सावधान हैं।’

  • MP: कटनी में शादी समारोह के दौरान हिंसक झड़प….. पुलिस का बारातियों पर बर्बरतापूर्वक लाठीचार्ज

    MP: कटनी में शादी समारोह के दौरान हिंसक झड़प….. पुलिस का बारातियों पर बर्बरतापूर्वक लाठीचार्ज


    कटनी।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के कटनी जिले (Katni district) में सोमवार की रात उस वक्त हड़कंप मच गया, जब एक शादी समारोह के दौरान पुलिस और बारातियों के बीच हिंसक झड़प हो गई। आरोप है कि पुलिस ने बर्बरतापूर्वक लाठीचार्ज (Brutal lathicharge) की, जिसमें महिलाओं और बच्चों सहित करीब 14 लोग घायल हुए हैं। मंगलवार को पीड़ित पक्ष ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय में आयोजित जनसुनवाई में न्याय की गुहार लगाई।


    ​देरी से पहुंची थी बारात, चौराहे पर हुआ विवाद

    ​प्राप्त जानकारी के अनुसार, मैहर जिले के ग्राम अमदरा निवासी सीताराम बर्मन के परिवार की बारात कटनी के इंदिरा नगर आ रही थी। दूल्हे की गाड़ी रास्ते में खराब होने के कारण बारात करीब दो घंटे देरी से पहुंची। रात करीब 1:30 बजे जब बारात वधु पक्ष के घर से महज 50 मीटर की दूरी पर थी, तभी कुठला थाने की पुलिस और 112 वाहन मौके पर पहुंचे।

    ​शिकायतकर्ता का आरोप है कि पुलिस ने बिना किसी संवाद के बारातियों को धक्का देना शुरू कर दिया। जब बारातियों ने इसका विरोध किया, तो विवाद बढ़ गया। शुरुआती झड़प के बाद पुलिस वहां से चली गई, लेकिन कुछ देर बाद भारी बल के साथ वापस लौटी और कथित तौर पर लाठीचार्ज शुरू कर दिया।

    ​दुल्हन के भाई और चाचा के हाथ टूटे, दूल्हा-दुल्हन को ले गए थाने
    ​पीड़ित पक्ष ने बताया कि पुलिस ने घर के अंदर घुसकर मारपीट की। इस दौरान बीच-बचाव करने आईं महिलाओं और बच्चों को भी नहीं बख्शा गया। मारपीट में दुल्हन के भाई आकाश चौधरी और दूल्हे के चाचा सहित कई लोगों के हाथ फैक्चर हो गए हैं, वहीं कुछ के सिर में गंभीर चोटें आई हैं।

    ​हैरानी की बात यह रही कि पुलिस रात करीब 2:30 बजे दूल्हा, दुल्हन और दुल्हन के भाई को अपने साथ ले गई, जिसके कारण वैवाहिक रस्में बीच में ही रुक गईं। मंगलवार सुबह 4:00 बजे उन्हें छोड़ा गया, जिसके बाद शादी संपन्न हो सकी।


    बारातियों पर पुलिस ने बरसाईं लाठियां

    ​इस पूरी घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें पुलिसकर्मी लाठियां चलाते नजर आ रहे हैं, वहीं दूसरी ओर बाराती भी आक्रोश में बर्तन फेंकते और बहस करते दिखाई दे रहे हैं। घायलों में संजय, मनोज, आकाश, रमेश, सुमन बाई, राजकुमार, अजय और भगवती चौधरी शामिल हैं। इनमें से 8 लोगों को एम्बुलेंस की मदद से जिला अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने एक्सरे और सीटी स्कैन की सलाह दी है।

    ​मंगलवार को एसपी कार्यालय पहुंचे पीड़ितों ने आवेदन सौंपकर दोषी पुलिसकर्मियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की है। आवेदन में आरोप लगाया गया है कि पुलिस ने न केवल मारपीट की, बल्कि अभद्र गालियों का प्रयोग कर मानवीय संवेदनाओं को ताक पर रख दिया।

    ये वीडियो मध्य प्रदेश के कटनी जिले के हैं। यहां एक शादी समारोह में पुलिस और बारातियों के बीच हिंसक झड़प का मामला सामने आया है। पुलिस के लाठीचार्ज में महिलाओं, बच्चों सहित 14 लोगों के घायल होने की सूचना है।

    इस संबंध में सी.एस.पी. नेहा पच्चीसिया ने जानकारी देते हुए बताया कि कल इनका आपस में झगड़ा हुआ था, जिसके बाद डायल 112 को कॉल करके बुलाया गया। वहाँ मौजूद बहुत से लोग नशे की हालत में थे। जब पुलिस उन्हें समझा रही थी, उसी दौरान बारातियों की तरफ से पुलिसकर्मियों पर पथराव कर दिया गया। ​घटना की सूचना वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई, जिन्होंने इस कृत्य में शामिल व्यक्तियों को चिन्हित कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। निर्देशों के परिपालन में जब पुलिस बारात स्थल पहुँची, तब वहाँ मौजूद लोगों ने पत्थरबाजी और गाली-गलौज करते हुए पुलिस के साथ मारपीट कर दी। इस घटना में चार से पांच पुलिसकर्मी चोटिल हुए हैं।

  • एमपी में भीषण गर्मी का दौर, आज 10 जिलों में लू चलने की चेतावनी, तापमान 43 डिग्री के पार पहुंचा

    एमपी में भीषण गर्मी का दौर, आज 10 जिलों में लू चलने की चेतावनी, तापमान 43 डिग्री के पार पहुंचा

    भोपाल । मध्यप्रदेश में गर्मी लगातार अपना प्रचंड रूप दिखा रही है। दिन का तापमान कई जगहों पर 43 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है, जबकि रात में भी राहत नहीं मिल रही और पारा 27 डिग्री तक बना हुआ है। मंगलवार को खजुराहो और नर्मदापुरम सबसे ज्यादा गर्म रहे। वहीं, भोपाल, इंदौर, जबलपुर और उज्जैन में भी तेज गर्मी का असर देखा गया। बुधवार के लिए ग्वालियर सहित 10 जिलों में लू चलने की चेतावनी जारी की गई है।

    इन जिलों में आज लू का असर
    मौसम विभाग के अनुसार, ग्वालियर, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, रतलाम, झाबुआ, धार और अलीराजपुर में बुधवार को लू चलने की संभावना है। मंगलवार को खजुराहो और नर्मदापुरम प्रदेश के सबसे गर्म इलाके रहे।

    कई शहरों में 40 डिग्री से ऊपर तापमान
    प्रदेश के कई शहरों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया गया। सीधी में 42.6 डिग्री, नौगांव में 42.5, रायसेन में 42.2, रतलाम में 42, नरसिंहपुर और सतना में 41.6, टीकमगढ़ और रीवा में 41.5, दमोह में 41.4, सागर में 41.3, उमरिया और दतिया में 41.2, मंडला में 41, गुना में 40.7, धार में 40.6, श्योपुर में 40.4 और शाजापुर में 40.2 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।

    बड़े शहरों में भी तपिश बरकरार
    यदि प्रदेश के प्रमुख शहरों की बात करें, तो जबलपुर में 40.6 डिग्री, भोपाल में 40.2 डिग्री, इंदौर में 39.9 डिग्री, ग्वालियर में 40.2 डिग्री और उज्जैन में 40 डिग्री तापमान दर्ज किया गया।

    रात में भी नहीं मिल रही राहत, वॉर्म नाइट की स्थिति
    प्रदेश में अब रात के समय भी गर्मी बनी हुई है। भोपाल समेत कई शहरों में न्यूनतम तापमान 25 से 27 डिग्री के आसपास दर्ज किया जा रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, जब रात का तापमान सामान्य से 4.5 से 6.4 डिग्री अधिक हो और दिन का तापमान 40 डिग्री या उससे ऊपर हो, तो इसे ‘वॉर्म नाइट’ कहा जाता है। फिलहाल प्रदेश में ‘सीवियर वॉर्म नाइट’ की स्थिति नहीं बनी है।

    पूर्वी इलाकों में बादलों की मौजूदगी
    मंगलवार को प्रदेश के पूर्वी हिस्सों जैसे सीधी, सिंगरौली, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला और बालाघाट में बादल भी छाए रहे। यह स्थिति ट्रफ लाइन गुजरने के कारण बनी।

    गर्मी से बचाव के लिए जरूरी सलाह
    मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। दिनभर पर्याप्त पानी पीने और शरीर को हाइड्रेट रखने को कहा गया है। दोपहर में तेज धूप से बचने, हल्के और सूती कपड़े पहनने की सलाह दी गई है। खासतौर पर बच्चों और बुजुर्गों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है।

  • खिलचीपुर में चमत्कारिक दृश्य: 300 साल बाद सामने आया भगवान गणेश का असली स्वरूप

    खिलचीपुर में चमत्कारिक दृश्य: 300 साल बाद सामने आया भगवान गणेश का असली स्वरूप


    राजगढ़। जिले के खिलचीपुर स्थित रियासतकालीन चिंतामण गणेश मंदिर में सोमवार देर रात एक अनोखी और आस्था से जुड़ी घटना सामने आई, जिसने पूरे क्षेत्र में श्रद्धा और उत्साह का माहौल बना दिया। मंदिर में स्थापित करीब 300 वर्ष पुरानी भगवान गणेश की प्रतिमा ने अचानक अपना पुराना चोला छोड़ दिया, जिसके बाद उसका वास्तविक और दुर्लभ स्वरूप पहली बार स्पष्ट रूप से दिखाई दिया।
    चोला हटते ही सामने आया दिव्य स्वरूप
    वर्षों से प्रतिमा पर सिंदूर और चोले की परत चढ़ी होने के कारण उसका मूल रूप स्पष्ट नहीं दिखता था। लेकिन चोला उतरते ही भगवान गणेश की चार भुजाओं वाली अद्भुत प्रतिमा सामने आई, जिसे देखकर श्रद्धालु हैरान रह गए।
    प्रतिमा के स्वरूप में भगवान गणेश को रुद्राक्ष माला जपते हुए दिखाया गया है। एक हाथ में वे रुद्राक्ष माला धारण किए हुए हैं, दूसरे हाथ से वे सूंड की सहायता से लड्डू ग्रहण कर रहे हैं। तीसरे हाथ में कमल का फूल और चौथे हाथ में फरसा दिखाई देता है। यह दुर्लभ स्वरूप भक्तों के बीच विशेष आकर्षण का केंद्र बन गया है।
    दर्शन के लिए उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
    इस घटना की खबर सुबह होते ही पूरे इलाके में फैल गई। इसके बाद मंदिर में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। दिनभर बड़ी संख्या में लोग इस दिव्य और दुर्लभ स्वरूप के दर्शन करने के लिए पहुंचते रहे।
    60 साल पुरानी सेवा परंपरा और मंदिर का इतिहास
    स्थानीय श्रद्धालुओं रामबाबू गुप्ता, मोहन गुप्ता और श्याम गुप्ता के अनुसार, यह मंदिर पहले एक कच्चे चबूतरे पर स्थित था। उनके परिवार ने लगभग 60 वर्ष पहले यहां सेवा शुरू की थी और गणेश चतुर्थी पर 10 दिवसीय उत्सव की परंपरा शुरू की, जो आज भी जारी है। बढ़ती श्रद्धालु संख्या को देखते हुए वर्ष 2016 में मंदिर का पुनर्निर्माण तमिलनाडु शैली में किया गया था।
    आगे की पूजा और चोले का विसर्जन
    मंदिर समिति के अनुसार, आने वाले दिनों में प्रतिमा का जल और पंचामृत से अभिषेक किया जाएगा। इसके बाद नए चोले और आभूषणों से भगवान का भव्य श्रृंगार किया जाएगा। पुराना चोला ओंकारेश्वर में नर्मदा नदी में विधिवत रूप से विसर्जित किया जाएगा।
    श्रद्धा और आस्था का केंद्र बना मंदिर
    इस घटना ने श्रद्धालुओं की आस्था को और गहरा कर दिया है। 300 साल पुरानी इस प्रतिमा के वास्तविक स्वरूप के सामने आने के बाद मंदिर अब पूरे क्षेत्र में आस्था और आकर्षण का बड़ा केंद्र बन गया है।