Category: Madhya Pradesh

  • गल्फ जायंट्स को मिला नया कोच: साइमन हेल्मोट की हुई ILT20 2026 टीम में एंट्री

    गल्फ जायंट्स को मिला नया कोच: साइमन हेल्मोट की हुई ILT20 2026 टीम में एंट्री


    नई दिल्ली । यूएई की इंटरनेशनल लीग टी20 (ILT20) 2026 सीजन से पहले अदाणी स्पोर्ट्सलाइन ने अपनी टीम गल्फ जायंट्स के लिए बड़ा बदलाव करते हुए अनुभवी ऑस्ट्रेलियाई कोच साइमन हेल्मोट को नया हेड कोच नियुक्त किया है।

    हेल्मोट के पास दो दशकों से अधिक का अंतरराष्ट्रीय और फ्रेंचाइजी क्रिकेट अनुभव है। वे लंबे समय से इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में सनराइजर्स हैदराबाद के साथ जुड़े रहे हैं और कई बड़ी टी20 लीगों में टीमों को सफलता दिलाने में अहम भूमिका निभा चुके हैं।

    कोचिंग करियर में उन्होंने ऑस्ट्रेलिया, कैरेबियन और यूएई की कई टीमों के साथ काम किया है। हाल ही में उन्होंने विमेंस बिग बैश लीग में मेलबर्न रेनेगेड्स को 2024 में पहला खिताब जिताने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

    नियुक्ति के बाद साइमन हेल्मोट ने कहा कि वे गल्फ जायंट्स के साथ जुड़कर बेहद उत्साहित हैं और टीम के दीर्घकालिक विकास व प्रतिस्पर्धी प्रदर्शन पर काम करेंगे।

    वहीं अदाणी एंटरप्राइजेज के निदेशक प्रणव अदाणी ने कहा कि हेल्मोट का अनुभव और नेतृत्व क्षमता टीम के भविष्य के विजन के अनुरूप है और उनसे आगामी सीजन में मजबूत प्रदर्शन की उम्मीद है। गल्फ जायंट्स ने पूर्व हेड कोच जोनाथन ट्रॉट का भी धन्यवाद किया और उनके योगदान की सराहना की।

  • राजस्थान की गर्म हवाओं का असर: सागर में पारा 43°C पार, लू का अलर्ट

    राजस्थान की गर्म हवाओं का असर: सागर में पारा 43°C पार, लू का अलर्ट


    नई दिल्ली । सागर शहर इन दिनों भीषण गर्मी की चपेट में है। राजस्थान की ओर से आ रही गर्म हवाओं ने पूरे वातावरण को और अधिक तप्त बना दिया है, जिससे दिन के साथ-साथ रातें भी गर्म महसूस की जा रही हैं।

    शुक्रवार को सुबह से ही तेज धूप और गर्म हवाओं का असर देखने को मिला। दोपहर तक हालात ऐसे हो गए कि बाजारों में सन्नाटा पसर गया और लोग घरों में कैद रहने को मजबूर हो गए।

    मौसम विभाग के अनुसार सागर का अधिकतम तापमान 43.6 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। विशेषज्ञों का कहना है कि सक्रिय मौसमीय सिस्टम और ट्रफ लाइन की वजह से हवा भट्टी जैसी गर्म हो रही है।

    राजस्थान से आने वाली गर्म हवाएं स्थिति को और गंभीर बना रही हैं, जिससे लू चलने की संभावना भी बढ़ गई है। अनुमान है कि रात का तापमान भी 30 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है।

    मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। दोपहर 12 से 3 बजे के बीच विशेष सावधानी बरतने, पर्याप्त पानी पीने, हल्के कपड़े पहनने और बच्चों व बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखने की अपील की गई है।

  • सागर में बिजली संकट: दो ट्रांसफार्मर जलकर खाक, पूरे इलाके में अफरा-तफरी

    सागर में बिजली संकट: दो ट्रांसफार्मर जलकर खाक, पूरे इलाके में अफरा-तफरी


    नई दिल्ली। सागर शहर में गुरुवार देर रात एक के बाद एक दो बिजली ट्रांसफार्मरों में आग लगने से हड़कंप मच गया। सिविल लाइन क्षेत्र में लगे ट्रांसफार्मर में अचानक धमाके के साथ आग भड़क उठी, जिससे आसपास का इलाका दहल गया।

    इसके कुछ ही समय बाद इतवारा बाजार के कचेरन कुआं क्षेत्र में भी एक अन्य ट्रांसफार्मर में आग लगने की घटना सामने आई। दोनों जगहों पर आग लगने से बिजली आपूर्ति पूरी तरह प्रभावित हो गई और कई इलाकों में अंधेरा छा गया।

    स्थानीय लोगों ने तुरंत फायर ब्रिगेड और बिजली विभाग को सूचना दी। मौके पर पहुंची दमकल टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद करीब एक घंटे में आग पर काबू पाया। इस दौरान ट्रांसफार्मरों में लगातार धमाके और चिंगारियां निकलती रहीं, जिससे लोग दहशत में आ गए।

    आग के कारण दर्जनों घरों की बिजली सप्लाई ठप हो गई। गर्मी के मौसम में बिजली गुल होने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। सुबह करीब 6 बजे तक मरम्मत कार्य के बाद आपूर्ति बहाल की जा सकी।

    बिजली विभाग की टीम फिलहाल आग लगने के कारणों की जांच कर रही है। प्रारंभिक अनुमान में ओवरलोड या तकनीकी खराबी को वजह माना जा रहा है।

  • क्षतिग्रस्त पुल का काम खिंचा, बीहर नदी पर यातायात बहाली अभी टली

    क्षतिग्रस्त पुल का काम खिंचा, बीहर नदी पर यातायात बहाली अभी टली


    नई दिल्ली ।  रीवा के बायपास मार्ग स्थित बीहर नदी पर बने क्षतिग्रस्त पुल की मरम्मत का कार्य अभी भी धीमी गति से चल रहा है, जिससे यातायात बहाल होने की उम्मीदें टलती नजर आ रही हैं। पुल की मौजूदा स्थिति को देखते हुए अब यह स्पष्ट नहीं है कि इसे कब तक पूरी तरह से सुरक्षित किया जा सकेगा।

    मौके पर स्थिति चिंताजनक बताई जा रही है। गर्डर उठाने की प्रक्रिया के दौरान एलाइनमेंट बिगड़ने से तकनीकी समस्याएं और बढ़ गई हैं। वहीं, पिलरों के बीच गैप बढ़ने की भी जानकारी सामने आई है, जिससे संरचना की मजबूती पर सवाल खड़े हो गए हैं।

    सूत्रों के अनुसार, मरम्मत कार्य में लगी डीजीसी इंफ्रा की टीम ने प्रारंभिक तौर पर सुझाव दिया था कि पुल को पूरी तरह तोड़कर नए सिरे से निर्माण करना अधिक सुरक्षित विकल्प होगा। हालांकि, इस पर अंतिम निर्णय जिला प्रशासन को लेना है और फिलहाल मरम्मत का काम ही जारी है।

    एमपीआरडीसी के अधिकारी इस मामले में स्पष्ट जानकारी देने से बच रहे हैं। वहीं, इंजीनियरों का मानना है कि जल्दबाजी में यातायात बहाल करना जोखिम भरा हो सकता है। अनुमान है कि पुल को सुरक्षित बनाने में अभी एक महीने से अधिक समय लग सकता है।

    गौरतलब है कि प्रशासन ने पहले 10 मई तक पुल पर यातायात बहाल करने का दावा किया था, लेकिन तय समय सीमा बीतने के बाद भी काम अधूरा है। इससे लोगों को निराशा का सामना करना पड़ रहा है।

    इस बीच भारी वाहनों को शहर के भीतर से गुजरना पड़ रहा है, जिससे ट्रैफिक जाम, धूल और दुर्घटना का खतरा बढ़ गया है और स्थानीय लोगों को लगातार परेशानी झेलनी पड़ रही है।

  • पर्यावरण संदेश के साथ प्रशासनिक दौरा: उज्जैन महापौर ने कार छोड़ अपनाया ई-रिक्शा

    पर्यावरण संदेश के साथ प्रशासनिक दौरा: उज्जैन महापौर ने कार छोड़ अपनाया ई-रिक्शा


    नई दिल्ली । पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ती ईंधन कीमतों के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पेट्रोल-डीजल के संयमित उपयोग की अपील का असर अब उज्जैन में दिखाई देने लगा है। शहर के महापौर मुकेश टटवाल ने एक नई पहल करते हुए हर शुक्रवार को कार का उपयोग न करने और उसकी जगह ई-रिक्शा, पैदल या इलेक्ट्रिक वाहनों से सफर करने का निर्णय लिया है।

    शुक्रवार को महापौर अटल पार्क पहुंचे, जहां उन्होंने ई-रिक्शा से वार्डों का निरीक्षण किया और आम नागरिकों से मुलाकात कर ईंधन बचत का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि देश की मौजूदा परिस्थितियों में पेट्रोल-डीजल का संतुलित उपयोग बेहद जरूरी है।

    महापौर ने स्पष्ट किया कि यह पहल केवल प्रतीकात्मक नहीं है, बल्कि इसे लंबे समय तक जारी रखने की योजना है, ताकि लोगों में जागरूकता बढ़े।

    उन्होंने नगर निगम के अधिकारियों और पार्षदों से भी सप्ताह में कम से कम एक दिन ई-रिक्शा, इलेक्ट्रिक वाहन या पैदल चलने की अपील की। उनका कहना है कि यदि सभी अधिकारी मिलकर यह प्रयास करें तो हर सप्ताह सैकड़ों लीटर पेट्रोल की बचत संभव है।

    इस पहल को शहर में ईंधन बचत और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक सकारात्मक संदेश के रूप में देखा जा रहा है।

  • सिंहस्थ तैयारियों पर नजर: मुख्यमंत्री ने उज्जैन में किया निरीक्षण और लिया धार्मिक आशीर्वाद

    सिंहस्थ तैयारियों पर नजर: मुख्यमंत्री ने उज्जैन में किया निरीक्षण और लिया धार्मिक आशीर्वाद


    नई दिल्ली । उज्जैन दौरे पर पहुंचे मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को जय गुरुदेव आश्रम में पहुंचकर गुरुदेव उमाकांत महाराज से आशीर्वाद लिया और उनके प्रवचनों का श्रवण किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि संतों और आश्रमों से मिलने वाली शिक्षा समाज को सही दिशा देती है और मानवता के प्रति समर्पण का मार्ग दिखाती है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि उज्जैन में होने वाले सिंहस्थ-2028 महापर्व के लिए स्थानीय जनता, जनप्रतिनिधि और प्रशासन मिलकर कार्य कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि कई धार्मिक स्थलों से जुड़े विकास कार्य जनभागीदारी से आगे बढ़ रहे हैं, जो एक सकारात्मक बदलाव का संकेत है।

    आश्रम में गुरुदेव उमाकांत महाराज ने मुख्यमंत्री की सराहना करते हुए कहा कि उनकी जिम्मेदारियों के बावजूद वे निरंतर आध्यात्मिक जुड़ाव बनाए हुए हैं और जनसेवा के कार्यों में सक्रिय हैं।

    आश्रम से निकलने के बाद मुख्यमंत्री रामघाट पहुंचे, जहां उन्होंने सिंहस्थ को ध्यान में रखते हुए चल रहे निर्माण और विकास कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने घाट क्षेत्र के सौंदर्यीकरण, यातायात व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुविधाओं की समीक्षा की।

    मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी कार्य समयसीमा और गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाएं। उन्होंने कहा कि सरकार उज्जैन को न केवल धार्मिक और सांस्कृतिक बल्कि पर्यटन की दृष्टि से भी एक प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

  • हर्षा रिछारिया उर्फ हर्षानंद फिर चर्चा में, प्रवचन रोकने का लगाया आरोप

    हर्षा रिछारिया उर्फ हर्षानंद फिर चर्चा में, प्रवचन रोकने का लगाया आरोप


    नई दिल्ली । उज्जैन के लक्ष्मीपुरा में आयोजित सात दिवसीय देवी प्रवचन कार्यक्रम का समापन इस बार विवादों में घिर गया। मॉडल से संन्यास लेकर साध्वी बनीं हर्षा रिछारिया उर्फ स्वामी हर्षानंद गिरि ने मंच से आरोप लगाया कि कुछ संत उनके प्रवचन को रोकने और उसका समय घटाने की कोशिश कर रहे थे।

    हर्षानंद ने कहा कि शुरुआती दिनों में कार्यक्रम सामान्य रहा, लेकिन जैसे-जैसे श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ी, उनके प्रवचन के समय को सीमित करने का प्रयास किया गया। उन्होंने दावा किया कि विरोध के बावजूद श्रद्धालुओं की उपस्थिति लगातार बढ़ती रही और पंडाल तक बढ़ाना पड़ा।

    कार्यक्रम के दौरान उन्होंने मंच से युवतियों को ‘लव जिहाद’ से सतर्क रहने की शपथ दिलाई। इसके साथ ही युवतियों को तलवारबाजी, घुड़सवारी और शस्त्र प्रशिक्षण सीखने की सलाह भी दी गई। करणी सेना की ओर से कार्यक्रम में युवतियों को तलवारें भी वितरित की गईं।

    आयोजन के समापन पर करीब 11 युवतियों को प्रतीकात्मक रूप से तलवारें सौंपी गईं, जबकि लक्ष्य 101 तलवारें बांटने का था।

    हर्षानंद ने यह भी कहा कि वे मां भगवती की कृपा से इस कार्यक्रम में डटी रहीं और कोई भी उन्हें रोक नहीं सका।

    करीब एक माह पहले उन्होंने उज्जैन के मौनी तीर्थ आश्रम में संन्यास लेकर नया नाम “स्वामी हर्षानंद गिरि” अपनाया था। संन्यास से पहले वे मॉडलिंग और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर के रूप में सक्रिय थीं और अब धार्मिक प्रवचनों के जरिए चर्चा में रहती हैं।

  • गर्मी से हाहाकार: शाजापुर-नौगांव सबसे गर्म, MP में मौसम विभाग का अलर्ट

    गर्मी से हाहाकार: शाजापुर-नौगांव सबसे गर्म, MP में मौसम विभाग का अलर्ट


    नई दिल्ली । मध्य प्रदेश एक बार फिर भीषण गर्मी की चपेट में आ गया है। मौसम विभाग ने अगले चार दिनों के लिए राज्य के करीब 40 जिलों में लू और गर्म हवाओं का अलर्ट जारी किया है। कई जिलों में तापमान 44 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच चुका है, जिससे लोगों को दिन के समय सतर्क रहने की सलाह दी गई है।

    शाजापुर और छतरपुर के नौगांव में गुरुवार को अधिकतम तापमान 44.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सीजन का सबसे अधिक तापमान रहा। इसके अलावा खरगोन, खंडवा, रतलाम, खजुराहो और अन्य जिलों में भी पारा 44 डिग्री के आसपास रहा।

    राज्य के प्रमुख शहरों की बात करें तो उज्जैन में 44 डिग्री, भोपाल में 43.4 डिग्री, जबलपुर में 43.3 डिग्री, इंदौर में 43 डिग्री और ग्वालियर में 41.8 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया है।

    मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच गर्मी का असर सबसे ज्यादा रहेगा। इस दौरान लोगों को घरों से बाहर निकलने से बचने की सलाह दी गई है।

    इंदौर, उज्जैन, रतलाम, देवास और धार जैसे जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है, जहां तेज लू के साथ रात में भी गर्मी का असर यानी ‘वॉर्म नाइट’ देखने को मिल सकता है।

    हालांकि, पूर्वी मध्य प्रदेश के कुछ जिलों में फिलहाल लू का असर कम है, लेकिन वहां भी तेज गर्मी बनी हुई है।

    मौसम में यह बदलाव लंबे समय से चल रहे बारिश और आंधी के दौर के बाद आया है। मई महीने के शुरुआती दिनों में लगातार बारिश के कारण तापमान सामान्य बना हुआ था, लेकिन अब अचानक मौसम ने करवट ली है और गर्मी ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है।

  • कानून और तकनीक का संगम: जबलपुर में CJI और जजों की अहम बैठक, सीएम-कानून मंत्री भी शामिल

    कानून और तकनीक का संगम: जबलपुर में CJI और जजों की अहम बैठक, सीएम-कानून मंत्री भी शामिल



    नई दिल्ली । मध्य प्रदेश का जबलपुर शनिवार को देश की न्यायपालिका के एक महत्वपूर्ण आयोजन का केंद्र बनने जा रहा है। हाईकोर्ट द्वारा आयोजित राष्ट्रीय सेमिनार में भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सहित सुप्रीम कोर्ट के 9 न्यायाधीश शामिल होंगे। इस कार्यक्रम में केंद्रीय कानून मंत्री और मुख्यमंत्री भी मौजूद रहेंगे।

    यह सेमिनार “फ्रेगमेंटेशन टू फ्यूजन: एम्पॉवरिंग जस्टिस वाया यूनाइटेड डिजिटल प्लेटफॉर्म इंटीग्रेशन” विषय पर आधारित है, जिसका उद्देश्य न्याय व्यवस्था में तकनीक और डिजिटल एकीकरण को मजबूत करना है। कार्यक्रम सुबह 10:30 बजे से नेताजी सुभाषचंद्र बोस कल्चरल एंड इन्फॉर्मेशन सेंटर में आयोजित किया जाएगा।

    मुख्य अतिथि के रूप में CJI की उपस्थिति रहेगी, जबकि राज्य के मुख्यमंत्री और केंद्रीय कानून मंत्री विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल होंगे। इसके अलावा सुप्रीम कोर्ट के कई वरिष्ठ न्यायाधीश भी इस सेमिनार का हिस्सा बनेंगे।

    इस आयोजन में ई-कोर्ट सिस्टम, डेटा इंटीग्रेशन, यूनिफाइड डिजिटल प्लेटफॉर्म और आधुनिक तकनीक के माध्यम से न्याय प्रणाली को अधिक पारदर्शी और तेज बनाने जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा होगी। विशेषज्ञों का मानना है कि यह सेमिनार देश में डिजिटल न्याय प्रणाली के भविष्य की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

    कार्यक्रम को देखते हुए जबलपुर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं और प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है।

  • हाईकोर्ट का बड़ा आदेश: आयुष चिकित्सा अधिकारियों की भर्ती प्रक्रिया पर लगी रोक

    हाईकोर्ट का बड़ा आदेश: आयुष चिकित्सा अधिकारियों की भर्ती प्रक्रिया पर लगी रोक


    नई दिल्ली । मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की जबलपुर खंडपीठ ने आयुष चिकित्सा अधिकारियों (आयुर्वेद, होम्योपैथी और यूनानी) की भर्ती प्रक्रिया पर अंतरिम रोक लगा दी है। यह आदेश 31 दिसंबर 2025 को जारी विज्ञापनों के तहत चल रही भर्ती प्रक्रिया पर लागू होगा, जिससे फिलहाल सभी आगे की कार्रवाई रोक दी गई है।

    मुख्य न्यायाधीश संजीव सचदेवा और न्यायमूर्ति विनय सराफ की खंडपीठ ने यह फैसला तीन याचिकाओं की सुनवाई के दौरान दिया। अदालत ने राज्य सरकार और मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है और मामले की अगली सुनवाई 23 जून 2026 तय की गई है।

    विवाद का मुख्य मुद्दा 50 प्रतिशत आरक्षण से जुड़ा है, जो उन संविदा आयुष चिकित्सा अधिकारियों को देने का प्रावधान है जिन्होंने पांच साल की सेवा पूरी कर ली है। याचिकाकर्ताओं का कहना है कि समान पद पर कार्यरत होने के बावजूद उन्हें इस लाभ से वंचित किया जा रहा है।

    सरकार की 11 मार्च 2025 की अधिसूचना में यह प्रावधान किया गया था कि ऐसे संविदा चिकित्सक, जो निर्धारित सेवा अवधि पूरी कर चुके हैं, उन्हें नियमित भर्ती में आरक्षण का लाभ मिलेगा, बशर्ते वे समकक्ष पद पर कार्यरत हों।

    याचिकाकर्ताओं ने तर्क दिया कि वे उसी पद पर काम कर रहे हैं, जिसके लिए भर्ती निकाली गई है, और केवल वेतनमान के आधार पर भेदभाव उचित नहीं है। उन्होंने यह भी बताया कि राज्य सरकार पहले ही कुछ मामलों में संविदा चिकित्सकों के वेतनमान को नियमित स्तर पर लाने की प्रक्रिया स्वीकार कर चुकी है।

    हाईकोर्ट के इस अंतरिम आदेश से प्रदेश भर के हजारों संविदा आयुष चिकित्सकों को फिलहाल राहत मिली है, जबकि भर्ती प्रक्रिया अनिश्चितकाल के लिए रुक गई है। अब सरकार के जवाब के बाद ही इस मामले में आगे की दिशा तय होगी।