Category: Madhya Pradesh

  • MP: उज्जैन में महाकाल मंदिर के पास अवैध कत्लखाने का खुलासा…दो आरोपी गिरफ्तार

    MP: उज्जैन में महाकाल मंदिर के पास अवैध कत्लखाने का खुलासा…दो आरोपी गिरफ्तार


    उज्जैन।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के उज्जैन शहर (Ujjain city.) में प्रतिबंध के बावजूद प्रतिबंध क्षेत्र में चोरी छिपे कत्लखाना (Slaughterhouse) चल रहा था। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने बड़ी कार्यवाही करते हुए दो आरोपी को गिरफ्तार किया है और साथ ही मौके से भारी मात्रा में मांस, धारदार हथियार,जिन्दा गाय के बछड़े सहित तोलने का सामान जब्त किया है। पुलिस को देखते ही दोनों आरोपी भागने का प्रयास कर रहे थे, हालांकि पुलिस टीम ने उन्हें तुरंत पकड़ लिया।

    बताया जा रहा है कि महाकाल मंदिर (Mahakal Temple) के पास किसी भी तरह के मांस विक्रय पर प्रतिबंध लगा हुआ है। पुलिस ने अवैध रूप से गोवंश (पाडे) काटने और मांस बेचने के संबंध में पशु क्रूरता अधिनियम 11(1)(घ) और अन्य धाराओं में एफआईआर दर्ज कर आरोपी हाजी मुस्तकीम (निवासी: बम्बईया गली, कोट मोहल्ला) वसीम बम्बईया (निवासी: बम्बईया गली, कोट मोहल्ला) गिरिफ्तार कर लिया है। बताया जा रहा है कि घटना 12 अप्रेल की है और पुलिस इसमें गोपनीय तरीके से जांच पड़ताल कर रही थी।

    चोरी-छिपे पशु काटने का अवैध कत्लखाना
    उज्जैन शहर के महाकाल थाना क्षेत्र में पुलिस को सूचना मिल रही थी कि एक संदिग्ध मकान में चोरी-छिपे पशु काटने का अवैध कत्लखाना चल रहा है, इस पर पुलिस ने अपने खुफिया तंत्र को इस काम पर लगाया और 12 अप्रैल को सूचना मिलते ही महाकाल पुलिस ने दबिश देकर जिंदा गाय के बछड़े सहित मौके से भारी मात्रा में मांस, धारदार हथियार और एक इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटा बरामद किया है। आरोपी पाड़ों का मांस बेचने की तैयारी में थे। बता दें कि धार्मिक नगरी होने के कारण उज्जैन में बूचड़खाने पर पूरी तरह से प्रतिबंध है।

    पशु अधिनियम क्रूरता में मामला दर्ज
    पुलिस ने इस मामले में हाजी मुस्तकीम और वसीम बम्बईया नामक दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह दोनों कोट मोहल्ला महाकाल क्षेत्र के निवासी हैं। उनके खिलाफ मध्य प्रदेश कृषि पशु परिरक्षण एवं पशु क्रूरता अधिनियम की धारा 11 (घ) और आर्म्स एक्ट की धारा 25 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि यह अवैध कारोबार किस नेटवर्क के तहत संचालित हो रहा था और काटे गए मांस की आपूर्ति कहां की जानी थी।

    दबिश में पुलिस को मिला भारी मात्रा में मांस
    पुलिस को मौके से एक पाडे के कटे हुए चार पैर। 2 जीवित पाडे और 1 पाडी, जिन्हें क्रूरतापूर्वक रस्सियों से बांधकर रखा गया था। मांस तोलने के उपकरण, एक डिजिटल इलेक्ट्रॉनिक कांटा, लोहे की तराजू और विभिन्न बाट। एक धारदार बक्का और एक धारदार लोहे की छुरी और मांस काटने का लकड़ी का ठिया।

    महाकाल थाना पुलिस ने बताया कि शासन द्वारा मांस की बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध लगाए जाने के बावजूद, आरोपी हाजी मुस्तकीम और उसका भाई वसीम अपने घर के नीचे बने एक कमरे में अवैध रूप से पाडे (मवेशी) काटकर उनका मांस बेच रहे हैं। जब पुलिस ने गवाहों के साथ वहां दबिश दी, तो दोनों आरोपी अपने हथियार (छुरे) मौके पर छोड़कर पीछे के रास्ते से भाग निकलने का प्रयास कर रहे थे, इस दौरान पुलिस ने मौके की वीडियोग्राफी करवाई और वहां से साक्ष्य बरामद किए।

  • MP: श्योपुर में प्रेमी जोड़े ने फांसी लगाकर की आत्महत्या… अगरा के जंगल में पेड़ पर लटके मिले शव

    MP: श्योपुर में प्रेमी जोड़े ने फांसी लगाकर की आत्महत्या… अगरा के जंगल में पेड़ पर लटके मिले शव


    श्योपुर।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के श्योपुर जिले (Sheopur district) में नाबालिग प्रेमी जोड़े ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। दोनों के शव अगरा जंगल (Agara forest) में एक पेड़ से लटके मिले। प्राप्त जानकारी के अनुसार दोनों के बीच 2 साल से अफेयर चल रहा था, लेकिन उनके घरवाले उनकी शादी के लिए तैयार नहीं थे, जिससे दुखी होकर उन्होंने यह कदम उठा लिया। यह घटना बरगवां थाना क्षेत्र की है।

    पुलिस ने बताया कि मृतकों की पहचान विशन भिलाला निवासी वालीहारा और सामबाई निवासी कुड़ारदा के रूप में की गई है। दोनों की उम्र करीब 17 साल थी और दोनों 15 अप्रैल को अपने-अपने घरों से बिना बताए निकल गए थे। जिसके बाद परिजनों ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।


    जंगल में एक ही पेड़ पर लटके मिले शव

    पुलिस ने बताया शिकायत दर्ज होने के बाद सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। तकनीकी टीम की मदद से मोबाइल लोकेशन और अन्य पहलुओं पर भी जांच की गई। गुरुवार को सर्च के दौरान जंगल के अंदर एक पेड़ पर दोनों के शव फंदे से लटके हुए मिले। पुलिस का कहना है कि नाबालिग लड़की के घर से 8-10 किमी दूर जंगल में दोनों के शव पेड़ पर लटके मिले।


    नाबालिग होने की वजह से नहीं कर पा रहे थे कोर्ट मैरिज

    ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। शवों को नीचे उतरवाया। मौके पर पंचनामा कार्रवाई की गई और शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों एक-दूसरे से प्रेम करते थे, लेकिन उनके परिजन दोनों की शादी के लिए राजी नहीं थे, वहीं नाबालिग होने की वजह से दोनों कोर्ट मैरिज भी नहीं कर पा रहे थे, इसलिए उन्होंने सुसाइड कर लिया। हालांकि पुलिस को कोई सुसाइड नोट नहीं मिला।


    एक ही गोत्र की वजह से घरवाले नहीं हुए तैयार

    बरगवां थाना प्रभारी श्यामवीर सिंह तोमर ने बताया कि दोनों के बीच करीब दो साल से प्रेम प्रसंग चल रहा था, दोनों एक ही समाज के भी थे लेकिन दोनों का गोत्र एक होने की वजह से, उनके परिजन दोनों की सगाई कराने को राजी नहीं थे। इसको लेकर नाबालिग प्रेमी जोड़ा घर से भाग गया। जब दोनों के परिजनों को उनके भागने की जानकारी मिली तो उन्होंने इसकी सूचना बरगवां थाने आकर दी। इस सूचना पर पुलिस ने दोनों नाबालिग की तलाश शुरू की।


    लड़की ने दुपट्टे तो लड़के ने तौलिये से लगाई फांसी

    थाना प्रभारी ने बताया कि, ‘लड़की ने दुपट्टे से और लड़के ने तौलिये से फांसी लगाई। मामले में मर्ग कायम कर लिया गया है और हर एंगल से जांच की जा रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असली वजह सामने आ सकेगी। आसपास के लोगों और परिजनों से भी पूछताछ जारी है।’

    तोमर ने आगे बताया कि, नाबालिग प्रेमी जोड़े को तलाशने के लिए टेक्निकल टीम की मदद ली गई और सर्चिंग की गई तो लड़के के मोबाइल नंबर की लोकेशन एक ही स्थान की मिल रही थी, जिसके आधार पर पुलिस ने तलाशी की तो बरगवां थाना क्षेत्र के जंगल में एक पेड़ पर दोनों नाबालिग प्रेमी लटके मिले।

  • बैरसिया में कारोबारी की हत्या से दहशत बाइक सवार बदमाशों ने मारी गोली

    बैरसिया में कारोबारी की हत्या से दहशत बाइक सवार बदमाशों ने मारी गोली


    नरसिंहपुर । मध्यप्रदेश के नरसिंहपुर में अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र के नाम पर ठगी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है जहां दो शातिर आरोपियों ने एक महिला को जेवर तीन गुना करने का झांसा देकर करीब 10 लाख रुपये के गहने ठग लिए। इस घटना ने एक बार फिर अंधविश्वास के नाम पर होने वाली ठगी की सच्चाई को उजागर कर दिया है।

    जानकारी के अनुसार, आरोपियों ने महिला को अपने जाल में फंसाते हुए कहा कि यदि वह अपने जेवर को किसी सुनसान स्थान पर रात के समय गाड़ दे और उस पर तंत्र-मंत्र किया जाए तो उसके गहने तीन गुना हो जाएंगे। साथ ही आरोपियों ने यह भी कहा कि इस प्रक्रिया को पूरी तरह गोपनीय रखना होगा और किसी को बताने पर अनहोनी हो सकती है। इसी डर और विश्वास के चलते महिला आरोपियों की बातों में आ गई।

    इसके बाद महिला ने रात के अंधेरे में सुनसान स्थान पर अपने जेवर रख दिए। इसी मौके का फायदा उठाकर दोनों आरोपी गहने लेकर फरार हो गए। घटना के बाद महिला को जब ठगी का एहसास हुआ तो उसने तुरंत इसकी शिकायत पुलिस अधीक्षक कार्यालय में दर्ज कराई।

    पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की और तकनीकी तथा सूचना के आधार पर आरोपियों की पहचान की। जांच में सामने आया कि एक आरोपी अनिल राय उर्फ मुल्ला बाबा डोभी क्षेत्र का रहने वाला है जबकि दूसरा आरोपी अजय मेहरा बॉसकुंवारी गांव का निवासी है।

    पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए अनिल राय को उत्तर प्रदेश के आगरा से गिरफ्तार किया जबकि अजय मेहरा को नरसिंहपुर से ही पकड़ लिया गया। पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। पुलिस ने उनके कब्जे से करीब 10 लाख रुपये मूल्य के जेवर भी बरामद कर लिए हैं।

    इस घटना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र के नाम पर लोगों को आसानी से निशाना बनाया जाता है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया है और मामले की आगे की जांच जारी है।

    भोपाल । मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है जहां बैरसिया क्षेत्र के किराना व्यापारी हनीफ खान की गोली मारकर हत्या कर दी गई। इस घटना से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है और पुलिस मामले की हर एंगल से जांच कर रही है।

    जानकारी के अनुसार 42 वर्षीय हनीफ खान बुधवार को अपने किसी काम से निकले थे, लेकिन देर शाम उनका शव शमशाबाद रोड स्थित एक ढाबे के पास बरामद हुआ। यह स्थान उनके घर से लगभग 10 किलोमीटर दूर है। शुरुआती स्थिति में शव के पास बाइक मिलने से इसे सड़क दुर्घटना समझा गया, लेकिन जब पुलिस ने जांच की तो स्पष्ट हुआ कि उनकी मौत गोली लगने से हुई है।

    पुलिस जांच में सामने आया है कि अज्ञात बाइक सवार बदमाशों ने हनीफ खान को नजदीक से गोली मारी। गोली सीने के आर-पार हो गई जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद बदमाश मौके से फरार हो गए। आसपास के लोगों ने कुछ बाइक सवारों को तेजी से भागते हुए देखा, जिससे पुलिस को अहम सुराग मिले हैं।

    परिजनों के अनुसार हनीफ खान का किसी से कोई पुराना विवाद या दुश्मनी नहीं थी और वह सामान्य रूप से अपना व्यवसाय चला रहे थे। घटना के समय वह शमशाबाद स्थित रिश्तेदार के घर जा रहे थे। हालांकि पुलिस इस बयान के साथ-साथ अन्य सभी संभावित पहलुओं की भी जांच कर रही है।

    एडिशनल एसपी नीरज चौरसिया ने बताया कि फिलहाल मामला संदिग्ध है और पुलिस हर एंगल से जांच कर रही है। शुरुआती जांच में लूट की संभावना कम नजर आ रही है, लेकिन पुरानी रंजिश और व्यक्तिगत विवाद की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता। इसके साथ ही कुछ रिलेशनशिप संबंधी पहलुओं की भी जांच की जा रही है।

    पुलिस ने घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगालने शुरू कर दिए हैं और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान करने की कोशिश की जा रही है। साथ ही मुखबिर तंत्र को भी सक्रिय कर दिया गया है ताकि जल्द से जल्द अपराधियों तक पहुंचा जा सके।

    फिलहाल इस वारदात ने पूरे क्षेत्र में दहशत फैला दी है और लोग सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि जल्द ही इस हत्याकांड का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

  • जेवर तीन गुना करने का झांसा नरसिंहपुर में महिला से 10 लाख की ठगी का खुलासा

    जेवर तीन गुना करने का झांसा नरसिंहपुर में महिला से 10 लाख की ठगी का खुलासा


    नरसिंहपुर । मध्यप्रदेश के नरसिंहपुर में अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र के नाम पर ठगी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है जहां दो शातिर आरोपियों ने एक महिला को जेवर तीन गुना करने का झांसा देकर करीब 10 लाख रुपये के गहने ठग लिए। इस घटना ने एक बार फिर अंधविश्वास के नाम पर होने वाली ठगी की सच्चाई को उजागर कर दिया है।

    जानकारी के अनुसार, आरोपियों ने महिला को अपने जाल में फंसाते हुए कहा कि यदि वह अपने जेवर को किसी सुनसान स्थान पर रात के समय गाड़ दे और उस पर तंत्र-मंत्र किया जाए तो उसके गहने तीन गुना हो जाएंगे। साथ ही आरोपियों ने यह भी कहा कि इस प्रक्रिया को पूरी तरह गोपनीय रखना होगा और किसी को बताने पर अनहोनी हो सकती है। इसी डर और विश्वास के चलते महिला आरोपियों की बातों में आ गई।

    इसके बाद महिला ने रात के अंधेरे में सुनसान स्थान पर अपने जेवर रख दिए। इसी मौके का फायदा उठाकर दोनों आरोपी गहने लेकर फरार हो गए। घटना के बाद महिला को जब ठगी का एहसास हुआ तो उसने तुरंत इसकी शिकायत पुलिस अधीक्षक कार्यालय में दर्ज कराई।

    पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की और तकनीकी तथा सूचना के आधार पर आरोपियों की पहचान की। जांच में सामने आया कि एक आरोपी अनिल राय उर्फ मुल्ला बाबा डोभी क्षेत्र का रहने वाला है जबकि दूसरा आरोपी अजय मेहरा बॉसकुंवारी गांव का निवासी है।

    पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए अनिल राय को उत्तर प्रदेश के आगरा से गिरफ्तार किया जबकि अजय मेहरा को नरसिंहपुर से ही पकड़ लिया गया। पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। पुलिस ने उनके कब्जे से करीब 10 लाख रुपये मूल्य के जेवर भी बरामद कर लिए हैं।

    इस घटना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र के नाम पर लोगों को आसानी से निशाना बनाया जाता है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया है और मामले की आगे की जांच जारी है।

  • मंडला में भीषण लू का अलर्ट, तापमान 41.6°C तक पहुंचा

    मंडला में भीषण लू का अलर्ट, तापमान 41.6°C तक पहुंचा

    मंडला। मध्य प्रदेश के मंडला जिले में गर्मी ने अपने तेवर और तेज कर दिए हैं। बुधवार को जिले का अधिकतम तापमान 41.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सीजन का अब तक का सबसे अधिक तापमान माना जा रहा है। लगातार बढ़ते पारे ने आम जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है, और दोपहर के समय सड़कों पर आवाजाही काफी कम देखी जा रही है।

    16 से 18 अप्रैल तक लू का अलर्ट जारी

    मौसम विभाग ने मंडला जिले में 16 से 18 अप्रैल के बीच लू चलने की चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार आने वाले दो दिन अत्यधिक गर्म हवाओं के साथ कठिनाई बढ़ा सकते हैं। इससे पहले भी जिले में तापमान लगातार 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना हुआ था, जिससे गर्मी का असर लगातार महसूस किया जा रहा है।

    लगातार बढ़ रहा तापमान, पिछले दिनों भी रहा तेज गर्मी का असर

    तापमान के आंकड़ों पर नजर डालें तो मंगलवार को 41 डिग्री सेल्सियस, सोमवार को 40 डिग्री और रविवार को 40.2 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया था। अप्रैल की शुरुआत में बादल और हल्की बारिश के कारण कुछ राहत जरूर मिली थी, लेकिन मौसम साफ होते ही गर्मी ने तेजी से अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है।

    दोपहर में सड़कों पर सन्नाटा, लोगों ने बदला दिनचर्या

    तेज धूप और लू के खतरे के कारण दोपहर के समय बाजार और सड़कों पर लोगों की आवाजाही काफी कम हो गई है। लोग जरूरी कामों के लिए भी सुबह और शाम के समय का चयन कर रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि गर्मी इतनी अधिक है कि कुछ ही मिनटों में शरीर थकने लगता है।

    स्वास्थ्य विभाग ने जारी की एडवाइजरी

    बढ़ती गर्मी को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने विशेष एडवाइजरी जारी की है। इसमें लोगों को सलाह दी गई है कि वे दोपहर 12 से 4 बजे के बीच घर से बाहर न निकलें, हल्के सूती कपड़े पहनें, सिर को ढककर रखें और पर्याप्त मात्रा में पानी व तरल पदार्थों का सेवन करें। विभाग ने यह भी कहा है कि लू लगने के लक्षण जैसे चक्कर आना, कमजोरी या उल्टी होने पर तुरंत प्राथमिक उपचार लें और आवश्यकता पड़ने पर 108 एम्बुलेंस से अस्पताल पहुंचें।

    बच्चों और बुजुर्गों पर विशेष ध्यान की जरूरत

    स्वास्थ्य विभाग ने बच्चों, बुजुर्गों और गर्भवती महिलाओं को लेकर विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। इन संवेदनशील समूहों को गर्मी से बचाने के लिए घर के अंदर ठंडे और हवादार वातावरण में रखने की सलाह दी गई है।

    मंडला में बढ़ती गर्मी और लू का असर अब गंभीर रूप लेता जा रहा है। आने वाले दो दिन लोगों के लिए और अधिक चुनौतीपूर्ण साबित हो सकते हैं, ऐसे में सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है।

  • छुट्टियों की खुशियां बदलीं मातम, में उज्जैन में जहरीली गैस से दो बच्चियों की मौत

    छुट्टियों की खुशियां बदलीं मातम, में उज्जैन में जहरीली गैस से दो बच्चियों की मौत


    उज्जैन । मध्यप्रदेश के उज्जैन शहर के नानाखेड़ा थाना क्षेत्र स्थित त्रिवेणी हिल्स से एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है जहां गर्मियों की छुट्टियां मनाने आए दो परिवारों की खुशियां अचानक मातम में बदल गईं। यहां नाना के घर आए परिवार के दो मासूम बच्चों की बंद कमरे में जहरीली गैस की चपेट में आने से मौत हो गई जिससे पूरे इलाके में शोक का माहौल है।

    जानकारी के अनुसार, परिवार के सदस्य जिस छोटे से कमरे में सो रहे थे वहां बड़ी मात्रा में गेहूं का भंडारण किया गया था। यह कमरा लगभग 10 बाय 15 फीट का था और रात के समय पूरी तरह बंद होने के कारण अंदर ऑक्सीजन की कमी और संभवतः रासायनिक प्रतिक्रिया से जहरीली गैस का निर्माण हो गया। इसी स्थिति में कमरे में सो रहे बच्चों की तबीयत बिगड़ने लगी।

    सुबह करीब 9 बजे जब परिजनों की नींद खुली तो उन्होंने देखा कि बच्चों की हालत बेहद गंभीर है। मासूमों के मुंह से झाग निकल रहा था और वे बेहोश अवस्था में थे। घबराए परिजन तुरंत उन्हें अस्पताल लेकर पहुंचे लेकिन तब तक स्थिति काफी बिगड़ चुकी थी।

    इस हादसे में शाजापुर की रहने वाली मात्र डेढ़ महीने की मासूम तृषा ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया जबकि कायथा निवासी चार वर्षीय अनिका की भी मौत हो गई। दोनों मासूमों की मौत ने परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है।

    बताया जा रहा है कि छुट्टियों के चलते कई रिश्तेदार एक साथ त्रिवेणी हिल्स स्थित नाना के घर इकट्ठा हुए थे और वहीं यह दुखद घटना घटित हो गई। प्रारंभिक आशंका के अनुसार गेहूं के भंडारण के साथ रखी गई कीटनाशक दवाओं या बंद कमरे में हुई रासायनिक प्रक्रिया के कारण जहरीली गैस बनने की संभावना जताई जा रही है।

    घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि वास्तव में गैस बनने का कारण क्या था और क्या इसमें किसी प्रकार की लापरवाही शामिल थी।

    इस दर्दनाक हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है और पीड़ित परिवारों का रो रोकर बुरा हाल है। मासूमों की असामयिक मौत ने एक बार फिर घरों में अनाज भंडारण और सुरक्षा उपायों को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

  • बुधवारी बाजार में अवैध पार्किंग पर सख्ती, 20 वाहनों के चालान कटे

    बुधवारी बाजार में अवैध पार्किंग पर सख्ती, 20 वाहनों के चालान कटे


    सिवनी सिवनी शहर के व्यस्त बुधवारी बाजार क्षेत्र में यातायात पुलिस ने अवैध पार्किंग और सड़क अतिक्रमण के खिलाफ विशेष अभियान चलाया। इस दौरान सड़क पर गलत तरीके से खड़े वाहनों पर सख्त कार्रवाई करते हुए 20 से अधिक वाहनों के चालान काटे गए। अभियान का नेतृत्व एएसआई शत्रुधन चौरिया ने किया। उन्होंने बताया कि इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य बाजार क्षेत्र में यातायात व्यवस्था को सुचारु और व्यवस्थित बनाना है।

    सड़क पर अव्यवस्थित पार्किंग पर कसा शिकंजा

    अभियान के दौरान पुलिस ने उन वाहन चालकों को मौके पर ही सख्त चेतावनी दी, जिन्होंने निर्धारित पार्किंग स्थलों का उपयोग करने के बजाय सड़क किनारे और मुख्य मार्ग पर वाहन खड़े कर रखे थे। पुलिस अधिकारियों ने साफ कहा कि आगे से नियमों का उल्लंघन करने पर और भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।

    अतिक्रमण से सिकुड़ी सड़क, बढ़ा जाम का संकट

    बुधवारी बाजार से जुड़े नेहरू रोड और मॉडल रोड जैसे प्रमुख मार्गों पर अतिक्रमण की समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है। बताया जा रहा है कि पहले जहां सड़क की चौड़ाई लगभग 30 फीट थी, वहीं अब अवैध कब्जों और सड़क पर फैले सामान के कारण यह घटकर करीब 20 फीट रह गई है। इस वजह से क्षेत्र में आए दिन जाम की स्थिति बनती है और आम नागरिकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।

    दुकानदारों को अंतिम चेतावनी, सामान जब्ती की चेतावनी

    कार्रवाई के दौरान पुलिस ने उन दुकानदारों को भी चेतावनी दी जो अपनी दुकानों का सामान फुटपाथ और सड़क तक फैला कर व्यापार कर रहे हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यदि भविष्य में नियमों का पालन नहीं किया गया तो सामान जब्त कर कड़ी जुर्माना कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने कहा कि बाजार व्यवस्था को सुधारने के लिए यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।

    स्थायी समाधान की मांग उठा रहे स्थानीय लोग

    स्थानीय नागरिकों ने नगर पालिका और पुलिस प्रशासन से अतिक्रमण के खिलाफ संयुक्त और नियमित अभियान चलाने की मांग की है। लोगों का कहना है कि अक्सर कार्रवाई के बाद स्थिति सामान्य हो जाती है, लेकिन कुछ दिनों बाद ही दुकानदार फिर से सड़क पर कब्जा कर लेते हैं, जिससे समस्या जस की तस बनी रहती है।

    सिवनी के बुधवारी बाजार में हुई यह कार्रवाई यातायात व्यवस्था सुधारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। हालांकि, स्थायी समाधान के लिए प्रशासन और नागरिकों के बीच समन्वय और लगातार निगरानी बेहद जरूरी है।

  • छिंदवाड़ा बस हादसा: कंडक्टर की मौत के बाद मृतकों की संख्या बढ़कर 11

    छिंदवाड़ा बस हादसा: कंडक्टर की मौत के बाद मृतकों की संख्या बढ़कर 11


    छिंदवाड़ा  मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले में उमरानाला स्थित सिमरिया हनुमान मंदिर के पास हुआ भीषण सड़क हादसा अब और भी दुखद हो गया है। इस हादसे में घायल बस कंडक्टर राकेश भूरा मालवी की इलाज के दौरान मौत हो गई है। उनके निधन के साथ ही इस दुर्घटना में मरने वालों की संख्या बढ़कर 11 पहुंच गई है। राकेश भूरा मालवी नरसिंहपुर रोड खापाभाट वार्ड क्रमांक 10 के निवासी थे और हादसे के समय उसी बस में कंडक्टर के रूप में तैनात थे।

    सीएम की सभा से लौटते समय हुआ हादसा, बस पलटी

    यह दर्दनाक दुर्घटना उस समय हुई जब मुख्यमंत्री के कार्यक्रम (सभा) में शामिल होकर लोग बस से वापस लौट रहे थे। बताया जा रहा है कि सिमरिया हनुमान मंदिर के पास सामने से आ रहे एक वाहन से बस की जोरदार टक्कर हो गई, जिसके बाद बस अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पलट गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि मौके पर अफरा-तफरी मच गई और चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मदद के लिए दौड़ पड़े।

    मौके पर ही 10 लोगों की मौत, 30 से अधिक घायल

    हादसे के तुरंत बाद घटनास्थल पर ही 10 लोगों ने दम तोड़ दिया था, जबकि 30 से अधिक यात्री गंभीर रूप से घायल हो गए थे। स्थानीय लोगों और प्रशासन की मदद से घायलों को तुरंत जिला अस्पताल और आसपास के स्वास्थ्य केंद्रों में भर्ती कराया गया। कई घायलों की हालत अब भी गंभीर बनी हुई है, जिनका इलाज जारी है।

    इलाज के दौरान कंडक्टर ने तोड़ा दम

    हादसे में गंभीर रूप से घायल बस कंडक्टर राकेश भूरा मालवी को बचाने के लिए डॉक्टरों की टीम लगातार प्रयास कर रही थी, लेकिन उनकी हालत में कोई सुधार नहीं हुआ। लंबी जद्दोजहद के बाद उन्होंने अस्पताल में दम तोड़ दिया। उनके निधन के बाद मृतकों की संख्या बढ़कर 11 हो गई है, जिससे पूरे क्षेत्र में शोक की लहर फैल गई है।

    प्रशासन और पुलिस ने संभाला मोर्चा

    घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंच गई थी। राहत और बचाव कार्य तेजी से शुरू किया गया और घायलों को एम्बुलेंस के जरिए अस्पताल पहुंचाया गया। वहीं, क्रेन की मदद से दुर्घटनाग्रस्त बस को सड़क से हटाया गया ताकि यातायात बहाल किया जा सके। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है ताकि हादसे के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।

    इलाके में शोक और दहशत का माहौल

    इस भीषण हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में शोक और दहशत का माहौल है। एक ओर जहां मृतकों के परिवारों में कोहराम मचा हुआ है, वहीं दूसरी ओर घायलों के परिजन अस्पतालों के बाहर अपनों की सलामती की दुआ कर रहे हैं। स्थानीय लोग इसे हाल के वर्षों का सबसे भयावह सड़क हादसों में से एक बता रहे हैं।

    छिंदवाड़ा का यह सड़क हादसा एक बार फिर तेज रफ्तार और लापरवाही से होने वाली दुर्घटनाओं की गंभीरता को उजागर करता है। अब प्रशासन पर जिम्मेदारी है कि न सिर्फ पीड़ित परिवारों को सहायता मिले, बल्कि हादसे के कारणों की गहराई से जांच कर भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जाए।

  • 500 मेगावाट यूनिट ने दिखाया दम बिरसिंगपुर में 150 दिन बिना रुके बिजली उत्पादन

    500 मेगावाट यूनिट ने दिखाया दम बिरसिंगपुर में 150 दिन बिना रुके बिजली उत्पादन

    भोपाल । मध्यप्रदेश में ऊर्जा उत्पादन के क्षेत्र से एक बड़ी उपलब्धि सामने आई है जहां मध्यप्रदेश पावर जनरेटिंग कंपनी लिमिटेड MPPGCL के संजय गांधी ताप विद्युत गृह बिरसिंगपुर की 500 मेगावाट क्षमता वाली यूनिट नंबर 5 ने लगातार 150 दिनों तक निर्बाध विद्युत उत्पादन कर एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। यह उपलब्धि न केवल तकनीकी दक्षता का उदाहरण है बल्कि संयंत्र की विश्वसनीयता और बेहतर प्रबंधन प्रणाली को भी दर्शाती है।

    यह यूनिट 16 नवंबर 2025 से लगातार संचालन में है और तब से अब तक बिना किसी बड़े व्यवधान के विद्युत उत्पादन कर रही है। इस दौरान यूनिट ने उच्च स्तरीय परिचालन मानकों पर भी उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है जिससे यह साबित होता है कि संयंत्र की तकनीकी व्यवस्था और रखरखाव प्रणाली बेहद मजबूत है।

    उत्पादन के दौरान यूनिट नंबर 5 ने 98.64 प्रतिशत का प्लांट अवेलेबिलिटी फैक्टर हासिल किया जो यह दर्शाता है कि संयंत्र लगभग पूरी क्षमता के साथ उपलब्ध और सक्रिय रहा। इसके साथ ही 98.45 प्रतिशत का प्लांट लोड फैक्टर दर्ज किया गया जो उत्पादन क्षमता के अधिकतम उपयोग को इंगित करता है। वहीं ऊर्जा दक्षता के क्षेत्र में भी यूनिट ने बेहतर प्रदर्शन करते हुए सहायक विद्युत खपत को केवल 5.52 प्रतिशत तक सीमित रखा जो एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है।

    इस उपलब्धि के पीछे केवल मशीनों की दक्षता ही नहीं बल्कि वहां कार्यरत अभियंताओं तकनीकी कर्मचारियों और श्रमिकों की निरंतर मेहनत और समर्पण भी अहम भूमिका में रहा है। टीम ने कठिन परिस्थितियों में भी संयंत्र के सुचारू संचालन को सुनिश्चित किया और नियमित निगरानी के साथ समय पर रखरखाव कर उत्पादन को बिना बाधा जारी रखा।

    यह पहली बार नहीं है जब इस यूनिट ने ऐसा प्रदर्शन किया हो। वित्तीय वर्ष 2025-26 में भी इस संयंत्र की कई यूनिटों ने 100 दिनों से अधिक लगातार उत्पादन का रिकॉर्ड बनाया था। यूनिट नंबर 5 पहले भी दो बार यह उपलब्धि हासिल कर चुकी है और अब वित्तीय वर्ष 2026-27 की शुरुआत 150 दिनों के नए रिकॉर्ड के साथ की है जिससे इसकी विश्वसनीयता और बढ़ गई है।

    इस उपलब्धि को मध्यप्रदेश के ऊर्जा क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है जो राज्य की बिजली उत्पादन क्षमता और आत्मनिर्भरता को और मजबूत करता है। लगातार उत्पादन का यह रिकॉर्ड आने वाले समय में अन्य यूनिटों के लिए भी एक प्रेरणा के रूप में देखा जा रहा है।

  • कटनी में कलेक्टोरेट गेट पर चक्काजाम, शराब दुकान हटाने की मांग

    कटनी में कलेक्टोरेट गेट पर चक्काजाम, शराब दुकान हटाने की मांग


    कटनी मध्य प्रदेश के कटनी जिले में घंटाघर स्थित हनुमान मंदिर के सामने संचालित शराब दुकान को लेकर विवाद लगातार गहराता जा रहा है। इस मामले में अब बजरंग दल ने खुलकर मोर्चा खोल दिया है। संगठन के कार्यकर्ताओं ने गुरुवार को कलेक्ट्रेट कार्यालय के मुख्य गेट के सामने चक्काजाम कर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि धार्मिक स्थल के ठीक सामने शराब दुकान का संचालन आस्था और धार्मिक भावनाओं के खिलाफ है, जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

    कलेक्ट्रेट गेट पर चक्काजाम और जमकर नारेबाजी
    प्रदर्शन के दौरान बजरंग दल के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में कलेक्ट्रेट गेट पर पहुंचे और वहीं सड़क पर बैठकर चक्काजाम कर दिया। इस दौरान माहौल काफी गर्म हो गया और कार्यकर्ताओं ने आबकारी विभाग के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि कई बार शिकायतें देने के बावजूद प्रशासन ने इस मुद्दे पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की, जिससे लोगों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। चक्काजाम के कारण कलेक्ट्रेट परिसर के बाहर यातायात भी प्रभावित हुआ।

    हनुमान चालीसा पाठ कर जताया विरोध
    विरोध प्रदर्शन के दौरान बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने अनोखा तरीका अपनाते हुए कलेक्ट्रेट परिसर के पास बैनर लगाकर धरना दिया और वहीं बैठकर सामूहिक रूप से हनुमान चालीसा का पाठ किया। कार्यकर्ताओं का कहना था कि यह आंदोलन किसी राजनीतिक उद्देश्य के लिए नहीं बल्कि धार्मिक भावनाओं की रक्षा के लिए किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जब तक शराब दुकान को मंदिर के सामने से हटाने की कार्रवाई नहीं होती, तब तक उनका विरोध जारी रहेगा।

    पुलिस बल रहा तैनात, स्थिति पर रखी गई नजर
    प्रदर्शन की जानकारी मिलते ही माधव नगर पुलिस और ट्रैफिक पुलिस का बल मौके पर पहुंच गया। पुलिस ने स्थिति पर नजर बनाए रखी और किसी भी अप्रिय स्थिति को रोकने के लिए पूरे क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी गई। हालांकि प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा, लेकिन भारी भीड़ और चक्काजाम के कारण प्रशासनिक गतिविधियों पर असर देखने को मिला।

    प्रशासन से कार्रवाई की मांग पर अड़े कार्यकर्ता
    बजरंग दल की मुख्य मांग स्पष्ट है कि घंटाघर स्थित हनुमान मंदिर के सामने चल रही शराब दुकान को तुरंत हटाया जाए। संगठन का कहना है कि धार्मिक स्थलों के आसपास इस तरह की दुकानों का संचालन समाज की भावनाओं को आहत करता है। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन जल्द कोई निर्णय नहीं लेता, तो आंदोलन और भी उग्र रूप ले सकता है।

    कटनी में हुआ यह प्रदर्शन अब प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती बनता जा रहा है। एक ओर धार्मिक भावनाओं का मुद्दा है, तो दूसरी ओर कानून व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी। ऐसे में देखना होगा कि जिला प्रशासन इस विवाद को किस तरह सुलझाता है और क्या मंदिर के सामने संचालित शराब दुकान को लेकर कोई ठोस फैसला लिया जाता है या नहीं।