Category: Madhya Pradesh

  • इंदौर के भागीरथपुरा में फूड पाइजनिंग के कुछ लोगों की तबीयत बिगड़ी,सभी की स्थित सामान्य

    इंदौर के भागीरथपुरा में फूड पाइजनिंग के कुछ लोगों की तबीयत बिगड़ी,सभी की स्थित सामान्य


    इंदौर। मध्य प्रदेश के इंदौर शहर के भागीरथपुरा में शनिवार की रात एक बच्चे की जन्मदिन पार्टी में आए मेहमान उल्टी-दस्त का शिकार हो गए। इसके बाद वे अलग-अलग स्वास्थ्य केन्द्रों में इलाज कराने गए। राहत की बात है कि कोई गंभीर बीमार नहीं हुआ। चार लोगों को एमवाय अस्पताल में भर्ती किया गया है।


    मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. माधव हासानी ने बताया कि शनिवार देर रात भागीरथपुरा क्षेत्र स्थित शर्मा गली में आयोजित एक जन्मदिन पार्टी में भोजन ग्रहण करने के बाद कुछ नागरिकों की तबीयत खराब हो गई थी। सभी 6 नागरिकों का स्वास्थ्य वर्तमान में पूरी तरह सामान्य एवं ठीक है।

    डॉ. हासानी ने बताया कि शनिवार को भागीरथपुरा में आयोजित जन्मदिन समारोह में लगभग 60 रिश्तेदार शामिल हुए थे, जिन्होंने रात करीब 11 बजे भोजन किया था। इसके बाद रविवार को कुछ लोगों में स्वास्थ्य संबंधी समस्या सामने आई। प्रभावित व्यक्तियों का उपचार किया गया तथा एहतियात के तौर पर उन्हें एम.वाय.अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उन्होंने बताया कि सभी मरीजों की स्थिति सामान्य है और किसी प्रकार की गंभीरता नहीं है।

    सीएमएचओ डॉ. हासानी ने नागरिकों एवं मीडिया से अनुरोध किया है कि इस घटना को अनावश्यक रूप से बहुप्रसारित न करें तथा अफवाहों पर ध्यान न दें। स्वास्थ्य विभाग स्थिति पर सतत निगरानी बनाए हुए है।

    दरअसल, भागीरथपुरा की शुक्ला गली में आकाश मुक्शिया के बेटे का जन्मदिन शनिवार को मनाया गया। उन्होंने अपने रिश्तेदारों और परिचितों को बुलाया था। खाने में दाल-बाफलेँ, लड्डू और अन्य व्यंजन थे। रविवार सुबह कुछ लोगों को उल्टी-दस्त की शिकायत हुई। मुक्शिया के अनुसार 30 से ज्यादा लोग बीमार हुए। मामला भोजन से जुड़ा होने के कारण खाद्य विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची। टीम ने भोजन के सैंपल लिए हैं। इसके अलावा नगर निगम ने भी पानी के सैंपल लिए हैं। अभी तक रिपोर्ट प्राप्त नहीं हुई।

    आकाश ने बताया कि घर पर ही खाना बनाया था। 60 से ज्यादा मेहमानों को बुलाया गया था। खाने में हमने बोरिंग का पानी उपयोग में लिया था। फिलहाल डॉक्टरों ने फूड पॉइजनिंग की बात कही है। आकाश ने कहा कि मेरी पत्नी, भाई और भाभी भी बीमार हैं। उन्हें भी हम सरकारी स्वास्थ्य केन्द्र में दिखाने ले गए थे।
  • मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने श्रीमती जनक दुलारी शर्मा के निधन पर दुख व्यक्त किया

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने श्रीमती जनक दुलारी शर्मा के निधन पर दुख व्यक्त किया


    भोपाल! मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ
    , मध्य क्षेत्र के सह बौद्धिक शिक्षण प्रमुख एवं पूर्व संगठन महामंत्री श्री हितानंद शर्मा की पूज्य माताजी श्रीमती जनक दुलारी शर्मा के निधन पर दुख व्यक्त किया है।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मां सम्पूर्ण जीवन की आधारिाला होती हैं, उनका जाना अपूरणीय क्षति है।मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बाबा महाकाल से दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान और शोकाकुल परिजन को यह असीम दु:ख सहन करने की शक्ति देने की प्रार्थना की है।

  • मध्य प्रदेश में चौथी बार बारिश का दौर, बालाघाट, डिंडौरी समेत 5 जिलों में आज अलर्ट

    मध्य प्रदेश में चौथी बार बारिश का दौर, बालाघाट, डिंडौरी समेत 5 जिलों में आज अलर्ट


    भोपाल । मध्य प्रदेश में लो प्रेशर एरिया और दो ट्रफ के असर से एक बार फिर मौसम बदला है। प्रदेश के कई हिस्सों में सोमवार को धूप खिली, लेकिन इसके बाद आंधी, बारिश और ओलावृष्टि का दौर शुरू हो गया। मौसम विभाग ने मंगलवार के लिए बालाघाट, डिंडौरी, अनूपपुर, मंडला और सिवनी जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है।

    लो प्रेशर और ट्रफ का असर

    मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश के दक्षिणी हिस्से में लो प्रेशर एरिया सक्रिय है। इसके साथ ही दक्षिणी-पश्चिमी हिस्से में दो ट्रफ सक्रिय हैं। इन प्राकृतिक सिस्टम के प्रभाव से फरवरी में चौथी बार प्रदेश में बारिश का सिलसिला शुरू हुआ है, जो मंगलवार को भी जारी रहेगा।

    दिन में धूप, शाम को बदला मौसम

    सोमवार को कई जिलों में दोपहर तक धूप खिली रही, लेकिन शाम होते-होते मौसम बदल गया। जबलपुर, रीवा और सीधी में बारिश हुई। रात में मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, ग्वालियर, मुरैना, रीवा, बड़वानी, धार, दतिया, खरगोन, सागर और दमोह में गरज-चमक के साथ बारिश दर्ज की गई।

    फरवरी में बार-बार बारिश का असर
    फरवरी की शुरुआत से ही प्रदेश में दो बार बारिश और ओले गिरे हैं, जिससे फसलों को नुकसान पहुंचा। प्रभावित क्षेत्रों में सरकार ने सर्वे भी कराया। तीसरी बार 18 फरवरी को प्रदेश भीगा, और 19-21 फरवरी को भी मौसम का असर रहा। अब चौथी बार 23 फरवरी से बारिश का दौर शुरू हुआ है।

    तापमान में उतार-चढ़ाव

    बारिश के कारण दिन का तापमान गिरा है, लेकिन रात में हल्की गर्मी बनी रही। रविवार-सोमवार की रात में पचमढ़ी में न्यूनतम 11.2 डिग्री, मंदसौर में 11.7 डिग्री और राजगढ़ में 12.4 डिग्री दर्ज किया गया। प्रदेश के बड़े शहरों में भी तापमान 12 डिग्री से ऊपर रहा।

  • उज्जैन-जावरा ग्रीनफील्ड हाई-वे से किसानों और क्षेत्र का समग्र विकास, मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दी बड़ी सौगात

    उज्जैन-जावरा ग्रीनफील्ड हाई-वे से किसानों और क्षेत्र का समग्र विकास, मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दी बड़ी सौगात


    भोपाल । मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उज्जैन से जावरा तक बनने वाली ग्रीनफील्ड एक्सेस कंट्रोल्ड हाई वे परियोजना को जिले के किसानों और जनप्रतिनिधियों के समक्ष मंजूरी मिलने पर खुशी जाहिर की। उन्होंने कहा कि यह परियोजना न सिर्फ क्षेत्र की कनेक्टिविटी को मजबूत करेगी बल्कि स्थानीय क्षेत्र के समग्र विकास की नई पहचान भी बनेगी। करीब 5017 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाला यह हाई वे किसानों व्यापारियों और आम जनता के जीवन स्तर को सीधे लाभान्वित करेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि विकास की दिशा में प्रदेश में सभी एकजुट हैं और जीवाईएएन पहल को आगे बढ़ाकर प्रदेश को देश के विकसित प्रदेशों में शामिल करने का लक्ष्य है।

    किसानों की बेहतरी और कृषि उत्पादों को बड़ी मंडियों तक पहुंचाने के लिए यह हाई वे एक महत्वपूर्ण कदम है। मुख्यमंत्री ने किसान प्रतिनिधि मंडल को संबोधित करते हुए बताया कि उज्जैन जावरा हाई वे परियोजना के अलावा प्रदेश में सड़कों और राजमार्गों का विस्तृत नेटवर्क तैयार किया जा रहा है जिससे किसानों की पहुंच सुगम होगी। इस अवसर पर घट्टिया विधायक डॉ. सतीश मालवीय और नागदा विधायक डॉ. तेज बहादुर सिंह चौहान ने मुख्यमंत्री का अभिनंदन किया और उन्हें विकास पुरूष बताया।

    डॉ. यादव ने किसानों के आर्थिक सशक्तिकरण के लिए भी कई योजनाओं का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि ग्रीष्मकालीन उड़द पर हर किसान को 600 रुपये प्रति क्विंटल बोनस मिलेगा। इसके साथ ही सरसों चना मसूर तुअर और अन्य दलहन व तिलहन की फसलों के लिए भावांतर भुगतान योजना और उत्पादन बढ़ाने के ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। प्रदेश के दुग्ध उत्पादन को देश के कुल उत्पादन का 20 प्रतिशत तक बढ़ाने के लिए भी योजनाएं बनाई जा रही हैं। आगामी शैक्षणिक सत्र से कक्षा आठवीं तक के विद्यार्थियों को टेट्रा पैक में दूध उपलब्ध कराया जाएगा जिससे उत्पादन और पोषण दोनों में वृद्धि होगी।

    मुख्यमंत्री ने किसानों को अन्नदाता से ऊर्जादाता और उद्यमी बनाने की दिशा में भी कार्यरत योजनाओं का जिक्र किया। अगले तीन वर्षों में एक लाख किसानों को सोलर पंप उपलब्ध कराए जाएंगे जिससे सिंचाई और अतिरिक्त बिजली उत्पादन का विकल्प मिलेगा। कृषि आधारित उद्योगों और फूड पार्क की स्थापना से किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य स्थानीय स्तर पर मिलेगा।

    डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में गरीब युवा किसान और महिला कल्याण के लिए मिशन मोड में कार्य जारी है। उज्जैन मेट्रोपॉलिटिन क्षेत्र में शामिल होने से नागदा खाचरौद और रतलाम सहित पूरे क्षेत्र का समग्र विकास सुनिश्चित होगा। किसान प्रतिनिधिमंडल में मौजूद समाजसेवी और स्थानीय किसानों ने इस पहल का स्वागत किया।

  • जायका टीम ने एमपी ट्रांसको की ट्रांसमिशन लाइन और सब स्टेशन का विस्तृत निरीक्षण किया ..

    जायका टीम ने एमपी ट्रांसको की ट्रांसमिशन लाइन और सब स्टेशन का विस्तृत निरीक्षण किया ..


    भोपाल : जापान इंटरनेशनल कोऑपरेशन एजेंसी (जायका) द्वारा मध्यप्रदेश के ट्रांसमिशन नेटवर्क के सुदृढ़ीकरण हेतु मध्यप्रदेश पॉवर ट्रांसमिशन कंपनी (एमपी ट्रांसको) में संचालित जायका-2 वित्त पोषित विभिन्न परियोजनाओं के अंतर्गत किए गए कार्यों का विस्तृत निरीक्षण किया गया।जायका जापान की इवैल्यूएटर सुश्री हिसाए ताकाहाशी एवं जायका के भारतीय प्रतिनिधि श्री कुनाल गुप्ता ने निर्माण कार्यों, उनकी गुणवत्ता, उपयोगिता तथा अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप क्रियान्वयन की बारीकी से जांच-पड़ताल की।

    ढीमरखेडा लाइन एवं सब स्टेशन का किया निरीक्षण

    निरीक्षण के दौरान टीम ने सर्वप्रथम 132 केवी सब स्टेशन ढीमरखेड़ा तथा इसके लिए निर्मित 132 केवी पनागर–ढीमरखेड़ा ट्रांसमिशन लाइन का अवलोकन किया। इवैल्यूएटर सुश्री ताकाहाशी ने लोन स्वीकृति के समय प्रस्तुत प्रारंभिक योजना, परियोजना के क्रियान्वयन, स्थापित उपकरणों की गुणवत्ता, लागत एवं रखरखाव से संबंधित विस्तृत जानकारी प्राप्त की। निरीक्षण उपरांत उन्होंने सब स्टेशन एवं ट्रांसमिशन लाइन का निर्माण अन्तर्राष्ट्रीय मानकों के अनुरूप पाए जाने पर संतोष व्यक्त किया।

    उपयोगिता जानने के लिए स्थानीय नागरिकों से भी की चर्चा

    जायका द्वारा वित्त पोषित फंड से निर्मित सब स्टेशन की उपयोगिता के संबंध में अधिकारियों से जानकारी लेने के साथ-साथ जायका टीम ने स्थानीय महिलाओं को बुलाकर उनका प्रत्यक्ष फीडबैक भी लिया।महिलाओं ने बताया कि सब स्टेशन के निर्माण से क्षेत्र में बिजली आपूर्ति में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। अब उन्हें पर्याप्त एवं निर्बाध बिजली मिल रही है, जिससे सिंचाई के लिए भी पर्याप्त विद्युत उपलब्ध हो रही है। इससे उनके आर्थिक एवं सामाजिक स्तर में सकारात्मक बदलाव आया है।

    स्टेट लोड डिस्पैच सेंटर और स्काडा का भी किया अवलोकन

    जायका टीम ने एमपी ट्रांसको के स्टेट लोड डिस्पैच सेंटर (एसएलडीसी )एवं स्वदेशी तकनीकी एवं उपकरणों से निर्मित स्काडा कंट्रोल सेंटर का भी अवलोकन किया और उसकी कार्य प्रणाली की प्रशंसा की।

    ये अधिकारी रहे उपस्थित

    निरीक्षण के दौरान एमपी ट्रांसको के मुख्य अभियंता श्री के.एम. सिंघल, अधीक्षण अभियंता श्री आर.सी. शर्मा, कार्यपालन अभियंता श्री ए.पी.एस. चौहान, श्री शशि शेखर, श्री रविराज पटेल, सहायक अभियंता श्री जितेन्द्र तिवारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

  • एसी का तापमान 26 डिग्री सेट करने पर बिजली बिल में 30 फीसदी तक की कमी..

    एसी का तापमान 26 डिग्री सेट करने पर बिजली बिल में 30 फीसदी तक की कमी..


    भोपाल : गर्मी में बिजली की खपत बढ़ने से बिजली बिल अधिक आता है, लेकिन कुछ तरीके अपना कर बिजली बिल में कमी की जा सकती है। मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी ने कहा है कि एक शोध से यह साबित हुआ है कि एसी का तापमान 26 डिग्री पर सेट करने से बिजली बिल में 30 प्रतिशत तक कमी हो सकती है। शोध के अनुसार, प्रत्येक डिग्री तापमान में वृद्धि के परिणामस्वरूप स्प्लिट एसी की ऊर्जा खपत में 6 प्रतिशत की कमी आती है।

    मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के अनुसार गर्मियों के दौरान एयर कंडीशनर के लगातार चलने के कारण बिजली का बिल चिंता का एक बड़ा कारण है। लेकिन एयर कंडीशनर का समझदारी से उपयोग करके आप इसे काफी हद तक कम कर सकते हैं। विद्युत वितरण कंपनी के द्वारा जारी सुझावों में सबसे महत्वपूर्ण है कि एसी को ऊंचे लेकिन आरामदायक तापमान पर चलाना चाहिए। विभिन्न एजेंसियों के शोधों से साबित हुआ है कि एसी के तापमान को 26 डिग्री सेल्सियस पर सेट करने से बिजली के बिल को 30 प्रतिशत तक कम किया जा सकता है।

    दरसअल कमरे को तुरंत ठंडा करने के लिए तापमान को 18 डिग्री तक कम करना एक आम गलतफहमी है। जबकि 26 डिग्री सेल्सियस तक कम करने में लगने वाला समय वही रहता है, चाहे आप एसी का तापमान 18 या 26 डिग्री सेल्सियस पर सेट करें। जब आप कम तापमान सेट करते हैं, तो कमरे के तापमान को कम करने के लिए कंप्रेसर को अतिरिक्त मेहनत करनी पड़ती है। इसके परिणामस्वरूप अधिक बिल आता है। यहां तक कि अगर आप थर्मोस्टेट को 18 डिग्री पर सेट करने के बाद कुछ मिनटों के भीतर एसी बंद कर देते हैं, तो विभिन्न लीक के माध्यम से ठंडी हवा के फैलने से तापमान तेजी से बढ़ जाएगा, जिससे आपका प्रयास व्यर्थ हो जाएगा।

    विशेषज्ञों का कहना है कि यदि आप थर्मोस्टेट को 26 डिग्री सेल्सियस पर सेट करते हैं और टाइमर को 2 घंटे के लिए सेट करते हैं और साथ में सीलिंग फैन चला देते हैं, तो यह आमतौर पर अच्छी नींद के लिए आरामदायक तापमान बनाए रखता है। इसलिए समझदारी से काम लेते हुए एसी को 26 डिग्री पर सेट करें तथा सीलिंग फैन एक या दो पाइंट पर जरूर चलाएं, ऐसा करने से बिजली बिल में कमी आ सकती है।

  • नरसिंहपुर में सड़क हादसा, निर्माणाधीन ब्रिज से पिकअप वाहन गिरने से 3 मजदूरों की मौत, 7 गंभीर घायल

    नरसिंहपुर में सड़क हादसा, निर्माणाधीन ब्रिज से पिकअप वाहन गिरने से 3 मजदूरों की मौत, 7 गंभीर घायल


    नरसिंहपुर । मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर जिले में सूआतला थाना क्षेत्र अंतर्गत राष्ट्रीय राजमार्ग 44 पर सोमवार को मजदूरों से भरा एक पिकअप वाहन निर्माणाधीन ब्रिज से गिरकर पलट गया। इस हादसे में तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि सात मजदूर घायल हुए हैं, जिन्हें करेली के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
    पुलिस के अनुसार, छिंदवाड़ा जिले के हर्रई क्षेत्र के ग्राम सुरलाखापा से मजदूरी कार्य के लिए पिकअप वाहन में सवार होकर मजदूर नरसिंहपुर की ओर आ रहे थे। वाहन में कुल 10 मजदूर सवार थे। वे नरसिंहपुर के राजमार्ग क्षेत्र में चल रहे निर्माण कार्य के लिए जा रहे थे। सोमवार सुबह करीब 11.30 बजे राष्ट्रीय राजमार्ग -44 पर बरमान के पास बने ओवरब्रिज पर अचानक एक बाइक चालक पिकअप के सामने आ गया। उसे बचाने के प्रयास में चालक ने वाहन मोड़ा, जिससे वह अनियंत्रित हो गया और ओवरब्रिज की रेलिंग तोड़ते हुए नीचे बरमान कनेक्टिंग रोड पर जा गिरा और पलट गया। हादसा इतना भीषण था कि दो मजदूरों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक ने अस्पताल में दम तोड़ दिया।

    स्थानीय लोगों की सूचना पर बरमान चौकी पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और घायलों को अस्पताल पहुंचाया। सात घायलों को करेली के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जिनमें से चार की हालत गंभीर बताई जा रही है। वहीं, पुलिस ने तीनों मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। प्रारंभिक जांच में वाहन का अनियंत्रित होना दुर्घटना की वजह माना जा रहा है।

    बरमान उप थाना प्रभारी आशीष बोपचे ने बताया कि मृतकों की पहचान की प्रक्रिया जारी है। शिनाख्त के बाद ही उनके नाम और पते स्पष्ट हो सकेंगे। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार सभी मजदूर हर्रई क्षेत्र के निवासी बताए जा रहे हैं और किसी गार्डन में कार्य करने के लिए जा रहे थे।

  • ग्वालियर कृषि मंथन में डॉ. यादव का संदेश : कृषि में शोध और मंडी निर्यात नीति लाकर बढ़ाएंगे उत्पादन

    ग्वालियर कृषि मंथन में डॉ. यादव का संदेश : कृषि में शोध और मंडी निर्यात नीति लाकर बढ़ाएंगे उत्पादन


    भोपाल  /मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि किसान हमारे प्रदेश की अर्थव्यवस्था के आधार स्तंभ हैं। इनके अथक परिश्रम से ही हमारे बाजार गुलजार है। हम वर्ष 2026 को किसान कल्याण वर्ष के रूप में मना रहे हैं। यह वर्ष प्रदेश के इतिहास में किसानों के हित और समग्र कल्याण के मामले में मील का पत्थर साबित होगा।उन्होंने कहा कि यह वर्ष ‘खेत से लेकर कारखाने तक और बाग से लेकर बाजार तक’ की पूरी मूल्य संवर्धन श्रृंखला को एक सूत्र में जोड़ेगा। इस वर्ष हम क़ृषि उत्पादों के प्रसंस्करण और इनमें वैल्यू एडिशन के लिए अधिकाधिक रोजगार आधारित उद्योगों के विकास, उन्नत किस्म के बीजोत्पादन, पशुपालन, दुग्धोत्पादन, मत्स्योत्पादन में वृद्धि सहित हर वो कदम उठाएंगे, जिनसे खेती और अन्नदाताओं का विकास हो। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सोमवार को मुख्यमंत्री निवास से कृषि विश्वविद्यालय परिसर, ग्वालियर में हो रहे ‘कृषि मंथन एवं कृषि प्रौद्योगिकी मेला 2026’ को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से संबोधित कर रहे थे।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रदेश में राष्ट्रीय नदी जोड़ो परियोजना संबंधी कार्यों का जिक्र करते हुए कहा कि प्रदेश में तेज़ी से सिंचाई सुविधाओं का विस्तार हो रहा है। हमारी सरकार प्रदेश में औषधीय और मसाला फसलों का उत्पादन बढ़ाने के सभी प्रयास कर रही है। हम जल्द ही कृषि उत्पादन निर्यात नीति लाने वाले हैं। हम कृषि में शोध कार्य भी बढ़ायेंगे। उन्होंने कहा कि हम खेती-किसानी और फल-फूलों की खेती को लाभकारी व्यवसाय बनाने के लिए कोई कसर नहीं रखेंगे।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इस कृषि मंथन से जो अमृत निकलेगा, वह हमें किसानो के कल्याण के लिये प्रभावी और कारगर कदम उठाने में सहायक होगा। ‘कृषि मंथन’ राजमाता विजयाराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय, ग्वालियर, भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद् (आईसीएआर) नई दिल्ली और कृषि विभाग, म.प्र. शासन के संयुक्त तत्वावधान में हो रहा है।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि “समृद्ध किसान-समृद्ध प्रदेश” की थीम पर हो रहा कृषि मंथन निश्चित ही किसानों को खेती में जरूरी सुधार और बदलाव लाने में मदद करेगा। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार आधुनिक कृषि, उद्यानिकी, पशुपालन, डेयरी और मत्स्य क्षेत्रों में मूल्य-श्रृंखला विकास, प्रोसेसिंग, तकनीक अपनाने और ग्रामीण युवाओं की उद्यमिता को बढ़ावा देकर व्यापक रोजगार सृजन करने पर फोकस कर रही है। तकनीकी नवाचार, विविधीकरण और नीतिगत समर्थन से इन क्षेत्रों में न केवल उत्पादकता बढ़ाई जा सकेगी, बल्कि विपणन एवं प्रसंस्करण के क्षेत्र में बाजार अनुरूप लाभकारी व्यवस्था कृषकों के लिए निर्मित होगी। हम कृषि के अलावा उद्यानिकी, पशुपालन, मत्स्य पालन एवं सहकारिता क्षेत्र में भी नई सोच से आगे बढ़ रहे है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज कृषि जलवायु परिवर्तन के बढ़ते जोखिमों का सामना कर रही है। इस मंथन में देश के विभिन्न कृषि संस्थानों के वरिष्ठ वैज्ञानिक विचार मंथन कर नई तकनीकों के विकास की राह प्रशस्त करेंगे।

    वीडियो काँफ्रेंसिंग में सचिव कृषि एवं किसान कल्याण विभाग श्री निशांत वरवड़े, सचिव परिवहन एवं आयुक्त जनसम्पर्क श्री मनीष सिंह ने भोपाल से सहभागिता की। यूनिवर्सिटी परिसर में हो रहे इस कृषि मंथन में कृषि विश्वविद्यालय ग्वालियर के कुलगुरू प्रो. (डॉ.) अरविंद कुमार शुक्ला, आचार्य नरेन्द्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, अयोध्या के कुलपति डा. ब्रजेन्द्र सिंह, यूनिवर्सिटी ऑफ एग्रीकल्चरल साइंसेज, धारवाड़, कर्नाटक के कुलपति डॉ. पी.एल पाटिल, भारतीय कृषि प्रणाली अनुसंधान संस्थान, मोदीपुरम, मेरठ के निदेशक डॉ. सुनील कुमार, देश के विभिन्न कृषि संस्थानों से आये वैज्ञानिक, आईसीएआर के पदाधिकारी सहित कृषि अधिकारी भी उपस्थित थे।

  • दतिया नगरपालिका में सिस्टम की बलि चढ़ा एक बाबू: प्रताड़ना से तंग आकर लिपिक ने दी जान, मौत से पहले वीडियो में सीएमओ की काली करतूतों का किया पर्दाफाश

    दतिया नगरपालिका में सिस्टम की बलि चढ़ा एक बाबू: प्रताड़ना से तंग आकर लिपिक ने दी जान, मौत से पहले वीडियो में सीएमओ की काली करतूतों का किया पर्दाफाश


    दतिया। मध्य प्रदेश के दतिया नगरपालिका से एक हृदयविदारक और प्रशासनिक तंत्र को शर्मसार करने वाली खबर सामने आई है। यहाँ कार्यरत एक लिपिक बाबू दिलीप सिंह गौड़ ने मानसिक प्रताड़ना की इंतहा के बाद मौत को गले लगा लिया। दिलीप सिंह का शव रविवार को उत्तर प्रदेश के झांसी स्थित उनके निवास पर बरामद हुआ। लेकिन यह केवल एक आत्महत्या नहीं, बल्कि एक ईमानदार कर्मचारी के स्वाभिमान की हत्या का मामला प्रतीत होता है, जिसकी गवाही खुद मृतक ने अपनी जीवनलीला समाप्त करने से ठीक पहले एक वीडियो रिकॉर्ड कर दी है।

    दिलीप सिंह ने मरने से पहले अपनी मौत का जिम्मेदार दतिया नगरपालिका के मुख्य नगरपालिका अधिकारी सीएमओ नागेंद्र सिंह गुर्जर और दो अन्य कर्मचारियों को ठहराया है। दिलीप का आरोप है कि उन्हें लंबे समय से मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था। वीडियो में उन्होंने जो खुलासे किए, वे चौंकाने वाले हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सीएमओ द्वारा उन पर फर्जी दस्तावेज तैयार करने और भ्रष्टाचार में शामिल होने के लिए दबाव बनाया गया था। जब उन्होंने इस गलत काम का हिस्सा बनने से इनकार कर दिया और प्रलोभन को ठुकरा दिया, तो उनके खिलाफ बदले की कार्रवाई शुरू हो गई।

    प्रताड़ना का स्तर इस कदर गिर गया कि एक पढ़े लिखे लिपिक को सजा देने के उद्देश्य से उनकी ड्यूटी ट्रेचिंग ग्राउंड कचरा डंपिंग साइट पर लगा दी गई। दिलीप ने वीडियो में रोते हुए अपनी पीड़ा व्यक्त की कि एक बाबू होने के बावजूद उन्हें कचरा गाड़ियों की गिनती करने जैसा काम सौंपा गया, जिसने उनके मानसिक आत्मसम्मान को गहरी चोट पहुंचाई। यह कदम उन्हें नीचा दिखाने और मानसिक रूप से तोड़ने के लिए उठाया गया था। हद तो तब हो गई जब दिलीप इस अपमानजनक स्थिति से राहत पाने के लिए और शाखा बदलने का आवेदन लेकर सीएमओ नागेंद्र सिंह के पास पहुंचे। दिलीप के अनुसार, मदद करने के बजाय सीएमओ ने उन्हें मां-बहन की भद्दी गालियां दीं और जलील किया।

    इसी अपमान और मानसिक आघात से दुखी होकर दिलीप सिंह गौड़ ने आत्मघाती कदम उठा लिया। उन्होंने वीडियो में स्पष्ट मांग की है कि उनकी मौत के बाद सीएमओ और अन्य दो कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी धाराओं में मामला दर्ज किया जाए। दूसरी ओर, जब इन गंभीर आरोपों को लेकर सीएमओ नागेंद्र सिंह गुर्जर से सवाल किए गए, तो उन्होंने किसी भी प्रकार की प्रताड़ना से इनकार कर दिया। हालांकि, मृतक का वीडियो अब पुलिस के पास है और झांसी व दतिया पुलिस इस हाई-प्रोफाइल मामले की जांच में जुट गई है।

  • जबलपुर में भाजपा पर कांग्रेस ने लगाया कार्यालय पर हमले का आरोप, पुलिस से धक्का-मुक्की

    जबलपुर में भाजपा पर कांग्रेस ने लगाया कार्यालय पर हमले का आरोप, पुलिस से धक्का-मुक्की


    जबलपुर। दिल्ली में हुए कांग्रेस के प्रदर्शन के विरोध में मध्य प्रदेश के जबलपुर शहर में बलदेव बाग चौराहे पर शनिवार को भारतीय जनता पार्टी और भारतीय जनता युवा मोर्चा के  कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस कार्यालय का घेराव कर दिया। इसके बाद तीखी झड़प हो गयी। कांग्रेस ने भाजपा पर कार्यालय में हमले का आरोप लगाया और धरने पर बैठ गए।


    कांग्रेस पार्षद और नेता प्रतिपक्ष अमरीश मिश्रा ने भाजपा कार्यकर्ताओं पर हमला करने और जबरन कार्यालय में घुसने की कोशिश का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जब भी कांग्रेस भ्रष्टाचार और जनहित के मुद्दों पर आवाज उठाती है, तो उसे दबाने के लिए इस तरह की दमनकारी कार्रवाई की जाती है।

    प्रदर्शन के दौरान माहौल तब गरमा गया जब भाजपा कार्यकर्ताओं ने राहुल गांधी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और उनका पुतला दहन किया। स्थिति को बिगड़ता देख मौके पर तैनात भारी पुलिस बल ने बैरिकेडिंग लगाकर प्रदर्शनकारियों को रोकने का प्रयास किया। इस दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच जमकर धक्का-मुक्की हुई और कई जगहों पर बैरिकेडिंग गिरने जैसी स्थिति बन गई।

    अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक आयुष गुप्ता ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि प्रशासन को प्रदर्शन और पुतला दहन की सूचना पहले से थी, जिसके चलते पर्याप्त बल तैनात किया गया था। हालांकि प्रदर्शन के दौरान कुछ देर के लिए तनाव की स्थिति बनी, लेकिन पुलिस ने समझाइश देकर और बीच-बचाव कर प्रदर्शन को शांतिपूर्ण ढंग से समाप्त कराया।

    भाजयुमो का रौनक अग्रवाल ने बताया कि हाल ही में नई दिल्ली में आयोजित एक अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम के दौरान युवा कांग्रेस से जुड़े कुछ कार्यकर्ताओं ने ‘अर्धनग्न’ होकर प्रदर्शन किया था। भाजपा नेताओं का कहना है कि इतने बड़े वैश्विक मंच पर इस तरह का व्यवहार देश की छवि को धूमिल करने वाला और अत्यंत निंदनीय है। इसी घटना के विरोध में भाजपा कार्यकर्ताओं ने जबलपुर स्थित कांग्रेस कार्यालय को घेरने और जवाबदेही तय करने की मांग के साथ प्रदर्शन किया।

    कांग्रेस ने इस पूरे घटनाक्रम पर कड़ी आपत्ति जताई है। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कार्यालय की सुरक्षा के लिए मोर्चा संभाला और चेतावनी दी कि भविष्य में ऐसी किसी भी हरकत को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।