Category: Madhya Pradesh

  • पौधों की नर्सरी में बन रहा था नशे का कारोबार: नारकोटिक्स विभाग ने मारा छापा, 10 करोड़ की MD ड्रग्स बरामद

    पौधों की नर्सरी में बन रहा था नशे का कारोबार: नारकोटिक्स विभाग ने मारा छापा, 10 करोड़ की MD ड्रग्स बरामद


    इंदौर । मध्य प्रदेश में नशे के कारोबार पर नकेल कसने के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है, लेकिन अपराधी इसके बावजूद लगातार नए तरीके अपना रहे हैं। शनिवार को आगर मालवा में नारकोटिक्स विभाग ने एक बड़ी सफलता प्राप्त की, जब उन्होंने नर्सरी की आड़ में चल रहे नशे के नेटवर्क का भंडाफोड़ किया। इस छापे में 10 करोड़ रुपए से अधिक कीमत की मेफेड्रोन ड्रग्स बरामद की गई।यह कार्रवाई उज्जैन नारकोटिक्स टीम को मिली सूचना पर आधारित थी, जिसमें बताया गया था कि आगर मालवा के आमला क्षेत्र स्थित ‘तीर्थ’ हर्बल फार्म हाउस में नर्सरी के नाम पर नशे का कारोबार चल रहा है। टीम को यह भी जानकारी मिली थी कि वहां पर ड्रग्स की बड़ी खेप आने वाली थी, जिसके बाद टीम ने तड़के चार बजे फार्म हाउस पर छापा मारा।

    नारकोटिक्स विभाग की टीम ने फार्म हाउस में जब जांच की, तो वहां कुछ असामान्य गतिविधियाँ पाई गईं। टीम को वहां नर्सरी के बीच एक पूरी लैब मिली, जहां मेफेड्रोन और अन्य नशीली दवाओं का निर्माण हो रहा था। इस लैब को तुरंत ध्वस्त कर दिया गया और वहां काम कर रहे कुछ संदिग्ध व्यक्तियों को गिरफ्तार कर लिया गया।छापे के दौरान टीम ने कुल 31 किलो 250 ग्राम मेफेड्रोन ड्रग्स बरामद की। इसके अलावा, 600 किलो विभिन्न प्रकार के केमिकल्स, जैसे MDC, MMA, ट्राई थेला माईन, सोडियम कार्बोनेट और लैब की अन्य सामग्री भी बरामद की गई। इस सबका बाजार मूल्य लगभग 10 करोड़ रुपए बताया जा रहा है। विभाग का मानना है कि अगर ये ड्रग्स बाजार में पहुंच जाते, तो इसकी कीमत कहीं अधिक हो सकती थी।

    नारकोटिक्स विभाग के अधीक्षक वी एस कुमार ने बताया कि यह कार्रवाई नशे के कारोबार को रोकने के लिए एक बड़ी सफलता है और इससे जुड़े अपराधियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी। विभाग अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और उनके तारों को खंगालने में जुटा है। नशे के कारोबार में इस्तेमाल होने वाली इस तरह की साजिशें न केवल समाज के लिए खतरनाक हैं, बल्कि इससे युवा पीढ़ी का भविष्य भी दांव पर लगता है। हालांकि, इस कार्रवाई ने नशे के खिलाफ चल रहे अभियानों को एक नई दिशा दी है, और उम्मीद जताई जा रही है कि इससे नशे के व्यापारियों में खलबली मच सकती है।

  • ट्रैक्टर रैली से ट्रैफिक डायवर्जन, भारत भवन में सजेगा विचारों का मंच…

    ट्रैक्टर रैली से ट्रैफिक डायवर्जन, भारत भवन में सजेगा विचारों का मंच…


    नई दिल्ली ।आज राजधानी भोपाल में साहित्यसंस्कृतिप्रशासन और किसान हितों का अनूठा संगम देखने को मिलेगा। रविवार को शहर एक ओर जहां विचारों और कला की खुशबू से महकेगावहीं दूसरी ओर ट्रैक्टरों की गूंज से सड़कों पर हलचल बढ़ेगी। भारत भवन में चल रहे भोपाल लिटरेचर एंड आर्ट फेस्टिवल 2026 का आज समापन दिवस हैजबकि मध्यप्रदेश सरकार कृषक कल्याण वर्ष 2026 की औपचारिक शुरुआत विशाल ट्रैक्टर रैली के साथ करेगी। इन बड़े आयोजनों के कारण शहर की यातायात व्यवस्था में भी अहम बदलाव किए गए हैं।प्रशासन के अनुसार रविवार सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक भोपाल के कई प्रमुख मार्गों पर ट्रैफिक डायवर्जन रहेगा। कोकता बायपासमिसरोद–सलैया रोडखजूरी कलापटेल नगरलांबाखेड़ाबागसेवनियाअशिमा मॉलएम्स रोड और जंबूरी मैदान के आसपास यातायात का दबाव अधिक रहने की संभावना है। नागरिकों से अपील की गई है कि गैर-जरूरी यात्रा से बचें और वैकल्पिक मार्गों का उपयोग करेंताकि जाम की स्थिति न बने।

    भारत भवन में आयोजित भोपाल लिटरेचर एंड आर्ट फेस्टिवल का आज फिनाले है। समापन दिवस पर संविधानइतिहासपर्यावरणवैश्विक राजनीतिसिनेमा और समकालीन साहित्य जैसे विषयों पर केंद्रित सत्र होंगे। देश के प्रख्यात लेखकचिंतक और कलाकार अपने विचार साझा करेंगे। इसके साथ ही कविता पाठसंवाद सत्र और आर्ट परफॉर्मेंस के जरिए सांस्कृतिक रंग भी बिखरेंगे। साहित्य प्रेमियों के लिए यह दिन विचारों के उत्सव जैसा रहेगा।शहर में आज अन्य सांस्कृतिक गतिविधियां भी आकर्षण का केंद्र रहेंगी। जनजातीय संग्रहालय में दोपहर 12 बजे शलाका चित्र प्रदर्शनी का शुभारंभ होगाजिसमें पारंपरिक और समकालीन कला का अनूठा संगम देखने को मिलेगा। वहीं भेल स्थित चंद्रप्रभु जैन मंदिर परिसर में जैन शिरोज भोपाल द्वारा कार्निवाल 3.0 की शुरुआत होगीजहां सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ फूड फेस्टटैलेंट हंट और महिला उद्यमिता से जुड़ी गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।

    इसी बीच राज्य सरकार किसानों को समर्पित कृषक कल्याण वर्ष 2026 की शुरुआत भी आज करेगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कोकता बायपास स्थित आरटीओ कार्यालय के पास लगभग 1101 ट्रैक्टरों की रैली को हरी झंडी दिखाएंगे। यह रैली जंबूरी मैदान पहुंचेगीजहां राज्य स्तरीय कार्यक्रम आयोजित होगा। मुख्यमंत्री किसानों को वर्ष भर चलने वाली योजनाओंनवाचारों और कृषि रोडमैप की जानकारी देंगे। सरकार का फोकस उद्यानिकीपशुपालनडेयरीमत्स्य पालन और खाद्य प्रसंस्करण पर रहेगाताकि खेती को तकनीक आधारितरोजगारोन्मुख और अधिक लाभकारी बनाया जा सके।

    उधरभोपाल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के चुनाव को लेकर भी आज सरगर्मी तेज रहेगी। अध्यक्ष पद के लिए नामांकन की आज अंतिम तिथि है। पूर्व अध्यक्ष तेजकुल पाल सिंह पालीवरिष्ठ नेता गोविंद गोयल और आकाश गोयल के मैदान में उतरने से मुकाबला रोचक हो गया है। आने वाले दिनों में नामांकन जांच और नाम वापसी के बाद तस्वीर और साफ होगी।

    कुल मिलाकर आज का दिन भोपाल के लिए विचारसंस्कृतिकिसान शक्ति और सियासी हलचल से भरा हुआ रहने वाला है।

  • मध्य प्रदेश: CM मोहन यादव ने 2 साल बाद भूपेंद्र के क्षेत्र का किया पहला दौरा; राजपूत भी रहे मौजूद

    मध्य प्रदेश: CM मोहन यादव ने 2 साल बाद भूपेंद्र के क्षेत्र का किया पहला दौरा; राजपूत भी रहे मौजूद

    भोपाल। मुख्यमंत्री मोहन यादव शनिवार को खुरई पहुंचे, यह उनका अपने पद संभालने के दो साल बाद भूपेंद्र सिंह के क्षेत्र का पहला दौरा था। इस अवसर पर मंत्री गोविंद सिंह राजपूत और पूर्व मंत्री गोपाल भार्गव भी यादव के साथ मौजूद रहे। खुरई में आयोजित रोड शो और जनसैलाब ने मुख्यमंत्री को काफी भावुक कर दिया।

    मुख्यमंत्री यादव ने खुरई के लिए 312 करोड़ रुपये की विकास योजनाओं की घोषणा की। यादव ने स्वागत और उत्साह देख कर कहा कि वह यहां ठहरने का मन कर रहे थे। यादव ने पिछले दो सालों में लगभग सभी भाजपा विधायकों के क्षेत्रों का दौरा किया है, लेकिन भूपेंद्र सिंह इस दौरान ज्यादातर दौरों में अनुपस्थित रहे।

    राजनीतिक माहौल पर नजर डालें तो सागर में पिछले दो साल से भूपेंद्र और गोविंद के बीच सियासी प्रतिस्पर्धा जारी है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने हाल ही में सागर दौरे के दौरान दोनों नेताओं को एक मंच पर लाने की कोशिश की थी। इस दौरे के दौरान दोनों नेताओं को एक साथ मंच पर देखा गया।

    राजपूत का भाषण विवाद

    कार्यक्रम के दौरान पूर्व मंत्री भूपेंद्र सिंह ने मुख्यमंत्री यादव को भाषण के बाद फोन किया। लेकिन इसके बावजूद गोविंद सिंह राजपूत ने अपना भाषण दे दिया। भूपेंद्र ने समय की कमी का हवाला दिया, बावजूद इसके राजपूत ने अपनी बात रखी, जिससे हल्का विवाद देखने को मिला।

    मुख्यमंत्री मोहन यादव का खुरई दौरा दो वर्षों के बाद भूपेंद्र सिंह के क्षेत्र में विकास योजनाओं की घोषणाओं और राजनीतिक समीकरणों को लेकर महत्वपूर्ण माना जा रहा है। मंच पर दोनों नेताओं की उपस्थिति और राजपूत का भाषण विवाद इस दौरे की चर्चा का प्रमुख हिस्सा बना।

  • MP: बैतूल में दो मुस्लिम युवकों ने जलाए भगवा झंडे, दोनों गिरफ्तार… क्षेत्र में तनाव का माहौल

    MP: बैतूल में दो मुस्लिम युवकों ने जलाए भगवा झंडे, दोनों गिरफ्तार… क्षेत्र में तनाव का माहौल


    बैतूल।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के बैतूल जिले (Betul district) में हिंदू सम्मेलन (Hindu Conference) के लिए लगाए गए भगवा झंडों को जलाने पर तनाव फैल गया। गंज क्षेत्र के लोहिया वार्ड में शुक्रवार रात कार से आए दो युवकों ने झंडे जलाए जिसकी जानकारी शनिवार सुबह प्रभात फेरी के दौरान मिली। कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक ने तुरंत कार्रवाई करते हुए सीसीटीवी फुटेज के आधार पर मुख्य आरोपी तौफीक और मुशर्रफ को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 299 के तहत मामला दर्ज किया गया है। वर्तमान में भारी पुलिस बल तैनात है और एसडीएम के अनुसार स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है।


    आरोपियों तक ऐसे पहुंची पुलिस

    जब हिंदूवादी संगठन के कार्यकर्ताओं को इस घटना का पता चला, तो इलाके में काफी हंगामा हुआ और तनाव बढ़ गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए कलेक्टर ने तुरंत पुलिस अधीक्षक और एसडीएम को मौके पर भेजा। पुलिस ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी और सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू की। एक घर के बाहर लगे कैमरे की मदद से पुलिस आरोपियों तक पहुंच गई और दो मुख्य आरोपियों को हिरासत में ले लिया।


    जलाए भगवा झंडे

    बैतूल जिले के गंज क्षेत्र स्थित लोहिया वार्ड में हिंदू सम्मेलन के लिए लगाए गए भगवा झंडे शुक्रवार रात को जला दिए गए। शनिवार सुबह जब हिंदू संगठन की प्रभात फेरी वहां से गुजरी तो जले हुए झंडे देखकर लोग नाराज हो गए और इलाके में तनाव फैल गया। पुलिस को पास के ही एक घर में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज मिली जिसमें कार से आए दो युवक झंडे निकालते हुए दिखाई दिए। इन युवकों की पहचान तौफीक और मुशर्रफ के रूप में हुई।


    तौफीक और मुशर्रफ अरेस्ट

    पुलिस ने तुरंत तौफीक और मुशर्रफ को गिरफ्तार कर लिया। फिलहाल दोनों से पूछताछ की जा रही है और पुलिस हालात पर नजर रखे हुए है। पुलिस ने घटनास्थल से लगभग दस जले हुए भगवा झंडे बरामद किए हैं। ये झंडे हिंदू सम्मेलन के थे। सहायक संचालक रोमित उइके ने सबसे पहले कलेक्टर को घटना की सूचना दी। बैतूल में अलग-अलग स्थानों पर हिन्दू सम्मेलन आयोजित होने हैं। इस के लिए गांव से लेकर शहर तक भगवा झंडे लगाए गए हैं।


    अतिरिक्त पुलिस बल तैनात

    बैतूल के गंज क्षेत्र स्थित लोहिया वार्ड में शुक्रवार की रात ही भगवा झंडे लगाए गए थे। एसडीएम डॉ. अभिजीत सिंह ने कहा कि अब स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। पुलिस हिरासत में लिए गए युवकों से आगे की पूछताछ कर रही है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 299 के तहत मामला दर्ज कर कार्रवाई की गई है। क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है।

  • मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सुनी अनामिका बैगा की 'रोती' गुहार, डॉक्टर बनने का सपना हुआ पूरा

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सुनी अनामिका बैगा की 'रोती' गुहार, डॉक्टर बनने का सपना हुआ पूरा


    भोपाल । मध्य प्रदेश के सीधी जिले की अनामिका बैगा, जो गरीब बैगा आदिवासी परिवार से आती हैं, ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से अपने डॉक्टर बनने के सपने को साकार करने के लिए मदद की गुहार लगाई। मुख्यमंत्री ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उसे NEET की तैयारी, कोचिंग और छात्रावास के लिए सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए हैं।

    मध्य प्रदेश के सीधी जिले में एक बहादुर बेटी ने अपने सपनों को सच करने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से मदद की गुहार लगाई। सीधी जिले की अनामिका बैगा, जो बैगा आदिवासी समुदाय से हैं, का सपना है कि वह डॉक्टर बनें, लेकिन आर्थिक तंगी के कारण उनकी पढ़ाई में रुकावट आ रही थी। वह कई बार विधायक, सांसद और कलेक्टर से मदद की उम्मीद कर चुकी थीं, लेकिन कोई समाधान नहीं निकला। अंत में, मुख्यमंत्री से मिली उम्मीद ने उनके जीवन को नया मोड़ दिया।

    सीधी दौरे के दौरान मुख्यमंत्री से मिलने पर अनामिका ने अपने दिल की बात रोते हुए साझा की। उन्होंने कहा, मैं बैगा आदिवासी हूं, मुझे डॉक्टर बनना है, लेकिन मेरे पापा के पास इतने पैसे नहीं हैं कि मैं NEET की तैयारी और कोचिंग ले सकूं। अनामिका की यह गुहार सीधा मुख्यमंत्री तक पहुंची, और उन्होंने तुरंत कार्रवाई करने का फैसला किया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अपने आधिकारिक X अकाउंट पर पोस्ट करते हुए कहा कि उन्हें अनामिका के बारे में जानकारी मिली है, और उन्होंने उसे पूरी मदद देने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए हैं।

    मुख्यमंत्री ने कहा अनामिका NEET की तैयारी कर रही हैं और उन्हें कोचिंग और छात्रावास की आवश्यकता है। इसके लिए उचित व्यवस्था की जाएगी। मेडिकल कॉलेज में प्रवेश मिलने पर राज्य सरकार हर संभव सहायता करेगी। मुझे पूरा विश्वास है कि वह एक दिन एक विख्यात चिकित्सक बनकर मध्य प्रदेश का नाम रोशन करेंगी। मुख्यमंत्री के इस संवेदनशील कदम से न केवल अनामिका का भविष्य उज्जवल हो रहा है बल्कि यह भी संदेश जा रहा है कि मध्य प्रदेश में कोई भी सपना आर्थिक तंगी के कारण अधूरा नहीं रहेगा।

    यह पहल आदिवासी समुदाय की एक युवा लड़की के लिए उम्मीद की किरण साबित हुई है। अनामिका के लिए यह अवसर न केवल उनके परिवार की आर्थिक स्थिति को बदलने वाला होगा, बल्कि यह राज्य सरकार की नीतियों का भी एक सशक्त उदाहरण है, जो निर्धनता और सामाजिक स्थिति के बावजूद किसी भी युवा को उनका सपना पूरा करने का अवसर प्रदान करती है। मुख्यमंत्री के इस कदम से यह स्पष्ट हो जाता है कि राज्य सरकार अपनी योजनाओं के तहत हर उस व्यक्ति तक मदद पहुंचाने का प्रयास कर रही है, जो अपनी मेहनत और संघर्ष से कुछ बड़ा करना चाहता है।अब, अनामिका बैगा के पास डॉक्टर बनने की राह पहले से कहीं अधिक आसान हो गई है, और मध्य प्रदेश के आदिवासी समुदाय के लिए यह एक प्रेरणास्त्रोत बन गया है।

  • दूषित पानी मामला: अपर मुख्य सचिव ने इंदौर पहुंचकर स्थिति का लिया जायजा, सरकार की नजर जारी

    दूषित पानी मामला: अपर मुख्य सचिव ने इंदौर पहुंचकर स्थिति का लिया जायजा, सरकार की नजर जारी


    इंदौर । शहर के भागीरथपुरा में दूषित पानी की समस्या के बाद स्थिति अब बेहतर होती जा रही है। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए शुक्रवार को अपर मुख्य सचिव नीरज मंडलोई और अनुपम राजन ने इंदौर का दौरा किया और अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय बैठक की, ताकि समस्या का समाधान शीघ्रता से किया जा सके।

    स्थिति में सुधार

    बैठक के बाद अपर मुख्य सचिव अनुपम राजन ने शनिवार को इंदौर कलेक्टर और निगमायुक्त के साथ भागीरथपुरा क्षेत्र का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने चल रहे विकास कार्यों की जानकारी ली और पाया कि हालात पहले की तुलना में बेहतर हो रहे हैं। उन्होंने बताया, “अब स्थिति काफी बेहतर है। नर्मदा की मुख्य जल लाइन डाली जा रही है, और जल्द ही पानी की सप्लाई कुछ इलाकों में शुरू कर दी जाएगी। जिन स्थानों पर गंदा पानी मिल रहा था, वहां सुधार किया जा चुका है।

    स्वास्थ्य स्थिति में सुधार

    अपर मुख्य सचिव ने यह भी बताया कि गंदे पानी से होने वाली बीमारियों के मामले में काफी कमी आई है। अब क्लीनिकों पर पहले जैसे सामान्य मरीज ही आ रहे हैं और स्थिति पर सरकार की पूरी नजर बनी हुई है।

    बैठक में जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति

    भागीरथपुरा में दूषित पानी की समस्या को लेकर एक और बैठक आयोजित की गई, जिसमें अपर मुख्य सचिव, संभाग आयुक्त, कलेक्टर, निगम कमिश्नर, केबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, मंत्री तुलसी सिलावट, महापौर पुष्यमित्र भार्गव समेत सभी विधायक शामिल हुए। इस बैठक में आगामी सुधार योजनाओं पर चर्चा की गई और सुनिश्चित किया गया कि भविष्य में ऐसी समस्याओं से निपटने के लिए कदम उठाए जाएंगे।

  • भोपाल में कॉलेज छात्रा प्रिया की संदिग्ध मौत: शार्ट पीएम रिपोर्ट में हेमरेज और चोटों का खुलासा, प्रेम प्रसंग का एंगल!

    भोपाल में कॉलेज छात्रा प्रिया की संदिग्ध मौत: शार्ट पीएम रिपोर्ट में हेमरेज और चोटों का खुलासा, प्रेम प्रसंग का एंगल!


    भोपाल । राजधानी भोपाल में 22 वर्षीय कॉलेज छात्रा प्रिया मेहरा की संदिग्ध परिस्थितियों में छत से गिरकर मौत हो गई है। यह घटना राजधानी के चूना भट्टी इलाके की पारिका सोसाइटी में बुधवार सुबह हुई, जहां प्रिया का शव पाया गया। प्रिया नूतन कॉलेज सरोजिनी नायडू गवर्नमेंट गर्ल्स पीजी कॉलेज में बीए फाइनल ईयर की छात्रा थीं और ईश्वर नगर, शाहपुर की निवासी थीं।

    हेमरेज और चोटों का खुलासा

    शार्ट पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में यह पाया गया कि प्रिया के शरीर पर चोटों के निशान थे और हेमरेज भी हुआ था। रिपोर्ट ने इस मौत को संदेहास्पद बना दिया है, जिससे पुलिस की जांच के कई पहलू सामने आ रहे हैं। प्रिया के पिता ने दावा किया है कि उनकी बेटी का अपहरण कर हत्या की गई है। उनका आरोप है कि पुलिस ने 24 घंटे बाद भी आरोपी के बारे में कोई ठोस जानकारी नहीं जुटाई है।

    प्रेम प्रसंग का मामला

    जानकारी के अनुसार, बुधवार को प्रिया घर से कॉलेज जाने के लिए निकली थीं, लेकिन कॉलेज जाने के बजाय वह अपने दोस्त के घर चली गईं। युवक तुषार जिसे कपिल के नाम से भी जाना जाता है ने खुद डायल 112 पर कॉल करके बताया कि प्रिया छत से गिर गई हैं। तुषार और उसके तीन अन्य दोस्त प्रिया को मोटरसाइकिल पर हमीदिया अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद तुषार और उसके साथी पुलिस के आने से पहले ही मौके से फरार हो गए।पुलिस जांच में प्रेम संबंधों की बात सामने आई है। परिजनों का आरोप है कि तुषार कपिल पिछले एक साल से प्रिया को परेशान कर रहा था और उसे लगातार स्टॉक कर रहा था। तुषार और प्रिया पहले ईश्वर नगर में रहते थे, और दोनों की दोस्ती हो गई थी।

    पुलिस की जांच

    एडिशनल डीसीपी मलकीत सिंह जोन-4 के अनुसार, पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और तुषार और उसके साथियों की तलाश शुरू कर दी है। एक पुलिस टीम खंडवा में भी तलाश कर रही है। सीसीटीवी फुटेज भी खंगाले जा रहे हैं और अंतिम पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।

    परिजनों का आरोप

    प्रिया के परिजनों ने यह दावा किया है कि यह घटना महज एक हादसा नहीं हो सकती, बल्कि यह एक सुनियोजित हत्या हो सकती है। वे न्याय की मांग कर रहे हैं और यह सवाल उठा रहे हैं कि क्या यह आत्महत्या, हादसा, या फिर प्रेम प्रसंग में मारपीट के बाद हत्या है।पुलिस की जांच अब भी जारी है, और मामले का हर पहलू बारीकी से खंगाला जा रहा है ताकि सच्चाई सामने आ सके।

  • 10 जनवरी महाकाल आरती: कण-कण में महादेव, मस्तक पर चंद्र अर्पित कर बाबा का भव्य श्रृंगार

    10 जनवरी महाकाल आरती: कण-कण में महादेव, मस्तक पर चंद्र अर्पित कर बाबा का भव्य श्रृंगार


    उज्जैन । विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में 10 जनवरी को माघ माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि पर भव्य भस्म आरती का आयोजन हुआ। तड़के 4 बजे मंदिर के कपाट खोले गए और विशेष श्रृंगार के साथ भगवान महाकाल की भस्म आरती संपन्न हुई। इस अवसर पर महाकाल का दिव्य श्रृंगार किया गया जिसे देखने के लिए सैकड़ों श्रद्धालु मंदिर पहुंचे।मंदिर के पट खुलने के बाद, पुजारियों ने गर्भगृह में स्थापित सभी देवी-देवताओं का पूजन किया और भगवान महाकाल का जलाभिषेक किया। इसके बाद पंचामृत से अभिषेक पूजन किया गया जिसमें दूध, दही, घी, शहद और फलों के रस का उपयोग किया गया। विशेष ध्यान बाबा महाकाल के मस्तक पर चंद्र अर्पित करने पर दिया गया, जो इस दिव्य श्रृंगार का अहम हिस्सा था।

    भस्म आरती की विशेषताएँ

    भस्म अर्पण से पहले प्रथम घंटाल बजाकर हरिओम का जल अर्पित किया गया और मंत्रोच्चार के बीच भगवान महाकाल का ध्यान किया गया। इसके बाद कपूर आरती की गई और ज्योतिर्लिंग को कपड़े से ढांककर भस्म रमाई गई। फिर शेषनाग का रजत मुकुट, रजत मुण्डमाल, रुद्राक्ष की माला और पुष्पों की मालाएं अर्पित की गईं। भगवान महाकाल को आभूषणों से सजाया गया और सुगंधित पुष्पों से उनका अलंकरण किया गया।

    श्रद्धालुओं की उमड़ी भीड़
    इस भव्य आरती का दृश्य अत्यधिक श्रद्धा और भक्तिभाव से परिपूर्ण था। भस्म आरती के दौरान सैकड़ों श्रद्धालुओं ने दर्शन कर पुण्य लाभ कमाया। कई श्रद्धालु नंदी महाराज के पास गए और उनके कान के पास जाकर अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति का आशीर्वाद मांगा। मंदिर में बाबा महाकाल की जयकारे गूंज रहे थे, जिससे पूरा परिसर महाकाल की भक्ति से भरा हुआ था। इस दिन के आयोजन में श्रद्धालुओं ने अपने पूरे मन से बाबा महाकाल को नमन किया और उन्हें खुशहाल जीवन की कामना की। महाकाल मंदिर का वातावरण भव्यता और आस्था से ओत-प्रोत था, जो श्रद्धालुओं के लिए एक अविस्मरणीय अनुभव बन गया।

  • सागर दौरे पर CM डॉ. मोहन यादव: खुरई में करोड़ों के विकास कार्यों का लोकार्पण, लोकपथ 2.0 एप का भी होगा उद्घाटन

    सागर दौरे पर CM डॉ. मोहन यादव: खुरई में करोड़ों के विकास कार्यों का लोकार्पण, लोकपथ 2.0 एप का भी होगा उद्घाटन


    भोपाल । मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज सागर जिले के खुरई में एक महत्वपूर्ण दौरे पर रहेंगे, जहां वे 312 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाले विकास कार्यों का लकार्पण और भूमिपूजन करेंगे। इस दौरे का उद्देश्य स्थानीय विकास को नई गति देना और जनता से सीधे संवाद स्थापित करना है।

    मुख्यमंत्री के दौरे की शुरुआत एक रोड शो से होगी, जिसमें वे खुरई शहर में आम जनता से जुड़ेंगे और उन्हें इन विकास कार्यों की सौगातों का एहसास कराएंगे। रोड शो के बाद सीएम डॉ. यादव 165 करोड़ रुपये की लागत से 38 विकास कार्यों का लोकार्पण करेंगे। इसके अलावा, 147 करोड़ रुपये की लागत से 48 विकास कार्यों का भूमिपूजन शिलान्यास भी किया जाएगा। ये कार्य मुख्यतः सड़क, जल आपूर्ति, शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य क्षेत्रों से जुड़े होंगे, जो खुरई और आसपास के इलाकों के लिए काफी महत्वपूर्ण साबित होंगे।

    मुख्यमंत्री का भोपाल कार्यक्रम

    खुरई दौरे से पहले, मुख्यमंत्री डॉ. यादव भोपाल में लोक निर्माण विभाग पीडब्ल्यूडी के एक प्रमुख कार्यक्रम में भी भाग लेंगे। इस कार्यक्रम में प्रदेशभर से 1500 से अधिक अभियंता शामिल होंगे, जो इंजीनियरिंग कार्यों में अपनी क्षमताओं को और बेहतर बनाने के लिए प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे। इस अवसर पर, मुख्यमंत्री द्वारा कैपेसिटी बिल्डिंग फ्रेमवर्क दस्तावेज का विमोचन किया जाएगा, जो प्रदेश में इंफ्रास्ट्रक्चर विकास को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए मार्गदर्शक सिद्ध होगा। साथ ही, मुख्यमंत्री लोकपथ 2.0 एप का भी लोकार्पण करेंगे। यह एप इंजीनियरिंग कार्यों को डिजिटल और अधिक कुशल बनाने में मदद करेगा, जिससे प्रदेश में निर्माण कार्यों की निगरानी और प्रबंधन अधिक प्रभावी तरीके से किया जा सकेगा।

  • मध्य प्रदेश में कड़ाके की सर्दी: खजुराहो सबसे ठंडा, 15 से ज्यादा जिलों में घना कोहरा

    मध्य प्रदेश में कड़ाके की सर्दी: खजुराहो सबसे ठंडा, 15 से ज्यादा जिलों में घना कोहरा


    भोपाल । उत्तर भारत से आ रही बर्फीली हवाओं के कारण मध्य प्रदेश में कड़ाके की सर्दी पड़ रही है। राज्य के ग्वालियर, चंबल और सागर संभाग में ठंड का असर सबसे अधिक देखा जा रहा है, जहां न्यूनतम तापमान कई स्थानों पर 5 डिग्री से भी नीचे पहुंच गया है। वहीं, प्रदेश के 15 से अधिक जिलों में घना कोहरा छाया हुआ है, जिससे दृश्यता बेहद कम हो गई है और सड़क एवं रेल यातायात प्रभावित हो रहा है।

    सबसे ठंडे स्थान और तापमान

    प्रदेश में इस समय सबसे ठंडा स्थान छतरपुर जिले का खजुराहो है, जहां न्यूनतम तापमान 3.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है। इसके बाद अन्य प्रमुख ठंडे स्थान इस प्रकार हैं: दतिया: 3.9 डिग्री,शिवपुरी: 4 डिग्री,ग्वालियर: 5 डिग्री,राजगढ़: 5 डिग्री,पचमढ़ी: 5.8 डिग्री,मंडला: 5.9 डिग्री,रीवा: 6 डिग्री,उमरिया: 6.4 डिग्री,सीधी और टीकमगढ़: 6.8 डिग्री बड़े शहरों में भी ठंड का प्रभाव प्रदेश के प्रमुख शहरों में भी ठंड का प्रकोप जारी है भोपाल: 8 डिग्री, इंदौर: 9.4 डिग्री, उज्जैन: 8.3 डिग्री, जबलपुर: 8.4 डिग्री।

    कोहरा और कोल्ड डे अलर्ट

    प्रदेश के दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़ और छतरपुर जिलों में कोल्ड डे और कोहरे के लिए अलर्ट जारी किया गया है। सुबह के समय घना कोहरा कई घंटों तक बना रहता है, जिससे लोग घर से निकलने में परेशानी महसूस कर रहे हैं। इसके अलावा, दृश्यता कम होने की वजह से यातायात भी प्रभावित हो रहा है।

    मौसम विभाग का अनुमान

    मौसम विभाग के अनुसार, उत्तर से आ रही बर्फीली हवाओं का असर बढ़ने के साथ ठंड का यह दौर और भी तीव्र हो सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस ठंड के असर के अगले कुछ दिनों तक जारी रहने की संभावना है, जिसके बाद तापमान में मामूली वृद्धि हो सकती है। यह ठंड इस समय जनवरी के पहले सप्ताह में ही इतनी अधिक तीव्र हो गई है कि कई स्थानों पर ठंड के पुराने रिकॉर्ड भी टूट रहे हैं। प्रदेश के नागरिकों को सलाह दी गई है कि वे सर्दी से बचने के लिए जरूरी कदम उठाएं और खासकर कोहरे के समय सड़क पर सफर करते वक्त सतर्क रहें।