Category: Madhya Pradesh

  • MP: उज्जैन की महिदपुर उपजेल से भागे तीन कैदी, रेप और मर्डर के आरोप में पहुंचे थे जेल

    MP: उज्जैन की महिदपुर उपजेल से भागे तीन कैदी, रेप और मर्डर के आरोप में पहुंचे थे जेल


    उज्जैन।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) की उज्जैन जिले (Ujjain district) की खाचरोद उपजेल से गुरुवार शाम 7 बजे तीन कैदी फरार (Prisoner Escaped) हो गए। फरार हुए कैदियों में 2 बलात्कार और 1 हत्या के मामले में जेल में बंद थे। मामले की जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस ने तीनों फरार कैदियों की तस्वीरें सोशल मीडिया पर जारी की हैं। पुलिस ने जनता से अपील की है कि यदि इन कैदियों के बारे में कोई जानकारी मिलती है, तो तत्काल पुलिस को सूचित करें।

    फरार कैदियों के नाम नारायण पिता भेरुलाल जाट (31), गोविंद पिता आत्माराम (35), गोपाल पिता बापुलाल (22) वर्ष बताए जा रहे हैं। जानकारी के अनुसार, तीनों कैदी महिला सेल से फरार हुए हैं। फरारी की सूचना मिलते ही जेल प्रशासन ने तत्काल सीनियर अधिकारियों को सूचित किया। इसके बाद पुलिस बल मौके पर पहुंचा और जेल परिसर सहित आसपास के क्षेत्रों में तलाशी अभियान शुरू की गई।

    घटना के बाद से जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रारंभिक जांच में जेल की सुरक्षा, ड्यूटी पर तैनात कर्मचारियों की भूमिका और महिला सेल से कैदियों के भागने के कारणों की बारीकी से पड़ताल की जा रही है।

    थाना प्रभारी धन सिंह ने बताया की सूचना मिलते ही पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची थी।जांच पड़ताल के बाद तीन पुलिस टीम बनाई गई है। इसके साथ ही फरार हुए कैदियों की फुटेज जारी किए गए हैं। लोगों से सोशल मीडिया पर अपील की गई है कि उन्हें पकड़ने में मदद करें। पुलिस उनके संभावित ठिकानों पर रेड डालने की तैयारी कर रही है। पुलिस ने उन्हें जल्द ही पकड़ लेने की बात कही है।

  • उमरिया में दर्दनाक सड़क हादसा बोलेरो ट्रक से टकराईचालक की मौत6 घायल

    उमरिया में दर्दनाक सड़क हादसा बोलेरो ट्रक से टकराईचालक की मौत6 घायल


    उमरिया । उमरिया जिले के पाली थाना क्षेत्र में स्थित घुनघुटी के पास एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना ने सात लोगों की जिंदगी को चपेट में ले लिया। बीती रात शासकीय बोलेरो सड़क किनारे खड़े ट्रक से टकरा गईजिससे चालक इजहार खान 32 की मौके पर ही मौत हो गई। वहींवाहन में सवार छह अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों में से दो की हालत बहुत नाजुक बताई जा रही हैजिन्हें इलाज के लिए जबलपुर रेफर किया गया है।

    घटना रात के करीब दो से तीन बजे के बीच घुनघुटी के पास स्थित मदारी ढाबे के पास हुई। बोलेरो नरसरहा डिपो से बांधवगढ़ की ओर जा रही थीऔर उसमें सवार सभी लोग शहडोल के डीएफओ श्रद्धा पेंद्रो के पारिवारिक सदस्य थे। वे सभी नरसरहा डिपो स्थित आवास पर भोजन करने के बाद एक निजी यात्रा पर निकले थे। वाहन में सवार लोग इस हादसे का शिकार हुएजिसमें बोलेरो चालक इजहार खान की मौत हो गईऔर अन्य छह लोग घायल हो गए।

    घायलों में श्रेया मर्सकोले (20)भानुशी मरावी (20)भगवंती मर्सकोले (20)जूही बनर्जी (22)साक्षी मर्सकोले (22) और मीनाक्षी मर्सकोले (26) शामिल हैं। इनमें से भगवंती मर्सकोले और मीनाक्षी मर्सकोले की हालत गंभीर होने पर उन्हें जबलपुर रेफर कर दिया गया है। हादसे के वक्त मीनाक्षी वाहन की अगली सीट पर बैठी थीं।

    हादसे की सूचना मिलते ही पाली थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए शहडोल जिला अस्पताल की मर्चुरी में भेज दिया। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामला जांच में ले लिया है।

    इस हादसे ने एक बार फिर शासकीय वाहनों के निजी उपयोग पर सवाल खड़े कर दिए हैं। कुछ लोगों का मानना है कि शासकीय वाहन का निजी कार्यों के लिए इस्तेमाल करना कानूनी और नैतिक दोनों ही दृष्टियों से गलत है। इस घटना से यह भी साबित होता है कि सड़क सुरक्षा के नियमों और जागरूकता की कमी कहीं न कहीं इन हादसों का कारण बनती है।

    पाली थाना प्रभारी राजेश चंद्र मिश्रा ने बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और हादसे की पूरी जांच की जा रही है। उन्होंने यह भी बताया कि सड़क किनारे खड़े ट्रक को लेकर आगे की जांच की जाएगीताकि यह पता चल सके कि वह किस कारण से खड़ा थाऔर क्या कोई ट्रक चालक या अन्य व्यक्ति लापरवाही के कारण यह हादसा हुआ। यह घटना उमरिया जिले में सड़क सुरक्षा की स्थिति पर एक सवाल खड़ा करती हैऔर यह भी दर्शाती है कि आने वाले समय में यातायात व्यवस्था में सुधार की आवश्यकता है।

  • मध्य प्रदेश STF की बड़ी कार्रवाई ओडिशा से लाए जा रहे 1.80 करोड़ का गांजा ट्रक सहित जब्त

    मध्य प्रदेश STF की बड़ी कार्रवाई ओडिशा से लाए जा रहे 1.80 करोड़ का गांजा ट्रक सहित जब्त


    अनुपपुर । मध्य प्रदेश पुलिस के विशेष कार्यबल STF ने एक बड़ी सफलता हासिल करते हुए ओडिशा से मध्य प्रदेश लाए जा रहे 599 किलोग्राम गांजे को जब्त किया। यह गांजा एक ट्रक में छुपाकर लाया जा रहा थाऔर इसकी अनुमानित कीमत लगभग 1 करोड़ 80 लाख रुपये बताई जा रही है। यह कार्रवाई छत्तीसगढ़-मध्य प्रदेश सीमा पर स्थित जिला अनूपपुर के घने जंगल मार्ग पर की गई। पुलिस ने इस कार्रवाई में ट्रक सहित दो आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है।

    गुप्त कम्पार्टमेंट से गांजे की तस्करी

    गांजा तस्करी की यह नई विधि STF के लिए एक बड़ी चुनौती बन गई थी। तस्करों ने ट्रक में लोहे की चादर से एक गुप्त कम्पार्टमेंट केबिन बनाया थाजो बाहरी नजर से बिल्कुल सामान्य दिखाई देता था। इस गुप्त कम्पार्टमेंट में गांजे के पैकेट्स छिपाकर तस्करी की जा रही थी। STF को गोपनीय सूचना मिलने के बादइस ट्रक की घेराबंदी की गई और इसे जब्त किया गया।

    STF की टीम ने की सटीक घेराबंदी

    गोपनीय सूचना मिलने पर STF की दो विशेष टीमों का गठन किया गया था। इन टीमों का नेतृत्व उप पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार तिवारी और निरीक्षक गणेश सिंह ठाकुर ने किया। टीम ने संबलपुर ओडिशासे मैहर मध्य प्रदेश जा रहे ट्रक संख्या JH 02BL 7103 को जिला अनूपपुर के जेतहरी थाना क्षेत्र के घने जंगल मार्ग पर घेर लिया और उसकी तलाशी ली। इस दौरान ट्रक से कुल 599 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। पुलिस अधिकारियों ने इसे एक बड़ी सफलता करार दियाक्योंकि यह एक संगठित तस्करी नेटवर्क का हिस्सा प्रतीत हो रहा था।

    आरोपियों की गिरफ्तारी और पूछताछ

    पुलिस ने ट्रक में सवार दो आरोपियों को गिरफ्तार किया हैजिनके नाम अंकित विश्वकर्मा निवासी जिला सीधी और धनंजय सिंह पटेल निवासी जिला सतना हैं। गिरफ्तारी के बादपुलिस ने आरोपियों से गांजे के स्रोततस्करी नेटवर्क और इसके विक्रेताओं तथा क्रेताओं के बारे में जानकारी जुटाने के लिए विस्तृत पूछताछ शुरू कर दी है। यह पूछताछ आगे के नेटवर्क के बारे में महत्वपूर्ण सुराग दे सकती है।

    नशा से दूरी अभियान के तहत कार्रवाई

    मध्य प्रदेश पुलिस महानिदेशक श्री कैलाश मकवाणा के निर्देशन मेंप्रदेश भर में नशा से दूरी अभियान चलाया जा रहा है। STF प्रमुख और विशेष पुलिस महानिदेशक पंकज कुमार श्रीवास्तव की मार्गदर्शन में यह कार्रवाई की गई है। इस अभियान का उद्देश्य नशे के कारोबार को जड़ से समाप्त करना और समाज को नशे से बचाना है। पुलिस द्वारा लगातार ऐसे अभियान चलाए जा रहे हैंताकि नशे की तस्करी और उसके व्यापार को रोका जा सके।

    टीम की सराहनीय भूमिका

    यह सफल कार्रवाई STF के समर्पित कर्मचारियों की कड़ी मेहनत और रणनीतिक योजना का परिणाम थी। इस कार्रवाई में उप निरीक्षक गोपाल सूर्यवंशीप्रधान आरक्षक निर्मल पटेलसंपूर्णानंदअंजनी पाठकविनय कोरीऔर आरक्षक मनीष तिवारीनिलेश दुबेराहुल रजकरूपेश रायऔर नारायण प्रसाद की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनके प्रयासों ने इस तस्करी को पकड़ा और एक बड़ी तस्करी नेटवर्क को उजागर करने में मदद की।

    आगे की कार्रवाई

    मध्य प्रदेश STF ने इस बड़े ड्रग तस्करी मामले में अब जांच तेज कर दी है। पुलिस आरोपियों से गांजे के परिवहन के नेटवर्क के बारे में पूछताछ कर रही हैजिससे और भी तस्करों का पर्दाफाश किया जा सके। फिलहालट्रक और जब्त गांजे को पुलिस ने अपने कब्जे में ले लिया है और मामले की आगे की जांच की जा रही है। यह कार्रवाई प्रदेश में नशे के व्यापार पर कड़ी चोट है और यह दर्शाता है कि STF और अन्य सुरक्षा एजेंसियां इस पर रोक लगाने के लिए लगातार मेहनत कर रही हैं। नशे के कारोबार को समाप्त करने के लिए पुलिस के प्रयास जारी हैंऔर उम्मीद की जा रही है कि इसके परिणामस्वरूप मध्य प्रदेश में नशे की तस्करी में कमी आएगी।

  • उज्जैन में नाबालिग से छेड़छाड़ मामले में आटो चालक गिरफ्तार, हिंसा और तोड़फोड़ के बाद पुलिस ने संभाली स्थिति

    उज्जैन में नाबालिग से छेड़छाड़ मामले में आटो चालक गिरफ्तार, हिंसा और तोड़फोड़ के बाद पुलिस ने संभाली स्थिति


    उज्जैन । उज्जैन के महिदपुर रोड पर बुधवार को एक बड़ी घटना ने इलाके में तनाव पैदा कर दिया। यहां के एक आटो चालक द्वारा एक नाबालिग लड़की से छेड़छाड़ करने की घटना सामने आई। इस घटना के बाद गुस्साए स्थानीय लोग सड़कों पर उतर आए और आटो चालक के खिलाफ हिंसक प्रदर्शन किया। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रण में लियालेकिन इसके बाद हुई हिंसा और तोड़फोड़ ने क्षेत्र में भारी तनाव पैदा कर दिया।

    आरोपित आटो चालक जुबेर मंसूरी को हिंदूवादी संगठन के कार्यकर्ताओं ने पकड़कर पुलिस को सौंप दिया। संगठन ने आरोपित के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए उसके खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू किया। इसके बाद हिंसक भीड़ ने दुकानों में तोड़फोड़ की और कुछ दुकानों में आग लगा दी। इसके साथ ही संगठन ने मुस्लिम वाहन चालकों को स्कूलों से हटाने की भी मांग कीजिससे स्थिति और भी तनावपूर्ण हो गई।

    घटना का विवरण

    पुलिस के अनुसारजुबेर मंसूरी नामक आटो चालक नियमित रूप से नाबालिगों को कोचिंग सेंटर ले जाता था। बुधवार को उसने एक नाबालिग लड़की से छेड़छाड़ की। इस घटना के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। हिंदूवादी संगठन के लोग आरोपित को पकड़कर पुलिस के हवाले करने से पहले उसे जमकर पीट भी चुके थे। पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया और उसके मोबाइल की जांच की। मोबाइल में 20 से अधिक महिलाओं के अश्लील वीडियो मिलेजिनमें से 12 महिलाएं महिदपुर क्षेत्र की थीं और बाकी आठ आसपास के क्षेत्रों से थीं।

    हिंसा और प्रदर्शन
    घटना के बाद गुस्साए लोग सड़क पर उतर आए और महिदपुर रोड को जाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने आरोपित का जुलूस निकालने और उसके मकान को तोड़ने की मांग की। इसके साथ ही उन्होंने मुस्लिम वाहन चालकों को स्कूलों से हटाने की भी मांग की। प्रदर्शन के दौरान कुछ दुकानों में तोड़फोड़ की गई और आग लगा दी गईजिससे इलाके में भारी नुकसान हुआ। पुलिस ने तत्काल स्थिति को काबू में करने के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया। पुलिस के कड़े प्रयासों के बाद ही आरोपित का जुलूस निकाला गया और भारी भीड़ के बीच पुलिस ने उसे बचा लिया।

    पुलिस का बयान और जांच

    उज्जैन के एसपी प्रदीप शर्मा ने बताया कि पुलिस ने पूरे मामले की गंभीरता को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया है। उन्होंने कहा“हमारी प्राथमिकता शांति बनाए रखना है। हमने आरोपित को एक दिन की रिमांड पर लिया है और उसके मोबाइल से बरामद वीडियो की जांच की जा रही है।” पुलिस ने यह भी बताया कि आरोपित के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज किया गया है और जल्द ही मामले में आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहालइलाके में स्थिति नियंत्रण में है और पुलिस सतर्कता बरत रही है।

    यह घटना न केवल नाबालिग लड़की के साथ छेड़छाड़ के कारण चिंता का विषय हैबल्कि इसके बाद का हिंसा और तोड़फोड़ का सिलसिला भी गंभीर सवाल खड़ा करता है। पुलिस को इलाके में शांति बनाए रखने के लिए कड़ी सुरक्षा तैनात करनी पड़ीऔर मामले की गहराई से जांच की जा रही है। यह घटना यह दर्शाती है कि समाज में सुरक्षा और कानून व्यवस्था की स्थिति पर विचार करने की आवश्यकता हैखासकर नाबालिगों की सुरक्षा को लेकर।

  • एमपी सरकार ने 1 रुपये में 25 एकड़ जमीन दी अब खुलेंगे चार मेडिकल कॉलेज 2027 से एमबीबीएस प्रवेश

    एमपी सरकार ने 1 रुपये में 25 एकड़ जमीन दी अब खुलेंगे चार मेडिकल कॉलेज 2027 से एमबीबीएस प्रवेश


    भोपाल । मध्यप्रदेश में अब देश में पहली बार सार्वजनिक-निजी भागीदारी पीपीपी मॉडल पर चार नए मेडिकल कॉलेज खुलने जा रहे हैं। इन कॉलेजों में 2027-28 से एमबीबीएस कोर्स में प्रवेश शुरू होगा। यह योजना राज्य में चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़ा बदलाव लेकर आएगी क्योंकि इन कॉलेजों के जरिए 2035 तक डॉक्टरों की बड़ी संख्या तैयार हो सकेगी।इन मेडिकल कॉलेजों में हर कॉलेज में कम से कम 100 सीटें होंगी हालांकि सरकार ने प्रवेश 150 सीटों से शुरू करने का प्रस्ताव रखा है। भविष्य में कॉलेजों की सीटों की संख्या बढ़कर 250 तक हो सकती है। इस प्रकार इन कॉलेजों से हर साल बड़ी संख्या में डॉक्टर निकलकर चिकित्सा सेवा के क्षेत्र में योगदान देंगे।

    सरकार की शर्त

    इस योजना में सरकार ने खास शर्त रखी थी कि निवेशक को खुद कॉलेज बनाना होगा। हालांकि पीपीपी मॉडल को लेकर पहले कई बार निविदाएं आमंत्रित की गईं लेकिन पहले चार फिर दस और बाद में बारह जिलों में मेडिकल कॉलेज खोलने के लिए कोई निवेशक सामने नहीं आया। यह परियोजना सरकार के लिए चुनौतीपूर्ण थी लेकिन अंततः सरकार ने फैसला किया कि वह निवेशकों को 1 रुपये में 25 एकड़ ज़मीन देगी। इस निर्णय के बाद ही निवेशक मेडिकल कॉलेज स्थापित करने के लिए सामने आए। इस निर्णय के बाद राज्य सरकार ने चार मेडिकल कॉलेज खोलने के लिए निवेशकों से प्रस्ताव स्वीकार किए और इस परियोजना की शुरुआत की। इन कॉलेजों के खुलने से मध्यप्रदेश में चिकित्सा शिक्षा का स्तर बढ़ेगा और स्थानीय युवाओं को चिकित्सा क्षेत्र में करियर बनाने का एक नया अवसर मिलेगा।

    राज्य में चिकित्सा शिक्षा का सुधार

    पीपीपी मॉडल के तहत इन कॉलेजों के खुलने से न केवल स्वास्थ्यसेवाओं में सुधार होगा बल्कि राज्य में शिक्षा के क्षेत्र में भी एक नया मोड़ आएगा। यह कदम राज्य में डॉक्टरों की कमी को दूर करने और भविष्य में अधिक चिकित्सा सेवाएं प्रदान करने के लिए महत्वपूर्ण है। इसके अलावा इन कॉलेजों में स्नातक एमबीबीएस के अलावा पोस्ट ग्रेजुएट और सुपर स्पेशलिटी कोर्स भी शुरू किए जा सकते हैं।

  • नए साल में एमपी के 15 लाख कर्मचारियों को आयुष्मान जैसी योजना 10 लाख तक कैशलेस इलाज मिलेगा

    नए साल में एमपी के 15 लाख कर्मचारियों को आयुष्मान जैसी योजना 10 लाख तक कैशलेस इलाज मिलेगा


    भोपाल । मध्यप्रदेश सरकार ने राज्य के 15 लाख से अधिक सरकारी कर्मचारियों के लिए एक नई स्वास्थ्य बीमा योजना तैयार की है जो नए साल 2026 से लागू होगी। इस योजना को मुख्यमंत्री आयुष्मान स्वास्थ्य बीमा योजना के नाम से प्रस्तावित किया गया है और इसमें कर्मचारियों को आयुष्मान भारत की तरह कैशलेस इलाज की सुविधा मिलेगी।इस योजना में कर्मचारियों को हरियाणा और राजस्थान की तरह कैशलेस उपचार की सुविधा प्रदान की जाएगी।
    इसमें सामान्य इलाज के लिए ₹5 लाख तक और गंभीर बीमारियों के लिए ₹10 लाख तक निशुल्क इलाज मिलेगा। इसके तहत कर्मचारी सेवानिवृत्त कर्मी और उनके परिवारों को स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।कर्मचारी संगठनों के सुझाव पर तैयार की गई इस योजना में सरकार का योगदान भी महत्वपूर्ण होगा। कर्मचारियों के वेतन से एक निश्चित राशि का अंशदान लिया जाएगा जबकि शेष राशि राज्य सरकार द्वारा दी जाएगी। इस तरह से कर्मचारियों को आर्थिक बोझ से मुक्त कर उनके स्वास्थ्य संबंधी खर्चों को कवर किया जाएगा।

    राज्य सरकार का यह कदम कर्मचारियों के लंबे समय से चल रहे स्वास्थ्य बीमा के मुद्दे पर सकारात्मक उत्तर है। कर्मचारी संगठन लंबे समय से ऐसे लाभ की मांग कर रहे थे और इस योजना से उनकी उम्मीदें पूरी होती दिख रही हैं।राज्य सरकार का उद्देश्य इस योजना के जरिए न केवल कर्मचारियों के स्वास्थ्य की देखभाल करना है बल्कि कर्मचारियों और उनके परिवारों को उच्च गुणवत्ता वाली चिकित्सा सेवाएं प्रदान करना भी है। इसके लिए प्रदेश के सरकारी और निजी अस्पतालों से अनुबंध किया जाएगा ताकि कर्मचारियों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं मिल सकें।

    इस योजना का लाभ केवल वर्तमान कर्मचारियों तक सीमित नहीं रहेगा बल्कि सेवानिवृत्त कर्मचारियों और उनके परिवारों को भी इस योजना का पूरा फायदा मिलेगा। यह कदम मध्यप्रदेश सरकार द्वारा कर्मचारियों के कल्याण के लिए एक बड़ा और महत्वपूर्ण पहलू साबित हो सकता है।
    यह स्वास्थ्य योजना कर्मचारियों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने और स्वास्थ्य संकटों में उन्हें राहत देने के लिए बनाई गई है। योजना के लागू होने से कर्मचारियों को अस्पतालों में भर्ती इलाज और ऑपेडी जैसी सभी सेवाओं में बड़ी राहत मिलेगी।

  • अमित शाह कल करेंगे ग्वालियर व्यापार मेला का उद्घाटन शिल्प और संस्कृति का संगम

    अमित शाह कल करेंगे ग्वालियर व्यापार मेला का उद्घाटन शिल्प और संस्कृति का संगम


    ग्वालियर । ग्वालियर व्यापार मेला जो मध्य भारत का सबसे बड़ा और ऐतिहासिक मेला माना जाता है 25 दिसंबर से शुरू होने जा रहा है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में इस मेले का उद्घाटन होने वाला है जो व्यापारियों और सैलानियों के लिए एक खास अवसर बनेगा। मेला प्राधिकरण और प्रशासन ने उद्घाटन की तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया है और अब इस मेला के उद्घाटन का इंतजार है।

    इस वर्ष का मेला पहले से भी ज्यादा खास होगा क्योंकि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के आगमन से व्यापारियों और स्थानीय लोगों का उत्साह दोगुना हो गया है। सुरक्षा और स्वागत की भव्य तैयारियां पूरी हो चुकी हैं।
    मेले में इस बार विभिन्न सेक्टरों की छटा देखने को मिलेगी ऑटोमोबाइल क्षेत्र में शोरूम सजाए जा रहे हैं और बड़ी संख्या में लोग वाहन खरीदारी की योजना बना रहे हैं। इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर में नए गैजेट्स और घरेलू उपकरणों की प्रदर्शनी भी आकर्षण का केंद्र बनेगी।

    इसके साथ ही झूला सेक्टर और फूड जोन में रोमांच और स्वाद का तड़का होगा। हाई-टेक झूले युवाओं के लिए तैयार हैं जबकि फूड जोन में राजस्थानी पंजाबी और दक्षिण भारतीय व्यंजन भी स्वादिष्ट रूप से परोसे जाएंगे। मेला न केवल व्यापार बल्कि कला और संस्कृति का भी केंद्र बनेगा जहां 1 जनवरी से सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन शुरू होगा।
    जनवरी के महीने में पहलवानी का भी आयोजन होगा। 19-20 जनवरी को जिला स्तरीय कुश्ती प्रतियोगिता और 23-25 जनवरी को राज्य स्तरीय कुश्ती प्रतियोगिता होगी जो खेल प्रेमियों के लिए आकर्षण का केंद्र रहेगी।

    व्यापारी भी इस वर्ष मेला में उत्साहित हैं। पारदर्शी प्रक्रिया के तहत दुकान आवंटन के बाद उत्तर प्रदेश राजस्थान दिल्ली जैसे राज्यों से बड़ी संख्या में व्यापारी ग्वालियर आ रहे हैं। हस्तशिल्प और फर्नीचर सेक्टर में इस बार ऐसी अनोखी कलाकृतियां देखने को मिलेंगी जो पहले कभी नहीं आईं। ग्वालियर व्यापार मेला इस बार एक बेहतरीन अनुभव देने वाला है जिसमें व्यापार कला संस्कृति और खेल का जबरदस्त मिश्रण देखने को मिलेगा।

  • MP के इस शहर का नाम बदलकर होगा मूलतापी, CM मोहन यादव ने किया ऐलान

    MP के इस शहर का नाम बदलकर होगा मूलतापी, CM मोहन यादव ने किया ऐलान


    बैतूल ।
    मध्यप्रदेश (Madhya Pradesh) के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव (Chief Minister Dr. Mohan Yadav) ने बैतूल जिले (Betul district) की प्रसिद्ध धार्मिक नगरी मुलताई (Multai) का नाम बदलकर ‘मूलतापी’ किए जाने की ऐतिहासिक घोषणा की है। ताप्ती नदी के उद्गम स्थल के रूप में देशभर में विख्यात मुलताई का यह प्राचीन नाम अब पुनः स्थापित किया जाएगा। मुख्यमंत्री की इस घोषणा से क्षेत्र के नागरिकों, धर्मप्रेमियों और जनप्रतिनिधियों में उत्साह का माहौल है।

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस बारे में मंगलवार को घोषणा करते हुए कहा कि मुलताई का मूल और प्राचीन नाम ‘मूलतापी’ है, जिसका अर्थ ताप्ती नदी का उद्गम स्थल है। यह नाम इस पवित्र भूमि की धार्मिक, सांस्कृतिक और ऐतिहासिक पहचान को और अधिक सशक्त करेगा। उन्होंने कहा कि लंबे समय से स्थानीय जनता की यह मांग थी, जिसे सरकार ने स्वीकार करते हुए यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया है।

    मुलताई विधायक चंद्रशेखर देशमुख द्वारा नगर का नाम ‘मूलतापी’ किए जाने का प्रस्ताव राज्य सरकार को भेजा गया था, जिसे अब स्वीकृति मिल गई है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि यह निर्णय क्षेत्र की ऐतिहासिक विरासत को सम्मान देने वाला है।

    मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर बैतूल जिले में एक भव्य आदिवासी संग्रहालय की स्थापना की भी घोषणा की। इससे जिले की समृद्ध जनजातीय संस्कृति, परंपराओं और इतिहास को राष्ट्रीय पहचान मिलेगी तथा यह संग्रहालय आने वाली पीढ़ियों के लिए सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण का केंद्र बनेगा।

    कार्यक्रम के दौरान बैतूल में नए मेडिकल कॉलेज का भूमिपूजन भी किया गया। इस अवसर पर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा विशेष रूप से उपस्थित रहे। मेडिकल कॉलेज के निर्माण से जिले और आसपास के क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार होगा और युवाओं को चिकित्सा शिक्षा के नए अवसर मिलेंगे।

    ‘मूलतापी’ नाम से पहचान मिलने के बाद ताप्ती उद्गम स्थल की धार्मिक महत्ता और अधिक बढ़ेगी। इससे धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा तथा स्थानीय रोजगार और व्यापार को भी गति मिलेगी। मुख्यमंत्री की इन घोषणाओं से पूरे मुलताई और बैतूल जिले में खुशी का माहौल है।

    इस मौके पर हुए विकास कार्यों की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सोशल मीडिया पर लिखा, ‘माननीय केंद्रीय स्वास्थ्य व परिवार कल्याण मंत्री जेपी नड्डा जी की गरिमामयी उपस्थिति में बैतूल जिले में 300 करोड़ रुपए की लागत के जन-निजी भागीदारी (PPP) आधारित चिकित्सा महाविद्यालय के भूमिपूजन कार्यक्रम में सहभागिता की। इस दौरान विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण/भूमिपूजन भी हुआ। आदरणीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में मिली केन-बेतवा लिंक परियोजना से संपूर्ण बुंदेलखंड क्षेत्र लाभान्वित होगा। साथ ही, महाराष्ट्र के साथ मिलकर तापी बेसिन मेगा रीचार्ज परियोजना भी बनाई गई है। इनसे किसानों के जीवन में समृद्धि का नया सवेरा आएगा।’

  • रीवा में ट्रक ने बाइक सवार युवक को मारी टक्कर.सिर कुचले से मौत

    रीवा में ट्रक ने बाइक सवार युवक को मारी टक्कर.सिर कुचले से मौत


    रीवा । रीवा शहर के बीहर उन्नत पुल पर मंगलवार-बुधवार की रात एक भयंकर सड़क हादसा हो गया। इस हादसे में 18 वर्षीय समीर जायसवाल की दर्दनाक मौत हो गई.जबकि उनके साथी को मामूली चोटें आईं। जानकारी के अनुसार.समीर और उसका साथी बाइक पर सवार होकर रात को कहीं जा रहे थे.जब तेज रफ्तार ट्रक ने उन्हें टक्कर मार दी।घटना रात करीब 11:30 से 12 बजे के बीच की है.जब नो-एंट्री खुलते ही एक अनियंत्रित ट्रक ने बाइक सवारों को अपनी चपेट में ले लिया।
    टक्कर इतनी जोरदार थी कि समीर सीधे ट्रक के पिछले पहिए के नीचे   गया.जिससे उसका सिर बुरी तरह कुचला गया। हादसे में समीर की मौके पर ही मौत हो गई.जबकि दूसरा युवक छिटककर दूर गिरा और उसे हल्की चोटें आईं। समीर जायसवाल मूल रूप से मैहर जिले के ताला थाना क्षेत्र के ग्राम सिमरिया रामगढ़ का रहने वाला था और रीवा के खैरी इलाके में एक टेंट हाउस में काम करता था। मृतक के साथी ने बताया कि वे दोनों बाइक से कहीं जा रहे थे जब यह हादसा हुआ।

    प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि बीहर उन्नत पुल के पास रात में ट्रकों की लंबी कतार लग जाती है और कई ट्रक चालक लापरवाही से वाहन चलाते हैं.जिससे अक्सर इस तरह के हादसे होते हैं। घटना के बाद घटनास्थल पर लंबा जाम लग गया.जिसे पुलिस ने बाद में नियंत्रित किया। सिविल लाइन पुलिस ने घटना के बाद मृतक के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा और परिजनों को सूचित किया। मामले की जांच की जा रही है और पुलिस ने आरोपी ट्रक चालक के खिलाफ कार्रवाई शुरू की है।

  • अमित शाह 24 दिसंबर को ग्वालियर आएंगे, सुरक्षा के कड़े इंतजाम, ट्रैफिक डायवर्जन

    अमित शाह 24 दिसंबर को ग्वालियर आएंगे, सुरक्षा के कड़े इंतजाम, ट्रैफिक डायवर्जन


    ग्वालियर । केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह 24 दिसंबर को ग्वालियर का दौरा करेंगे। कार्यक्रम के अनुसार.अमित शाह रात करीब नौ बजे ग्वालियर विमानतल पर उतरेंगे और होटल ताज ऊषा किरण पैलेस के लिए रवाना होंगे। अगले दिन25 दिसंबर को.वे सुबह 11:50 बजे कार्यक्रम स्थल के लिए निकलेंगे। इस दौरे के दौरान शहर की सड़कों पर वीवीआइपी मूवमेंट रहेगा.जिसके कारण कई रास्तों पर ट्रैफिक डायवर्ट किया जाएगा।
    पुलिस ने एडवाइजरी जारी कर दी है और सुरक्षा व्यवस्था के तहत 4500 जवान तैनात किए जाएंगे। इसके अलावा ऊंची इमारतों पर स्नाइपर भी तैनात होंगे और कार्यक्रम स्थल से लेकर होटल तक कड़ी सुरक्षा रहेगी। शहर में भारी वाहनों का प्रवेश पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगा। भिंड और मालनपुर से आने वाले वाहन विशेष मार्गों से ग्वालियर प्रवेश करेंगे। विभिन्न क्षेत्रों से शहर में आने और जाने वाले वाहनों के लिए वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था की गई है।

    अमित शाह ग्वालियर में अभ्युदय एमपी ग्रोथ समिट का शुभारंभ करेंगे.जिसमें 2 लाख करोड़ के निवेश और उद्योगों के शिलान्यास की घोषणा की जाएगी। यह कार्यक्रम मेला ग्राउंड पर होगा और इसमें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और अन्य प्रदेश मंत्रीगण भी मौजूद रहेंगे। इस आयोजन में ग्वालियर-चंबल अंचल के एक लाख से अधिक लोग शामिल होने की संभावना है और यह प्रदेश में उद्योग-निवेश के लिए किए गए प्रयासों को प्रदर्शित करेगा।