Category: Religious Astrology

  • भगवान विष्णु की कृपा के लिए अप्रैल एकादशी 2026: पूरी जानकारी

    भगवान विष्णु की कृपा के लिए अप्रैल एकादशी 2026: पूरी जानकारी


    नई दिल्ली । हिंदू धर्म में एकादशी व्रत भगवान विष्णु की भक्ति और कृपा प्राप्त करने का अत्यंत शुभ अवसर माना जाता है। एकादशी का पालन करने से जीवन की परेशानियां कम होती हैं और पाप नष्ट होते हैं। अप्रैल 2026 में दो विशेष एकादशी पड़ रही हैं – वरुथिनी एकादशी और मोहिनी एकादशी, और खास बात यह है कि दोनों सोमवार को पड़ रही हैं। इस कारण भगवान विष्णु और भगवान शिव की पूजा का भी शुभ संयोग बन रहा है।

    वरुथिनी एकादशी 2026

    तारीख: 13 अप्रैल 2026

    समय: 13 अप्रैल सुबह 1:16 स 14 अप्रैल सुबह 1:08 तक

    पूजा का शुभ मुहूर्त: सुबह 5:58 से 7:34

    राहुकाल: सुबह 7:34 से 9:10

    शुभ चौघड़िया: सुबह 9:10 से 10:46

    व्रत पारण: 14 अप्रैल सुबह 6:54 से 8:31

    महत्व

    वरुथिनी एकादशी का व्रत रखने से हजारों साल की तपस्या का फल प्राप्त होता है। यह व्रत पापों को दूर करके जीवन में सुख-समृद्धि लाता है। विशेष रूप से विवाहित महिलाओं के लिए यह व्रत अत्यंत शुभ माना जाता है, जिससे सौभाग्य और परिवार में शांति बनी रहती है।

    मोहिनी एकादशी 2026

    तारीख: 27 अप्रैल 2026

    समय: 26 अप्रैल शाम 6:06 से 27 अप्रैल शाम 6:15 तक

    पूजा का शुभ मुहूर्त: सुबह 9:02 से 10:40

    राहुकाल: सुबह 7:23 से 9:02

    व्रत पारण: 28 अप्रैल सुबह 5:43 से 8:21

    महत्व:

    मोहिनी एकादशी का व्रत रखने से मन के दुख और परेशानियां दूर होती हैं। यह व्रत पापों से मुक्ति दिलाता है और जीवन में शांति और सुख की प्राप्ति कराता है। पौराणिक मान्यता के अनुसार, भगवान राम ने भी कठिन समय में इस व्रत का पालन किया था।

    अप्रैल 2026 की ये दोनों एकादशियां विशेष रूप से भगवान विष्णु की भक्ति के लिए महत्वपूर्ण हैं। इन व्रतों का पालन करने से सकारात्मक ऊर्जा, मानसिक शांति, और जीवन में समृद्धि प्राप्त होती है।

  • चंद्रमा का अप्रैल गोचर: कैसे प्रभावित होंगे आपकी राशि और जीवन के फैसले

    चंद्रमा का अप्रैल गोचर: कैसे प्रभावित होंगे आपकी राशि और जीवन के फैसले


    नई दिल्ली । वैदिक ज्योतिष में चंद्रमा को मन, भावनाओं और रोजमर्रा के फैसलों का मुख्य कारक माना गया है। जब चंद्रमा किसी नक्षत्र में प्रवेश करता है, तो उसका असर व्यक्ति के मूड, सोच, जीवन और वित्तीय निर्णयों पर सीधे पड़ता है। यही कारण है कि चंद्र गोचर को दैनिक ज्योतिष में बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है।

    अप्रैल 2026 में चंद्रमा कुल 19 बार नक्षत्र बदलने वाला है। महीने की शुरुआत 1 अप्रैल को हस्त नक्षत्र से होगी, जबकि आखिरी गोचर 30 अप्रैल को चित्रा नक्षत्र में होगा। इतने ज्यादा नक्षत्र परिवर्तन के कारण यह महीना कई राशियों के लिए सकारात्मक बदलाव और अवसर लेकर आ सकता है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, जब चंद्रमा शुभ नक्षत्र में होता है, तो जीवन में धन लाभ, नई संभावनाएं और मानसिक शांति मिलती है, जबकि अशुभ स्थिति में मन बेचैन रह सकता है और खर्च बढ़ सकते हैं।

    राशियों पर चंद्र गोचर का असर


    मेष राशि
    मेष राशि वालों के लिए अप्रैल का महीना अनुकूल रहेगा। धन लाभ के योग बनेंगे और रुके हुए कार्य पूरे होंगे। करियर में आगे बढ़ने के नए अवसर मिलेंगे। आत्मविश्वास बढ़ेगा और परिवार का माहौल खुशहाल रहेगा।

    वृषभ राशि

    वृषभ राशि के लिए यह महीना आर्थिक रूप से मजबूत रहने वाला है। आय के नए रास्ते खुल सकते हैं। काम में सम्मान मिलेगा और परिवार का सहयोग भी बना रहेगा। मानसिक शांति बनी रहेगी और यात्रा से भी लाभ होने की संभावना है।

    मिथुन राशि

    मिथुन राशि के जातकों को किस्मत का साथ मिलेगा। नौकरी और व्यापार में तरक्की के योग हैं। धन आने के नए रास्ते खुलेंगे और नई योजनाएं सफल हो सकती हैं। परिवार और रिश्तों में सुधार आएगा।

    कर्क राशि

    कर्क राशि वालों को अप्रैल में थोड़ी सतर्कता बरतनी होगी। खर्च बढ़ने की संभावना है और काम में बाधाएं आ सकती हैं। मानसिक अशांति से बचने के लिए सोच-समझकर निर्णय लें। स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें।

    सिंह राशि

    सिंह राशि के लिए यह समय सफलता और मान-सम्मान लेकर आएगा। करियर में तरक्की होगी और धन लाभ के मौके मिलेंगे। समाज में मान-सम्मान बढ़ेगा और अधिकारी सहयोग करेंगे, जिससे आगे बढ़ने के अवसर मिलेंगे।

    अप्रैल के इस गोचर में चंद्रमा के बार-बार नक्षत्र बदलने से राशियों पर अलग-अलग असर देखने को मिलेगा। ज्योतिषियों का सुझाव है कि इस महीने शुभ नक्षत्रों में महत्वपूर्ण निर्णय लें और अशुभ समय में बड़े वित्तीय या व्यावसायिक कदम टालें, ताकि जीवन में स्थिरता और संतुलन बना रहे।

  • कामदा एकादशी 2026: चैत्र महीने की अंतिम एकादशी का व्रत कब और कैसे रखें

    कामदा एकादशी 2026: चैत्र महीने की अंतिम एकादशी का व्रत कब और कैसे रखें


    नई दिल्ली । सनातन धर्म में एकादशी तिथि को अत्यंत पवित्र और पुण्यदायी माना गया है। वर्ष भर में आने वाली प्रत्येक एकादशी का अपना विशेष महत्व है। चैत्र माह की पहली एकादशी पापमोचनी बीत चुकी है। अब इस माह की दूसरी एकादशी यानी कामदा एकादशी 2026 रविवार, 29 मार्च को रखी जाएगी।

    कामदा एकादशी का आध्यात्मिक महत्व

    कामदा एकादशी का नाम ही यह दर्शाता है कि यह व्रत भक्तों की इच्छाओं और कामनाओं को पूर्ण करने वाला है। हिन्दू शास्त्रों में कहा गया है कि इस दिन भगवान विष्णु की भक्ति और श्रद्धा से पूजा करने पर जीवन के पाप नष्ट होते हैं और व्यक्ति को मानसिक शांति, सुख और समृद्धि प्राप्त होती है।

    कामदा एकादशी कब रखी जाएगी

    ज्योतिषीय गणना के अनुसार, चैत्र शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि 28 मार्च सुबह 8:45 बजे से शुरू होकर 29 मार्च सुबह 7:46 बजे तक रहेगी। इसी आधार पर कामदा एकादशी का व्रत 29 मार्च, रविवार को रखा जाएगा।

    कामदा एकादशी का शुभ मुहूर्त

    भगवान विष्णु की पूजा का विशेष महत्व होता है। इस वर्ष पूजा का मुख्य शुभ मुहूर्त 29 मार्च सुबह 6:00 बजे से 7:30 बजे तक रहेगा। इसके अलावा, अभिजीत मुहूर्त में पूजा करना भी अत्यंत फलदायी माना गया है।

    कामदा एकादशी की पूजा विधि

    प्रातः ब्रह्ममुहूर्त में उठकर स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र धारण करें।

    भगवान विष्णु की प्रतिमा या चित्र को स्वच्छ आसन पर स्थापित करें।

    उन्हें पीले पुष्प, तुलसी दल, धूप, दीप और नैवेद्य अर्पित करें।

    ॐ नमो भगवते वासुदेवाय मंत्र का जप करें।

    दिन भर भगवान विष्णु के भजन, कथा और कीर्तन में मन लगाएं।

    रात्रि में जागरण करें और भक्ति भाव से भगवान का स्मरण करें।

    अगले दिन द्वादशी तिथि में विधिपूर्वक व्रत का पारण करें।

    कामदा एकादशी का व्रत भगवान विष्णु की भक्ति और श्रद्धा से करने से न केवल जीवन की कठिनाइयों का नाश होता है, बल्कि यह मानसिक शांति और सुख-समृद्धि की प्राप्ति का मार्ग भी प्रशस्त करता है।

  • आज का राशिफल: 28 मार्च, मेष से मीन राशि तक का दिन कैसा रहेगा, पढ़ें पूरी जानकारी

    आज का राशिफल: 28 मार्च, मेष से मीन राशि तक का दिन कैसा रहेगा, पढ़ें पूरी जानकारी


    नई दिल्ली। वैदिक ज्योतिष के अनुसार, ग्रह और नक्षत्रों की चाल से 12 राशियों के दिन का अंदाजा लगाया जाता है। 28 मार्च 2026 के लिए राशिफल में बताया गया है कि किन राशि वालों को लाभ मिलेगा और किन लोगों को सतर्क रहना होगा।

    मेष

    मेष राशि वालों के लिए समय ठीक ठाक है, लेकिन मन अशांत रहेगा। उतार-चढ़ाव के बीच खुद को नियंत्रित करना जरूरी है। दांपत्य सुख में वृद्धि होगी। नौकरी में बदलाव के साथ तरक्की और आय में वृद्धि के अवसर मिल सकते हैं।

    वृषभ

    वृषभ राशि वालों के लिए मिलाजुला समय है। प्रोफेशनल लाइफ में आज आत्मविश्वास से काम पूरे होंगे। मित्र के सहयोग से आय बढ़ सकती है। कारोबार में वृद्धि होगी, लेकिन भागदौड़ अधिक रहेगी।

    मिथुन

    मिथुन राशि वालों के लिए कंफ्यूजन का समय है। आत्मविश्वास में कमी रह सकती है। प्रोफेशनल्स का सपोर्ट आपके लिए लाभकारी रहेगा। जिम्मेदारियों में बदलाव हो सकते हैं। अधिकारियों से बातचीत में संभलकर रहें।

    कर्क

    कर्क राशि के लोगों का मन उतार-चढ़ाव वाला रहेगा। कारोबार में लाभ के मौके मिलेंगे। जीवन में भागदौड़ अधिक रहेगी। शैक्षिक कार्यों में मान-सम्मान मिलेगा। गलत फैसलों और विवादों से दूर रहें।

    सिंह

    सिंह राशि के लोगों का आत्मविश्वास उच्च रहेगा और मन प्रसन्न रहेगा। पर्सनल लाइफ में लवर के साथ कुछ दिक्कतें आ सकती हैं। शैक्षिक और बौद्धिक कार्यों में मान-सम्मान मिलेगा। वाहन सुख में वृद्धि होगी।

    तुला

    बौद्धिक कार्यों में व्यस्तता बढ़ेगी। विदेश यात्रा के अवसर मिल सकते हैं। वस्त्रों आदि पर खर्च बढ़ेंगे। धन की प्राप्ति संभव है। हेल्थ का ध्यान रखें। समृद्धि आपके पक्ष में रहेगी।

    धनु

    धनु राशि वालों को पर्सनल लाइफ में अच्छा समय मिलेगा। घर खरीदने का विचार करें। प्रोफेशनल लाइफ में फोकस बनाए रखें। धन संबंधी मामलों में एक्सपर्ट की सलाह लेना लाभकारी रहेगा।

    मकर

    मकर राशि वालों को अपनी स्थिति बनाए रखना जरूरी है। लाइफस्टाइल संतुलित रखें। विवादों से दूर रहें। ऑफिस में सहयोगियों का सपोर्ट अहम रहेगा।

    कुंभ

    कुंभ राशि वालों को उधार देने से बचना चाहिए। फाइनेंस से जुड़े मामलों में सतर्क रहें। किसी पर अंधविश्वास न करें। हेल्थ और लाइफस्टाइल में सुधार लाएं।

    कन्या

    कन्या राशि के लोगों के लिए पॉजिटिव रहना जरूरी है। पर्सनल और प्रोफेशनल लाइफ में किसी की गाइडेंस लें। वाहन और घर खरीद सकते हैं, लेकिन खर्चों पर कंट्रोल रखें। योग और मेडिटेशन आपके लिए लाभकारी होंगे।

    वृश्चिक

    वृश्चिक राशि वालों को रिस्क लेने से बचना चाहिए। पार्टनर के साथ भावनाओं को साझा करें। अपने रिकॉर्ड को सुरक्षित रखें। एनर्जी बनाए रखने के लिए एक्सरसाइज करें।

    मीन

    मीन राशि वालों को आर्थिक स्थिति पर खास ध्यान देना होगा। प्लानिंग करके काम करें। तनाव महसूस होने पर ब्रीदिंग एक्सरसाइज करें। प्रोफेशनल लाइफ में फोकस और एरर फ्री काम करना जरूरी है।

  • नवरात्रि का अंतिम दिन: मां सिद्धिदात्री की महिमा और कथा से मिलेगा सुख समृद्धि और सफलता का आशीर्वाद

    नवरात्रि का अंतिम दिन: मां सिद्धिदात्री की महिमा और कथा से मिलेगा सुख समृद्धि और सफलता का आशीर्वाद


    नई दिल्ली। चैत्र नवरात्रि के अंतिम दिन महानवमी पर मां सिद्धिदात्री पूजा का विशेष महत्व माना जाता है। यह दिन मां दुर्गा के नौवें और पूर्ण स्वरूप की आराधना का होता है, जिसे सिद्धियों की दात्री कहा गया है। धार्मिक मान्यता है कि इस दिन विधिवत पूजा के बाद उनकी कथा का पाठ करने से साधक की सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं और जीवन में सुख समृद्धि तथा आध्यात्मिक उन्नति प्राप्त होती है।

    धर्म शास्त्रों के अनुसार मां सिद्धिदात्री सभी प्रकार की सिद्धियां प्रदान करने वाली देवी हैं। कहा जाता है कि शिवने भी मां की कठोर तपस्या की थी, जिससे प्रसन्न होकर देवी ने उन्हें अष्टसिद्धियां प्रदान कीं। यही कारण है कि भगवान शिव का एक रूप अर्धनारीश्वर कहलाता है, जिसमें वे आधे शिव और आधी शक्ति के रूप में विराजमान हैं।

    पौराणिक कथा के अनुसार जब असुरों का अत्याचार बढ़ गया और देवता परेशान हो उठे, तब सभी देवताओं ने विष्णुऔर भगवान शिव से सहायता की प्रार्थना की। इसके बाद सभी देवताओं के तेज से एक दिव्य शक्ति प्रकट हुई, जिसे मां सिद्धिदात्री कहा गया। यह स्वरूप अत्यंत शक्तिशाली और कल्याणकारी माना जाता है, जो भक्तों के जीवन से भय और बाधाओं को दूर करता है।

    ऐसी मान्यता है कि मां सिद्धिदात्री की आराधना के बिना किसी भी देवी-देवता की पूजा पूर्ण नहीं मानी जाती। देवी हिमालय के शिखर पर विराजमान होकर समस्त सिद्धियों की रक्षा करती हैं और अपने भक्तों को ज्ञान, बुद्धि, स्वास्थ्य और धन का आशीर्वाद प्रदान करती हैं।

    महानवमी के दिन भक्त पूरे श्रद्धा भाव से मां की पूजा करते हैं, कथा सुनते और पढ़ते हैं तथा अंत में आरती कर भोग अर्पित करते हैं। पूजा के समापन पर मां से क्षमा याचना करना भी अत्यंत आवश्यक माना गया है। भक्त विनम्र भाव से प्रार्थना करते हैं कि पूजा में हुई किसी भी त्रुटि को मां क्षमा करें और अपने आशीर्वाद से जीवन को सुखमय बनाएं।

    यह पावन दिन हमें यह संदेश देता है कि सच्ची श्रद्धा, भक्ति और समर्पण से जीवन की हर बाधा दूर की जा सकती है और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। महानवमी पर मां सिद्धिदात्री की कथा और पूजा से न केवल आध्यात्मिक बल मिलता है बल्कि जीवन में सफलता और संतुलन भी प्राप्त होता है।

  • अष्टसिद्धियों का दिव्य ज्ञान: महानवमी पर जानें 8 शक्तियां और सूर्य पुत्री से हनुमान विवाह का रहस्य

    अष्टसिद्धियों का दिव्य ज्ञान: महानवमी पर जानें 8 शक्तियां और सूर्य पुत्री से हनुमान विवाह का रहस्य


    नई दिल्ली । चैत्र नवरात्रि के अंतिम दिन महानवमी पर मां सिद्धिदात्री की पूजा का विशेष महत्व माना जाता है। धार्मिक मान्यता है कि जो भक्त श्रद्धा और विश्वास के साथ उनकी आराधना करता है, उसे जीवन में सुख समृद्धि और आध्यात्मिक उन्नति प्राप्त होती है। मां सिद्धिदात्री को सभी प्रकार की सिद्धियों की दात्री कहा गया है और वे अपने भक्तों को अष्टसिद्धियां प्रदान करती हैं। धार्मिक ग्रंथों विशेष रूप से मार्कण्डेय पुराण में इन आठ सिद्धियों का वर्णन मिलता है। ये सिद्धियां केवल अलौकिक शक्तियां नहीं बल्कि साधक के आत्मिक विकास और जीवन की उन्नति का प्रतीक मानी जाती हैं।

    अष्टसिद्धियों के नाम और अर्थ

    अणिमा – स्वयं को अत्यंत सूक्ष्म बना लेने की शक्ति
    महिमा – शरीर को अत्यंत विशाल रूप में विस्तार करने की क्षमता
    गरिमा – शरीर को अत्यधिक भारी बना लेना
    लघिमा – स्वयं को अत्यंत हल्का कर लेना
    प्राप्ति – इच्छित स्थान या वस्तु को प्राप्त करने की शक्ति
    प्राकाम्य – मनचाही इच्छा को पूर्ण करने की क्षमता
    ईशित्व – समस्त जगत पर प्रभुत्व की शक्ति
    वशित्व – दूसरों को अपने नियंत्रण में करने की क्षमता

    इन सिद्धियों को पाने वाला साधक जीवन में सफलता और संतुलन का प्रतीक माना जाता है। इसलिए महानवमी के दिन मां सिद्धिदात्री की पूजा को अत्यंत फलदायी माना गया है। इसी संदर्भ में  हनुमान जी से जुड़ी एक रोचक कथा भी प्रचलित है। मान्यता के अनुसार हनुमान जी ने शिक्षा प्राप्त करने के लिए सूर्य देव को गुरु बनाया था। सूर्यदेव ने उन्हें न केवल समस्त ज्ञान दिया बल्कि अपना तेज भी प्रदान किया।

    कथा के अनुसार सूर्यदेव ने हनुमान जी को बताया कि वे अष्टसिद्धियां केवल एक गृहस्थ को ही प्रदान कर सकते हैं। ऐसे में हनुमान जी को उनकी पुत्री सुवर्चला से विवाह करना पड़ा ताकि वे पूर्ण ज्ञान और सिद्धियां प्राप्त कर सकें। हालांकि यह विवाह केवल एक आध्यात्मिक और प्रतीकात्मक रूप में माना जाता है।

    इसके अलावा मान्यता यह भी है कि हनुमान जी को अष्टसिद्धि और नव निधि का वरदान Sita माता से प्राप्त हुआ था, जिसका उल्लेख हनुमान चालीसा में भी मिलता है। महानवमी का यह पर्व हमें यह संदेश देता है कि सच्ची भक्ति और साधना से व्यक्ति अपने भीतर की शक्तियों को जागृत कर सकता है और जीवन में सकारात्मक बदलाव ला सकता है।

  • आज का राशिफल 27 मार्च: मेष से मीन, जानें दिनभर का आपका भाग्य और भविष्य

    आज का राशिफल 27 मार्च: मेष से मीन, जानें दिनभर का आपका भाग्य और भविष्य


    नई दिल्ली।  27 मार्च 2026, शुक्रवार को रामनवमी का पर्व भी है। इस दिन भगवान राम और मां लक्ष्मी की पूजा करने से जीवन में खुशहाली और समृद्धि आती है। ज्योतिषीय गणनाओं के अनुसार, ग्रह-नक्षत्रों की चाल सभी 12 राशियों पर अलग-अलग असर डाल सकती है। इस दिन किन राशियों को लाभ होगा और किन लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है, जानिए विस्तार से।

    मेष – लव लाइफ में उथल-पुथल रहेगी, लेकिन समय रहते मामला सुलझाएं। प्रोफेशनल जीवन में सकारात्मक रुख अपनाएं। पैसों की जरूरतों को बिना हिचकिचाहट पूरा करें। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा।

    वृषभ – लव लाइफ की समस्याओं का समाधान आज संभव है। ऑफिस में नई जिम्मेदारियां लें। पैसों के मामलों में सावधानी रखें। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा।
    मिथुन – रिश्तों में हलचल हो सकती है। ऑफिस में रवैया प्रभावशाली रहेगा और उम्मीदों पर खरे उतरने में सफल होंगे। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा।
    कर्क – रिलेशनशिप की समस्याओं को सुलझाकर खुश रहें। प्रोफेशनल चैलेंज से परेशान न हों। आर्थिक रूप से मजबूत रहेंगे। स्वास्थ्य सामान्य रहेगा।
    सिंह – प्रेम में अहंकार को दूर रखें और संबंधों का जश्न मनाएं। नए काम हाथ में लें, पेशेवर क्षमता साबित होगी। धन लाभ का योग है।
    तुला – साथी के साथ ज्यादा समय बिताने पर ध्यान दें। काम पर सकारात्मक प्रभाव रहेगा। जीवन में समृद्धि बनी रहेगी। लव लाइफ की समस्याओं को सुलझाएं।
    धनु – लव लाइफ खुशनुमा रहेगी। ऑफिस में आगे बढ़ने के मौके मिलेंगे। धन का प्रबंधन सावधानी से करें। पर्सनल जीवन में संतुलन बनाए रखें।
    मकर – प्रेम जीवन में ईमानदारी अच्छे परिणाम लाएगी। पेशेवर जीवन में सिद्धांतों से समझौता न करें। स्वास्थ्य और वित्तीय स्थिति अच्छी रहेगी।
    कुम्भ – समस्याओं को डिप्लोमेटिक तरीके से संभालें। फाइनेंशियल लाइफ स्थिर रहेगी। पर्सनल लाइफ में डिसिप्लिन झलकेगा। हेल्दी लाइफस्टाइल बनाए रखें।
    कन्या – बड़ी वित्तीय समस्या परेशान नहीं करेगी। स्वास्थ्य अच्छा रहेगा। ऑफिस में काम का दबाव होगा, लेकिन सफलतापूर्वक पार पाएंगे।
    वृश्चिक – लव लाइफ से जुड़ी समस्याओं को सुलझाएं। करियर में परेशानियां आएंगी, लेकिन कॉन्फिडेंस बनाए रखें।
    मीन – महिला जातकों का प्रेम जीवन रोमांचक रहेगा। कार्यस्थल पर अनुशासन बनाए रखें, बेहतर प्रदर्शन होगा। स्वास्थ्य अच्छा और समृद्धि रहेगी।

  • Chaitra Purnima 2026: कब है चैत्र पूर्णिमा ? जानें व्रत, स्नान-दान और मुहूर्त की सही तिथि

    Chaitra Purnima 2026: कब है चैत्र पूर्णिमा ? जानें व्रत, स्नान-दान और मुहूर्त की सही तिथि


    नई दिल्ली। चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा को चैत्र पूर्णिमा कहा जाता है। इस दिन व्रत, स्नान और दान करने का विशेष महत्व होता है। इस साल चैत्र पूर्णिमा तिथि 1 और 2 अप्रैल दोनों दिन है, जिससे लोग भ्रमित हैं कि व्रत और स्नान-दान किस दिन करना चाहिए। पंचांग के अनुसार, स्नान और दान सूर्योदय के आधार पर, जबकि व्रत चंद्रोदय के आधार पर किया जाता है।

    चैत्र पूर्णिमा तिथि कब से कब तक
    पंचांग के अनुसार, चैत्र पूर्णिमा तिथि 1 अप्रैल बुधवार को सुबह 7:06 बजे शुरू होकर 2 अप्रैल गुरुवार को सुबह 7:41 बजे समाप्त होगी।

    सूर्योदय और स्नान-दान का समय

    1 अप्रैल: सूर्योदय 06:11 AM
    2 अप्रैल: सूर्योदय 06:10 AM
    इस आधार पर, चैत्र पूर्णिमा का स्नान और दान 2 अप्रैल गुरुवार को करना शुभ माना गया है।

    चंद्रोदय और व्रत की तिथि

    1 अप्रैल: चंद्रोदय 06:11 PM
    2 अप्रैल: चंद्रोदय 07:07 PM (वैशाख प्रतिपदा)
    इसलिए, चैत्र पूर्णिमा व्रत 1 अप्रैल को रखना उचित है। इस व्रत में चंद्रमा की पूजा करके अर्घ्य दिया जाता है।

    चैत्र पूर्णिमा 2026 मुहूर्त

    ब्रह्म मुहूर्त (स्नान के लिए उत्तम): 2 अप्रैल, 04:38 AM – 05:24 AM
    अभिजीत मुहूर्त: 2 अप्रैल, 12:00 PM – 12:50 PM
    व्रत पूजा मुहूर्त: 1 अप्रैल, 06:11 AM – 09:18 AM
    प्रदोष काल: सूर्यास्त 06:39 PM के बाद माता लक्ष्मी की पूजा
    रात में चंद्रमा की पूजा और अर्घ्य

    4 शुभ योग में व्रत
    1 अप्रैल को चैत्र पूर्णिमा का व्रत चार शुभ योग में आता है:-
    रवि योग: सुबह 06:11 AM – 04:17 PM
    सर्वार्थ सिद्धि योग: 04:17 PM – 2 अप्रैल सुबह 06:10 AM
    वृद्धि योग: प्रात:काल – दोपहर 02:51 PM
    ध्रुव योग: उसके बाद

    चैत्र पूर्णिमा का महत्व

    – व्रत और पूजा से परिवार में सुख-शांति आती है।
    – माता लक्ष्मी की पूजा से दरिद्रता और धन संकट दूर होता है।
    – रात में चंद्रमा की पूजा और अर्घ्य से मनोबल बढ़ता है और चंद्र दोष मिटता है।
    – स्नान और दान करने से पाप नष्ट होते हैं और पुण्य की प्राप्ति होती है।
    – स्नान के बाद पितरों के लिए तर्पण और दान करने से उनका आशीर्वाद मिलता है।

  • अप्रैल 2026 के व्रत त्योहारों की पूरी लिस्ट हनुमान जयंती से अक्षय तृतीया तक जानें सभी तिथियां

    अप्रैल 2026 के व्रत त्योहारों की पूरी लिस्ट हनुमान जयंती से अक्षय तृतीया तक जानें सभी तिथियां


    नई दिल्ली । मार्च माह के समापन के साथ ही अब अप्रैल 2026 की शुरुआत होने जा रही है जो धार्मिक और आध्यात्मिक दृष्टि से बेहद खास माना जाता है। इस माह में जहां एक ओर चैत्र मास का समापन होगा वहीं दूसरी ओर पवित्र वैशाख माह का आरंभ भी होगा। इस पूरे महीने में कई महत्वपूर्ण व्रत और त्योहार पड़ रहे हैं जिनका विशेष धार्मिक महत्व है और जिनका पालन करने से श्रद्धालुओं को पुण्य की प्राप्ति होती है।

    अप्रैल माह की शुरुआत के साथ ही 2 अप्रैल को हनुमान जयंती और चैत्र पूर्णिमा का व्रत मनाया जाएगा। यह दिन भगवान हनुमान के जन्मोत्सव के रूप में पूरे देश में श्रद्धा के साथ मनाया जाता है। इसके अगले दिन 3 अप्रैल से वैशाख माह का आरंभ हो जाएगा जो हिंदू धर्म में अत्यंत पवित्र माना जाता है।

    महीने के प्रारंभिक दिनों में 5 अप्रैल को विकट संकष्टी चतुर्थी का व्रत रखा जाएगा जबकि 9 अप्रैल को मासिक कृष्ण जन्माष्टमी और 10 अप्रैल को कालाष्टमी का व्रत मनाया जाएगा। इसके बाद 13 अप्रैल को वरुथिनी एकादशी का विशेष महत्व है जो भगवान विष्णु को समर्पित होती है। इसी दिन वल्लभाचार्य जयंती भी मनाई जाएगी।

    14 अप्रैल को मेष संक्रांति के साथ सूर्य के राशि परिवर्तन का पर्व मनाया जाएगा जबकि 15 अप्रैल को मासिक शिवरात्रि और प्रदोष व्रत का संयोग रहेगा। 17 अप्रैल को वैशाख अमावस्या का दिन होगा जो पितरों के तर्पण और दान पुण्य के लिए विशेष माना जाता है।

    अप्रैल माह के सबसे महत्वपूर्ण पर्वों में से एक अक्षय तृतीया 19 अप्रैल को मनाई जाएगी। इस दिन किए गए शुभ कार्य और दान का फल अक्षय माना जाता है यानी कभी समाप्त नहीं होता। इसी दिन परशुराम जयंती भी मनाई जाती है।

    इसके अलावा 21 अप्रैल को आदि शंकराचार्य जयंती और सूरदास जयंती मनाई जाएगी जबकि 23 अप्रैल को गंगा सप्तमी का पर्व श्रद्धा के साथ मनाया जाएगा। 24 अप्रैल को बगलामुखी जयंती और मासिक दुर्गाष्टमी का संयोग रहेगा।

    महीने के अंतिम दिनों में 25 अप्रैल को सीता नवमी व्रत रखा जाएगा और 27 अप्रैल को मोहिनी एकादशी का महत्व रहेगा। इसके बाद 28 अप्रैल को प्रदोष व्रत और 30 अप्रैल को नृसिंह जयंती मनाई जाएगी जो भगवान विष्णु के अवतार से जुड़ा महत्वपूर्ण पर्व है।

    वैशाख माह का विशेष महत्व भी इस पूरे महीने को और अधिक पावन बनाता है। इस दौरान गंगा स्नान दान पुण्य और भगवान विष्णु तथा माता लक्ष्मी की पूजा का विशेष महत्व होता है। मान्यता है कि इस माह में किए गए धार्मिक कार्यों का फल अक्षय होता है और जीवन में सुख समृद्धि आती है।

    इस प्रकार अप्रैल 2026 का महीना आस्था भक्ति और सकारात्मक ऊर्जा से भरपूर रहने वाला है जिसमें अनेक महत्वपूर्ण व्रत और त्योहार श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक ऊर्जा प्रदान करेंगे।

  • 26 मार्च का दिन कैसा रहेगा? जानें आज का राशिफल सभी 12 राशियों के लिए

    26 मार्च का दिन कैसा रहेगा? जानें आज का राशिफल सभी 12 राशियों के लिए


    नई दिल्ली वैदिक ज्योतिष के अनुसार, 26 मार्च 2026, गुरुवार को ग्रहों और नक्षत्रों की स्थिति कुछ राशियों के लिए लाभकारी अवसर और सफलता लेकर आएगी, जबकि कुछ राशियों के लिए सावधानी और संयम जरूरी है। इस दिन भगवान विष्णु की पूजा का विशेष महत्व है।

    मेष (Aries)

    आज अपने जीवनसाथी या प्रियजन के साथ समय बिताएं और भावनाओं को खुलकर साझा करें। दफ्तर में उत्पादक बने रहें, सभी सौंपे गए काम पूरे करें और अपने सहकर्मियों के साथ तालमेल बनाए रखें। लंबी दूरी की यात्रा पर निकल रहे हैं तो मेडिकल किट और जरूरी दवाइयाँ साथ रखें। खर्च पर नियंत्रण रखें और अनावश्यक खरीदारी से बचें। स्वास्थ्य की दृष्टि से हल्की थकान महसूस हो सकती है, इसलिए दिनभर पानी पर्याप्त मात्रा में पिएं।
    धन: खर्च में संयम जरूरी, निवेश टालें।
    रिश्ते: साथी के साथ समझौता और सहयोग जरूरी।
    स्वास्थ्य: हल्की थकान या माइग्रेन संभव।
    करियर: ऑफिस में सहयोगियों के साथ तालमेल बढ़ाएं, काम समय पर पूरा करें।

    वृषभ (Taurus)

    आज अपने पार्टनर से किसी भी तरह की बहस से बचें। पेशेवर जीवन में पूरी मेहनत करें और अपनी पूरी क्षमता का प्रदर्शन करें। पैसे के मामलों में सावधानी रखें और फालतू खर्च से बचें। स्वास्थ्य की दृष्टि से छोटी-मोटी समस्या, जैसे हल्का सिरदर्द या पेट में गड़बड़ी, हो सकती है।
    धन: अनावश्यक खर्च पर रोक रखें।
    रिश्ते: परिवार के साथ संवाद और समझौता आवश्यक।
    स्वास्थ्य: हल्की समस्या, तनाव न लें।
    करियर: कार्यस्थल पर फोकस बढ़ाएं, महत्वपूर्ण निर्णय सोच-समझकर लें।

    मिथुन (Gemini)

    आज धन के नए स्रोत आपके लिए फायदेमंद रहेंगे। किसी भी बदलाव को आत्मविश्वास के साथ स्वीकार करें। दिन के दौरान सकारात्मक परिणाम और सराहना मिलने की संभावना है। खान-पान पर विशेष ध्यान दें।
    धन: निवेश या आय के नए अवसर मिल सकते हैं।
    रिश्ते: परिवार और मित्रों से सहयोग मिलेगा।
    स्वास्थ्य: संतुलित आहार और हल्की एक्सरसाइज जरूरी।
    करियर: बदलावों को सकारात्मक दृष्टिकोण से अपनाएं।

    कर्क (Cancer)

    पेशेवर स्किल्स दिखाने के कई अवसर आज मिलेंगे। रोमांटिक जीवन में सरप्राइज गिफ्ट या डिनर रिश्ते को मजबूत करेगा। नई साझेदारी पर हस्ताक्षर करने के लिए समय अनुकूल है, जिससे आर्थिक लाभ भी संभव है।
    धन: नई साझेदारी से लाभ।
    रिश्ते: रोमांटिक समय का आनंद लें।
    स्वास्थ्य: दिनभर ऊर्जा बनी रहेगी।
    करियर: प्रोफेशनल अवसरों का फायदा उठाएं।

    सिंह (Leo)

    आज रोमांटिक जीवन में भाग्य आपका साथ देगा। ऑफिस में व्यावसायिक सफलता सुनिश्चित रहेगी। धन और स्वास्थ्य दोनों स्थिति अच्छी रहेगी। किसी बड़ी समस्या का सामना नहीं करना पड़ेगा।
    धन: निवेश और वित्तीय योजना मजबूत रहेंगी।
    रिश्ते: साथी के साथ समय बिताएं और भावनाओं में गहराई बढ़ाएं।
    स्वास्थ्य: ऊर्जा और स्टैमिना अच्छी रहेगी।
    करियर: कार्यक्षेत्र में सफलता और मान्यता मिल सकती है।

    कन्या (Virgo)

    आज लव लाइफ में शांति बनाए रखें। ऑफिस में भावनाओं को हावी न होने दें। स्वास्थ्य उत्तम रहेगा। प्रेम संबंधों को सुलझाने का समय है। पेशेवर मामलों में धैर्य और संयम महत्वपूर्ण रहेगा।
    धन: आर्थिक मामलों में सोच-समझकर निर्णय लें।
    रिश्ते: पुराने मुद्दों को सुलझाएं।
    स्वास्थ्य: मानसिक संतुलन बनाए रखें।
    करियर: ऑफिस में तर्कपूर्ण निर्णय लें।

    तुला (Libra)

    आज हेल्दी और संतुलित भोजन पर ध्यान दें। रिश्तों में ईमानदारी बनाए रखें। पेशेवर बाधाएं कम रहेंगी। शेयर या निवेश के मामले में अवसर हैं, लेकिन एक्सपर्ट की सलाह लेना बेहतर रहेगा।
    धन: निवेश से लाभ संभव, पर सलाह जरूरी।
    रिश्ते: रिश्तों में स्पष्टता और ईमानदारी रखें।
    स्वास्थ्य: जंक फूड से बचें, हाइड्रेटेड रहें।
    करियर: प्रोजेक्ट्स में सहयोग बढ़ाएं।

    वृश्चिक (Scorpio)

    आज रोमांटिक जीवन में किसी समस्या की पहचान जरूरी है। प्रोफेशनल चुनौतियां रह सकती हैं, लेकिन धन और स्वास्थ्य संतुलित रहेंगे। जीवन में संतुलन बनाए रखें और अत्यधिक तनाव से बचें।
    धन: स्थिर रहेगा, जोखिम से बचें।
    रिश्ते: साथी के साथ संवाद में स्पष्टता।
    स्वास्थ्य: मानसिक और शारीरिक संतुलन रखें।
    करियर: चुनौतीपूर्ण कार्य पर फोकस और धैर्य जरूरी।

    धनु (Sagittarius)

    आज बातचीत में सावधानी बरतें। पिछले निवेश से धन लाभ की संभावना है। वाहन सावधानी से चलाएं। सट्टेबाजी या जोखिम वाले निवेश से बचें।
    धन: निवेश लाभदायक, लेकिन सावधानी जरूरी।
    रिश्ते: पारिवारिक सहयोग मिलेगा।
    स्वास्थ्य: वाहन और यात्रा में सतर्क रहें।
    करियर: पेशेवर निर्णय सोच-समझकर लें।

    मकर (Capricorn)

    आज डेडलाइन वाले महत्वपूर्ण कार्य पूरे कर सकते हैं। छोटी वित्तीय समस्याएं हो सकती हैं। कुछ महिला जातक पुराने रिश्ते में लौट सकती हैं, जिससे खुशी मिल सकती है।
    धन: वित्तीय मामलों में संयम।
    रिश्ते: पुराने रिश्तों में सुधार संभव।
    स्वास्थ्य: सामान्य रहेगा।
    करियर: डेडलाइन पर फोकस करें।

    कुंभ (Aquarius)

    आज ऑफिस में नई जिम्मेदारियां आपको व्यस्त रखेंगी। स्वास्थ्य और धन दोनों स्थिति सकारात्मक रहेंगी। छोटे प्रोफेशनल मुद्दों का ध्यान रखें।
    धन: स्थिर और संतुलित।
    रिश्ते: सहयोगी और परिवार का समर्थन मिलेगा।
    स्वास्थ्य: सामान्य, हल्की एक्सरसाइज रखें।
    करियर: नई जिम्मेदारियों पर ध्यान दें।

    मीन (Pisces)

    आज प्रेम जीवन सामान्य रखें। कोई बड़ी प्रोफेशनल चुनौती प्रभावित नहीं करेगी। डिटेल्स पर ध्यान दें और आर्थिक मामलों में सतर्क रहें।
    धन: खर्च में संयम और निवेश पर ध्यान।
    रिश्ते: साथी के साथ संवाद और सहयोग।
    स्वास्थ्य: मानसिक संतुलन बनाए रखें।
    करियर: महत्वपूर्ण निर्णय सोच-समझकर लें।