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  • MP में बारिश 15% कम, 42 जिलों में औसत से कम गिरा पानी, 5 अगस्त से फिर बदलेगा मौसम

    MP में बारिश 15% कम, 42 जिलों में औसत से कम गिरा पानी, 5 अगस्त से फिर बदलेगा मौसम


    भोपाल। मध्य प्रदेश में मानसून की रफ्तार अभी भी सामान्य से पीछे चल रही है। प्रदेश में अब तक औसतन 15.8 इंच (401.9 मिमी) बारिश दर्ज की गई है, जबकि इस अवधि तक 18.5 इंच (470.5 मिमी) वर्षा होनी चाहिए थी। यानी प्रदेश में अब तक करीब 15 प्रतिशत कम बारिश हुई है। राजधानी भोपाल, ग्वालियर, उज्जैन, जबलपुर समेत 42 जिलों में सामान्य से कम वर्षा रिकॉर्ड की गई है। मौसम विभाग के अनुसार, अगले दो दिनों तक कहीं भी भारी बारिश की संभावना नहीं है।

    मौसम विभाग के आंकड़ों के मुताबिक, पूर्वी मध्य प्रदेश में सामान्य से 19 प्रतिशत और पश्चिमी हिस्से में 11 प्रतिशत कम बारिश हुई है। प्रदेश की औसत वार्षिक वर्षा 37.3 इंच मानी जाती है। रविवार को केवल सीहोर जिले में अच्छी बारिश दर्ज की गई, जबकि अधिकांश जिलों में हल्की बारिश होने से वर्षा के आंकड़ों में खास सुधार नहीं हुआ।

    42 जिलों में बारिश का आंकड़ा सामान्य से कम
    अनूपपुर, बालाघाट, छतरपुर, छिंदवाड़ा, दमोह, डिंडौरी, जबलपुर, कटनी, मैहर, मंडला, नरसिंहपुर, निवाड़ी, पांढुर्णा, पन्ना, रीवा, सागर, सतना, सिवनी, सीधी, सिंगरौली, आगर-मालवा, अलीराजपुर, अशोकनगर, बैतूल, दतिया, धार, गुना, ग्वालियर, हरदा, झाबुआ, भोपाल, मुरैना, मंदसौर, नर्मदापुरम, नीमच, रायसेन, रतलाम, शाजापुर, श्योपुर, शिवपुरी, उज्जैन और विदिशा में सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई है। वहीं मऊगंज, उमरिया, शहडोल, टीकमगढ़, खंडवा, बड़वानी, खरगोन, भिंड, बुरहानपुर, देवास, इंदौर, राजगढ़ और सीहोर ऐसे जिले हैं, जहां औसत से अधिक वर्षा हो चुकी है।

    सिस्टम सक्रिय, लेकिन असर कमजोर
    मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश के ऊपर मानसून ट्रफ और दो अन्य मौसम प्रणालियां सक्रिय हैं, लेकिन उनकी तीव्रता कम होने के कारण पिछले दो दिनों से भारी बारिश का दौर थम गया है। अगले दो दिन भी अधिकांश क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश का सिलसिला जारी रहेगा, जबकि कहीं भी भारी वर्षा का अलर्ट नहीं है।

    5 अगस्त से फिर तेज बारिश के आसार
    मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक 4 अगस्त से नया पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टरबेंस) सक्रिय होगा। इसके प्रभाव से 5 अगस्त से मध्य प्रदेश के पूर्वी और उत्तरी जिलों में एक बार फिर भारी बारिश का दौर शुरू होने की संभावना जताई गई है।

  • सोमवार के दिन ऐसे करें शिव पूजा भोलेनाथ की कृपा से दूर होंगे संकट खुलेगा सुख समृद्धि और सफलता का मार्ग

    सोमवार के दिन ऐसे करें शिव पूजा भोलेनाथ की कृपा से दूर होंगे संकट खुलेगा सुख समृद्धि और सफलता का मार्ग


    नई दिल्ली। सनातन धर्म में सोमवार का दिन भगवान शिव को समर्पित माना जाता है। विशेष रूप से सावन के सोमवार का महत्व और भी अधिक बढ़ जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन श्रद्धा और विधि विधान से भगवान भोलेनाथ की पूजा करने से जीवन की अनेक बाधाएं दूर होती हैं और सुख समृद्धि आरोग्य तथा मनचाही सफलता का आशीर्वाद प्राप्त होता है। मान्यता है कि सच्चे मन से की गई शिव आराधना से भगवान शिव शीघ्र प्रसन्न होते हैं और अपने भक्तों की सभी उचित मनोकामनाएं पूरी करते हैं।

    सोमवार की पूजा की शुरुआत प्रातः ब्रह्म मुहूर्त में उठकर स्नान करने से करनी चाहिए। स्नान के बाद साफ और हल्के रंग के वस्त्र धारण करें तथा पूजा स्थान की सफाई कर भगवान शिव का ध्यान करें। यदि संभव हो तो शिव मंदिर जाकर शिवलिंग का जलाभिषेक करें। घर में पूजा करने वाले श्रद्धालु भी तांबे के पात्र में जल भरकर उसमें गंगाजल मिलाएं और श्रद्धा के साथ शिवलिंग पर अर्पित करें।

    जलाभिषेक के बाद भगवान शिव को दूध दही शहद घी और शक्कर से पंचामृत अर्पित किया जा सकता है। इसके बाद पुनः स्वच्छ जल से अभिषेक करें। पूजा के दौरान बेलपत्र धतूरा आक के फूल सफेद पुष्प भस्म चंदन और मौसमी फल अर्पित करना शुभ माना जाता है। बेलपत्र चढ़ाते समय यह ध्यान रखें कि पत्तियां साफ और खंडित न हों तथा उनका चिकना भाग शिवलिंग की ओर रहे।

    पूजा के समय भगवान शिव के साथ माता पार्वती गणेश जी और नंदी महाराज का भी स्मरण करना चाहिए। इसके बाद धूप दीप जलाकर शिव चालीसा रुद्राष्टक शिव तांडव स्तोत्र या महामृत्युंजय मंत्र का जाप करें। ओम नमः शिवाय मंत्र का कम से कम 108 बार जप करना अत्यंत फलदायी माना गया है। श्रद्धा और एकाग्रता के साथ किया गया मंत्र जाप मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करता है।

    यदि सोमवार का व्रत रखा गया है तो दिनभर सात्विक आहार ग्रहण करें या फलाहार करें। क्रोध असत्य और नकारात्मक विचारों से दूर रहना भी इस दिन विशेष महत्व रखता है। जरूरतमंद लोगों को भोजन वस्त्र या अन्य उपयोगी वस्तुओं का दान करने से पुण्य फल प्राप्त होता है। गाय को हरा चारा खिलाना और गरीबों की सहायता करना भी भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने का श्रेष्ठ उपाय माना गया है।

    धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सोमवार की पूजा करने से वैवाहिक जीवन में सुख शांति आती है। अविवाहित युवक युवतियों को योग्य जीवनसाथी मिलने की कामना पूरी होती है। नौकरी व्यापार और करियर में आ रही बाधाएं दूर होने के साथ आर्थिक स्थिति में भी सुधार होने के संकेत मिलते हैं। परिवार में खुशहाली बनी रहती है और मानसिक तनाव कम होता है।

    पूजा के अंत में भगवान शिव की आरती करें और परिवार के सभी सदस्यों को प्रसाद वितरित करें। पूरे दिन शिव नाम का स्मरण करते हुए सदाचार और संयम का पालन करें। ऐसा माना जाता है कि भगवान भोलेनाथ केवल भक्ति और सच्ची श्रद्धा से प्रसन्न होते हैं इसलिए पूजा में दिखावे से अधिक मन की पवित्रता और विश्वास का महत्व होता है। सोमवार के दिन विधि विधान से की गई शिव आराधना जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने वाली मानी जाती है।

  • Aaj Ka Rashifal 3 August 2026: जानें किस राशि को मिलेगा लाभ और किसे रहना होगा सतर्क

    Aaj Ka Rashifal 3 August 2026: जानें किस राशि को मिलेगा लाभ और किसे रहना होगा सतर्क


    नई दिल्ली। 3 अगस्त 2026 सोमवार का दिन भगवान शिव की आराधना के लिए बेहद शुभ माना जा रहा है। सावन का पावन प्रभाव कई राशियों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लेकर आ सकता है। विशेष रूप से मीन राशि के जातकों पर भोलेनाथ की विशेष कृपा बनी रहेगी और लंबे समय से रुके हुए कार्यों में सफलता मिलने के संकेत हैं। हालांकि कुछ राशियों को आर्थिक मामलों और स्वास्थ्य को लेकर अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत होगी। आइए जानते हैं मेष से लेकर मीन तक सभी 12 राशियों का आज का राशिफल।

    मेष राशि के जातकों के लिए दिन नई ऊर्जा लेकर आएगा। कार्यक्षेत्र में आपकी मेहनत रंग लाएगी और वरिष्ठ अधिकारियों का सहयोग मिलेगा। पारिवारिक माहौल सुखद रहेगा तथा आर्थिक स्थिति पहले से बेहतर होगी।

    वृषभ राशि वालों को आज खर्चों पर नियंत्रण रखने की आवश्यकता है। किसी पुराने मित्र से मुलाकात हो सकती है जो भविष्य में लाभदायक साबित होगी। निवेश सोच समझकर करें और जल्दबाजी से बचें।

    मिथुन राशि के लिए आज का दिन करियर के लिहाज से अच्छा रहेगा। नए अवसर मिल सकते हैं और रुके हुए काम पूरे होने की संभावना है। परिवार के साथ समय बिताने का अवसर मिलेगा जिससे मन प्रसन्न रहेगा।

    कर्क राशि के लोगों को आज धैर्य बनाए रखने की सलाह है। किसी महत्वपूर्ण निर्णय में जल्दबाजी नुकसान पहुंचा सकती है। स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें और खानपान संतुलित रखें।

    सिंह राशि के जातकों को आज सम्मान और सफलता मिलने के योग हैं। व्यापार में लाभ होगा और नौकरीपेशा लोगों को नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। आत्मविश्वास बढ़ेगा।

    कन्या राशि वालों के लिए दिन मिश्रित फल देने वाला रहेगा। आर्थिक मामलों में सतर्क रहें और अनावश्यक विवादों से दूरी बनाए रखें। परिवार का सहयोग मनोबल बढ़ाएगा।

    तुला राशि के लोगों को आज भाग्य का साथ मिलेगा। नए संपर्क भविष्य में लाभ पहुंचा सकते हैं। विद्यार्थियों के लिए समय अनुकूल रहेगा और प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता के संकेत हैं।

    वृश्चिक राशि वालों को आज मानसिक शांति बनाए रखने की जरूरत है। कार्यस्थल पर जिम्मेदारियां बढ़ सकती हैं लेकिन आपकी मेहनत की सराहना भी होगी। यात्रा के योग बन सकते हैं।

    धनु राशि के लिए आज का दिन शुभ रहेगा। आर्थिक लाभ के नए अवसर मिलेंगे और रुके हुए धन की प्राप्ति हो सकती है। परिवार में खुशियों का माहौल रहेगा।

    मकर राशि के जातकों को आज संयम से काम लेना होगा। कार्यक्षेत्र में छोटी चुनौतियां सामने आ सकती हैं लेकिन सूझबूझ से उनका समाधान निकल जाएगा। सेहत पर ध्यान दें।

    कुंभ राशि वालों के लिए दिन सामान्य रहेगा। नौकरी और व्यापार में स्थिरता बनी रहेगी। किसी पुराने विवाद का समाधान निकल सकता है और पारिवारिक रिश्तों में मधुरता आएगी।

    मीन राशि के लिए सोमवार बेहद शुभ संकेत लेकर आया है। भगवान शिव की विशेष कृपा से लंबे समय से अटके कार्य पूरे हो सकते हैं। आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और करियर में उन्नति के नए अवसर प्राप्त होंगे। परिवार में सुख शांति बनी रहेगी तथा धार्मिक कार्यों में रुचि बढ़ेगी। शिव पूजा और महामृत्युंजय मंत्र का जाप करना विशेष फलदायी रहेगा।

    ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार सोमवार के दिन भगवान शिव की पूजा अर्चना करने जलाभिषेक करने और जरूरतमंदों की सहायता करने से जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। श्रद्धा और विश्वास के साथ किए गए शुभ कार्य कई बाधाओं को दूर कर सफलता का मार्ग प्रशस्त कर सकते हैं।

  • राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारत चौथे स्थान पर, 39 पदकों के साथ अभियान समाप्त

    राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारत चौथे स्थान पर, 39 पदकों के साथ अभियान समाप्त


    ग्लासगो।
    राष्ट्रमंडल खेल 2026 के सभी मुकाबलों के समापन के साथ भारत ने पदक तालिका में चौथा स्थान हासिल किया। भारतीय दल ने कुल 39 पदक जीतकर लगातार दूसरी बार राष्ट्रमंडल खेलों में चौथे स्थान पर अपनी मौजूदगी दर्ज कराई।

    भारत के खाते में 13 स्वर्ण, 17 रजत और 9 कांस्य पदक आए। इनमें पुरुष खिलाड़ियों ने 5 स्वर्ण, 13 रजत और 5 कांस्य सहित कुल 23 पदक, जबकि महिला खिलाड़ियों ने 8 स्वर्ण, 4 रजत और 4 कांस्य सहित 16 पदक जीते।

    पदक तालिका में ऑस्ट्रेलिया 70 स्वर्ण, 45 रजत और 56 कांस्य सहित कुल 171 पदकों के साथ शीर्ष पर रहा। इंग्लैंड 110 पदकों के साथ दूसरे और कनाडा 62 पदकों के साथ तीसरे स्थान पर रहा। भारत और स्कॉटलैंड दोनों ने 39-39 पदक जीते, लेकिन अधिक रजत पदकों के आधार पर भारत चौथे स्थान पर रहा।

    अहम बात यह रही कि इस बार राष्ट्रमंडल खेल के कार्यक्रम में भारत के मजबूत खेलों में शामिल कुछ प्रमुख स्पर्धाएं नहीं थीं। इसके बावजूद भारतीय खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए बर्मिंघम 2022 की तरह इस बार भी चौथा स्थान हासिल किया।

    भारत के अभियान में मुक्केबाजी, टेबल टेनिस, एथलेटिक्स, भारोत्तोलन, जूडो और अन्य खेलों में खिलाड़ियों ने उल्लेखनीय प्रदर्शन किया। महिला खिलाड़ियों ने स्वर्ण पदकों की संख्या में पुरुषों से बेहतर प्रदर्शन करते हुए भारतीय दल की सफलता में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

  • आरबीआई की मौद्रिक समीक्षा बैठक सोमवार से, रेपो रेट यथावत रहने की संभावना

    आरबीआई की मौद्रिक समीक्षा बैठक सोमवार से, रेपो रेट यथावत रहने की संभावना


    नई दिल्ली।
    रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) की द्विमासिक मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) की तीन दिवसीय समीक्षा बैठक 3 अगस्त से शुरू होकर पांच अगस्त तक चलेगी। आरबीआई के गवर्नर संजय मल्होत्रा की अध्यक्षता में होने वाली बैठक के निर्णय की जानकारी संजय मल्होत्रा 5 अगस्त को देंगे।

    आर्थिक मामलों के जानकारों ने रविवार को बताया कि आरबीआई पश्चिम एशिया संकट और महंगाई के जोखिमों को देखते हुए इस बार भी अपने नीतिगत दरों में कोई बदलाव नहीं करेगा और उसे 5.25 फीसदी पर यथावत (अपरिवर्तित) रख सकता है।

    केंद्रीय बैंक ने वृद्धि दर को बढ़ावा देने के लिए पिछले साल नीतिगत ब्याज दर रेपो रेट को 1.25 फीसदी की कटौती की थी। आरबीआई वर्तमान रेपो रेट को 5.25 फीसदी पर स्थिर रखा है।

  • तमिलनाडुः पोल्लाची के पास खड़े ट्रक से टकराई कार, एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत

    तमिलनाडुः पोल्लाची के पास खड़े ट्रक से टकराई कार, एक ही परिवार के पांच लोगों की मौत


    कोयंबटूर।
    तमिलनाडु के कोयंबटूर जिले में पोल्लाची के निकट सड़क किनारे खड़े एक ट्रक से कार की जोरदार टक्कर होने से एक ही परिवार के पांच लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसमें सवार किसी भी व्यक्ति को बचाया नहीं जा सका।

    पुलिस के अनुसार, कोयंबटूर जिले के मदुक्करई एमएलए स्ट्रीट निवासी कनकराज एक निजी कंपनी में कार्यरत थे। उनके परिवार में पत्नी उमा महेश्वरी, बड़ी बेटी आरती और छोटी बेटी नर्मदा थीं। रविवार को कनकराज अपने परिवार तथा दूर के रिश्तेदार रामन के साथ कार से उदुमलपेट स्थित अपने कुलदेवता मंदिर में दर्शन कर वापस घर लौट रहे थे। कार कनकराज स्वयं चला रहे थे।

    दोपहर के समय जब उनकी कार पोल्लाची के पास नल्लाम्पल्ली इलाके से गुजर रही थी, तभी वह अचानक अनियंत्रित होकर सड़क किनारे खड़े एक ट्रक से जा टकराई। दुर्घटना इतनी भीषण थी कि कार के परखच्चे उड़ गए। हादसे में कनकराज, उनकी पत्नी उमा महेश्वरी, दोनों बेटियां आरती और नर्मदा तथा रिश्तेदार रामन की घटनास्थल पर ही मौत हो गई।

    घटना की सूचना मिलते ही गोमंगलम पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की सहायता से राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद क्षतिग्रस्त कार में फंसे शवों को बाहर निकाला गया और पोस्टमार्टम के लिए पोल्लाची सरकारी अस्पताल भेजा गया।

    प्रारंभिक जांच में पुलिस को पता चला है कि सड़क के बीच बने डिवाइडर पर लगे पौधों में पानी देने के लिए ट्रक सड़क किनारे खड़ा किया गया था। इसी दौरान कार अनियंत्रित होकर ट्रक से टकरा गई। हालांकि दुर्घटना की वास्तविक वजह का पता लगाने के लिए पुलिस सभी पहलुओं की गहन जांच कर रही है।

    एन्नोर में ट्रेन की चपेट में आने से व्यक्ति की मौत

    इधर, चेन्नई के एन्नोर रेलवे स्टेशन के पास भी रविवार को एक हादसा हुआ। रेलवे ट्रैक पार करने के दौरान कन्नन नामक व्यक्ति ट्रेन की चपेट में आ गया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

    घटना के बाद स्थानीय लोगों ने शोक व्यक्त करते हुए बताया कि इस क्षेत्र में रेलवे ट्रैक पार करते समय होने वाले हादसों की संख्या लगातार बढ़ रही है। लोगों ने रेलवे प्रशासन से मांग की कि यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए यहां जल्द से जल्द फुटओवर ब्रिज या अन्य सुरक्षित पारपथ का निर्माण कराया जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की दुर्घटनाओं को रोका जा सके।

  • दिल्ली में 22वीं कॉमनवेल्थ टेबल टेनिस चैंपियनशिप का भव्य समापन, भारत के खाते में 16 पदक

    दिल्ली में 22वीं कॉमनवेल्थ टेबल टेनिस चैंपियनशिप का भव्य समापन, भारत के खाते में 16 पदक


    नई दिल्ली।
    दिल्ली के त्यागराज स्टेडियम में आयोजित 22वीं कॉमनवेल्थ टेबल टेनिस चैंपियनशिप 2026 का रविवार को भव्य समापन हुआ। समापन समारोह में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मुख्य अतिथि के रूप में विजेता खिलाड़ियों को पदक एवं सम्मान प्रदान किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार का संकल्प है कि राष्ट्रीय राजधानी को केवल देश की राजनीतिक राजधानी ही नहीं, बल्कि भारत की ‘स्पोर्ट्स कैपिटल’ के रूप में भी स्थापित किया जाए।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि 27 जुलाई से आयोजित इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में 25 कॉमनवेल्थ देशों के खिलाड़ियों की भागीदारी ने दिल्ली की विश्वस्तरीय खेल आयोजनों की मेजबानी क्षमता को एक बार फिर साबित किया है। उन्होंने इसे खेल उत्कृष्टता, अंतरराष्ट्रीय सहयोग और सांस्कृतिक आदान-प्रदान का उत्सव बताया।

    समारोह में शिक्षा एवं खेल मंत्री आशीष सूद, कॉमनवेल्थ टेबल टेनिस फेडरेशन और टेबल टेनिस फेडरेशन ऑफ इंडिया के पदाधिकारी, विभिन्न देशों के खिलाड़ी, अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधिमंडल तथा खेल जगत की कई प्रमुख हस्तियां मौजूद रहीं। समापन समारोह में कलारीपयट्टू, फ्लाइंग ड्रमर्स, विशेष बच्चों की सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और मेडल सेरेमनी ने आकर्षण का केंद्र बनाया।

    मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार युवाओं को खेलों से जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध है। इसी उद्देश्य से बड़ी संख्या में स्कूली विद्यार्थियों को प्रतियोगिता देखने के लिए आमंत्रित किया गया, ताकि वे विश्वस्तरीय खिलाड़ियों से प्रेरणा लेकर खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सकें। उन्होंने कहा कि खेल अनुशासन, नेतृत्व, टीम भावना और राष्ट्रभक्ति जैसे मूल्यों का विकास करते हैं।

    उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत न केवल अंतरराष्ट्रीय खेल प्रतियोगिताओं में बेहतर प्रदर्शन कर रहा है, बल्कि विश्वस्तरीय खेल आयोजनों की सफल मेजबानी भी कर रहा है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2027 में दिल्ली आईएसएफ वर्ल्ड स्कूल रेसलिंग चैंपियनशिप और आईएसएफ वर्ल्ड स्कूल बैडमिंटन चैंपियनशिप की मेजबानी करेगी। इसके अलावा दिल्ली सरकार ने नेशनल गेम्स और खेलो इंडिया गेम्स की मेजबानी के लिए भी दावेदारी पेश की है।

    मुख्यमंत्री ने भारतीय टीम को विशेष रूप से बधाई देते हुए कहा कि पुरुष और महिला दोनों टीम स्पर्धाओं में स्वर्ण पदक जीतकर खिलाड़ियों ने देश का गौरव बढ़ाया है। उन्होंने आयोजन समिति, तकनीकी अधिकारियों, स्वयंसेवकों, सुरक्षा एजेंसियों और सभी सहभागी देशों का सफल आयोजन के लिए आभार व्यक्त किया।

    शिक्षा एवं खेल मंत्री आशीष सूद ने कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली को इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता की मेजबानी का अवसर मिला, जिसने राजधानी को वैश्विक खेल मानचित्र पर नई पहचान दिलाई है। उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन युवाओं को खेलों में आगे बढ़ने और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नाम रोशन करने के लिए प्रेरित करेंगे।

    भारत का शानदार प्रदर्शन

    चैंपियनशिप में भारतीय खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए कुल 16 पदक अपने नाम किए। भारत ने पुरुष और महिला टीम स्पर्धाओं में स्वर्ण पदक जीतने के अलावा पुरुष एवं महिला एकल, महिला युगल, मिश्रित युगल तथा पुरुष युगल स्पर्धाओं में भी स्वर्ण, रजत और कांस्य पदक हासिल कर प्रतियोगिता में अपना दबदबा कायम रखा। भारतीय खिलाड़ियों के इस प्रदर्शन ने विश्व मंच पर भारतीय टेबल टेनिस की बढ़ती ताकत को एक बार फिर साबित किया।

  • मप्रः सावन में उज्जैन, ओंकारेश्वर एवं महेश्वर स्थित होटलों में विशेष फलाहारी थाली की व्यवस्था

    मप्रः सावन में उज्जैन, ओंकारेश्वर एवं महेश्वर स्थित होटलों में विशेष फलाहारी थाली की व्यवस्था


    भोपाल।
    मध्य प्रदेश पर्यटन विकास निगम (एमपी टूरिज्म) द्वारा पवित्र श्रावण (सावन) माह के अवसर पर श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों की सुविधा के लिए उज्जैन, ओंकारेश्वर एवं महेश्वर स्थित अपने होटल एवं पर्यटन इकाइयों में विशेष फलाहारी भोजन की व्यवस्था की गई है। श्रद्धालु निर्धारित समय पर पौष्टिक एवं स्वादिष्ट फलाहारी व्यंजनों का आनंद ले सकेंगे।

    मप्र टूरिज्म के मैनेजर श्याम तिवारी ने रविवार को जानकारी देते हुए बताया कि उज्जैन शहर के तीन इकाई जिसमें सम्राट विक्रमादित्य द हेरिटेज होटल, शिप्रा रेजिडेंसी, होटल उज्जैनी शामिल है। इसी प्रकार खरगोन में नर्मदा रिसोर्ट महेश्वर और खंडवा जिले के टेम्पल व्यू ओंकारेश्वर सहित कुल पांच स्थानों पर कावड़ यात्रियों (श्रद्धालु) के लिए फलाहारी की व्यवस्था उपलब्ध करायी जा रहा है।

    उन्होंने बताया कि एमपी टूरिज्म की इन इकाइयों में फलाहारी नाश्ता प्रातः 8 बजे से 10 बजे तक, फलाहारी दोपहर का भोजन (लंच) दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक तथा फलाहारी रात्रि भोजन (डिनर) शाम 7 बजे से रात्रि 10:30 बजे तक उपलब्ध रहेगा। फलाहारी लंच थाली में भगर उपमा, साबूदाना वड़ा, आलू जीरा, सिंघाड़े की पुड़ी, तली हुई मूंगफली, फलाहारी चिप्स, हरी एवं लाल चटनी, दो प्रकार के मौसमी फल तथा लौकी का हलवा परोसा जाएगा। वहीं फलाहारी डिनर थाली में पतली ग्रेवी वाली आलू की सब्जी, कुट्टू की पुड़ी, साबूदाना खिचड़ी, साबूदाना वड़ा, तली हुई मूंगफली, फलाहारी नमकीन, हरी एवं लाल चटनी, सांवा की खीर तथा दो प्रकार के मौसमी फल शामिल रहेंगे।

    एमपी टूरिज्म ने कावड़ यात्रियों (श्रद्धालु) से अपील की है कि वे सावन माह में धार्मिक एवं आध्यात्मिक यात्रा के दौरान उज्जैन, ओंकारेश्वर और महेश्वर स्थित एमपी टूरिज्म की इकाइयों में उपलब्ध विशेष फलाहारी का लाभ प्राप्त करें।

  • मप्रः दतिया उपचुनाव के नतीजों से पहले कांग्रेस की बड़ी कार्रवाई, पूर्व विधायक राजेंद्र भारती 6 साल के लिए निष्कासित

    मप्रः दतिया उपचुनाव के नतीजों से पहले कांग्रेस की बड़ी कार्रवाई, पूर्व विधायक राजेंद्र भारती 6 साल के लिए निष्कासित


    भोपाल।
    मध्य प्रदेश में दतिया विधानसभा उपचुनाव के नतीजों से ठीक पहले कांग्रेस आलाकमान ने बड़ा संगठनात्मक फैसला लेते हुए पूर्व विधायक राजेंद्र भारती को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से छह वर्ष के लिए निष्कासित कर दिया है। इस संबंध में रविवार को कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव एवं मध्य प्रदेश के प्रभारी हरीश चौधरी द्वारा आधिकारिक आदेश जारी किया गया है।

    उपचुनाव के नतीजों के ठीक मुहाने पर पूर्व विधायक पर की गई इस अनुशासनात्मक कार्रवाई से पार्टी के आंतरिक घटनाक्रम और स्थानीय समीकरणों को लेकर कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। दतिया उपचुनाव के लिए मतों की गिनती 3 अगस्त को होगी। मतगणना से ठीक 24 घंटे पहले पार्टी द्वारा अपने ही वरिष्ठ नेता और पूर्व विधायक को बाहर का रास्ता दिखाने के इस फैसले को राजनीतिक दृष्टि से काफी संवेदनशील और महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

    दरअसल, कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह लगातार राजेंद्र भारती पर चुनाव में भीतरघात और पार्टी विरोधी गतिविधियों के आरोप लगा रहे थे। हाल के दिनों में दोनों नेताओं के बीच आरोप-प्रत्यारोप खुले तौर पर सामने आए थे।

    राजेंद्र भारती दतिया की राजनीति का बड़ा चेहरा रहे हैं। वे तीन बार विधायक रह चुके हैं और वर्ष 2023 के विधानसभा चुनाव में तत्कालीन गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा को हराकर पूरे प्रदेश की राजनीति में चर्चा का केंद्र बन गए थे। उनके पिता स्वर्गीय श्याम सुंदर श्याम भी कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और विधायक रहे थे, जिससे दतिया में भारती परिवार का मजबूत राजनीतिक आधार माना जाता है।

    हालांकि, इसी वर्ष एक पुराने सहकारी बैंक धोखाधड़ी मामले में विशेष अदालत से तीन वर्ष की सजा मिलने के बाद उनकी विधानसभा सदस्यता समाप्त हो गई थी। इसी कारण दतिया विधानसभा सीट पर उपचुनाव कराया गया। बाद में दोषसिद्धि पर रोक पाने की उनकी कोशिशों के बीच मामला उच्च न्यायालय तक पहुंचा, लेकिन वे चुनाव नहीं लड़ सके।

    उपचुनाव में कांग्रेस ने पूर्व विधायक घनश्याम सिंह को उम्मीदवार बनाया। मतदान के बाद घनश्याम सिंह ने राजेंद्र भारती पर भाजपा के साथ मिलकर भीतरघात करने और कांग्रेस प्रत्याशी को हराने की कोशिश करने जैसे गंभीर आरोप लगाए। इन आरोपों के बाद पार्टी में अनुशासनात्मक कार्रवाई की मांग तेज हो गई थी। अब मतगणना से पहले कांग्रेस ने राजेंद्र भारती को छह साल के लिए निष्कासित कर बड़ा राजनीतिक संदेश दिया है।

  • स्वात में अमन की रैली के बीच जोरदार धमाका, 7 लोगों की मौत; 40 घायल

    स्वात में अमन की रैली के बीच जोरदार धमाका, 7 लोगों की मौत; 40 घायल


    इस्लामाबाद)।
    पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत का स्वात जिला रविवार को एक जोरदार विस्फोट से दहल उठा। कबाल कस्बे में आतंकवाद के खिलाफ आयोजित शांति रैली के दौरान हुए धमाके में कम से कम सात लोगों की मौत हो गई, जबकि करीब 40 लोग घायल बताए जा रहे हैं। घायलों में कुछ पुलिसकर्मी भी शामिल हैं।

    स्थानीय सूत्रों के मुताबिक, विस्फोट कबाल चौक के पास उस समय हुआ, जब बड़ी संख्या में लोग अमन जिरगा और शांति मार्च में शामिल थे। धमाके के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। शुरुआती जानकारी में विस्फोट को आत्मघाती हमला बताया जा रहा है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।

    अमन का संदेश देने जुटे थे लोग

    जिस रैली को निशाना बनाया गया, उसका आयोजन पीस काउंसिल और अमन जिरगा के तहत किया गया था। इसमें स्थानीय नागरिकों के साथ कबायली बुजुर्ग भी शामिल हुए थे। रैली के जरिए क्षेत्र में बढ़ती आतंकवादी गतिविधियों के खिलाफ एकजुटता और शांति का संदेश दिया जा रहा था।

    धमाके के बाद पुलिस और सुरक्षा बलों ने पूरे इलाके को घेर लिया। बचाव दलों ने घायलों को तत्काल आसपास के अस्पतालों में पहुंचाया। सुरक्षा एजेंसियों ने घटनास्थल और आसपास के इलाकों में तलाशी अभियान शुरू कर दिया है।

    बढ़ते आतंकी हमलों के बीच हुआ धमाका

    खैबर पख्तूनख्वा में हाल के महीनों में आतंकी गतिविधियों को लेकर सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ी है। तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) और इस्लामिक स्टेट खुरासान (ISKP) जैसे आतंकी संगठनों की सक्रियता इस क्षेत्र में पहले भी सामने आती रही है।

    जानकारों के मुताबिक, आतंकवाद विरोधी अभियानों के बीच सार्वजनिक सभाओं और आम नागरिकों को निशाना बनाकर दहशत पैदा करने की कोशिश की जा सकती है। शांति रैली पर हुआ यह हमला भी इसी रणनीति का हिस्सा होने की आशंका जताई जा रही है।

    घायलों की संख्या बढ़ने की आशंका

    धमाके के बाद सुरक्षा बलों ने इलाके में व्यापक जांच शुरू कर दी है। घटनास्थल से सबूत जुटाए जा रहे हैं और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि विस्फोट किस तरह किया गया। अधिकारियों ने फिलहाल मृतकों और घायलों की संख्या की अंतिम पुष्टि नहीं की है। स्थानीय रिपोर्टों में मृतकों की संख्या अलग-अलग बताई जा रही है और घायलों की स्थिति को देखते हुए आंकड़ा बढ़ने की आशंका है।