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  • 5 मार्च का प्रेम राशिफल: इन राशियों के लिए आज प्यार का इजहार जरूरी, संवाद और विश्वास से सुलझेंगे रिश्तों के उलझे धागे

    5 मार्च का प्रेम राशिफल: इन राशियों के लिए आज प्यार का इजहार जरूरी, संवाद और विश्वास से सुलझेंगे रिश्तों के उलझे धागे

    नई दिल्ली :आज का दिन प्रेम संबंधों के लिहाज से मिलाजुला रहने वाला है। कई राशियों के जीवन में रोमांस और खुशियों की नई शुरुआत हो सकती है तो कुछ लोगों को रिश्तों में छोटी गलतफहमियों और अहंकार से बचने की जरूरत होगी। ग्रहों की स्थिति संकेत दे रही है कि आज संवाद और समझदारी से रिश्तों को मजबूत किया जा सकता है। जो लोग अपने प्रेम संबंधों में दूरी महसूस कर रहे हैं उन्हें आज खुलकर दिल की बात कहनी चाहिए। प्रेम में विश्वास और धैर्य सबसे बड़ी ताकत साबित होगा।

    मेष राशि के लोगों के लिए आज का दिन थोड़ा सावधानी भरा हो सकता है। किसी छोटी बात को लेकर प्रेम साथी के साथ असहमति हो सकती है। हालांकि बाद में आपको अपनी गलती का एहसास भी हो सकता है इसलिए बेहतर होगा कि अहंकार को छोड़कर रिश्ते को बचाने के लिए खुद पहल करें और जरूरत पड़े तो माफी मांगने में भी देर न करें।

    वृषभ राशि के जातकों के लिए आज का दिन सुखद रहने के संकेत दे रहा है। आपका प्रियजन आपको कहीं घूमने चलने का प्रस्ताव दे सकता है। यह समय रिश्ते को और मजबूत बनाने का है। साथ बिताया गया समय आप दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ाएगा और प्रेम में मिठास भी घोलेगा।

    मिथुन राशि के लोगों का प्रेम जीवन आज बेहद रोमांटिक रह सकता है। आपका साथी रोमांटिक मूड में रहेगा और साथ में कहीं बाहर जाने का प्लान भी बन सकता है। मौसम और माहौल दोनों आपके पक्ष में रहेंगे जिससे आप दोनों के बीच प्यार और स्नेह बढ़ेगा।

    कर्क राशि के लोगों को प्रेम जीवन में खुशखबरी मिल सकती है। जिन लोगों की जिंदगी में अभी तक कोई खास नहीं था उनके जीवन में नए प्रेम संबंध की शुरुआत के संकेत मिल रहे हैं। प्रेम साथी के साथ लॉन्ग ड्राइव या रोमांटिक पल बिताने का अवसर मिल सकता है। भविष्य को लेकर भी कुछ महत्वपूर्ण योजनाएं बन सकती हैं।

    सिंह राशि के लोगों को अपने लव पार्टनर से कोई अच्छी खबर मिल सकती है। दिन प्रकृति के बीच समय बिताने और यादगार पल बनाने का हो सकता है। रिश्ते में उत्साह और नई ऊर्जा का अनुभव होगा।

    कन्या राशि के लोगों के लिए आज का दिन थोड़ा चुनौतीपूर्ण हो सकता है। प्रेम साथी की अपेक्षाएं अधिक हो सकती हैं और संवाद की कमी के कारण गलतफहमी पैदा हो सकती है। ऐसे में शांत मन से बातचीत करना ही सबसे अच्छा समाधान होगा।

    तुला राशि के लोगों को आज प्रेम साथी के व्यवहार में थोड़ा बदलाव महसूस हो सकता है। ऐसा लग सकता है कि वे कुछ बातें छिपा रहे हैं लेकिन जल्दबाजी में कोई फैसला लेने से बचें। धैर्य और शांति के साथ बातचीत करने से स्थिति स्पष्ट हो जाएगी।

    वृश्चिक राशि के लिए आज का दिन प्रेम संबंधों के लिहाज से काफी अच्छा रहेगा। आप अपने दिल की बात खुलकर कह सकते हैं। अपने प्रेम का इजहार करने का यह सही समय है। इससे रिश्ता और मजबूत होगा।

    धनु राशि के लोगों को आज रिश्तों में तीसरे व्यक्ति के हस्तक्षेप से सावधान रहना होगा। किसी की बातों में आकर अपने रिश्ते को नुकसान पहुंचाने से बचें। बेहतर होगा कि आप दोनों मिलकर शांतिपूर्वक समाधान निकालें।

    मकर राशि के लोगों के लिए आज का दिन प्यार से भरा रहेगा। आपका साथी दिल खोलकर अपने प्रेम का इजहार कर सकता है और कोई छोटा सा तोहफा भी दे सकता है। दिन को खास बनाने का अवसर मिलेगा।

    कुंभ राशि के लोगों के लिए आज का दिन भावनात्मक रूप से महत्वपूर्ण हो सकता है। प्रेम साथी अपने दिल की बात कह सकता है और रिश्ते को आगे बढ़ाने या विवाह जैसे गंभीर विषयों पर चर्चा भी हो सकती है।

    मीन राशि के लोगों के लिए आज का दिन प्रेम और मिठास से भरा रहेगा। एक छोटा सा उपहार या सरप्राइज रिश्ते में नई खुशियां ला सकता है। पुराने मनमुटाव खत्म होंगे और प्रेम संबंध और मजबूत होंगे।

  • सोनू सूद ने दुबई में फंसे नागरिकों के लिए इंसानियत का हाथ बढ़ाया, मुफ्त में सुरक्षित ठहरने की सुविधा दी

    सोनू सूद ने दुबई में फंसे नागरिकों के लिए इंसानियत का हाथ बढ़ाया, मुफ्त में सुरक्षित ठहरने की सुविधा दी



    नई दिल्ली। इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते युद्ध के कारण दुबई में फंसे लोगों के लिए बॉलीवुड एक्टर सोनू सूद आगे आए हैं। उन्होंने यह घोषणा की है कि युद्ध या संकट के चलते फंसे सभी लोग—चाहे वे भारत से हों या किसी अन्य देश से फ्री में सुरक्षित रहने की सुविधा प्राप्त कर सकते हैं। इस सुविधा के लिए उन्हें केवल इंस्टाग्राम पर @dugastaproperties को मैसेज करना होगा।

    सोनू सूद ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर पोस्ट करते हुए बताया कि युद्ध के चलते कई यात्री दुबई में फंसे हुए हैं और उनके पास रहने की जगह नहीं है। उन्होंने कहा कि मदद किसी भी शर्त या राष्ट्रीयता के बिना इंसानियत के नाते की जा रही है। उन्होंने सभी को आश्वस्त किया कि यह सुविधा पूरी तरह सुरक्षित और भरोसेमंद है।

    इस समय दुबई में फंसे लोगों में पंजाब के कई नागरिक भी शामिल हैं। पंजाब सरकार के अनुसार, अब तक 150 से अधिक कॉल दुबई में फंसे लोगों की प्राप्त हो चुकी हैं। ज्यादातर लोग होटलों में ठहरे हुए हैं, लेकिन उनका संपर्क सीमित है। मंत्री डॉ. रवजोत सिंह ने बताया कि नवंबर से मार्च तक दुबई में टूरिस्ट सीजन होता है, इसलिए कई लोग छुट्टियों के लिए गए थे और वर्तमान हालात में फंस गए।

    सोनू सूद का यह कदम नया नहीं है। इससे पहले अगस्त 2025 में पंजाब में आई भयंकर बाढ़ के समय भी उन्होंने राहत और बचाव कार्य में सक्रिय योगदान दिया था। तब वह अपनी बहन मालविका सूद के साथ प्रभावित इलाकों जैसे मोगा, धर्मकोट, फाजिल्का, खमाणों और संगेरा में पहुंचे और पीड़ित परिवारों की मदद की।

    बाढ़ के समय उनके द्वारा प्रदान की गई सहायता में खाद्य सामग्री, पीने का पानी, बेबी न्यूट्रिशन किट, कंबल, तिरपाल, हाइजीन किट, मच्छरदानी और पशुओं के लिए चारा शामिल था। साथ ही, उन्होंने मेडिकल कैंप भी लगाए और एक बच्चे का किडनी का इलाज करवाया। निचले इलाकों में राशन और बचाव के लिए दो नावें भी भेजी गई थीं, और प्रभावित परिवारों की आजीविका के लिए 100 भैंसें देने का वादा भी किया गया।

    सोनू सूद के इस कदम ने दुबई में फंसे लोगों को राहत दी है और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद की है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनकी कोशिश है कि किसी भी आम नागरिक को डर और असुरक्षा के माहौल में जीना न पड़े।

    यह पहल दर्शाती है कि सोनू सूद ने हमेशा विपरीत परिस्थितियों में भी इंसानियत और सेवा के लिए आगे आकर मदद करने का संकल्प रखा है। दुबई में फंसे लोगों के लिए यह राहत एक बड़ी उम्मीद बनकर सामने आई है।

  • चैत्र माह की शुरुआत पूरे महीने रहेंगी धार्मिक पर्वों की धूम नवरात्रि रामनवमी हनुमान जयंती की तिथियां नोट करें

    चैत्र माह की शुरुआत पूरे महीने रहेंगी धार्मिक पर्वों की धूम नवरात्रि रामनवमी हनुमान जयंती की तिथियां नोट करें


    नई दिल्ली:होली के पर्व के साथ हिंदू पंचांग के पहले महीने चैत्र मास की शुरुआत हो गई है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस माह का विशेष महत्व माना जाता है क्योंकि इसी समय से हिंदू नववर्ष का आरंभ भी माना जाता है। मान्यता है कि चैत्र शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से ही सृष्टि की रचना की शुरुआत हुई थी। इसी कारण यह महीना धार्मिक और आध्यात्मिक दृष्टि से बेहद पवित्र माना जाता है।

    धार्मिक ग्रंथों के अनुसार सृष्टि के रचयिता Brahma ने इसी तिथि से सृष्टि निर्माण का कार्य शुरू किया था। इस कारण चैत्र मास को नई शुरुआत और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक भी माना जाता है। पूरे महीने में कई महत्वपूर्ण व्रत और त्योहार आते हैं जिनका हिंदू धर्म में विशेष महत्व है।

    चैत्र मास के प्रारंभिक दिनों में कई प्रमुख व्रत मनाए जाएंगे। इस क्रम में 6 मार्च को संकष्टी चतुर्थी का व्रत रखा जाएगा। इसके बाद 8 मार्च को रंग पंचमी का पर्व मनाया जाएगा। 11 मार्च को शीतला अष्टमी का व्रत आएगा जो विशेष रूप से Sheetala Mata की पूजा के लिए जाना जाता है। इसके बाद 15 मार्च को पाप मोचिनी एकादशी का व्रत रखा जाएगा। 16 मार्च को प्रदोष व्रत और 17 मार्च को मासिक Shiva रात्रि यानी मासिक शिवरात्रि का पर्व मनाया जाएगा। इसके बाद 18 मार्च को चैत्र अमावस्या होगी।

    चैत्र मास के सबसे महत्वपूर्ण पर्वों की शुरुआत 19 मार्च से होगी जब चैत्र नवरात्रि का शुभारंभ होगा। इसी दिन Gudi Padwa और Ugadi के साथ हिंदू नववर्ष का भी आरंभ माना जाता है। इस दौरान नौ दिनों तक Durga के नौ स्वरूपों की पूजा की जाती है और देशभर में मंदिरों और घरों में विशेष धार्मिक आयोजन होते हैं।

    इसके बाद 21 मार्च को गणगौर पूजा का पर्व मनाया जाएगा जो खास तौर पर महिलाओं के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। 24 मार्च को चैती छठ और यमुना छठ का पर्व आएगा। 26 मार्च को भगवान Rama के जन्मोत्सव के रूप में राम नवमी का पर्व मनाया जाएगा। इसके अगले दिन 27 मार्च को चैत्र नवरात्रि व्रत का पारण किया जाएगा।

    महीने के अंतिम दिनों में भी कई महत्वपूर्ण धार्मिक पर्व आएंगे। 29 मार्च को कामदा एकादशी का व्रत रखा जाएगा जबकि 31 मार्च को Mahavira जयंती मनाई जाएगी। इसके बाद 2 अप्रैल को Hanuman जयंती और चैत्र पूर्णिमा का पर्व आएगा जो भक्तों के लिए विशेष महत्व रखता है।

    धार्मिक मान्यताओं के अनुसार चैत्र माह में कुछ विशेष धार्मिक कार्य करने से पुण्य की प्राप्ति होती है। इस महीने में रोज सुबह सूर्य देव को जल अर्पित करना शुभ माना जाता है। इसके साथ ही जरूरतमंद लोगों को पंखा घड़ा सूती वस्त्र और अन्य आवश्यक वस्तुओं का दान करना भी फलदायी माना जाता है।

    इसके अलावा चैत्र मास में देवी उपासना का विशेष महत्व बताया गया है। इस दौरान Durga Saptashati का पाठ करना और देवी की आराधना करना अत्यंत शुभ माना जाता है। धार्मिक मान्यता है कि ऐसा करने से घर में सुख शांति और समृद्धि का वास होता है।
  • अर्मेनिया में युद्ध के बीच फंसी उज्जैन की महिला पहलवान प्रियांशी प्रजापत सुरक्षित लौटीं, सीएम मोहन यादव ने किया त्वरित हस्तक्षेप

    अर्मेनिया में युद्ध के बीच फंसी उज्जैन की महिला पहलवान प्रियांशी प्रजापत सुरक्षित लौटीं, सीएम मोहन यादव ने किया त्वरित हस्तक्षेप

    नई दिल्ली। अर्मेनिया में आयोजित कुश्ती वर्ल्ड चैंपियनशिप में हिस्सा लेने गई उज्जैन की प्रियांशी प्रजापत पिछले चार दिनों से युद्ध के कारण फंसी थीं। अमेरिका और इजराइल के बीच बढ़ते तनाव के चलते उनका दुबई के रास्ते भारत लौटना असंभव हो गया।

    इस मुश्किल समय में मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पहलवान से लाइव बातचीत कर उनकी सुरक्षित वापसी के लिए तुरंत कदम उठाए। सीएम के निर्देश और मध्यप्रदेश कुश्ती संघ के सहयोग से प्रियांशी को अर्मेनिया से तुर्की और कजाकिस्तान के मार्ग से भारत लाया गया। गुरुवार सुबह प्रियांशी देश लौट आईं और उनके परिवार व खेल प्रेमियों में खुशी की लहर दौड़ गई।

    प्रियांशी मध्यप्रदेश की एकमात्र खिलाड़ी थीं जो इस विश्व चैम्पियनशिप में प्रदेश का प्रतिनिधित्व कर रही थीं। उनकी सुरक्षित वापसी ने राज्य सरकार के त्वरित और प्रभावी हस्तक्षेप की अहमियत को भी दर्शाया।

    इन हालात में उनके पिता ने मध्यप्रदेश कुश्ती संघ के अध्यक्ष नारायण यादव से संपर्क किया और मदद के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को सूचित किया। मुख्यमंत्री ने तुरंत हस्तक्षेप किया और प्रियांशी से ऑनलाइन बातचीत कर उन्हें युद्ध के खतरनाक हालात में सुरक्षित मार्ग से लौटने का भरोसा दिया।

    सीएम के निर्देशों और मध्यप्रदेश कुश्ती संघ के सहयोग से प्रियांशी को अर्मेनिया से तुर्की और कजाकिस्तान के मार्ग से सुरक्षित भारत लाया गया। गुरुवार सुबह वे देश लौट आईं, और उनके परिवार, प्रशिक्षक और खेल प्रेमियों में खुशी की लहर दौड़ गई। प्रियांशी की वापसी ने राज्य सरकार की तत्परता और संकट प्रबंधन क्षमता को उजागर किया।

    प्रियांशी इस चैम्पियनशिप में मध्यप्रदेश की एकमात्र प्रतिनिधि खिलाड़ी थीं। उनके साथियों और प्रशिक्षकों ने बताया कि यह उनका सपना था कि वे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदेश का नाम रोशन करें, लेकिन युद्ध और अंतरराष्ट्रीय तनाव ने उन्हें अचानक कठिनाई में डाल दिया। इस बीच मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की सक्रिय भूमिका और त्वरित निर्णय ने उनकी जान को सुरक्षित रखने में अहम योगदान दिया।

    प्रियांशी के सुरक्षित लौटने के बाद प्रदेश की खेल प्रतिष्ठा भी बढ़ी है। युवा खिलाड़ी और उनके परिवार ने मुख्यमंत्री और मध्यप्रदेश कुश्ती संघ को धन्यवाद दिया। इसके अलावा, इस घटना ने यह भी स्पष्ट किया कि अंतरराष्ट्रीय संकट में राज्य सरकार और खेल संस्थाएं मिलकर खिलाड़ियों की सुरक्षा सुनिश्चित कर सकती हैं।

    प्रियांशी ने मीडिया से बातचीत में कहा कि यह चार दिन उनके जीवन के सबसे तनावपूर्ण रहे। उन्होंने बताया कि दुबई और अर्मेनिया में युद्ध के कारण भय का माहौल था, लेकिन उन्हें विश्वास था कि मुख्यमंत्री और संबंधित अधिकारी उनकी मदद करेंगे। उन्होंने कहा, “मुख्यमंत्री ने मुझे व्यक्तिगत रूप से आश्वस्त किया और सही मार्ग से भारत लौटने में मदद की। यह अनुभव यादगार तो है, लेकिन काफी डराने वाला भी रहा।”

    इस घटना ने यह संदेश भी दिया कि खेल और खिलाड़ियों की सुरक्षा के लिए प्रशासनिक तत्परता बेहद जरूरी है। प्रियांशी अब सुरक्षित हैं और अपने परिवार के साथ हैं, जबकि मध्यप्रदेश सरकार की इस सक्रिय भूमिका को खेल जगत में सराहा जा रहा है।

  • करणवीर बोहरा के पिता और फिल्म प्रोड्यूसर महेंद्र बोहरा का निधन, तेजा और टक्कर जैसी फिल्मों के निर्माता रहे

    करणवीर बोहरा के पिता और फिल्म प्रोड्यूसर महेंद्र बोहरा का निधन, तेजा और टक्कर जैसी फिल्मों के निर्माता रहे


    नई दिल्ली। अएक्टर करणवीर बोहरा ने सोशल मीडिया के जरिए अपने पिता और जाने-माने फिल्म प्रोड्यूसर महेंद्र बोहरा के निधन की जानकारी दी। महेंद्र बोहरा हिंदी फिल्म इंडस्ट्री से कई दशकों से जुड़े थे और उन्होंने तेजा, टक्कर, प्यार का कर्ज और लश्कर जैसी फिल्मों का निर्माण किया।

    करणवीर ने इंस्टाग्राम पोस्ट में अपने पिता को याद करते हुए लिखा, “लव यू डैड। मैंने आपको शब्दों से ज्यादा मिस करूंगा। आपने एक अच्छी और पूरी जिंदगी जी।” उन्होंने बताया कि उनके पिता हमेशा कहते थे कि इस दुनिया से शांति से और बिना किसी तकलीफ के जाना चाहिए, और महेंद्र बोहरा ने ऐसा ही किया।

    एक्टर ने आगे कहा कि उनके पिता ने उन्हें और उनकी बहन को हिम्मत, उम्मीद और मेहनत करना सिखाया। उन्होंने लिखा, आपने मुझे सिखाया कि चाहे हालात कितने भी मुश्किल हों, उम्मीद नहीं छोड़नी चाहिए। गिरो तो दोबारा खड़े होना चाहिए। जिंदगी को जोश और पॉजिटिविटी के साथ जीना चाहिए।

    करणवीर ने अपने पिता के पेशेवर जीवन की भी तारीफ की और कहा कि महेंद्र बोहरा ने उन्हें सिखाया कि एक्टर और प्रोड्यूसर दोनों के तौर पर मेहनत और क्रिएटिविटी की अहमियत समझना चाहिए। उनके पिता ने हमेशा अच्छा व्यवहार करना और सपने देखने की प्रेरणा दी।

    महेंद्र बोहरा हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में रामकुमार बोहरा के बेटे के रूप में आए और कई बड़े सितारों जैसे नसीरुद्दीन शाह, संजय दत्त, सुनील शेट्टी और सोनाली बेंद्रे के साथ काम किया। उनकी फिल्में दर्शकों में हमेशा यादगार रही हैं।

  • एआई समिट के बाद भारत का बड़ा रणनीतिक कदम सेना में तेजी से शामिल हो रही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीक

    एआई समिट के बाद भारत का बड़ा रणनीतिक कदम सेना में तेजी से शामिल हो रही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीक

    नई दिल्ली में आयोजित India AI Impact Summit 2026 के बाद भारत ने रक्षा क्षेत्र में एक बड़ा रणनीतिक कदम उठाया है। रिपोर्ट के अनुसार भारत अब अपनी सशस्त्र सेनाओं में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी एआई तकनीक को तेजी से शामिल कर रहा है। इस पहल का उद्देश्य सेना को भविष्य के तकनीक आधारित युद्ध के लिए तैयार करना है।

    विशेषज्ञों का मानना है कि लंबे समय तक किसी देश की सैन्य ताकत का आकलन उसकी सेना के आकार टैंकों की संख्या और मिसाइलों की मारक क्षमता के आधार पर किया जाता था। लेकिन बदलते दौर में युद्ध की रणनीति भी बदल रही है। आधुनिक युद्ध में अब सूचना हासिल करने की गति और तेजी से निर्णय लेने की क्षमता भी उतनी ही महत्वपूर्ण हो गई है जितनी कि हथियारों की ताकत।

    रक्षा रणनीतिकार अक्सर OODA Loop का जिक्र करते हैं जिसका अर्थ है ऑब्जर्व ओरिएंट डिसाइड और एक्ट यानी स्थिति को देखना समझना फैसला लेना और तुरंत कार्रवाई करना। किसी भी सेना की सफलता इस बात पर निर्भर करती है कि वह इन चार चरणों को कितनी तेजी से पूरा कर सकती है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इसी प्रक्रिया को तेज और अधिक सटीक बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।

    समिट के दौरान Strategic Forces Command ने एक नया स्वदेशी एआई टूल भी प्रस्तुत किया। बताया जा रहा है कि यह तकनीक भारत की सीमा निगरानी प्रणाली को काफी हद तक बदल सकती है। यह एआई सिस्टम सैटेलाइट तस्वीरों ड्रोन फुटेज और इलेक्ट्रॉनिक डेटा का विश्लेषण करके सीमा क्षेत्रों में संभावित सैन्य गतिविधियों का पता लगाने में सक्षम है।

    रिपोर्ट के अनुसार यह सिस्टम Line of Actual Control के आसपास होने वाली गतिविधियों पर विशेष नजर रख सकता है। इसकी सटीकता लगभग 94 प्रतिशत बताई जा रही है। खास बात यह है कि यह टूल तंबू या सैन्य उपकरण जैसे स्पष्ट संकेत दिखाई देने से पहले ही संभावित सैन्य जमावड़े की पहचान कर सकता है।

    अधिकारियों के अनुसार इस तकनीक की मदद से सेना किसी भी असामान्य गतिविधि को शुरुआती चरण में ही पहचान सकती है और तेजी से प्रतिक्रिया दे सकती है। पहले जहां मानव विश्लेषकों को बड़ी मात्रा में डेटा का अध्ययन करने में अधिक समय लगता था वहीं एआई सिस्टम इस डेटा को तेजी से प्रोसेस करके रियल टाइम जानकारी उपलब्ध कराता है। इससे सैन्य कमांडरों को जमीन पर तनाव बढ़ने से पहले ही रणनीतिक फैसले लेने में मदद मिलती है।

    रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को धीरे धीरे सेना की तीनों शाखाओं में शामिल किया जा रहा है। भारतीय सेना में SAM-UN platform नामक एक सिस्टम का उपयोग किया जा रहा है जिसके माध्यम से पुराने टैंकों और बख्तरबंद वाहनों को आधुनिक तकनीक से अपग्रेड किया जा रहा है।

    इन सैन्य प्लेटफॉर्मों में एआई आधारित फायर कंट्रोल सिस्टम जोड़े जा रहे हैं जिससे पुराने हथियार भी आधुनिक युद्धक्षेत्र में प्रभावी बने रह सकें। इससे नई सैन्य गाड़ियों की पूरी नई फ्लीट खरीदने की आवश्यकता भी कम हो सकती है और रक्षा संसाधनों का बेहतर उपयोग संभव हो सकेगा।

    विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले वर्षों में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीक भारतीय सेना की रणनीति और युद्ध क्षमता को नई दिशा दे सकती है और सीमा सुरक्षा को पहले से अधिक मजबूत बना सकती है।

  • लारा दत्ता इमोशनल हुईं, बेटी के साथ दुबई में फंसीं: शूटिंग के दौरान धमाके और फाइटर जेट देखे

    लारा दत्ता इमोशनल हुईं, बेटी के साथ दुबई में फंसीं: शूटिंग के दौरान धमाके और फाइटर जेट देखे



    नई दिल्ली। एक्ट्रेस लारा दत्ता दुबई में अपनी बेटी सायरा के साथ वर्क ट्रिप पर थीं, जब अचानक वहां तनावपूर्ण स्थिति पैदा हो गई। लारा ने बताया कि 28 फरवरी को दुबई के एक स्टूडियो में शूटिंग के दौरान उन्हें ऊपर से तेज धमाके सुनाई दिए और आसमान में कई फाइटर जेट उड़ते दिखे। उन्होंने कहा कि हालात डराने वाले थे, लेकिन वह खुद को असुरक्षित महसूस नहीं कर रही थीं।

    लारा ने बताया कि धमाकों के समय उनका परिवार सुरक्षित विला में था, लेकिन खिड़कियां और दरवाजे हिल रहे थे। उन्होंने यूएई सरकार की तारीफ करते हुए कहा कि वहां हर व्यक्ति की सुरक्षा सुनिश्चित की जा रही है और लोग अपने सामान्य कामों में लगे हुए हैं। लारा ने कहा कि फ्लाइट्स सीमित हैं, लेकिन वे मुंबई लौटने की कोशिश कर रहे हैं ताकि उनकी बेटी और अन्य लोग इस तनावपूर्ण स्थिति से सुरक्षित रहें।

    एक्ट्रेस ने यह भी कहा कि किसी भी आम नागरिक को डर के माहौल में जीने का अधिकार नहीं है। उन्होंने उम्मीद जताई कि स्थिति जल्द सामान्य होगी और सही फैसले लिए जाएंगे।

    इस बीच दुबई में ईरान, अमेरिका और इजराइल के बीच बढ़ते तनाव के कारण कई उड़ानें रद्द हुईं और हजारों यात्री फंसे। लारा ने वीडियो में अपने अनुभव साझा किए और इमोशनल होते हुए कहा कि हालात पिछले कुछ दिनों में काफी तनावपूर्ण रहे।

  • सचिन तेंदुलकर के बेटे अर्जुन की शादी: सानिया चंडोक संग मुंबई में रचाई जोड़ी, अमिताभ, अंबानी, धोनी-द्रविड़ समेत सितारे हुए शामिल

    सचिन तेंदुलकर के बेटे अर्जुन की शादी: सानिया चंडोक संग मुंबई में रचाई जोड़ी, अमिताभ, अंबानी, धोनी-द्रविड़ समेत सितारे हुए शामिल


    नई दिल्ली। सचिन तेंदुलकर के बेटे अर्जुन तेंदुलकर और सानिया चंडोक की शादी का भव्य समारोह मुंबई में संपन्न हुआ। शादी के फेरे 3 मार्च को आयोजित किए गए, जिसमें बॉलीवुड और क्रिकेट की दुनिया के दिग्गज शामिल हुए। समारोह में अमिताभ बच्चन और उनकी पत्नी जया बच्चन ने शिरकत की, वहीं भारतीय क्रिकेट के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी अपनी पत्नी साक्षी के साथ उपस्थित रहे।
    इसके अलावा राहुल द्रविड़, अनिल कुंबले, अजिंक्य रहाणे, सुरेश रैना और हरभजन सिंह जैसे दिग्गज क्रिकेटर्स भी समारोह में मौजूद रहे।

    अर्जुन तेंदुलकर और सानिया चंडोक के प्री-वेडिंग फंक्शन का आयोजन 27 फरवरी को गुजरात के जामनगर में अंबानी परिवार के घर हुआ था। अर्जुन और सानिया ने अगस्त 2025 में सगाई की थी। सानिया चंडोक ग्रैविस ग्रुप के चेयरमैन रवि घई की पोती हैं और मुंबई में मिस्टर पॉज पैट स्पा एंड स्टोर एलएलपी (Mr. Paws Pet Spa & Store LLP) की डायरेक्टर और पार्टनर हैं। यह संस्था 2022 में शुरू की गई थी और यह पालतू जानवरों की ग्रूमिंग, स्किनकेयर और उससे संबंधित सेवाएं प्रदान करती है।

    सानिया का परिवार, घई परिवार, हॉस्पिटैलिटी और फूड वर्ल्ड में जाना-माना नाम है। उनका इंटरकॉन्टिनेंटल होटल्स ग्रुप है, जिसकी मल्टीनेशनल वैल्यू 1.6 लाख करोड़ रुपए (18.43 बिलियन डॉलर) आंकी जाती है। इसके अलावा, चंडोक परिवार फेमस आइसक्रीम ब्रांड ब्रूकलिन क्रीमरी का भी मालिक है।

    शादी समारोह में शामिल हुए मेहमानों और क्रिकेट दिग्गजों ने अर्जुन और सानिया को बधाई दी। समारोह की भव्यता और फंक्शन के दौरान किए गए स्वागत और आयोजन ने इसे और भी यादगार बना दिया।

    इस शादी में क्रिकेट और बॉलीवुड की दुनिया की कई बड़ी हस्तियों का शामिल होना इसे मीडिया और फैंस के लिए खास बना रहा।

    अर्जुन तेंदुलकर, जो अपने पिता सचिन तेंदुलकर की तरह ही क्रिकेट से जुड़े हैं, और सानिया चंडोक की शादी ने मुंबई में और देशभर में फैंस और मीडिया का ध्यान खींचा। इस शादी के आयोजन से दोनों परिवारों के बीच रिश्तों की मजबूती और सामाजिक प्रतिष्ठा का भी पता चलता है।

    इस भव्य शादी समारोह ने क्रिकेट और बॉलीवुड प्रेमियों में खुशी और उत्साह का माहौल पैदा कर दिया। अर्जुन और सानिया की जोड़ी को शुभकामनाएं देते हुए सभी मेहमान और परिवारजन समारोह के हर पल का आनंद लेते नजर आए।

  • बिहार की राजनीति में नया मोड़ नीतीश कुमार सहित एनडीए के पांच उम्मीदवारों ने भरा राज्यसभा नामांकन

    बिहार की राजनीति में नया मोड़ नीतीश कुमार सहित एनडीए के पांच उम्मीदवारों ने भरा राज्यसभा नामांकन


    नई दिल्ली :बिहार की राजनीति में राज्यसभा चुनाव को लेकर हलचल तेज हो गई है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री Nitish Kumar ने गुरुवार को राज्यसभा चुनाव के लिए अपना नामांकन दाखिल कर दिया। खास बात यह रही कि नामांकन के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री Amit Shah भी मौजूद रहे। इस घटनाक्रम को बिहार की राजनीति में महत्वपूर्ण माना जा रहा है और इसे संभावित राजनीतिक बदलाव के संकेत के रूप में भी देखा जा रहा है।
    नामांकन प्रक्रिया के दौरान राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन यानी नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस के पांचों दलों ने एक साथ अपना नामांकन पर्चा दाखिल किया। इनमें नीतीश कुमार के अलावा नितिन नबीन, रामनाथ ठाकुर, शिवेश कुमार राम और उपेंद्र कुशवाहा शामिल हैं। सभी उम्मीदवार बिहार विधान सभा परिसर पहुंचे और राज्यसभा चुनाव के लिए अपना नामांकन दाखिल किया।

    नामांकन के दौरान अमित शाह की मौजूदगी ने इस प्रक्रिया को और भी राजनीतिक रूप से अहम बना दिया। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह कदम बिहार की आगामी राजनीतिक रणनीति से भी जुड़ा हो सकता है।

    इससे पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट साझा करते हुए बताया कि उन्होंने पटना में केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह से शिष्टाचार मुलाकात की। उन्होंने अपने संदेश में जनता का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि पिछले दो दशकों से अधिक समय से बिहार की जनता ने उन पर भरोसा बनाए रखा है और उसी विश्वास के बल पर उन्होंने राज्य की सेवा पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ की है।

    अपने पोस्ट में नीतीश कुमार ने यह भी कहा कि उनके संसदीय जीवन की शुरुआत से ही यह इच्छा रही है कि वे बिहार विधानमंडल के दोनों सदनों के साथ साथ संसद के दोनों सदनों के भी सदस्य बनें। इसी भावना के तहत उन्होंने इस बार राज्यसभा का सदस्य बनने की इच्छा जताई है और चुनाव मैदान में उतरने का फैसला लिया है।

    गौरतलब है कि Election Commission of India ने 18 फरवरी को देश के 10 राज्यों में खाली हो रही 37 सीटों के लिए राज्यसभा के द्विवार्षिक चुनाव का कार्यक्रम घोषित किया था। इन सीटों पर चुनाव इसलिए कराए जा रहे हैं क्योंकि मौजूदा सदस्यों का कार्यकाल अप्रैल 2026 में समाप्त होने वाला है।

    निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार राज्यसभा चुनाव के लिए मतदान 16 मार्च को सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक कराया जाएगा। इसके बाद उसी दिन शाम 5 बजे से मतगणना शुरू होगी और परिणाम घोषित किए जाएंगे।

    नामांकन से पहले केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पटना स्थित मुख्यमंत्री आवास पहुंचे थे जहां उन्होंने नीतीश कुमार से मुलाकात की। इस बैठक में भाजपा के वरिष्ठ नेता और बिहार के उपमुख्यमंत्री Samrat Choudhary सहित कई अन्य नेता भी मौजूद रहे। बताया जा रहा है कि इस दौरान राज्यसभा चुनाव के साथ साथ बिहार की मौजूदा राजनीतिक स्थिति और आगे की रणनीति को लेकर भी चर्चा की गई।

  • पीएम मोदी ने फिनलैंड के राष्ट्रपति स्टब से की मुलाकात व्यापार तकनीक और रणनीतिक साझेदारी पर जोर

    पीएम मोदी ने फिनलैंड के राष्ट्रपति स्टब से की मुलाकात व्यापार तकनीक और रणनीतिक साझेदारी पर जोर

    नई दिल्ली :प्रधानमंत्री Narendra Modi ने गुरुवार को नई दिल्ली स्थित Hyderabad House में Alexander Stubb के साथ द्विपक्षीय बैठक की। इस दौरान दोनों नेताओं ने भारत और Finland के बीच संबंधों को और मजबूत बनाने के साथ व्यापार निवेश और तकनीकी सहयोग को बढ़ाने पर विस्तृत चर्चा की। बैठक के दौरान दोनों देशों के बीच कई महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापनों यानी एमओयू पर भी हस्ताक्षर किए गए।

    बैठक के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि फिनलैंड के राष्ट्रपति के रूप में अपनी पहली भारत यात्रा पर आए अलेक्जेंडर स्टब का भारत में स्वागत करना उनके लिए सम्मान और खुशी की बात है। उन्होंने कहा कि स्टब जैसे अनुभवी नेता का इस वर्ष आयोजित होने वाले Raisina Dialogue का मुख्य अतिथि बनना भी भारत के लिए गर्व की बात है।

    प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि वर्तमान समय में दुनिया के कई हिस्सों में संघर्ष की स्थिति बनी हुई है। Ukraine से लेकर West Asia तक कई क्षेत्रों में तनाव देखा जा रहा है। ऐसे समय में भारत और यूरोप के देशों के बीच सहयोग का एक नया दौर शुरू हो रहा है जो वैश्विक स्थिरता और विकास के लिए महत्वपूर्ण साबित होगा।

    उन्होंने कहा कि भारत और फिनलैंड के बीच बढ़ता सहयोग साझा विकास और समृद्धि के नए अवसर पैदा कर रहा है। वर्ष 2026 की शुरुआत में दोनों देशों के बीच एक ऐतिहासिक मुक्त व्यापार समझौता भी हुआ है जिससे व्यापार निवेश और तकनीकी सहयोग को और मजबूती मिलेगी।

    प्रधानमंत्री ने कहा कि डिजिटल तकनीक इंफ्रास्ट्रक्चर और सस्टेनेबिलिटी जैसे क्षेत्रों में भारत और फिनलैंड महत्वपूर्ण साझेदार बनकर उभर रहे हैं। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि Nokia के मोबाइल फोन और टेलीकॉम नेटवर्क ने करोड़ों भारतीयों को जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इसके अलावा फिनलैंड के आर्किटेक्ट्स के सहयोग से Chenab River पर दुनिया का सबसे ऊंचा रेलवे ब्रिज बनाया गया है।

    उन्होंने यह भी बताया कि फिनलैंड के सहयोग से Numaligarh में दुनिया की सबसे बड़ी बायो एथेनॉल रिफाइनरी परियोजनाओं में से एक स्थापित की गई है। इन परियोजनाओं से दोनों देशों के बीच तकनीकी और औद्योगिक सहयोग को नई दिशा मिली है।

    प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि राष्ट्रपति स्टब की इस यात्रा से भारत और फिनलैंड के संबंधों को रणनीतिक साझेदारी का नया स्वरूप मिलेगा। यह सहयोग आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से लेकर 6जी टेलीकॉम तकनीक तक और क्लीन एनर्जी से लेकर क्वांटम कंप्यूटिंग जैसे हाईटेक क्षेत्रों तक विस्तारित होगा।

    उन्होंने यह भी कहा कि भारत और फिनलैंड दोनों ही अंतरराष्ट्रीय कानून संवाद और कूटनीति में विश्वास रखते हैं। दोनों देशों का मानना है कि किसी भी वैश्विक विवाद का समाधान केवल सैन्य शक्ति से नहीं बल्कि बातचीत और सहयोग से ही संभव है।

    प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि चाहे यूक्रेन का संकट हो या पश्चिम एशिया का तनाव भारत और फिनलैंड शांति और स्थिरता के हर प्रयास का समर्थन करते रहेंगे और आतंकवाद के सभी रूपों को समाप्त करने के लिए मिलकर काम करेंगे।