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  • ग्वालियर में फर्जी सिम का भंडाफोड़: एक ही फोटो से सैकड़ों सिम सक्रिय, 1,000 रुपए में बेचे गए कनेक्शन

    ग्वालियर में फर्जी सिम का भंडाफोड़: एक ही फोटो से सैकड़ों सिम सक्रिय, 1,000 रुपए में बेचे गए कनेक्शन


    ग्वालियर।
    शहर में फर्जी सिम कार्ड के एक बड़े नेटवर्क का भंडाफोड़ हुआ है। एक पीओएस (पॉइंट ऑफ सेल) शॉप संचालक ने एक ही व्यक्ति के आधार और फोटो का इस्तेमाल कर सैकड़ों लोगों के नाम पर सिम जारी किए। मामला तब उजागर हुआ जब जिस व्यक्ति की फोटो सिम फॉर्म में इस्तेमाल हो रही थी, वह खुद पुलिस के पास पहुंचा। पुलिस का अनुमान है कि इन फर्जी सिम कार्ड्स का इस्तेमाल ऑनलाइन ठगी और साइबर फ्रॉड में किया गया होगा। अधिकारियों का कहना है कि इस खुलासे से कई अन्य साइबर फ्रॉड मामलों की कड़ियां जुड़ सकती हैं।

    जांच में सामने आया कि आरोपी उमेश कुशवाह (गिरवाई, मूल निवासी भिंड) ने अपने साथी आशीष नागर को इस नेटवर्क में शामिल किया। आशीष ग्राहकों की जगह अपनी फोटो लगाकर सिम सक्रिय करता था। हर सिम पर उसे लगभग 500 रुपए मिलते थे, जबकि उमेश एक सिम के लिए 1,000 से 1,500 रुपए वसूलता था। जांच के दौरान पता चला कि आरोपी को पुलिस कार्रवाई की भनक लग गई थी। उसने इंस्टाग्राम मैसेंजर पर अपने साथी को अंडरग्राउंड होने की सलाह दी। इस तरह सैकड़ों सिम कार्ड्स एक ही फोटो और आधार से फर्जी दस्तावेज के जरिए सक्रिय कर दिए गए।

    ऑपरेशन ‘FACE’ में पहली बड़ी कार्रवाई

    भोपाल मुख्यालय द्वारा चलाए जा रहे ऑपरेशन ‘FACE’ (फेशियल ऑथेंटिकेशन कम्प्लायंस इंफोर्समेंट) के तहत यह ग्वालियर में पहली बड़ी कार्रवाई है। झांसी रोड थाना पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया है।

    एक ही इलाके के नाम पर सिम जारी

    पुलिस ने अब तक 7 फर्जी सिम बरामद किए हैं। ये सभी सिम गुढ़ा-गुढ़ी नाका क्षेत्र की प्रीतमपुर कॉलोनी और कुम्हारों के मोहल्ले के लोगों के नाम पर जारी किए गए थे, जबकि उनमें आशीष की फोटो लगी थी।

    जांच में बड़े खुलासे होने की उम्मीद

    पुलिस का कहना है कि यह सिर्फ शुरुआत है। जांच आगे बढ़ने पर फर्जी सिम नेटवर्क से जुड़े और भी बड़े खुलासे हो सकते हैं। अधिकारियों के अनुसार, इस नेटवर्क के खुलासे के बाद कई ऑनलाइन फ्रॉड में इन सिम कार्ड्स के इस्तेमाल की पुष्टि हो सकती है।

  • ग्वालियर में तीन दिवसीय अग्नि सुरक्षा मेला में उमड़ी भीड़, मंत्री-सांसद भी पहुंचे

    ग्वालियर में तीन दिवसीय अग्नि सुरक्षा मेला में उमड़ी भीड़, मंत्री-सांसद भी पहुंचे

    ग्वालियर। मध्य प्रदेश के ग्वालियर मे रविवार को तीन दिवसीय अग्नि सुरक्षा मेला शुरू हुआ। यहा मेला पहले ही दिन से शहरवासियों के आकर्षण का केन्द्र बन गया है।

    ग्वालियर शहर ही नहीं, ग्रामीण अंचल के निवासी भी अग्नि सुरक्षा मेले में पहुँचकर अग्नि दुर्घटना से बचने की बारीकियां सीख रहे हैं। साथ ही मेले में मिल रही विशेष छूट पर अग्नि सुरक्षा उपकरण भी खरीदकर ले जा रहे हैं। सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन कल्याण मंत्री नारायण सिंह कुशवाह, ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर एवं सांसद भारत सिंह कुशवाह भी रविवार को अग्नि सुरक्षा मेला पहुँचे। साथ ही उन्होंने अग्नि सुरक्षा उपकरण चलाने की प्रक्रिया समझी और उपकरण भी खरीदे।

    ग्वालियर व्यापार मेला में दस्तकारी हाट (शिल्प बाजार) परिसर में रविवार से शुरू हुआ अग्नि सुरक्षा मेला 31 मार्च तक लगा रहेगा। पुलिस महानिरीक्षक अरविंद कुमार सक्सेना, कलेक्टर रुचिका चौहान, अपर कलेक्टर कुमार सत्यम, नगर निगम आयुक्त संघ प्रिय व जिला पंचायत के सीईओ सोजान सिंह रावत सहित जिला प्रशासन के अन्य अधिकारी भी अग्नि सुरक्षा मेले में मौजूद रहे।

    मंत्रीद्वय नारायण सिंह कुशवाह व प्रद्युम्न सिंह तोमर एवं सांसद भारत सिंह कुशवाह को कलेक्टर रुचिका चौहान ने अग्नि सुरक्षा मेला में लगी दुकानों का भ्रमण कराया। साथ ही एसडीआरएफ की टीम के माध्यम से आग बुझाने की प्रक्रिया का व्यवहारिक प्रदर्शन (डेमोस्ट्रेशन) भी कराया। मंत्री द्वय एवं सांसद ने जिला प्रशासन द्वारा लगाए गए फायर सेफ्टी मेले की सराहना की।

    तीनों वरिष्ठ जनप्रतिनिधियों ने जिलेवासियों से अपील की है कि अग्नि सुरक्षा मेले में आकर आग बुझाने की बारीकियां सीखें। साथ ही अपने घर, प्रतिष्ठान, औद्योगिक इकाई इत्यादि के लिये अग्नि सुरक्षा उपकरण भी लेकर जाएं। यदि सभी के घर व प्रतिष्ठानों में अग्निशमन उपकरण होंगे तो आग लगने की आपात स्थिति में प्रारंभिक अवस्था में ही आग पर काबू पाया जा सकता है।

    सांसद कुशवाह ने कहा कि अग्नि सुरक्षा को लेकर इसी प्रकार के जनजागरण कार्यक्रम ग्रामीण अंचल में भी आयोजित किए जाएं। उन्होंने व्यवहारिक रूप से अग्नि सुरक्षा उपकरण चलाने की प्रक्रिया सीखी और डेमोस्ट्रेशन में आग भी बुझाई। सांसद ने कहा कि अग्निशमन यंत्र खरीदने के लिये किसानों को भी प्रोत्साहित किया जाए।

    अग्नि सुरक्षा मेले में आ रहे लोगों को एसडीआरएफ की टीम द्वारा पानी, बिजली व गैर रिसाव से लगने वाली आग बुझाने की प्रक्रिया व्यवहारिक रूप से समझाई जा रही है। सरकारी व निजी अस्पतालों के स्टाफ को विशेष रूप से आग बुझाने की बारीकियां सिखाई जा रही हैं। मेला परिसर के एक हिस्से में आग बुझाने का डेमोस्ट्रेशन भी किया जा रहा है। अग्नि सुरक्षा मेले में घर, प्रतिष्ठान व औद्योगिक इकाईयोंसे संबंधित छोटे से लेकर बड़े अग्निशमन यंत्र विशेष छूट पर उपलब्ध हैं। जिला प्रशासन की पहल पर कंपनियों द्वारा इन उपकरणों पर विशेष छूट दी जा रही है।

  • ग्वालियर में सड़क हादसा, पांच लोगों की मौत, चार घायल

    ग्वालियर में सड़क हादसा, पांच लोगों की मौत, चार घायल


    ग्वालियर।
    मध्य प्रदेश के ग्वालियर में आज तड़के थाटीपुर क्षेत्र स्थित परशुराम चौराहे पर जैन मंदिर के पास एक तेज रफ्तार स्कॉर्पियो की ऑटो रिक्शा से टक्कर हो गई। इस हादसे में पांच लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे में जान गंवाने वालों में एक ही परिवार के कई सदस्य शामिल हैं। घायलों में दो बच्चे भी शामिल हैं, जिनका ग्वालियर के अस्पताल में इलाज चल रहा है।

    यह हादसा तड़के करीब तीन बजे हुआ। ऑटो सवार लोग शीतला माता मंदिर से दर्शन कर लौट रहे थे। ऑटो में कुल नौ लोग सवार थे। टक्कर इतनी भीषण थी कि ऑटो अनियंत्रित होकर सड़क किनारे नीम के पेड़ से जा टकराया और पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। यात्रियों को संभलने तक का मौका नहीं मिला। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस और एंबुलेंस को सूचना दी। मौके पर पहुंची टीम ने घायलों को अस्पताल पहुंचाया, जहां पांच लोगों को मृत घोषित कर दिया गया।

    स्कॉर्पियो का पुलिस कर रही थी पीछा

    प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, स्कॉर्पियो चालक ने पहले बस स्टैंड के पास एक ई-रिक्शा को टक्कर मारी। इसके बाद पुलिस उसका पीछा कर रही थी। बचने के प्रयास में चालक तेज रफ्तार से वाहन भगाता हुआ आया और रास्ते में ऑटो को टक्कर मार दी। घायलों के मुताबिक, स्कॉर्पियो चालक नशे में था और लापरवाही से वाहन चला रहा था। स्कॉर्पियो में वो अकेला था। पुलिस ने आरोपित चालक को गिरफ्तार कर लिया है।


    मृतकों के नाम

    इंद्रजीत उर्फ पप्पू शाक्य (55)
    लीला (52), पत्नी इंद्रजीत
    शुभम उर्फ लाली (30)
    शगुन, पत्नी शुभम
    प्रीति कश्यप (60), निवासी मेरठ (शुभम की सास)

    घायलाें के नाम

    प्रीति (20)
    प्रियांश (5), पुत्र शुभम
    आरव (6), पुत्र शुभम
    एक अन्य अज्ञात व्यक्ति

  • ग्वालियर में तानसेन होटल तिराहा पर तेल फैलने से बाइक सवार घायल, ट्रैफिक बाधित

    ग्वालियर में तानसेन होटल तिराहा पर तेल फैलने से बाइक सवार घायल, ट्रैफिक बाधित


    ग्वालियर । ग्वालियर के तानसेन होटल तिराहा पर गुरुवार को एक अज्ञात वाहन से काला तेल फैल जाने से आधा दर्जन से अधिक बाइक सवार फिसलकर चोटिल हो गए। घटना शहर के व्यस्ततम इलाके में हुई जहां से बड़ी संख्या में दोपहिया और चारपहिया वाहन गुजरते हैं।

    घटना के समय कई लोग गिरे हुए बाइक सवारों की मदद के लिए आगे आए लेकिन उन्होंने भी फिसलकर जमीन पर गिरने से चोटें लगीं। गवाहों ने बताया कि एक के बाद एक लोग गिरते नजर आए और वहां का माहौल पूरी तरह भयभीत हो गया।

    स्थानीय लोगों ने तुरंत पहल करते हुए अन्य वाहनों को मार्ग बदलने के लिए डाइवर्ट किया। थोड़ी देर में ट्रैफिक पुलिस भी मौके पर पहुंची और बैरिकेडिंग कर तेल फैली जगह को कवर किया ताकि आगे किसी दुर्घटना की संभावना कम हो सके। घायल बाइक सवार नितिन तिवारी ने घटना की जानकारी साझा की।

  • MP: ग्वालियर में छुट्टी के दिन खुलीं LPG एजेंसियां, भोपाल-हरदा में सिलेंडर की किल्लत से हंगामा

    MP: ग्वालियर में छुट्टी के दिन खुलीं LPG एजेंसियां, भोपाल-हरदा में सिलेंडर की किल्लत से हंगामा


    नई दिल्ली। मध्यप्रदेश में LPG संकट से थोड़ी राहत मिलने लगी है। सोमवार को ग्वालियर में कलेक्टर रुचिका चौहान के आदेश पर साप्ताहिक छुट्टी के दिन भी गैस एजेंसियां खुलीं और बुकिंग के आधार पर सिलेंडर की डिलिवरी शुरू हुई। गैस एजेंसी संचालकों का कहना है कि बुकिंग की 40% समस्या अब खत्म हो गई है।

    भोपाल में हंगामा
    भोपाल के टीटी नगर दशहरा मैदान में सोमवार सुबह गैस सिलेंडर से भरा एक ट्रक पहुंचा। सिलेंडर बांटने के बाद 50 से अधिक लोग खाली हाथ रह गए, जिससे वहां हंगामा हो गया। ग्राहकों का कहना था कि सिलेंडर यहीं मंगवाए जाएं, जबकि कर्मचारियों ने उन्हें एजेंसी जाने के लिए कहा। एक घंटे के बाद कर्मचारियों ने अतिरिक्त ट्रक की व्यवस्था कर लोगों की समस्या दूर की।

    हरदा में भी लगी लंबी लाइन
    हरदा में एलपीजी एजेंसियों पर ग्राहकों की भारी भीड़ उमड़ी। लोग सुबह से ही सिलेंडर भरवाने के लिए लाइन में खड़े हैं।

    होटल इंडस्ट्री में राहत
    एमपी होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष सुमित सूरी ने कहा, “लगातार 6-7 दिन से प्रदेश के किसी भी होटल या रेस्टोरेंट को एक भी कमर्शियल सिलेंडर नहीं मिला। अब सरकार ने हमें भी सिलेंडर देने की बात कही है। यह हमारे लिए ‘ऑक्सीजन’ मिलने जैसा है।”
    सिलेंडर की कमी के कारण प्रदेश में 50 हजार से ज्यादा होटल और रेस्टोरेंट बंद होने की कगार पर थे। वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर इंडक्शन, डीज़ल भट्ठी आदि की सुविधा की गई थी, लेकिन यह काफी खर्चीला था।

    भोपाल में कमर्शियल सिलेंडर की सप्लाई शुरू
    भोपाल गैस एजेंसियों के मुताबिक, सोमवार से कमर्शियल सिलेंडर की सप्लाई शुरू हो गई है। होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष तेजकुल पाल सिंह पाली ने कहा कि अब होटल संचालक इंडक्शन, इलेक्ट्रिक ग्रिडल और फ्रायर की जगह सिलेंडर का उपयोग कर सकेंगे।

    ग्वालियर में सभी एजेंसियां खुलीं
    ग्वालियर में कलेक्टर रुचिका चौहान के आदेश पर सभी एलपीजी एजेंसियां खुलीं। एजेंसी संचालक धर्मेंद्र गुप्ता ने बताया कि पिछले 3-4 दिन से सॉफ्टवेयर समस्या के कारण बुकिंग नहीं हो पा रही थी। सोमवार से सभी को गैस सिलेंडर मिल रहे हैं और कोई कमी नहीं है।

  • MP: ग्वालियर में लगेगा पुस्तक मेला, स्कूली बच्चों को सस्ते दर पर मिलेंगी किताबें, स्टेशनरी व यूनीफॉर्म

    MP: ग्वालियर में लगेगा पुस्तक मेला, स्कूली बच्चों को सस्ते दर पर मिलेंगी किताबें, स्टेशनरी व यूनीफॉर्म

    ग्वालियर। मध्य प्रदेश के ग्वालियर में स्कूली बच्चों को सस्ती दर पर किताबें, यू

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    नीफॉर्म व स्टेशनरी उपलब्ध कराने के लिए सात दिवसीय पुस्तक मेला (बुक फेयर) लगने जा रहा है। सरकार की मंशा के अनुरूप यह बुक फेयर मौजूदा मार्च माह के दौरान ग्वालियर मेला में सूर्य नमस्कार तिराहा के समीप स्थित शिल्प बाजार परिसर में लगेगा।

    कलेक्टर रुचिका चौहान ने रविवार की शाम संबंधित अधिकारियों एवं पुस्तक विक्रेताओं के साथ शिल्प बाजार परिसर पहुँचकर पुस्तक मेले की तैयारियों का जायजा लिया। कलेक्टर ने इस अवसर पर स्पष्ट किया कि पुस्तक मेला अवधि के दौरान बाजार में किसी भी पुस्तक की दुकान से स्कूली पुस्तकें व स्टेशनरी नहीं बेची जा सकेंगीं।

    इस पर पुस्तक विक्रेताओं एवं एसोसिएशन के अधिकारियों ने सहमति जताई। साथ ही कहा कि पुस्तक विक्रेताओं ने कहा कि पुस्तक मेला को लेकर हम उत्साहित हैं। पुस्तक मेले में प्रत्येक दुकानदार द्वारा किताबों, स्टेशनरी व यूनीफॉर्म की बिक्री पर आकर्षक छूट भी प्रदान की जायेगी। पुस्तक मेला परिसर के निरीक्षण के दौरान अपर कलेक्टर कुमार सत्यम, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सोजान सिंह रावत, जिला शिक्षा अधिकारी हरिओम चतुर्वेदी, डीपीसी रविन्द्र तोमर एवं मेला सचिव सुनील बाबू त्रिपाठी सहित अन्य संबंधित अधिकारी, पुस्तक विक्रेता एसोसिएशन के पदाधिकारी व पुस्तक विक्रेता मौजूद थे।

    पुस्तक विक्रेताओं को जिले के विभिन्न स्कूलों के पाठ्यक्रम उपलब्ध करा दिए गए हैं। कलेक्टर ने इस मौके पर पुस्तक विक्रेताओं से कहा कि वे निर्धारित पाठ्यक्रम के अनुसार पुस्तकों के सेट बच्चों एवं उनके अभिभावकों को उपलब्ध कराएं। वेंडर्स यानी पुस्तक विक्रेताओं द्वारा पुस्तक मेला मे किताबें, स्टेशनरी व ड्रेस खरीदने वाले अभिभावकों को विशष छूट दी जायेगी। पुस्तक मेला लगने से अनाधिकृत प्रिंटिग कर पुस्तक बेचने की प्रवृत्ति पर भी प्रभावी रोक लगेगी।

    मार्च माह के द्वितीय पखवाड़े में लगने जा रहे पुस्तक मेले में सीबीएसई, आईएसई एवं एमपी बोर्ड से संबंध सभी निजी स्कूलों के पाठ्यक्रम के अनुसार पुस्तकें व यूनीफॉर्म उपलब्ध रहेंगी। जिला प्रशासन द्वारा बच्चों व उनके अभिभावकों के हित को ध्यान में रखकर लिए गए पुस्तक मेला लगाने के निर्णय का पुस्तक प्रकाशकों (पब्लिशर्स) व डीलर्स ने स्वागत किया है।

    कलेक्टर ने निरीक्षण के दौरान पुस्तक मेले की रूपरेखा के संबंध में विस्तार से चर्चा की। पुस्तक विक्रेताओं ने पिछले साल जिन दुकानदारों को जो दुकानें आवंटित की गई थीं, उन्हीं दुकानों का इस बार भी आवंटन करने का आग्रह किया। कलेक्टर ने कहा कि पुस्तक विक्रेताओं की सहमति से ही आवंटन की प्रक्रिया को अंतिम रूप दिया जायेगा। उन्होंने शिल्प बाजार परिसर की साफ-सफाई, विद्युत व्यवस्था, शौचालय व पेयजल की पुख्ता व्यवस्था करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। साथ ही कहा कि पुस्तक मेला परिसर में फूड स्टॉल भी लगवाए जाएं।

    आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के जरूरतमंद बच्चों को नि:शुल्क पुस्तकें उपलब्ध कराने के लिये पुस्तक मेला परिसर में बुक बैंक भी स्थापित किया जायेगा। ऐसे स्कूली विद्यार्थी जो अपनी पिछली कक्षा की किताबें दान करना चाहते हैं वे बुक बैंक में अपनी किताबें जमा कर सकेंगे। ज्ञात हो पिछली साल बनाए गए बुक बैंक से 700 जरूरतमंद बच्चों ने नि:शुल्क पुस्तकें प्राप्त की थीं।

    पुस्तक विक्रेताओं एवं स्कूली बच्चों व उनके अभिभावकों की मदद के लिए जिला प्रशासन द्वारा जिला शिक्षा अधिकारी के माध्यम से हैल्पलाईन नंबर भी जारी कराया गया है। जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय के कॉर्डिनेटर आईटी सेल अरविंद तोमर (मोबा. 98935-87573) से संपर्क कर पुस्तक मेला के संबंध मे जानकारी प्राप्त की जा सकेगी। साथ ही पुस्तक मेला के संबंधित समस्याएं भी दर्ज कराई जा सकेंगी।

    स्कूलों द्वारा निर्धारित पुस्तकों के सेट की कीमत का परीक्षण कराया जा रहा है। कलेक्टर रुचिका चौहान ने जिला शिक्षा अधिकारी व जिला परियोजना समन्वयक को जल्द से जल्द यह परीक्षण करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने पिछली साल के पुस्तक मेले में अभिभावकों व विद्यार्थियों द्वारा दर्ज किए गए फीड बैक का अध्ययन कर इस बार के मेले को और बेहतर बनाने के निर्देश भी दिए हैं।

  • MP में LPG का बड़ा संकट: होटलों के चूल्हे ठंडे, घरों में 8 घंटे की कतार, प्रशासन अलर्ट पर

    MP में LPG का बड़ा संकट: होटलों के चूल्हे ठंडे, घरों में 8 घंटे की कतार, प्रशासन अलर्ट पर



    भोपाल। मध्य प्रदेश में रसोई गैस (LPG) संकट ने आम नागरिक और व्यवसाय दोनों के लिए मुश्किलें बढ़ा दी हैं। प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों से मिली रिपोर्टों के मुताबिक, घरेलू गैस की कमी ने लोगों को धूप में घंटों कतार में खड़ा कर दिया है, वहीं कॉमर्शियल सिलेंडर न मिलने से होटलों और रेस्तरां के चूल्हे ठंडे पड़े हैं। राजधानी भोपाल के जहांगीराबाद और बोगदा पुल इलाकों में स्थिति गंभीर है। स्थानीय निवासी शीबा खान के अनुसार, उनके पास 13 मार्च को डिलीवरी का मैसेज तो आया, लेकिन सिलेंडर घर नहीं पहुंचा, जिससे उन्हें अब रिश्तेदारों के यहां खाना बनाने के लिए मजबूर होना पड़ा। वहीं मोहम्मद रियाज ने तीन दिन गैस न मिलने के बाद नया इंडक्शन चूल्हा खरीदा, ताकि परिवार भूखा न रहे।

    कॉमर्शियल सिलेंडरों की किल्लत ने प्रदेश के होटल और रेस्तरां उद्योग को भी प्रभावित किया है। पिछले छह दिनों में 50,000 से ज्यादा होटलों और छोटे रेस्टॉरेंट्स को सिलेंडर नहीं मिले हैं। भोपाल और इंदौर के कई होटलों ने मेन्यू छोटा कर दिया है, जबकि कई रेहड़ियां और स्ट्रीट फूड ठेले पूरी तरह बंद हो गए हैं। इससे दैनिक मजदूरी पर निर्भर दुकानदारों की आमदनी भी प्रभावित हो रही है।

    हालांकि ग्वालियर और उज्जैन में प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए कदम उठाए हैं। ग्वालियर कलेक्टर रुचिका चौहान ने दावा किया कि जिले में स्टॉक की कोई कमी नहीं है और खाद्य विभाग की टीमें लगातार चेकिंग कर रही हैं। अफवाहों को रोकने के लिए कंट्रोल रूम भी बनाया गया है। उज्जैन में रविवार की छुट्टी के बावजूद महाकाल गैस एजेंसी खोलकर घरेलू गैस की सप्लाई जारी रखी गई। एजेंसी संचालक भगवान दास एरन ने बताया कि घरेलू सिलेंडर की निरंतर सप्लाई की जा रही है, हालांकि कॉमर्शियल सिलेंडरों के लिए नए आदेशों का इंतजार किया जा रहा है।

    इंदौर में स्थिति थोड़ी मिश्रित रही। प्रशासन के निर्देश पर रविवार को खुली एजेंसियों में उपभोक्ताओं ने बुकिंग कराने में कोई परेशानी नहीं बताई, लेकिन सप्लाई में देरी के कारण डिलीवरी 7-8 दिन में मिलने का आश्वासन दिया गया। वहीं कुछ उपभोक्ताओं ने KYC प्रक्रिया और गैस पाइप (नली) खरीदने का दबाव भी अनुभव किया।

    इस संकट ने साफ कर दिया है कि प्रदेश में LPG की आपूर्ति और वितरण में प्रशासनिक और लॉजिस्टिक चुनौतियां हैं। घरों में खाना बनाने वाले आम नागरिक और व्यवसायिक स्तर पर रेस्तरां चलाने वाले दोनों ही इस संकट से प्रभावित हैं। ग्वालियर, उज्जैन और इंदौर में प्रशासन की सक्रियता के बावजूद राजधानी भोपाल सहित कई इलाकों में जनता को गैस के लिए लंबी कतारों और देरी का सामना करना पड़ रहा है। उपभोक्ताओं की मांग है कि राज्य सरकार और गैस एजेंसियां जल्द से जल्द सप्लाई और वितरण सुचारू करें ताकि रोजमर्रा के काम और व्यावसायिक गतिविधियां प्रभावित न हों।

  • ग्वालियर में लाड़ली बहना सम्मेलन, 122 करोड़ के 54 विकास कार्यों का भूमिपूजन और लोकार्पण

    ग्वालियर में लाड़ली बहना सम्मेलन, 122 करोड़ के 54 विकास कार्यों का भूमिपूजन और लोकार्पण

    ग्वालियर जिले के घाटीगांव में आज मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव लाड़ली बहना सम्मेलन में शामिल होंगे और प्रदेश की 1 करोड़ 25 लाख से अधिक बहनों के बैंक खातों में सिंगल क्लिक के माध्यम से 1836 करोड़ रुपए से अधिक की राशि अंतरित करेंगे। यह राशि योजना की 34वीं किस्त के रूप में दी जा रही है। वहीं ग्वालियर जिले की 3 लाख 2 हजार 850 महिलाओं के खातों में 44 करोड़ 83 लाख रुपए की राशि अंतरित की जाएगी।

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इस अवसर पर जिले में लगभग 122 करोड़ रुपए की लागत से बन रहे 54 विकास कार्यों का भूमिपूजन और लोकार्पण भी करेंगे। इसमें 62 करोड़ रुपए के 19 कार्यों का लोकार्पण और 60 करोड़ रुपए के 35 कार्यों का भूमिपूजन शामिल है। इसके अलावा सरकार की विभिन्न स्वरोजगार योजनाओं के तहत महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए आर्थिक सहायता भी वितरित की जाएगी।

    लाड़ली बहना सम्मेलन में केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया, विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर, जिले के प्रभारी मंत्री तुलसीराम सिलावट, राज्य सरकार के मंत्री नारायण सिंह कुशवाह और प्रद्युम्न सिंह तोमर, सांसद भारत सिंह कुशवाह, विधायक मोहन सिंह राठौर और जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती दुर्गेश कुंवर सिंह जाटव सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहेंगे।

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कार्यक्रम के दौरान राजमाता विजयाराजे सिंधिया एयर टर्मिनल, महाराजपुरा पहुंचेगे और वहां से हेलीकॉप्टर द्वारा घाटीगांव के पास देवनारायण मंदिर परिसर में बने हेलीपैड पर उतरेंगे। मुख्यमंत्री देवनारायण मंदिर और शबरी माता मंदिर में पूजा-अर्चना भी करेंगे और उसके बाद हेलीकॉप्टर से पुनः विमानतल पहुंचकर भोपाल के लिए प्रस्थान करेंगे।

    प्रदेश सरकार महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। इसी क्रम में योजना के तहत नवंबर माह से मासिक सहायता में 250 रुपए की वृद्धि की गई है, जिससे अब पात्र हितग्राही महिलाओं को प्रतिमाह 1,500 रुपए की आर्थिक सहायता मिल रही है। जून 2023 से फरवरी 2026 तक योजना की 33 किस्तें जारी की जा चुकी हैं और इस दौरान 54,140 करोड़ रुपए सीधे महिलाओं के खातों में अंतरित किए गए हैं। अब योजना केवल आर्थिक सहायता तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि महिलाओं को कौशल उन्नयन, रोजगार और स्वरोजगार के अवसर से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाया जाएगा।

    लोकार्पित होने वाले प्रमुख कार्यों में करीब 40 करोड़ रुपए की लागत से निर्मित सांदीपनि शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कुलैथ का भवन और 9.11 करोड़ रुपए की लागत से डाडा खिरक–तिघरा मार्ग पर सांक नदी पर बने उच्च स्तरीय पुल शामिल हैं। भूमिपूजन किए जाने वाले प्रमुख कार्यों में आईएसबीटी के समीप 6.17 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाला 100 सीटर श्रमिक विश्रामगृह और 12.16 करोड़ रुपए की लागत से अंबेडकर धाम के द्वितीय चरण में बाबा साहब के जीवन पर आधारित संग्रहालय शामिल हैं। इसके अलावा शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों की नई सड़कों, आयुर्वेदिक महाविद्यालय के एनाटॉमी विभाग के हॉल और छात्रावास तथा भितरवार में नए शॉपिंग कॉम्प्लेक्स का निर्माण भी प्रस्तावित है।

  • मिडिल ईस्ट तनाव का असर ग्वालियर की बाजारों में, किराना, रोजमर्रा की चीजों के दाम बढ़े

    मिडिल ईस्ट तनाव का असर ग्वालियर की बाजारों में, किराना, रोजमर्रा की चीजों के दाम बढ़े


    ग्वालियर। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और इजराइल-ईरान संघर्ष का असर अब ग्वालियर के बाजारों में भी दिखाई देने लगा है। शहर में धीरे-धीरे महंगाई बढ़ रही है, जिससे आम लोगों के घर का बजट प्रभावित हो रहा है। व्यापारियों का कहना है कि अगर हालात जल्द सामान्य नहीं हुए, तो रोजमर्रा की चीजों के दाम और तेजी से बढ़ सकते हैं।
    शहर में एलपीजी गैस की स्थिति भी प्रभावित हुई है। एलपीजी सिलेंडर के दाम बढ़ने के बाद कमर्शियल एलपीजी की आपूर्ति पर भी असर पड़ा है। इसके कारण घरेलू गैस की मांग अचानक बढ़ गई है। कई लोगों का कहना है कि कुछ लोग सिलेंडर स्टॉक कर रहे हैं, जिसके चलते जरूरतमंदों को समय पर गैस नहीं मिल पा रही है।

    किराना बाजार में भी महंगाई का असर साफ दिखाई देने लगा है। व्यापारियों के अनुसार कई आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में 5 से 10 रुपए तक की बढ़ोतरी होने लगी है। उनका कहना है कि यदि अंतरराष्ट्रीय हालात ऐसे ही बने रहे, तो आने वाले दिनों में कीमतें और बढ़ सकती हैं।

    किराना व्यापारी गोकुल बंसल के मुताबिक खाने के तेल की कीमत में लगभग 10 रुपए प्रति किलो और एक कनस्तर पर करीब 100 रुपए तक का फर्क आ चुका है। इसके अलावा दाल और चावल के दाम भी धीरे-धीरे बढ़ रहे हैं। उनका कहना है कि बाजार में एक वस्तु की कीमत बढ़ने का असर दूसरी चीजों पर भी पड़ता है, इसलिए हालात सामान्य होना जरूरी है।

    ड्राई फ्रूट्स के बाजार में भी तेजी देखने को मिल रही है। ग्वालियर में अधिकांश ड्राई फ्रूट्स बाहरी राज्यों और विदेशों से आते हैं, जिससे अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों का सीधा असर कीमतों पर पड़ रहा है। ड्राई फ्रूट्स व्यापारी मानस गोयल के अनुसार पिस्ता की कीमत में करीब 300 से 400 रुपए प्रति किलो तक की बढ़ोतरी हो चुकी है, जबकि डोडी के दाम भी लगभग 100 रुपए प्रति किलो बढ़े हैं।

    उन्होंने बताया कि ईरान से आने वाले कई उत्पादों की कीमतों में भी बढ़ोतरी हुई है। काली किशमिश और अन्य रेजिन आइटम्स में 100 से 200 रुपए तक का अंतर देखने को मिल रहा है। उनका कहना है कि यदि यह स्थिति दो सप्ताह और बनी रही, तो आम लोगों के लिए ड्राई फ्रूट्स खरीदना मुश्किल हो सकता है।

    इधर गैस की कमी और बढ़ती कीमतों के कारण लकड़ी की मांग भी बढ़ने लगी है। लकड़ी और कोयला व्यापारियों के मुताबिक लकड़ी की मांग में करीब 10 प्रतिशत तक का इजाफा हुआ है। लकड़ी व्यवसायी नेहा गुप्ता ने बताया कि कोयले की मांग फिलहाल स्थिर है, लेकिन गैस की उपलब्धता प्रभावित होने के कारण होटल, कैटरर्स और मैरिज हॉल में लकड़ी की सप्लाई बढ़ने लगी है।

  • ग्वालियर में बेटे ने पिता और बेटी को बेरहमी से पीटा, गृहस्थी का सामान महिला मित्र के घर ले गया

    ग्वालियर में बेटे ने पिता और बेटी को बेरहमी से पीटा, गृहस्थी का सामान महिला मित्र के घर ले गया



    ग्वालियर । ग्वालियर की पुरानी छावनी बाथम मोहल्ला में एक बेहद चिंताजनक और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। 72 वर्षीय रामदास तोमर और उनकी बेटी मोहिनी तोमर अपने ही बेटे राजेश तोमर की हिंसक हरकतों का शिकार बन गए। आरोप है कि राजेश ने अपनी महिला मित्र रेखा बाथम के लिए पूरे परिवार और गृहस्थी को जोखिम में डालते हुए घर से सभी कीमती सामान अपने साथ ले लिया और पिता-पुत्री को जमकर पीटा।

    रामदास तोमर ने पुलिस को बताया कि कुछ दिन पहले उनका बेटा राजेश शराब पीने का आदी बन चुका है और अक्सर घर में मारपीट करता है। उनकी बहू और बच्चों के साथ भी वह अक्सर मारपीट करता था। इस बार राजेश ने परिवार की गैरमौजूदगी में घर से पूरे गृहस्थी का सामान निकाल लिया। जब रामदास और उनकी बेटी मोहिनी सामान लेने उनके घर गए, तो राजेश ने उन्हें पीटा। इस दौरान उसकी महिला मित्र रेखा बाथम ने भी बेटी पर हमला किया। घटना के बाद पिता-पुत्री को मानसिक और शारीरिक चोटें आईं, और उन्हें स्थानीय पुलिस के पास शिकायत दर्ज करानी पड़ी।

    पुलिस ने बताया कि रेखा बाथम बाथम मोहल्ला में रहती है और राजेश उसका टेंपो चलाता है। घटना के समय रेखा के बच्चे और परिवार अपने गांव गए हुए थे, जिससे राजेश को मौका मिला और उसने रात के समय घर से दो बार सामान भरकर ले गया। केवल एक ड्रम और टब जैसी कुछ वस्तुएं छोड़ दी गईं।

    रामदास ने बताया कि राजेश की महिला मित्र के लिए अति लगाव ने उसे परिवार और जिम्मेदारियों से दूर कर दिया। अपने पिता और बेटी के साथ हिंसा करने के बाद राजेश ने गृहस्थी का सामान अपने प्रेम संबंध के घर पहुंचा दिया। पुलिस ने कहा कि इस मामले में पिता की शिकायत के आधार पर तुरंत कार्रवाई की जा रही है और आरोपी के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है।

    पुरानी छावनी थाना पुलिस ने बताया कि इस मामले में आरोपी की गिरफ्तारी और उसकी महिला मित्र की भूमिका की भी जांच की जा रही है। साथ ही, परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि ऐसे मामलों में समय पर कार्रवाई बेहद जरूरी है ताकि परिवार और समाज दोनों सुरक्षित रह सकें।

    विशेषज्ञों के अनुसार, यह घटना परिवारिक संबंधों में आए तनाव, अविवेकपूर्ण संबंध और व्यक्तिगत लालच का एक गंभीर उदाहरण है। इसके साथ ही यह समाज और समुदाय के लिए चेतावनी भी है कि अविवेकपूर्ण निर्णय और गलत संगति किस हद तक हिंसा और पारिवारिक विवाद में बदल सकते हैं।