Tag: Team India

  • रोहित-कोहली की ऐतिहासिक साझेदारी, 400 अंतरराष्ट्रीय मैच साथ खेलने वाली पहली भारतीय जोड़ी बनी

    रोहित-कोहली की ऐतिहासिक साझेदारी, 400 अंतरराष्ट्रीय मैच साथ खेलने वाली पहली भारतीय जोड़ी बनी

    नई दिल्ली । भारतीय क्रिकेट के दो सबसे भरोसेमंद बल्लेबाज रोहित शर्मा और विराट कोहली ने एक और ऐतिहासिक उपलब्धि अपने नाम कर ली है। इंग्लैंड के खिलाफ लॉर्ड्स में खेले जा रहे तीसरे और निर्णायक वनडे मुकाबले में मैदान पर उतरते ही दोनों खिलाड़ियों ने एक साथ 400 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने का रिकॉर्ड बना दिया। इसके साथ ही रोहित और विराट अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में यह मुकाम हासिल करने वाली पहली भारतीय जोड़ी बन गए हैं।

    दोनों दिग्गज पिछले डेढ़ दशक से भारतीय क्रिकेट की रीढ़ रहे हैं। कई यादगार जीत, बड़े टूर्नामेंट और ऐतिहासिक साझेदारियों के गवाह रहे रोहित और विराट की यह उपलब्धि उनकी निरंतरता, फिटनेस और लंबे समय तक टीम में अहम भूमिका निभाने का प्रमाण है।

    हालांकि वैश्विक स्तर पर इस सूची में अभी भी श्रीलंका के दिग्गज खिलाड़ियों का दबदबा कायम है। कुमार संगकारा और महेला जयवर्धने की जोड़ी 550 अंतरराष्ट्रीय मैचों के साथ पहले स्थान पर है। दूसरे स्थान पर महेला जयवर्धने और तिलकरत्ने दिलशान की जोड़ी है, जिसने 426 मुकाबले साथ खेले। तीसरे स्थान पर कुमार संगकारा और तिलकरत्ने दिलशान 418 मैचों के साथ मौजूद हैं, जबकि सनथ जयसूर्या और मुथैया मुरलीधरन की जोड़ी 408 मैचों के साथ चौथे स्थान पर है। दक्षिण अफ्रीका के जैक्स कैलिस और मार्क बाउचर ने 407 मुकाबले साथ खेले हैं। रोहित शर्मा और विराट कोहली 400 मैचों के साथ इस प्रतिष्ठित सूची में छठे स्थान पर पहुंच गए हैं। भारत के ही सचिन तेंदुलकर और राहुल द्रविड़ की जोड़ी 391 मैचों के साथ सातवें स्थान पर है।

    इस ऐतिहासिक उपलब्धि के बीच भारत और इंग्लैंड के बीच लॉर्ड्स में सीरीज का निर्णायक मुकाबला खेला जा रहा है। इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। भारतीय टीम को इस मैच में बड़ा झटका तब लगा जब तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह घुटने में सूजन के कारण फिटनेस टेस्ट पास नहीं कर सके और उन्हें अंतिम एकादश से बाहर होना पड़ा। वहीं हैमस्ट्रिंग चोट के कारण वॉशिंगटन सुंदर भी उपलब्ध नहीं रहे।

    भारतीय टीम ने बुमराह और वॉशिंगटन सुंदर की जगह युवा तेज गेंदबाज प्रिंस यादव और अर्शदीप सिंह को मौका दिया, जबकि इंग्लैंड ने अपनी प्लेइंग इलेवन में साकिब महमूद की जगह जोश टंग को शामिल किया।

    रोहित शर्मा और विराट कोहली की 400 मैचों की यह उपलब्धि भारतीय क्रिकेट इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ती है। दोनों खिलाड़ियों ने वर्षों तक अपने शानदार प्रदर्शन, निरंतरता और अनुभव से टीम इंडिया को कई यादगार जीत दिलाई हैं। यह रिकॉर्ड उनकी महान क्रिकेट यात्रा का एक और स्वर्णिम पड़ाव माना जा रहा है।

  • Ind vs Eng: टी-20 सीरीज का चौथा मुकाबला आज ब्रिस्टल में…. जीत के इरादे से उतरेगी टीम इंडिया

    Ind vs Eng: टी-20 सीरीज का चौथा मुकाबला आज ब्रिस्टल में…. जीत के इरादे से उतरेगी टीम इंडिया


    नई दिल्ली।
    इंडिया वर्सेस इंग्लैंड (India vs England) 5 मैच की टी20 सीरीज (T20 Series) का चौथा मुकाबला आज यानी गुरुवार, 9 जुलाई को ब्रिस्टल में खेला जाना है। श्रेयस अय्यर की अगुवाई वाली टीम इंडिया (Team India) के पास अब इस सीरीज को जीतने का तो कोई मौका नहीं है, वह बस अब ज्यादा से ज्यादा ड्रॉ करा सकती है। IND vs ENG टी20 सीरीज का पहला मैच बारिश की वजह से धुल गया था, वहीं दूसरे और तीसरे मुकाबले में मेजबानों ने भारत को धूल चटाई। भारत बनाम इंग्लैंड आज के मैच की टाइमिंग को लेकर भी सवाल है। इस सीरीज के मैच भारतीय समयानुसार काफी देरी से शुरू हो रहे हैं, वहीं एक मैच शाम 7 बजे भी खेला गया था। तो आईए मैच से जुड़ी कुछ अहम जानकारियों पर एक नजर डालते हैं-

    India vs England चौथा टी20 आज यानी गुरुवार, 9 जुलाई को खेला जाएगा।
    इंडिया वर्सेस इंग्लैंड चौथा टी20 ब्रिस्टल के काउंटी ग्राउंड में खेला जाएगा।
    IND vs ENG 4th T20I भारतीय समयानुसार रात 10 बजे ही शुरू होगा, जबकि टॉस के लिए दोनों कप्तान आधा घंटा पहले मैदान पर उतरेंगे।


    इंडिया वर्सेस इंग्लैंड चौथा टी20 फ्री में कैसे देखें लाइव?

    भारतीय फैंस DD स्पोर्ट्स पर इंडिया बनाम इंग्लैंड क्रिकेट मैच लाइव देख सकते हैं। हालांकि, फ्री लाइव टेलीकास्ट सिर्फ उन दर्शकों के लिए उपलब्ध है जो DD फ्री डिश और टेरेस्ट्रियल नेटवर्क के जरिए चैनल एक्सेस कर रहे हैं। ब्रॉडकास्टिंग राइट्स की पाबंदियों के कारण यह एयरटेल, टाटा प्ले, या डिश टीवी जैसे प्राइवेट DTH प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध नहीं है।


    IND vs ENG 4th T20I की लाइव स्ट्रीमिंग और टीवी पर कैसे देखें लाइव?

    India vs England चौथे टी20 का मजा आप टीवी पर स्टार स्पोर्ट्स पर उठा सकते हैं। वहीं इस मैच की लाइव स्ट्रीमिंग दो प्लेटफॉर्म डिज्नी प्लस हॉटस्टार और सोनी लिव पर होगी। आप कहीं भी भारत बनाम इंग्लैंड मैच लाइव देख सकते हैं। इसके अलावा लाइव स्कोर और मैच से जुड़ी अहम जानकारियों के लिए लाइवहिंदुस्तान के क्रिकेट पेज पर विजिट कर सकते हैं।


    इंडिया वर्सेस इंग्लैंड स्क्वॉड

    इंडिया स्क्वॉड: अभिषेक शर्मा, वैभव सूर्यवंशी, इशान किशन (विकेट कीपर), श्रेयस अय्यर (कप्तान), तिलक वर्मा, शिवम दुबे, अक्षर पटेल, हर्षित राणा, प्रिंस यादव, अर्शदीप सिंह, वरुण चक्रवर्ती, संजू सैमसन, प्रसिद्ध कृष्णा, वाशिंगटन सुंदर, रवि बिश्नोई, सूर्यांश शेडगे

    इंग्लैंड स्क्वॉड: फिलिप सॉल्ट, जोस बटलर (विकेट कीपर), हैरी ब्रूक (कप्तान), जैकब बेथेल, टॉम बैंटन, सैम करन, विल जैक्स, जोफ्रा आर्चर, लियाम डॉसन, आदिल राशिद, जोश टंग, सोनी बेकर, रेहान अहमद, जॉर्डन कॉक्स, साकिब महमूद, ल्यूक वुड

  • ताश के पत्तों की तरह बिखरी टीम इंडिया, टी20 इतिहास की सबसे बड़ी हार से दहला भारतीय क्रिकेट

    ताश के पत्तों की तरह बिखरी टीम इंडिया, टी20 इतिहास की सबसे बड़ी हार से दहला भारतीय क्रिकेट


    नई दिल्ली । नॉटिंघम के ट्रेंट ब्रिज मैदान पर भारतीय क्रिकेट टीम को टी20 अंतरराष्ट्रीय इतिहास की सबसे बड़ी हार का सामना करना पड़ा। इंग्लैंड ने तीसरे टी20 मुकाबले में हर विभाग में शानदार प्रदर्शन करते हुए भारत को 125 रन से शिकस्त दी। 202 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम सिर्फ 76 रन पर ऑलआउट हो गई। यह रनों के अंतर से भारत की टी20 इंटरनेशनल में अब तक की सबसे बड़ी हार है।

    इससे पहले भारत को वर्ष 2019 में न्यूजीलैंड के खिलाफ 80 रन से हार मिली थी, लेकिन नॉटिंघम में मिली 125 रन की हार ने वह रिकॉर्ड भी पीछे छोड़ दिया। इतना ही नहीं, 76 रन का स्कोर भारत का टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में दूसरा सबसे कम टीम स्कोर भी रहा। इससे पहले 2008 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भारतीय टीम 74 रन पर सिमट गई थी।

    लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत की शुरुआत बेहद खराब रही। सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा केवल 10 रन बनाकर जोश टंग का शिकार बने। युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने कुछ आकर्षक शॉट जरूर लगाए, लेकिन वह भी सिर्फ 13 रन बनाकर जोफ्रा आर्चर की गेंद पर आउट हो गए। इसके बाद विकेटों का सिलसिला लगातार जारी रहा और कोई भी बल्लेबाज बड़ी साझेदारी नहीं बना सका।

    ईशान किशन 13 रन, कप्तान श्रेयस अय्यर बिना प्रभाव छोड़े पवेलियन लौट गए। अक्षर पटेल 10 रन, तिलक वर्मा 3 रन, हर्षित राणा 2 रन और शिवम दुबे भी केवल 2 रन बनाकर आउट हो गए। पूरी भारतीय बल्लेबाजी इंग्लैंड के तेज और स्पिन आक्रमण के सामने पूरी तरह बेबस नजर आई।

    इंग्लैंड की ओर से जोश टंग ने सबसे सफल गेंदबाजी करते हुए चार ओवर में 28 रन देकर चार विकेट झटके। जोफ्रा आर्चर ने तीन विकेट हासिल किए, जबकि अनुभवी स्पिनर आदिल रशीद ने दो विकेट लेकर भारतीय बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी।

    इससे पहले इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 20 ओवर में सात विकेट पर 201 रन का मजबूत स्कोर खड़ा किया। फिल साल्ट ने 44 गेंदों में 70 रन की विस्फोटक पारी खेली। कप्तान जोस बटलर ने 36 रन बनाए, जबकि सैम करन ने अंतिम ओवरों में नाबाद 41 रन की तेजतर्रार पारी खेलकर टीम को 200 के पार पहुंचाया।

    इस जीत के साथ इंग्लैंड ने पांच मैचों की टी20 सीरीज में 2-0 की महत्वपूर्ण बढ़त बना ली है। वहीं भारतीय टीम के लिए यह हार कई सवाल छोड़ गई है। बल्लेबाजी क्रम का पूरी तरह फ्लॉप होना और बड़े लक्ष्य के सामने संघर्ष किए बिना ढह जाना टीम प्रबंधन के लिए चिंता का विषय बन गया है। अब सीरीज में वापसी के लिए भारत को अगले मुकाबले में हर विभाग में बेहतर प्रदर्शन करना होगा।

  • फेक बयान पर सूर्यकुमार यादव की सफाई: भारतीय टीम के साथ खड़ा हूं, अफवाहों पर न करें भरोसा

    फेक बयान पर सूर्यकुमार यादव की सफाई: भारतीय टीम के साथ खड़ा हूं, अफवाहों पर न करें भरोसा


    नई दिल्ली । भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार बल्लेबाज और पूर्व टी20 कप्तान सूर्यकुमार यादव ने सोशल मीडिया पर उनके नाम से वायरल हो रहे कथित बयानों को लेकर अपनी चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि इंटरनेट पर प्रसारित किए जा रहे कई बयान पूरी तरह भ्रामक हैं और उनका उन बयानों से कोई संबंध नहीं है। सूर्यकुमार ने लोगों से अपील की है कि बिना पुष्टि किसी भी जानकारी पर भरोसा न करें और न ही उसे आगे साझा करें।

    सूर्यकुमार यादव ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर लिखा कि वह भारतीय टीम के प्रदर्शन से बेहद खुश हैं और हमेशा टीम की सफलता की कामना करते हैं। उन्होंने कहा कि टीम के खिलाड़ी देश के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने का प्रयास कर रहे हैं और उन्हें हमेशा उनका पूरा समर्थन मिलेगा। उन्होंने भारतीय टीम के उज्ज्वल भविष्य पर भरोसा जताते हुए सभी खिलाड़ियों को शुभकामनाएं दीं।

    अपने संदेश में सूर्यकुमार यादव ने युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी के लिए भी विशेष शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि वैभव अपने क्रिकेट करियर के बेहद रोमांचक दौर की शुरुआत कर रहे हैं और उन्हें हर पल का आनंद लेते हुए देश का नाम रोशन करना चाहिए। उन्होंने विश्वास जताया कि युवा खिलाड़ी आने वाले समय में भारतीय क्रिकेट के लिए बड़ी उपलब्धियां हासिल करेंगे।

    सूर्यकुमार यादव ने अपने नाम से प्रसारित किए जा रहे कथित बयानों पर नाराजगी भी जाहिर की। उन्होंने साफ कहा कि सोशल मीडिया पर जो बयान उनके नाम से साझा किए जा रहे हैं, वे पूरी तरह गलत हैं। उन्होंने ऐसा कोई बयान न तो दिया है और न ही किसी को इसकी अनुमति दी है। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि किसी भी खबर या पोस्ट को साझा करने से पहले उसकी सत्यता अवश्य जांच लें ताकि गलत सूचनाओं के प्रसार पर रोक लगाई जा सके।

    उन्होंने यह भी कहा कि भारतीय क्रिकेट, अपने साथी खिलाड़ियों और खेल के प्रति उनका समर्पण किसी भी अफवाह या झूठे बयान से कहीं अधिक मजबूत है। उनके लिए देश और टीम सर्वोपरि है तथा वह हमेशा भारतीय क्रिकेट के हित में खड़े रहेंगे। उनका यह संदेश सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है और क्रिकेट प्रेमी इसे जिम्मेदार और सकारात्मक पहल मान रहे हैं।

    हाल के दिनों में सोशल मीडिया पर कुछ पोस्ट में दावा किया गया था कि सूर्यकुमार यादव ने भारतीय टी20 टीम की कप्तानी, अपने चयन और युवा खिलाड़ियों को लेकर कुछ विवादित टिप्पणियां की हैं। हालांकि अब स्वयं सूर्यकुमार यादव ने इन दावों का खंडन कर दिया है। उनकी इस स्पष्ट प्रतिक्रिया के बाद उनके नाम से फैलाए जा रहे भ्रामक बयानों पर विराम लगने की उम्मीद जताई जा रही है।

  • एमएस धोनी के 45वें जन्मदिन का जश्न: कोलकाता और ओडिशा से रांची पहुंचे फैंस, माही की एक झलक पाने का इंतजार

    एमएस धोनी के 45वें जन्मदिन का जश्न: कोलकाता और ओडिशा से रांची पहुंचे फैंस, माही की एक झलक पाने का इंतजार


    नई दिल्ली । भारतीय क्रिकेट के सबसे सफल कप्तानों में शुमार महेंद्र सिंह धोनी ने मंगलवार को अपना 45वां जन्मदिन मनाया। इस अवसर पर देश और विदेश से उन्हें जन्मदिन की शुभकामनाएं मिलीं। रांची स्थित उनके आवास के बाहर सुबह से ही प्रशंसकों का जमावड़ा लगा रहा। कई फैंस सैकड़ों किलोमीटर का सफर तय करके केवल अपने पसंदीदा क्रिकेटर की एक झलक पाने और उन्हें जन्मदिन की शुभकामनाएं देने पहुंचे।

    धोनी की लोकप्रियता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि ओडिशा और कोलकाता सहित कई राज्यों से प्रशंसक रांची पहुंचे। कुछ फैंस कई दिनों से वहीं ठहरे हुए हैं और उम्मीद कर रहे हैं कि धोनी बाहर आकर उनसे मुलाकात करेंगे। उनके हाथों में पोस्टर, बैनर और जन्मदिन की शुभकामनाओं वाले संदेश नजर आए। कई प्रशंसकों ने केक काटने की भी तैयारी की थी।

    ओडिशा से पहुंचे एक प्रशंसक ने बताया कि वह पिछले छह दिनों से रांची में हैं और केवल एक बार अपने पसंदीदा खिलाड़ी से मिलने का इंतजार कर रहे हैं। उनका कहना था कि धोनी ने अपने खेल और नेतृत्व से करोड़ों लोगों को प्रेरित किया है और वह उनके स्वस्थ एवं खुशहाल जीवन की कामना करते हैं।

    कोलकाता से पहुंचे एक अन्य प्रशंसक ने बताया कि वह हर साल धोनी का जन्मदिन मनाने रांची आते हैं। उन्होंने कहा कि उनकी टीम हर वर्ष धोनी के जन्मदिन और उनके एकदिवसीय क्रिकेट में पदार्पण दिवस पर सामाजिक सेवा के कार्यक्रम भी आयोजित करती है। उनके अनुसार धोनी केवल एक महान क्रिकेटर ही नहीं बल्कि लाखों युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत भी हैं।

    युवा प्रशंसकों में भी धोनी को लेकर जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। कई फैंस ने उम्मीद जताई कि माही बाहर आकर उनसे मुलाकात करेंगे, उनके साथ केक काटेंगे और कुछ समय बिताएंगे। प्रशंसकों ने उनके अच्छे स्वास्थ्य और लंबे जीवन की कामना करते हुए यह इच्छा भी जताई कि वह आने वाले वर्षों में भी इंडियन प्रीमियर लीग में खेलते रहें।

    महेंद्र सिंह धोनी भारतीय क्रिकेट इतिहास के सबसे सफल कप्तानों में गिने जाते हैं। उनकी कप्तानी में भारत ने टी20 विश्व कप, वनडे विश्व कप और चैंपियंस ट्रॉफी जैसे बड़े आईसीसी खिताब अपने नाम किए। शांत स्वभाव, बेहतरीन नेतृत्व क्षमता और मैच फिनिश करने की कला के कारण उन्हें दुनिया भर में कैप्टन कूल के नाम से जाना जाता है। यही वजह है कि क्रिकेट से जुड़े उनके हर खास दिन पर प्रशंसकों का उत्साह देखते ही बनता है।

  • संजू सैमसन की वापसी पर अंबाती रायुडू का भरोसा, बोले- तीन मैच खराब होने से नहीं भूल सकते उनका योगदान

    संजू सैमसन की वापसी पर अंबाती रायुडू का भरोसा, बोले- तीन मैच खराब होने से नहीं भूल सकते उनका योगदान


    नई दिल्ली। भारत और इंग्लैंड के बीच खेले गए दूसरे टी20 मुकाबले में युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कदम रखा। उनके डेब्यू को लेकर पूरे देश में उत्साह देखने को मिला, लेकिन इस मुकाबले में संजू सैमसन को प्लेइंग इलेवन से बाहर बैठना पड़ा। इस फैसले के बाद भारत के पूर्व बल्लेबाज अंबाती रायुडू ने संजू के समर्थन में बयान देते हुए उनके हालिया योगदान को याद रखने की अपील की है।

    रायुडू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि वैभव सूर्यवंशी का अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण भारतीय क्रिकेट के लिए खुशी का पल है और इसका जश्न मनाया जाना चाहिए। हालांकि उन्होंने कहा कि इस उत्साह के बीच यह नहीं भूलना चाहिए कि महज तीन टी20 मैच पहले संजू सैमसन टी20 विश्व कप में प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट रहे थे और भारत को खिताब दिलाने में उनकी बड़ी भूमिका थी।

    पूर्व भारतीय बल्लेबाज ने भरोसा जताते हुए कहा कि उन्हें पूरा विश्वास है कि संजू सैमसन एक बार फिर मजबूत वापसी करेंगे। साथ ही उन्होंने वैभव सूर्यवंशी के उज्ज्वल भविष्य की भी कामना करते हुए कहा कि युवा बल्लेबाज लंबा और रिकॉर्ड बनाने वाला करियर बनाए।

    दरअसल टी20 विश्व कप 2026 में शानदार प्रदर्शन करने वाले संजू सैमसन का बल्ला पिछले कुछ मुकाबलों में खामोश रहा। आयरलैंड के खिलाफ दो टी20 मैचों में वह बड़ी पारी नहीं खेल सके। इसके बाद इंग्लैंड के खिलाफ पहले टी20 में भी वह केवल एक रन बनाकर आउट हो गए। लगातार तीन मैचों में उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं करने के कारण टीम प्रबंधन ने दूसरे टी20 में उनकी जगह आईपीएल 2026 के ऑरेंज कैप विजेता वैभव सूर्यवंशी को मौका दिया।

    वैभव सूर्यवंशी ने अपने पहले अंतरराष्ट्रीय टी20 मैच में 10 गेंदों पर 14 रन बनाए और दो आकर्षक छक्के लगाए। हालांकि उनकी पारी छोटी रही, लेकिन उन्होंने अपनी आक्रामक बल्लेबाजी की झलक जरूर दिखाई। अब तीसरे टी20 मुकाबले में एक बार फिर उनकी बल्लेबाजी पर सभी की नजरें रहेंगी।

    संजू सैमसन के करियर में टीम से बाहर होना और फिर दमदार वापसी करना नई बात नहीं है। इससे पहले भी वह कई बार वापसी कर अपनी उपयोगिता साबित कर चुके हैं। ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि भारतीय टीम प्रबंधन उन्हें फिर कब मौका देता है और वह उस अवसर को किस तरह भुनाते हैं।

  • दूसरे टी20 में भी बारिश बन सकती है विलेन भारत इंग्लैंड मुकाबले पर मौसम की टेढ़ी नजर

    दूसरे टी20 में भी बारिश बन सकती है विलेन भारत इंग्लैंड मुकाबले पर मौसम की टेढ़ी नजर


    नई दिल्ली । भारत और इंग्लैंड के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला शनिवार को मैनचेस्टर के ऐतिहासिक ओल्ड ट्रैफर्ड मैदान पर खेला जाएगा लेकिन मुकाबले से पहले सबसे बड़ी चिंता मौसम को लेकर बनी हुई है। पहले टी20 मैच में बारिश के कारण इंग्लैंड की पारी शुरू ही नहीं हो सकी थी और मुकाबला रद्द करना पड़ा था। अब दूसरे मैच पर भी बारिश का खतरा मंडरा रहा है जिससे क्रिकेट प्रेमियों की चिंता बढ़ गई है।

    मौसम पूर्वानुमान के अनुसार शनिवार को मैनचेस्टर में पूरे दिन बादल छाए रहने की संभावना है। रिपोर्ट के मुताबिक दिन में बारिश की संभावना करीब 57 प्रतिशत है जबकि मैच के दौरान भी वर्षा होने के करीब 55 प्रतिशत आसार बताए गए हैं। शाम के समय लगभग दो घंटे तक बारिश होने का अनुमान है। ऐसे में यदि मौसम ने साथ नहीं दिया तो लगातार दूसरा मुकाबला भी प्रभावित हो सकता है।

    हालांकि भारतीय टीम चाहेगी कि इस बार पूरा मैच खेला जाए ताकि पहले मुकाबले में दिखाई गई शानदार बल्लेबाजी का फायदा उठाया जा सके। पहले टी20 में भारतीय बल्लेबाजों ने दमदार प्रदर्शन करते हुए 20 ओवर में सात विकेट पर 189 रन बनाए थे। युवा सलामी बल्लेबाज अभिषेक शर्मा ने विस्फोटक अंदाज में सिर्फ 24 गेंदों पर 59 रन की शानदार पारी खेली थी। कप्तान श्रेयस अय्यर ने भी जिम्मेदारी निभाते हुए 47 गेंदों में 68 रन बनाए और टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।

    मध्यक्रम में शिवम दुबे ने भी शानदार फिनिशिंग करते हुए 21 गेंदों में नाबाद 42 रन बनाए। हालांकि संजू सैमसन सिर्फ एक रन बनाकर आउट हो गए जबकि ईशान किशन खाता भी नहीं खोल सके। तिलक वर्मा भी उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाए। इसके बावजूद भारतीय बल्लेबाजों ने बड़ा स्कोर खड़ा किया था लेकिन लगातार बारिश के कारण इंग्लैंड की पारी शुरू नहीं हो सकी और मैच बेनतीजा समाप्त हुआ।

    ओल्ड ट्रैफर्ड मैदान पर भारत का रिकॉर्ड संतुलित रहा है। टीम इंडिया ने यहां अब तक दो टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेले हैं जिनमें एक में जीत और एक में हार मिली है। इस मैदान पर भारत ने अपना आखिरी टी20 मुकाबला वर्ष 2018 में खेला था जहां टीम ने इंग्लैंड को आठ विकेट से हराया था। उस मैच में केएल राहुल ने नाबाद शतक लगाकर टीम को शानदार जीत दिलाई थी।

    अब भारतीय टीम की कोशिश होगी कि मौसम साफ रहे और सीरीज में बढ़त हासिल करने का मौका मिले। दूसरी ओर इंग्लैंड भी घरेलू परिस्थितियों का फायदा उठाकर वापसी करना चाहेगा। ऐसे में यदि बारिश बीच में बाधा नहीं बनी तो क्रिकेट प्रशंसकों को एक रोमांचक मुकाबला देखने को मिल सकता है।

  • दिल्ली में ट्रायल में हुए रिजेक्ट, पिता ने तीन दिन में बदल दी किस्मत: संजू सैमसन ने सुनाया संघर्ष का प्रेरक किस्सा

    दिल्ली में ट्रायल में हुए रिजेक्ट, पिता ने तीन दिन में बदल दी किस्मत: संजू सैमसन ने सुनाया संघर्ष का प्रेरक किस्सा


    नई दिल्ली । टी20 विश्व कप 2026 में भारत की खिताबी जीत के अहम नायकों में शामिल विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन ने अपने क्रिकेट करियर के शुरुआती संघर्षों का भावुक किस्सा साझा किया है। उन्होंने बताया कि दिल्ली की टीम में बार-बार जगह नहीं मिलने के बाद उनके पिता ने ऐसा फैसला लिया जिसने उनकी पूरी जिंदगी बदल दी।

    जियोस्टार के शो ‘सुपरस्टार्स’ में बातचीत के दौरान संजू ने कहा कि बचपन में वह अपने दोस्तों को डीडीसीए की जैकेट पहनकर दिल्ली की टीम के लिए खेलते देखते थे। इससे उनके मन में भी दिल्ली का प्रतिनिधित्व करने का सपना जगा। उन्होंने कई बार ट्रायल दिए, स्टेट कैंप तक पहुंचे और अच्छे रन भी बनाए, लेकिन अंतिम टीम में कभी जगह नहीं मिली।

    संजू ने बताया कि एक ट्रायल के बाद जब चयनित खिलाड़ियों की सूची जारी हुई तो उसमें उनका नाम नहीं था। वह और उनके पिता चुपचाप घर लौट आए। घर पहुंचते ही उनके पिता विश्वनाथन ने मां से कहा कि अब परिवार को केरल जाना होगा। मां ने बच्चों की पढ़ाई का हवाला देते हुए कुछ साल रुकने की सलाह दी, लेकिन पिता अपने फैसले पर अडिग रहे।

    उन्होंने कहा कि पिता ने साफ शब्दों में कहा कि अब और इंतजार नहीं होगा। तीन दिन के भीतर टिकट बुक हुई और पूरा परिवार ट्रेन से केरल रवाना हो गया। वहीं से उनके क्रिकेट करियर का नया अध्याय शुरू हुआ और उन्होंने केरल की ओर से खेलना शुरू किया।

    संजू ने दिल्ली में अपने बचपन की यादें भी साझा कीं। उन्होंने बताया कि उनके पिता दिल्ली पुलिस की फुटबॉल टीम से जुड़े थे और रोज अभ्यास के लिए जाते थे। खेल का माहौल देखकर बचपन से ही उन्हें भी खिलाड़ी बनने की प्रेरणा मिली। पुलिस कॉलोनी की सड़कों पर टेनिस बॉल से गली क्रिकेट खेलते-खेलते उनका क्रिकेट के प्रति जुनून बढ़ता गया।

    उन्होंने बताया कि उनके पिता ने कभी फुटबॉल खेलने के लिए मजबूर नहीं किया। हालांकि वे फुटबॉल भी खेलते थे, लेकिन पिता ने उनकी बल्लेबाजी देखकर महसूस किया कि क्रिकेट में उनका भविष्य बेहतर हो सकता है। इसके बाद उन्होंने संजू और उनके भाई दोनों को क्रिकेट पर पूरा ध्यान देने के लिए प्रेरित किया।

    संजू ने दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम (तत्कालीन फिरोज शाह कोटला) से जुड़ी एक खास याद भी साझा की। उन्होंने बताया कि एक बार उनके पिता की वहां ड्यूटी थी। उन्होंने अधिकारियों से अनुरोध कर उन्हें नेट्स में अभ्यास करने का मौका दिलाया। संजू, उनके भाई और पिता ने करीब एक घंटे तक नेट्स में अभ्यास किया। संजू ने कहा कि उन्हें आज भी समझ नहीं आता कि उस समय उनके पिता ने यह कैसे संभव किया, लेकिन वही पल उनके लिए हमेशा यादगार रहेगा।

    संजू सैमसन की यह कहानी बताती है कि प्रतिभा के साथ सही समय पर लिया गया साहसी फैसला और परिवार का अटूट विश्वास किसी भी खिलाड़ी की सफलता की सबसे बड़ी ताकत बन सकता है।

  • आईपीएल में बरसाए रन फिर भी नहीं खुला टीम इंडिया का दरवाजा आखिर कब मिलेगा वैभव सूर्यवंशी को डेब्यू का मौका

    आईपीएल में बरसाए रन फिर भी नहीं खुला टीम इंडिया का दरवाजा आखिर कब मिलेगा वैभव सूर्यवंशी को डेब्यू का मौका


    नई दिल्ली । भारतीय क्रिकेट के सबसे चर्चित युवा बल्लेबाजों में शामिल वैभव सूर्यवंशी का अंतरराष्ट्रीय डेब्यू फिलहाल एक बार फिर टल गया है। इंग्लैंड के खिलाफ पांच मैचों की टी20 श्रृंखला के पहले मुकाबले में भी टीम प्रबंधन ने उन्हें अंतिम एकादश में जगह नहीं दी। चेस्टर ले स्ट्रीट में जैसे ही कप्तान श्रेयस अय्यर ने प्लेइंग इलेवन का एलान किया वैसे ही करोड़ों भारतीय क्रिकेट प्रशंसकों की उम्मीदों को झटका लगा क्योंकि वैभव का नाम उसमें शामिल नहीं था। लगातार दूसरी श्रृंखला में मौका नहीं मिलने के बाद अब यह सवाल और तेज हो गया है कि आखिर इस युवा बल्लेबाज को भारतीय टीम के लिए पदार्पण करने के लिए और कितना इंतजार करना पड़ेगा।

    वैभव सूर्यवंशी पिछले कुछ महीनों से अपने प्रदर्शन के दम पर लगातार सुर्खियों में बने हुए हैं। आईपीएल 2026 में उन्होंने राजस्थान रॉयल्स के लिए विस्फोटक बल्लेबाजी करते हुए 16 पारियों में 776 रन बनाए और पूरे टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा रन बनाकर ऑरेंज कैप अपने नाम की। उनका स्ट्राइक रेट भी 237 से अधिक रहा जिसने क्रिकेट विशेषज्ञों को प्रभावित किया। इसके अलावा अंडर 19 विश्व कप में उन्हें प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुना गया जबकि हाल ही में भारत ए की ओर से खेलते हुए उन्होंने श्रीलंका में त्रिकोणीय श्रृंखला के फाइनल में केवल 29 गेंदों पर 94 रन बनाकर अपनी प्रतिभा का एक और शानदार उदाहरण पेश किया।

    इतने बेहतरीन प्रदर्शन के बावजूद टीम इंडिया की प्लेइंग इलेवन में जगह नहीं मिलना लगातार चर्चा का विषय बना हुआ है। इससे पहले आयरलैंड दौरे पर भी उन्हें दोनों टी20 मुकाबलों में बाहर बैठना पड़ा था। उस श्रृंखला में भारतीय शीर्ष क्रम उम्मीदों पर खरा नहीं उतर सका और टीम को हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद माना जा रहा था कि इंग्लैंड दौरे पर वैभव को जरूर मौका मिलेगा लेकिन टीम प्रबंधन ने अनुभवी खिलाड़ियों पर भरोसा जताना बेहतर समझा।

    क्रिकेट के कई पूर्व दिग्गज पहले ही संकेत दे चुके थे कि वैभव का डेब्यू तुरंत नहीं होगा। उनका मानना था कि टीम प्रबंधन युवा बल्लेबाज को सही समय पर मौका देना चाहता है ताकि उस पर अतिरिक्त दबाव न बने। हालांकि प्रशंसकों का तर्क है कि जब कोई खिलाड़ी घरेलू क्रिकेट आईपीएल और जूनियर स्तर पर लगातार शानदार प्रदर्शन कर रहा हो तो उसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खुद को साबित करने का अवसर भी मिलना चाहिए।

    बैटिंग कोच सितांशु कोटक पहले ही स्पष्ट कर चुके हैं कि अंतिम फैसला मुख्य कोच गौतम गंभीर और कप्तान श्रेयस अय्यर की रणनीति के अनुसार लिया जाएगा। ऐसे में यह साफ है कि वैभव को मौका कब मिलेगा इसका फैसला टीम प्रबंधन की योजनाओं पर निर्भर करेगा। फिलहाल भारतीय टीम ने पहले मुकाबले में संजू सैमसन अभिषेक शर्मा ईशान किशन श्रेयस अय्यर तिलक वर्मा शिवम दुबे अक्षर पटेल हर्षित राणा रवि बिश्नोई अर्शदीप सिंह और वरुण चक्रवर्ती के साथ मैदान में उतरने का फैसला किया।

    वैभव सूर्यवंशी के लिए यह इंतजार भले ही लंबा होता जा रहा हो लेकिन उनकी उम्र और प्रदर्शन दोनों यह संकेत देते हैं कि भविष्य पूरी तरह उनके पक्ष में है। यदि वह इसी तरह रन बनाते रहे और अपने खेल में निरंतरता बनाए रखी तो भारतीय टीम में उनका पदार्पण केवल समय की बात होगी। अब सभी की नजरें इंग्लैंड के खिलाफ अगले मुकाबलों पर रहेंगी जहां शायद भारतीय क्रिकेट को अपना नया युवा सितारा पहली बार नीली जर्सी में खेलते हुए देखने का मौका मिल जाए।

  • टीम इंडिया का बड़ा उलटफेर आयरलैंड ने 2-0 से किया क्लीन स्वीप इतिहास में पहली बार भारत हारा टी20 सीरीज

    टीम इंडिया का बड़ा उलटफेर आयरलैंड ने 2-0 से किया क्लीन स्वीप इतिहास में पहली बार भारत हारा टी20 सीरीज


    नई दिल्ली । भारतीय क्रिकेट टीम को बेलफास्ट में ऐसा झटका लगा जिसकी उम्मीद शायद ही किसी ने की होगी। सिविल सर्विस क्रिकेट क्लब में खेले गए दूसरे टी20 मुकाबले में आयरलैंड ने रोमांचक मुकाबले में भारत को महज 1 रन से हराकर दो मैचों की सीरीज 2-0 से अपने नाम कर ली। यह पहला मौका है जब भारत को टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में आयरलैंड के खिलाफ सीरीज में हार का सामना करना पड़ा। इससे पहले पहला मुकाबला भी आयरलैंड ने 34 रन से जीतकर भारत पर दबाव बना दिया था और दूसरे मैच में भी शानदार प्रदर्शन करते हुए इतिहास रच दिया।

    टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी आयरलैंड की शुरुआत अच्छी नहीं रही। टीम ने 17 रन के स्कोर पर पहला विकेट गंवा दिया। इसके बाद रॉस अडायर और कप्तान लोर्कन टकर भी जल्दी पवेलियन लौट गए जिससे मेजबान टीम दबाव में नजर आई। हालांकि हैरी टेक्टर और बेंजामिन कैलिट्ज ने चौथे विकेट के लिए 65 रन जोड़कर पारी को संभाल लिया। टेक्टर ने संयमित बल्लेबाजी करते हुए 47 गेंदों में 53 रन बनाए जबकि कैलिट्ज ने सिर्फ 23 गेंदों पर 37 रन की तेजतर्रार पारी खेली। जॉर्ज डॉकरेल ने भी उपयोगी 19 रन जोड़े और आयरलैंड ने निर्धारित 20 ओवर में 8 विकेट पर 154 रन का प्रतिस्पर्धी स्कोर खड़ा किया।

    भारतीय गेंदबाजों में प्रिंस यादव सबसे सफल रहे जिन्होंने 3 विकेट हासिल किए। अर्शदीप सिंह और शिवम दुबे ने दो-दो विकेट लिए जबकि हर्षित राणा को एक सफलता मिली। गेंदबाजों ने वापसी जरूर कराई लेकिन बल्लेबाजों पर जिम्मेदारी आ गई।

    155 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत बेहद खराब रही। पहले ही ओवर में संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा बिना खाता खोले आउट हो गए। इसके बाद कप्तान श्रेयस अय्यर भी केवल 10 रन बनाकर चलते बने जबकि ईशान किशन भी 12 रन से आगे नहीं बढ़ सके। शुरुआती चार विकेट जल्दी गिरने से भारत पूरी तरह दबाव में आ गया।

    इसके बाद अक्षर पटेल और तिलक वर्मा ने पारी संभालने की कोशिश की। दोनों ने पांचवें विकेट के लिए अहम साझेदारी निभाई लेकिन अक्षर 14 रन बनाकर आउट हो गए। तिलक वर्मा ने एक छोर संभाले रखा और 46 गेंदों में 55 रन की संघर्षपूर्ण अर्धशतकीय पारी खेली। शिवम दुबे ने 20 रन और हर्षित राणा ने 21 रन बनाकर मैच को रोमांचक बनाया लेकिन आखिरी क्षणों में भारतीय टीम जीत से सिर्फ एक रन दूर रह गई। निर्धारित 20 ओवर में भारत 9 विकेट पर 153 रन ही बना सका।

    आयरलैंड की ओर से जय मूंदड़ा और मैथ्यू हॉलार्ड ने तीन-तीन विकेट लेकर भारतीय बल्लेबाजी की कमर तोड़ दी। मैथ्यू हम्फ्रीज और हैरी टेक्टर ने भी एक-एक विकेट हासिल कर टीम की जीत में अहम भूमिका निभाई।

    इस ऐतिहासिक जीत के साथ आयरलैंड ने न केवल पहली बार भारत के खिलाफ टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज जीती बल्कि 2-0 से क्लीन स्वीप कर अपनी सबसे बड़ी उपलब्धियों में एक और अध्याय जोड़ दिया। दूसरी ओर भारतीय टीम के लिए यह हार कई सवाल छोड़ गई है खासकर शीर्ष क्रम की नाकामी और बल्लेबाजी में निरंतरता की कमी को लेकर। अब टीम इंडिया की नजर इंग्लैंड दौरे पर होगी जहां उसे पांच टी20 और तीन वनडे मैचों की चुनौती का सामना करना है।