बाथरूम में आईना लगाते समय करें ये 5 वास्तु नियमों का पालन, वरना हो सकता है नुकसान


नई दिल्ली । आजकल के आधुनिक घरों में बाथरूम में शीशा लगाना आम बात है। लोग इसे इंटीरियर और सजावट के लिए लगवाते हैं, लेकिन वास्तु शास्त्र के अनुसार, बाथरूम का सही रूप और दिशा जीवन पर गहरा प्रभाव डाल सकती है। बाथरूम को अक्सर नकारात्मक ऊर्जा का स्थान माना जाता है यहाँ लगे शीशे की दिशा और स्थिति का विशेष ध्यान रखना चाहिए। यदि बाथरूम में आईना गलत दिशा में लगा हो, तो यह घर की शांति, सेहत और आर्थिक स्थिति पर नकारात्मक असर डाल सकता है। तो आइए जानते हैं, बाथरूम में शीशा लगाने के सही वास्तु नियम।

सही दिशा का रखें ध्यान

वास्तु शास्त्र के अनुसार, बाथरूम में आईना पूर्व या उत्तर दिशा की दीवार पर लगाना शुभ माना जाता है। उत्तर दिशा में लगा आईना धन और समृद्धि के लिए शुभ होता है। पूर्व दिशा में लगा आईना स्वास्थ्य और प्रतिष्ठा में सुधार लाता है वहीं दक्षिण या पश्चिम दिशा में आईना लगाने से बचना चाहिए, क्योंकि यह नकारात्मक ऊर्जा का कारण बन सकता है।

आईने का आकार भी है जरूरी

आईने का आकार भी वास्तु के नियमों का पालन करता है। चौकोर या आयताकार आईना लगाना सबसे अच्छा होता है क्योंकि ये स्थिरता और संतुलन का प्रतीक माने जाते हैं। गोल या अंडाकार आईना ऊर्जा के प्रवाह को असंतुलित कर सकता है, जिससे मानसिक तनाव बढ़ सकता है। इसलिए इन आकारों से बचना चाहिए।

सही ऊंचाई पर लगाएं आईना

आईना इस तरह लगाया जाना चाहिए कि उसमें चेहरा पूरा और स्पष्ट दिखाई दे। बहुत ऊँचा या बहुत नीचा शीशा अशुभ माना जाता है। अगर आईने में आधा चेहरा या टूटे हुए प्रतिबिंब नजर आते हैं, तो यह आत्मविश्वास को कमजोर कर सकता है।

दरवाजे के सामने न हो शीशा

बाथरूम के दरवाजे के सामने शीशा लगाना नकारात्मक ऊर्जा का कारण बन सकता है।जब दरवाजा खुलता है तो वह ऊर्जा बाहर निकलती है और शीशा उसे वापस अंदर ले आता है जो वास्तु के अनुसार शुभ नहीं माना जाता। इसलिए कोशिश करें कि आईना दरवाजे के सामने न लगे।

साफ और सही स्थिति में हो आईना

आईने का साफ और सही स्थिति में होना अत्यंत महत्वपूर्ण है। आईने पर पानी के दाग, धुंध या गंदगी नहीं होनी चाहिए। टूटे या चटके हुए आईने से नकारात्मकता और आर्थिक परेशानियाँ बढ़ सकती हैं, इसलिए अगर आईना खराब हो जाए तो उसे तुरंत बदल दें बाथरूम में शीशा लगाते समय इन वास्तु नियमों का पालन करने से घर में सकारात्मक ऊर्जा बनी रहती है और आपके जीवन में सुख, समृद्धि और शांति आती है। सही दिशा, आकार, ऊंचाई और स्थिति में आईना लगाकर आप न केवल घर को सुंदर बना सकते हैं, बल्कि अपने जीवन को भी बेहतर बना सकते हैं।