Author: bharati

  • घाटे से उबरने की तैयारी कर रही Air India, अगले 18 महीनों में बेड़े में जुड़ेंगे 50-60 नए विमान

    घाटे से उबरने की तैयारी कर रही Air India, अगले 18 महीनों में बेड़े में जुड़ेंगे 50-60 नए विमान


    नई दिल्‍ली । एयरलाइन सेक्‍टर के इतिहास में टाटा ग्रुप की तरफ से एअर इंडिया का अध‍िग्रहण करना सबसे बड़ी डील में एक रहा. घाटे में चल रही एयरलाइन को फ‍िर से प्रॉफ‍िट में लाने के लि‍ए टाटा ग्रुप ट्रांसफॉर्मेशन प्रोग्राम चला रहा है. हालांकि, ग्‍लोबल लेवल पर एयरलाइन इंडस्‍ट्री को प्रभावित करने वाली कई घटनाओं के बाद एअर इंडिया का यह मिशन सही रास्ते पर आगे बढ़ रहा है. एअर इंडिया ग्रुप के एक अध‍िकारी के अनुसार एयरलाइन आने वाले डेढ़ साल के अंदर अपने बेड़े में 50 से 60 नए और आधुन‍िक व‍िमान शामिल करने जा रही है.

    एअर इंडिया के सीओओ और एअर इंडिया एक्सप्रेस के चेयरमैन निपुण अग्रवाल ने मीडिया से बातचीत के दौरान एअर इंडिया के रीस्‍ट्रक्‍चर‍िंग को लेकर जानकारी दी. उन्होंने माना क‍ि जनवरी 2022 में टाटा ग्रुप की तरफ से कमान संभालने के बाद से पिछले कुछ साल में मैनेजमेंट को काफी सीखने को मिला है. उन्‍होंने कहा क‍ि एयरलाइन इंडस्‍ट्री पिछले कुछ समय से क्राइस‍िस से गुजर रही है. इस बदलाव की यात्रा की शुरुआत हुई तब किसी ने भी ग्‍लोबल लेवल पर आने वाली इन बाधाओं का अनुमान नहीं लगाया था.

    कई घटनाओं से एयरलाइन की रफ्तार पर लगा ब्रेक
    सप्लाई चेन की ग्‍लोबल द‍िक्‍कतें, अलग-अलगी देशों के एयरस्पेस से जुड़े विवाद, तेल की कीमत में उतार-चढ़ाव और जियोपॉलिटिकल टेंशन जैसी कई अप्रत्याशित घटनाओं ने एयरलाइन की रफ्तार को प्रभावित करने की कोशिश की है. एयर इंड‍िया ने पिछले कुछ समय के दौरान कई गंभीर और दर्दनाक झटकों का सामना किया है. इन मुश्किलों और मीडिया में आ रही ऐसी खबरों के बीच, जिनमें कहा जा रहा था कि एयर इंड‍िया का ट्रांसफॉर्मेशन प्लान तय समय से पिछड़ सकता है, निपुण अग्रवाल ने स्थिति साफ की है.

    विमानों की मेंटीनेंस पर भारी खर्च क‍िया जा रहा
    एयर इंडिया ने पांच साल का जो खाका तैयार किया है, उसके तहत विमानों के आधुनिकीकरण से लेकर विमानों की मरम्मत और रखरखाव के क्षेत्र में भारी निवेश किया जा रहा है. एअर इंडिया ने करीब 600 नए विमानों का विशाल ऐतिहासिक ऑर्डर दे रखा है, जिसमें से अभी तक 10 प्रतिशत से भी कम विमानों की डिलीवरी हो पाई है. यह ऑर्डर बुक इतनी बड़ी है कि इसके तहत विमानों की सप्‍लाई अगले दशक के म‍िड यानी 2035 तक जारी रहेगी. अगले सात से आठ साल तक हर साल बेड़े में 50 से 60 नए विमान जोड़े जाएंगे.

    मौजूदा बेड़े को पूरी तरह बदलने की तैयारी
    इस रणनीति के तहत एयर इंड‍िया को हर साल 10 से 15 बड़े साइज के विमान (वाइड-बॉडी) और 45 से 50 छोटे साइज के नैरो-बॉडी व‍िमान की स्ट्रीम मिलती रहेगी. अगले 18 महीने के अंदर ग्रुप के पास करीब 60 नए विमान उपलब्ध होंगे. नए विमानों को शामिल करने के साथ ही एअर इंडिया अपने मौजूदा बेड़े को पूरी तरह बदलने में जुटी है. वाइड-बॉडी प्‍लेन को अगले दो से तीन साल में पूरी तरह नया रूप दे दिया जाएगा. कंपनी के बोइंग 787 (ड्रीमलाइनर) विमानों का नवीनीकरण अगले साल के म‍िड तक पूरा हो जाएगा, जबकि बोइंग 777 विमानों के केबिन को बदलने में थोड़ा अधिक समय लगेगा.

    अभी 290 से ज्‍यादा प्‍लेन का बेड़ा
    कंपनी को बोइंग मैक्स 8 विमानों की डिलीवरी लगातार मिल रही है और एअर इंडिया दुनिया की उन चुनिंदा एयरलाइंस में शामिल होगी, जिसे बोइंग मैक्स 10 विमानों की पहली खेप मिलेगी. मौजूदा समय में एअर इंडिया और एअर इंडिया एक्सप्रेस के पास 290 से ज्‍यादा प्‍लेन का बेड़ा है. मिडिल ईस्ट में बढ़ते संघर्ष और तेल की आसमान छूती कीमत के कारण एयरलाइन को अपनी कुछ इंटरनेशनल फ्लाइट और सर्व‍िस में कटौती करने के लिए मजबूर होना पड़ा था.

  • सावन 2026 की शुरुआत कब होगी? जानें सही तारीख, चारों सावन सोमवार और पूजा का महत्व

    सावन 2026 की शुरुआत कब होगी? जानें सही तारीख, चारों सावन सोमवार और पूजा का महत्व


    नई दिल्ली। भगवान शिव को समर्पित सावन (श्रावण) का महीना हिंदू धर्म में अत्यंत पवित्र माना जाता है। इस पूरे महीने शिव भक्त जलाभिषेक, रुद्राभिषेक, व्रत और विशेष पूजा-अर्चना करते हैं। हर वर्ष सावन की शुरुआत को लेकर लोगों के बीच उत्सुकता रहती है। ऐसे में आइए जानते हैं कि वर्ष 2026 में सावन कब से शुरू होगा, कितने सावन सोमवार पड़ेंगे और इस महीने का धार्मिक महत्व क्या है।

    सावन 2026 कब से शुरू होगा?
    द्रिक पंचांग के अनुसार, वर्ष 2026 में सावन मास 29 जुलाई (बुधवार) से प्रारंभ होकर 28 अगस्त (शुक्रवार) यानी रक्षाबंधन के दिन समाप्त होगा।

    सावन के चार सोमवार
    उत्तर भारत की मान्यता के अनुसार इस वर्ष सावन में कुल चार सोमवार पड़ेंगे-
    – पहला सावन सोमवार: 3 अगस्त 2026
    – दूसरा सावन सोमवार: 10 अगस्त 2026
    – तीसरा सावन सोमवार: 17 अगस्त 2026
    – चौथा सावन सोमवार: 24 अगस्त 2026

    क्या है सावन का धार्मिक महत्व?
    पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, माता पार्वती ने भगवान शिव को पति रूप में प्राप्त करने के लिए सावन मास में कठोर तप किया था। इसी महीने समुद्र मंथन के दौरान निकले विष का पान कर भगवान शिव ने सृष्टि की रक्षा की थी, जिसके कारण उन्हें नीलकंठ कहा गया। विष की तीव्रता कम करने के लिए देवताओं ने शिवजी का जलाभिषेक किया था। तभी से सावन में शिवलिंग पर जल अर्पित करने की परंपरा चली आ रही है। इस माह देशभर से लाखों कांवड़िए पवित्र नदियों से जल लाकर शिव मंदिरों में भगवान शिव का अभिषेक करते हैं।

    सावन में ऐसे करें शिव पूजा
    प्रातःकाल स्नान कर स्वच्छ वस्त्र धारण करें और व्रत का संकल्प लें। इसके बाद शिवलिंग पर गंगाजल या शुद्ध जल अर्पित करें। फिर दूध, दही, घी, शहद और शक्कर से पंचामृत अभिषेक करें तथा अंत में दोबारा शुद्ध जल चढ़ाएं।

    इसके बाद चंदन का तिलक लगाकर भगवान शिव को बेलपत्र, धतूरा, भांग, अक्षत, सफेद पुष्प और शमी के पत्ते अर्पित करें। माता पार्वती को सिंदूर और श्रृंगार सामग्री चढ़ाएं। धूप-दीप प्रज्ज्वलित कर ‘ॐ नमः शिवाय’ मंत्र का कम से कम 108 बार जाप करें। अंत में सावन सोमवार व्रत कथा का श्रवण या पाठ कर शिव आरती करें।

    सावन में किए जाने वाले प्रमुख उपाय
    आर्थिक समृद्धि के लिए हर सोमवार या प्रतिदिन शिवलिंग पर गन्ने का रस अर्पित करना शुभ माना जाता है। मान्यता है कि इससे धन प्राप्ति के योग मजबूत होते हैं।

    मनचाहा जीवनसाथी और वैवाहिक सुख के लिए कुंवारी कन्याएं तथा विवाहित महिलाएं केसर मिश्रित दूध से शिवलिंग का अभिषेक करें और माता पार्वती को चुनरी अर्पित करें।

    मानसिक शांति और नकारात्मक ऊर्जा से मुक्ति के लिए जल में काले तिल मिलाकर शिवलिंग का अभिषेक करें। धार्मिक मान्यता है कि इससे शनि दोष का प्रभाव भी कम होता है।

    करियर और व्यापार में उन्नति के लिए भगवान शिव को शहद अर्पित करें तथा 21 बेलपत्रों पर चंदन से “राम” लिखकर चढ़ाएं। इसे सफलता और प्रगति का शुभ उपाय माना जाता है।

  • FIFA फाइनल की ट्रॉफी सेरेमनी में डोनाल्ड ट्रंप की भारी फजीहत, जश्न के बीच मंच से किनारे किए गए

    FIFA फाइनल की ट्रॉफी सेरेमनी में डोनाल्ड ट्रंप की भारी फजीहत, जश्न के बीच मंच से किनारे किए गए


    नई दिल्‍ली । फीफा मेन्स फुटबॉल वर्ल्ड कप का फाइनल मैच एक बड़े ड्रामे के साथ खत्म हुआ. न्यू यॉर्क न्यू जर्सी स्टेडियम में वर्ल्ड कप ट्रॉफी सेरेमनी के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को लोगों की गुस्से भरी हूटिंग का सामना करना पड़ा. लोगों ने हताशा भरी आवाजों के साथ उनका वेलकम किया.

    फीफा वर्ल्ड कप में इस बार स्पेन ने अर्जेंटीना को हराकर जीत का ताज अपने नाम किया. इस दौरान जैसे ही ट्रंप और फीफा प्रमुख जियानी इन्फेंटिनो खिलाड़ियों को सम्मानित करने के लिए मैदान पर उतरे, दर्शकों ने गुस्से में हूटिंग शुरू कर दी. हालांकि, ये हूटिंग ज्यादा देर नहीं चली. जब राष्ट्रपति ट्रंप और इन्फेंटिनो ने फाइनल खेलने वाले खिलाड़ियों और कोचों को मेडल पहनाना शुरू किया, तब तक दर्शकों का गुस्सा शांत हो चुका था और हूटिंग पूरी तरह रुक गई. इसके बाद दोनों नेताओं ने विनर टीम को वर्ल्ड कप ट्रॉफी सौंपी.

    कैप्टन रोड्री के ट्रॉफी उठाने से पहले मंच पर रहे ट्रंप
    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इस ऐतिहासिक फाइनल मैच को देखने के लिए हेलीकॉप्टर से स्टेडियम पहुंचे थे. मैच के बाद वो पोडियम पर स्पेन के खिलाड़ियों के साथ ही खड़े रहे. इसके बाद, जब स्पेन के कप्तान रोड्री सैकड़ों फोटोग्राफरों और कैमरों के सामने वर्ल्ड कप की ट्रॉफी उठाने वाले थे, तब ट्रंप को फीफा चीफ ने मंच से एक किनारे किया.

    ग्रुप स्टेज में ट्रंप के एक फोन कॉल से मचा था बवाल
    दरअसल, ग्रुप स्टेज के एक मैच के दौरान अमेरिका का मुकाबला बोस्निया और हर्जेगोविना से था. इस मैच में अमेरिकी स्ट्राइकर फोलारिन बालोगुन को रेफरी ने रेड कार्ड दिखा दिया था. इस फैसले से नाराज होकर राष्ट्रपति ट्रंप ने सीधे फीफा प्रमुख जियानी इन्फेंटिनो को फोन लगा दिया था. ट्रंप ने इन्फेंटिनो से बालोगुन को दिए गए रेड कार्ड के फैसले का दोबारा रिव्यू करने को कहा था.

    किसी देश के राष्ट्राध्यक्ष के खेल के नियमों और फैसलों में सीधे दखल देने की इस कोशिश की दुनिया भर के फुटबॉल विशेषज्ञों और फैन्स ने तीखी आलोचना की थी. ऐसे में इस विवाद की गूंज फाइनल की अवॉर्ड सेरेमनी में भी साफ दिखाई दी. यही वजह थी कि फाइनल के दिन स्टेडियम में मौजूद फुटबॉल लवर्स उनके खिलाफ हूटिंग कर रहे थे.

  • 27 जुलाई से शनि होंगे वक्री, 11 दिसंबर तक इन 4 राशियों पर रहेगी विशेष कृपा

    27 जुलाई से शनि होंगे वक्री, 11 दिसंबर तक इन 4 राशियों पर रहेगी विशेष कृपा


    नई दिल्ली। वैदिक ज्योतिष में शनि देव को कर्मों के अनुसार फल देने वाला न्याय का देवता माना जाता है। शनि की चाल में होने वाला हर परिवर्तन सभी 12 राशियों के साथ-साथ देश-दुनिया पर भी व्यापक प्रभाव डालता है। फिलहाल शनि देव मीन राशि में मार्गी (सीधी) चाल चल रहे हैं, लेकिन 27 जुलाई 2026 से उनकी चाल बदलने जा रही है।

    द्रिक पंचांग के अनुसार, 27 जुलाई 2026 को शनि मीन राशि में ही वक्री (उल्टी चाल) हो जाएंगे। यह स्थिति 11 दिसंबर 2026 तक बनी रहेगी। ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, शनि का यह वक्री काल सभी राशियों के लिए समान नहीं रहेगा। कुछ राशियों के लिए यह समय विशेष रूप से शुभ फलदायी माना जा रहा है।

    मेष राशि
    मेष राशि के जातकों के लिए यह अवधि करियर और आर्थिक मामलों में लाभकारी रह सकती है। लंबे समय से रुके कार्य पूरे होने के संकेत हैं। कार्यक्षेत्र में प्रगति के अवसर मिलेंगे और अटका हुआ धन वापस मिलने या अचानक आर्थिक लाभ होने की संभावना है। नौकरी से जुड़े लोगों को भी कोई सकारात्मक समाचार मिल सकता है।

    सिंह राशि
    सिंह राशि के लोगों के लिए यह समय सुख-सुविधाओं में वृद्धि करने वाला माना जा रहा है। घर, जमीन, संपत्ति या वाहन खरीदने की योजना पूरी हो सकती है। यदि लंबे समय से स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां चल रही हैं, तो उनमें भी राहत मिलने के संकेत हैं।

    वृश्चिक राशि
    वृश्चिक राशि के जातकों के लिए आर्थिक दृष्टि से यह समय अनुकूल रहेगा। आय के नए स्रोत बन सकते हैं और व्यापारियों को लाभदायक सौदे मिलने की संभावना है। व्यवसाय में मुनाफा बढ़ सकता है। परिवार में सौहार्द बना रहेगा और सामाजिक प्रतिष्ठा के साथ आत्मविश्वास में भी वृद्धि होगी।

    धनु राशि
    धनु राशि के लोगों को मानसिक तनाव और लंबे समय से चली आ रही परेशानियों से राहत मिल सकती है। कार्यक्षेत्र में परिस्थितियां अनुकूल रहेंगी और परिवार का पूरा सहयोग मिलेगा। घर का वातावरण सकारात्मक रहेगा तथा किसी शुभ समाचार की प्राप्ति भी हो सकती है।

    वक्री शनि के दौरान करें ये उपाय
    – शनिवार को दीपदान करें: प्रत्येक शनिवार शाम पीपल के पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाएं और उसमें काले तिल अवश्य डालें।
    – हनुमान चालीसा का पाठ करें: शनिवार के दिन हनुमान चालीसा या बजरंग बाण का नियमित पाठ करना शुभ माना जाता है।
    – दान और सेवा करें: गरीब, असहाय और मजदूर वर्ग के लोगों का सम्मान करें तथा अपनी सामर्थ्य के अनुसार अन्न, काले वस्त्र या अन्य आवश्यक वस्तुओं का दान करें। ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, इससे शनि देव की कृपा प्राप्त होती है।

  • एमपी में आज दमोह, मंडला और डिंडौरी में भारी बारिश का अलर्ट, 47 जिलों में हो सकती है हल्की बूंदाबांदी

    एमपी में आज दमोह, मंडला और डिंडौरी में भारी बारिश का अलर्ट, 47 जिलों में हो सकती है हल्की बूंदाबांदी


    भोपाल। मध्यप्रदेश में मानसून की रफ्तार फिलहाल धीमी बनी हुई है। प्रदेश के करीब 90 प्रतिशत हिस्से में 23 जुलाई तक हल्की बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। इस दौरान 4 से 5 जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने सोमवार को दमोह, मंडला और डिंडौरी में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है, जबकि भोपाल और इंदौर सहित 47 जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश या बूंदाबांदी होने के आसार हैं।

    मौसम केंद्र भोपाल (IMD) के अनुसार, जुलाई में पिछले 12 दिनों से प्रदेश में व्यापक स्तर पर भारी बारिश नहीं हुई है। इसका असर प्रदेश के कुल वर्षा आंकड़ों पर साफ दिखाई दे रहा है। वर्तमान में मध्यप्रदेश में सामान्य से 16 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है।

    अब तक प्रदेश में 261.4 मिमी (10.3 इंच) वर्षा रिकॉर्ड की गई है, जबकि इस अवधि में सामान्य वर्षा 311.8 मिमी (12.3 इंच) होनी चाहिए थी। पूर्वी मध्यप्रदेश में सामान्य से 23 प्रतिशत कम बारिश दर्ज हुई है, जबकि पश्चिमी हिस्से में भी वर्षा 10 प्रतिशत कम रही है।

    इन जिलों में बारिश का अलर्ट

    दमोह, मंडला और डिंडौरी में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। वहीं भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, झाबुआ, अलीराजपुर, धार, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, शाजापुर, देवास, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, ग्वालियर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, दतिया, शिवपुरी, गुना, अशोकनगर, जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, बालाघाट, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, मऊगंज, मैहर, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, सागर, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में गरज-चमक, तेज हवा के साथ हल्की बारिश होने की संभावना है।

    वहीं नीमच, मंदसौर, रतलाम, उज्जैन और आगर-मालवा में बादल छाए रहने का अनुमान है, हालांकि इन जिलों के लिए बारिश का अलर्ट जारी नहीं किया गया है।

    प्रदेश के वर्षा आंकड़ों पर नजर डालें तो 39 जिलों में सामान्य से कम बारिश दर्ज की गई है, जबकि 16 जिलों में सामान्य से अधिक वर्षा रिकॉर्ड की गई है।

  • 20 जुलाई 2026 का राशिफल: सोमवार बनेगा भाग्योदय का दिन इन 4 राशियों के पूरे होंगे रुके काम धन और करियर में मिलेगा बड़ा लाभ

    20 जुलाई 2026 का राशिफल: सोमवार बनेगा भाग्योदय का दिन इन 4 राशियों के पूरे होंगे रुके काम धन और करियर में मिलेगा बड़ा लाभ


    नई दिल्ली । 20 जुलाई 2026 सोमवार का दिन ज्योतिषीय दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। आषाढ़ शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि पर बनने वाला शिव योग कई राशियों के लिए शुभ परिणाम देने वाला है। इसके साथ हस्त नक्षत्र और अन्य शुभ योगों का प्रभाव भी दिनभर बना रहेगा जिससे करियर व्यापार आर्थिक मामलों और पारिवारिक जीवन में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल सकते हैं। ज्योतिषीय गणनाओं के अनुसार यह दिन नई शुरुआत निवेश और महत्वपूर्ण निर्णय लेने के लिए भी अनुकूल माना जा रहा है हालांकि कुछ राशियों को सावधानी और संयम बरतने की सलाह दी गई है।

    सोमवार को चंद्रमा कन्या राशि में रहेंगे जिससे कई लोगों की कार्य क्षमता और निर्णय लेने की शक्ति मजबूत होगी। सुबह 10 बजकर 15 मिनट से 11 बजकर 15 मिनट तथा शाम 4 बजे से 6 बजे तक का समय शुभ कार्यों के लिए विशेष लाभकारी माना गया है जबकि राहुकाल के दौरान महत्वपूर्ण लेनदेन और नए कार्य शुरू करने से बचना बेहतर रहेगा।

    मेष राशि के लोगों को आर्थिक मामलों में सतर्क रहने की जरूरत है। अनावश्यक कर्ज लेने से बचना लाभदायक रहेगा जबकि व्यापार में रुका हुआ पैसा मिलने की संभावना बन रही है। नौकरीपेशा लोगों को अपने लक्ष्य समय पर पूरे करने होंगे और परिवार में जीवनसाथी का सहयोग मिलेगा।

    वृषभ राशि के जातकों के लिए सोमवार धन लाभ के संकेत लेकर आ सकता है। व्यापारिक यात्राएं सफल रहेंगी और बैंक लोन या वित्तीय योजनाओं में सकारात्मक समाचार मिल सकता है। नौकरी करने वालों को वरिष्ठ अधिकारियों का सहयोग मिलेगा जबकि प्रेम संबंधों में मधुरता बनी रहेगी।

    मिथुन राशि वालों के लिए दिन थोड़ा चुनौतीपूर्ण रह सकता है। व्यापार में कानूनी मामलों और आर्थिक लेनदेन में अतिरिक्त सावधानी बरतनी होगी। कार्यस्थल पर विरोधियों की गतिविधियों पर नजर रखना जरूरी रहेगा। धैर्य और समझदारी से लिए गए फैसले भविष्य में लाभ देंगे।

    कर्क राशि के लोगों के लिए यह दिन नई शुरुआत का संकेत दे रहा है। नया कारोबार शुरू करने की योजना बना रहे लोगों को सफलता मिल सकती है। मित्रों और रिश्तेदारों का सहयोग मिलेगा तथा करियर में आगे बढ़ने के अवसर बनेंगे। हालांकि शेयर बाजार में बड़ा निवेश करने से बचना उचित रहेगा।

    सिंह राशि के जातकों के लिए सोमवार सबसे अधिक शुभ रहने की संभावना है। शिव योग के प्रभाव से आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और व्यापार में नए लाभ के अवसर मिल सकते हैं। ऑनलाइन कारोबार करने वालों के लिए विशेष सफलता के संकेत हैं। धन संबंधी योजनाएं सफल हो सकती हैं और करियर में भी सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेंगे।

    ज्योतिषीय दृष्टि से सोमवार का दिन विशेष रूप से उन लोगों के लिए लाभकारी माना जा रहा है जो मेहनत और सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ना चाहते हैं। शुभ योगों का प्रभाव कई क्षेत्रों में सफलता दिला सकता है लेकिन जल्दबाजी और लापरवाही से बचना आवश्यक होगा। भगवान शिव की आराधना करना और जरूरतमंदों की सहायता करना इस दिन को और अधिक शुभ बना सकता है।

  • जौरा में दिनदहाड़े कट्टे की नोक पर लूट, पिता-पुत्री से लाखों के सोने के जेवर और नकदी लूटी

    जौरा में दिनदहाड़े कट्टे की नोक पर लूट, पिता-पुत्री से लाखों के सोने के जेवर और नकदी लूटी



    मुरैना। जिले के जौरा थाना क्षेत्र में शनिवार दोपहर दिनदहाड़े कट्टे की नोक पर लूट की सनसनीखेज वारदात सामने आई। पिता के साथ बाइक से घर लौट रही विवाहिता पुत्री को तीन अज्ञात बदमाशों ने रास्ते में रोककर सोने के जेवर, मोबाइल फोन और नकदी लूट ली। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण कर अज्ञात आरोपियों की तलाश शुरू कर दी।

    जानकारी के अनुसार, धनेला निवासी राकेश सिंह गुर्जर शनिवार दोपहर करीब 1रू30 बजे अपनी विवाहिता पुत्री प्रवेश गुर्जर को चाचूल गांव से बाइक पर बैठाकर धनेला लौट रहे थे। जब वे पगारा रोड पर पुलिस चौकी से कुछ आगे पहुंचे, तभी एक बाइक पर सवार तीन अज्ञात युवक उनके बराबर आ गए। प्रत्यक्ष जानकारी के अनुसार, बदमाशों ने चलते-चलते राकेश गुर्जर की बाइक की चाबी निकाल ली, जिससे उनकी बाइक बंद हो गई। इसके बाद दो बदमाश, जिन्होंने कपड़े से अपने चेहरे ढके हुए थे, बाइक से उतरे और पिता-पुत्री पर देशी कट्टा तान दिया। हथियार के बल पर दोनों को धमकाते हुए बदमाशों ने उनके पास मौजूद कीमती सामान लूट लिया।

    सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस
    घटना के तुरंत बाद पीडि़त राकेश गुर्जर ने पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची और मौके का निरीक्षण किया। आसपास के क्षेत्र में बदमाशों की तलाश भी की गई, लेकिन देर शाम तक उनका कोई सुराग नहीं लग सका।

    अज्ञात लुटेरों के खिलाफ मामला दर्ज
    पुलिस ने फरियादी की शिकायत के आधार पर तीन अज्ञात आरोपियों के विरुद्ध लूट का मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने के साथ-साथ संभावित मार्गों पर जांच कर रही है। बदमाशों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें सक्रिय कर दी गई हैं।

    दिनदहाड़े वारदात से क्षेत्र में दहशत
    दिनदहाड़े हथियार के बल पर हुई इस लूट की घटना से पगारा रोड और आसपास के ग्रामीण क्षेत्र में भय का माहौल है। स्थानीय लोगों ने पुलिस से क्षेत्र में गश्त बढ़ाने और जल्द से जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है।

    ये सामान लूटकर फरार हुए बदमाश
    लुटेरे विवाहिता से सोने के आभूषण उतरवाकर ले गए, जिनमें सोने की 4 चूडि़यां,2 सोने की अंगूठियां,1 बड़ा मंगलसूत्र, 5 पुताई वाला एक मंगलसूत्र, कान का एक झाला व इसके अलावा बदमाश राकेश गुर्जर का मोबाइल फोन तथा 5,000 रूपए नकद भी लूटकर मौके से फरार हो गए।
  • जबलपुर में स्कूल-कॉलेजों के बाहर छात्राओं से छेड़छाड़ के मामलों पर मानवाधिकार आयोग सख्त, एसपी से मांगी रिपोर्ट

    जबलपुर में स्कूल-कॉलेजों के बाहर छात्राओं से छेड़छाड़ के मामलों पर मानवाधिकार आयोग सख्त, एसपी से मांगी रिपोर्ट


    जबलपुर।
    शहर के स्कूलों और कॉलेजों के बाहर छात्राओं से छेड़छाड़ और उत्पीड़न की लगातार मिल रही शिकायतों को लेकर मध्यप्रदेश मानव अधिकार आयोग ने गंभीर रुख अपनाया है। मीडिया में प्रकाशित खबरों के आधार पर आयोग ने स्वत: संज्ञान लेते हुए जबलपुर पुलिस अधीक्षक से मामले की जांच कर दो सप्ताह के भीतर विस्तृत प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।

    छात्राओं को बनाया जा रहा निशाना

    जानकारी के अनुसार, कई शिक्षण संस्थानों के बाहर छुट्टी के समय असामाजिक तत्व और मनचले छात्राओं का पीछा करते हैं, उन पर फब्तियां कसते हैं, मोबाइल नंबर मांगते हैं और उनकी बिना अनुमति तस्वीरें भी खींचते हैं। इन घटनाओं से छात्राएं मानसिक रूप से परेशान हो रही हैं और खुद को असुरक्षित महसूस कर रही हैं।

    बताया जा रहा है कि लगातार हो रही ऐसी घटनाओं के कारण कुछ छात्राओं ने स्कूल-कॉलेज जाना भी छोड़ दिया है। वहीं, विरोध करने पर अभिभावकों को भी धमकियों का सामना करना पड़ रहा है।

    मानवाधिकार आयोग ने लिया स्वत: संज्ञान

    मध्यप्रदेश मानव अधिकार आयोग के क्षेत्रीय कार्यालय प्रभारी द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, आयोग की मुख्य पीठ भोपाल में अध्यक्ष डॉ. अवधेश प्रताप सिंह की एकल पीठ ने मामले को प्रथम दृष्टया मानवाधिकार हनन का मामला माना है।

    आयोग ने जबलपुर के पुलिस अधीक्षक को निर्देश दिए हैं कि पूरे मामले की विस्तृत जांच कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें तथा दो सप्ताह के भीतर कार्रवाई रिपोर्ट आयोग के समक्ष प्रस्तुत करें।

    सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

    लगातार सामने आ रही घटनाओं ने स्कूल और कॉलेज परिसरों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों और अभिभावकों ने छात्राओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए नियमित पुलिस गश्त, संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने और मनचलों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।

  • पन्ना की एनएमडीसी खदान में मिला 13.16 कैरेट का दुर्लभ हीरा, कीमत करीब एक करोड़ रुपये आंकी गई

    पन्ना की एनएमडीसी खदान में मिला 13.16 कैरेट का दुर्लभ हीरा, कीमत करीब एक करोड़ रुपये आंकी गई


    पन्ना।
    मध्य प्रदेश के पन्ना जिले की रत्नगर्भा धरती ने एक बार फिर अपनी समृद्ध खनिज संपदा का प्रमाण दिया है। मझगवां स्थित एनएमडीसी लिमिटेड की हीरा खदान से 13.16 कैरेट का उच्च गुणवत्ता वाला प्राकृतिक जेम श्रेणी का हीरा मिला है। प्रारंभिक आकलन के अनुसार इसकी कीमत करीब एक करोड़ रुपये हो सकती है, हालांकि इसका वास्तविक मूल्य आगामी खुली नीलामी में तय होगा।

    यह वर्ष 2024 में खदान का संचालन दोबारा शुरू होने के बाद अब तक का सबसे बड़ा हीरा माना जा रहा है। इससे पहले मार्च 2024 में इसी परियोजना से 10.04 कैरेट का हीरा मिला था, लेकिन 13.16 कैरेट का यह नया रत्न उस रिकॉर्ड को भी पीछे छोड़ गया है।

    नीलामी में तय होगी वास्तविक कीमत

    एनएमडीसी अधिकारियों के अनुसार हीरे की अंतिम कीमत उसकी गुणवत्ता, चमक, शुद्धता और नीलामी के दौरान मिलने वाली बोली पर निर्भर करेगी। विशेषज्ञों का मानना है कि उच्च गुणवत्ता के कारण इस हीरे को अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी अच्छी मांग मिल सकती है।

    एशिया की प्रमुख यंत्रीकृत हीरा खदान

    पन्ना की मझगवां हीरा खदान भारत ही नहीं, बल्कि एशिया की एकमात्र संगठित और पूर्णतः यंत्रीकृत हीरा खदानों में शामिल है। यह खदान वर्षों से कई दुर्लभ और बहुमूल्य हीरे देने के लिए जानी जाती रही है और देश के हीरा उत्पादन में महत्वपूर्ण योगदान देती है।

    एनएमडीसी में खुशी का माहौल

    इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के बाद पन्ना स्थित माइनिंग प्रोजेक्ट से लेकर हैदराबाद स्थित एनएमडीसी मुख्यालय तक उत्साह का माहौल है। अधिकारियों का कहना है कि इस तरह की खोज से खदान की संभावनाओं को नया बल मिला है और भविष्य में भी उच्च गुणवत्ता वाले हीरे मिलने की उम्मीद बढ़ी है।

  • PM आवास की कुटीर का सरिया तोड़ने से रोका तो दंपति पर हमला, पति का सिर फोड़ा

    PM आवास की कुटीर का सरिया तोड़ने से रोका तो दंपति पर हमला, पति का सिर फोड़ा


    शिवपुरी । शिवपुरी जिले के पोहरी थाना क्षेत्र के कनाखेड़ी गांव में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बनी कुटीर को लेकर विवाद हिंसक झड़प में बदल गया। कुटीर की छत से सरिया तोड़ने का विरोध करना एक दंपति को भारी पड़ गया। आरोप है कि गांव के दो भाइयों ने मिलकर पति-पत्नी पर लाठी-डंडों और लात-घूंसों से हमला कर दिया। हमले में पति के सिर में गंभीर चोट आई, जबकि बीच-बचाव करने पहुंची पत्नी को भी बेरहमी से पीटा गया। दोनों घायलों को उपचार के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

    जानकारी के अनुसार, कनाखेड़ी गांव निवासी 34 वर्षीय इंदर सिंह चिडार शनिवार शाम करीब सात बजे अपने घर के बाहर खड़े थे। इसी दौरान गांव का गोलू चिडार वहां पहुंचा। इंदर सिंह ने उससे प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत बनी अपनी कुटीर की छत से सरिया तोड़ने को लेकर सवाल किया। आरोप है कि यह बात सुनते ही गोलू चिडार गुस्से में आ गया और गाली-गलौज करने लगा।

    पीड़ित का कहना है कि जब उन्होंने आरोपी को गालियां देने से रोका तो उसने पास में पड़ा डंडा उठाकर सीधे उनके सिर पर हमला कर दिया। डंडे का वार इतना तेज था कि इंदर सिंह के सिर से खून बहने लगा। इसके बाद आरोपी ने लाठियों से भी उनकी पिटाई की, जिससे उनके हाथ-पैर सहित शरीर के अन्य हिस्सों में भी गंभीर चोटें आईं।

    मारपीट की आवाज सुनकर इंदर सिंह की पत्नी अमृता चिडार अपने पति को बचाने के लिए मौके पर पहुंचीं। आरोप है कि तभी गोलू चिडार के भाई आशु ने भी हमला कर दिया। उसने अमृता के साथ लात-घूंसों से मारपीट की और धक्का देकर जमीन पर गिरा दिया। इस दौरान महिला को भी हाथ-पैर और शरीर के अन्य हिस्सों में चोटें आईं। घटना के बाद आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे, जिसके बाद आरोपी वहां से भाग निकले।

    घायल दंपति को परिजन तत्काल उपचार के लिए जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां दोनों का इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार इंदर सिंह के सिर में गंभीर चोट आई है और उनकी स्थिति पर नजर रखी जा रही है।

    घटना की सूचना मिलने पर पोहरी थाना पुलिस ने अस्पताल पहुंचकर घायलों के बयान दर्ज किए। पुलिस ने पीड़ित की शिकायत के आधार पर आरोपी गोलू चिडार के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। मामले में अन्य आरोपियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। पुलिस का कहना है कि घटनास्थल से जुड़े सभी तथ्यों और दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। जांच के आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।

    ग्रामीण क्षेत्र में सरकारी योजना के तहत बने मकान को लेकर शुरू हुआ यह विवाद हिंसा में बदलने से इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की जा रही है।