Author: bharati

  • MP मॉर्निंग न्यूज़: मोहन कैबिनेट की बड़ी बैठक, 100% सैलरी का तोहफा और 60 हजार करोड़ का बिजली प्रोजेक्ट

    MP मॉर्निंग न्यूज़: मोहन कैबिनेट की बड़ी बैठक, 100% सैलरी का तोहफा और 60 हजार करोड़ का बिजली प्रोजेक्ट


    भोपाल । कैबिनेट बैठक और कर्मचारियों को सौगात आज शाम 4 बजे मंत्रालय में होने वाली मोहन कैबिनेट की बैठक बेहद महत्वपूर्ण है। सबसे ज्यादा चर्चा सरकारी कर्मचारियों के 100% वेतन वाले प्रस्ताव पर है। हाईकोर्ट के आदेश के बाद सरकार अब भर्ती के पहले साल से ही पूरा वेतन देने और प्रोबेशन पीरियड परिवीक्षा अवधि के पुराने नियमों को खत्म करने पर विचार कर रही है। यदि इस पर मुहर लगती है, तो हजारों नए कर्मचारियों का सालों का इंतजार खत्म होगा।

    बिजली सेक्टर में ऐतिहासिक कदम मुख्यमंत्री आज 4000 मेगावाट बिजली आपूर्ति के लिए एक बड़े एमओयू पर हस्ताक्षर करेंगे। अनूपपुर जिले में नए पावर प्लांट स्थापित किए जाएंगे, जिसमें करीब 60,000 करोड़ रुपये का प्रत्यक्ष निवेश होगा। इससे न केवल 2030-31 तक राज्य की बिजली मांग पूरी होगी, बल्कि लगभग 8000 लोगों को रोजगार के अवसर भी मिलेंगे। इसमें अडानी पावर और टोरेंट पावर जैसे बड़े नाम शामिल हैं।

    खेलो एमपी यूथ गेम्स का रंगारंग शुभारंभ राजधानी भोपाल का टीटी नगर स्टेडियम आज शाम 630 बजे युवा ऊर्जा से सराबोर होगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ‘खेलो एमपी यूथ गेम्स’ का उद्घाटन करेंगे। समारोह में मशहूर गायक कैलाश खेर अपनी प्रस्तुति देंगे। 28 खेलों में प्रदेश भर के 1 लाख से अधिक खिलाड़ी अपनी प्रतिभा दिखाएंगे, जो राज्य के खेल इतिहास में एक जनआंदोलन की तरह उभरा है।

    बैंकों की राष्ट्रव्यापी हड़ताल आम जनता के लिए आज मुश्किलें बढ़ सकती हैं। रविवार और गणतंत्र दिवस की छुट्टी के बाद आज बैंक खुलने थे, लेकिन यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस की हड़ताल के कारण ताले नहीं खुलेंगे। बैंक कर्मचारी 5-डे वर्किंग हर शनिवार छुट्टी की मांग पर अड़े हैं। प्रदेश की 7000 से अधिक शाखाओं में कामकाज ठप रहेगा, हालांकि ऑनलाइन ट्रांजैक्शन जारी रहेंगे।

    सियासी हलचल दिल्ली में कांग्रेस की मंथन संगठन को मजबूत करने के लिए एमपी कांग्रेस के दिग्गज जीतू पटवारी और प्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी ने दिल्ली में आलाकमान के साथ बैठक की। निर्देश दिए गए हैं कि जल्द से जल्द जिला कार्यकारिणी का गठन किया जाए और निष्क्रिय जिलाध्यक्षों पर गाज गिर सकती है।

  • महाकाल के मस्तक पर सजा त्रिशूल: माघ शुक्ल नवमी पर बाबा का दिव्य भांग श्रृंगार, भस्म आरती में उमड़ा आस्था का सैलाब

    महाकाल के मस्तक पर सजा त्रिशूल: माघ शुक्ल नवमी पर बाबा का दिव्य भांग श्रृंगार, भस्म आरती में उमड़ा आस्था का सैलाब


    उज्जैन । धर्म और आस्था की नगरी उज्जैन में आज माघ माह के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि पर विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में भक्ति का अनूठा संगम देखने को मिला। मंगलवार तड़के ठीक 4 बजे जब मंदिर के कपाट खोले गए, तो पूरा परिसर ‘जय महाकाल’ के जयघोष से गुंजायमान हो उठा। परंपरा के अनुसार सबसे पहले भगवान महाकाल का जलाभिषेक किया गया, जिसके बाद दूध, दही, घी, शहद और फलों के रस से बने पंचामृत से बाबा को दिव्य स्नान कराया गया।

    आज की भस्म आरती विशेष थी क्योंकि बाबा महाकाल के मस्तक पर चंदन का त्रिपुंड और भांग से त्रिनेत्र बनाया गया, साथ ही त्रिशूल अर्पित कर उनका मनमोहक श्रृंगार किया गया। भस्म अर्पण की प्रक्रिया से पूर्व प्रथम घंटाल बजाकर हरिओम का जल अर्पित किया गया और विशेष मंत्रोच्चार के बीच भगवान का आह्वान हुआ। कपूर आरती के पश्चात ज्योतिर्लिंग को सूती वस्त्र से ढांककर भस्म रमाई गई, जो श्रद्धालुओं के लिए किसी साक्षात ईश्वरीय अनुभव से कम नहीं था।

    श्रृंगार के अगले चरण में बाबा को शेषनाग का रजत मुकुट, मुण्डमाल और रुद्राक्ष की मालाएं धारण कराई गईं। सुगंधित पुष्पों और आभूषणों से सुसज्जित महाकाल के इस रूप को देख भक्त भाव-विभोर हो उठे। मंदिर के नंदी हॉल में विराजमान नंदी महाराज के कानों में अपनी मनोकामनाएं कहते श्रद्धालु आशीर्वाद मांगते नजर आए। भस्म आरती के दौरान उमड़े इस जनसैलाब ने यह सिद्ध कर दिया कि अवंतिका नगरी में महाकाल की महिमा अपरंपार है। इस भव्य आरती के साथ ही मंदिर में मंगलवार के अन्य विशेष अनुष्ठानों की शुरुआत हुई।

  • MP में कुदरत के दोहरे तेवर: कड़ाके की ठंड के बीच 28 जिलों में बारिश का अलर्ट, 4.9 डिग्री तक लुढ़का पारा

    MP में कुदरत के दोहरे तेवर: कड़ाके की ठंड के बीच 28 जिलों में बारिश का अलर्ट, 4.9 डिग्री तक लुढ़का पारा


    मध्य प्रदेश । मध्य प्रदेश में इस समय कुदरत के दोहरे तेवर देखने को मिल रहे हैं। एक तरफ जहां कोहरे और शीतलहर ने लोगों को घरों में दुबकने पर मजबूर कर दिया हैवहीं दूसरी तरफ अब बारिश की दस्तक ने ठंड की तीव्रता को और बढ़ा दिया है। मौसम विभाग के ताजा अनुमान के मुताबिक, प्रदेश के ऊपर इस समय साइक्लोनिक सर्कुलेशन चक्रवातीय परिसंचरण और एक ट्रफ लाइन सक्रिय है। इस सिस्टम के प्रभाव से अगले दो दिन यानी 27 और 28 जनवरी को प्रदेश के 28 जिलों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।

    मौसम के इस बदले मिजाज के कारण तापमान में 4.9 डिग्री सेल्सियस तक की भारी गिरावट दर्ज की गई है। भोपाल, ग्वालियर, जबलपुर और रीवा संभाग समेत कई इलाकों में सुबह से ही घना कोहरा छाया रहा। कड़ाके की ठंड का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि राजगढ़ में पारा गिरकर 6.6 डिग्री तक पहुंच गया है, जबकि दतिया, शिवपुरी और पचमढ़ी जैसे पर्यटन स्थलों में भी रात का तापमान 8 डिग्री के आसपास बना हुआ है। ग्वालियर में पारा 7.8 डिग्री रिकॉर्ड किया गया, जिससे उत्तर मध्य प्रदेश में कंपकंपी बढ़ गई है।

    मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि 30 जनवरी को एक और नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने जा रहा है। इसके प्रभाव से न केवल जनवरी के अंतिम दिन बल्कि फरवरी की शुरुआत भी बारिश और बूंदाबांदी के साथ हो सकती है। बारिश होने के कारण रात के तापमान में 2 से 3 डिग्री की और गिरावट आने की संभावना है, जिससे आने वाले दिनों में ठंड का अहसास और ज्यादा तीखा होगा।

    इन इलाकों में रहें सावधान आज यानी 27 जनवरी को भोपाल, उज्जैन, ग्वालियर, शिवपुरी, भिंड, मुरैना और सागर जैसे संभागों में बारिश का येलो अलर्ट है। वहीं कल 28 जनवरी को पूर्वी मध्य प्रदेश के जिलों जैसे जबलपुर, शहडोल, सीधी, रीवा और कटनी में पानी गिरने की प्रबल संभावना है। प्रशासन ने बढ़ती ठंड और कोहरे को देखते हुए वाहन चालकों को सावधानी बरतने की सलाह दी है।

  • शहडोल में बेखौफ अपराधी: देवलौंद में ASI पर हमला, खाकी पर लगातार वार से कानून-व्यवस्था तार-तार

    शहडोल में बेखौफ अपराधी: देवलौंद में ASI पर हमला, खाकी पर लगातार वार से कानून-व्यवस्था तार-तार


    शहडोल । मध्य प्रदेश के शहडोल जिले में कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक होती जा रही है। जिले में लगातार पुलिसकर्मियों को निशाना बनाने की बढ़ती घटनाएं यह साफ कर रही हैं कि अपराधियों के मन से वर्दी का खौफ खत्म होता जा रहा है। ताजा सनसनीखेज मामला देवलौंद थाना क्षेत्र का है जहाँ बाणसागर बाजार में एक ज्वेलरी शॉप को लेकर हुए आपसी विवाद को सुलझाने गए सहायक उप निरीक्षक ASI महेश झा पर सरेआम हमला कर दिया गया।

    घटना के वक्त एएसआई महेश झा दोनों पक्षों को समझाइश देकर शांति व्यवस्था कायम करने की कोशिश कर रहे थे लेकिन तभी मौके पर मौजूद सुनील सोनी नामक व्यक्ति ने अपना आपा खो दिया और ड्यूटी पर तैनात अधिकारी पर हमला बोल दिया। इस झड़प में पुलिसकर्मी को चोटें आई हैं। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी सुनील सोनी को हिरासत में ले लिया है और उस पर शासकीय कार्य में बाधा डालने व जान से मारने की धमकी देने जैसी गंभीर धाराओं के तहत केस दर्ज किया है। हालांकि आरोपी के परिजनों ने पुलिस पर ही पलटवार करते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं जिससे मामला और पेचीदा हो गया है।

    हैरानी की बात यह है कि शहडोल में पुलिस पर हमले का यह कोई पहला मामला नहीं है। पिछले कुछ दिनों के घटनाक्रम पर नजर डालें तो हाल ही में बस स्टैंड पर ड्यूटी कर रहे महेश पाठक को एक बस ने कुचल दिया था वहीं ब्यौहारी में विवाद सुलझाने गए प्रधान आरक्षक और आरक्षक के साथ बस मालिकों द्वारा अभद्रता की गई थी। इसके साथ ही पुलिस लाइन में एक आरक्षक द्वारा सुसाइड की घटना ने विभाग के अंदरूनी तनाव और बाहरी चुनौतियों को उजागर कर दिया है।

    जिले में कानून की रक्षा करने वालों पर हो रहे इन हमलों ने आम जनता के मन में असुरक्षा का भाव भर दिया है। जब रक्षक ही सुरक्षित नहीं हैं तो आम नागरिक की सुरक्षा का क्या होगा? फिलहाल वरिष्ठ अधिकारियों की चुप्पी इस मामले को और गंभीर बना रही है। क्या यह हमलों का सिलसिला पुलिस की नरम कार्यप्रणाली का नतीजा है या प्रशासनिक ढिलाई का? यह एक बड़ा सवाल है।

  • जबलपुर में सनसनी: रिटायर्ड महिला डॉक्टर के अपहरण का आरोप, करोड़ों की संपत्ति पर भू-माफिया की नजर

    जबलपुर में सनसनी: रिटायर्ड महिला डॉक्टर के अपहरण का आरोप, करोड़ों की संपत्ति पर भू-माफिया की नजर


    जबलपुर । मध्य प्रदेश के जबलपुर के पॉश इलाके राइट टाउन से एक बेहद चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहाँ रहने वाली 70 वर्षीय रिटायर्ड महिला डॉक्टर हेमलता श्रीवास्तव के अपहरण के आरोपों ने शहर में हड़कंप मचा दिया है। बताया जा रहा है कि कुछ अज्ञात लोग महिला डॉक्टर को उनके ही घर से जबरन उठाकर एक कार में बिठाकर ले गए। इस पूरी घटना का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें कुछ संदिग्ध लोग उन्हें ले जाते हुए नजर आ रहे हैं।

    डॉ. हेमलता की सुरक्षा को लेकर उठ रहे सवालों के बीच इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (IMA) ने पुलिस को पत्र लिखकर इस मामले में गहरी साजिश और अपहरण की आशंका जताई है। घटना के दौरान जब पड़ोसी डॉ. मुखर्जी ने हस्तक्षेप कर पूछताछ करने की कोशिश की, तो इन अज्ञात लोगों ने उनके साथ भी बदतमीजी की और खुद को किसी बड़े प्रसिद्ध मंदिर के ट्रस्ट से जुड़ा हुआ बताया। हालांकि, स्थानीय लोगों और चिकित्सा जगत के जानकारों का मानना है कि यह कोई धार्मिक सेवा नहीं, बल्कि महिला की करोड़ों की बेशकीमती संपत्ति को हड़पने के लिए रची गई एक सोची-समझी साजिश है।

    पीड़ित डॉ. हेमलता श्रीवास्तव की स्थिति इस समय बेहद नाजुक है। हाल ही में एक महीने पहले उनके पति का निधन हुआ है और कुछ साल पहले वे अपने इकलौते डॉक्टर बेटे को भी खो चुकी हैं। घर में अकेली रहने वाली डॉक्टर फिलहाल मानसिक और शारीरिक रूप से अस्वस्थ हैं, जिसका फायदा उठाने की कोशिश की जा रही है। राइट टाउन जैसे महंगे इलाके में उनके बंगले और जमीन की कीमत करोड़ों में है, जिसे कब्जाने के लिए भू-माफिया और आपराधिक तत्व सक्रिय हो गए हैं।

    IMA के हस्तक्षेप के बाद जबलपुर का मदन महल थाना पुलिस हरकत में आया है। पुलिस ने फिलहाल शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है और वायरल वीडियो के जरिए आरोपियों की पहचान करने में जुट गई है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या वास्तव में वे लोग किसी मंदिर से जुड़े हैं या केवल जायदाद के दस्तावेजों पर अंगूठे लगवाने के लिए यह नाटक रचा गया है। आने वाले घंटों में पुलिस की जांच यह साफ करेगी कि डॉ. हेमलता सुरक्षित हैं या वे किसी बड़े भू-माफिया सिंडिकेट के चंगुल में फंस चुकी हैं।

  • फरवरी 2026 में हॉलीवुड का बड़ा धमाका: 5 फिल्में भारत में करेंगी बॉक्स ऑफिस पर राज!

    फरवरी 2026 में हॉलीवुड का बड़ा धमाका: 5 फिल्में भारत में करेंगी बॉक्स ऑफिस पर राज!


    नई दिल्ली। साल 2025 में हॉलीवुड फिल्मों ने भारतीय बॉक्स ऑफिस पर फिर से अपनी पकड़ मजबूत की। कुछ फिल्में फ्लॉप रहीं, लेकिन कई बड़े प्रोजेक्ट्स ने 100 करोड़ से ज्यादा की कमाई कर दर्शकों को चौंका दिया। खासकर “जुरासिक वर्ल्ड: रीबर्थ”, “कॉनज्यूरिंग: द लास्ट राइट्स” और “एफ-1” जैसी फिल्मों ने भारत में शानदार प्रदर्शन किया, जबकि “अवतार” सीरीज का नया पार्ट भी 200 करोड़ के पार पहुंचा। अब 2026 की शुरुआत में भी हॉलीवुड के बड़े-बड़े प्रोजेक्ट्स रिलीज होने वाले हैं और फरवरी 2026 में 5 बड़ी फिल्में भारतीय थिएटर्स में दस्तक देने जा रही हैं, जिनमें मेकर्स ने अरबों रुपए का बजट लगाया है।

    पहली फिल्म है “Crime 101”, जो डॉन विन्स्लो की नॉवल पर आधारित एक्शन-थ्रिलर है। इस फिल्म का निर्देशन बार्ट लायटन ने किया है और इसमें क्रिस हेम्सवर्थ लीड रोल में होंगे। रिपोर्ट्स के अनुसार इस फिल्म का बजट लगभग 900 करोड़ रुपए बताया जा रहा है। हाले बेरी इस फिल्म में उनके अपोजिट हैं, जबकि जेनिफर जेसन लीघ और निक नॉल्टे जैसे बड़े नाम सपोर्टिंग कास्ट में शामिल हैं। यह फिल्म 13 फरवरी 2026 को रिलीज होने की उम्मीद है और वैलेंटाइन वीक में यह बॉक्स ऑफिस पर बड़ा धमाका कर सकती है।

    इसी दिन “Wuthering Heights” भी रिलीज होने वाली है। एमराल्ड फेनेल के निर्देशन में बनी यह रोमांटिक ड्रामा फिल्म है, जिसमें मारगोट रोबी और जैकब एलॉर्डी मुख्य भूमिका में हैं। यह फिल्म वैलेंटाइन स्पेशल के तौर पर परफेक्ट साबित हो सकती है और रिपोर्ट्स के अनुसार इसका बजट लगभग 700 करोड़ रुपए के आसपास बताया जा रहा है।

    फरवरी में तीसरी फिल्म “GOAT” है, जो एक एनिमेटेड स्पोर्ट्स ड्रामा फिल्म है और इसे भी 13 फरवरी 2026 को रिलीज किया जाएगा। एनिमेटेड फिल्मों का ग्लोबल मार्केट में खास प्रभाव देखने को मिला है, इसलिए इस फिल्म से भी बड़ी उम्मीदें जुड़ी हैं।

    इसके बाद “The Sheep Detectives” 26 फरवरी 2026 को रिलीज होने वाली है। काइल बाल्डा के निर्देशन में बनी यह मिस्ट्री-कॉमेडी फिल्म है, जिसमें ह्यू जैकमैन लीड रोल में हैं। यह फिल्म फैमिली के साथ देखने के लिए अच्छी एंटरटेनमेंट साबित हो सकती है और दर्शकों को मजेदार अनुभव दे सकती है।

    फरवरी की आखिरी बड़ी फिल्म “Scream 7” है, जो 27 फरवरी 2026 को रिलीज के लिए तैयार है। केविन विलियमसन के निर्देशन में बनी यह हॉरर-मिस्ट्री फिल्म लगभग 350 करोड़ के बजट में बनाई जा रही है। फिल्म की खासियत यह है कि इसमें टीवी सीरीज “फ्रेंड्स” की एक्ट्रेस कोर्टनी कॉक्स भी शामिल हैं, जो हॉरर फैंस के लिए बड़ी बात है।

    फरवरी 2026 में ये 5 फिल्में न सिर्फ बड़े बजट की हैं, बल्कि भारतीय बॉक्स ऑफिस पर भी जबरदस्त कमाई करने की क्षमता रखती हैं। साउथ और बॉलीवुड के साथ-साथ अब हॉलीवुड भी भारत में अपनी पकड़ मजबूत कर रहा है और ये फिल्में इसके नए उदाहरण बन सकती हैं।

  • उत्तराखंड में सख्ती बढ़ी: गंगोत्री धाम में गैर-हिंदुओं की एंट्री बैन, बदरीनाथ-केदारनाथ पर भी प्रस्ताव की तैयारी

    उत्तराखंड में सख्ती बढ़ी: गंगोत्री धाम में गैर-हिंदुओं की एंट्री बैन, बदरीनाथ-केदारनाथ पर भी प्रस्ताव की तैयारी


    देहरादून। हरिद्वार के गंगा घाटों पर प्रतिबंध के बाद अब उत्तराखंड में धार्मिक स्थलों पर गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर रोक का कदम बढ़ता जा रहा है। गंगोत्री धाम में यह फैसला लागू कर दिया गया है और अब बदरीनाथ-केदारनाथ में भी इसी तरह का प्रस्ताव बोर्ड में लाया जाएगा।

    गंगोत्री धाम में गैर-हिंदुओं की एंट्री बैन
    श्री गंगोत्री मंदिर समिति के अध्यक्ष सुरेश सेमवाल ने बताया कि सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया है।
    गंगोत्री धाम के साथ-साथ शीतकालीन प्रवास स्थल मुखबा में भी गैर-हिंदुओं का प्रवेश वर्जित रहेगा।

    बदरीनाथ-केदारनाथ में भी प्रस्ताव लाया जाएगा
    श्री बदरीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति (बीकेटीसी) के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने कहा कि बोर्ड की अगली बैठक में बदरीनाथ और केदारनाथ में भी गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर रोक का प्रस्ताव लाया जाएगा।
    इसके बाद इसे शासन और सरकार के समक्ष रखा जाएगा।

    हरिद्वार के बाद अब अन्य स्थलों पर मांग बढ़ी
    हरिद्वार में सरकार ने पहले ही गंगा घाटों, हर की पैड़ी और अन्य प्रमुख स्थलों पर गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर रोक लगाई है।
    धार्मिक संस्थाओं की मांग है कि पूरे कुंभ क्षेत्र में भी इसी तरह का प्रतिबंध लागू किया जाए।

    बीकेटीसी अध्यक्ष का बयान
    हेमंत द्विवेदी ने इसे “ऐतिहासिक फैसला” बताया और कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा लिया गया यह कदम बदरी-केदार धाम में भी लागू होगा।
    उन्होंने कहा कि बोर्ड में प्रस्ताव पास होने के बाद सरकार को इसे लागू कराने की प्रक्रिया शुरू होगी।

    मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का रुख
    मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि पवित्र धाम हमारी आस्था के धाम हैं और यहाँ पौराणिक मान्यता व संस्कृति के अनुसार ही निर्णय होंगे।
    उन्होंने कहा कि मंदिर समिति और तीर्थ पुरोहितों की मांग पर सरकार काम करेगी।
    हरिद्वार के गंगा घाटों के पुराने एक्ट का अध्ययन करके आगे निर्णय लिया जाएगा।


    सरकार का संकेत
    धामी ने कहा कि अगर बीकेटीसी से प्रस्ताव आता है, तो सरकार सभी पहलुओं को देखते हुए आगे निर्णय करेगी।
    सरकार सनातन धर्म के आस्था केंद्रों की पवित्रता बनाए रखने के लिए सख्त कदम उठाने को तैयार है।

  • MP में लौटी कड़ाके की ठंड: 15 शहरों में कोल्ड-डे जैसे हालात, 27–28 जनवरी को मावठे और बारिश का अलर्ट

    MP में लौटी कड़ाके की ठंड: 15 शहरों में कोल्ड-डे जैसे हालात, 27–28 जनवरी को मावठे और बारिश का अलर्ट


    मध्य प्रदेश । मध्य प्रदेश में एक बार फिर कड़ाके की ठंड ने दस्तक दे दी है। राजधानी भोपाल, इंदौर समेत प्रदेश के 15 से अधिक शहरों में कोल्ड-डे जैसी स्थिति बनी हुई है। ठंडी हवाओं, घने कोहरे और गिरते तापमान ने आम जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। मौसम विभाग के अनुसार, आगामी 27 और 28 जनवरी को प्रदेश में मावठा गिरने की संभावना है, जिससे ठंड और बढ़ सकती है। इस दौरान भोपाल, ग्वालियर और जबलपुर सहित कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश के आसार जताए गए हैं।

    मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक हिमालय क्षेत्र के ऊपर एक वेस्टर्न डिस्टर्बेंस सक्रिय है, वहीं प्रदेश के ऊपर साइक्लोनिक सर्कुलेशन की भी एक्टिविटी बनी हुई है। इसी सिस्टम के असर से मौसम ने अचानक करवट ली है। शनिवार और रविवार की रात प्रदेश के कई इलाकों में तापमान में तेज गिरावट दर्ज की गई। राजगढ़ प्रदेश का सबसे ठंडा जिला रहा, जहां न्यूनतम तापमान 6.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। दतिया में न्यूनतम तापमान 7.4 डिग्री, गुना में 7.7 डिग्री, श्योपुर और पचमढ़ी में 8.4 डिग्री, नौगांव में 9 डिग्री तथा रीवा और रतलाम में 9.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

    रविवार को दिन के तापमान में भी खासा असर देखने को मिला। गुना में दिन का अधिकतम तापमान सबसे कम 19.1 डिग्री सेल्सियस रहा, जो कोल्ड-डे की श्रेणी में आता है। नौगांव में अधिकतम तापमान 20 डिग्री, दतिया में 20.1 डिग्री, श्योपुर में 20.6 डिग्री, टीकमगढ़ में 20.7 डिग्री, शिवपुरी और रतलाम में 21 डिग्री दर्ज किया गया। इसके अलावा खजुराहो में 21.2 डिग्री, धार में 21.4 डिग्री, रीवा में 21.6 डिग्री और दमोह में 21.8 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।

    प्रदेश के कई शहरों में सुबह और रात के समय घना कोहरा भी छाया रहा, जिससे दृश्यता कम हो गई। इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर, उज्जैन, छिंदवाड़ा, नर्मदापुरम, सागर, सतना, सीधी, रायसेन, राजगढ़, रीवा, मंडला, मलाजखंड, नौगांव, गुना, खजुराहो, उमरिया और दमोह जैसे जिलों में कोहरे का असर साफ दिखाई दिया। ठंड और कोहरे के चलते लोगों को अलाव और गर्म कपड़ों का सहारा लेना पड़ रहा है।

    मौसम विभाग ने बारिश को लेकर भी अलर्ट जारी किया है। 27 जनवरी को भोपाल, उज्जैन, ग्वालियर, विदिशा, सागर, शिवपुरी, श्योपुर, शाजापुर, अशोकनगर, आगर मालवा, भिंड, मुरैना, दतिया, निवाड़ी, छतरपुर, टीकमगढ़, रतलाम, राजगढ़, गुना, नीमच और मंदसौर में बारिश होने की संभावना है। वहीं 28 जनवरी को जबलपुर, विदिशा, शहडोल, सीधी, सिंगरौली, सतना, सागर, रायसेन, मऊगंज, मैहर, छतरपुर, टीकमगढ़, रीवा, पन्ना, दमोह, नरसिंहपुर, उमरिया और कटनी में मावठे के साथ बारिश हो सकती है। कुल मिलाकर प्रदेश में ठंड का असर अभी कुछ दिन और बने रहने के आसार हैं। मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने, ठंड से बचाव के उपाय अपनाने और कोहरे के दौरान वाहन चलाते समय विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है।

  • ट्रंप के टैरिफ झटके से उबरता भारत, एक मेगा डील से 10 गुना मुनाफे की तैयारी

    ट्रंप के टैरिफ झटके से उबरता भारत, एक मेगा डील से 10 गुना मुनाफे की तैयारी


    नई दिल्ली। अमेरिका द्वारा लगाए गए टैरिफ के बाद भारतीय निर्यात को हुए नुकसान की भरपाई का रास्ता अब यूरोप की ओर से दिखाई दे रहा है। भारत और यूरोपीय संघ (EU) के बीच फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) अब अंतिम चरण में है और अगर यह समझौता 27 जनवरी को औपचारिक रूप से हो गया तो यह भारत के लिए एक बड़ी आर्थिक जीत साबित होगी।

    ट्रंप के टैरिफ से कितना हुआ नुकसान?
    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पिछले साल अप्रैल और अगस्त में भारत पर 25-25% टैरिफ लगाए थे। इसके बाद भारत से अमेरिका जाने वाले उत्पादों पर 50% तक का टैरिफ लागू हो गया, जिससे भारतीय निर्यात क्षेत्र को लगभग 6 अरब डॉलर का नुकसान हुआ।

    अब एक डील से 10 गुना फायदा
    भारत ने इस नुकसान को कम करने के लिए रणनीतिक कदम उठाया और अब एक ही डील से न सिर्फ यह नुकसान भरपाई हो जाएगी, बल्कि उस नुकसान से 10 गुना ज्यादा कमाई का रास्ता खुल सकता है।
    27 जनवरी को होने वाले EU-India FTA से भारत एक साथ 27 यूरोपीय देशों के बाजार में बिना शुल्‍क के कारोबार करने का अवसर पाएगा।

    ‘मदर ऑफ आल डील’ क्यों कहा जा रहा है?
    भारत और यूरोपीय यूनियन के बीच यह फ्री ट्रेड एग्रीमेंट को दोनों पक्षों ने ‘मदर ऑफ आल डील’ कहा है। क्योंकि इस एक समझौते से भारत को यूरोप के 27 देशों में ड्यूटी-फ्री एक्सेस मिल जाएगा, जो भारतीय निर्यात को एक बड़ा बाजार प्रदान करेगा।
    इस समय यूरोपीय यूनियन की अध्यक्ष भारत में गणतंत्र दिवस के मौके पर मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद हैं और इस दौरान दोनों देशों के बीच ट्रेड को लेकर बातचीत भी हुई है।

    भारतीय निर्यात को कितना फायदा होगा?
    अगर EU-India FTA लागू होता है, तो भारतीय निर्यात का ट्रेड सरप्लस लगभग 50 अरब डॉलर तक बढ़ सकता है।
    एमके ग्लोबल की शोध रिपोर्ट के अनुसार, इस डील के पूरा होने पर वित्त वर्ष 2031 तक भारत का यूरोप के साथ ट्रेड सरप्लस 50 अरब डॉलर तक पहुंच सकता है।
    वित्त वर्ष 2025 में भारत के कुल निर्यात में यूरोप की हिस्सेदारी 17.3% थी, जो इस डील के बाद 2031 तक 22-23% तक बढ़ने का अनुमान है।

    यूरोप को भी फायदा होगा
    यह डील सिर्फ भारत के लिए ही नहीं, बल्कि यूरोपीय बाजार के लिए भी फायदेमंद होगी।
    हालांकि अभी यूरोप के निर्यात बाजार में भारत की हिस्सेदारी महज 0.8% है, लेकिन वित्त वर्ष 2025 में यूरोप का भारत के साथ 15 अरब डॉलर का व्यापार घाटा रहा था।
    वित्त वर्ष 2019 में यूरोप का भारत के साथ 3 अरब डॉलर का ट्रेड सरप्लस था।

    इस डील के बाद भारत का यूरोप के साथ व्यापार और बढ़ेगा और यूरोप का घाटा भी बढ़ सकता है।
    फिर भी यूरोप ने रूस पर अपनी ऊर्जा निर्भरता कम करने और चीन की सप्लाई का विकल्प खोजने की तैयारी कर ली है। इसलिए यूरोप में भारतीय रिफाइनरी के तेल, इलेक्ट्रॉनिक्स और केमिकल की खरीद पहले से बढ़ रही है, और FTA के बाद इसमें और तेजी आने की संभावना है।

    किस सेक्टर को सबसे ज्यादा फायदा?
    यूरोप के साथ फ्री ट्रेड डील से भारत के इलेक्ट्रॉनिक्स, मशीनरी और केमिकल उद्योग को सबसे अधिक लाभ होने का अनुमान है।
    वर्तमान वित्त वर्ष में भारत के कुल निर्यात में यूरोप की हिस्सेदारी मामूली रूप से गिरकर 16.8% पर आ गई है।
    लेकिन इस डील के बाद भारत के साथ यूरोप का व्यापार घाटा बढ़ने की संभावना है।

    EU-India FTA के लागू होने से भारत के निर्यात को नई गति मिलेगी और यह ट्रंप के टैरिफ के नुकसान की भरपाई के साथ 10 गुना अधिक लाभ का मार्ग खोल सकता है।
    यह डील भारत की वैश्विक व्यापार रणनीति को नई दिशा दे सकती है और भारत को विश्व व्यापार में मजबूत स्थिति प्रदान करेगी।

  • राष्ट्रगीत के 150 साल… सिनेमा में हर बार नए जोश और अंदाज के साथ गूंजा 'वंदे मातरम'

    राष्ट्रगीत के 150 साल… सिनेमा में हर बार नए जोश और अंदाज के साथ गूंजा 'वंदे मातरम'


    नई दिल्ली। वंदे मातरम केवल राष्ट्रीय गीत नहीं बल्कि स्वतंत्रता संग्राम का प्रतीक है, यह भारतीय सिनेमा में भी बार-बार देशभक्ति की भावना जगाता रहा है। हर बार जब स्क्रीन पर यह गीत सुनाई दिया, तो जोश, ऊर्जा और राष्ट्रप्रेम की लहर दौड़ गई।

    ‘वंदे मातरम’ क्लासिकल से मॉडर्न तक विकसित होता रहा। लता मंगेशकर से विशाल-शेखर तक कई हस्तियों ने इसे गाया। सिनेमा में यह बलिदान और एकता का प्रतीक बना।

    भारतीय सिनेमा में ‘वंदे मातरम’ पहली बार 1952 की फिल्म ‘आनंद मठ’ में गूंजा। लता मंगेशकर ने इसे गाया और हेमंत कुमार ने संगीत दिया। यह क्लासिक वर्जन आज भी सबसे प्रसिद्ध है। फिल्म में यह गीत स्वतंत्रता संग्राम की भावना को दर्शाता है।

    यही नहीं साल 1997 में एआर. रहमान ने ‘वंदे मातरम’ (मां तुझे सलाम) नाम से एक इंडिपेंडेंट एल्बम ट्रैक जारी किया। यह नॉन-फिल्म म्यूजिक वीडियो था। भारत बाला और मेहबूब ने वीडियो बनाया। आधुनिक फ्यूजन, रॉक और क्लासिकल मिश्रण के साथ गीत नए अंदाज में पेश किया गया।

    साल 2001 की फिल्म ‘कभी खुशी कभी गम’ में ‘वंदे मातरम’ को उषा उत्थुप और कविता कृष्णमूर्ति ने गाया। संगीत संदेश शांडिल्य का था। यह गाना फिल्म के अंत में आता है। अमिताभ बच्चन, शाहरुख खान, काजोल जैसे कलाकारों वाली इस फिल्म में परिवार और देशभक्ति का मिश्रण दिखाया गया।

    वंदे मातरम साल 2015 की फिल्म ‘एबीसीडी 2’ में सचिन-जिगर ने ‘वंदे मातरम’ को नए अंदाज में पेश किया। यह डांस फिल्म थी। गीत में एनर्जेटिक बीट्स थे। फिल्म में देशभक्ति और डांस का मेल दिखाया गया। यह आधुनिक पीढ़ी के लिए प्रेरणादायक रहा। वहीं, साल 2024 की फिल्म ‘फाइटर’ में विशाल-शेखर ने ‘वंदे मातरम’ (द फाइटर एंथम) गाया। विशाल ददलानी, शेखर रवजियानी मुख्य गायक थे। ऋतिक रोशन, दीपिका पादुकोण, अनिल कपूर स्टारर फिल्म के इस गाने को खूब पसंद किया गया।

    साल 2022 में रिलीज हुई फिल्म ‘कोड नेम: तिरंगा’ में शंकर महादेवन ने ‘वंदे मातरम’ गाया। यह देशभक्ति थीम वाली फिल्म थी। गीत ने राष्ट्रप्रेम का संदेश मजबूत किया। वहीं, साल 2024 की फिल्म ‘ऑपरेशन वेलेंटाइन’ में भी ‘वंदे मातरम’ का नया वर्जन इस्तेमाल हुआ। यह आधुनिक एंथम स्टाइल में था। फिल्म देशभक्ति और एक्शन पर आधारित थी। गीत ने क्लाइमैक्स में जोश भरा।

    इसके अलावा, कई अन्य फिल्मों के छोटे-छोटे हिस्सों में भी यह गीत इस्तेमाल होता रहा है। वहीं, साल 2021 में टाइगर श्रॉफ ने ‘वंदे मातरम’ का अपना इंडिपेंडेंट वर्जन गाया। यह उनका हिंदी सिंगिंग डेब्यू था। जैकी भगनानी प्रोडक्शन में म्यूजिक वीडियो बना। युवा और एनर्जेटिक स्टाइल में देशभक्ति थीम पर आधारित गाने को विशाल मिश्रा ने कंपोज किया था।

    ‘वंदे मातरम’ की रचना बंकिमचंद्र चटर्जी ने की थी। यह पहली बार 7 नवंबर 1875 को उनकी साहित्यिक पत्रिका ‘बंगदर्शन’ में प्रकाशित हुआ। उपन्यास ‘आनंदमठ’ में शामिल यह गीत मातृभूमि को देवी के रूप में पूजने का संदेश देता है। साल 2025 में ‘वंदे मातरम’ के 150 साल पूरे हो चुके हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 7 नवंबर 2025 को इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम, नई दिल्ली में एक साल भर चलने वाले राष्ट्रव्यापी समारोह की शुरुआत की। यह जश्न 7 नवंबर 2026 तक चलेगा।