Author: bharati

  • पीएमकेवीवाई 4.0 से देश में कौशल क्रांति 38 क्षेत्रों में 27 लाख से अधिक युवाओं को मिला प्रशिक्षण

    पीएमकेवीवाई 4.0 से देश में कौशल क्रांति 38 क्षेत्रों में 27 लाख से अधिक युवाओं को मिला प्रशिक्षण


    नई दिल्ली।केंद्र सरकार ने बताया है कि प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना 4.0 के तहत देशभर में बड़े स्तर पर युवाओं को कौशल प्रशिक्षण दिया जा रहा है सात दिसंबर 2025 तक इस योजना के अंतर्गत कुल 27.08 लाख युवाओं को प्रशिक्षण प्रदान किया जा चुका है यह प्रशिक्षण 38 अलग अलग क्षेत्रों में दिया गया है और इसमें 36 राज्य तथा 732 जिले शामिल हैं

    कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय के अनुसार अप्रैल 2024 से सात दिसंबर 2025 के बीच आईटी और आईटीईएस एयरोस्पेस और एविएशन कृषि रबर चमड़ा पर्यटन और होटल उद्योग जैसे क्षेत्रों में 7.5 लाख से अधिक युवाओं को प्रशिक्षित किया गया है यह कार्य 34 राज्यों और 670 जिलों में किया गया जिससे योजना की व्यापक पहुंच स्पष्ट होती हैमंत्रालय ने बताया कि प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना उसकी प्रमुख अल्पकालिक प्रशिक्षण योजना है जो चार चरणों में लगातार विकसित हुई है एक छोटी योजना के रूप में शुरू होकर यह अब मांग आधारित और रोजगार उन्मुख कौशल प्रशिक्षण प्रणाली बन चुकी है

    युवाओं को भविष्य की जरूरतों के अनुरूप तैयार करने के लिए 77 विशेष कोर्स और 102 नई जॉब भूमिकाएं शुरू की गई हैं इनमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इंडस्ट्री 4.0 ग्रीन जॉब्स और डिजिटल सेवाओं जैसे आधुनिक क्षेत्र शामिल हैं जो तेजी से बदलती वैश्विक अर्थव्यवस्था की मांग को पूरा करते हैंसरकार ने बताया कि देशभर में 15,500 से अधिक संस्थान पीएमकेवीवाई 4.0 को लागू कर रहे हैं इनमें 7,000 से ज्यादा स्किल हब स्कूलों कॉलेजों और आईटीआई में संचालित हो रहे हैं इसके अलावा आईआईटी आईआईएम एनआईटी आईआईआईटी सरकारी संस्थान और सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियां भी पहली बार इस योजना से जुड़ी हैं

    अप्रैल 2024 से सितंबर 2025 के बीच इस योजना पर 1,652.89 करोड़ रुपए खर्च किए गए हैं वहीं पीएमकेवीवाई 4.0 के तहत 200 करोड़ रुपए का अलग बजट प्रशिक्षकों और मूल्यांकनकर्ताओं का राष्ट्रीय समूह तैयार करने के लिए निर्धारित किया गया है इसके नियम पाठ्यक्रम और प्रमाणन व्यवस्था एनसीवीईटी द्वारा तय की गई है और इन्हें स्किल इंडिया डिजिटल हब पर उपलब्ध कराया गया है

    मंत्रालय के अनुसार अप्रैल 2024 से नवंबर 2025 तक 34,505 प्रशिक्षकों और 13,844 मूल्यांकनकर्ताओं को प्रमाणित किया गया हैआईटीआई को देश में व्यावसायिक शिक्षा की रीढ़ बताते हुए मंत्रालय ने कहा कि 2014 से 2025 के बीच आईटीआई की संख्या 9,977 से बढ़कर 14,682 हो गई है इस दौरान 4,605 नए आईटीआई स्थापित किए गए वहीं छात्रों की संख्या 9.5 लाख से बढ़कर 14 लाख से अधिक हो गई है जो कौशल शिक्षा पर बढ़ते भरोसे को दर्शाता है

  • रायपुर में रनचेज का महातूफान: टीम इंडिया ने 92 गेंदों में रचा इतिहास, एशिया की नंबर-1 T20I टीम बनी

    रायपुर में रनचेज का महातूफान: टीम इंडिया ने 92 गेंदों में रचा इतिहास, एशिया की नंबर-1 T20I टीम बनी


    नई दिल्ली । रायपुर की शाम भारतीय क्रिकेट के इतिहास में सुनहरे अक्षरों में दर्ज हो गई, जब टीम इंडिया ने न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 मुकाबले में ऐसा तूफानी प्रदर्शन किया कि पूरी क्रिकेट दुनिया दंग रह गई। शहीद वीर नारायण सिंह स्टेडियम में खेले गए इस मैच में भारत ने 209 रनों के विशाल लक्ष्य को महज 15.2 ओवर यानी 92 गेंदों में हासिल कर लिया और 28 गेंद शेष रहते मुकाबला अपने नाम कर लिया। यह न सिर्फ भारत का सबसे तेज सफल टी20 अंतरराष्ट्रीय रनचेज बना, बल्कि इसके साथ ही टीम इंडिया ने एक साथ दो बड़े रिकॉर्ड भी अपने नाम कर लिए।
    मैच की शुरुआत भारत के लिए कुछ खास नहीं रही। लक्ष्य का पीछा करते हुए पहले दो ओवर में ही टीम ने अभिषेक शर्मा और संजू सैमसन के विकेट गंवा दिए। अभिषेक खाता भी नहीं खोल सके, जबकि संजू सिर्फ 6 रन बनाकर पवेलियन लौट गए। शुरुआती झटकों के बाद ऐसा लगा कि न्यूजीलैंड ने मुकाबले में मजबूत पकड़ बना ली है, लेकिन इसके बाद जो हुआ, उसने मैच की तस्वीर ही बदल दी।
    तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करने उतरे ईशान किशन ने कप्तान सूर्यकुमार यादव के साथ मिलकर मैदान पर रन बरसाने शुरू कर दिए। ईशान ने सिर्फ 21 गेंदों में अर्धशतक जड़ दिया और कीवी गेंदबाजों की एक भी चाल कामयाब नहीं होने दी। दूसरी ओर सूर्यकुमार यादव अपने चिर-परिचित अंदाज में गेंदबाजों पर टूट पड़े। दोनों बल्लेबाजों के बीच 122 रनों की विस्फोटक साझेदारी हुई, जिसने न्यूजीलैंड को पूरी तरह बैकफुट पर धकेल दिया।
    कप्तान सूर्यकुमार यादव ने 37 गेंदों पर नाबाद 82 रनों की शानदार पारी खेली, जबकि ईशान किशन ने 32 गेंदों पर 76 रन बनाए। चौकों-छक्कों की बारिश के बीच दर्शकों का उत्साह चरम पर था और हर ओवर के साथ भारत जीत के करीब पहुंचता गया।
    आखिरकार भारत ने यह मुकाबला 7 विकेट से जीतकर सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त बना ली।इस जीत के साथ टीम इंडिया ने पहला बड़ा रिकॉर्ड यह बनाया कि उसने टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में छठी बार 200 या उससे ज्यादा रनों का लक्ष्य सफलतापूर्वक चेज किया। इस मामले में भारत अब दुनिया की दूसरी सबसे सफल टीम बन गई हैऑस्ट्रेलिया 7 बार ऐसा कर चुका है, जबकि भारत ने दक्षिण अफ्रीका, पाकिस्तान और इंग्लैंड जैसी टीमों को पीछे छोड़ दिया है।
    दूसरा और ऐतिहासिक रिकॉर्ड यह रहा कि भारत अपने घर में 100 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने वाला एशिया का पहला देश बन गया। न पाकिस्तान और न ही कोई अन्य एशियाई टीम यह उपलब्धि हासिल कर सकी है। भारत ने घरेलू मैदान पर खेले गए 100 टी20 मैचों में से 68 जीते हैं, जो उसकी घरेलू मजबूती को साफ दर्शाता है। रायपुर का यह मुकाबला सिर्फ एक जीत नहीं, बल्कि भारतीय क्रिकेट की आक्रामक सोच, गहराई और आत्मविश्वास का प्रतीक बन गया, जिसने टीम इंडिया को एशिया की नंबर-1 T20I टीम के रूप में और मजबूत पहचान दिला दी।
  • भाजपा सरकार ने उत्तर प्रदेश को बीमारू से ब्रेक थ्रू राज्य बनाया अमित शाह

    भाजपा सरकार ने उत्तर प्रदेश को बीमारू से ब्रेक थ्रू राज्य बनाया अमित शाह


    नई दिल्ली।लखनऊ में यूपी दिवस के अवसर पर आयोजित राज्यस्तरीय कार्यक्रम में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि उत्तर प्रदेश ने पिछले कुछ वर्षों में ऐतिहासिक परिवर्तन देखा है जो कभी लेबर सोर्स स्टेट के रूप में पहचाना जाता था वही प्रदेश आज देश की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है यह परिवर्तन भाजपा सरकार की नीतियों और नेतृत्व का परिणाम है

    अमित शाह ने कहा कि कांग्रेस सपा और बसपा के शासनकाल में उत्तर प्रदेश को बीमारू राज्य बनाकर रखा गया था लेकिन भाजपा सरकार ने प्रदेश को विकास की मुख्यधारा से जोड़ते हुए ब्रेक थ्रू राज्य के रूप में स्थापित किया है उन्होंने कहा कि आज उत्तर प्रदेश विकसित भारत के संकल्प का मजबूत स्तंभ बन रहा है

    कार्यक्रम के दौरान गृह मंत्री ने सरदार वल्लभभाई पटेल के नाम पर शुरू की गई सरदार पटेल औद्योगिक योजना का शुभारंभ किया उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश को वन ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने के लिए एक सुनियोजित रोडमैप तैयार किया गया है आने वाले समय में प्रदेश का हर जिला रोजगार से युक्त होगा और युवाओं को अपने ही राज्य में सम्मानजनक आजीविका मिलेगी

    अमित शाह ने कहा कि एक समय था जब उत्तर प्रदेश को मजदूर भेजने वाला राज्य कहा जाता था लेकिन आज वही प्रदेश देश की आर्थिक प्रगति का इंजन बन रहा है यह परिवर्तन हर उत्तर भारतीय के लिए गर्व का विषय है उन्होंने दोहराया कि भाजपा सरकार ने विकास को गांव गांव तक पहुंचाया है
    उन्होंने एक जिला एक उत्पाद योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि वर्ष 2017 में भाजपा के घोषणा पत्र में इस योजना को शामिल किया गया था आज यह योजना न केवल उत्तर प्रदेश में सफल हुई है बल्कि पूरे देश के लिए मॉडल बन चुकी है इस योजना से कारीगरों युवाओं महिलाओं और माताओं को रोजगार के नए अवसर मिले हैं

    गृह मंत्री ने प्रेरणा स्थल का भी विशेष उल्लेख किया और कहा कि यह स्थल राष्ट्र की चेतना को जागृत करने वाला केंद्र बनेगा उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और दोनों उपमुख्यमंत्रियों की सराहना करते हुए कहा कि जिस स्थान पर कभी कूड़े का पहाड़ था वहां आज एक भव्य प्रेरणादायी स्थल विकसित किया गया हैअमित शाह ने कहा कि श्यामा प्रसाद मुखर्जी दीनदयाल उपाध्याय और अटल बिहारी वाजपेयी जैसे महान नेताओं की स्मृति में बना यह स्थल आने वाली पीढ़ियों को दशकों तक दिशा देता रहेगा उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में उत्तर प्रदेश निर्णायक भूमिका निभाने जा रहा है

    कार्यक्रम में उन्होंने बताया कि प्रदेश सरकार हर वर्ष एक लाख युवाओं को पांच लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त और गारंटी मुक्त ऋण उपलब्ध करा रही है जिसमें अनुदान की भी व्यवस्था है अब तक एक लाख से अधिक युवा इस योजना का लाभ उठा चुके हैंअंत में अमित शाह ने कहा कि उत्तर प्रदेश केवल भौगोलिक ही नहीं बल्कि सांस्कृतिक और आध्यात्मिक रूप से भी देश की आत्मा है और वर्ष 2047 में जब भारत आजादी की शताब्दी मनाएगा तब उत्तर प्रदेश पूर्ण विकसित राज्य के रूप में देश का मजबूत आधार बनेगा

  • ब्रज होली 2026: 40 दिन तक रंगों का महासंग्राम, बरसाना-वृंदावन में शुरू हुई भक्ति की होली

    ब्रज होली 2026: 40 दिन तक रंगों का महासंग्राम, बरसाना-वृंदावन में शुरू हुई भक्ति की होली


    नई दिल्ली। ब्रज में 23 जनवरी से 40 दिनों तक होली का भव्य उत्सव शुरू हो चुका है, जिसमें लड्डू मार, लठमार, फूलों वाली होली, होलिका दहन और धुलंडी जैसी प्रमुख रस्में होंगी। बरसाना, वृंदावन, नंदगांव और मथुरा में राधा-कृष्ण की लीलाओं से जुड़ी परंपरागत होली का रंग और भक्ति का अनुभव मिलेगा।
    ब्रज की पवित्र भूमि पर 23 जनवरी 2026 से बसंत पंचमी के साथ 40 दिवसीय होली उत्सव की शुरुआत हो चुकी है। यह रंगोत्सव बरसाना, वृंदावन, नंदगांव, गोकुल और मथुरा में अलग-अलग परंपराओं के साथ मनाया जाता है और इसमें लड्डू मार होली, लठमार होली, फूलों वाली होली, होलिका दहन, धुलंडी जैसे प्रमुख कार्यक्रम शामिल हैं।

    ब्रज की होली राधा-कृष्ण की लीलाओं से जुड़ी है और यह 40 दिनों तक चलने वाली सबसे लंबी होली मानी जाती है। इस दौरान मंदिरों में फूलों से बनी होली, गुलाल और भक्ति गीतों के साथ उत्सव मनाया जाता है।

    खास तौर पर ब्रज में होली का महत्व इसलिए भी है क्योंकि यह एक दिन की होली के बजाय लंबे समय तक चलने वाला रंगोत्सव है, जो भक्तों को आध्यात्मिक और सांस्कृतिक अनुभव देता है।

    ब्रज होली 2026 की मुख्य तारीखें (सही जानकारी के साथ):

    23 जनवरी 2026 (शुक्रवार) – बसंत पंचमी, होली की शुरुआत (बांके बिहारी जी मंदिर और सभी ब्रज मंदिर)

    24 फरवरी 2026 (मंगलवार) – लड्डू मार होली (श्री जी मंदिर, बरसाना)

    25 फरवरी 2026 (बुधवार) – लठमार होली (रंगिली गली, बरसाना)

    26 फरवरी 2026 (गुरुवार) – लठमार होली (नंद भवन, नंदगांव)

    27 फरवरी 2026 (शुक्रवार) – रंगभरनी एकादशी/फूलों वाली होली (बांकेबिहारी मंदिर, वृंदावन)

    1 मार्च 2026 (रविवार) – छड़िमर होली (गोकुल)

    2 मार्च 2026 (सोमवार) – रमन रेती होली/विधवा होली (गोकुल और वृंदावन)

    3 मार्च 2026 (मंगलवार) – होलिका दहन (द्वारकाधीश मंदिर, मथुरा और अन्य मंदिर)

    4 मार्च 2026 (बुधवार) – धुलंडी (मथुरा, वृंदावन, बरसाना, नंदगांव और गोकुल)

    5 मार्च 2026 (गुरुवार) – दाऊजी का हुरंगा (मथुरा में दाऊ जी मंदिर)

  • मातृभूमि का आगाज: बैटल ऑफ गलवान का पहला गाना रिलीज, सलमान खान की सेना अधिकारी के रूप में दिखी दमदार झलक

    मातृभूमि का आगाज: बैटल ऑफ गलवान का पहला गाना रिलीज, सलमान खान की सेना अधिकारी के रूप में दिखी दमदार झलक


    नई दिल्ली । सलमान खान फिल्म्स ने अपनी बहुप्रतीक्षित फिल्म बैटल ऑफ गलवान की पहली म्यूजिकल झलक पेश कर दी है। फिल्म का पहला गाना मातृभूमि आज रिलीज हो गया है, जिसने अपनी सादगी और गहराई से दर्शकों के दिलों में देशभक्ति का जज्बा पैदा कर दिया है। यह गाना केवल एक संगीत नहीं है बल्कि उस वीर गाथा की प्रस्तावना है जिसे निर्देशक अपूर्व लाखिया पर्दे पर उतारने जा रहे हैं।

    परिवार प्रेम और बलिदान की त्रिवेणी

    गाने के दृश्यों में सलमान खान एक भारतीय सेना अधिकारी के रूप में बेहद प्रभावशाली नजर आ रहे हैं। उनके साथ चित्रांगदा सिंह की केमिस्ट्री काफी सहज और भावनात्मक दिखाई गई है। गाने में उन्हें दो छोटे बच्चों के साथ एक खुशहाल परिवार के रूप में दिखाया गया है जहां घर के सुकून भरे पल एक ओर हैं तो दूसरी ओर गलवान घाटी की दुर्गम पहाड़ियों पर ड्यूटी का कड़ा संघर्ष। यह विरोधाभास प्यार बलिदान और देशसेवा के भाव को और भी मजबूती से पेश करता है।

    हिमेश रेशमिया और अरिजीत-श्रेया का जादुई संगममातृभूमि के पीछे संगीत जगत के दिग्गजों की टोली हैसंगीत निर्देशन लंबे समय बाद सलमान खान के लिए हिमेश रेशमिया ने धुन तैयार की है। हिमेश के अनुसार, इस गाने की बीट्स सीधे सेना की ऊर्जा और जज्बे से प्रेरित हैं।गायक भारतीय संगीत जगत की सबसे चहेती आवाजें, अरिजीत सिंह और श्रेया घोषाल ने इस गाने को स्वर दिए हैं। दोनों की जुगलबंदी ने गाने में एक अलग ही रूहानियत भर दी है।गीतकार मशहूर गीतकार समीर अंजन ने ‘मातृभूमि’ के शब्दों को पिरोया है, जो सीधे दिल पर दस्तक देते हैं।

    फिल्म के बारे में खास बाते

    ‘बैटल ऑफ गलवान’ बहादुरी और जज्बे की वह कहानी है, जो गलवान घाटी के उन जांबाज सिपाहियों को समर्पित है जिन्होंने देश की रक्षा में अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया।निर्माता सलमा खान सलमान खान फिल्म्स।निर्देशक अपूर्व लाखियासंगीत पार्टनर: सोनी म्यूजिक इंडिया डिस्ट्रीब्यूशन।यह फिल्म न केवल एक युद्ध की कहानी है, बल्कि उन परिवारों की भावनाओं का भी चित्रण है जो सरहद पर तैनात अपने अपनों की राह देखते हैं। मातृभूमि गाने ने फिल्म की रिलीज के लिए दर्शकों के बीच उत्सुकता को दोगुना कर दिया है।

  • गोवा कॉन्सर्ट से पहले सुनिधि चौहान को 'सेंसर' का झटका: 'बीड़ी जलाइले' और 'शराबी' जैसे गानों पर प्रशासन की रोक

    गोवा कॉन्सर्ट से पहले सुनिधि चौहान को 'सेंसर' का झटका: 'बीड़ी जलाइले' और 'शराबी' जैसे गानों पर प्रशासन की रोक


    नई दिल्ली। बॉलीवुड की मशहूर गायिका सुनिधि चौहान के गोवा में होने वाले लाइव कॉन्सर्ट द अल्टीमेट सुनिधि लाइव से ठीक पहले एक बड़ी कानूनी और प्रशासनिक बाधा सामने आई है। दक्षिण गोवा जिला बाल संरक्षण इकाई ने कॉन्सर्ट के आयोजकों के लिए एक सख्त एडवाइजरी जारी की है, जिसमें सुनिधि चौहान को उन गानों को न गाने की सलाह दी गई है जो शराब, धूम्रपान या नशीले पदार्थों को बढ़ावा देते हैं। यह कॉन्सर्ट 25 जनवरी 2026 को गोवा के वर्ना स्थित ‘1919 स्पोर्ट्ज क्रिकेट स्टेडियम’ में आयोजित होना है। चूंकि इस कार्यक्रम में 5 वर्ष और उससे अधिक उम्र के बच्चों को भी प्रवेश दिया गया है, इसलिए प्रशासन ने बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य और सुरक्षा के मद्देनजर यह कदम उठाया है।

    विवाद की जड़: डॉ. पंडितराव धारेनवर की शिकायत

    यह पूरी कार्रवाई चंडीगढ़ के एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. पंडितराव धारेनवर की शिकायत के बाद शुरू हुई है। डॉ. धारेनवर ने सुनिधि के कुछ बेहद लोकप्रिय गानों पर आपत्ति जताई है, जिनमें शामिल हैं: बीड़ी जलाइले फिल्म ओमकारा ,शराबी फिल्म हैप्पी न्यू ईयर डॉ. पंडितराव का तर्क है कि इस तरह के गाने नशीले पदार्थों के सेवन को ग्लैमराइज करते हैं। जब बच्चे अपने पसंदीदा कलाकार को ऐसे गाने गाते देखते हैं, तो उनके मन में इन बुराइयों के प्रति आकर्षण पैदा हो सकता है, जो किशोर न्याय अधिनियम (JJ Act) 2015 की मूल भावना के खिलाफ है।

    प्रशासन का तर्क और अदालती हवाला

    प्रशासन द्वारा जारी एडवाइजरी में पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट के साल 2019 के एक फैसले का जिक्र किया गया है। इस ऐतिहासिक फैसले में स्पष्ट रूप से कहा गया था कि सार्वजनिक मंचों पर शराब, हथियारों और अश्लीलता को बढ़ावा देने वाले गानों पर रोक लगनी चाहिए, विशेषकर तब जब वहां नाबालिग मौजूद हों। उद्देश्य: प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इसका मकसद कार्यक्रम को रोकना नहीं, बल्कि यह सुनिश्चित करना है कि कॉन्सर्ट का कंटेंट बच्चों के लिए सुरक्षित और सामाजिक रूप से जिम्मेदार हो। आयोजकों को निर्देश आयोजकों से कहा गया है कि वे सुनिधि चौहान और उनकी टीम के साथ समन्वय कर यह सुनिश्चित करें कि गानों की लिस्ट में कोई भी ऐसा गाना शामिल न हो जिससे विवाद बढ़े।

    सुनिधि का मौन और अन्य कलाकार भी रडार पर

    दिलचस्प बात यह है कि सुनिधि चौहान पहली कलाकार नहीं हैं जिन्हें डॉ. पंडितराव की सक्रियता का सामना करना पड़ा हो। इससे पहले दिलजीत दोसांझ करण औजला और कोल्डप्ले जैसे अंतरराष्ट्रीय स्तर के कलाकारों को भी इसी तरह के नोटिस मिल चुके हैं। फिलहाल सुनिधि चौहान या उनकी टीम की ओर से इस एडवाइजरी पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।

  • ‘तुमसे तुम तक’ के लिए ज़ी टीवी ने कश्मीर में शूट किया खास सीक्वेंस

    ‘तुमसे तुम तक’ के लिए ज़ी टीवी ने कश्मीर में शूट किया खास सीक्वेंस



    मुंबई। लंबे शूटिंग आवर्स, एक के बाद एक सीन और बिना रुके भागदौड़-एण्डटीवी के कलाकारों की ज़िंदगी किसी रोलर-कोस्टर से कम नहीं है। ऐसे में अगर कुछ ज़रूरी चीज़ें साथ न हों, तो दिन थोड़ा मुश्किल हो सकता है। इसलिए एण्डटीवी के हमारे पसंदीदा सितारे अपने साथ रखते हैं कुछ ऐसी चीज़ें, जो उन्हें सेट पर फ्रेश, फोकस्ड और फुल-ऑन एनर्जेटिक बनाए रखती हैं। फिर चाहे सेल्फ केयर की चीजें हों, आर्गनाइज्ड रहना हो या पर्सनल गुड लक चार्म। एण्डटीवी के कलाकारों -सीरत कपूर (‘घरवाली पेड़वाली‘ की सावी), हिमानी शिवपुरी (‘हप्पू की उलटन पलटन‘ की कटोरी अम्मा) और रोहिताश्व गौड़ (‘भाबीजी घर पर हैं‘ के मनमोहन तिवारी) ने उन चीजों के बारे में बताया, जिसके बिना वो घर से बाहर कदम नहीं रखते। ‘घरवाली पेड़वाली‘ में सावी का किरदार निभा रहीं सीरत कपूर कहती हैं, “मेरा मानना है कि अगर आप पहले से तैयार हों, तो दिन अपने आप शांत और कॉन्फिडेंट रहता है।

    मेरी पानी की बोतल हमेशा मेरे साथ रहती है-लंबे शूटिंग आवर्स में हाइड्रेट रहना मेरे लिए बिल्कुल भी समझौते वाली बात नहीं है। स्टूडियो की तेज़ लाइट्स और एसी स्किन को काफी ड्राय कर देते हैं, इसलिए लिप बाम और हैंड क्रीम भी मेरी डेली एसेंशियल लिस्ट में शामिल हैं। मेरे ईयरफोन्स भी बहुत ज़रूरी हैं, क्योंकि म्यूज़िक सुनकर मैं कभी मूड बदलती हूं, कभी सीन के बीच रिलैक्स करती हूं और कभी परफॉर्मेंस से पहले खुद को मेंटली तैयार करती हूं। इसके अलावा मैं एक छोटी सी डायरी भी साथ रखती हूं, जिसमें अपने विचार, रिमाइंडर्स और आभार से जुड़े नोट्स लिखती हूं। ये छोटी-छोटी चीज़ें मुझे ज़मीन से जुड़ा रखती हैं और सबसे व्यस्त दिन को भी आसान बना देती हैं।”

    हप्पू की उलटन पलटन‘ में सबकी चहेती कटोरी अम्मा का किरदार निभा रहीं हिमानी शिवपुरी कहती हैं, “तजुर्बे के साथ ये समझ आ जाता है कि सेट पर कम्फर्ट सबसे ज्यादा ज़रूरी होता है। मैं हमेशा अपने साथ एक शॉल रखती हूं, क्योंकि वो मुझे गर्म भी रखती है और उसमें घर जैसा सुकून महसूस होता है। अपनी दवाइयां और हर्बल लॉज़ेंजेस मैं कभी भूलती नहीं, क्योंकि लंबे समय तक एक्टिंग और डायलॉग्स बोलते हुए सेहत का ख्याल रखना बहुत ज़रूरी है। मैं एक छोटा सा पाउच भी रखती हूं, जिसमें बेसिक मेकअप और एक मिरर होता है, ताकि शॉट्स के बीच फटाफट फ्रेश हो सकूं। और हां, कुछ मीठा या ड्राई फ्रूट्स तो ज़रूर होते हैं-ये तुरंत एनर्जी देते हैं और लंबे शूटिंग ऑवर्स में मूड भी फ्रेश बनाए रखते हैं।” ‘

    भाबीजी घर पर हैं‘ में मनमोहन तिवारी का दमदार किरदार निभा रहे रोहिताश्व गौड़ कहते हैं, “मेरी ज़रूरतें बहुत सिंपल हैं, लेकिन जो सच में काम की चीज़ें हैं, वो मैं हमेशा साथ रखता हूं। मेरा फोन तो ज़रूरी है ही-सिर्फ कॉल्स के लिए नहीं, बल्कि परिवार से जुड़े रहने और ब्रेक के दौरान पढ़ने के लिए भी। मैं हमेशा एक रूमाल और सैनिटाइज़र रखता हूं, जो बेसिक हैं, लेकिन बेहद ज़रूरी। शूट के बीच थोड़ा रिलैक्स करने और दिमाग को एक्टिव रखने के लिए मैं कोई छोटी सी किताब या पढ़ने का सामान भी साथ रखता हूं। और हां, मेरी वॉटर बॉटल कभी मिस नहीं होती, चाहे मौसम कोई भी हो, हाइड्रेशन बहुत ज़रूरी है। ये छोटी-छोटी आदतें मुझे कंफर्टेबल रखती हैं, फोकस बनाए रखती हैं और हर सीन के लिए पूरी तरह तैयार रहने में मदद करती हैं।”

  • एमपी एसटीएफ का बड़ा प्रहार: इंदौर में पकड़ी गईं 5 अत्याधुनिक पिस्तौलें, खरगोन के दो तस्कर गिरफ्तार

    एमपी एसटीएफ का बड़ा प्रहार: इंदौर में पकड़ी गईं 5 अत्याधुनिक पिस्तौलें, खरगोन के दो तस्कर गिरफ्तार


    भोपाल/इंदौर। मध्यप्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स ने अवैध हथियारों के काले कारोबार के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। शनिवार, 24 जनवरी को एसटीएफ इंदौर की दो विशेष टीमों ने एक संयुक्त ऑपरेशन चलाकर 5 अत्याधुनिक पिस्तौलें और मैगजीन जब्त की हैं। इस मामले में पुलिस ने दो आरोपियों को रंगे हाथ गिरफ्तार किया है, जो अवैध हथियारों की बड़ी खेप खपाने की फिराक में थे।

    यह पूरी कार्रवाई एसटीएफ इंदौर के उप पुलिस अधीक्षक श्री राजेश सिंह चौहान के कुशल निर्देशन में अंजाम दी गई। एसटीएफ को मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली थी कि अवैध शस्त्रों की तस्करी से जुड़े कुछ लोग शहर में सक्रिय हैं। सूचना की गंभीरता को देखते हुए दो विशेष टीमों का गठन किया गया और संदिग्धों की घेराबंदी शुरू की गई।

    एसटीएफ की सर्जिकल स्ट्राइक

    एसटीएफ की टीमों ने बताए गए स्थान पर जाल बिछाया और दो संदिग्धों को रोककर उनकी तलाशी ली। तलाशी के दौरान उनके पास से 5 अत्याधुनिक पिस्तौलें मई मैगजीन बरामद हुईं।आरोपियों की पहचान: पकड़े गए दोनों आरोपी ग्राम बोराड़िया, थाना भिकनगांव जिला खरगोन के रहने वाले हैं। अवैध व्यापार जब आरोपियों से हथियारों के संबंध में दस्तावेज मांगे गए, तो वे कोई भी वैध लाइसेंस पेश नहीं कर सके। खरगोन का यह क्षेत्र अवैध हथियार निर्माण के लिए कुख्यात रहा है, ऐसे में एसटीएफ अब इनके पूरे नेटवर्क को खंगाल रही है।

    टीम में शामिल जांबाज अधिकारी

    प्रथम टीम इंस्पेक्टर रमेश चौहान, प्रधान आरक्षक भूपेन्द्र गुप्ता और आरक्षक विवेक द्विवेदी।द्वितीय टीम प्रधान आरक्षक आदर्श दीक्षित, आरक्षक देवराज बघेल और आरक्षक देवेन्द्र सिंह।

    जांच के दायरे में सप्लाई नेटवर्क

    एसटीएफ अब इस बात की गहन जांच कर रही है कि ये अत्याधुनिक हथियार किसे सप्लाई किए जाने थे। पुलिस को अंदेशा है कि इन हथियारों का इस्तेमाल किसी बड़ी आपराधिक घटना को अंजाम देने के लिए किया जा सकता था। आरोपियों से पूछताछ में उनके अंतरराज्यीय नेटवर्क और अन्य साथियों के बारे में महत्वपूर्ण सुराग मिलने की उम्मीद है। गणतंत्र दिवस 26 जनवरी से ठीक पहले हुई इस कार्रवाई को सुरक्षा की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

  • उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस: मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीं शुभकामनाएं, राष्ट्र निर्माण में UP के योगदान को सराहा

    उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस: मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीं शुभकामनाएं, राष्ट्र निर्माण में UP के योगदान को सराहा

    भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शनिवार 24 जनवरी को उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस के अवसर पर उत्तर प्रदेश के समस्त नागरिकों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं प्रेषित की हैं। मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश को भारतीय संस्कृति का केंद्र बताते हुए राष्ट्र के सर्वांगीण विकास में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित किया मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने अपने संदेश में कहा कि उत्तर प्रदेश केवल एक राज्य नहीं, बल्कि हमारी गौरवशाली परंपराओं, आध्यात्मिक चेतना और ऐतिहासिक विरासत का संगम है। उन्होंने कहा: भारतीय संस्कृति महान परंपराओं और राष्ट्र निर्माण के महायज्ञ में उत्तर प्रदेश का योगदान अतुलनीय और प्रेरणादायी है। प्रभु श्री राम और श्री कृष्ण की यह पावन धरा आज प्रगति के नए आयाम स्थापित कर रही है।

    विकास और सुशासन की कामना

    मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश के निरंतर उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए विश्वास जताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में राज्य सफलता के नए शिखर छुएगा। उन्होंने आगे कहा सांस्कृतिक एकता मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के बीच गहरे सांस्कृतिक और ऐतिहासिक संबंध हैं। दोनों राज्य मिलकर एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ की परिकल्पना को साकार कर रहे हैं। समृद्धि का पथ डॉ. यादव ने कामना की कि गौरवशाली उत्तर प्रदेश विकास, समृद्धि और सुशासन के पथ पर इसी तरह निरंतर अग्रसर बना रहे और देश की अर्थव्यवस्था में अपना बहुमूल्य योगदान देता रहे।

    क्यों मनाया जाता है UP दिवस

    गौरतलब है कि 24 जनवरी 1950 को ही तत्कालीन यूनाइटेड प्रोविंस का नाम बदलकर ‘उत्तर प्रदेश’ किया गया था। साल 2018 से प्रतिवर्ष इस दिन को स्थापना दिवस के रूप में बड़े उत्साह के साथ मनाया जाता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की यह बधाई दोनों पड़ोसी राज्यों के बीच सौहार्द और परस्पर सहयोग की भावना को और प्रगाढ़ करती है।

  • नीतीश के सामने ललन ने निशांत से कहा ‘अब मान जाइए’, पॉलिटिकल डेब्यू की अटकलों से फिर गरमाई बिहार की सियासत

    नीतीश के सामने ललन ने निशांत से कहा ‘अब मान जाइए’, पॉलिटिकल डेब्यू की अटकलों से फिर गरमाई बिहार की सियासत


    नई दिल्ली। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार की राजनीति में एंट्री को लेकर चल रही चर्चाएं एक बार फिर तेज हो गई हैं। सरस्वती पूजा के मौके पर सामने आए एक वीडियो ने बिहार की सियासत में नई हलचल पैदा कर दी है। वीडियो में केंद्रीय मंत्री और जदयू नेता ललन सिंह नीतीश कुमार की मौजूदगी में निशांत कुमार से कहते नजर आ रहे हैं
    “अब बोल दीजिए कि मान जाएंगे, आज बोल ही दीजिए।” इस एक लाइन ने निशांत के राजनीतिक भविष्य को लेकर अटकलों को और हवा दे दी है।

    दरअसल, शुक्रवार को पटना में एक पूजा स्थल पर नीतीश कुमार दर्शन के लिए पहुंचे थे, जहां निशांत कुमार पहले से मौजूद थे। उसी दौरान ललन सिंह, विजय चौधरी समेत एनडीए के कई वरिष्ठ नेता भी वहां मौजूद थे। बातचीत के दौरान ललन सिंह ने निशांत के कंधे पर हाथ रखकर यह बात कही। हालांकि, निशांत कुमार ने कोई जवाब नहीं दिया और मुस्कुराते हुए आगे बढ़ गए।

    नीतीश कुमार ने भी इस पूरे घटनाक्रम पर चुप्पी साधे रखी और पूजा में लीन रहे। मौके पर मौजूद लोग इस बातचीत पर मुस्कुरा दिए, लेकिन वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होते ही राजनीतिक चर्चाओं का दौर शुरू हो गया।

    इस वीडियो के सामने आने के बाद जदयू और भाजपा दोनों दलों में बयानबाज़ी शुरू हो गई है। जदयू प्रवक्ता अभिषेक झा ने कहा कि वीडियो का संदर्भ स्पष्ट नहीं है और यह जरूरी नहीं कि बात राजनीति में आने को लेकर ही हो। वहीं प्रवक्ता मनीष यादव ने कहा कि निशांत कुमार पढ़े-लिखे और सक्षम युवा हैं, लेकिन राजनीति में आने का फैसला पूरी तरह उनका और पार्टी नेतृत्व का होगा।

    भाजपा की ओर से भी प्रतिक्रिया आई है।

    भाजपा नेता प्रभाकर मिश्रा ने कहा कि निशांत कुमार में क्षमता है और अगर वे राजनीति में आते हैं तो बिहार को उनके अनुभव का लाभ मिलेगा। उन्होंने यह भी साफ किया कि अंतिम निर्णय निशांत कुमार का ही होगा और सभी को उसका सम्मान करना चाहिए।

    गौरतलब है कि यह पहली बार नहीं है जब निशांत कुमार के राजनीतिक डेब्यू की चर्चा हुई हो।

    इससे पहले भी जदयू नेताओं और समर्थकों की ओर से पोस्टर, उपवास और नारेबाज़ी के जरिए उन्हें राजनीति में लाने की मांग उठती रही है। उपेंद्र कुशवाहा जैसे नेता भी निशांत की वकालत कर चुके हैं।

    फिलहाल, नीतीश कुमार और निशांत कुमार की खामोशी बनी हुई है, लेकिन ललन सिंह का यह बयान बिहार की राजनीति में एक बार फिर बड़े सवाल खड़े कर गया हैक्या निशांत कुमार जल्द सियासी मैदान में उतरेंगे या यह चर्चा यूं ही चलती रहेगी