Category: Madhya Pradesh

  • सागर में खून से लथपथ मिला युवक, धारदार हथियार से हमले की आशंका

    सागर में खून से लथपथ मिला युवक, धारदार हथियार से हमले की आशंका


    मध्यप्रदेश । सागर शहर के पुरव्याऊ टौरी इलाके में शनिवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब काली मंदिर के पास एक युवक खून से लथपथ हालत में पड़ा मिला। युवक के शरीर पर धारदार हथियार से चोट के कई निशान पाए गए हैं। स्थानीय लोगों ने जब उसे गंभीर हालत में देखा तो तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची कोतवाली थाना पुलिस ने घायल युवक को तत्काल अस्पताल पहुंचाया, जहां उसका इलाज जारी है। घटना के बाद इलाके में दहशत और चर्चाओं का माहौल बना हुआ है।

    जानकारी के मुताबिक शनिवार सुबह एक दुकानदार अपनी दुकान खोलने के लिए काली मंदिर क्षेत्र पहुंचा था। इसी दौरान उसकी नजर सड़क किनारे पड़े एक युवक पर पड़ी, जो बुरी तरह घायल था और उसके कपड़े खून से सने हुए थे। यह दृश्य देखकर दुकानदार घबरा गया और उसने तुरंत आसपास के लोगों को बुलाया। थोड़ी ही देर में मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। बाद में पुलिस को सूचना दी गई।

    प्रारंभिक जांच में घायल युवक की पहचान काकागंज वार्ड निवासी अक्कू के रूप में हुई है। स्थानीय रहवासियों ने पुलिस को बताया कि युवक सुबह करीब 5 बजे से ही काली मंदिर के आसपास घूम रहा था और हाथ में धारदार हथियार लेकर लोगों को डरा-धमका रहा था। मंदिर में दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं को वह परेशान कर रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार युवक ने कुछ लोगों के साथ गाली-गलौज और मारपीट भी की थी, जिससे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया था।

    रहवासियों का कहना है कि युवक की हरकतों से लोग डरे हुए थे। कई लोगों ने उससे दूरी बनाकर रखी, जबकि कुछ लोगों ने उसे समझाने की कोशिश भी की। हालांकि कुछ देर बाद वही युवक मंदिर के पास गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिला। उसके शरीर पर धारदार हथियार के वार के निशान पाए गए हैं। ऐसे में आशंका जताई जा रही है कि किसी विवाद के दौरान उस पर हमला किया गया होगा।

    घटना की जानकारी मिलते ही कोतवाली थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायल युवक को एंबुलेंस की मदद से अस्पताल भिजवाया। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आसपास मौजूद लोगों से पूछताछ शुरू कर दी है। इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि युवक के साथ आखिर क्या हुआ।

    फिलहाल पुलिस घायल अक्कू के बयान दर्ज कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि युवक की हालत स्थिर होने के बाद ही पूरे घटनाक्रम की सच्चाई सामने आ सकेगी। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि युवक पर हमला किसने किया और इसके पीछे क्या वजह रही। मामले को लेकर आसपास के लोगों में तरह-तरह की चर्चाएं जारी हैं।

  • शिवपुरी में सड़क पर दौड़ते ट्रक में आग, तहसीलदार की सूझबूझ से बची बड़ी दुर्घटना

    शिवपुरी में सड़क पर दौड़ते ट्रक में आग, तहसीलदार की सूझबूझ से बची बड़ी दुर्घटना


    मध्यप्रदेश । शिवपुरी जिले के बैराड़ थाना क्षेत्र में शुक्रवार शाम उस समय अफरा-तफरी मच गई जब एक चलते ट्रक में अचानक आग लग गई। यह ट्रक पचीपुरा गांव के पास सड़क पर दौड़ रहा था और उसमें बैटरी सेल भरे हुए थे। आग इतनी तेजी से फैली कि ट्रक के पिछले हिस्से से लपटें और धुआं उठने लगा, लेकिन चालक को इसकी भनक तक नहीं लगी और वह वाहन चलाता रहा।

    इसी दौरान पोहरी से बैराड़ की ओर जा रहे तहसीलदार अजय परसेड़िया की नजर ट्रक से उठते धुएं पर पड़ी। उन्होंने तुरंत स्थिति को गंभीरता से समझते हुए ट्रक को रुकवाया और चालक को आग लगने की जानकारी दी। समय रहते की गई इस कार्रवाई से एक बड़ा हादसा टल गया, क्योंकि अगर ट्रक आगे बढ़ता रहता तो आग और भी भयावह रूप ले सकती थी।

    घटना की सूचना मिलते ही बैराड़ पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची। साथ ही पानी के टैंकर भी बुलाए गए। आग इतनी तेज थी कि उसे बुझाने में करीब डेढ़ घंटे का समय लग गया। इस दौरान राहत और बचाव कार्य लगातार जारी रहा।

    आग पर काबू पाने के बाद देखा गया कि ट्रक की आधी बॉडी और उसमें रखा काफी सामान जलकर नष्ट हो चुका था। हालांकि समय पर कार्रवाई के चलते ट्रक के केबिन और आगे के हिस्से को बचा लिया गया, जिससे एक बड़ी क्षति टल गई।

    फिलहाल आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल सका है। प्रारंभिक तौर पर शॉर्ट सर्किट या बैटरी सेल से गर्मी बढ़ने की संभावना जताई जा रही है, लेकिन पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।

    स्थानीय लोगों के अनुसार, अगर ट्रक बीच आबादी वाले इलाके में पहुंच जाता तो स्थिति बेहद गंभीर हो सकती थी। प्रशासन की तत्परता और तहसीलदार की सूझबूझ से एक बड़ा हादसा टल गया, जिसकी हर तरफ सराहना हो रही है।

  • शिवपुरी से बालाघाट-मंडला तक ट्रांसफर: पुलिस मुख्यालय का आदेश लागू, कई थानों के प्रभारी बदले

    शिवपुरी से बालाघाट-मंडला तक ट्रांसफर: पुलिस मुख्यालय का आदेश लागू, कई थानों के प्रभारी बदले


    मध्यप्रदेश । प्रदेश पुलिस मुख्यालय भोपाल ने प्रशासनिक स्तर पर बड़ा फेरबदल करते हुए उप निरीक्षकों के तबादले किए हैं। इस तबादला सूची में शिवपुरी जिले के कई पुलिस अधिकारी भी शामिल हैं, जिन्हें अब नक्सल प्रभावित जिलों बालाघाट और मंडला में नई जिम्मेदारी सौंपी गई है। आदेश के मुताबिक सभी अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से अपनी नई पदस्थापना पर कार्यभार ग्रहण करना होगा।

    जारी आदेश में सिरसौद थाना प्रभारी मुकेश दुबौलिया को बालाघाट स्थानांतरित किया गया है। वहीं अमोला थाना प्रभारी अंशुल गुप्ता को मंडला कोतवाली भेजा गया है। इसके अलावा अमित चतुर्वेदी, दिनेश नरवरिया, राघवेंद्र सिंह यादव और विनोद यादव को भी बालाघाट में नई जिम्मेदारी दी गई है। इन सभी अधिकारियों को संवेदनशील क्षेत्रों में कानून व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

    इसी क्रम में कुछ अधिकारियों की वापसी भी शिवपुरी जिले में हुई है। बालाघाट और मंडला में अपनी सेवा अवधि पूरी करने के बाद पुनीत वाजपेई को मंडला से शिवपुरी भेजा गया है। इसके अलावा अंकित उपाध्याय, संजय सिंह किरार, दीपक गौतम और अविनाश राठौर को भी बालाघाट से शिवपुरी पदस्थ किया गया है।

    पुलिस मुख्यालय ने स्पष्ट किया है कि यह तबादले प्रशासनिक आवश्यकता और कार्य अनुभव के आधार पर किए गए हैं। खासकर नक्सल प्रभावित जिलों में अनुभवी अधिकारियों की तैनाती को लेकर यह कदम अहम माना जा रहा है। बालाघाट और मंडला जैसे क्षेत्र सुरक्षा की दृष्टि से संवेदनशील माने जाते हैं, जहां पुलिसिंग को मजबूत करने के लिए अनुभवी अधिकारियों की जरूरत रहती है।

    शिवपुरी जिले में हुए इन तबादलों के बाद कई थानों की जिम्मेदारी में बदलाव देखने को मिलेगा। इससे न केवल प्रशासनिक ढांचे में बदलाव आएगा बल्कि जमीनी स्तर पर पुलिसिंग की रणनीति भी प्रभावित होगी।

    स्थानीय पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह नियमित प्रक्रिया का हिस्सा है, जिसमें समय-समय पर अधिकारियों को अलग-अलग जिलों में भेजा जाता है ताकि उनका अनुभव व्यापक हो और विभिन्न परिस्थितियों में काम करने की क्षमता बढ़े।

    फिलहाल सभी संबंधित अधिकारियों को आदेश का पालन करते हुए तुरंत नई पदस्थापना स्थल पर रिपोर्ट करने के निर्देश दिए गए हैं।

  • शिवपुरी में वन विभाग की टीम पर हमला, रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान हादसा

    शिवपुरी में वन विभाग की टीम पर हमला, रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान हादसा


    मध्यप्रदेश । शिवपुरी जिले के बैराड़ थाना क्षेत्र के उमरी गांव में शनिवार सुबह एक तेंदुए के रेस्क्यू अभियान के दौरान अचानक हड़कंप मच गया। कुएं में गिरे तेंदुए को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए वन विभाग की टीम और ग्रामीणों की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा था, लेकिन जैसे ही तेंदुआ कुएं से बाहर आया, वह बेकाबू हो गया और भीड़ पर हमला कर दिया। इस घटना से मौके पर अफरा-तफरी और भगदड़ की स्थिति बन गई।

    जानकारी के अनुसार, तेंदुआ गांव के पास एक गाय के बछड़े का शिकार करने के प्रयास में था, इसी दौरान वह अनियंत्रित होकर एक गहरे कुएं में गिर गया। ग्रामीणों ने उसे कुएं में देख तुरंत वन विभाग को सूचना दी, जिसके बाद टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू शुरू किया गया। स्थानीय लोगों की मदद से तेंदुए को बाहर निकालने की कोशिश की गई।

    कई घंटे की मशक्कत के बाद जैसे ही तेंदुआ बाहर निकाला गया, वह अचानक आक्रामक हो गया और वहां मौजूद लोगों पर झपट पड़ा। उसके हमले में भिलौड़ी निवासी 59 वर्षीय मोहन सिंह और 35 वर्षीय बुद्धा गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों घायलों को तुरंत बैराड़ स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां उनका इलाज जारी है।

    घटना के बाद मौके पर मौजूद लोग दहशत में आ गए और इधर-उधर भागने लगे। वन विभाग की टीम ने स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया, लेकिन अचानक हुए हमले ने रेस्क्यू ऑपरेशन को चुनौतीपूर्ण बना दिया।

    इस पूरे मामले पर पोहरी रेंजर श्रुति राठौर ने बताया कि घटनास्थल का क्षेत्र श्योपुर जिले की बेहरदा बीट के अंतर्गत आता है, इसलिए उन्हें इस रेस्क्यू की आधिकारिक जानकारी नहीं है।

    इस घटना ने एक बार फिर मानव-वन्यजीव संघर्ष और रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान सुरक्षा इंतजामों की गंभीरता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

  • जबलपुर में पिस्टल लहराकर डांस करने वाला बदमाश गिरफ्तार, आर्म्स एक्ट में केस दर्ज

    जबलपुर में पिस्टल लहराकर डांस करने वाला बदमाश गिरफ्तार, आर्म्स एक्ट में केस दर्ज


    मध्यप्रदेश । जबलपुर में सोशल मीडिया पर हथियार लहराते हुए डांस करने का वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक बदमाश को गिरफ्तार किया है। यह मामला कैंट थाना क्षेत्र का है, जहां आरोपी ने बीच बाजार में पिस्टल हाथ में लेकर डांस किया और उसका वीडियो बनाकर इंस्टाग्राम पर भी डाल दिया था। वीडियो सामने आते ही मामला वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों तक पहुंचा, जिसके बाद एसपी संपत उपाध्याय ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।

    वीडियो में सदर बाजार निवासी शानू अंसारी पिस्टल लहराते हुए डांस करता नजर आ रहा था। जांच के दौरान पुलिस ने शुक्रवार रात पेंटीनाका चौराहे के पास से उसे गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के समय पुलिस ने उसके पास से एक पिस्टल भी बरामद की।

    कैंट थाना पुलिस के अनुसार, आरोपी लंबे समय से सोशल मीडिया पर हथियारों के साथ वीडियो अपलोड कर रहा था। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि वह इलाके में अपना खौफ फैलाने और दबदबा कायम करने के लिए इस तरह के वीडियो बनाता था। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक शानू अंसारी के खिलाफ पहले से भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं।

    पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी पहले भी हथियारों के साथ वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल चुका है, जिससे वह अपनी छवि एक डर फैलाने वाले बदमाश के रूप में स्थापित करना चाहता था। इसी पैटर्न को देखते हुए पुलिस ने इसे गंभीर अपराध मानते हुए आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है।

    थाना प्रभारी पुष्पेंद्र पटले ने बताया कि आरोपी की गतिविधियों पर पहले से नजर रखी जा रही थी और वायरल वीडियो के आधार पर उसे दबोच लिया गया। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि उसके पास हथियार कहां से आया और क्या इसमें किसी गिरोह का भी हाथ है।

    इस गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने साफ संदेश दिया है कि सोशल मीडिया पर हथियारों का प्रदर्शन कर दहशत फैलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

  • किराए के मकान में रह रहे बदमाश की संदिग्ध हालत में मौत, पुलिस जांच में जुटी

    किराए के मकान में रह रहे बदमाश की संदिग्ध हालत में मौत, पुलिस जांच में जुटी


    मध्यप्रदेश । जबलपुर शहर के संजीवनी नगर थाना क्षेत्र में उस समय सनसनी फैल गई जब एक निगरानीशुदा और जिलाबदर बदमाश का शव संदिग्ध परिस्थितियों में किराए के कमरे से बरामद हुआ। मृतक की पहचान 28 वर्षीय सुरेंद्र सिंह के रूप में हुई है, जो शास्त्री नगर गढ़ा का रहने वाला था और हाल ही में परसवाड़ा क्षेत्र में किराए के मकान में रह रहा था।

    पुलिस के अनुसार, सुरेंद्र सिंह के खिलाफ शहर के विभिन्न थानों में कई आपराधिक मामले दर्ज थे और उसके खिलाफ जिलाबदर की कार्रवाई भी की गई थी। वह कुछ समय पहले ही पूर्व सरपंच राजू पटेल के मकान में किराए से रहने आया था।

    शुक्रवार शाम उस समय मामला सामने आया जब उसका भाई उसे खाना देने कमरे पर पहुंचा। कमरे के अंदर का दृश्य देखकर वह सन्न रह गया, क्योंकि सुरेंद्र सिंह मृत अवस्था में पड़ा हुआ था। उसके गले में गमछा कसकर बंधा हुआ था, जिससे गला घोंटकर हत्या की आशंका जताई जा रही है।

    प्राथमिक जांच में पुलिस को यह भी पता चला है कि मृतक के शरीर पर चाकू के कई गहरे निशान हैं और एक हाथ की नस भी कटी हुई पाई गई है। कमरे में सामान बिखरा हुआ था, जिससे स्पष्ट है कि वहां संघर्ष हुआ था। पुलिस आशंका जता रही है कि हत्या से पहले मृतक का किसी से विवाद हुआ होगा, जिसके बाद वारदात को अंजाम दिया गया।

    घटना की सूचना मिलते ही संजीवनी नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल कॉलेज भेज दिया। पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है ताकि आरोपियों की पहचान की जा सके।

    थाना प्रभारी बीडी द्विवेदी ने बताया कि मामले की जांच कई एंगल से की जा रही है, जिसमें पुरानी रंजिश को भी एक प्रमुख कारण माना जा रहा है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपियों की पहचान कर गिरफ्तारी की जाएगी।

    इस वारदात ने इलाके में दहशत का माहौल पैदा कर दिया है और एक बार फिर शहर में बढ़ते अपराध को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।

  • चंबल नदी में दिखा प्रकृति का चमत्कार, अंडों से निकलते कछुओं का जीवन चक्र

    चंबल नदी में दिखा प्रकृति का चमत्कार, अंडों से निकलते कछुओं का जीवन चक्र


    मध्यप्रदेश । चंबल नदी के रेतीले घाटों पर इन दिनों प्रकृति का बेहद अनोखा और भावुक कर देने वाला नजारा देखने को मिल रहा है, जहां कछुओं का जीवन चक्र इंसानों जैसे मातृत्व संबंधों की झलक पेश कर रहा है। यहां अंडों के भीतर विकसित हो चुके नन्हे कछुए बाहर आने से पहले एक विशेष हलचल और कंपन करते हैं, जिसे वैज्ञानिक भाषा में ‘मदर कॉल’ कहा जाता है। यह संकेत जैसे ही रेत के ऊपर मौजूद मादा कछुए तक पहुंचता है, वह तुरंत सक्रिय हो जाती है और अपने बच्चों को दुनिया में आने का रास्ता देने लगती है।

    राष्ट्रीय चंबल सेंचुरी के देवरी घड़ियाल केंद्र सहित पूरे क्षेत्र में इस अनोखी जैव विविधता को संरक्षित करने के लिए वन विभाग लगातार काम कर रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार चंबल के रेड क्राउन रूफ्ड टर्टल और थ्री स्ट्रिप रूफ्ड टर्टल जैसी प्रजातियां विलुप्त होने के कगार पर हैं, जिन्हें बचाने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है।

    हर साल फरवरी से अप्रैल के बीच मादा कछुए चंबल के शांत और रेतीले घाटों पर पहुंचती हैं। वे रात के समय अपने पिछले पंजों से लगभग एक फीट गहरा गड्ढा खोदती हैं और उसमें 8 से 40 तक अंडे देकर वापस नदी में लौट जाती हैं। इन अंडों को सियार, कुत्तों और अन्य शिकारी जीवों से बचाने के लिए वन विभाग ने श्योपुर, मुरैना और भिंड जिलों के घाटों पर अस्थायी हैचरियां (सुरक्षित मैटरनिटी होम) तैयार की हैं।

    वनकर्मी नियमित रूप से सुबह-शाम रेत पर कछुओं के पैरों के निशान खोजते हैं। जैसे ही किसी घोंसले का पता चलता है, वहां से अंडों को बेहद सावधानीपूर्वक निकालकर सुरक्षित हैचरी में स्थानांतरित कर दिया जाता है। अब तक करीब 395 घोंसलों को सुरक्षित किया जा चुका है, जिनसे 7344 से अधिक नन्हे कछुए सफलतापूर्वक बाहर निकलकर चंबल नदी की धारा में अपनी यात्रा शुरू कर चुके हैं।

    इन नन्हे कछुओं की देखभाल भी किसी नवजात शिशु की तरह की जाती है। भिंड के बरही कछुआ केंद्र में लगभग 200 कछुओं को दो साल तक सुरक्षित वातावरण में पाला जाता है, जहां उन्हें गाजर, पत्तागोभी और हरी सब्जियां खिलाई जाती हैं। पूरी तरह विकसित होने के बाद इन्हें वापस प्राकृतिक नदियों में छोड़ा जाता है, ताकि पारिस्थितिकी संतुलन बना रहे।

    हालांकि, इस पूरी प्राकृतिक प्रक्रिया पर रेत खनन और मानव गतिविधियों का खतरा लगातार बना हुआ है। जहां मशीनों का शोर या खनन गतिविधियां होती हैं, वहां कछुए अक्सर घोंसला बनाए बिना ही लौट जाते हैं, जिससे उनके प्रजनन पर सीधा असर पड़ता है। ऐसे में चंबल सेंचुरी का यह संरक्षण अभियान न केवल कछुओं के अस्तित्व के लिए जरूरी है, बल्कि पूरे पारिस्थितिक तंत्र के संतुलन के लिए भी बेहद अहम माना जा रहा है।

  • ग्वालियर में कपड़ा व्यापारी पर जानलेवा हमला, दुकान में घुसकर की मारपीट

    ग्वालियर में कपड़ा व्यापारी पर जानलेवा हमला, दुकान में घुसकर की मारपीट


    मध्यप्रदेश । ग्वालियर शहर के माधौगंज थाना क्षेत्र में उस समय तनाव और दहशत फैल गई जब एक कपड़ा व्यापारी पर दुकान के अंदर घुसकर तीन बदमाशों ने जानलेवा हमला कर दिया। घटना का पूरा वीडियो दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गया है, जिसमें आरोपी खुलेआम गाली-गलौज करते हुए व्यापारी पर हमला करते नजर आ रहे हैं। घटना के बाद से स्थानीय व्यापारियों और रहवासियों में आक्रोश का माहौल है और लोग खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।

    यह घटना 20 मई की शाम करीब 7:15 बजे की बताई जा रही है। माधौगंज क्षेत्र में कपड़े की दुकान चलाने वाले 32 वर्षीय सलमान खान अपनी दुकान पर मौजूद थे, तभी अनवर पठान, आरिफ पठान और आमिर पठान नाम के तीन युवक वहां पहुंचे। बताया जा रहा है कि आरोपियों और पीड़ित के बीच पहले से पुराना विवाद चल रहा था, जो उस दिन अचानक हिंसक रूप ले बैठा।

    दुकान में घुसते ही आरोपियों ने पहले गाली-गलौज शुरू की और फिर देखते ही देखते सलमान खान पर हमला कर दिया। मारपीट इतनी तेज थी कि पीड़ित को गंभीर चोटें आईं। सीसीटीवी फुटेज में यह भी साफ दिखाई देता है कि जब परिजन बीच-बचाव करने की कोशिश करते हैं, तब भी आरोपी लगातार मारपीट करते रहते हैं और किसी की नहीं सुनते।

    घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल बन गया। स्थानीय व्यापारियों का कहना है कि क्षेत्र में बदमाशों का आतंक बढ़ता जा रहा है, जिससे व्यापारी वर्ग में भय का वातावरण है। कई लोगों ने आरोप लगाया कि आरोपी पहले भी धमकी देते रहे हैं, जिसके कारण सलमान खान ने पहले भी अपनी दुकान कुछ दिनों के लिए बंद रखी थी।

    परिजनों का आरोप है कि आरोपी लगातार दबाव बनाकर डराने-धमकाने का काम कर रहे थे और पुराने विवाद को लेकर रंजिश रखते थे। इसी रंजिश के चलते उन्होंने दुकान में घुसकर हमला किया। बताया जा रहा है कि इलाके के कई अन्य लोग भी आरोपियों की गतिविधियों से परेशान हैं।

    घटना की जानकारी मिलते ही माधौगंज थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायल व्यापारी को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया। पुलिस ने पीड़ित की शिकायत, मेडिकल रिपोर्ट और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर तीनों आरोपियों के खिलाफ मारपीट सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। घटना के बाद से आरोपी फरार हैं और पुलिस उनकी तलाश में लगातार दबिश दे रही है।

    पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा और मामले में आगे की जांच जारी है। इस घटना ने एक बार फिर शहर में कानून-व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

  • ग्वालियर में दुष्कर्म का मामला, अश्लील वीडियो की धमकी से पीड़िता दहशत में

    ग्वालियर में दुष्कर्म का मामला, अश्लील वीडियो की धमकी से पीड़िता दहशत में


    मध्यप्रदेश । मध्य प्रदेश के ग्वालियर शहर के थाटीपुर थाना क्षेत्र से एक गंभीर आपराधिक मामला सामने आया है, जहां 20 वर्षीय युवती ने पड़ोस में रहने वाले एक युवक पर घर में घुसकर दुष्कर्म करने और अश्लील वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने का आरोप लगाया है। पीड़िता की शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

    जानकारी के अनुसार, पीड़िता अपनी मां के साथ किराए के मकान में रहती थी। दिसंबर माह में उसकी मां का निधन हो गया था, जिसके बाद वह घर में अकेली रह गई थी, जबकि उसके पिता ड्राइवर होने के कारण अक्सर बाहर रहते हैं। इसी स्थिति का फायदा उठाकर आरोपी युवक ने कथित रूप से वारदात को अंजाम दिया।

    पीड़िता ने पुलिस को बताया कि पड़ोस में रहने वाला युवक अभिषेक धनौलिया अक्सर उसके घर आता-जाता था और परिवार के संपर्क में था। इसी दौरान उसकी नीयत बिगड़ गई और उसने युवती को अकेला पाकर वारदात की साजिश रची।

    करीब एक महीने पहले रात लगभग 12 बजे आरोपी कथित रूप से युवती के कमरे में घुस आया और जान से मारने की धमकी देकर उसके साथ दुष्कर्म किया। इस दौरान उसने पीड़िता का अश्लील वीडियो भी बना लिया। घटना के बाद युवती डर के कारण चुप रही और किसी को कुछ नहीं बताया।

    इसके बाद आरोपी लगातार वीडियो वायरल करने की धमकी देकर युवती का शोषण करता रहा। शिकायत के अनुसार, आरोपी ने कई बार युवती के साथ दुष्कर्म किया और उसे मानसिक रूप से प्रताड़ित किया। 9 मई 2026 की रात भी उसने कथित रूप से वारदात को दोहराया।

    लगातार बढ़ते दबाव और धमकियों के बीच पीड़िता ने आखिरकार अपने पिता को पूरी घटना बताई। इसके बाद वह अपने पिता के साथ गोला का मंदिर थाने पहुंची और शिकायत दर्ज कराई।

    पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए आरोपी के खिलाफ दुष्कर्म, धमकी और ब्लैकमेलिंग की धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारी का कहना है कि पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है और जल्द ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।

  • भीषण गर्मी से थोड़ी राहत, इंदौर में तापमान 40-41 डिग्री तक सीमित रहने की संभावना

    भीषण गर्मी से थोड़ी राहत, इंदौर में तापमान 40-41 डिग्री तक सीमित रहने की संभावना


    मध्यप्रदेश । प्रदेश के कई हिस्सों में जहां भीषण गर्मी और लू का असर लगातार बना हुआ है, वहीं इंदौर में पिछले तीन दिनों से तापमान में थोड़ी राहत दर्ज की जा रही है। शहर में अधिकतम तापमान अब 40 से 41 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच रहा है, जिससे लोगों को पहले की तुलना में कुछ राहत मिली है। हालांकि दोपहर 12 बजे से 3-4 बजे के बीच तेज धूप अभी भी परेशान कर रही है।

    रात के तापमान में भी हल्की बढ़ोतरी देखी गई है, जो करीब 27 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। मौसम सामान्य से लगभग 2 डिग्री अधिक गर्म बना हुआ है, लेकिन पहले जैसी तीव्र लू की स्थिति फिलहाल कम नजर आ रही है।

    मौसम विभाग के अनुसार 25 मई से नौतपा की शुरुआत होने जा रही है, लेकिन इस बार इसके दौरान भी भीषण गर्मी के चरम पर पहुंचने की संभावना कम है। विशेषज्ञों का अनुमान है कि तापमान 43 से 44 डिग्री तक पहुंचने की बजाय 39 से 41 डिग्री के बीच ही बना रह सकता है। इससे लोगों को कुछ हद तक राहत मिल सकती है।

    हालांकि राहत के बीच एक चिंता यह भी है कि इस बार मई में बारिश की संभावना बेहद कम है। पिछले साल जहां मई में करीब 8 इंच बारिश दर्ज की गई थी, वहीं इस बार अब तक बारिश का कोई खास सिस्टम सक्रिय नहीं हुआ है। इसी कारण पूरे महीने सूखा मौसम रहने की आशंका जताई जा रही है।

    मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि प्री-मानसून गतिविधियां आमतौर पर 20 मई के बाद सक्रिय हो जाती हैं, लेकिन इस बार ऐसा कोई मजबूत सिस्टम नहीं बना है। इसी वजह से 8 मई के बाद से तापमान लगातार 40 डिग्री से ऊपर बना हुआ है।

    मौसम विभाग का अनुमान है कि 1 जून के बाद मानसून की औपचारिक शुरुआत हो सकती है। इसके बाद ही बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। फिलहाल 5 जून के बाद बादलों की आवाजाही बढ़ने और हल्की बारिश शुरू होने के संकेत मिल रहे हैं।

    मौसम विशेषज्ञ एचएस पांडे ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि दोपहर 12 से 3 बजे के बीच धूप का असर सबसे ज्यादा रहता है, इसलिए इस दौरान अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचना चाहिए। साथ ही पर्याप्त पानी पीना, हल्के सूती कपड़े पहनना और बच्चों व बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखना जरूरी है।

    कुल मिलाकर इंदौर में फिलहाल गर्मी पूरी तरह खत्म नहीं हुई है, लेकिन नौतपा के दौरान भीषण लू से राहत की उम्मीद ने लोगों को थोड़ी राहत जरूर दी है।