Category: Madhya Pradesh

  • महिला आरक्षण पर कांग्रेस का बड़ा फैसला नेताओं की पत्नियों को नहीं मिलेगा टिकट

    महिला आरक्षण पर कांग्रेस का बड़ा फैसला नेताओं की पत्नियों को नहीं मिलेगा टिकट

    भोपाल । भोपाल में आयोजित महिला कांग्रेस की अहम बैठक में महिला आरक्षण को लेकर एक बड़ा और संकेतात्मक फैसला सामने आया है जिसने प्रदेश की राजनीति में नई बहस को जन्म दे दिया है सूत्रों के अनुसार बैठक में इस बात पर गंभीर चर्चा हुई कि यदि किसी विधानसभा या लोकसभा सीट को महिलाओं के लिए आरक्षित किया जाता है तो वहां पुरुष नेताओं की पत्नियों या पारिवारिक सदस्यों को टिकट नहीं दिया जाएगा बल्कि पार्टी की सक्रिय और जमीनी महिला कार्यकर्ताओं को प्राथमिकता दी जाएगी

    यह बैठक प्रदेश कांग्रेस कमेटी कार्यालय में आयोजित हुई जहां महिला सशक्तिकरण और संगठन को मजबूत करने के उद्देश्य से कई मुद्दों पर विचार विमर्श किया गया इस दौरान यह बात प्रमुख रूप से सामने आई कि महिला आरक्षण का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा होगा जब उन महिलाओं को आगे बढ़ने का अवसर दिया जाए जो लंबे समय से संगठन के लिए काम कर रही हैं और जमीनी स्तर पर सक्रिय भूमिका निभा रही हैं

    बैठक में मौजूद नेताओं ने यह भी कहा कि अब समय आ गया है कि राजनीति में परिवारवाद की परंपरा को सीमित किया जाए खासकर उन परिस्थितियों में जहां महिलाओं के लिए सीट आरक्षित की जाती है वहां केवल पारिवारिक आधार पर टिकट देना महिला नेतृत्व के वास्तविक विकास में बाधा बन सकता है यही कारण है कि पार्टी के भीतर इस सोच को आगे बढ़ाया जा रहा है कि टिकट वितरण में पारदर्शिता और योग्यता को प्राथमिकता दी जाए

    सूत्रों के मुताबिक इस प्रस्ताव को पॉलिटिकल अफेयर्स कमेटी के समक्ष रखने की तैयारी की जा रही है जहां इसे औपचारिक मंजूरी मिल सकती है यदि यह प्रस्ताव पारित होता है तो यह न केवल मध्यप्रदेश बल्कि पूरे देश में कांग्रेस के लिए एक सकारात्मक संदेश के रूप में देखा जाएगा क्योंकि इससे यह संकेत जाएगा कि पार्टी महिला सशक्तिकरण को केवल नारे तक सीमित नहीं रखना चाहती बल्कि उसे व्यवहार में भी लागू करना चाहती है

    राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस तरह का कदम पार्टी के भीतर नई ऊर्जा का संचार कर सकता है और उन महिला कार्यकर्ताओं को प्रोत्साहित करेगा जो वर्षों से संगठन में सक्रिय रहते हुए भी अवसर की प्रतीक्षा कर रही हैं इससे पार्टी की छवि में भी सुधार हो सकता है और युवा तथा महिला मतदाताओं के बीच विश्वास बढ़ सकता है

    हालांकि इस प्रस्ताव को लेकर अंतिम निर्णय अभी बाकी है लेकिन जिस तरह से इसे लेकर चर्चा हुई है उससे साफ संकेत मिलते हैं कि कांग्रेस अब संगठनात्मक ढांचे में बदलाव और सुधार की दिशा में आगे बढ़ रही है आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि यह प्रस्ताव किस रूप में लागू होता है और इसका राजनीतिक परिदृश्य पर क्या प्रभाव पड़ता है

    कुल मिलाकर भोपाल में हुई इस बैठक ने यह स्पष्ट कर दिया है कि महिला आरक्षण के मुद्दे पर कांग्रेस केवल औपचारिकता निभाने के बजाय ठोस और प्रभावी कदम उठाने की दिशा में सोच रही है जो आने वाले चुनावों में पार्टी की रणनीति का अहम हिस्सा बन सकता है

  • MP में तबादलों का रास्ता साफ मई जून में खुलेगा ट्रांसफर विंडो नई नीति तैयार

    MP में तबादलों का रास्ता साफ मई जून में खुलेगा ट्रांसफर विंडो नई नीति तैयार

    भोपाल । मध्यप्रदेश में सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों के तबादलों पर लगे प्रतिबंध के जल्द हटने की संभावना ने प्रशासनिक हलकों में हलचल तेज कर दी है लंबे समय से ट्रांसफर का इंतजार कर रहे कर्मचारियों के लिए यह खबर राहत भरी मानी जा रही है जानकारी के अनुसार राज्य सरकार मई और जून के बीच एक महीने के लिए तबादलों पर लगा बैन हटाने की तैयारी कर रही है इसके लिए सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा नई तबादला नीति को अंतिम रूप देने का काम तेजी से किया जा रहा है

    सूत्रों के मुताबिक प्रस्तावित तबादला नीति को लेकर जल्द ही कैबिनेट बैठक में प्रस्तुतीकरण किया जा सकता है इस नई नीति के तहत तबादलों की प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और व्यवस्थित बनाने की कोशिश की जा रही है खास बात यह है कि इस बार ट्रांसफर आदेश पूरी तरह ऑनलाइन जारी किए जाएंगे जिससे प्रक्रिया में पारदर्शिता आएगी और अनावश्यक दबाव या हस्तक्षेप को कम किया जा सकेगा

    नई व्यवस्था के तहत प्रत्येक संवर्ग में अधिकतम 20 प्रतिशत तक ही तबादले किए जा सकेंगे जिससे बड़े पैमाने पर होने वाले बदलावों को नियंत्रित रखा जा सके वहीं जिलों में होने वाले तबादलों के लिए संबंधित प्रभारी मंत्री की मंजूरी अनिवार्य होगी इसके अलावा विधायकों की अनुशंसाओं को भी प्राथमिकता दिए जाने की संभावना जताई जा रही है जिससे राजनीतिक और प्रशासनिक समन्वय बनाए रखने की कोशिश की जाएगी

    वरिष्ठ अधिकारियों के तबादलों को लेकर भी स्पष्ट दिशा निर्देश तय किए जा रहे हैं फर्स्ट क्लास अधिकारियों के तबादले केवल मुख्यमंत्री की मंजूरी से ही हो सकेंगे जबकि अन्य संवर्ग के कर्मचारियों और अधिकारियों के तबादले संबंधित विभागीय मंत्री की स्वीकृति से किए जाएंगे इस व्यवस्था से उच्च स्तर पर निगरानी सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है

    इस बार तबादला नीति में एक महत्वपूर्ण बिंदु यह भी शामिल किया गया है कि ऐसे अधिकारी और कर्मचारी जो लंबे समय से एक ही स्थान पर पदस्थ हैं उन्हें प्राथमिकता के आधार पर स्थानांतरित किया जाएगा विशेष रूप से वे अधिकारी जो तीन साल या उससे अधिक समय से एक ही जगह पर कार्यरत हैं उन्हें हटाने की प्रक्रिया पहले शुरू की जाएगी इससे प्रशासनिक व्यवस्था में नई ऊर्जा और निष्पक्षता लाने की उम्मीद जताई जा रही है

    राज्य सरकार का मानना है कि समय समय पर तबादले होने से न केवल कार्यप्रणाली में सुधार आता है बल्कि जवाबदेही भी बढ़ती है इसी को ध्यान में रखते हुए इस बार की नीति को अधिक संतुलित और प्रभावी बनाने की कोशिश की जा रही है ताकि कर्मचारियों की अपेक्षाओं और प्रशासनिक आवश्यकताओं के बीच संतुलन स्थापित किया जा सके

    फिलहाल सभी की नजरें आगामी कैबिनेट बैठक पर टिकी हैं जहां इस नई तबादला नीति को अंतिम मंजूरी मिल सकती है यदि सब कुछ तय योजना के अनुसार हुआ तो आने वाले महीनों में मध्यप्रदेश में एक बार फिर तबादलों का दौर शुरू हो जाएगा और लंबे समय से एक ही जगह पर जमे अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां मिलेंगी

  • आर्मी वर्कशॉप में घोटाले की आहट यूपी इंटेलिजेंस की रेड में अहम डिजिटल सबूत जब्त

    आर्मी वर्कशॉप में घोटाले की आहट यूपी इंटेलिजेंस की रेड में अहम डिजिटल सबूत जब्त


    जबलपुर । मध्यप्रदेश के जबलपुर से एक बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आई है जहां सेना की 506 आर्मी वर्कशॉप में इंटेलिजेंस एजेंसियों ने अचानक छापा मारकर हड़कंप मचा दिया इस कार्रवाई में कई महत्वपूर्ण डिजिटल उपकरण जब्त किए गए हैं और दो कर्मचारियों को कस्टडी में लेकर गहन पूछताछ की जा रही है

    सूत्रों के अनुसार इस छापेमारी के दौरान अधिकारियों ने वर्कशॉप से मोबाइल डाटा हार्ड डिस्क और पेन ड्राइव जैसे अहम डिजिटल साक्ष्य अपने कब्जे में लिए हैं जिनकी जांच के आधार पर बड़े वित्तीय अनियमितताओं के खुलासे की आशंका जताई जा रही है बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई उत्तर प्रदेश इंटेलिजेंस की टीम द्वारा की गई जो विशेष रूप से सेंट्रल कमांड इलाहाबाद से जबलपुर पहुंची थी

    मामले की शुरुआती जांच में यह संकेत मिले हैं कि आर्मी वर्कशॉप में उपयोग होने वाले कलपुर्जों की गुणवत्ता को लेकर गंभीर अनियमितताएं सामने आ सकती हैं आशंका है कि मेंटेनेंस कार्यों के दौरान घटिया सामग्री का उपयोग किया गया और इसके नाम पर करोड़ों रुपए की हेराफेरी की गई जानकारी के मुताबिक देशभर की कई आर्टिलरी गनों को मेंटेनेंस और रिपेयर के लिए इसी वर्कशॉप में लाया जाता है ऐसे में यदि आरोप सही साबित होते हैं तो यह मामला राष्ट्रीय सुरक्षा से भी जुड़ा हुआ बेहद संवेदनशील रूप ले सकता है

    जांच एजेंसियों को कुछ संदिग्ध वित्तीय लेनदेन के संकेत भी मिले हैं बताया जा रहा है कि हेराफेरी की रकम को सीधे कर्मचारियों के पारिवारिक सदस्यों के खातों में ट्रांसफर किए जाने की भी आशंका है इसी आधार पर इंटेलिजेंस टीम ने कई बैंकिंग और ट्रांजेक्शन से जुड़े दस्तावेज और डिजिटल रिकॉर्ड जब्त किए हैं जिनकी बारीकी से जांच की जा रही है

    इस पूरे मामले में कुछ अन्य कर्मचारियों और अधिकारियों की भूमिका भी संदिग्ध मानी जा रही है और उन पर भी नजर रखी जा रही है जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि इस कथित घोटाले का नेटवर्क कितना बड़ा है और इसमें किन किन लोगों की संलिप्तता हो सकती है

    फिलहाल कस्टडी में लिए गए दोनों कर्मचारियों से लगातार पूछताछ जारी है और उनसे मिले इनपुट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी इंटेलिजेंस एजेंसियां इस मामले को बेहद गंभीरता से ले रही हैं क्योंकि यह न केवल आर्थिक अनियमितता का मामला है बल्कि इससे सेना की कार्यप्रणाली और उपकरणों की गुणवत्ता पर भी सवाल खड़े हो सकते हैं

    जबलपुर की इस आर्मी वर्कशॉप में हुई यह छापेमारी अब एक बड़े खुलासे की ओर इशारा कर रही है आने वाले समय में जांच के नतीजे और भी चौंकाने वाले हो सकते हैं फिलहाल पूरे मामले पर सुरक्षा एजेंसियों की कड़ी नजर बनी हुई है और किसी भी स्तर पर लापरवाही या भ्रष्टाचार को बर्दाश्त न करने के संकेत साफ तौर पर दिए जा रहे हैं

  • महाकाल की अलौकिक भस्म आरती में गूंजा उज्जैन आस्था और दिव्यता का अद्भुत संगम

    महाकाल की अलौकिक भस्म आरती में गूंजा उज्जैन आस्था और दिव्यता का अद्भुत संगम


    उज्जैन । उज्जैन के विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में शुक्रवार तड़के वैशाख माह के कृष्ण पक्ष की अमावस्या तिथि पर भस्म आरती का दिव्य आयोजन हुआ जहां आस्था और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला सुबह लगभग चार बजे मंदिर के कपाट खुलते ही पूरा वातावरण मंत्रोच्चार और घंटियों की ध्वनि से गूंज उठा और भक्तों में बाबा महाकाल के दर्शन की अपार उत्सुकता दिखाई दी

    कपाट खुलने के बाद मंदिर के पुजारियों द्वारा गर्भगृह में स्थापित सभी देवी देवताओं का विधिवत पूजन किया गया इसके पश्चात भगवान महाकाल का पवित्र जल से अभिषेक आरंभ हुआ जो आगे चलकर दूध दही घी शहद और फलों के रस से बने पंचामृत से संपन्न किया गया इस अभिषेक के दौरान वातावरण पूरी तरह आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया और हर ओर हर हर महादेव के जयकारे गूंजने लगे

    अभिषेक के बाद भगवान महाकाल का विशेष श्रृंगार किया गया जिसमें भांग चंदन और सुगंधित पुष्पों का उपयोग कर उन्हें अत्यंत आकर्षक रूप प्रदान किया गया इसके साथ ही उनके मस्तक पर चंद्र त्रिशूल और डमरु अर्पित कर दिव्यता का अद्भुत प्रतीक प्रस्तुत किया गया श्रृंगार के इस चरण में रजत आभूषणों का विशेष महत्व रहा जिसमें शेषनाग का रजत मुकुट रजत की मुण्डमाल और रुद्राक्ष की मालाएं शामिल रहीं इन सबके साथ पुष्पों की मालाओं से भगवान का अलंकरण कर उन्हें अत्यंत मनोहारी स्वरूप दिया गया

    भस्म आरती की प्रक्रिया शुरू होने से पहले प्रथम घंटाल बजाकर हरिओम का जल अर्पित किया गया और मंत्रोच्चार के बीच भगवान का ध्यान किया गया इसके बाद कपूर आरती की गई जिससे पूरा गर्भगृह दिव्य प्रकाश से आलोकित हो उठा कपूर आरती के पश्चात ज्योतिर्लिंग को कपड़े से ढांककर पवित्र भस्म अर्पित की गई जो इस आरती का सबसे महत्वपूर्ण और विशिष्ट भाग माना जाता है

    सुबह के इस पावन समय में सैकड़ों श्रद्धालु मंदिर परिसर में उपस्थित रहे जिन्होंने भस्म आरती के दर्शन कर स्वयं को धन्य महसूस किया भक्तों के चेहरों पर श्रद्धा और संतोष का भाव स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा था इस दौरान श्रद्धालुओं ने नंदी महाराज के दर्शन कर उनके कान के समीप जाकर अपनी मनोकामनाएं व्यक्त कीं और आशीर्वाद प्राप्त किया

    पूरे मंदिर परिसर में बाबा महाकाल की जयकारों से गूंजती ध्वनि ने वातावरण को और भी अधिक आध्यात्मिक बना दिया हर ओर भक्ति की ऊर्जा और आस्था का प्रवाह देखने को मिला यह भस्म आरती केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं बल्कि श्रद्धालुओं के लिए आत्मिक शांति और दिव्यता का अनुभव करने का माध्यम बन गई

    इस प्रकार महाकाल की भस्म आरती ने एक बार फिर यह सिद्ध कर दिया कि उज्जैन का यह पावन धाम केवल एक मंदिर नहीं बल्कि श्रद्धा और विश्वास का जीवंत केंद्र है जहां हर दिन हजारों भक्त अपनी आस्था लेकर आते हैं और बाबा महाकाल के आशीर्वाद से स्वयं को कृतार्थ महसूस करते हैं

  • MP में गर्मी ने दिखाए तीखे तेवर, 43 डिग्री के पार पहुंचा तापमान, आज 20 जिलों में लू का अलर्ट

    MP में गर्मी ने दिखाए तीखे तेवर, 43 डिग्री के पार पहुंचा तापमान, आज 20 जिलों में लू का अलर्ट

    भोपाल। मध्य प्रदेश में गर्मी ने तेज रूप धारण कर लिया है। शुक्रवार को प्रदेश के 20 जिलों में हीट वेव (लू) चलने की चेतावनी जारी की गई है। इन जिलों में रतलाम, झाबुआ, धार, अलीराजपुर, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, नर्मदापुरम, बैतूल, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, मंडला और बालाघाट शामिल हैं। मौसम विभाग के अनुसार 19 और 20 अप्रैल को कुछ इलाकों में बारिश की संभावना भी जताई गई है।

    गर्मी के चलते स्कूलों का समय बदला
    अनूपपुर में बढ़ते तापमान को देखते हुए स्कूलों का समय सुबह 7 बजे से दोपहर 12 बजे तक कर दिया गया है। वहीं, डिंडौरी में नर्सरी से लेकर 8वीं कक्षा तक के स्कूल सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12 बजे तक संचालित किए जाएंगे।

    नर्मदापुरम सबसे गर्म, कई जिलों में लू जैसे हालात

    गुरुवार को नर्मदापुरम का तापमान 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जो इस सीजन का सबसे अधिक रहा। इसके अलावा रतलाम, धार, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, सिवनी, मंडला और बालाघाट में भी लू जैसी स्थिति बनी रही।

    कई शहरों में 40 डिग्री के पार पारा

    नर्मदापुरम के बाद रतलाम दूसरा सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 42.8 डिग्री दर्ज किया गया। दमोह और मंडला में 42 डिग्री, शाजापुर में 41.8 डिग्री, गुना में 41.7 डिग्री, मलाजखंड, टीकमगढ़ और छिंदवाड़ा में 41.5 डिग्री तापमान दर्ज हुआ। इसके अलावा उमरिया और श्योपुर में 41.4 डिग्री, धार और खजुराहो में 41 डिग्री, सतना में 40.9 डिग्री, खरगोन में 40.8 डिग्री, सागर में 40.7 डिग्री, दतिया और सीधी में 40.6 डिग्री, खंडवा और बैतूल में 40.5 डिग्री, सिवनी और रीवा में 40.4 डिग्री तथा नौगांव में 40.2 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।

    बड़े शहरों में भी गर्मी का असर
    प्रदेश के प्रमुख शहरों में जबलपुर सबसे गर्म रहा, जहां तापमान 41.4 डिग्री दर्ज किया गया। भोपाल और ग्वालियर में 40.5 डिग्री, इंदौर में 40.1 डिग्री और उज्जैन में 40.7 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया।

    अभी और बढ़ेगी गर्मी, सावधानी जरूरी
    मध्य प्रदेश में अप्रैल के दूसरे पखवाड़े से ही गर्मी तेज होने लगती है और महीने के अंत तक तापमान अक्सर नए रिकॉर्ड बना देता है। इस बार भी तापमान में और वृद्धि की संभावना जताई जा रही है। मौसम विभाग ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। दिनभर पर्याप्त पानी पीने, शरीर को हाइड्रेट रखने, दोपहर में तेज धूप से बचने और हल्के रंग के सूती कपड़े पहनने की सलाह दी गई है। खासतौर पर बच्चों और बुजुर्गों को अतिरिक्त ध्यान रखने की जरूरत है।

  • MP: उज्जैन में महाकाल मंदिर के पास अवैध कत्लखाने का खुलासा…दो आरोपी गिरफ्तार

    MP: उज्जैन में महाकाल मंदिर के पास अवैध कत्लखाने का खुलासा…दो आरोपी गिरफ्तार


    उज्जैन।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के उज्जैन शहर (Ujjain city.) में प्रतिबंध के बावजूद प्रतिबंध क्षेत्र में चोरी छिपे कत्लखाना (Slaughterhouse) चल रहा था। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने बड़ी कार्यवाही करते हुए दो आरोपी को गिरफ्तार किया है और साथ ही मौके से भारी मात्रा में मांस, धारदार हथियार,जिन्दा गाय के बछड़े सहित तोलने का सामान जब्त किया है। पुलिस को देखते ही दोनों आरोपी भागने का प्रयास कर रहे थे, हालांकि पुलिस टीम ने उन्हें तुरंत पकड़ लिया।

    बताया जा रहा है कि महाकाल मंदिर (Mahakal Temple) के पास किसी भी तरह के मांस विक्रय पर प्रतिबंध लगा हुआ है। पुलिस ने अवैध रूप से गोवंश (पाडे) काटने और मांस बेचने के संबंध में पशु क्रूरता अधिनियम 11(1)(घ) और अन्य धाराओं में एफआईआर दर्ज कर आरोपी हाजी मुस्तकीम (निवासी: बम्बईया गली, कोट मोहल्ला) वसीम बम्बईया (निवासी: बम्बईया गली, कोट मोहल्ला) गिरिफ्तार कर लिया है। बताया जा रहा है कि घटना 12 अप्रेल की है और पुलिस इसमें गोपनीय तरीके से जांच पड़ताल कर रही थी।

    चोरी-छिपे पशु काटने का अवैध कत्लखाना
    उज्जैन शहर के महाकाल थाना क्षेत्र में पुलिस को सूचना मिल रही थी कि एक संदिग्ध मकान में चोरी-छिपे पशु काटने का अवैध कत्लखाना चल रहा है, इस पर पुलिस ने अपने खुफिया तंत्र को इस काम पर लगाया और 12 अप्रैल को सूचना मिलते ही महाकाल पुलिस ने दबिश देकर जिंदा गाय के बछड़े सहित मौके से भारी मात्रा में मांस, धारदार हथियार और एक इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटा बरामद किया है। आरोपी पाड़ों का मांस बेचने की तैयारी में थे। बता दें कि धार्मिक नगरी होने के कारण उज्जैन में बूचड़खाने पर पूरी तरह से प्रतिबंध है।

    पशु अधिनियम क्रूरता में मामला दर्ज
    पुलिस ने इस मामले में हाजी मुस्तकीम और वसीम बम्बईया नामक दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह दोनों कोट मोहल्ला महाकाल क्षेत्र के निवासी हैं। उनके खिलाफ मध्य प्रदेश कृषि पशु परिरक्षण एवं पशु क्रूरता अधिनियम की धारा 11 (घ) और आर्म्स एक्ट की धारा 25 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि यह अवैध कारोबार किस नेटवर्क के तहत संचालित हो रहा था और काटे गए मांस की आपूर्ति कहां की जानी थी।

    दबिश में पुलिस को मिला भारी मात्रा में मांस
    पुलिस को मौके से एक पाडे के कटे हुए चार पैर। 2 जीवित पाडे और 1 पाडी, जिन्हें क्रूरतापूर्वक रस्सियों से बांधकर रखा गया था। मांस तोलने के उपकरण, एक डिजिटल इलेक्ट्रॉनिक कांटा, लोहे की तराजू और विभिन्न बाट। एक धारदार बक्का और एक धारदार लोहे की छुरी और मांस काटने का लकड़ी का ठिया।

    महाकाल थाना पुलिस ने बताया कि शासन द्वारा मांस की बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध लगाए जाने के बावजूद, आरोपी हाजी मुस्तकीम और उसका भाई वसीम अपने घर के नीचे बने एक कमरे में अवैध रूप से पाडे (मवेशी) काटकर उनका मांस बेच रहे हैं। जब पुलिस ने गवाहों के साथ वहां दबिश दी, तो दोनों आरोपी अपने हथियार (छुरे) मौके पर छोड़कर पीछे के रास्ते से भाग निकलने का प्रयास कर रहे थे, इस दौरान पुलिस ने मौके की वीडियोग्राफी करवाई और वहां से साक्ष्य बरामद किए।

  • MP: श्योपुर में प्रेमी जोड़े ने फांसी लगाकर की आत्महत्या… अगरा के जंगल में पेड़ पर लटके मिले शव

    MP: श्योपुर में प्रेमी जोड़े ने फांसी लगाकर की आत्महत्या… अगरा के जंगल में पेड़ पर लटके मिले शव


    श्योपुर।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के श्योपुर जिले (Sheopur district) में नाबालिग प्रेमी जोड़े ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। दोनों के शव अगरा जंगल (Agara forest) में एक पेड़ से लटके मिले। प्राप्त जानकारी के अनुसार दोनों के बीच 2 साल से अफेयर चल रहा था, लेकिन उनके घरवाले उनकी शादी के लिए तैयार नहीं थे, जिससे दुखी होकर उन्होंने यह कदम उठा लिया। यह घटना बरगवां थाना क्षेत्र की है।

    पुलिस ने बताया कि मृतकों की पहचान विशन भिलाला निवासी वालीहारा और सामबाई निवासी कुड़ारदा के रूप में की गई है। दोनों की उम्र करीब 17 साल थी और दोनों 15 अप्रैल को अपने-अपने घरों से बिना बताए निकल गए थे। जिसके बाद परिजनों ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।


    जंगल में एक ही पेड़ पर लटके मिले शव

    पुलिस ने बताया शिकायत दर्ज होने के बाद सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। तकनीकी टीम की मदद से मोबाइल लोकेशन और अन्य पहलुओं पर भी जांच की गई। गुरुवार को सर्च के दौरान जंगल के अंदर एक पेड़ पर दोनों के शव फंदे से लटके हुए मिले। पुलिस का कहना है कि नाबालिग लड़की के घर से 8-10 किमी दूर जंगल में दोनों के शव पेड़ पर लटके मिले।


    नाबालिग होने की वजह से नहीं कर पा रहे थे कोर्ट मैरिज

    ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। शवों को नीचे उतरवाया। मौके पर पंचनामा कार्रवाई की गई और शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि दोनों एक-दूसरे से प्रेम करते थे, लेकिन उनके परिजन दोनों की शादी के लिए राजी नहीं थे, वहीं नाबालिग होने की वजह से दोनों कोर्ट मैरिज भी नहीं कर पा रहे थे, इसलिए उन्होंने सुसाइड कर लिया। हालांकि पुलिस को कोई सुसाइड नोट नहीं मिला।


    एक ही गोत्र की वजह से घरवाले नहीं हुए तैयार

    बरगवां थाना प्रभारी श्यामवीर सिंह तोमर ने बताया कि दोनों के बीच करीब दो साल से प्रेम प्रसंग चल रहा था, दोनों एक ही समाज के भी थे लेकिन दोनों का गोत्र एक होने की वजह से, उनके परिजन दोनों की सगाई कराने को राजी नहीं थे। इसको लेकर नाबालिग प्रेमी जोड़ा घर से भाग गया। जब दोनों के परिजनों को उनके भागने की जानकारी मिली तो उन्होंने इसकी सूचना बरगवां थाने आकर दी। इस सूचना पर पुलिस ने दोनों नाबालिग की तलाश शुरू की।


    लड़की ने दुपट्टे तो लड़के ने तौलिये से लगाई फांसी

    थाना प्रभारी ने बताया कि, ‘लड़की ने दुपट्टे से और लड़के ने तौलिये से फांसी लगाई। मामले में मर्ग कायम कर लिया गया है और हर एंगल से जांच की जा रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असली वजह सामने आ सकेगी। आसपास के लोगों और परिजनों से भी पूछताछ जारी है।’

    तोमर ने आगे बताया कि, नाबालिग प्रेमी जोड़े को तलाशने के लिए टेक्निकल टीम की मदद ली गई और सर्चिंग की गई तो लड़के के मोबाइल नंबर की लोकेशन एक ही स्थान की मिल रही थी, जिसके आधार पर पुलिस ने तलाशी की तो बरगवां थाना क्षेत्र के जंगल में एक पेड़ पर दोनों नाबालिग प्रेमी लटके मिले।

  • बैरसिया में कारोबारी की हत्या से दहशत बाइक सवार बदमाशों ने मारी गोली

    बैरसिया में कारोबारी की हत्या से दहशत बाइक सवार बदमाशों ने मारी गोली


    नरसिंहपुर । मध्यप्रदेश के नरसिंहपुर में अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र के नाम पर ठगी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है जहां दो शातिर आरोपियों ने एक महिला को जेवर तीन गुना करने का झांसा देकर करीब 10 लाख रुपये के गहने ठग लिए। इस घटना ने एक बार फिर अंधविश्वास के नाम पर होने वाली ठगी की सच्चाई को उजागर कर दिया है।

    जानकारी के अनुसार, आरोपियों ने महिला को अपने जाल में फंसाते हुए कहा कि यदि वह अपने जेवर को किसी सुनसान स्थान पर रात के समय गाड़ दे और उस पर तंत्र-मंत्र किया जाए तो उसके गहने तीन गुना हो जाएंगे। साथ ही आरोपियों ने यह भी कहा कि इस प्रक्रिया को पूरी तरह गोपनीय रखना होगा और किसी को बताने पर अनहोनी हो सकती है। इसी डर और विश्वास के चलते महिला आरोपियों की बातों में आ गई।

    इसके बाद महिला ने रात के अंधेरे में सुनसान स्थान पर अपने जेवर रख दिए। इसी मौके का फायदा उठाकर दोनों आरोपी गहने लेकर फरार हो गए। घटना के बाद महिला को जब ठगी का एहसास हुआ तो उसने तुरंत इसकी शिकायत पुलिस अधीक्षक कार्यालय में दर्ज कराई।

    पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की और तकनीकी तथा सूचना के आधार पर आरोपियों की पहचान की। जांच में सामने आया कि एक आरोपी अनिल राय उर्फ मुल्ला बाबा डोभी क्षेत्र का रहने वाला है जबकि दूसरा आरोपी अजय मेहरा बॉसकुंवारी गांव का निवासी है।

    पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए अनिल राय को उत्तर प्रदेश के आगरा से गिरफ्तार किया जबकि अजय मेहरा को नरसिंहपुर से ही पकड़ लिया गया। पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। पुलिस ने उनके कब्जे से करीब 10 लाख रुपये मूल्य के जेवर भी बरामद कर लिए हैं।

    इस घटना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र के नाम पर लोगों को आसानी से निशाना बनाया जाता है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया है और मामले की आगे की जांच जारी है।

    भोपाल । मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है जहां बैरसिया क्षेत्र के किराना व्यापारी हनीफ खान की गोली मारकर हत्या कर दी गई। इस घटना से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है और पुलिस मामले की हर एंगल से जांच कर रही है।

    जानकारी के अनुसार 42 वर्षीय हनीफ खान बुधवार को अपने किसी काम से निकले थे, लेकिन देर शाम उनका शव शमशाबाद रोड स्थित एक ढाबे के पास बरामद हुआ। यह स्थान उनके घर से लगभग 10 किलोमीटर दूर है। शुरुआती स्थिति में शव के पास बाइक मिलने से इसे सड़क दुर्घटना समझा गया, लेकिन जब पुलिस ने जांच की तो स्पष्ट हुआ कि उनकी मौत गोली लगने से हुई है।

    पुलिस जांच में सामने आया है कि अज्ञात बाइक सवार बदमाशों ने हनीफ खान को नजदीक से गोली मारी। गोली सीने के आर-पार हो गई जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद बदमाश मौके से फरार हो गए। आसपास के लोगों ने कुछ बाइक सवारों को तेजी से भागते हुए देखा, जिससे पुलिस को अहम सुराग मिले हैं।

    परिजनों के अनुसार हनीफ खान का किसी से कोई पुराना विवाद या दुश्मनी नहीं थी और वह सामान्य रूप से अपना व्यवसाय चला रहे थे। घटना के समय वह शमशाबाद स्थित रिश्तेदार के घर जा रहे थे। हालांकि पुलिस इस बयान के साथ-साथ अन्य सभी संभावित पहलुओं की भी जांच कर रही है।

    एडिशनल एसपी नीरज चौरसिया ने बताया कि फिलहाल मामला संदिग्ध है और पुलिस हर एंगल से जांच कर रही है। शुरुआती जांच में लूट की संभावना कम नजर आ रही है, लेकिन पुरानी रंजिश और व्यक्तिगत विवाद की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता। इसके साथ ही कुछ रिलेशनशिप संबंधी पहलुओं की भी जांच की जा रही है।

    पुलिस ने घटनास्थल के आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगालने शुरू कर दिए हैं और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान करने की कोशिश की जा रही है। साथ ही मुखबिर तंत्र को भी सक्रिय कर दिया गया है ताकि जल्द से जल्द अपराधियों तक पहुंचा जा सके।

    फिलहाल इस वारदात ने पूरे क्षेत्र में दहशत फैला दी है और लोग सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल उठा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि जल्द ही इस हत्याकांड का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

  • जेवर तीन गुना करने का झांसा नरसिंहपुर में महिला से 10 लाख की ठगी का खुलासा

    जेवर तीन गुना करने का झांसा नरसिंहपुर में महिला से 10 लाख की ठगी का खुलासा


    नरसिंहपुर । मध्यप्रदेश के नरसिंहपुर में अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र के नाम पर ठगी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है जहां दो शातिर आरोपियों ने एक महिला को जेवर तीन गुना करने का झांसा देकर करीब 10 लाख रुपये के गहने ठग लिए। इस घटना ने एक बार फिर अंधविश्वास के नाम पर होने वाली ठगी की सच्चाई को उजागर कर दिया है।

    जानकारी के अनुसार, आरोपियों ने महिला को अपने जाल में फंसाते हुए कहा कि यदि वह अपने जेवर को किसी सुनसान स्थान पर रात के समय गाड़ दे और उस पर तंत्र-मंत्र किया जाए तो उसके गहने तीन गुना हो जाएंगे। साथ ही आरोपियों ने यह भी कहा कि इस प्रक्रिया को पूरी तरह गोपनीय रखना होगा और किसी को बताने पर अनहोनी हो सकती है। इसी डर और विश्वास के चलते महिला आरोपियों की बातों में आ गई।

    इसके बाद महिला ने रात के अंधेरे में सुनसान स्थान पर अपने जेवर रख दिए। इसी मौके का फायदा उठाकर दोनों आरोपी गहने लेकर फरार हो गए। घटना के बाद महिला को जब ठगी का एहसास हुआ तो उसने तुरंत इसकी शिकायत पुलिस अधीक्षक कार्यालय में दर्ज कराई।

    पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की और तकनीकी तथा सूचना के आधार पर आरोपियों की पहचान की। जांच में सामने आया कि एक आरोपी अनिल राय उर्फ मुल्ला बाबा डोभी क्षेत्र का रहने वाला है जबकि दूसरा आरोपी अजय मेहरा बॉसकुंवारी गांव का निवासी है।

    पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए अनिल राय को उत्तर प्रदेश के आगरा से गिरफ्तार किया जबकि अजय मेहरा को नरसिंहपुर से ही पकड़ लिया गया। पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। पुलिस ने उनके कब्जे से करीब 10 लाख रुपये मूल्य के जेवर भी बरामद कर लिए हैं।

    इस घटना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र के नाम पर लोगों को आसानी से निशाना बनाया जाता है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया है और मामले की आगे की जांच जारी है।

  • मंडला में भीषण लू का अलर्ट, तापमान 41.6°C तक पहुंचा

    मंडला में भीषण लू का अलर्ट, तापमान 41.6°C तक पहुंचा

    मंडला। मध्य प्रदेश के मंडला जिले में गर्मी ने अपने तेवर और तेज कर दिए हैं। बुधवार को जिले का अधिकतम तापमान 41.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सीजन का अब तक का सबसे अधिक तापमान माना जा रहा है। लगातार बढ़ते पारे ने आम जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है, और दोपहर के समय सड़कों पर आवाजाही काफी कम देखी जा रही है।

    16 से 18 अप्रैल तक लू का अलर्ट जारी

    मौसम विभाग ने मंडला जिले में 16 से 18 अप्रैल के बीच लू चलने की चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार आने वाले दो दिन अत्यधिक गर्म हवाओं के साथ कठिनाई बढ़ा सकते हैं। इससे पहले भी जिले में तापमान लगातार 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना हुआ था, जिससे गर्मी का असर लगातार महसूस किया जा रहा है।

    लगातार बढ़ रहा तापमान, पिछले दिनों भी रहा तेज गर्मी का असर

    तापमान के आंकड़ों पर नजर डालें तो मंगलवार को 41 डिग्री सेल्सियस, सोमवार को 40 डिग्री और रविवार को 40.2 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया था। अप्रैल की शुरुआत में बादल और हल्की बारिश के कारण कुछ राहत जरूर मिली थी, लेकिन मौसम साफ होते ही गर्मी ने तेजी से अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है।

    दोपहर में सड़कों पर सन्नाटा, लोगों ने बदला दिनचर्या

    तेज धूप और लू के खतरे के कारण दोपहर के समय बाजार और सड़कों पर लोगों की आवाजाही काफी कम हो गई है। लोग जरूरी कामों के लिए भी सुबह और शाम के समय का चयन कर रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि गर्मी इतनी अधिक है कि कुछ ही मिनटों में शरीर थकने लगता है।

    स्वास्थ्य विभाग ने जारी की एडवाइजरी

    बढ़ती गर्मी को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग ने विशेष एडवाइजरी जारी की है। इसमें लोगों को सलाह दी गई है कि वे दोपहर 12 से 4 बजे के बीच घर से बाहर न निकलें, हल्के सूती कपड़े पहनें, सिर को ढककर रखें और पर्याप्त मात्रा में पानी व तरल पदार्थों का सेवन करें। विभाग ने यह भी कहा है कि लू लगने के लक्षण जैसे चक्कर आना, कमजोरी या उल्टी होने पर तुरंत प्राथमिक उपचार लें और आवश्यकता पड़ने पर 108 एम्बुलेंस से अस्पताल पहुंचें।

    बच्चों और बुजुर्गों पर विशेष ध्यान की जरूरत

    स्वास्थ्य विभाग ने बच्चों, बुजुर्गों और गर्भवती महिलाओं को लेकर विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। इन संवेदनशील समूहों को गर्मी से बचाने के लिए घर के अंदर ठंडे और हवादार वातावरण में रखने की सलाह दी गई है।

    मंडला में बढ़ती गर्मी और लू का असर अब गंभीर रूप लेता जा रहा है। आने वाले दो दिन लोगों के लिए और अधिक चुनौतीपूर्ण साबित हो सकते हैं, ऐसे में सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है।