Category: Madhya Pradesh

  • इंदौर में IVF-सरोगेसी के नाम पर सनसनीखेज आरोप, नामी डॉक्टर पर दुष्कर्म और नवजात अपहरण का मामला दर्ज जांच के आदेश

    इंदौर में IVF-सरोगेसी के नाम पर सनसनीखेज आरोप, नामी डॉक्टर पर दुष्कर्म और नवजात अपहरण का मामला दर्ज जांच के आदेश


    इंदौर ।मध्य प्रदेश के इंदौर से एक बेहद गंभीर और सनसनीखेज मामला सामने आया है जहां IVF और सरोगेसी के नाम पर एक नामी डॉक्टर पर दुष्कर्म और नवजात शिशु के कथित अपहरण का आरोप लगा है। पीड़ित दंपति ने सबूतों के साथ पुलिस कमिश्नर से शिकायत की है जिसके बाद मामले की जांच के आदेश दे दिए गए हैं। फिलहाल महिला थाना पुलिस पूरे प्रकरण की जांच में जुट गई हैब
    शिकायत के अनुसार आरोपी खुद को Sri Aurobindo Hospital से जुड़ा वरिष्ठ डॉक्टर बताता था। दंपति का आरोप है कि कर्ज में डूबे होने का फायदा उठाकर उन्हें झांसे में लिया गया। पति द्वारा लिए गए उधार को एडजस्ट कराने का लालच देकर कथित डॉक्टर से मुलाकात करवाई गई। इसके बाद IVF के जरिए बच्चा दिलाने का आश्वासन दिया गया। 18 सितंबर 2023 को एक होटल में बुलाकर कथित साजिश रची गई।

    पीड़िता का कहना है कि उसे DNS Hospital और एक अन्य IVF सेंटर में भर्ती कराया गया। दो बार IVF प्रक्रिया असफल रहने के बाद आरोपी ने दबाव बनाना शुरू कर दिया। आरोप है कि फरवरी 2024 में होटल में बुलाकर उसे नशीला पदार्थ पिलाया गया और उसके साथ जबरन दुष्कर्म किया गया। होश आने पर पति को झूठे ड्रग्स केस में फंसाने की धमकी दी गई।

    दंपति का यह भी आरोप है कि गर्भ ठहरने के बाद उन्हें अस्पताल के सामने एक कॉलोनी के फ्लैट में रखा गया जहां कमरों में कैमरे लगाए गए थे और आठ माह तक निगरानी में रखा गया। उन्हें बाहर जाने की अनुमति नहीं थी। 15 सितंबर 2024 को तबीयत बिगड़ने पर महिला को Motherhood Hospital में भर्ती कराया गया जहां 4 अक्टूबर 2024 को आठ माह के गर्भ के बाद बेटे का जन्म हुआ।

    सबसे गंभीर आरोप 9 अक्टूबर 2024 का है जब अस्पताल से डिस्चार्ज के दौरान कथित डॉक्टर और उसके साथियों ने नवजात को छीन लिया। पति का मोबाइल फोन फॉर्मेट कर सिम तोड़ने और झूठे केस में फंसाने की धमकी देने का भी आरोप है। दंपति का दावा है कि बाद में दशहरा मैदान पर एक दो बार बच्चे से मिलवाया गया और पिस्टल दिखाकर चुप रहने को कहा गया।

    इतना ही नहीं 26 नवंबर 2024 को फिर होटल में बुलाकर दबाव में एक क्षतिपूर्ति समझौते पर हस्ताक्षर करवाने का आरोप लगाया गया है। पीड़िता ने कथित फर्जी दस्तावेजों की तस्वीरें सुरक्षित रखने की बात कही है। साथ ही बच्चे का फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाने की धमकी देने का भी आरोप है।

    इस मामले में हाईकोर्ट एडवोकेट कृष्ण कुमार कुन्हारे और एडवोकेट डॉ. रूपाली राठौर के माध्यम से पुलिस कमिश्नर को शिकायत सौंपी गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए महिला थाना टीआई को तत्काल जांच के निर्देश दिए गए हैं। एडवोकेट डॉ. रूपाली राठौर ने कहा कि भारत में कमर्शियल सरोगेसी प्रतिबंधित है और केवल अल्ट्रोस्टिक सरोगेसी ही वैध है इसके बावजूद महिलाओं की मजबूरी का फायदा उठाकर शोषण के मामले सामने आ रहे हैं। फिलहाल पुलिस जांच के बाद ही पूरे मामले की सच्चाई सामने आएगी लेकिन आरोप बेहद गंभीर हैं और चिकित्सा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर रहे हैं।

  • उज्जैन महाकालेश्वर में वसुंधरा राजे सिंधिया का दिव्य दर्शन, भक्तों के लिए प्रेरणा का अवसर

    उज्जैन महाकालेश्वर में वसुंधरा राजे सिंधिया का दिव्य दर्शन, भक्तों के लिए प्रेरणा का अवसर


    उज्जैन के महाकालेश्वर मंदिर में बुधवार सुबह 10 बजे राजस्थान की पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया का भव्य आगमन हुआ। मंदिर पहुंचते ही उन्होंने सबसे पहले नंदी हाल का दौरा किया और नंदी जी के दर्शन कर भगवान महाकाल का जल अर्पित किया। इस दौरान मंदिर में दर्शन व्यवस्था की भी उन्होंने तारीफ की और कहा कि मंदिर में भक्तों को सुलभ और व्यवस्थित दर्शन मिल रहे हैं।

    वसुंधरा राजे ने ज्योतिर्लिंग भगवान श्री महाकालेश्वर के दर्शन के बाद भगवान श्री वीरभद्र जी का पूजन किया। इसके साथ ही उन्होंने मंदिर में होने वाले ध्वज चल समारोह में निकलने वाले ध्वज का भी विधिवत पूजन किया। उनके इस दिव्य दर्शन ने उपस्थित श्रद्धालुओं के चेहरे पर खुशी और श्रद्धा का भाव भर दिया।

    मंदिर प्रबंध समिति की ओर से सहायक प्रशासक मूलचंद जूनवाल एवं सहायक प्रशासक प्रतीक द्विवेदी ने वसुंधरा राजे का स्वागत किया और उन्हें सत्कार प्रदान किया। उन्होंने कहा कि राजस्थान से आने वाले श्रद्धालु भी महाकाल मंदिर में बड़ी संख्या में दर्शन करने आते हैं और भगवान महाकाल का आशीर्वाद हमेशा उनके साथ रहता है।

    इस दौरान वसुंधरा राजे सिंधिया ने कहा कि सुख-दुख में हम सभी भगवान शिव के पास जाते हैं और उनके आशीर्वाद से जीवन में सकारात्मक ऊर्जा मिलती है। मंदिर की साफ-सफाई, व्यवस्था और भक्तों के लिए सुविधाओं को देखकर उन्होंने प्रसन्नता व्यक्त की।

    भक्तों और पर्यटकों के लिए यह अवसर बेहद खास रहा क्योंकि एक बड़े नेता का भव्य दर्शन होने से मंदिर का वातावरण और भी श्रद्धालु भाव से भर गया। वसुंधरा राजे के दर्शन ने उपस्थित लोगों के दिलों में महाकाल के प्रति श्रद्धा और विश्वास को और मजबूत किया।इस दिव्य अवसर ने उज्जैन महाकालेश्वर मंदिर में एक अलग ही उत्सव का माहौल बना दिया और श्रद्धालु बाबा महाकाल के आशीर्वाद का अनुभव कर खुश नजर आए।

  • होटल में दरिंदगी: बीयर में घुला था 'नशा' और मन में 'पाप', छिंदवाड़ा में युवती के साथ जान-पहचान वालों ने किया गैंगरेप!

    होटल में दरिंदगी: बीयर में घुला था 'नशा' और मन में 'पाप', छिंदवाड़ा में युवती के साथ जान-पहचान वालों ने किया गैंगरेप!


    छिंदवाड़ा /मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा से एक ऐसी खबर सामने आई है जिसने दोस्ती के पवित्र रिश्ते पर सवालिया निशान खड़े कर दिए हैं। यहाँ 23 साल की एक युवती के साथ उसके ही जान-पहचान वाले दो युवकों ने न सिर्फ विश्वासघात किया, बल्कि नशे की हालत का फायदा उठाकर सामूहिक दुष्कर्म (गैंगरेप) जैसी घिनौनी वारदात को अंजाम दिया। घटना सोमवार देर रात की बताई जा रही है जब आरोपियों ने पार्टी करने का लालच देकर युवती को अपने जाल में फंसाया।

    मिली जानकारी के मुताबिक, आरोपी युवक युवती को पार्टी करने के बहाने अलका टॉकीज के समीप स्थित अंबर होटल ले गए थे। युवती उन दोनों को पहले से जानती थी, इसलिए उसने उन पर भरोसा किया और साथ चली गई। होटल पहुँचने के बाद आरोपियों ने उसे बीयर पिलाई। युवती का आरोप है कि बीयर पीने के बाद वह बेसुध होने लगी और उसकी इसी हालत का फायदा उठाते हुए दोनों युवकों ने बारी-बारी से उसके साथ दुष्कर्म किया। दरिंदगी की यह कहानी तब सामने आई जब युवती की एक परिचित महिला को मामले की भनक लगी और वह आनन-फानन में होटल पहुँची।

    परिचित महिला पीड़िता को लेकर तुरंत कोतवाली थाने पहुँची, लेकिन उस वक्त युवती इस कदर नशे में थी कि पुलिस के लिए उसका बयान दर्ज करना नामुमकिन था। पुलिस ने संवेदनशीलता दिखाते हुए उसे प्राथमिक इलाज और रिकवरी के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया। मंगलवार को जब युवती की स्थिति में सुधार हुआ और मेडिकल टेस्ट की प्रक्रिया पूरी हुई, तब जाकर पुलिस ने दुर्गेश हरोड़े और अतुल घोरसे नामक दो आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया।

    कोतवाली निरीक्षक आशीष कुमार के नेतृत्व में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक आरोपी दुर्गेश हरोड़े को गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि, घटना में शामिल दूसरा आरोपी अतुल घोरसे अभी भी फरार है। पुलिस की टीमें उसकी तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। यह घटना समाज के लिए एक गंभीर चेतावनी है कि कैसे जान-पहचान वाले लोग ही रक्षक की जगह भक्षक बन रहे हैं। फिलहाल, छिंदवाड़ा पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कानूनी कार्रवाई तेज़ कर दी है ताकि पीड़िता को जल्द से जल्द न्याय मिल सके।
  • अंबाह में 12वीं के छात्र-छात्रा एक्सीडेंट का शिकार, गणित का अंतिम पेपर नहीं दे पाए

    अंबाह में 12वीं के छात्र-छात्रा एक्सीडेंट का शिकार, गणित का अंतिम पेपर नहीं दे पाए


    अंबाह में मंगलवार सुबह 8:45 बजे एक दुखद सड़क दुर्घटना हुई जिसमें दो 12वीं के छात्र-छात्रा परीक्षा देने के लिए निकलते समय घायल हो गए। गणित विषय की अंतिम बोर्ड परीक्षा देने जा रहे थे 17 वर्षीय दिव्या पुत्री कमल सिंह गहलोत और 18 वर्षीय नितिन श्रीवास पुत्र रामसुंदर श्रीवास। दोनों अपने घर से साधुपुरा स्थित संदीपनी स्कूल की ओर जा रहे थे।

    सूत्रों के अनुसार, दोनों छात्र परीक्षा में देर होने के कारण अपनी बाइक तेज रफ्तार से चला रहे थे। तोरगांव मोड़ पर बाइक अनियंत्रित होकर फिसल गई और दोनों सड़क पर गिर पड़े। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत उन्हें अंबाह सिविल अस्पताल पहुंचाया और परिजनों को घटना की सूचना दी।

    दुर्घटना में दोनों के सिर में गंभीर चोटें आईं। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें जिला अस्पताल रेफर किया गया। इस कारण वे अपनी 12वीं की अंतिम बोर्ड परीक्षा नहीं दे पाए।

    परीक्षकों और स्कूल प्रशासन ने भी इस घटना पर चिंता जताई है और छात्रों के स्वास्थ्य लाभ के लिए परिवार के संपर्क में हैं। यह घटना एक बार फिर से सड़क सुरक्षा और तेज रफ्तार वाहन चलाने के खतरों की याद दिलाती है।

  • बाबा महाकाल के भस्म आरती दर्शन: श्रद्धालुओं के लिए आध्यात्मिक अनुभव का अद्भुत अवसर

    बाबा महाकाल के भस्म आरती दर्शन: श्रद्धालुओं के लिए आध्यात्मिक अनुभव का अद्भुत अवसर


    उज्जैन स्थित महाकालेश्वर मंदिर में बुधवार तड़के भस्म आरती का आयोजन अत्यंत श्रद्धा और वैदिक विधि-विधान के साथ संपन्न हुआ। मंदिर के कपाट खुलते ही सबसे पहले वीरभद्र जी को प्रणाम कर स्वस्ति वाचन किया गया और पुजारियों ने आज्ञा लेकर चांदी द्वार खोला।

    इसके बाद गर्भगृह के पट खोलकर भगवान महाकाल का श्रृंगार किया गया। पंचामृत से पूजन और कर्पूर आरती के पश्चात भगवान को भांग, चंदन, सिंदूर और आभूषणों से सजाया गया। इस दिव्य श्रृंगार से महाकाल का स्वरूप अत्यंत आकर्षक और अलौकिक दिखाई दिया।

    नंदी हाल में नंदी जी का विधिवत स्नान, ध्यान और पूजन किया गया। तत्पश्चात भगवान महाकाल का जल से अभिषेक और पंचामृत से विशेष पूजा हुई, जिसमें दूध, दही, घी, शक्कर, शहद और फलों के रस का उपयोग किया गया। इसके बाद ड्रायफ्रूट, फल और मिठाई का भोग अर्पित कर भस्म अर्पित किया गया।

    भगवान महाकाल को शेषनाग का रजत मुकुट, रजत की मुंडमाल, रुद्राक्ष की माला तथा सुगंधित पुष्पों की माला धारण कराई गई। भस्म आरती में बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे और बाबा महाकाल के दिव्य आशीर्वाद का अनुभव किया। महा निर्वाणी अखाड़े की ओर से भी भस्म अर्पित की गई।

    धार्मिक मान्यता के अनुसार, भस्म अर्पित करने के बाद भगवान महाकाल निराकार से साकार रूप में अपने भक्तों को दर्शन देते हैं। इस आरती को इसलिए अत्यंत विशेष और आध्यात्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जाता है। भस्म आरती का यह आयोजन श्रद्धालुओं के लिए आध्यात्मिक अनुभूति का अद्भुत अवसर प्रदान करता है।

  • MP: मुरैना में 10वीं का पेपर देने पहुंची छात्रा परीक्षा केन्द्र में अचानक बेहोश होकर गिरी और हो गई मौत..

    MP: मुरैना में 10वीं का पेपर देने पहुंची छात्रा परीक्षा केन्द्र में अचानक बेहोश होकर गिरी और हो गई मौत..


    मुरैना।
    मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के मुरैना जिले (Morena district) के बानमोर कस्बे में सुबह उस समय अफरा-तफरी मच गई जब 10वीं बोर्ड परीक्षा (10th Board Exam) देने पहुंची एक छात्रा अचानक परीक्षा केंद्र पर बेहोश होकर गिर पड़ी और बाद में उसकी मौत हो गई। जानकारी के अनुसार बमौर स्थित पंडित नेहरू कॉलेज परीक्षा केंद्र पर गणित का पेपर चल रहा था। इसी दौरान ग्वालियर जिले के हस्तिनापुर थाना क्षेत्र अंतर्गत चकुनारा गांव निवासी देवेंद्र कुशवाह की बेटी वर्षा कुशवाह अचानक अपनी सीट से गिरकर बेहोश हो गई। परीक्षा ड्यूटी में तैनात स्टाफ ने तुरंत छात्रा को संभाला और अधिकारियों को सूचना दी।

    वर्षा अपने भाई अंकेश कुशवाह के साथ परीक्षा देने आई थी।दोनों भाई-बहन 10वीं कक्षा में थे और बानमोर के ही स्कूल से बोर्ड परीक्षा का फॉर्म भरा था। सूचना मिलते ही परिजन भी परीक्षा केंद्र पहुंच गए।आनन-फानन में छात्रा को इलाज के लिए ग्वालियर ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद परीक्षा केंद्र पर शोक का माहौल छा गया।

    हार्ट अटैक की आशंका
    प्रारंभिक तौर पर अचानक हार्ट अटैक आने का कारण माना जा रहा है, हालांकि मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगा।प्रशासन द्वारा मामले की जांच की जा रही है।

    कलेक्टर लोकेश कुमार जांगिड़ ने कहा छात्रा की मौत काफी दुःखद है।मैंने खुद ग्वालियर के डॉक्टरों से इस मामले में संपर्क किया है। प्राथमिक रिपोर्ट के आधार पर अभी सिर्फ यह सामने आया है कि छात्रा अतिकुपोषित थी। गंभीर एनीमिया से भी पीड़ित थी।इस कारण संभवतः हार्ट अटैक आया होगा। स्पष्ट कारण पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सामने आएगा।

  • मुख्यमंत्री डॉ. यादव आज करेंगे समूहों की "आजीविका विपणन क्षमतावर्धन कार्यशाला’’ का शुभारंभ

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव आज करेंगे समूहों की "आजीविका विपणन क्षमतावर्धन कार्यशाला’’ का शुभारंभ


    भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 25 फरवरी बुधवार को कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में स्व-सहायता समूहों की आजीविका मिशन क्षमतावर्धन कार्यशाला का शुभारंभ करेंगे। कार्यशाला का उद्देश्य मध्यप्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत गठित स्व-सहायता समूहों के सदस्यों के मार्केटिंग के तहत क्षमतावर्धन के लिए प्रशिक्षण दिया जायेगा। इससे स्व-सहायता समूहों की सदस्यों को उत्पाद विक्रय के लिये राष्ट्र स्तरीय वृहद बाजार उपलब्ध कराया जाएगा। कार्यशाला में पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री श्री प्रहलाद सिंह पटेल एवं राज्यमंत्री श्रीमती राधा सिंह उपस्थित रहेंगी।

    आजीविका मिशन की सीईओ श्रीमती हर्षिका सिंह ने बताया है कि स्व-सहायता समूहों द्वारा उत्पादित-उत्पादों को जनसामान्य तक पहुंचाने के लिये ई-मार्केट पोर्टल एक उत्तम व्यवस्था है। इससे स्व-सहायता समूहों के उत्पादों का प्रचार-प्रसार एवं विक्रय किया जाना आसान होगा। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य स्व-सहायता समूहों की सदस्यों द्वारा उत्पादित-उत्पादों के विपणन की व्यवस्था को सुदृढ़ करते हुये मार्केट से जुडाव करना है। इस क्रम में स्व-सहायता समूहों के उत्पादों को ई-मार्केट से जोडने के लिये अमेजॉन पोर्टल पर ऑन वोर्डिंग कर विपणन की व्यापकता बढाने का प्रयास किया जायेगा।

    सीईओ श्रीमती सिंह ने बताया कि समूह उत्पादों की विपणन की प्रक्रिया को और व्यापक करने तथा ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराने के लिये आजीविका उत्पादों को एमेजॉन पोर्टल पर ऑन वोर्ड किया जा रहा है। साथ ही उत्पादों के लोकव्यापीकरण तथा डिजीटल प्लेटफॉर्म उपलब्ध कराने के लिये 25 फरवरी को संस्थाओं के साथ मिशन द्वारा अनुबंध किया जा रहा है। इनमें प्रमुख रूप से इण्डिया पोस्ट, अमेजॉन सहेली, आईटीसी, एक्सेस डेव्हलपमेण्ट, बुद्धा फाउण्डेशन, ट्रिफ, एवं साईट सेवर के साथ एमओयू किया जा रहा है। इन संस्थाओं के साथ काम करते हुये समूहों तथा किसान उत्पादक कंपनियों को उद्यमिता प्रशिक्षण, उत्पाद लॉजिस्टिक सपोर्ट, ग्रामीण उद्यमों का प्रमोशन, पोषण एवं स्वास्थ्य आदि सहित दिव्यांगजनों के लिये विशेष रूप से सहयोग किया जायेगा।

    कार्यक्रम में स्व-सहायता समूहों की दीदीयों द्वारा सहभागिता की जायेगी। कार्यक्रम में सहभागी समूह सदस्यों का क्षमता वर्धन कर उन्हें उत्पादों के ऑन वोर्डिंग में सहयोग भी प्रदाय किया जायेगा। इससे कैश-लैस ट्रांजेक्शन को भी बढावा मिलेगा। मिशन के इस प्रयास से समूह उत्पादों की डिजीटल माध्यमों से वृहद मार्केट तक पहुंच बढेगी जिससे समूह सदस्यों का डिजिटल सशक्तिकरण होगा एवं आय बढाने के अधिक से अधिक अवसर प्राप्त होंगे। मिशन अंतर्गत संचालित समुदाय प्रबंधित प्रशिक्षण केन्द्र (सीएमटीसी) के प्रबंधन के पोर्टल की लांचिंग, होली हेम्पर का विमोचन, अजीविका मार्ट ग्वालियर क वर्चुअल शुभारंभ, जबलपुर एयरपोर्ट पर अवसर योजना के तहत आऊटलेट का शुभारंभ, आगर-मालवा, मुरैना एवं छतरपुर में जिला स्तरीय होली मेलों का वर्चुअल शुभारंभ, नवीन आजीविका एक्सप्रेस वाहनों का शुभारंभ एवं मिशन द्वारा तैयार किये गये प्राकृतिक खेती प्रशिक्षण मॉड्यूल का विमोचन किया जायेगा।

    राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन अंतर्गत प्राकृतिक एवं जैविक पद्धतियों को बढावा देते हुये स्व-सहायता समूहों के माध्यम से अनेकों प्रकार की आजीविका गतिवधियां की जा रही हैं। प्रकृति एवं पर्यावरण के हित को ध्यान में रखते हुये इस बार होली पर विशेष रूप से प्राकृतिक रंग, पूजन सामग्री, गौ-काष्ठ, उत्पाद- गुलेरी, गोबर, गणेश, धूप बत्ती आदि विभिन्न प्रकार की मिठाइयाँ, गुजिया मिलटेल्ड नमकीन, ठण्डाई , वस्त्र एवं अन्य उत्पाद समूहों की बहनों द्वारा तैयार किये गये हैं। यह सभी आजीविका उत्पाद आजीविका मार्ट भोपाल हाट में 21 फरवरी से उपलब्ध हैं। 28 फरवरी से 01 मार्च 2026 तक भोपाल हाट में आयोजित हो रहे दो दिवसीय होली मेले में भी उपलब्ध रहेंगे। साथ ही विभिन्न संभागीय एवं जिला स्तरीय होली मेलों में तथा जिलों में आजीविका रूरल मार्ट में भी उपलब्ध रहेंगे।

  • भारतीय पुलिस शूटिंग चैंपियनशिप में देशभर से 600 से अधिक पुरुष एवं महिला निशानेबाज ले रहे भाग

    भारतीय पुलिस शूटिंग चैंपियनशिप में देशभर से 600 से अधिक पुरुष एवं महिला निशानेबाज ले रहे भाग


    भोपाल! इंदौर स्थित बीएसएफ के केंद्रीय आयुध एव युद्ध कौशल विद्यालय (सीएसडब्लूटी) द्वारा आयोजित 19वीं अखिल भारतीय पुलिस शूटिंग (खेल) चैंपियनशिप–2025 का उद्घाटन आज 24 फरवरी को इंदौर की रेवती रेंज में संपन्न हुआ। प्रतियोगिता का शुभारंभ मध्यप्रदेश पुलिस के पुलिस महानिदेशक श्री कैलाश मकवाणा द्वारा किया गया।

    पुलिस महानिदेशक श्री कैलाश मकवाणा ने प्रतियोगिता के सफल आयोजन हेतु बीएसएफ एवं सीएसडब्ल्यूटी को बधाई देते हुए कहा कि ऐसी प्रतिस्पर्धाएँ बलों के बीच स्वस्थ खेल भावना, अनुशासन, एकाग्रता एवं पेशेवर दक्षता को सुदृढ़ करती हैं। उन्होंने सभी प्रतिभागियों को श्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएँ दीं तथा खेल संस्कृति को पुलिसिंग के समग्र विकास का अभिन्न अंग बताया।

    उद्घाटन समारोह में बीएसएफ ब्रास बैंड द्वारा प्रस्तुत लयबद्ध संगीत के बीच केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों एवं विभिन्न राज्य पुलिस टीमों द्वारा आकर्षक परेड का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बीएसएफ के वरिष्ठ अधिकारी, 1,500 से अधिक बल एवं पुलिसकर्मी, उनके परिजन तथा बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित रहे।

    यह प्रतियोगिता 24 फरवरी से 1 मार्च तक आयोजित की जा रही है, जिसमें देशभर की सीएपीएफ, राज्य पुलिस एवं केंद्र शासित प्रदेशों के 600 से अधिक पुरुष एवं महिला निशानेबाज भाग ले रहे हैं। प्रतियोगिता का आयोजन अखिल भारतीय पुलिस खेल नियंत्रण बोर्ड के तत्वावधान में, गृह मंत्रालय, भारत सरकार के पर्यवेक्षण तथा भारतीय राष्ट्रीय राइफल संघ के तकनीकी सहयोग से किया जा रहा है।

    चैंपियनशिप में खेल हथियारों की कुल 17 स्पर्धाएँ आयोजित की जा रही हैं, जिनमें प्रतिभागी 204 पदकों (68 स्वर्ण, 68 रजत एवं 68 कांस्य) के लिए प्रतिस्पर्धा करेंगे। यह आयोजन राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं हेतु उभरती प्रतिभाओं की पहचान का महत्वपूर्ण मंच प्रदान करता है।

    उद्घाटन समारोह के अवसर पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया जिसमें वेदांश इंटरनेशनल स्कूल कैंपस 2 के बच्चों द्वारा नृत्य एवं बीएसएफ जवानों द्वारा भांगड़ा का प्रदर्शन किया गया। इसके उपरांत पुलिस महानिदेशक श्री कैलाश मकवाणा द्वारा पुराने और आधुनिक हथियारों की प्रदर्शनी का अवलोकन किया, जिसमें बीएसएफ के प्रशिक्षण कार्यों को प्रदर्शित किया गया।

  • मप्र कैबिनेट ने 10500 करोड़ की पांच किसान हितैषी योजनाएं 5 साल तक निरंतर रखने को दी मंजूरी

    मप्र कैबिनेट ने 10500 करोड़ की पांच किसान हितैषी योजनाएं 5 साल तक निरंतर रखने को दी मंजूरी


    भोपाल।
    मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंगलवार को विधानसभा स्थित अपने कक्ष में हुई मंत्रि-परिषद की बैठक में 10500 करोड़ रुपये की लागत के पांच किसान हितैषी योजनाओं को अगले पांच साल तक निरंतर रखने की मंजूरी दी गई।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यह जानकारी विधानसभा के बजट सत्र के दौरान सदन में दी। उन्होंने सदन को अवगत कराया कि आज ही मध्य प्रदेश सरकार की मंत्रि-परिषद् की बैठक सम्पन्न हुई। किसान कल्याण वर्ष का किसानों को अधिकतम लाभ दिलाने के लिए मंत्रि-परिषद् ने आज ही किसानों एवं कृषि से सम्बद्ध क्षेत्रों के विकास के लिए करीब 10500 करोड़ रुपये की लागत के पांच किसान हितैषी योजनाएं 31 मार्च 2031 तक जारी रहेंगी और इसका सर्वाधिक लाभ मध्य प्रदेश के किसानों को मिलेगा।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सदन में कहा कि किसान हमारी अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं। आज की पूरी कैबिनेट हमने प्रदेश के किसानों को ही समर्पित की है। उन्होंने कहा कि देश में ऐसा पहली बार हो रहा है कि मध्य प्रदेश सरकार ने दलहन फसल उड़द एवं तिलहन फसल सरसों के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए बड़ा कदम उठाया है। मुख्यमंत्री ने बताया कि उड़द को हम तय समर्थन मूल्य पर खरीदेंगे और किसानों को तय समर्थन मूल्य के अतिरिक्त खरीदी गई उड़द पर 600 रुपये प्रति क्विंटल बोनस राशि भी देंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि मध्य प्रदेश में सरसों का उत्पादन इस वर्ष 28 प्रतिशत तक बढ़ गया है। इस वर्ष 3.38 मीट्रिक टन सरसों का उत्पादन होने की संभावना है। हम सरसों की फसल को भावांतर योजना के दायरे में लेकर आ रहे हैं।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सदन को मंत्रि-परिषद् की बैठक में आज लिए गए सभी निर्णयों की सिलसिलेवार जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने बताया कि जिन पांच किसान हितैषी योजनाओं को 31 मार्च 2031 तक निरंतर रखने का निर्णय मंत्रि-परिषद् ने लिया है, उनमें निम्न योजनाएं शामिल हैं-


    प्रधानमंत्री राष्ट्रीय किसान कृषि विकास योजना

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि 2008.683 करोड़ रुपये की इस योजना की मंजूरी से कृषि एवं संबद्ध क्षेत्र की विकास के लिए आवश्यक संसाधनों की पूर्ति राज्य सरकार के माध्यम से की जा सकेगी।

    प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (पर ड्रॉप मोर क्रॉप)

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि 2393.97 करोड़ रुपये की इस योजना की मंजूरी से किसानों को अपने खेतों में स्प्रिंकलर/ड्रिप इरीगेशन सिस्टम लगाने के लिए शासकीय अनुदान 31 मार्च 2031 तक निरंतर मिलता रहेगा। इस योजना से किसान के खेतों में माइक्रो इरीगेशन सुविधाओं में अगले 5 सालों तक लगातार विस्तार होता रहेगा।

    राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा एवं पोषण मिशन योजना

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि 3285.49 करोड़ रुपये की इस योजना को मंजूरी मिलने से ऐसे किसान, जो धान, गेहूं, दलहन, मोटा अनाज, नगदी फसलों का पैदावार करते हैं, उन्हें क्षेत्र विस्तार, अपना उत्पादन बढ़ाने एवं मिट्टी की उर्वरता को बढ़ाने के लिए आवश्यक सहयोग राज्य सरकार के जरिए निरंतर मिलता रहेगा।

    नेशनल मिशन ऑन नेचुरल फार्मिंग

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि 1011.59 करोड़ रुपये की इस योजना की स्वीकृति से प्रदेश में प्राकृतिक खेती के क्षेत्रफल में विस्तार 31 मार्च 2031 तक निरंतर होता रहेगा। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक खेती का विकास जरूरी है। यह न केवल मध्य प्रदेश की नागरिकों के स्वास्थ्य के लिए लाभकारी होगी, वरन् मिट्टी की उर्वरता में सुधार, उत्पादन बढ़ाने, पर्यावरण सुरक्षा एवं रसायन मुक्त खाद्य उपलब्ध कराने में भी सहायक होगी।

    राष्ट्रीय खाद्य तेल मिशन – ऑयल सीड योजना

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि 1793.87 करोड़ रुपये की इस योजना को मंजूरी मिलने से प्रदेश के ऐसे सभी किसानों को, जो तिलहन फसलों का उत्पादन करते हैं, उन्हें निरंतर लाभ प्राप्त होगा।

    मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि करीब 10500 करोड़ रुपए की बड़ी लागत वाली इन पांच किसान मित्र योजनाओं को अगले 5 सालों तक निरंतर रखने से किसानों के माध्यम से प्रदेश की ग्रामीण अर्थव्यवस्था में आमूल-चूल सुधार होगा। साथ ही रसायन युक्त उत्पादन से निजात पाने में भी ये 5 योजनाएं बेहद सहायक सिद्ध होंगी।

  • राहुल गांधी और खरगे के झूठे दावों के झांसे में नहीं आएंगे देश के किसानः मुख्यमंत्री डॉ. यादव

    राहुल गांधी और खरगे के झूठे दावों के झांसे में नहीं आएंगे देश के किसानः मुख्यमंत्री डॉ. यादव


    भोपाल।
    मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंगलवार को कांग्रेस द्वारा आयोजित किसान महाचौपाल में राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे के बयानों पर पलटवार किया है। उन्होंने कहा है कि देश के किसान राहुल और खड़गे के झूठे दावों के झांसे मे नहीं आएंगे।

    भारत और अमेरिका के बीच ट्रेड डील के विरोध में मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में मंगलवार को कांग्रेस ने ‘किसान महाचौपाल’ का आयोजन किया, जिसमें कांग्रेस नेता राहुल गांधी और पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने भारत-अमेरिका ट्रेड डील को लेकर केंद्र सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने इस डील को किसानों के खिलाफ बताया।

    मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कांग्रेस नेताओं के बयानों पर पलटवार करते हुए कहा कि भारत-अमेरिका ट्रेड डील को देश की बढ़ती वैश्विक प्रतिष्ठा का प्रतीक बताते हुए कहा कि यह समझौता केवल व्यापार तक सीमित नहीं है, बल्कि किसानों, युवाओं और उद्यमियों के लिए नए अवसर लेकर आएगा। उन्होंने कहा कि यह डील भारतीय अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में सहायक होगी।

    मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि वर्ष 2018 में कर्जमाफी का वादा कर सरकार बनाने वाली कांग्रेस किसानों का पूरा कर्ज माफ नहीं कर पाई और कई किसानों को डिफॉल्टर बना दिया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को पहले किसानों से माफी मांगनी चाहिए। किसान चौपाल करने वाले राहुल गांधी से उन्होंने तंज भरे अंदाज में पूछा कि वे बताएं दलहन में कौन-कौन सी फसलें आती हैं।

    डॉ. यादव ने कहा कि उन्होंने कहा कि सिंचाई के क्षेत्र में भी ऐतिहासिक विस्तार किया गया है और बीते वर्षों में लगभग 10 लाख हेक्टेयर सिंचित क्षेत्र बढ़ाया गया है। मध्य प्रदेश आज खाद्यान्न, दलहन और तिलहन उत्पादन में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल है। आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 के अनुसार राज्य 46.63 मिलियन टन खाद्यान्न उत्पादन के साथ देश में दूसरे स्थान पर है। दलहन उत्पादन में मध्य प्रदेश प्रथम और तिलहन उत्पादन में दूसरा स्थान रखता है।

    मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार खेती को लाभ का धंधा बनाने के लिए खेत से बाजार तक मजबूत वैल्यू चेन विकसित कर रही है। उनका कहना था कि सरकार की प्राथमिकता राजनीति नहीं, बल्कि किसान और प्रदेश की समृद्धि है।