Category: Madhya Pradesh

  • उज्जैन में बातचीत के दौरान खूनी विवाद: युवक की चाकू मारकर हत्या, CCTV में कैद वारदात

    उज्जैन में बातचीत के दौरान खूनी विवाद: युवक की चाकू मारकर हत्या, CCTV में कैद वारदात


    उज्जैन । उज्जैन के महाकाल थाना क्षेत्र अंतर्गत नलिया बाखल इलाके में बुधवार-गुरुवार की दरमियानी रात एक दिल दहला देने वाली वारदात ने पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया। यहां बातचीत के दौरान हुए मामूली विवाद ने इतना उग्र रूप ले लिया कि एक युवक की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान मोहित के रूप में हुई है।

    घटना रात करीब 11 बजे से 12 बजे के बीच की बताई जा रही है, जब कुछ युवक इलाके में आपस में बातचीत कर रहे थे। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, इसी दौरान एक अन्य युवक वहां पहुंचा और अचानक एक युवक को थप्पड़ मार दिया। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी शुरू हो गई और देखते ही देखते विवाद मारपीट में बदल गया।

    स्थिति इतनी तेजी से बिगड़ी कि आसपास मौजूद लोग कुछ समझ पाते, उससे पहले ही एक युवक ने चाकू निकालकर हमला कर दिया। इस हमले में मोहित गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और घायल मोहित को उसके दोस्त तत्काल चरक अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।

    घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल बन गया। मोहित की मौत की खबर जैसे ही परिजनों तक पहुंची, वे गुस्से से भर उठे और बड़ी संख्या में लोग थाने पहुंच गए। स्थानीय लोगों ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग करते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की।

    इस पूरी घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है, जिसमें कई युवक आपस में झगड़ते और हाथापाई करते नजर आ रहे हैं। फुटेज के आधार पर पुलिस जांच को और तेज कर दिया गया है।

    महाकाल थाना पुलिस ने मामले में हत्या का प्रकरण दर्ज कर लिया है। शुरुआती जांच में प्रशांत और चीनू सहित कुछ अन्य युवकों के नाम सामने आए हैं। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज जब्त कर ली है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए अलग-अलग स्थानों पर दबिश दी जा रही है।

    पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर मामले का पूरा खुलासा किया जाएगा। फिलहाल पूरे क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है ताकि किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से बचा जा सके।

    यह घटना एक बार फिर शहर में बढ़ते आपसी विवादों और हिंसा की गंभीरता को उजागर करती है, जहां एक छोटा-सा विवाद भी जानलेवा साबित हो रहा है।

  • शिवपुरी में संजीवनी क्लीनिक विवाद: जांच के डर से डॉक्टर का इस्तीफा, दूसरा छुट्टी पर

    शिवपुरी में संजीवनी क्लीनिक विवाद: जांच के डर से डॉक्टर का इस्तीफा, दूसरा छुट्टी पर


    शिवपुरी । शिवपुरी जिले में संजीवनी क्लीनिकों में फर्जी डॉक्टर नियुक्ति के शक के बाद शुरू हुई जांच ने स्वास्थ्य विभाग में हलचल बढ़ा दी है। जैसे ही सीएमएचओ द्वारा डॉक्टरों के दस्तावेजों की जांच के लिए कमेटी गठित की गई, वैसे ही कई जगहों पर तैनात डॉक्टरों की गतिविधियां संदिग्ध हो गईं।

    जानकारी के अनुसार, मनियर संजीवनी केंद्र में पदस्थ डॉ. आकाश चांदेलकर ने 20 मई को अचानक इस्तीफा दे दिया और उसके बाद से उनका मोबाइल भी बंद आ रहा है। वहीं हवाई पट्टी स्थित संजीवनी क्लीनिक में पदस्थ डॉ. मोहर सिंह ने पहले पारिवारिक कारणों का हवाला देकर छुट्टी ली, लेकिन उनके अवकाश आवेदन में अलग-अलग कारण सामने आने के बाद स्थिति और संदिग्ध हो गई है।

    इसके अलावा एक अन्य क्लीनिक में पदस्थ डॉक्टर भी अचानक अवकाश पर चले गए हैं, जिससे पूरे नेटवर्क पर सवाल खड़े हो गए हैं। अब स्वास्थ्य विभाग अन्य सभी संजीवनी क्लीनिकों में तैनात डॉक्टरों के दस्तावेजों की गहन जांच कर रहा है।

    सीएमएचओ डॉ. संजय ऋषीश्वर ने साफ कहा है कि यदि जांच में दस्तावेजों में किसी भी तरह की गड़बड़ी या फर्जीवाड़ा सामने आता है, तो संबंधित डॉक्टरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

    फिलहाल मामले की जांच जारी है और स्वास्थ्य विभाग पूरे सिस्टम की समीक्षा कर रहा है ताकि नियुक्तियों की पारदर्शिता सुनिश्चित की जा सके।

  • शिवपुरी में ट्रैफिक का सख्त एक्शन: बिना नंबर प्लेट 25 वाहन जब्त

    शिवपुरी में ट्रैफिक का सख्त एक्शन: बिना नंबर प्लेट 25 वाहन जब्त

    शिवपुरी  शिवपुरी शहर में यातायात पुलिस ने नियम उल्लंघन के खिलाफ सख्त रुख अपनाते हुए बुधवार देर शाम विशेष अभियान चलाया। इस अभियान के तहत बिना नंबर प्लेट वाले दोपहिया वाहनों पर कार्रवाई की गई और कुल 25 बाइक व स्कूटी को जब्त कर यातायात थाने लाया गया।

    अभियान शहर के प्रमुख चौराहों पर चलाया गया, जहां पुलिस ने जांच के दौरान कई ऐसे वाहन पकड़े जो बिना नंबर प्लेट के सड़कों पर दौड़ रहे थे। कार्रवाई के दौरान यह भी सामने आया कि इनमें से कई वाहन नाबालिग और स्कूली बच्चों द्वारा चलाए जा रहे थे, जो यातायात नियमों का गंभीर उल्लंघन है।

    यातायात प्रभारी रणवीर सिंह यादव ने बताया कि पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर यह विशेष अभियान चलाया जा रहा है। उनका कहना है कि बिना नंबर प्लेट के वाहन दुर्घटना या किसी आपराधिक घटना की स्थिति में पहचान के लिए बड़ी समस्या पैदा करते हैं, इसलिए इस तरह की लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

    पुलिस ने जब्त किए गए सभी वाहनों के चालकों को यातायात थाने बुलाकर नंबर प्लेट लगाने के निर्देश दिए और आवश्यक समझाइश देने के बाद उन्हें छोड़ दिया गया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि भविष्य में भी ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे और नियम तोड़ने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

    इस कार्रवाई के बाद शहर में वाहन चालकों के बीच सतर्कता बढ़ गई है और यातायात नियमों के पालन को लेकर पुलिस की सख्ती का संदेश स्पष्ट रूप से गया है।

  • शिवपुरी में रेत खनन को लेकर टकराव, पुजारी और माफिया आमने-सामने

    शिवपुरी में रेत खनन को लेकर टकराव, पुजारी और माफिया आमने-सामने


    शिवपुरी शिवपुरी जिले के करेरा थाना क्षेत्र अंतर्गत सुनारी चौकी इलाके में अवैध रेत खनन को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। खाती बाबा मंदिर के पास बुधवार शाम उस समय तनाव की स्थिति बन गई जब मंदिर के पुजारी ने रेत खनन का विरोध किया, जिसके बाद कथित रेत माफियाओं से उनका टकराव हो गया।

    जानकारी के अनुसार, दतिया जिले से जुड़े कुछ रेत कारोबारी पहले रौनेजा घाट से खनन कर रहे थे, लेकिन कार्रवाई और विरोध के बाद उन्होंने जरगंवा घाट की ओर रुख किया, जो खाती बाबा मंदिर के नजदीक बताया जा रहा है। इसी दौरान खनन गतिविधियों को लेकर विरोध शुरू हुआ और मामला बढ़ते-बढ़ते विवाद तक पहुंच गया।

    मंदिर के महंत ने आरोप लगाया कि अवैध खनन का विरोध करने पर माफियाओं द्वारा धमकी दी गई और यहां तक कि फायरिंग जैसी स्थिति पैदा करने की कोशिश की गई। हालांकि इस दावे की आधिकारिक पुष्टि अभी पुलिस जांच में की जा रही है।

    सूचना मिलते ही सुनारी चौकी पुलिस और करेरा तहसीलदार मौके पर पहुंचे और तत्काल कार्रवाई करते हुए एक एलएनटी पोकलेन मशीन और एक ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त कर ली। लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले ही आरोपी मौके से फरार हो गए।

    पुलिस का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और आरोपियों की पहचान कर उनकी तलाश जारी है। प्रशासन ने क्षेत्र में अवैध खनन पर सख्ती बरतने के संकेत दिए हैं।

    फिलहाल इलाके में स्थिति सामान्य बताई जा रही है, लेकिन घटना के बाद ग्रामीणों में आक्रोश और चिंता का माहौल बना हुआ है।

  • हाईकोर्ट के फैसले के बाद जांच और सख्त, पति समर्थ पहले ही रिमांड पर

    हाईकोर्ट के फैसले के बाद जांच और सख्त, पति समर्थ पहले ही रिमांड पर


    भोपाल । भोपाल के बहुचर्चित ट्विशा शर्मा मौत मामले में जांच एजेंसी सीबीआई ने कार्रवाई तेज कर दी है। मामले में नामजद रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह की अग्रिम जमानत खारिज होने के बाद अब उनकी गिरफ्तारी कभी भी संभव मानी जा रही है। गुरुवार सुबह सीबीआई की टीम उनके आवास पर पहुंची और उनसे गहन पूछताछ शुरू कर दी गई है।

    जांच के दौरान सीबीआई ने आधुनिक तकनीक का सहारा लेते हुए घर के पूरे परिसर को हाई-इंटेंसिटी 3D कैमरों से स्कैन किया। इस 360 डिग्री रिकॉर्डिंग के जरिए घटनास्थल की डिजिटल मैपिंग तैयार की जा रही है, ताकि यह समझा जा सके कि घटना के समय आसपास की किसी छत या बालकनी से गतिविधियों को देखा जा सकता था या नहीं। इसके साथ ही पूरे इलाके का भी तकनीकी विश्लेषण किया जा रहा है।

    मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने बुधवार को अपने 17 पन्नों के आदेश में रिटायर्ड जज की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी थी। अदालत ने स्पष्ट कहा कि मामले की गंभीरता और उपलब्ध साक्ष्यों को देखते हुए आरोपी को राहत देना उचित नहीं होगा। कोर्ट ने यह भी टिप्पणी की कि निचली अदालत ने केस डायरी और साक्ष्यों का सही मूल्यांकन नहीं किया था, जबकि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सामने आए चोटों के निशान पर आरोपी पक्ष संतोषजनक जवाब देने में असफल रहा।

    इस मामले में पहले से ही सह-आरोपी बनाए गए ट्विशा के पति समर्थ सिंह को सीबीआई ने गिरफ्तार कर रिमांड पर लिया है, जिसकी अवधि 29 मई तक तय की गई है। उनसे लगातार पूछताछ जारी है और जांच टीम हर पहलू को जोड़ने में लगी है।

    घटना 12 मई की रात भोपाल के कटारा हिल्स क्षेत्र में हुई थी, जहां ट्विशा शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। ससुराल पक्ष इसे आत्महत्या बता रहा है, जबकि मायके पक्ष ने हत्या का गंभीर आरोप लगाया है।

    24 मई को AIIMS भोपाल में दिल्ली AIIMS की फोरेंसिक टीम द्वारा दोबारा पोस्टमॉर्टम किया गया, जिसके बाद अंतिम संस्कार भदभदा श्मशान घाट में हुआ। मृतका के भाई मेजर हर्षित ने अंतिम संस्कार किया था।

    फिलहाल सीबीआई वैज्ञानिक, फोरेंसिक और डिजिटल सबूतों के आधार पर जांच को निर्णायक दिशा देने में जुटी है, जिससे मामले की सच्चाई जल्द सामने आ सके।

  • जबलपुर में फर्जीवाड़ा: ‘समाजसेवी’ बनकर करता था ठगी, एएसपी के पास पहुंचे पीड़ित

    जबलपुर में फर्जीवाड़ा: ‘समाजसेवी’ बनकर करता था ठगी, एएसपी के पास पहुंचे पीड़ित


    जबलपुर । जबलपुर में नौकरी दिलाने के नाम पर ठगी का एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां खुद को समाजसेवी बताने वाले रघु तिवारी पर लोगों से लाखों रुपए ऐंठने के आरोप लगे हैं। पीड़ितों का कहना है कि आरोपी नेताओं और प्रशासनिक अधिकारियों के साथ अपनी नजदीकी बताकर उन्हें भरोसे में लेता था और नौकरी लगवाने का झांसा देकर पैसे वसूलता था।

    मामला तब सामने आया जब दो पीड़ित बुधवार को एएसपी सूर्यकांत शर्मा के पास पहुंचे और लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में बताया गया कि आरोपी ने अनुकंपा नियुक्ति और पुलिस विभाग में नौकरी दिलाने के नाम पर कुल 1.26 लाख रुपए लिए। एक पीड़ित से पिता की जगह नौकरी दिलाने के लिए 1.10 लाख रुपए वसूले गए, जबकि दूसरे से 16 हजार रुपए लिए गए।

    पीड़ितों के अनुसार, आरोपी शुरुआत में भरोसा दिलाता रहा कि उसके ऊंचे संपर्क हैं और जल्द ही काम हो जाएगा, लेकिन समय बीतने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। जब लोगों ने पैसे वापस मांगने शुरू किए तो आरोपी टालमटोल करने लगा और बाद में धमकाने भी लगा।

    आरोपी रघु तिवारी के बारे में यह भी सामने आया है कि उसने महापौर सहित कई नेताओं और अफसरों के साथ तस्वीरें खिंचवा रखी हैं, जिनका इस्तेमाल वह लोगों को प्रभावित करने के लिए करता था। इसी आधार पर वह खुद को प्रभावशाली बताकर लोगों को जाल में फंसाता था।

    मामले को गंभीरता से लेते हुए एएसपी ने बेलबाग थाना प्रभारी को जांच के निर्देश दिए हैं। पुलिस ने दोनों शिकायतों को आधार बनाकर जांच शुरू कर दी है और आरोपी के संपर्कों व लेन-देन की भी पड़ताल की जा रही है।

    पुलिस का कहना है कि जांच के बाद साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल आरोपी की भूमिका और अन्य संभावित पीड़ितों की भी तलाश की जा रही है।

  • 44 डिग्री में पेड़ के नीचे लग रहे टीके: बरगी स्वास्थ्य केंद्र में बिजली-पानी ठप, गर्भवती महिलाएं बेहाल

    44 डिग्री में पेड़ के नीचे लग रहे टीके: बरगी स्वास्थ्य केंद्र में बिजली-पानी ठप, गर्भवती महिलाएं बेहाल


    जबलपुर। जबलपुर में भीषण गर्मी और अव्यवस्थाओं का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां 44 डिग्री सेल्सियस के आसपास तापमान के बीच गर्भवती महिलाओं और नवजात बच्चों को पेड़ की छांव में बैठाकर टीकाकरण किया जा रहा है। यह स्थिति जिले के बरगी नगर स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की बताई जा रही है, जहां पिछले कई दिनों से बिजली और मूलभूत सुविधाएं पूरी तरह बाधित हैं।

    स्थानीय जानकारी के अनुसार, स्वास्थ्य केंद्र में सप्ताह के निर्धारित दिन गर्भवती महिलाओं और बच्चों का नियमित टीकाकरण किया जाता है। रोजाना करीब 20 से 25 महिलाएं और बच्चे यहां टीके लगवाने पहुंचते हैं, लेकिन इन दिनों बिजली व्यवस्था ठप होने के कारण उन्हें अस्पताल के अंदर सुविधाजनक वातावरण नहीं मिल पा रहा है। पंखे, कूलर और अन्य जरूरी उपकरण बंद पड़े हैं, जिससे मजबूरी में टीकाकरण की प्रक्रिया बाहर पेड़ों के नीचे करनी पड़ रही है।

    कर्मचारियों ने बताया कि करीब पांच दिन पहले तेज हवा और आंधी के कारण स्वास्थ्य केंद्र की बिजली लाइन का तार टूट गया था। इसकी सूचना कई बार बिजली विभाग को दी गई, लेकिन अब तक मरम्मत नहीं हो सकी है। नतीजतन, पूरे केंद्र में अंधेरा और गर्मी का माहौल बना हुआ है।

    स्थिति और भी गंभीर इसलिए हो गई है क्योंकि स्वास्थ्य केंद्र में न तो पर्याप्त डॉक्टर उपलब्ध हैं और न ही स्टाफ नर्स की तैनाती है। फिलहाल केवल सेक्टर सुपरवाइजर और सीएचओ के सहारे ही व्यवस्था संचालित की जा रही है। इसके अलावा उल्टी, दस्त और बुखार जैसी बीमारियों से पीड़ित मरीज भी यहां इलाज के लिए पहुंचते हैं, जिससे दबाव और बढ़ जाता है।

    स्थानीय कर्मचारियों के अनुसार, केंद्र में पीने के पानी की भी व्यवस्था नहीं है। हालांकि शासन की ओर से नई बिल्डिंग बनाई गई है, लेकिन उसमें भी मूलभूत सुविधाओं की कमी के कारण उसे अभी तक शुरू नहीं किया जा सका है। इससे आसपास के पांच से छह गांवों के लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

    मामला सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है। सीएमएचओ डॉ. नवीन कोठारी ने पूरे प्रकरण की जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि बिजली व्यवस्था को लेकर संबंधित विभाग से संपर्क कर जल्द सुधार कराया जाएगा और स्वास्थ्य केंद्र की सभी मूलभूत सुविधाओं को दुरुस्त किया जाएगा।

    फिलहाल गर्मी और अव्यवस्थाओं के बीच गर्भवती महिलाओं और बच्चों की यह स्थिति स्वास्थ्य सेवाओं की जमीनी हकीकत पर गंभीर सवाल खड़े कर रही है।

  • 5–7 हजार में ब्लड बिक्री का धंधा, मरीजों की जान से खिलवाड़ का खुलासा

    5–7 हजार में ब्लड बिक्री का धंधा, मरीजों की जान से खिलवाड़ का खुलासा


    सतना । सतना और भोपाल में स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करने वाला एक बड़ा मामला सामने आया है, जिसमें अस्पतालों के भीतर कथित रूप से खून की अवैध खरीद-फरोख्त और ‘ब्लड माफिया’ के सक्रिय होने के आरोप लगे हैं। पड़ताल में दावा किया गया है कि जरूरतमंद मरीजों से एक यूनिट खून के लिए 5 हजार से 7 हजार रुपये तक वसूले जा रहे हैं और इस पूरे नेटवर्क में अस्पताल से जुड़े कुछ कर्मचारी और बाहरी दलाल शामिल हैं।

    रिपोर्ट के अनुसार, यह पूरा सिस्टम मरीजों की मजबूरी का फायदा उठाकर काम करता है। अस्पताल परिसर से लेकर बाहर के ठेलों तक कथित दलाल सक्रिय बताए जा रहे हैं, जो फर्जी रिश्तेदार बनाकर प्रोफेशनल डोनर्स को ब्लड बैंक तक पहुंचाते हैं। दावा यह भी है कि सतना में हर साल हजारों यूनिट खून इस अवैध नेटवर्क के जरिए उपलब्ध कराया जाता है।

    स्टिंग ऑपरेशन में सामने आए आरोपों के मुताबिक, अस्पताल के सफाईकर्मी, एंबुलेंस ड्राइवर और पान-ठेला संचालक तक इस नेटवर्क से जुड़े बताए गए हैं। एक मामले में तो रीवा से बाइक के जरिए ब्लड की डिलीवरी तक कराए जाने का दावा किया गया है, जिसमें प्रति यूनिट तय रकम लेकर सौदा पूरा किया गया।

    सबसे गंभीर आरोपों में यह भी सामने आया है कि ब्लड बैंक के रिकॉर्ड में गड़बड़ी की गई और जांच में ‘एचआईवी पॉजिटिव’ पाए गए खून को कथित तौर पर ‘निगेटिव’ दिखाकर मरीजों को चढ़ा दिया गया। इस तरह की लापरवाही या कथित हेरफेर से चार मासूम बच्चों के संक्रमित होने का भी मामला सामने आया है, जिससे स्वास्थ्य तंत्र पर गंभीर सवाल उठे हैं।

    पड़ताल में यह दावा भी किया गया है कि कई एचआईवी पॉजिटिव डोनर सिस्टम से गायब हैं और उनका कोई रिकॉर्ड या लोकेशन स्पष्ट नहीं है। साथ ही कुछ मामलों में डोनर के नाम रजिस्टर में दर्ज होने के बावजूद उनके द्वारा रक्तदान न करने की बात सामने आई है, जिससे फर्जीवाड़े की आशंका और गहरी हो गई है।

    रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि एक निजी ब्लड सेंटर की वैधता समाप्त होने के बावजूद वहां से खून का वितरण जारी रहा, जिससे सिस्टम की निगरानी पर भी सवाल खड़े हुए हैं।

    फिलहाल इस पूरे मामले में स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन की भूमिका को लेकर गंभीर प्रश्न उठ रहे हैं। सीएमएचओ स्तर पर जांच और कार्रवाई की बात कही गई है, जबकि विशेषज्ञों का मानना है कि यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो यह सीधे तौर पर मरीजों की जिंदगी से जुड़ा गंभीर अपराध है।

  • ग्वालियर में ईद-उल-अजहा का पर्व श्रद्धा और सौहार्द के साथ मनाया गया, मस्जिदों में अदा हुई विशेष नमाज

    ग्वालियर में ईद-उल-अजहा का पर्व श्रद्धा और सौहार्द के साथ मनाया गया, मस्जिदों में अदा हुई विशेष नमाज


    नई दिल्ली। ग्वालियर में गुरुवार को ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पर्व धार्मिक उत्साह, शांति और सौहार्द के वातावरण में मनाया गया। शहर और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों की प्रमुख ईदगाहों और मस्जिदों में सुबह से ही बड़ी संख्या में नमाजी जुटने लगे और विशेष नमाज अदा की गई।

    ईद-उल-अजहा की मुख्य नमाज जामा मस्जिद मुरार, शाही जामा मस्जिद चौक बाजार, ईदगाह मुरार, उस्मानिया मस्जिद गेंडेवाली सड़क, नौगजा रोड मस्जिद, सिकंदर कम्पू मस्जिद, नूर मस्जिद घोसीपुरा, अरब साहब मस्जिद कुम्हरपुरा, शमशेर खां भैया मस्जिद और मोती मस्जिद सहित कई धार्मिक स्थलों पर संपन्न हुई। नमाज के दौरान बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे और देश में अमन-चैन, भाईचारे और खुशहाली की दुआ मांगी गई।

    नमाज के बाद शहर में गंगा-जमुनी तहजीब की अनोखी झलक देखने को मिली। विभिन्न समुदायों के लोग मस्जिदों के बाहर इंतजार करते नजर आए और नमाज समाप्त होने के बाद मुस्लिम समुदाय के लोगों से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी। इस दौरान बच्चों और युवाओं में खासा उत्साह देखने को मिला और पूरे वातावरण में आपसी प्रेम व सौहार्द का संदेश गूंजता रहा।

    त्योहार को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन और पुलिस विभाग की ओर से व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए गए थे। संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई थी। साथ ही नमाज के दौरान भीड़ प्रबंधन और यातायात व्यवस्था को सुचारू रखने के लिए कई मार्गों में अस्थायी बदलाव भी किए गए, जिससे लोगों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

    मोती मस्जिद के अध्यक्ष मोहसिन रहमान ने कहा कि ईद-उल-अजहा त्याग, बलिदान और इंसानियत का संदेश देने वाला पर्व है, जो समाज में एकता और भाईचारे को मजबूत करता है। वहीं मोती मस्जिद के इमाम मुफ़्ती नफीस मरकज़ी ने विशेष दुआ में देश की शांति, समृद्धि और सभी नागरिकों की खुशहाली की कामना की। इस तरह ग्वालियर में ईद-उल-अजहा का पर्व पूरी शांति, सद्भाव और आपसी भाईचारे के संदेश के साथ संपन्न हुआ।

  • ग्वालियर में गर्म हवाओं का कहर: सुबह 8:30 बजे ही 37 के पार पहुंचा पारा, आज लू का अलर्ट जारी

    ग्वालियर में गर्म हवाओं का कहर: सुबह 8:30 बजे ही 37 के पार पहुंचा पारा, आज लू का अलर्ट जारी


    नई दिल्ली। ग्वालियर अंचल इन दिनों भीषण गर्मी और तपती हवाओं की चपेट में है, जहां मौसम लगातार लोगों के लिए परेशानी का कारण बना हुआ है। गुरुवार सुबह से ही तेज धूप और गर्म हवाओं ने माहौल को बेहाल कर दिया। मौसम विभाग ने ग्वालियर और आसपास के क्षेत्रों के लिए लू का अलर्ट जारी किया है, जिससे दिनभर हालात और खराब रहने की आशंका है।

    बीते बुधवार को अधिकतम तापमान 44.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जबकि रात का न्यूनतम तापमान भी 30 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिससे रात के समय भी लोगों को राहत नहीं मिल सकी। गर्म हवाओं के चलते घरों में कूलर और एसी भी असरदार साबित नहीं हो रहे हैं।

    गुरुवार सुबह हालात और भी तेजी से बिगड़ते नजर आए। सुबह 5:30 बजे जहां तापमान 34.2 डिग्री सेल्सियस था, वहीं महज तीन घंटे के भीतर यानी 8:30 बजे यह बढ़कर 37.6 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। लगातार बढ़ते तापमान ने लोगों की दिनचर्या प्रभावित कर दी है।

    सुबह से ही सड़कें सुनसान नजर आईं और लोग बेहद जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकलते दिखाई दिए। कई जगहों पर लोग धूप से बचने के लिए सिर और चेहरा तौलिये या कपड़े से ढककर चलते नजर आए। पेड़ों की छांव और ठंडे पानी के स्थानों पर लोगों की भीड़ देखी गई।

    मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार इस बार मई महीने में तापमान सामान्य से काफी अधिक बना हुआ है, जिससे दिन के साथ-साथ रात का तापमान भी राहत नहीं दे रहा है। लगातार गर्म हवाएं चलने से लू का असर और बढ़ गया है।

    स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। डॉक्टरों का कहना है कि इस मौसम में डिहाइड्रेशन, चक्कर आना, सिरदर्द और हीट स्ट्रोक जैसी समस्याएं तेजी से बढ़ सकती हैं। ऐसे में लोगों को दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक घर से बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और हल्के सूती कपड़े पहनने की सलाह दी गई है।

    फिलहाल पूरे ग्वालियर अंचल में गर्म हवाओं का असर जारी है और आने वाले दिनों में राहत मिलने की संभावना फिलहाल कम नजर आ रही है।