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  • मुरैना में बाल विवाह पर पुलिस की त्वरित कार्रवाई, बारात के बीच पहुंची टीम

    मुरैना में बाल विवाह पर पुलिस की त्वरित कार्रवाई, बारात के बीच पहुंची टीम


    मुरैना। उत्तम पुरा के गोटे नगर स्थित गोविंद वाटिका मैरिज गार्डन में रविवार-सोमवार की दरम्यानी रात एक बाल विवाह प्रशासन की सतर्कता से रुक गया। बारात समय पर पहुंच चुकी थी, मेहमान खाना खा रहे थे और शादी की रस्में शुरू होने ही वाली थीं, तभी महिला बाल विकास विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम मौके पर पहुंच गई। जांच में दुल्हन की उम्र 18 वर्ष से कम पाए जाने पर तत्काल विवाह प्रक्रिया रोक दी गई।

    बारात पहुंची, खाना चल रहा था, तभी पहुंची टीम

    जानकारी के अनुसार, यह विवाह उत्तम पुरा निवासी गर सिंह नरवरिया की पुत्री और कैलारस के कंचनपुरा (टिकतगढ़) निवासी रामबरन के पुत्र के बीच तय था। रविवार को कैलारस से बारात धूमधाम से गोटे नगर पहुंची थी। मैरिज गार्डन में बारातियों के स्वागत के साथ भोजन भी शुरू हो चुका था और माहौल पूरी तरह विवाह समारोह में बदल चुका था। लेकिन इसी बीच प्रशासन को सूचना मिली कि दुल्हन नाबालिग है, जिसके बाद तत्काल टीम को मौके पर भेजा गया।

    दस्तावेज जांच में खुला मामला, तुरंत रोकी गई शादी

    महिला बाल विकास विभाग की सुपरवाइजर मधु आर्य के नेतृत्व में टीम और स्टेशन रोड थाना पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दुल्हन के दस्तावेजों की जांच की। जांच में स्पष्ट हुआ कि उसकी उम्र 18 वर्ष से कम है। इसके बाद टीम ने तत्काल विवाह रोकने का निर्णय लिया और पंचनामा तैयार किया। दुल्हन को समझाइश देकर उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया।

    प्रशासन की सख्ती से टला बड़ा विवाद

    अधिकारियों ने दोनों पक्षों को समझाइश दी कि बाल विवाह कानूनन अपराध है और यदि भविष्य में नियमों का उल्लंघन किया गया तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन की इस कार्रवाई से एक संभावित अवैध विवाह टल गया, हालांकि विवाह रुकने से दोनों परिवारों में मायूसी छा गई।

    दूल्हे के पिता ने जताई नाराजगी, बोले- समाज में हुई बदनामी

    दूल्हे के पिता रामबरन ने कहा कि उन्हें लड़की की उम्र कम होने की जानकारी नहीं थी। उन्होंने बताया कि अचानक शादी रुकने से आर्थिक नुकसान के साथ-साथ सामाजिक रूप से भी अपमान महसूस हुआ है। उनका कहना था कि “हम बारात लेकर आए थे, लेकिन अब बिना दुल्हन के लौटना पड़ रहा है, जिससे समाज में हमारी जग हंसाई हुई है।”

    दुल्हन पक्ष ने माना निर्णय, उम्र पूरी होने के बाद होगी शादी

    दुल्हन के पिता गर सिंह ने प्रशासन के निर्णय को स्वीकार करते हुए कहा कि उनकी बेटी की उम्र अभी 18 वर्ष पूरी नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि नियमों का पालन किया जाएगा और उम्र पूरी होने के बाद ही विवाह का नया मुहूर्त निकाला जाएगा।

    प्रशासन ने दी सख्त चेतावनी

    महिला बाल विकास विभाग के डीपीओ ओ.पी. पांडेय ने स्पष्ट किया कि बाल विवाह कानून के तहत दंडनीय अपराध है। उन्होंने कहा कि यदि भविष्य में किसी भी प्रकार से विवाह की कोशिश की गई तो संबंधित पक्षों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि टीम को सूचना मिलते ही तत्काल कार्रवाई की गई, ताकि कानून का उल्लंघन न हो।

  • भिंड में दर्दनाक हादसा, गाय के सींग से बाइक सवार युवक की मौत

    भिंड में दर्दनाक हादसा, गाय के सींग से बाइक सवार युवक की मौत


    नई दिल्ली। भिंड जिले के मिहोना कस्बे में रविवार रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में 27 वर्षीय युवक की मौत हो गई। युवक शादी समारोह में शामिल होने के लिए बाइक से जा रहा था, तभी सड़क किनारे खड़ी गाय से टकराने के बाद उसकी जान चली गई।

    अंधेरे में नहीं दिखी गाय, तेज रफ्तार बनी हादसे की वजह

    जानकारी के अनुसार, वार्ड क्रमांक 5 निवासी संजय कुशवाहा (27) रविवार रात लहार में आयोजित शादी समारोह में शामिल होने जा रहा था। जब वह रिपुदमन स्कूल के पास पहुंचा, तो अंधेरे और तेज रफ्तार के कारण सड़क किनारे खड़ी गाय दिखाई नहीं दी और बाइक सीधे उससे टकरा गई।

    हादसे के बाद गाय के सींग पर जा गिरा युवक

    टक्कर इतनी जोरदार थी कि संजय बाइक से उछलकर सीधे गाय के सींग पर गिर गया। सींग उसकी छाती में गहराई तक घुस गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया और सड़क पर तड़पने लगा।

    अस्पताल ले जाते समय रास्ते में मौत

    राहगीरों ने घायल युवक को देखकर तुरंत पुलिस को सूचना दी। मिहोना पुलिस मौके पर पहुंची और उसे सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रौन ले जाया गया, लेकिन गंभीर चोटों के कारण रास्ते में ही उसकी मौत हो गई।

    पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू की

    पुलिस ने सोमवार को शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है। मामले में मर्ग कायम कर हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है।

  • सुप्रिया सुले ने की राहुल गांधी की खुलकर तारीफ, बोलीं ईमानदारी का ओलंपिक होता तो…

    सुप्रिया सुले ने की राहुल गांधी की खुलकर तारीफ, बोलीं ईमानदारी का ओलंपिक होता तो…


    नई दिल्ली। एनसीपी एसपी सांसद सुप्रिया सुले ने लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी की खुलकर तारीफ की है। सोमवार 20 अप्रैल को उन्होंने कहा कि राहुल गांधी को किसी भी जांच एजेंसी से डर नहीं लगता। उन्होंने तंज भरे अंदाज में कहा कि अगर ईमानदारी के लिए ओलंपिक में कोई पदक होता, तो राहुल गांधी निश्चित रूप से उसे जीतते।

    महिला आरक्षण पर उठाए सवाल

    महिला आरक्षण को लेकर सुप्रिया सुले ने कहा कि हालिया विधेयक वास्तव में महिलाओं के आरक्षण का नहीं, बल्कि परिसीमन डिलिमिटेशन से जुड़ा मुद्दा था। उन्होंने दावा किया कि महिला आरक्षण से संबंधित विधेयक पहले ही 2003 में पारित हो चुका है और इसे राष्ट्रपति द्वारा अधिसूचित भी किया जा चुका है।

    देवेंद्र फडणवीस पर साधा निशाना
    सुले ने देवेंद्र फडणवीस पर निशाना साधते हुए कहा कि यदि वे यह कहते हैं कि जनगणना के कारण 2029 तक महिला आरक्षण लागू होने में देरी हो रही है, तो उन्हें यह भी बताना चाहिए कि जनगणना प्रक्रिया को तेज करने से किसने रोका। उनके मुताबिक, समय पर जनगणना पूरी कर इसे लागू किया जा सकता था।

    आदिवासी लड़कियों के लापता होने पर जताई चिंता
    उन्होंने महाराष्ट्र में आदिवासी लड़कियों के लापता होने के बढ़ते मामलों पर भी चिंता जताई और मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की। सुले ने कहा कि सत्ताधारी दलों द्वारा लगाए जा रहे आरोप गलत हैं और लोकतंत्र में हर किसी को विरोध करने का अधिकार है।

    आईएएस अधिकारी के व्यवहार पर कार्रवाई की मांग

    सुप्रिया सुले ने MHADA के सीईओ संजीव जायसवाल से जुड़े एक कथित मामले का जिक्र करते हुए कहा कि गोरेगांव के मोतीलाल नगर में स्थानीय निवासियों को धमकाने के आरोप वाले वायरल वीडियो पर मुख्यमंत्री को तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने भरोसा जताया कि मुख्यमंत्री कार्यालय ने इस मामले पर ध्यान दिया होगा।

  • शादी में जा रहे दंपति की बाइक अनियंत्रित होकर नहर में गिरी, बड़ा हादसा

    शादी में जा रहे दंपति की बाइक अनियंत्रित होकर नहर में गिरी, बड़ा हादसा


    नई दिल्ली। दतिया जिले के गोराघाट थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम गढ़ी नहर के पास रविवार रात एक दर्दनाक सड़क हादसा हो गया। शादी समारोह में जा रहे एक दंपति की बाइक अचानक अनियंत्रित होकर नहर में गिर गई, जिसमें 50 वर्षीय पति की मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी गंभीर रूप से घायल हो गईं।

    शादी समारोह में शामिल होने निकले थे दंपति

    जानकारी के अनुसार, पिपरऊआ गांव निवासी चंद्रप्रकाश कुशवाहा (50) अपनी पत्नी पिस्ता देवी के साथ ग्राम गढ़ी में आयोजित विवाह कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। दोनों रात करीब 8 बजे बाइक से निकले थे। जैसे ही वे गढ़ी नहर के पास पहुंचे, बाइक अनियंत्रित होकर सीधे नहर में जा गिरी।

    राहगीरों ने बचाने की कोशिश की, अस्पताल पहुंचाया

    हादसे के बाद मौके से गुजर रहे राहगीरों ने तुरंत दोनों को नहर से बाहर निकाला और पुलिस को सूचना दी। गंभीर रूप से घायल दंपति को जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों ने चंद्रप्रकाश कुशवाहा को मृत घोषित कर दिया।

    पत्नी की हालत गंभीर, इलाज जारी

    हादसे में घायल पिस्ता देवी का इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है। डॉक्टरों के अनुसार उनकी हालत गंभीर बनी हुई है और उन्हें निगरानी में रखा गया है।

    पुलिस जांच में जुटी

    गोराघाट थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर मर्ग कायम कर लिया है और हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में बाइक के अनियंत्रित होने की बात सामने आई है।

  • जापान में 7.4 तीव्रता का भूकंप, तटीय इलाकों में सुनामी का अलर्ट जारी

    जापान में 7.4 तीव्रता का भूकंप, तटीय इलाकों में सुनामी का अलर्ट जारी


    नई दिल्ली। जापान के उत्तरी हिस्से में सोमवार को जोरदार भूकंप के झटके महसूस किए गए। रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 7.4 मापी गई जिससे कई इलाकों में दहशत फैल गई। नेशनल ब्रॉडकास्टर NHK के मुताबिक भूकंप के तुरंत बाद तटीय क्षेत्रों के लिए सुनामी का अलर्ट जारी कर दिया गया।
    अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि इवाते प्रीफेक्चर और होक्काइडो के कुछ हिस्सों में समुद्री लहरें करीब 3 मीटर तक ऊंची उठ सकती हैं। लोगों से अपील की गई है कि वे तुरंत ऊंचे और सुरक्षित स्थानों की ओर चले जाएं।

    सरकार और आपातकालीन सेवाएं पूरी तरह अलर्ट मोड में हैं और हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है। प्रशासन संभावित नुकसान का आकलन करने में जुटा हुआ है। जारी एडवाइजरी में कहा गया है कि सुनामी की लहरें तट तक पहुंचना शुरू हो चुकी हैं और ये एक बार नहीं बल्कि कई बार आ सकती हैं। ऐसे में लोगों को बिना देरी किए प्रभावित क्षेत्रों से सुरक्षित स्थानों पर पहुंचने की सलाह दी गई है।

  • गुना : नानाखेड़ी मंडी गेट पर स्कूटी बनी आग का गोला, वीडियो वायरल

    गुना : नानाखेड़ी मंडी गेट पर स्कूटी बनी आग का गोला, वीडियो वायरल


    नई दिल्ली। गुना जिले के नानाखेड़ी मंडी गेट पर सोमवार सुबह उस समय अफरा-तफरी मच गई जब एक चलती पेट्रोल स्कूटी में अचानक आग लग गई। गनीमत रही कि स्कूटी चला रही महिला ने समय रहते वाहन रोककर नीचे उतरकर अपनी जान बचा ली, नहीं तो बड़ा हादसा हो सकता था।

    बाजार से लौटते वक्त अचानक उठी चिंगारी

    जानकारी के अनुसार, भगत सिंह कॉलोनी निवासी दिलीप रघुवंशी की पत्नी सुबह करीब 11:45 बजे बाजार से काम निपटाकर घर लौट रही थीं। जैसे ही वह नानाखेड़ी मंडी गेट के पास पहुंचीं, स्कूटी में अचानक चिंगारी उठी और देखते ही देखते आग भड़क गई।

    महिला ने दिखाई सूझबूझ, बची जान

    आग लगते ही महिला ने तुरंत स्कूटी रोककर उतरने में देरी नहीं की। उनकी इस सूझबूझ से वह सुरक्षित बच गईं। कुछ ही मिनटों में आग ने इतना विकराल रूप ले लिया कि पूरी स्कूटी आग का गोला बन गई।

    लोगों ने पानी डाला, लेकिन आग नहीं बुझी

    घटना के बाद मौके पर मौजूद लोगों ने आग बुझाने की कोशिश की और पानी भी डाला, लेकिन आग की तीव्रता इतनी अधिक थी कि उस पर काबू नहीं पाया जा सका। थोड़ी ही देर में पूरी स्कूटी जलकर खाक हो गई।

    फायर ब्रिगेड ने पाया काबू

    सूचना मिलने पर फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया। हालांकि तब तक स्कूटी पूरी तरह नष्ट हो चुकी थी।

  • अशोकनगर में 30 फीट गहरे कुएं में गिरी कार, बड़ा हादसा टला

    अशोकनगर में 30 फीट गहरे कुएं में गिरी कार, बड़ा हादसा टला


    नई दिल्ली। अशोकनगर जिले के नई सराय थाना क्षेत्र में रविवार देर शाम एक बड़ा हादसा हुआ, जब एक कार अनियंत्रित होकर लगभग 30 फीट गहरे सूखे कुएं में जा गिरी। हालांकि पुलिस की त्वरित कार्रवाई से कार में सवार सभी लोगों की जान बचा ली गई और बड़ा हादसा टल गया।

    मोड़ पर अनियंत्रित हुई कार, कुएं में जा गिरी

    जानकारी के अनुसार, शिवपुरी के बड़ौदी निवासी सत्येंद्र बाथम के वाहन से वीरू कुशवाह अपने साथी और एक दुल्हन के साथ घर लौट रहे थे। इसी दौरान अखाई घाट और घुरवार गांव के बीच मोड़ पर कार अचानक अनियंत्रित होकर सीधे कुएं में जा गिरी। घटना को एक राहगीर ने देख लिया और तुरंत पुलिस को सूचना दी।

    पुलिस ने रस्सी के सहारे किया रेस्क्यू ऑपरेशन

    सूचना मिलते ही नई सराय थाना प्रभारी मनीष सिंह गुर्जर पुलिस टीम और 112 वाहन के साथ मौके पर पहुंचे। बिना देर किए पुलिस ने रेस्क्यू शुरू किया। एक पुलिसकर्मी को रस्सी के सहारे कुएं में उतारा गया, जिसके बाद एक-एक कर महिला, चालक और अन्य यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।

    समय रहते बची जान, बड़ी अनहोनी टली

    प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार यदि पुलिस समय पर नहीं पहुंचती तो कुएं में फंसे लोगों की दम घुटने से जान जा सकती थी। सभी घायलों को प्राथमिक उपचार दिया गया है और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।

    वाहन निकालने का प्रयास जारी

    घटना के बाद देर रात तक करीब 12:15 बजे तक कुएं में गिरी कार को निकालने का प्रयास जारी रहा, हालांकि वाहन को बाहर नहीं निकाला जा सका।

  • अपनी विशिष्ट संवाद शैली और आंखों के खौफ से दर्शकों को डराने वाले महान कलाकार..

    अपनी विशिष्ट संवाद शैली और आंखों के खौफ से दर्शकों को डराने वाले महान कलाकार..


    नई दिल्ली/मुंबई। भारतीय सिनेमा के इतिहास में खलनायकों के किरदारों ने हमेशा से कहानी को एक नई ऊंचाई दी है लेकिन नब्बे के दशक में एक ऐसा चेहरा उभरा जिसने बिना चीखे और बिना चिल्लाए केवल अपनी आंखों की गहराई से दर्शकों के दिल में दहशत पैदा कर दी। हम बात कर रहे हैं दिग्गज अभिनेता रामी रेड्डी की जिन्होंने अपनी विशिष्ट संवाद शैली और प्रभावशाली व्यक्तित्व के दम पर खलनायकी की एक नई परिभाषा लिखी थी। करीब ढाई सौ फिल्मों में अपनी अदाकारी का लोहा मनवाने वाले इस कलाकार का स्क्रीन प्रेजेंस इतना जबरदस्त था कि उनके पर्दे पर आते ही नायक और दर्शक दोनों के पसीने छूट जाते थे। रामी रेड्डी ने यह साबित किया कि खौफ पैदा करने के लिए डरावने मेकअप की नहीं बल्कि सधी हुई नजरों और ठंडे लहजे की जरूरत होती है।

    बहुत कम लोग इस तथ्य से परिचित हैं कि फिल्मी चकाचौंध में आने से पहले रामी रेड्डी पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय थे। आंध्र प्रदेश के चित्तूर जिले में जन्मे रेड्डी ने हैदराबाद के विश्वविद्यालय से पत्रकारिता की डिग्री हासिल की और एक दैनिक समाचार पत्र में अपनी सेवाएं दीं। हालांकि उनके भीतर के कलाकार ने उन्हें अंततः अभिनय की ओर खींच लिया। क्षेत्रीय सिनेमा से शुरू हुआ उनका सफर हिंदी सिनेमा तक पहुंचा जहां कर्नल शिकारा और स्पॉट नाना जैसे किरदारों ने उन्हें रातों रात घर-घर में मशहूर कर दिया। उनके संवाद बोलने का सपाट अंदाज और दक्षिण भारतीय पुट वाली आवाज दर्शकों के जेहन में आज भी ताजा है।

    सफलता के शिखर पर पहुंचने के बाद इस महान कलाकार का जीवन संघर्षों के एक कठिन दौर में प्रवेश कर गया। साल दो हजार दस के आसपास उनकी सेहत में भारी गिरावट दर्ज की गई और गंभीर बीमारी की पुष्टि हुई। इस शारीरिक समस्या ने उनके स्वास्थ्य पर इतना बुरा प्रभाव डाला कि पर्दे पर बेहद मजबूत दिखने वाला यह कलाकार शारीरिक रूप से बहुत कमजोर हो गया। अपने अंतिम दिनों में उनकी स्थिति इतनी बदल गई थी कि उन्हें पहचानना तक मुश्किल था लेकिन उनकी इच्छाशक्ति अंत तक बनी रही।

    बीमारी से लंबी और साहसी लड़ाई लड़ने के बाद चौदह अप्रैल दो हजार ग्यारह को महज बावन वर्ष की आयु में इस महान अभिनेता ने हैदराबाद में अंतिम सांस ली। उनका असमय जाना फिल्म जगत के लिए एक ऐसी अपूरणीय क्षति थी जिसकी भरपाई आज भी नहीं हो सकी है। रामी रेड्डी अपने पीछे एक समृद्ध फिल्मी विरासत छोड़ गए हैं जो आने वाली पीढ़ी के कलाकारों के लिए एक प्रेरणा की तरह है। आज भले ही वह हमारे बीच मौजूद नहीं हैं लेकिन उनकी फिल्मों के दृश्य और उनकी वह डरावनी खामोशी सिनेमा प्रेमियों के दिलों में हमेशा जीवित रहेगी।

  • सागर में बीएमसी पर गंभीर सवाल गर्भवती की मौत के बाद परिजनों का विरोध

    सागर में बीएमसी पर गंभीर सवाल गर्भवती की मौत के बाद परिजनों का विरोध


    सागर । सागर शहर में स्थित बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज में एक गर्भवती महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। मृतका की पहचान तीस वर्षीय संध्या अहिरवार के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार संध्या को सत्रह तारीख को डिलीवरी के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था। परिवार का आरोप है कि भर्ती के बाद समय पर इलाज नहीं मिला और गंभीर लापरवाही की गई।

    परिजनों ने यह भी आरोप लगाया है कि अस्पताल में तैनात नर्सिंग स्टाफ ने इलाज के बदले पचास हजार रुपये की मांग की थी। उनका कहना है कि पैसे न देने की वजह से ऑपरेशन में देरी की गई और मरीज की हालत लगातार बिगड़ती चली गई। परिजनों का दावा है कि अगर समय पर ऑपरेशन किया जाता तो महिला की जान बचाई जा सकती थी।

    सोमवार सुबह करीब पांच बजे संध्या की तबीयत अचानक अत्यंत गंभीर हो गई। इसके बाद अस्पताल के डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस घटना के बाद अस्पताल परिसर में माहौल तनावपूर्ण हो गया और परिजनों ने जमकर विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने अस्पताल प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए दोषियों पर तुरंत कार्रवाई की मांग की।

    घटना के बाद परिजनों का आक्रोश बढ़ता गया और उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई। उनका कहना है कि यह केवल लापरवाही का मामला नहीं है बल्कि गंभीर भ्रष्टाचार और अमानवीय व्यवहार का भी संकेत देता है। परिजनों ने आरोप लगाया कि गरीब मरीजों के साथ इलाज के नाम पर पैसों की मांग करना आम बात हो गई है और इस पर रोक लगनी चाहिए।

    अस्पताल परिसर में हुए हंगामे के बाद स्थिति को नियंत्रित करने के लिए प्रशासनिक स्तर पर प्रयास किए गए लेकिन अब तक बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज प्रबंधन की ओर से इस पूरे मामले पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। इससे लोगों में और अधिक नाराजगी देखी जा रही है।

    स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों ने भी इस घटना पर चिंता जताई है। उनका कहना है कि अगर सरकारी अस्पतालों में इस तरह की लापरवाही और भ्रष्टाचार के आरोप सामने आते रहेंगे तो आम जनता का भरोसा स्वास्थ्य व्यवस्था से उठ जाएगा।

    फिलहाल प्रशासन ने मामले की जांच की बात कही है लेकिन परिजन दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग पर अड़े हुए हैं। यह घटना एक बार फिर सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति पर गंभीर सवाल खड़े कर रही है। ग्रामीण और गरीब तबके के मरीजों के लिए बेहतर और पारदर्शी इलाज व्यवस्था की मांग तेज हो गई है।

  • मंदसौर में आज बिजली कटौती, कई इलाकों में घंटों बंद रहेगी सप्लाई

    मंदसौर में आज बिजली कटौती, कई इलाकों में घंटों बंद रहेगी सप्लाई


    नई दिल्ली। मंदसौर शहर में सोमवार को कई इलाकों में बिजली आपूर्ति अस्थायी रूप से बाधित रहेगी। विद्युत विभाग ने बताया कि 11 केवी लाइनों के मानसून पूर्व आवश्यक रखरखाव कार्य के कारण यह कटौती की जा रही है।

    सुबह 8 बजे से दोपहर 12 बजे तक रहेगी कटौती

    सहायक यंत्री के अनुसार, आज मालगोदाम क्षेत्र के अंतर्गत स्टेडियम फीडर पर काम किया जाएगा। इस वजह से सुबह 8 बजे से दोपहर 12 बजे तक बिजली आपूर्ति बंद रहेगी। कुल चार घंटे तक कई इलाकों में बिजली बाधित रहेगी।

    इन इलाकों में प्रभावित होगी बिजली

    इस कटौती से शुक्ला कॉलोनी, पुलिस कॉलोनी, दशरथ नगर, मालगोदाम रोड, माथुर कॉलोनी, जैन कॉलोनी, सेठिया विहार, संजीत रोड, संजय गांधी उद्यान, भारत प्लाजा, जनपद पंचायत और बंटी चौराहा सहित आसपास के क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति प्रभावित रहेगी।

    विभाग ने दी जानकारी और अपील

    विद्युत विभाग ने उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि यह कार्य बिजली व्यवस्था को बेहतर और सुरक्षित बनाने के लिए जरूरी है। साथ ही विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि आवश्यकता पड़ने पर समय में बदलाव किया जा सकता है।