Blog

  • टी20 सीरीज अपडेट: न्यूजीलैंड का नया कप्तान, अनुभवी ऑलराउंडर पहली बार संभालेंगे जिम्मेदारी

    टी20 सीरीज अपडेट: न्यूजीलैंड का नया कप्तान, अनुभवी ऑलराउंडर पहली बार संभालेंगे जिम्मेदारी


    नई दिल्ली। न्यूजीलैंड और दक्षिण अफ्रीका के बीच पांच मैचों की टी20 सीरीज खेली जा रही है। सीरीज में न्यूजीलैंड 2-1 की बढ़त बनाए हुए है। रविवार को वेलिंगटन में चौथा मुकाबला खेला जाएगा। इस मैच में न्यूजीलैंड की कप्तानी जिमी नीशम करेंगे। इसकी घोषणा न्यूजीलैंड क्रिकेट ने आधिकारिक तौर पर की है।

    टॉम लैथम की चोट और कप्तानी का बदलाव
    दरअसल, दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ चल रही टी20 सीरीज के अंतिम दो मैचों में कप्तानी टॉम लैथम के जिम्मे थी। लेकिन तीसरे टी20 में बाएं हाथ के बल्लेबाज लैथम चोटिल हो गए और चौथे टी20 के लिए बाहर हो गए। इसके बाद टीम प्रबंधन ने जिमी नीशम को कप्तानी सौंपी। लैथम की गैरमौजूदगी में टीम में टॉम ब्लंडेल को शामिल किया गया है।

    न्यूजीलैंड क्रिकेट ने एक आधिकारिक बयान में बताया कि मैच के बाद मेडिकल टीम ने लैथम के अंगूठे की जांच की और अगले दिन उन्हें स्कैन के लिए क्राइस्टचर्च ले जाया गया। पांचवें टी20 में लैथम का खेल स्कैन रिपोर्ट आने के बाद ही तय होगा। पांचवां मुकाबला 25 मार्च को क्राइस्टचर्च में खेला जाएगा।

    जिमी नीशम का टी20 करियर और कप्तानी का अनुभव
    35 साल के नीशम ने 2012 में न्यूजीलैंड के लिए टी20 डेब्यू किया था। अब तक वे 103 टी20 मैच खेल चुके हैं, लेकिन यह पहला मौका है जब वह कीवी टीम की कप्तानी करेंगे। नीशम टी20 फॉर्मेट में न्यूजीलैंड के 12वें कप्तान होंगे।

    नीशम अपने विस्फोटक बल्लेबाजी और तेज गेंदबाजी के लिए जाने जाते हैं। बाएं हाथ के बल्लेबाज के रूप में उन्होंने टी20 करियर में 75 पारियों में 1075 रन बनाए हैं, जिसमें उनका औसत 20.28 और स्ट्राइक रेट 147.46 है। इसके अलावा दाएं हाथ की मध्यम गति की गेंदबाजी में वे अब तक 64 विकेट के लिए हैं। उनके पास चौथे टी20 में जीत हासिल कर टीम को सीरीज में मजबूत स्थिति में पहुंचाने का मौका है।

    सीरीज में अब तक की स्थिति
    सीरीज का पहला मुकाबला हारने वाली न्यूजीलैंड ने दूसरे और तीसरे मैच में जीत दर्ज करके 2-1 की बढ़त बनाई है। चौथा मुकाबला टीम के लिए दावेदार हो सकता है, खासकर जब कप्तानी बदल गई है। नीशम की कप्तानी में टीम का खेल कैसे प्रभावित होगा, यह फैंस के लिए रोमांचक देखने लायक होगा।

    निष्कर्ष और उम्मीदें
    टी20 फॉर्मेट में अनुभव और आक्रामक खेल के लिए जाने जाने वाले जिमी नीशम के लिए यह कप्तानी चुनौती भी होगी और अवसर भी। उनकी बल्लेबाजी और गेंदबाजी के साथ-साथ कप्तानी कौशल टीम को सीरीज जीत दिलाने में अहम भूमिका निभा सकते हैं।

  • क्रिकेट शेड्यूल में बदलाव, बांग्लादेश ने आयरलैंड दौरे को किया स्थगित

    क्रिकेट शेड्यूल में बदलाव, बांग्लादेश ने आयरलैंड दौरे को किया स्थगित


    नई दिल्ली बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड सितंबर 2026 में आयरलैंड टूर आयोजित करने जा रहा है। बोर्ड इस समय भारतीय क्रिकेट टीम पर ध्यान केंद्रित करना चाहता है। बांग्लादेश और भारत के बीच तीन फ्रेंचाइजी और तीन टी20 मैचों की सीरीज तय की गई है, भारतीय टीम के लिए 28 अगस्त 2026 को बांग्लादेश डेमोक्रेट।

    दोनों बोर्ड की सहमति से निर्णय
    बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड के एक अधिकारी के अनुसार, जब भारत के साथ सीरीज 2025 से सितंबर 2026 में शिफ्ट की गई थी, तब क्रिकेट आयरलैंड से नई तारीख का खुलासा किया गया था। लेकिन आयरलैंड क्रिकेट बोर्ड ने 2026 में टूर को रीशेड्यूल करने में असमर्थता की संभावना जताई है। इसके बाद दोनों बोर्डों ने आपसी सहमति से आयरलैंड दौरे को टालने का फैसला लिया। बांग्लादेश का आयरलैंड दौरा 2027 किसी भी समय आयोजित किया जा सकता है।

    भारत के खिलाफ कार्यक्रम
    पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार भारतीय टीम सेबंग्लादेश में 3 खिलाड़ी और 3 टी20 मैच खेलेगी। फ़्रैंचाइज़ी मैच क्रमशः 1, 3 और 6 सितंबर को होंगे, जबकि टी20 टेलीकॉम 9, 12 और 13 सितंबर को होंगे। बांग्लादेश इस समय घरेलू मैदान के खिलाफ टीम के प्रदर्शन को लेकर संघर्ष कर रहा है, खासकर पाकिस्तान के हाल ही में 2-1 की फोर्टी सीरीज की जीत के बाद।

    आईसीसी रैंकिंग और विश्व कप तैयारी
    बांग्लादेश ने पाकिस्तान को बायकॉट किया, 79 रेटिंग अंक हैं। यह उन्हें दसवें स्थान पर मौजूद वेस्टवेस्ट से आगे रखा गया है। टीम का ध्यान अब 2027 में होने वाले विश्व कप के लिए क्वालीफाई करने पर है। विश्व कप में सीधे क्वालीफायर करने के लिए बांग्लादेश से 31 मार्च 2027 तक टॉप-8 में जगह बनाई जाएगी। अगर टीम ऐसी नहीं कर सकती, तो उसे क्वालीफाइंग टूर्नामेंट खेलना चाहिए।

    आयरलैंड दौरे पर जाने का असर
    आयरलैंड टूर के स्टेगन के बाद बांग्लादेश के पास अब न्यूज़ीलैंड, ऑस्ट्रेलिया और भारत के घरेलू सीरीज के अलावा दक्षिण अफ्रीका और जिम्बाब्वे के टूर का कार्यक्रम है। ऐसे में टीम को विश्व कप में शामिल करने के लिए सीमित मैचों में अच्छा प्रदर्शन करना होगा।

    भारत-बांग्लादेश क्रिकेट संबंध
    हालाँकि, पिछले कुछ महीनों में भारत और बांग्लादेश के क्रिकेट संबंध कुछ हद तक असामान्य रहे हैं। बांग्लादेश टी20 विश्व कप 2026 के मैच के लिए भारत नहीं आया था और विश्व कप से बाहर कर दिया गया था। ऐसे में यह अभी भी स्पष्ट नहीं है कि भारतीय टीम के प्रस्तावक और टी20 सीरीज के लिए बांग्लादेश का दौरा होगा या नहीं। अगर भारत का दौरा किसी कारण से टाला जाता है, तो बांग्लादेश के पास विश्व कप के लिए सीमित मैच ही बचेगा, जिससे सीधे क्वालिफाई करना मुश्किल हो सकता है।

  • सरपंच क्यों बने Shreyas Iyer खुद किया खुलासा बोले जीत ही असली पहचान

    सरपंच क्यों बने Shreyas Iyer खुद किया खुलासा बोले जीत ही असली पहचान


    नई दिल्ली। आईपीएल के नए सीजन से पहले श्रेयस अय्यर ने अपने एक खास नाम को लेकर बड़ा खुलासा किया है जिसने फैंस के बीच उत्सुकता बढ़ा दी है। पंजाब किंग्स के कप्तान के रूप में अपनी पहचान मजबूत कर चुके अय्यर को फैंस सरपंच कहकर बुलाते हैं और अब उन्होंने इस नाम के पीछे की पूरी कहानी साझा की है।

    पिछले साल पंजाब किंग्स ने मेगा ऑक्शन में उन्हें अपनी टीम में शामिल किया और कप्तानी की जिम्मेदारी सौंपी। अय्यर ने भी इस भरोसे पर खरा उतरते हुए टीम को शानदार प्रदर्शन के दम पर फाइनल तक पहुंचाया। उनके नेतृत्व और मैदान पर फैसले लेने की क्षमता ने फैंस को प्रभावित किया और धीरे धीरे उन्हें सरपंच कहकर पुकारा जाने लगा।

    प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान अय्यर ने बताया कि शुरुआत में उन्हें इस शब्द का सही मतलब भी नहीं पता था। उन्होंने टीम के तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह से पूछा कि सरपंच का क्या मतलब होता है और इसका इस्तेमाल कैसे किया जाता है। तब उन्हें समझाया गया कि सरपंच किसी गांव या समुदाय का प्रमुख होता है जो नेतृत्व करता है और लोगों की जिम्मेदारी संभालता है।

    यह बात सुनकर अय्यर को एहसास हुआ कि यह नाम उनकी कप्तानी शैली से मेल खाता है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि शुरुआत में यह नाम उन्हें खास पसंद नहीं आया था लेकिन समय के साथ जब फैंस ने उन्हें इसी नाम से पुकारना शुरू किया तो यह उनकी पहचान बन गया। अब जब भी वह कहीं जाते हैं या लोगों से मिलते हैं तो उन्हें सरपंच कहकर ही बुलाया जाता है।

    अय्यर के मुताबिक यह नाम उन्हें अच्छा महसूस कराता है और उन्हें प्रेरित भी करता है लेकिन उन्होंने साफ कर दिया कि उनके लिए सबसे महत्वपूर्ण चीज टीम की जीत है। उनका कहना है कि मैदान पर उतरते समय किसी भी खिलाड़ी या कप्तान का एक ही लक्ष्य होना चाहिए और वह है मैच जीतना। नाम और पहचान बाद में आती है लेकिन प्रदर्शन सबसे ऊपर होता है।

    उन्होंने यह भी कहा कि इस नाम के साथ फैंस की उम्मीदें भी बढ़ जाती हैं और वह इन उम्मीदों पर खरा उतरने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। उन्हें चुनौतियां पसंद हैं और वह हर चुनौती को स्वीकार करते हैं। उनका मानना है कि किसी भी बड़ी उपलब्धि के लिए एक मजबूत टीम का होना जरूरी है और पंजाब किंग्स के पास वह क्षमता मौजूद है।

    पंजाब किंग्स की टीम अब तक दो बार आईपीएल फाइनल तक पहुंच चुकी है लेकिन खिताब जीतने में सफल नहीं हो पाई है। पिछले सीजन में भी टीम ने फाइनल तक का सफर तय किया था लेकिन ट्रॉफी जीतने से चूक गई। ऐसे में इस बार टीम अपने अधूरे सपने को पूरा करने के इरादे से मैदान में उतरेगी।

    अब सभी की नजरें श्रेयस अय्यर पर टिकी हैं कि वह अपनी कप्तानी में टीम को पहली बार चैंपियन बना पाते हैं या नहीं। सरपंच का यह टैग उनके साथ मजबूती से जुड़ चुका है और फैंस को उम्मीद है कि वह इस नाम को जीत के साथ और भी खास बना देंगे।

  • प्रधानमंत्री मोदी ने बनाया नया रिकॉर्ड सीएम योगी बोले जनविश्वास का प्रतीक है यह ऐतिहासिक उपलब्धि

    प्रधानमंत्री मोदी ने बनाया नया रिकॉर्ड सीएम योगी बोले जनविश्वास का प्रतीक है यह ऐतिहासिक उपलब्धि



    नई दिल्ली: 
    प्रधानमंत्री Narendra Modi ने भारतीय राजनीतिक इतिहास में एक और बड़ा कीर्तिमान स्थापित किया है। वे अब भारत में सबसे लंबे समय तक सरकार के प्रमुख रहने वाले नेता बन गए हैं। इस उपलब्धि पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने उन्हें बधाई देते हुए इसे जनता के अटूट विश्वास का प्रतीक बताया है।

    सीएम योगी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा कि 145 करोड़ भारतीयों की सेवा में निरंतर समर्पित प्रधानमंत्री मोदी अब देश के सबसे लंबे समय तक शासन प्रमुख रहने वाले नेता बन चुके हैं। उन्होंने कहा कि यह ऐतिहासिक उपलब्धि प्रधानमंत्री मोदी के प्रति जनता के गहरे विश्वास और समर्थन को दर्शाती है।

    अपने संदेश में Yogi Adityanath ने यह भी उल्लेख किया कि Narendra Modi का नेतृत्व ‘विकसित भारत’ के लक्ष्य को साकार करने की दिशा में लगातार आगे बढ़ रहा है। उन्होंने ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास, सबका प्रयास’ जैसे मंत्रों को भारत की प्रगति का आधार बताया और कहा कि देश ने विकास और सुशासन के नए आयाम स्थापित किए हैं।

    सीएम योगी ने अपने संदेश के अंत में भगवान श्रीराम से प्रार्थना करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश निरंतर प्रगति और समृद्धि की दिशा में आगे बढ़ता रहे।

    इससे पहले भाजपा के आईटी सेल प्रमुख Amit Malviya ने भी इस उपलब्धि पर प्रतिक्रिया दी थी। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी ने सिक्किम के पूर्व मुख्यमंत्री पवन कुमार चामलिंग के 8930 दिनों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ते हुए अब 8931 दिनों तक सार्वजनिक पद पर रहते हुए एक नया रिकॉर्ड बनाया है।

    Amit Malviya के अनुसार, इस अवधि में प्रधानमंत्री मोदी का कार्यकाल गुजरात के मुख्यमंत्री और फिर भारत के प्रधानमंत्री के रूप में शामिल है। उन्होंने यह भी कहा कि यह उपलब्धि दशकों की निरंतर जनसेवा और मजबूत नेतृत्व को दर्शाती है।

    उन्होंने आगे प्रधानमंत्री मोदी की उपलब्धियों को गिनाते हुए कहा कि वे गुजरात के सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले मुख्यमंत्री रहे हैं और स्वतंत्रता के बाद जन्मे पहले प्रधानमंत्री हैं। साथ ही वे 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनावों में लगातार विजेता रहे हैं, जो उनके प्रति जनता के भरोसे को दर्शाता है।

    यह उपलब्धि न केवल राजनीतिक इतिहास में एक मील का पत्थर है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि नेतृत्व, अनुभव और जनसमर्थन मिलकर किसी भी नेता को एक नई ऊंचाई तक पहुंचा सकते हैं। Narendra Modi का यह रिकॉर्ड भारतीय राजनीति में लंबे समय तक याद रखा जाएगा।

  • IPL 2026: 'दो-तीन हजार रन बोल दूंगा,' वैभव सूर्यवंशी के जवाब ने लूटी महफिल

    IPL 2026: 'दो-तीन हजार रन बोल दूंगा,' वैभव सूर्यवंशी के जवाब ने लूटी महफिल


    नई दिल्ली इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 19वें सीजन में राजस्थान रॉयल्स (आरआरसी) के नए कप्तान और नए कोच के साथ मैदान में उतर रही है। टीम में कई नए खिलाड़ी शामिल हुए हैं और 2018 के बाद पहली बार टीम संजू सैमसन के बिना खेलेगी। तीन बड़े बदलावों के बीच सबसे ज्यादा चर्चा और उत्सुकता टीम के युवा वैभव वैभव सूर्यवंशी को लेकर बनी हुई है।

    वैभव का शानदार आईपीएल उद्घाटन
    आईपीएल 2025 में डेब्यू करने वाले वैभव ने पहले ही सीजन में अपना नाम शतक दर्ज कराया था। वह लीग के इतिहास में शतक लगाने वाले सबसे कम उम्र (14 वर्ष) के बल्लेबाज बने। आईपीएल के बाद अंडर-19 विश्व कप और एक टीम के साथ प्रदर्शन ने उनकी प्रतिभा को निखारा और उनका भी साथ दिया। ऐसे में आईपीएल 2026 में वैभव से लेकर क्रिकेट के व्यंजनों की विशेषताएं काफी बढ़ गई हैं।

    सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो
    हाल ही में राजस्थान रॉयल्स के एक कार्यक्रम से एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में रिपोर्टर ने वैभव से आईपीएल 2026 के लिए अपने लक्ष्य पूछे और यह प्रश्न पूछा कि क्या वे औरेज कैप जीतना और कितने रन बनाने का इरादा रखते हैं।

    वैभव का मजेदार जवाब
    वैभव ने रिपोर्टर के सवाल का मजेदार जवाब देते हुए कहा, “ऐसे सवाल पूछेंगे तो मैं दो-तीन हजार रन बोलूंगा।” उनके इस जवाब पर वहां मौजूद सभी लोग जोर-जोर से हंस पड़े। इसके बाद वैभव ने स्पष्ट किया कि उनके पास कोई विशेष व्यक्तिगत लक्ष्य नहीं है। उन्होंने कहा, “मैं प्रोसेस फॉलो कर रहा हूं और टीम के लिए ट्रॉफी जीतना चाहता हूं। हमारा कोई निजी लक्ष्य नहीं है। हम बस इस सीजन में बेहतर करने का लक्ष्य लेकर आगे बढ़ रहे हैं।”

    पिछले सीज़न की यादें और रिकॉर्ड
    आईपीएल 2025 में वैभव सूर्यवंशी ने 7 मैचों में 36 के औसत से 252 रन बनाए थे। उनका सबसे यादगार प्रदर्शन गुजरात टाइटंस (जीटी) के खिलाफ हुआ, जहां उन्होंने सिर्फ 38 गेंदों में 11 छक्कों और 7 चौकों की मदद से 101 रन बनाए। इस तूफानी शतकीय पारी की बदकिस्मती से राजस्थान रॉयल्स ने 210 का लक्ष्य 15.5 ओवर में 2 विकेट के नुकसान पर हासिल किया।

    टीम और प्लेयर्स की डिटेल
    सूर्यवंशी के फ्लैट की आक्रामक शैली और तेज रन बनाने की क्षमता की वजह से इस सीजन में भी राजकुमार प्रबंधन और शौकीन अपनी बड़ी पारियों की उम्मीद कर रहे हैं। कैप्टन और कोच के साथ टीम में संतुलन बनाये रखने और जीत की दिशा में विस्तार के लिए वैभव की भूमिका अहम मानी जा रही है।

  • IPL 2026: CSK में विकेटकीपिंग करेंगे Rajasthan Royals Sanju Samson या MS Dhoni? आर अश्विन के पोस्ट से मिला संकेत

    IPL 2026: CSK में विकेटकीपिंग करेंगे Rajasthan Royals Sanju Samson या MS Dhoni? आर अश्विन के पोस्ट से मिला संकेत


    नई दिल्ली। आईपीएल 2026 में चेन्नई सुपरकिंग्स (आईपीएल) ने अपने कैंप में नई इकाई जोड़ी है। संजू सैमसन के सीएसके में शामिल होने के बाद से ही प्रशंसक और विशेषज्ञ यह जानने के इच्छुक हैं कि इस बार विकेटकीपिंग की जिम्मेदारी कौन संभालेगा – अनुभवी सुपरस्टार धोनी या नए स्टार संजू सैमसन। इस सवाल का जवाब शायद टीम के पूर्व दिग्गज स्पिनर आर अश्विन की टॉयलेट सोशल मीडिया पोस्ट में छिपा हो।

    आर अश्विन ने सोशल मीडिया पर संजय सैमसन को ग्राउंड फील्डिंग का अभ्यास दिखाया। सैमसन के फील्डिंग कोच जेम्स फोस्टर के साथ आउटफील्ड में कैच पकड़ने का अभ्यास कर रहे थे। पोस्ट के चिप्स में अश्विन ने लिखा, “संकेत हैं या चीजें धीरे-धीरे-धीरे-धीरे आसान हो रही हैं।” इस संदेश के बीच चर्चा का एक नया विषय बन गया है और कई लोगों का मानना ​​है कि यह सुझाव देता है कि इस सीजन में धोनी फिर से विकेट के पीछे रह सकते हैं।

    नमूना या आउटफील्डर?
    आईपीएल 2026 की शुरुआत से पहले माना जा रहा था कि सीएसके में संजू सैमसन विकेटकीपिंग की भूमिका हो सकती है, जबकि एमएस धोनी को इम्पैक्ट प्लेयर के तौर पर मैदान पर उतारा जा सकता है। लेकिन अब अश्विन की पोस्ट के मुताबिक, खास बात यह है कि धोनी इस बार भी विकेटकीपिंग करेंगे और सैमसन आउटफील्डर की टीम मजबूत होगी।

    संजू का फील्डिंग कौशल
    विकेटकीपिंग के अलावा संजू सैमसन बेहतरीन फील्डर के रूप में जाने जाते हैं। अंतर्राष्ट्रीय मैचों में भी उन्होंने डीपी में एथलेटिक और पेशेवर फील्डिंग का प्रदर्शन किया है। उनके पास लंबे समय तक कैच लेने और दबाव में शानदार प्रदर्शन करने का अनुभव है। इस कारण से, आउटफील्डर के रूप में उनके पास सीएसके के लिए बहुत बढ़िया साबित हो सकता है।

    टी20 विश्व कप 2026 का अनुभव
    टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारत को चैंपियन बनाने में संजू सैमसन की अहम भूमिका रही थी। इस अनुभव का प्रदर्शन और इसके बाद उनकी सीएसके टीम में एंट्री ने टीम के टॉप-क्रम प्लेटफॉर्म को पहले से मजबूत और खतरनाक बना दिया है। उनकी चुनौतीपूर्ण शैली और रणनीति टीम को अधिक लचीला और खतरनाक बनाने में मदद मिलेगी।

    सीएसके के लिए प्रतिष्ठित लाभ
    अगर संजू सैमसन आउटफील्डर की भूमिका में प्रतियोगी हैं, तो इससे टीम को उनकी बल्लेबाजी और मैदान पर उनके सहयोगियों का सबसे ज्यादा फायदा मिलेगा। इससे धोनी को भी विकेटीपिंघ और विद्वान में ध्यान केंद्रित करने का अवसर मिलेगा। ऐसे में टीम को पुराने और आक्रामक विकल्प मिलेंगे, जो सीज़न के दौरान कई मुकाबलों में आखिरी साबित हो सकते हैं।

  • अगले माह चांद के लिए रवाना होगा NASA, लेकिन सूरज की क्यों कर रहा निगरानी ? जानिए कारण

    अगले माह चांद के लिए रवाना होगा NASA, लेकिन सूरज की क्यों कर रहा निगरानी ? जानिए कारण


    नई दिल्ली। साल 1972 के बाद NASA का आर्टेमिस II मिशन अगले महीने 1 अप्रैल 2026 को लॉन्च होने जा रहा है। यह मिशन इंसानों को पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र से बाहर लेकर चांद के करीब ले जाएगा। हालांकि रोमांचक यह सफर, सूर्य से निकलने वाले घातक रेडिएशन के खतरे के साथ भी है।

    सौर कणों से खतरा और 24 घंटे निगरानी

    चांद की यात्रा के दौरान अंतरिक्ष यात्री लगभग 10 दिनों तक रहेंगे। इस दौरान सबसे बड़ा खतरा सूरज से निकलने वाले सोलर एनर्जेटिक पार्टिकल्स सौर कण का होगा। ये कण सूरज पर होने वाले विस्फोटों के समय इतनी तेज़ी से यात्रा करते हैं कि एक घंटे से भी कम समय में अंतरिक्ष यान तक पहुँच सकते हैं। ये न केवल यान के इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम को प्रभावित कर सकते हैं, बल्कि अंतरिक्ष यात्रियों के शरीर की कोशिकाओं को भी नुकसान पहुंचा सकते हैं।

    मंगल पर परसीवरेंस रोवर देगा एडवांस वार्निंग

    NASA ने सूरज के इस खतरे से निपटने के लिए मंगल ग्रह पर मौजूद परसीवरेंस रोवर की मदद लेने का अनोखा तरीका निकाला है। रोवर का मास्टकैम-Z कैमरा सूरज के उस हिस्से की तस्वीरें खींचेगा, जो पृथ्वी से दिखाई नहीं देता। इससे वैज्ञानिकों को दो हफ्ते पहले पता चल जाएगा कि कौन से सनस्पॉट्स पृथ्वी और चांद की ओर आने वाले हैं। यह एडवांस वार्निंग वैज्ञानिकों को संभावित सौर तूफानों के लिए तैयार रहने का समय देगी।

    Orion यान में रेडिएशन सुरक्षा

    आर्टेमिस II मिशन के Orion अंतरिक्ष यान में HERA हाइब्रिड इलेक्ट्रॉनिक विकिरण मूल्यांकन नामक एडवांस सेंसर लगाया गया है। यह सेंसर लगातार रेडिएशन के स्तर की निगरानी करेगा। यदि रेडिएशन खतरनाक स्तर पर पहुंचता है, तो यान अलार्म बजाएगा। ऐसी स्थिति में अंतरिक्ष यात्री इम्प्रोवाइज्ड स्टॉर्म शेल्टर अस्थायी सुरक्षा घेरा बनाने के लिए प्रशिक्षित होंगे। यान के अंदर मौजूद सामान और वजन का इस्तेमाल करके वे सुरक्षा दीवार बनाएंगे, जिससे सौर कणों के सीधे हमले से बचा जा सके।

  • रवीना टंडन के कॉस्टयूम पर ऐसे नजर रखती थीं करिश्मा कपूर, दोनों के बीच था तगड़ा विवाद

    रवीना टंडन के कॉस्टयूम पर ऐसे नजर रखती थीं करिश्मा कपूर, दोनों के बीच था तगड़ा विवाद


    नई दिल्ली। बॉलीवुड एक्ट्रेस रवीना टंडन और करिश्मा कपूर 90 के दशक की दो बड़ी हीरोइन रही हैं। दोनों ने साथ फिल्मों में काम किया और इनके बीच विवाद की खबर भी सामने आई। लेकिन क्या आप जानते हैं उन दिनों करिश्मा, रवीना टंडन के आउटफिट्स पर नजर रखती थीं। बाद में अपने लिए भी कुछ वैसे ही स्टाइलिंग करती थीं। उस दौर में दोनों के बीच अच्छा रिश्ता नहीं था, इस बारे में खुद फराह खान ने भी अपने व्लॉग में बात की थी। अब दोनों के डिज़ाइनर रहे एशले रेबेलो ने इनके बीच कॉस्टयूम, स्क्रीन अपीयरेंस कम्पटीशन की बात की है। एशले ने बताया कि करिश्मा के आउटफिट्स पर नजर रखती थीं।

    ऐसे डिज़ाइनर की मदद के लिए आगे आई थीं रवीना
    एशले ने हाल में अविनाश त्रिपाठी के साथ बातचीत में बताया कि उन्होंने आमिर खान की फिल्म जो जीता वही सिकंदर के एक्टर्स के आउटफिट्स के लिए काम किया था। बाद उन्हें अच्छा काम नहीं मिला तो वो प्रोडक्शन के काम से जुड़ गए। इसी दौरान उनकी मुलाकात रवीना टंडन से हुई। एशले ने बताया कि वो एक ऐड शूट के दौरा रवीना से मिले। आखिरी मिनट पर उन्होंने ही रवीना के फेल हुए डिज़ाइनर आउटफिट को फिक्स किया। रवीना उस समय जानती नहीं थीं कि वो वही एशले रेबोलो हैं जिन्होंने जो जीता वही सिकंदर के लिए काम किया था। एशले ने बताया कि उन्हें अच्छा काम नहीं मिल रहा है। तब रवीना ने कहा था कि उन्हें लोगों का इंतजार नहीं करना चाहिए कि वो काम देंगे, उन्हें मांग लेना चाहिए। रवीना की ये बातें सुन एशले ने उन्हीं से काम मांग लिया। इसके बाद उन्हें रवीना के डिज़ाइनर के तौर पर फिल्म अंदाज अपना अपना मिली।

    रवीना के आउटफिट पर नजर रखती थीं करिश्मा
    फिल्म अंदाज अपना अपना के लिए एशले ने ही रवीना के आउटफिट डिज़ाइन किए थे। इसी फिल्म में करिश्मा कपूर भी हीरोइन थीं। एशले ने कहा कि उस समय करिश्मा अपनी टीम में से किसी को रवीना का कॉस्टयूम चेक करने के लिए भेजती थीं। एशले ने कहा कि करिश्मा पता करती थीं कि रवीना के आउटफिट क्या है, उन्हें किसने डिज़ाइन किया है, क्या बनाया गया है। उसके बाद वो अपने स्टाइलिश को ये सब नोट करने को कहती थीं। एशले ने बताया कि उस फिल्म में रवीना बहुत सुंदर लग रही थीं। उन्हें नहीं पता था कि इसके बाद वो करिश्मा कपूर के साथ भी कई फिल्मों में साथ काम करेंगे।

    आमिर ने कही थीं दोनों एक्ट्रेसेज के बीच टेंशन की बात
    बता दें, अंदाज अपना अपना की शूटिंग के दौरान रवीना और करिश्मा के बीच का विवाद सेट पर मौजूद सभी लोगों को पता चल गया था। आमिर खान ने अपने एक इंटरव्यू में कहा था कि वो अकेले एक्टर थे जो शूटिंग के लिए सेट पर टाइम पर आते थे। उन्होंने बताया कि उस रवीना-करिश्मा के बीच दिक्कतें चल रही थीं। हालांकि, दोनों एक्ट्रेसेज ने इस बारे में कभी खुलकर बात नहीं की। रवीना ने फराह के व्लॉग में उस समय को बचपना बताया था।

  • मई जून में बदलेगा देश का सैन्य नेतृत्व, CDS समेत कई शीर्ष पदों पर होंगी नई नियुक्तियां

    मई जून में बदलेगा देश का सैन्य नेतृत्व, CDS समेत कई शीर्ष पदों पर होंगी नई नियुक्तियां


    नई दिल्ली। देश के शीर्ष सैन्य ढांचे में अगले कुछ महीनों में बड़े बदलाव होने वाले हैं। इसकी शुरुआत नए चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) की नियुक्ति से होगी। वर्तमान सीडीएस जनरल अनिल चौहान का कार्यकाल 30 मई को समाप्त हो रहा है जिसके बाद सरकार अप्रैल में नए सीडीएस के नाम पर फैसला ले सकती है। इसके साथ ही सेना प्रमुख नौसेना प्रमुख और डीआरडीओ अध्यक्ष जैसे महत्वपूर्ण पदों पर भी बदलाव तय माने जा रहे हैं।

    जनरल अनिल चौहान जो देश के दूसरे सीडीएस हैं लगभग चार वर्षों से इस पद पर कार्यरत हैं और उनका विस्तारित कार्यकाल मई के अंत में खत्म होगा। वहीं नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश कुमार त्रिपाठी भी 62 वर्ष की आयु पूरी करने के बाद मई के अंत तक सेवानिवृत्त हो जाएंगे। सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी 30 जून को 62 वर्ष की अधिकतम आयु पूरी कर पद छोड़ेंगे।

    इसी क्रम में रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन डीआरडीओ के अध्यक्ष डॉ. समीर कामत भी 31 मई को रिटायर होने जा रहे हैं। हालांकि वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल एपी सिंह और रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह का कार्यकाल अभी जारी रहेगा जो इस वर्ष अक्टूबर में समाप्त होगा।

    रक्षा मंत्रालय के संशोधित नियमों के अनुसार नए सीडीएस के चयन के लिए पात्रता का दायरा बढ़ाया गया है। तीनों सेनाओं के वे सभी थ्री स्टार अधिकारी लेफ्टिनेंट जनरल एयर मार्शल और वाइस एडमिरल जो वर्तमान में सेवारत हैं या पिछले दो वर्षों में रिटायर हुए हैं इस पद के लिए योग्य माने जाएंगे। हालांकि चयन के समय उनकी आयु 62 वर्ष से कम होना अनिवार्य है।

    सरकार के पास करीब 150 से अधिक अधिकारियों का विकल्प मौजूद है जिनमें से नए सीडीएस का चयन किया जाएगा। संभावना है कि अप्रैल के अंत तक कैबिनेट की नियुक्ति समिति इस पर अंतिम निर्णय ले लेगी।

  • टी20 सीरीज: न्यूजीलैंड ने चौथा मैच जीतकर दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 3-1 की अजेय बढ़त बनाई

    टी20 सीरीज: न्यूजीलैंड ने चौथा मैच जीतकर दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 3-1 की अजेय बढ़त बनाई


    नई दिल्ली। न्यूजीलैंड महिला क्रिकेट टीम ने घरेलू मैदान पर दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ खेले गए चौथे टी20 मैच में 6 विकेट से जीत दर्ज की और सीरीज में 3-1 से अजेय बढ़त बनाई। हेग्ले ओवल, क्राइस्टचर्च में खेले गए इस गोदाम में दोनों टीमों ने रोमांचक खेलों का प्रदर्शन किया। न्यूजीलैंड की टीम ने लक्ष्य का पीछा करते हुए शानदार प्रदर्शन किया और बैलेंस के दम पर मुकाबले को अपने नाम किया।

    दक्षिण अफ्रीका की मजबूत शुरुआत
    दक्षिण अफ़्रीका ने टेस्ला पर पहली बार फ़्लोटिंग करने का निर्णय लिया और 20 ओवर में 6 विकेट के नुकसान पर 159 रन बनाए। टीम की ओर से एनेरी डर्कसेन ने 32 स्ट्राइकर, 8 स्टील और 1 बॉलर की मदद से सबसे ज्यादा 55 रन बनाए। सबसे बड़ी बल्लेबाज सुने लुस ने 30 रन बनाए, दूसरा टॉप स्कोरर रही। हालाँकि न्यूजीलैंड की ओर से दक्षिण अफ्रीका को समयबद्ध नियंत्रण प्रदान किया गया।

    न्यूज़ीलैण्ड की नोटबुक
    न्यूजीलैंड के जेस केर ने 4 ओवर में केवल 16 रन देकर 3 विकेट झटके, जिससे मैच में निर्णायक मोड़ आ गया। कैप्टन एमेलिया केर और सोफी डिवेन को 1-1 विकेट मिला, समर्पित टीम ने महत्वपूर्ण सफलताएं दिलाईं। जेस केर की शानदार गेंदबाजी के दम पर न्यूजीलैंड ने दक्षिण अफ्रीका तक का स्कोर सीमित रखा।

    लक्ष्य का सफल पीछा
    160 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए न्यूजीलैंड ने 18.3 ओवर में 4 विकेट खोकर लक्ष्य हासिल कर लिया। सोफी डिवेन ने इस जीत में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने 34 गेंदों में 64 रन बनाए, जिसमें 6 सिल्विया और 4 सेल्स शामिल थे। इसके अलावा कैप्टन एमेलिया केर ने 31 और जॉर्जिया प्लिमर ने 29 रन का योगदान दिया। ब्रुक हैलिडे 16 और मैडी ग्रीन 9 रन रेस्टेड रिले, जिससे टीम ने आसानी से लक्ष्य हासिल कर लिया।

    दक्षिण अफ्रीका का प्रयास
    दक्षिण अफ्रीका की ओर से क्लो ट्रायोन ने 2 विकेट लिए, जबकि एनेरी डर्कसेन और एन माल्बा को 1-1 सफलता मिली। हालाँकि टीम की ओर से न्यूजीलैंड के माउंट बोल्ट को दौरे में सफलता नहीं मिली।

    प्लेयर ऑफ द मैच और आगामी मुकाबला
    इस क्लब के लिए प्लेयर ऑफ द मैच के लिए जेस केर को चुना गया, उन्होंने अपनी टीम को मजबूती से आगे बढ़ाया और बढ़त हासिल की। सीरीज का पांचवां और आखिरी मुकाबला 25 मार्च को हेग्ले ओवल, क्राइस्टचर्च में खेला जाएगा, जिसमें न्यूजीलैंड सीरीज को अपना नाम देने की पूरी कोशिश की जाएगी।

    महिला और पुरुष टीमों का शानदार प्रदर्शन
    इस समय दक्षिण अफ्रीका की महिला और पुरुष टीम न्यूजीलैंड के दौरे पर हैं, जहां वे 5-5 टी20 मैच खेल रही हैं। महिला टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पहले ही सीरीज में 3-1 की बढ़त बना ली है। वहीं, पुरुष टीम ने भी 2-1 से अहम बढ़त हासिल कर ली है, जिससे दोनों ही न्यूजीलैंड चैंपियनशिप के घरेलू प्रदर्शन पर नजरें टिकी हुई हैं।