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  • सुकमा में एम्बुलेंस के अभाव में युवक की मौतशव खाट पर लेकर घर पहुंचे परिजन

    सुकमा में एम्बुलेंस के अभाव में युवक की मौतशव खाट पर लेकर घर पहुंचे परिजन


    सुकमा । सुकमा जिले के जगरगुंडा इलाके में एक दर्दनाक घटना ने जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। यहां के निवासी 40 वर्षीय युवकबारसे रामेश्वरमकी तबीयत बिगड़ने के बाद एम्बुलेंस का इंतजार करते-करते उसकी मौत हो गई। सबसे अधिक आश्चर्य की बात यह है कि न सिर्फ युवक की मौत के समयबल्कि बाद में शव को ले जाने के लिए भी परिजनों को एम्बुलेंस नहीं मिली। परिणामस्वरूपपरिजनों को शव को खाट पर लेकर घर जाना पड़ा। इस घटना ने न केवल जगरगुंडा क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्था की खामियों को उजागर कियाबल्कि पूरे सुकमा जिले की स्वास्थ्य सेवाओं की गंभीर स्थिति को भी सामने ला दिया है।

    क्या है पूरा मामला

    मृतक युवक बारसे रामेश्वरमजगरगुंडा इलाके का निवासी था। बताया जाता है कि युवक को हाथ-पैर में सूजन और पेट दर्द की शिकायत थी। पहले उसे जगरगुंडा के सरकारी अस्पताल में इलाज दिया गयालेकिन अचानक उसकी तबीयत ज्यादा बिगड़ गई। परिजनों ने उसे अस्पताल ले जाने के लिए एम्बुलेंस को कॉल कियालेकिन घंटों इंतजार करने के बाद भी कोई वाहन उपलब्ध नहीं हो पाया।बार-बार एम्बुलेंस के लिए संपर्क करने के बावजूदजब कोई राहत नहीं मिलीतो परिजनों ने खुद ही अस्पताल पहुंचने की कोशिश की। लेकिन तब तक युवक की हालत और अधिक बिगड़ गई और उसने दम तोड़ दिया।

    स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल

    यह घटना न केवल इस क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं की कमी को उजागर करती हैबल्कि यह भी दिखाती है कि किस तरह से नदियोंपहाड़ियोंऔर अन्य दूरस्थ इलाकों में रह रहे लोगों के लिए मेडिकल सहायता तक पहुंच प्राप्त करना कितना कठिन हो सकता है। जगरगुंडा जैसे इलाकों मेंजहां तक पहुंचने के लिए भी बेहद कठिन रास्तों से गुजरना पड़ता हैएम्बुलेंस का समय पर उपलब्ध न होना गंभीर समस्या बन चुकी है।मृतक के परिजनों ने एम्बुलेंस का इंतजार कियालेकिन जब कोई मदद नहीं मिलीतो शव को खाट पर लादकर घर ले जाना पड़ा। यह घटना न केवल सुकमा जिले के चिकित्सा प्रशासन के लिए एक शर्मनाक स्थिति हैबल्कि यह स्वास्थ्य सेवाओं की अत्यधिक कमी को भी दर्शाती हैजो गंभीर स्वास्थ्य संकटों से निपटने के लिए बिल्कुल असमर्थ है।

    समाजसेवी और स्थानीय प्रशासन की प्रतिक्रिया

    स्थानीय समाजसेवियों और कुछ ग्रामीणों ने इस घटना पर गहरी नाराजगी व्यक्त की है। उनका कहना है कि सुकमा जिले में कई गांवों में एम्बुलेंस की कमी लंबे समय से बनी हुई हैऔर प्रशासन इसे नजरअंदाज करता आ रहा है। जब भी किसी को मेडिकल सहायता की जरूरत होती हैतो इन गांवों में लोग अक्सर चिकित्सा सेवा की अनुपलब्धता से जूझते हैं।कई बार एम्बुलेंस को बुलाने पर वह समय पर नहीं पहुंच पातींजिससे लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ती है। इस घटना के बाद अब यह सवाल खड़ा हो गया है कि क्या सुकमा प्रशासन इस मुद्दे पर गंभीरता से ध्यान देगा या यह मुद्दा ऐसे ही उपेक्षित रहेगा।

    आगे की राह और सुधार की आवश्यकता

    यह घटना सुकमा और अन्य ग्रामीण इलाकों में स्वास्थ्य सेवा की स्थिति में सुधार की आवश्यकता को और अधिक स्पष्ट करती है। प्रशासन को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि हर गांव में एम्बुलेंस की उपलब्धता होऔर मेडिकल सहायता समय पर मिले। इसके अलावाएम्बुलेंस कर्मचारियों और चिकित्सा उपकरणों का उचित प्रबंध भी किया जाएताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके।

    साथ हीग्रामीण इलाकों के लिए विशेष स्वास्थ्य योजनाएं और सुविधाएं बनाई जाएं ताकि वहां रहने वाले लोग भी बेसिक चिकित्सा सुविधाओं का लाभ उठा सकें। सुकमा जिले के जगरगुंडा इलाके में हुई यह घटना न केवल इस क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं की खामियों को उजागर करती हैबल्कि यह पूरे राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार की आवश्यकता को भी दिखाती है। जब तक प्रशासन और सरकार इस दिशा में कदम नहीं उठातीतब तक ऐसे हादसे होते रहेंगेजो न केवल जिंदगियां ले सकते हैंबल्कि लोगों के विश्वास को भी तोड़ सकते हैं।

  • सलमान खान के साथ बिग बॉस 19 की सक्सेस पार्टी ब्लैक थीम में अमाल–तान्या–फरहाना ने बिखेरा ग्लैमर गौरव खन्ना की जीत का जश्न

    सलमान खान के साथ बिग बॉस 19 की सक्सेस पार्टी ब्लैक थीम में अमाल–तान्या–फरहाना ने बिखेरा ग्लैमर गौरव खन्ना की जीत का जश्न


    नई दिल्ली / टीवी के सबसे चर्चित और लोकप्रिय रियलिटी शो बिग बॉस 19 का सफर 7 दिसंबर को ग्रैंड फिनाले के साथ खत्म हो गया। इस सीजन में दर्शकों का भरपूर मनोरंजन हुआ और अंत में अभिनेता गौरव खन्ना ने ट्रॉफी के साथ 50 लाख रुपये की इनामी राशि अपने नाम की। शो के सफल समापन के बाद हमेशा की तरह होस्ट सलमान खान ने मुंबई में एक भव्य सक्सेस पार्टी का आयोजन किया जिसमें बिग बॉस हाउस के सितारों का जमावड़ा देखने को मिला।इस पार्टी में सिर्फ जीत का जश्न ही नहीं बल्कि चार महीने तक चले इस रोमांचक सफर की यादें रिश्ते और अनुभव भी शामिल थे। सलमान खान की मौजूदगी ने इस आयोजन को और खास बना दिया। जैसे ही सलमान पार्टी वेन्यू पर पहुंचे फैंस की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। हालात ऐसे रहे कि कुछ देर के लिए इलाके में ट्रैफिक तक धीमा पड़ गया।

    कैजुअल लुक में सलमान खान का दबंग स्वैग
    सक्सेस पार्टी में सलमान खान हमेशा की तरह सिंपल लेकिन स्टाइलिश अंदाज़ में नजर आए। उन्होंने कैजुअल टी-शर्ट और पैंट पहनी थी जिसमें उनका सिग्नेचर स्वैग साफ झलक रहा था। सलमान ने सभी कंटेस्टेंट्स और विजेता के साथ गर्मजोशी से बातचीत की और तस्वीरें भी खिंचवाईं। उनकी मौजूदगी ने पार्टी में चार चांद लगा दिए।

    विजेता गौरव खन्ना पत्नी के साथ पहुंचे

    बिग बॉस 19 के विजेता गौरव खन्ना अपनी पत्नी आकांक्षा चमोला के साथ पार्टी में पहुंचे। जीत के बाद गौरव के चेहरे पर आत्मविश्वास और खुशी साफ नजर आ रही थी। उनके साथ शो के अन्य मजबूत कंटेस्टेंट्स जैसे मृदुल तिवारी और प्रणीत मोरे भी इस खास मौके का हिस्सा बने।

    ब्लैक थीम में छाया ग्लैमर

    इस सक्सेस पार्टी की खास बात रही इसकी ब्लैक थीम। रनर-अप फरहाना भट्ट फाइनलिस्ट अमाल मलिक और तान्या मित्तल ब्लैक आउटफिट में ट्विनिंग करते नजर आए और उन्होंने मीडिया व फैंस का खूब ध्यान खींचा। तीनों का कॉन्फिडेंट अंदाज़ और स्टाइल पार्टी की हाईलाइट बन गया। इसके अलावा पार्टी में मालती चाहर नीलम गिरी अभिषेक बजाज अश्नूर कौर शहबाज बदेशा अवेज दरबार और नगमा मिराजकर जैसे कई चर्चित चेहरे भी शामिल हुए। सभी कंटेस्टेंट्स के बीच दोस्ती और बॉन्डिंग साफ दिखाई दे रही थी जो बिग बॉस के घर में बिताए गए समय की गवाही दे रही थी।

    जीत पर बोले गौरव खन्ना

    गौरव खन्ना की जीत को लेकर सोशल मीडिया पर जहां उन्हें भरपूर प्यार मिला वहीं कुछ आलोचनाएं भी सामने आईं। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए गौरव ने कहा कि उन्होंने हमेशा नकारात्मक बातों से दूर रहकर दर्शकों के प्यार पर ध्यान दिया। एक इंटरव्यू में गौरव ने कहा कि बिग बॉस का यह चार महीने का सफर उनके 20 साल के करियर का सार रहा है और आज वे जिस मुकाम पर हैं वह दर्शकों के विश्वास और समर्थन की वजह से है।

    यादगार रहा बिग बॉस 19 का जश्न
    मुंबई में हुई यह सक्सेस पार्टी सिर्फ एक जीत का जश्न नहीं थी बल्कि बिग बॉस 19 से जुड़े रिश्तों अनुभवों और यादों का उत्सव बन गई। सलमान खान की मेजबानी और कंटेस्टेंट्स की मौजूदगी ने इस शाम को बेहद खास और यादगार बना दिया जिसे फैंस लंबे समय तक याद रखेंगे।

  • Paush Purnima 2026 जानें कब है इस साल की पहली पौष पूर्णिमा, मुहूर्त और पूजा विधि

    Paush Purnima 2026 जानें कब है इस साल की पहली पौष पूर्णिमा, मुहूर्त और पूजा विधि


    नई दिल्ली ।पौष पूर्णिमाजिसे शाकंभरी पूर्णिमा भी कहा जाता हैहर साल पौष माह की पूर्णिमा को मनाई जाती है। यह दिन विशेष रूप से भगवान विष्णुमाता लक्ष्मीऔर चंद्र देव की पूजा के लिए महत्वपूर्ण होता है। 2026 मेंपौष पूर्णिमा 3 जनवरी को मनाई जाएगीजो नए साल की पहली पूर्णिमा होगी। इस दिन के खास महत्व को समझते हुए लोग गंगायमुना जैसी पवित्र नदियों में स्नान करने और दान देने के लिए अग्रसर होते हैंक्योंकि माना जाता है कि इस दिन किए गए दान का फल जन्मों तक मिलता है।

    पौष पूर्णिमा की तिथि और समय

    पौष पूर्णिमा का पर्व 2 जनवरी 2026 की शाम 653 बजे से प्रारंभ होगा और 3 जनवरी 2026 को दोपहर 332 बजे समाप्त होगा। विशेष रूप से इस दिन ब्रह्म मुहूर्त सुबह 525 से 620 बजे में स्नान करना और पूजा करना अत्यधिक शुभ माना जाता है। इस समय में किए गए कार्यों का विशेष महत्व होता है और पुण्य की प्राप्ति होती है।

    पौष पूर्णिमा की पूजा विधि

    पौष पूर्णिमा के दिन विशेष पूजा विधि है जिसे करने से व्यक्ति को शांतिसमृद्धिऔर सुख-शांति प्राप्त होती है।स्नान इस दिन सुबह सूर्योदय से पहले उठकर किसी पवित्र नदी में स्नान करेंयदि नदी तक पहुंचने का अवसर न होतो घर में गंगाजल का छिड़काव करके स्नान करें। इस दिन का स्नान मन और तन की पवित्रता के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है।
    सूर्य पूजा स्नान के बाद सूर्य देव को जल अर्पित करें और ॐ घृणिः सूर्याय नमः मंत्र का जप करें। इससे जीवन में ऊर्जा और सकारात्मकता का संचार होता है।

    विष्णु और लक्ष्मी पूजा इस दिन भगवान विष्णुमाता लक्ष्मीऔर चंद्र देव की पूजा विशेष महत्व रखती है। विष्णु भगवान को पंचामृतकेला और पंजीरी का भोग अर्पित करें।शाकंभरी पूजा ष पूर्णिमा को देवी शाकंभरी की उपासना का भी महत्व है। शाकंभरी माता प्रकृति की देवी मानी जाती हैं और इस दिन उनकी पूजा से घर में समृद्धि और सुख-शांति का वास होता है।

    दान और दक्षिणा इस दिन घर के मुख्य द्वार और पीपल के नीचे दीपक जलाएं और घर में लक्ष्मी माता की कृपा के लिए प्रार्थना करें।
    इसके बाद गरीबों को सफेद वस्त्रखाने की चीजें या चंद्र देव से संबंधित वस्तुएं दान करें।सत्यनारायण पूजा इस दिन सत्यनारायण की पूजा करना भी बेहद शुभ माना जाता है। पूजा के दौरान पंडित जी को बुलाकर कथा करवाएं और आसपास के लोगों को आमंत्रित करें। पूजा के बाद प्रसाद वितरण और दान-दक्षिणा दें।

    पौष पूर्णिमा के दिन लक्ष्मी जी की प्रसन्नता पाने के उपाय

    पौष पूर्णिमा के दिन यदि किसी की कुंडली में चंद्रमा कमजोर हैतो सफेद वस्त्रदहीचावल और दूध का दान करें और चंद्र देव के मंत्रों का उच्चारण करें। घर के ईशान कोण में दीपक जलाने से भी लक्ष्मी जी की कृपा बनी रहती है।

    पौष पूर्णिमा का महत्व

    पौष पूर्णिमा का दिन विशेष रूप से दान और पुण्य के लिए उपयुक्त है। इस दिन गंगा-यमुना जैसी पवित्र नदियों में स्नान करने से न केवल शरीर बल्कि मन भी पवित्र हो जाता है। इस दिन किए गए दान का महत्व बहुत अधिक है और यह जन्मों तक शुभ फल देने वाला माना जाता है। शाकंभरी पूर्णिमा के दिन देवी शाकंभरी की पूजा से भी प्रकृति की विशेष कृपा प्राप्त होती है

    पौष पूर्णिमा 2026 का पर्व इस साल 3 जनवरी को मनाया जाएगा। यह दिन विशेष रूप से पूजास्नानदान और लक्ष्मी पूजन के लिए महत्वपूर्ण है। इस दिन की पूजा विधि और उपायों को सही तरीके से पालन करने से घर में सुख-समृद्धि का वास होता है और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।

  • दिल्ली में प्रदूषण का कहर: AQI 700 के पार, GRAP-3 लागू, आपातकाल जैसी स्थिति

    दिल्ली में प्रदूषण का कहर: AQI 700 के पार, GRAP-3 लागू, आपातकाल जैसी स्थिति


    नई दिल्ली। दिल्ली की हवा एक बार फिर ‘गंभीर’ से भी ऊपर पहुंच गई है, और इसके परिणामस्वरूप वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) कई इलाकों में 700 तक पहुंच चुका है। इस खतरनाक प्रदूषण को देखते हुए, प्रशासन ने ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान (GRAP) के स्टेज 3 को लागू कर दिया है, जिससे दिल्ली में आपातकाल जैसी स्थिति बन गई है।

    प्रदूषण की गंभीरता और GRAP-3 का इमरजेंसी ऐलर्ट
    दिल्ली में प्रदूषण का स्तर अब तक के सबसे उच्चतम स्तर पर पहुँच चुका है। वायु गुणवत्ता में अचानक आई इस गिरावट को देखते हुए वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने 13 दिसंबर की सुबह से तत्काल प्रभाव से GRAP-3 लागू कर दिया। इस स्थिति में दिल्ली के कई क्षेत्रों में AQI 400 से अधिक दर्ज किया गया, जो स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक है। कुछ इलाकों में तो AQI 700 तक पहुंच चुका है, जो कि मानव स्वास्थ्य के लिए अत्यधिक हानिकारक साबित हो सकता है।

    GRAP-3 के तहत कड़े प्रतिबंधों की शुरुआत
    GRAP-3 लागू होने के बाद, प्रदूषण के प्रमुख स्रोतों पर सीधे और कड़ी रोक लगा दी गई है। इनमें शामिल हैं:

    निर्माण और विध्वंस पर रोक: गैर-आवश्यक निर्माण कार्यों और विध्वंस पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया गया है। साथ ही, पत्थर तोड़ने की मशीनों और ईंट भट्टों को भी बंद कर दिया गया है।

    डीजल जेनरेटर पर प्रतिबंध: डीजल जेनरेटर के उपयोग पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है, सिवाय आवश्यक सेवाओं के।

    वाहनों और औद्योगिक गतिविधियों पर नियंत्रण: गैर-जरूरी वाहनों की संख्या कम करने और औद्योगिक उत्सर्जन पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है।

    सशर्त छूट
    कुछ आवश्यक सेवाओं को इस कड़े प्रतिबंध से छूट दी गई है, जैसे कि मेट्रो, रेलवे, हवाई अड्डे, स्वास्थ्य और स्वच्छता सेवाएं। विकलांगों के लिए विशेष छूट प्राप्त वाहन और कक्षा 5 तक की हाइब्रिड पढ़ाई की व्यवस्था भी की जा सकती है। इसके साथ ही, सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा दिया गया है।

    किस प्रकार के क्षेत्र सबसे अधिक प्रभावित हुए?
    दिल्ली में प्रदूषण की स्थिति इतनी गंभीर हो गई है कि 21 प्रमुख निगरानी केंद्रों पर AQI 400 से अधिक दर्ज किया गया। इनमें से सबसे अधिक प्रभावित इलाकों में वजीरपुर (AQI 445), विवेक विहार (AQI 444), जहाँगीरपुरी (AQI 442), आनंद विहार (AQI 439) और अशोक विहार तथा रोहिणी (AQI 437) शामिल हैं।

    प्रदूषण के प्रमुख कारण: मौसम का बदला मिजाज
    विशेषज्ञों का कहना है कि प्रदूषण बढ़ने के पीछे कई कारण हैं। सबसे प्रमुख कारण पश्चिमी राज्यों में पराली जलाने से उठने वाला धुआं है, जो हवा के माध्यम से दिल्ली-NCR में पहुँच रहा है। इसके अलावा, बढ़ती हुई गाड़ियों की संख्या और लगातार चल रहे निर्माण कार्य भी PM 2.5 और PM 10 कणों की मात्रा को बढ़ा रहे हैं। मौसम विज्ञानियों के अनुसार, क्लाइमेट चेंज के कारण मौसम का पैटर्न बदल चुका है, जिससे प्रदूषकों का शहर में जमाव अधिक हो रहा है।

    आगे की चुनौती: स्वास्थ्य पर ध्यान और सख्त उपाय
    दिल्ली में प्रदूषण की बढ़ती समस्या अब प्रशासन और नागरिकों के लिए बड़ी चुनौती बन चुकी है। अधिकारियों को सख्त प्रतिबंधों के साथ प्रदूषण पर काबू पाना है, ताकि आम जनजीवन और स्वास्थ्य को बचाया जा सके। प्रदूषण से बचने के लिए नागरिकों को घर के अंदर रहने, मास्क पहनने और बच्चों एवं बुजुर्गों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी गई है।

  • बॉक्स ऑफिस पर रणवीर सिंह का राज: धुरंधर ने दूसरे वीकेंड की शुरुआत में 30+ करोड़ बटोरे 250 करोड़ क्लब में धमाकेदार एंट्री

    बॉक्स ऑफिस पर रणवीर सिंह का राज: धुरंधर ने दूसरे वीकेंड की शुरुआत में 30+ करोड़ बटोरे 250 करोड़ क्लब में धमाकेदार एंट्री


    नई दिल्ली /बॉक्स ऑफिस पर इस समय अगर किसी फिल्म का दबदबा सबसे ज्यादा नजर आ रहा है तो वह है रणवीर सिंह और अक्षय खन्ना की स्पाई-एक्शन थ्रिलर धुरंधर। आदित्य धर के निर्देशन में बनी इस फिल्म ने रिलीज़ के दूसरे हफ्ते में भी अपनी रफ्तार कम नहीं होने दी है। आठवें दिन फिल्म ने 30 करोड़ रुपये से ज्यादा की कमाई करते हुए 250 करोड़ क्लब में धमाकेदार एंट्री कर ली है।

    आठवें दिन ओपनिंग डे से भी बड़ी कमाई
    शुरुआती ट्रेड रिपोर्ट्स के मुताबिक धुरंधर ने दिन 8 पर करीब 32 करोड़ रुपये का नेट कलेक्शन किया है। यह आंकड़ा फिल्म के ओपनिंग डे कलेक्शन 28 करोड़ रुपये से भी अधिक है। आमतौर पर दूसरे हफ्ते में फिल्मों की कमाई गिरती है लेकिन धुरंधर ने इस ट्रेंड को उलटते हुए नया बेंचमार्क सेट कर दिया है।यह उछाल इस बात का साफ संकेत है कि फिल्म को दर्शकों से जबरदस्त समर्थन मिल रहा है। मजबूत कंटेंट टाइट स्क्रीनप्ले और हाई-ऑक्टेन एक्शन दर्शकों को सिनेमाघरों तक खींचने में कामयाब हो रहा है।

    ऑक्यूपेंसी में शानदार बढ़ोतरी
    शुक्रवार को फिल्म की कुल हिंदी ऑक्यूपेंसी 45.81% दर्ज की गई। सुबह के शो भले ही अपेक्षाकृत धीमे रहे लेकिन दिन चढ़ने के साथ ही थिएटर्स हाउसफुल होते चले गए।दोपहर के शो: 37.37%,शाम के शो: 53.08%, रात के शो: 73.16% नाइट शोज़ की जबरदस्त ऑक्यूपेंसी इस बात का संकेत है कि युवा दर्शकों और मल्टीप्लेक्स ऑडियंस में फिल्म को खास पसंद किया जा रहा है।

    पहले हफ्ते में ही 200 करोड़ क्लब

    धुरंधर ने अपने पहले ही हफ्ते में 207.25 करोड़ रुपये की नेट कमाई कर ली थी जिससे यह फिल्म 200 करोड़ क्लब में शामिल हो गई। हालांकि यह आंकड़ा विक्की कौशल की छावा से थोड़ा पीछे रहा लेकिन मौजूदा ट्रेंड्स को देखते हुए यह अंतर जल्दी ही खत्म होने की संभावना है।

    दूसरे वीकेंड में टूट सकते हैं बड़े रिकॉर्ड
    एडवांस बुकिंग और मौजूदा रफ्तार के आधार पर ट्रेड एक्सपर्ट्स का अनुमान है कि धुरंधर दूसरे वीकेंड में 120 करोड़ रुपये से ज्यादा की कमाई कर सकती है। दूसरे शुक्रवार की कमाई में फिल्म ने पहले ही पुष्पा 2 और सैयारा जैसी बड़ी फिल्मों को पीछे छोड़ दिया है जिससे नए रिकॉर्ड बनने की उम्मीदें और मजबूत हो गई हैं।

    रणवीर सिंह के करियर का नया शिखर
    धुरंधर रणवीर सिंह के करियर की सबसे बड़ी फिल्मों में शामिल होती दिख रही है। फिल्म की मौजूदा रफ्तार उनके करियर की हिट फिल्मों पद्मावत और सिम्बा के लाइफटाइम कलेक्शन को भी पीछे छोड़ सकती है।

    बिना मुकाबले की बादशाहत
    फिलहाल बॉक्स ऑफिस पर किसी बड़ी फिल्म की रिलीज़ नहीं होने का फायदा भी धुरंधर को मिल रहा है। बिना किसी मजबूत मुकाबले के फिल्म आने वाले दिनों में भी सिनेमाघरों पर राज करती नजर आ रही है।धुरंधर ने यह साबित कर दिया है कि दमदार कंटेंट और मजबूत वर्ड-ऑफ-माउथ के दम पर कोई फिल्म दूसरे हफ्ते में भी रिकॉर्डतोड़ कमाई कर सकती है।

  • कथावाचक अनिरुद्धाचार्य की लव लाइफ और पत्नी की शिक्षा: जानिए 13 साल बाद भी पढ़ाई जारी रखने की प्रेरक कहानी

    कथावाचक अनिरुद्धाचार्य की लव लाइफ और पत्नी की शिक्षा: जानिए 13 साल बाद भी पढ़ाई जारी रखने की प्रेरक कहानी


    नई दिल्ली ।अनिरुद्धाचार्य महाराज, जिन्हें हम पूकी बाबा के नाम से भी जानते हैं, भारत के एक प्रसिद्ध कथावाचक और आध्यात्मिक गुरु हैं। उनकी कथा शैली और मजाकिया अंदाज उन्हें युवाओं और बुजुर्गों दोनों में समान रूप से लोकप्रिय बनाती है। अनिरुद्धाचार्य के पास 17 मिलियन से अधिक फॉलोअर्स हैं, जो उन्हें सोशल मीडिया पर फॉलो करते हैं और उनकी धार्मिक और जीवन से जुड़ी शिक्षाओं को मानते हैं।

    पारिवारिक जीवन और पत्नी के साथ संबंध

    कथावाचक अनिरुद्धाचार्य की निजी जिंदगी भी उतनी ही प्रेरणादायक है, जितनी उनकी कथाएँ। उनकी पत्नी का नाम आरती तिवारी है, जो एक गृहिणी हैं। अनिरुद्धाचार्य अक्सर अपने कथा सत्रों में विवाह के महत्व पर चर्चा करते हैं और बताते हैं कि जीवन की सफलता और सुकून में पत्नी का साथ बेहद महत्वपूर्ण होता है। उनका कहना है कि, सही जीवनसाथी के साथ विवाह से जीवन में शांति और खुशी बनी रहती है, और यह किसी भी इंसान की जीवनधारा को बदल सकता है। अपने जीवन में वह हमेशा अपनी पत्नी के साथ सहायक रहे हैं और उन्हें शादी के बाद उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए प्रेरित किया।

    शादी के बाद पत्नी की शिक्षा को बढ़ावा

    एक खास बात यह है कि, अनिरुद्धाचार्य ने अपनी पत्नी को शादी के बाद कॉलेज में दाखिला लेने के लिए प्रेरित किया। वह मानते हैं कि महिलाओं को शिक्षा प्राप्त करने का अधिकार होना चाहिए, और इस तरह से जेंडर इक्वालिटी की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया जा सकता है। अनिरुद्धाचार्य ने अपनी पत्नी के उच्च शिक्षा के खर्च को भी खुद उठाया, ताकि वह अपनी पढ़ाई पूरी कर सकें। 13 साल के वैवाहिक जीवन के बाद भी, आरती तिवारी अपनी पढ़ाई जारी रख रही हैं। कुछ जानकारों का कहना है कि, उनके पास साइकोलॉजी में PhD की उपाधि भी है, जो इस बात का प्रमाण है कि अनिरुद्धाचार्य के समर्थन से उनकी पत्नी ने शिक्षा में सफलता हासिल की।

    घर और बच्चों की जिम्मेदारी उठाने का उत्साह

    अनिरुद्धाचार्य ने अपनी एक कथा में बताया कि जब उनकी पत्नी परीक्षा की तैयारी में व्यस्त रहती थी, तो वह खुद घर और बच्चों की पूरी जिम्मेदारी उठाते थे। उन्होंने इस बारे में कहा कि पारिवारिक जीवन में सहयोग और समर्थन बहुत महत्वपूर्ण है, और यह एक अच्छे रिश्ते की बुनियाद बनाता है।

    सामाजिक विवाद और केस

    हालांकि, हाल ही में अनिरुद्धाचार्य को एक विवाद का सामना भी करना पड़ा। बेटियों पर की गई एक विवादास्पद टिप्पणी के कारण सोशल मीडिया पर उनकी आलोचना की गई। इसके बाद उनके खिलाफ एक परिवाद दर्ज किया गया, और उन्हें 1 जनवरी 2026 को कोर्ट में पेश होना है। इस मामले में उनकी कथाएँ और विचार समाज में कई तरह की प्रतिक्रियाएँ उत्पन्न कर रहे हैं।

    कथावाचक अनिरुद्धाचार्य न केवल एक महान आध्यात्मिक गुरु हैं, बल्कि उन्होंने अपनी निजी जिंदगी में भी उदाहरण प्रस्तुत किया है कि एक अच्छे जीवनसाथी की भूमिका कितनी महत्वपूर्ण होती है। उनकी पत्नी आरती तिवारी का शिक्षा में योगदान और उनके परिवार में निभाई गई भूमिका प्रेरणा देने वाली है। उनके विचार और जीवन की गहराई दर्शाते हैं कि रिश्ते और परिवार की अहमियत आध्यात्मिक जीवन में भी महत्वपूर्ण है।

  • बॉक्स ऑफिस पर फीकी पड़ी कपिल शर्मा की वापसी: ‘किस किसको प्यार करूं 2’ की ओपनिंग कमजोर, ‘धुरंधर’ के आगे बेअसर

    बॉक्स ऑफिस पर फीकी पड़ी कपिल शर्मा की वापसी: ‘किस किसको प्यार करूं 2’ की ओपनिंग कमजोर, ‘धुरंधर’ के आगे बेअसर


    नई दिल्ली / लंबे इंतजार के बाद कपिल शर्मा एक बार फिर बड़े पर्दे पर लौटे हैं लेकिन उनकी वापसी बॉक्स ऑफिस पर वह असर नहीं छोड़ पाई जिसकी उम्मीद की जा रही थी। 12 दिसंबर को रिलीज हुई ‘किस किसको प्यार करूं 2’ ने पहले ही दिन कमजोर शुरुआत दर्ज की है। शुरुआती ट्रेड रिपोर्ट्स के मुताबिक फिल्म ने ओपनिंग डे पर करीब 1.75 करोड़ रुपये का नेट कलेक्शन किया है जिसे औसत से भी कम माना जा रहा है। हालांकि रिलीज से पहले फिल्म को लेकर दर्शकों में उत्सुकता दिखाई दी थी लेकिन टिकट खिड़की पर यह उत्साह तब्दील नहीं हो पाया। पहले दिन के आंकड़े इस बात की ओर इशारा करते हैं कि फिल्म को दर्शकों तक पहुंचने में संघर्ष करना पड़ रहा है।

    धुरंधर के सामने फीकी पड़ी कपिल की कॉमेडी

    कपिल शर्मा की फिल्म को इस समय सिनेमाघरों में पहले से मजबूत पकड़ बनाए बैठी फिल्म ‘धुरंधर’ से सीधी टक्कर मिल रही है। धुरंधर को दर्शकों का अच्छा रिस्पॉन्स और पॉजिटिव वर्ड-ऑफ-माउथ मिल रहा है जिसका सीधा असर किस किसको प्यार करूं 2 की स्क्रीन और कलेक्शन पर पड़ा है। ट्रेड एक्सपर्ट्स का मानना है कि जब तक कोई फिल्म मजबूत कंटेंट या खास अनुभव न दे तब तक ऐसी स्थिति में दर्शकों को सिनेमाघरों तक खींचना मुश्किल हो जाता है-और फिलहाल कपिल की फिल्म इसी चुनौती से जूझती दिख रही है।

    पहले पार्ट की सफलता भी काम नहीं आई

    साल 2015 में रिलीज हुई किस किसको प्यार करूं कपिल शर्मा की पहली फिल्म थी जिसे दर्शकों ने हाथोंहाथ लिया था। हल्की-फुल्की कॉमेडी और अलग कॉन्सेप्ट के चलते फिल्म ने अच्छा बिजनेस किया था। इसी वजह से इसके सीक्वल से भी काफी उम्मीदें थीं। लेकिन दूसरे भाग की कहानी और कॉमेडी पहले दिन दर्शकों को खास प्रभावित नहीं कर पाई। सोशल मीडिया पर भी फिल्म को लेकर मिली-जुली प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कई दर्शकों ने फिल्म को एक बार देखी जा सकने वाली बताया है तो कुछ ने स्क्रिप्ट को कमजोर करार दिया है।

    स्टारकास्ट और निर्देशन

    फिल्म का निर्देशन अनुकल्प गोस्वामी ने किया है। कपिल शर्मा के साथ इसमें आयशा खान त्रिधा चौधरी पारुल गुलाटी वारिना हुसैन और मनजोत सिंह अहम भूमिकाओं में नजर आ रहे हैं। कलाकारों की मौजूदगी और कॉमेडी का तड़का जरूर है लेकिन दर्शकों और समीक्षकों का मानना है कि फिल्म में दमदार कहानी और यादगार पंचलाइन की कमी महसूस होती है।

    आगे की कमाई पर टिकी निगाहें

    अब फिल्म की असली परीक्षा वीकेंड पर होगी। अगर शनिवार और रविवार को वर्ड-ऑफ-माउथ मजबूत हुआ तो कलेक्शन में सुधार देखने को मिल सकता है। हालांकि मौजूदा हालात को देखते हुए किस किसको प्यार करूं 2 के लिए बॉक्स ऑफिस की राह आसान नजर नहीं आ रही।कपिल शर्मा की कॉमेडी का जादू छोटे पर्दे पर आज भी कायम है लेकिन बड़े पर्दे पर दर्शकों को बांधने के लिए मजबूत कंटेंट की जरूरत साफ नजर आती है।

  • कपिल शर्मा शो पर प्रियंका चोपड़ा की धमाकेदार वापसी! सिद्धू के साथ सेट पर किया ज़ोरदार डांस, फैंस हुए उत्साहित

    कपिल शर्मा शो पर प्रियंका चोपड़ा की धमाकेदार वापसी! सिद्धू के साथ सेट पर किया ज़ोरदार डांस, फैंस हुए उत्साहित


    मुंबई। ग्लोबल आइकॉन प्रियंका चोपड़ा जोनस ने एक बार फिर अपने चिर-परिचित चुलबुले और बिंदास अंदाज़ से सबका दिल जीत लिया। वह हाल ही में ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शो’ के एक विशेष एपिसोड की शूटिंग के लिए मुंबई स्थित सेट पर पहुंचीं, जहाँ उनके आने से हंसी और मस्ती का माहौल छा गया। सेट पर प्रियंका न सिर्फ खुलकर हँसती दिखीं, बल्कि उन्होंने शो के दिग्गज कलाकार नवजोत सिंह सिद्धू के साथ अचानक ठुमके भी लगाए। इन ‘बिहाइंड द सीन्स’ की तस्वीरों ने सोशल मीडिया पर धूम मचा दी है।

    सिद्धू ने साझा किए मस्ती भरे पल
    शुक्रवार को नवजोत सिंह सिद्धू ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर प्रियंका चोपड़ा के साथ बिताए गए मज़ेदार पलों की तस्वीरें साझा कीं। तस्वीरों में दोनों कलाकारों को ज़ोर-ज़ोर से हँसते, गर्मजोशी से बातचीत करते और साथ में डांस करते हुए देखा जा सकता है।

    तस्वीरें साझा करते हुए सिद्धू ने कैप्शन में लिखा, “ग्रेस हमेशा रहेगा, लेकिन खूबसूरती कमाल कर देगी… खूबसूरती और ग्रेस बेहतरीन।”

    लुक और एनर्जी: तस्वीरों में प्रियंका हल्के सफेद और नीले फ्लोरल आउटफिट में बेहद आकर्षक और सादे लुक में नज़र आईं। वहीं, नवजोत सिंह सिद्धू पेस्टल कुर्ता-पायजामा, चेक्ड ब्लेज़र और अपनी खास पगड़ी में पूरी ऊर्जा के साथ नाचते दिखे। दोनों की केमिस्ट्री और जोश ने शो के सेट पर एक अलग ही रौनक भर दी।

    12 घंटे का तूफानी मुंबई दौरा
    बताया जा रहा है कि प्रियंका चोपड़ा यह खास एपिसोड शूट करने के लिए विशेष रूप से न्यूयॉर्क से मुंबई आईं थीं और 12 घंटे से भी कम समय में शूटिंग पूरी करके वापस लौट गईं। सालों बाद किसी कॉमेडी शो के सेट पर देसी गर्ल को इस तरह की मस्ती करते देखना उनके फैंस के लिए एक बड़ा सरप्राइज और उत्साह का विषय बन गया है।

    वर्क फ्रंट पर व्यस्तता
    प्रोफेशनल फ्रंट पर प्रियंका चोपड़ा काफी व्यस्त हैं:

    भारतीय सिनेमा में वापसी: वह जल्द ही एसएस राजामौली की बहुप्रतीक्षित तेलुगु फिल्म ‘वाराणसी’ से भारतीय सिनेमा में वापसी करने जा रही हैं। इस फिल्म में महेश बाबू और पृथ्वीराज सुकुमारन भी मुख्य भूमिकाओं में होंगे, जो संक्रांति 2027 में रिलीज़ होने वाली है।

    हॉलीवुड प्रोजेक्ट्स: इसके अलावा, प्रियंका हॉलीवुड फिल्म ‘द ब्लफ’ और अपनी हिट वेब सीरीज़ ‘सिटाडेल’ के दूसरे सीज़न में भी नज़र आएंगी।

  • वियतनाम: 40 हजार रुपये में विदेश यात्रा का अद्भुत अनुभव!

    वियतनाम: 40 हजार रुपये में विदेश यात्रा का अद्भुत अनुभव!


    नई दिल्‍ली । अगर आप विदेश घूमने का सपना देख रहे हैं लेकिन बजट की वजह से रुक गए हैं, तो अब आपके लिए एक बेहतरीन मौका है। वियतनाम, जो दिल्ली से करीब 5000 किलोमीटर दूर स्थित है, एक ऐसा देश है जहां आप सिर्फ 40 हजार रुपये में घूम सकते हैं। आइए जानते हैं इस सस्ती और रोमांचक यात्रा के बारे में।

    फ्लाइट का किराया

    वियतनाम जाने के लिए फ्लाइट का खर्च भी बहुत कम है। दिल्ली से हनोई (Vietnam का प्रमुख शहर) की फ्लाइट का किराया ऑफ सीजन में सिर्फ 8,000 से 10,000 रुपये के बीच हो सकता है। इस तरह, आने-जाने का खर्च कुल मिलाकर 16,000 से 20,000 रुपये तक आता है। इतना कम बजट में विदेश यात्रा करना वाकई एक शानदार मौका है!

    वियतनाम की करेंसी

    वियतनाम की करेंसी वियानी डोंग (VND) है, और भारत के एक रुपये के बदले आपको करीब 291.03 वियानी डोंग मिलते हैं। इसका मतलब है कि यहां आपका भारतीय रुपया ज्यादा ताकतवर है, और आप अपनी यात्रा का भरपूर आनंद ले सकते हैं।

    होटल का खर्च

    हनोई में रहने के लिए होटल या गेस्ट हाउस का खर्च भी काफी सस्ता है। यहां पर आपको एक रात का ठहराव 1,500 से 2,500 रुपये तक में मिल सकता है। इस हिसाब से, अगर आप चार दिन के लिए रुकते हैं, तो होटल का कुल खर्च 6,000 से 10,000 रुपये तक हो सकता है।

    खाना-पीना

    वियतनाम में खाने का खर्च भी बहुत कम है। अगर आप स्ट्रीट फूड पसंद करते हैं, तो एक अच्छा और स्वादिष्ट भोजन 150 से 200 रुपये में मिल सकता है। वहीं, रेस्तरां में खाना खाने पर बिल 400 से 600 रुपये तक आ सकता है। कुल मिलाकर चार दिन में खाने-पीने का खर्च लगभग 4,000 से 5,000 रुपये तक हो सकता है।

    ट्रांसपोर्ट का खर्च

    वियतनाम में लोकल ट्रांसपोर्ट भी बेहद सस्ता है। यहां की टैक्सी और उबर सेवाओं का किराया प्रति दिन 300 से 500 रुपये तक हो सकता है। अगर आप मोटरसाइकिल रेंट पर लेना चाहते हैं, तो वह भी आसानी से उपलब्ध है। इस प्रकार, 4-5 दिनों का ट्रांसपोर्ट खर्च लगभग 1,500 से 2,500 रुपये तक आ सकता है।

    शॉपिंग और बाजार

    वियतनाम की शॉपिंग भी किफायती है। यहां के हनोई ओल्ड क्वार्टर नाइट मार्केट, बेन थान मार्केट और होई एन नाइट मार्केट में आपको बहुत अच्छे और सस्ते कपड़े मिल सकते हैं। इसलिए अगर आप शॉपिंग के शौक़ीन हैं, तो वियतनाम में खरीदारी भी मजेदार होगी, और खर्च भी बहुत कम आएगा।

    कुल मिलाकर खर्च

    अगर आप वियतनाम 4-5 दिनों के लिए जाते हैं, तो फ्लाइट, होटल, खाना, ट्रांसपोर्ट और शॉपिंग मिलाकर आपका कुल खर्च लगभग 40,000 रुपये हो सकता है। इस बजट में आप एक शानदार विदेश यात्रा का आनंद ले सकते हैं।

    वियतनाम, अपने कम खर्च और अद्भुत पर्यटन स्थलों के कारण एक बेहतरीन बजट डेस्टिनेशन बन चुका है। यहां आप शानदार सेंट्रल हनोई, हलॉन्ग बे, हो ची मिन्ह सिटी, और अन्य जगहों का भ्रमण कर सकते हैं। यदि आपके पास एक सीमित बजट है, तो वियतनाम आपके लिए एक परफेक्ट डेस्टिनेशन हो सकता है।

    तो अब इंतजार किस बात का? पैक करें अपनी बैग और वियतनाम की इस किफायती यात्रा का आनंद लें!

  • नवादा मॉब लिंचिंग: 'मुस्लिम होने के कारण' युवक की पीट-पीटकर हत्या; दर्दनाक आपबीती

    नवादा मॉब लिंचिंग: 'मुस्लिम होने के कारण' युवक की पीट-पीटकर हत्या; दर्दनाक आपबीती


    नवादा। बिहार: नवादा ज़िले में 5 दिसंबर को मॉब लिंचिंग की एक भयावह घटना में गंभीर रूप से घायल हुए 40 वर्षीय मोहम्मद अतहर हुसैन की शुक्रवार देर रात इलाज के दौरान मौत हो गई। नालंदा निवासी अतहर, जो पिछले 20 सालों से घूम-घूमकर कपड़े बेचते थे, की मृत्यु से पहले की गई गवाही ने इस बर्बरतापूर्ण कृत्य की गहराई को उजागर किया है।

    मौत से पहले अतहर हुसैन का दर्दनाक बयान
    मृतक मोहम्मद अतहर हुसैन ने 7 दिसंबर को रिकॉर्ड कराए अपने बयान में बताया कि उन्हें सिर्फ इसलिए निशाना बनाया गया क्योंकि वे मुस्लिम थे। उनकी आपबीती के कुछ अंश:

    धर्म की पहचान: “4-5 लोगों ने घेरकर मारपीट की और मुझे एक कमरे में ले गए। वहाँ पैंट उतारकर चेक किया गया कि मैं मुस्लिम हूँ या नहीं।”

    असहनीय यातना: धर्म की पुष्टि होने के बाद, हमलावरों ने उन्हें गर्म रॉड, स्टील के रॉड, लाठी-डंडे और ईंटों से बुरी तरह पीटा।

    अमानवीय कृत्य: “किसी ने प्लायर से मेरे कान काटे, उंगलियां तोड़ीं, और नाखून तक उखाड़ लिए। मुझ पर चढ़कर गला दबाया गया, जिससे मेरे मुँह से खून आने लगा।”

    प्राइवेट पार्ट पर हमला: उन्होंने बताया कि हमलावरों ने उनके प्राइवेट पार्ट की जाँच की, वहाँ रॉड डाला गया और पेट्रोल डाला गया। गर्म लोहे की रॉड से शरीर के कई हिस्सों को दागा गया, जिससे चमड़ी निकल गई।

    लूटपाट: रोह थाना क्षेत्र के भट्ठापर गाँव से लौटते समय, नशे में धुत 6-7 युवकों ने नाम पूछने के बाद उनसे 8,000 रुपये लूट लिए। बाद में हमलावरों की संख्या 15-20 तक हो गई थी।

    पुलिस कार्रवाई और एफआईआर
    अतहर हुसैन की मौत के बाद उनकी पत्नी शबनम परवीन ने 10 नामजद और 15 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है, जिसमें अब हत्या की धाराएँ भी जोड़ी गई हैं।

    नामजद आरोपी: सत्यनारायण कुमार, मंटू यादव, सोनू कुमार, सतीश कुमार, सिकंदर यादव, रामस्वरूप यादव, रंजन कुमार, विपुल कुमार, सचिन कुमार, और सुगन यादव।

    गिरफ्तारी: रोह थाना पुलिस ने अब तक चार आरोपियों – सोनू कुमार, रंजन कुमार, और श्री कुमार सहित – को गिरफ्तार कर लिया है। शेष आरोपियों की तलाश जारी है।

    पोस्टमॉर्टम: मृतक का पोस्टमॉर्टम मजिस्ट्रेट और फोरेंसिक टीम की मौजूदगी में कराया गया।

    चोरी का आरोप: यह भी सामने आया है कि 5 दिसंबर को ही सिकंदर यादव ने मो. अतहर पर घर में घुसकर सोने के कंगन, मंगलसूत्र और अन्य सामान चोरी करने की शिकायत दर्ज कराई थी। इसी शिकायत के चलते डायल 112 अतहर की तलाश में थी, और पुलिस ने उन्हें देर रात कमरे से घायल अवस्था में बरामद कर अस्पताल पहुँचाया था।

    मृतक का परिचय
    मोहम्मद अतहर हुसैन मूल रूप से बिहारशरीफ के गगनदीवान के रहने वाले थे, लेकिन नवादा जिले के रोह थाना क्षेत्र के बरुई गाँव में अपने ससुराल में रहकर कपड़े फेरी का काम करते थे। उनकी मौत के बाद उनकी साइकिल और कपड़े का कोई पता नहीं चल पाया है।

    क्या आप इस मामले से संबंधित कोई और जानकारी जानना चाहेंगे, या मैं आपके लिए नवादा क्षेत्र की अन्य खबरें देख सकता हूँ?